<rss xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom" version="2.0"><channel><title>मध्य प्रदेश - Dainandini Feed</title><link>https://dainandini.in/</link><description>Dainandini Feed Description</description><item><title>मध्य प्रदेश में अपना 27 फीसदी आरक्षण लेकर रहेगा ओबीसी  आर बी सिंह पटेल (राष्ट्रीय महासचिव एवं मध्य प्रदेश प्रभारी</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=12112</link><description>भोपाल 17/01/26। ओबीसी वर्ग को मध्य प्रदेश में उसके संवैधानिक अधिकार से वंचित किए जाने का आरोप लगाते हुए अपना दल (एस) के राष्ट्रीय महासचिव एवं मध्य प्रदेश प्रभारी आर बी सिंह पटेल ने प्रदेश सरकार को आड़े हाथों लिया है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार कागजों में तो ओबीसी वर्ग के लिए 27 प्रतिशत आरक्षण दर्शाती है, लेकिन व्यवहार में केवल लगभग 86 प्रतिशत सीटों पर ही नियुक्तियां की जा रही हैं, जबकि शेष 14 प्रतिशत सीटों को होल्ड कर रखा गया है। यह स्थिति ओबीसी समाज के साथ अन्याय और भेदभावपूर्ण है।


आर बी सिंह पटेल ने कहा कि आरक्षण कोई सरकार की कृपा नहीं, बल्कि ओबीसी समाज का संवैधानिक अधिकार है। मध्य प्रदेश में ओबीसी वर्ग की आबादी लगभग 58 प्रतिशत है। इतनी बड़ी आबादी वाले वर्ग को यदि उसका वैधानिक आरक्षण नहीं मिलेगा, तो सामाजिक न्याय की अवधारणा अधूरी रह जाएगी। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि ओबीसी समाज किसी अन्य वर्ग का अधिकार नहीं छीन रहा है, बल्कि केवल अपने हक की मांग कर रहा है।


उन्होंने प्रदेश की मोहन सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि सरकार का रवैया यह दर्शाता है कि वह ओबीसी को पूर्ण 27 प्रतिशत आरक्षण देने के मूड में नहीं है। सरकारी भर्तियों में बार-बार नियमों का हवाला देकर सीटों को रोका जाना ओबीसी युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ है। इससे न केवल रोजगार के अवसर सीमित हो रहे हैं, बल्कि सामाजिक असंतोष भी बढ़ रहा है।


आर बी सिंह पटेल ने माननीय मुख्यमंत्री से सीधा आग्रह करते हुए कहा कि सुप्रीम कोर्ट में लंबित मामले में राज्य सरकार तत्काल स्पष्ट और मजबूत एफिडेविट दाखिल करे, जिससे ओबीसी को 27 प्रतिशत आरक्षण का रास्ता साफ हो सके। उन्होंने कहा कि यदि सरकार की मंशा साफ है तो उसे कानूनी स्तर पर मजबूती से ओबीसी वर्ग का पक्ष रखना चाहिए।


उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि यदि ओबीसी समाज को उसका पूरा आरक्षण नहीं मिला, तो यह मुद्दा केवल कानूनी नहीं रहेगा, बल्कि सामाजिक और राजनीतिक आंदोलन का रूप भी ले सकता है। ओबीसी वर्ग अपना 27 प्रतिशत आरक्षण लेकर रहेगा और इसके लिए हर संवैधानिक व लोकतांत्रिक लड़ाई लड़ी जाएगी।</description><guid>12112</guid><pubDate>2026-01-17 16:22:02 4:22:57 pm</pubDate></item><item><title>मध्यप्रदेश में कोल्ड वेव का कहर, यूपी और बिहार में छाया कोहरा</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=11893</link><description>नई दिल्ली। पहाड़ों से उतरने वाली ठंडी उत्तरी हवाएं उत्तरी भारत के मैदानी हिस्सों में न्यूनतम तापमान लगातार सामान्य से कम चल रहा है। राजस्थान, मध्यप्रदेश, महाराष्ट्र और छत्तीसगढ़ समेत कई राज्यों में कड़ाके की ठंड पड़ रही है।
राजस्थान, छत्तीसगढ़ और महाराष्ट्र में कोल्ड वेव दर्ज की गई। असम और मेघालय में मध्यम कोहरा छाया रहा। नागालैंड, मणिपुर, मिजोरम, त्रिपुरा, पूर्वी उत्तर प्रदेश और बिहार में हल्का कोहरा देखा गया। पिछले 24 घंटे के दौरान, तटीय तमिलनाडु में हल्की से मध्यम बारिश के साथ कुछ स्थानों पर भारी बारिश हुई। केरल में हल्की से मध्यम बारिश दर्ज की गई। अंडमान-निकोबार और लक्षद्वीप में हल्की बारिश हुई।












आज मध्य प्रदेश में कोल्ड वेव से सीवियर कोल्ड वेव जारी रह सकती है, जबकि छत्तीसगढ़ और राजस्थान के कुछ हिस्सों में भी कोल्ड वेव की स्थिति बनी रह सकती है। पूर्वोत्तर भारत, पूर्वी उत्तर प्रदेश और बिहार में हल्का कोहरा छा सकता है।














पंजाब और हरियाणा में कोल्ड वेव सा हाल : पंजाब और हरियाणा के कई स्थानों पर पिछले कई दिनों से सिंगल डिजिट तापमान रिकॉर्ड हो रहा है। बठिंडा, फिरोजपुर, पठानकोट, हिसार, सिरसा और नारनौल में न्यूनतम तापमान 6 डिग्री से 8 डिग्री सेल्सियस के बीच रहा। राज्य में कई स्थानों पर कोल्ड वेव जैसी स्थिति बनी हुई है।


राजस्थान में कड़ाके की ठंड : मौसम एजेंसी स्कायमेट के अनुसार, पूर्वी राजस्थान में मजबूत मौसमी एंटीसाइक्लोनिक फ्लो हावी है। पंजाब के तराई क्षेत्रों से चलने वाली तेज और ठंडी निचली स्तर की हवाएँ राजस्थान के भीतर तक घुस रही हैं। सीकर में न्यूनतम तापमान 5.5C दर्ज हुआ। कोटा, सीकर, अजमेर, अलवर, जोधपुर, उदयपुर और जालोर में भी शीतलहर चली।
मध्यप्रदेश में बदला स्कूलों का समय : मध्यप्रदेश में भी उत्तर हवाओं की वजह से कड़ाके की ठंड पड़ रही है। ठंड की वजह से प्रशासन ने इंदौर, भोपाल समेत कई शहरों में स्कूलों के समय में बदलाव किया है। 19 नवंबर से दिन और रात के तापमान में वृद्धि होगी। इससे लोगों ठंड से कुछ राहत मिलने की उम्मीद है।</description><guid>11893</guid><pubDate>2025-11-18 13:36:14 1:48:20 pm</pubDate></item><item><title>आज के दौर में स्वास्थ्य और शिक्षा का बहुत महत्व : मोहन भागवत</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=11247</link><description>इंदौर । मध्य प्रदेश के इंदौर में रविवार को मानव सृष्टि आरोग्य केंद्र का शुभारंभ किया गया। इंदौर प्रवास पर पहुंचे संघ प्रमुख मोहन भागवत ने इस कार्यक्रम में शिरकत की। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि आज के दौर में स्वास्थ्य और शिक्षा का बहुत महत्व है। उन्होंने कहा कि जानकारी के लिए शिक्षा की आवश्यकता है और ज्ञान प्राप्त करना है तो स्वस्थ शरीर आवश्यक है।
अस्वस्थ शरीर ज्ञान प्राप्त नहीं कर सकता है। यह दोनों सामान्य व्यक्ति की पहुंच से काफी दूर हो चुकी है और उसके आर्थिक सामर्थ्य के भी पहुंच के बाहर हो चुकी है, क्योंकि शिक्षा और स्वास्थ्य सरल और सस्ती नहीं हो रही है। पहले यह दोनों काम सेवा के नाते किए जाते थे। आज इसको भी कमर्शियल बना दिया गया है। पहले लोग शिक्षा देना अपना कर्तव्य मानते थे और छात्रों को ज्ञानवान बनाना यह एक जिम्मेदारी मानी जाती थी और ज्ञान प्राप्त करने के लिए छात्र के साथ ही शिक्षक भी चिंता करते थे।
कैंसर का उदाहरण देते हुए मोहन भागवत ने कहा कि कैंसर में मरीज की हिम्मत काम देती है और डॉक्टर और मरीज के बीच संवाद होगा तो उसे हिम्मत मिलती रहेगी। मोहन भागवत ने कहा कि एलोपैथी भी कहती है कि कुछ बीमारी आयुर्वेद के माध्यम से ही ठीक होती है। कुछ बीमारी नेचुरोपैथी से भी ठीक होती है।
व्यक्ति को अपने-अपने हिसाब से आयुर्वेद की आवश्यकता पड़ती है और पश्चिम के देशों में न्यूयॉर्क और वाशिंगटन में बैठकर कुछ रिसर्च करेंगे कि एक आदमी को कितनी कैलोरी चाहिए और पूरी दुनिया में वही मानक लागू होंगे। वहां के लोगों का खाना, वहां की जलवायु हमारे यहां की जलवायु से अलग है, लेकिन एक ही बात पूरी दुनिया में लागू कर देना, लेकिन हमारे यहां ऐसा नहीं है। उन्होंने कहा कि किस मरीज पर क्या लागू होता है, इसका भी परीक्षण होना चाहिए।
</description><guid>11247</guid><pubDate>2025-08-11 11:14:04 11:18:09 am</pubDate></item><item><title>मध्य प्रदेश में बारिश ने ढाया कहर, 27 स्कूली बच्चों सहित 2900 लोगों को किया गया रेस्क्यू</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=11136</link><description>नई दिल्ली ।मध्यप्रदेश में भारी बारिश के बाद सेना और अन्य अधिकारियों ने राज्य के विभिन्न जिलों से 27 स्कूली बच्चों सहित करीब 2,900 लोगों को बचाया।
अधिकारियों ने बुधवार को यह जानकारी दी। राज्य में जारी भारी बारिश के बीच कई जिलों में बाढ़ की स्थिति पैदा हो गई जबकि शिवपुरी जिले में हालात इस कदर बिगड़ चुके हैं कि राहत और बचाव के लिए सेना बुलानी पड़ी है।






गुना जिले में भी बाढ़ जैसी स्थिति पैदा हो गई है, जहां एक पुल ढह गया। अधिकारियों ने बताया कि गुना के कई गांवों के लोगों को सुरक्षित स्थानों पर जाने को कहा गया है।
24 घंटों में भारी बारिश का अलर्ट जारी
भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) ने अगले 24 घंटों में प्रदेश के कई जिलों में भारी बारिश का अलर्ट जारी किया है। आईएमडी ने भोपाल, विदिशा, नर्मदापुरम, रायसेन, सीहोर, अशोकनगर, गुना और शिवपुरी समेत कई जिलों में अगले 24 घंटे में आठ से नौ इंच तक बारिश होने का अनुमान जताया।
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने होमगार्ड मुख्यालय में अधिकारियों के साथ बैठक कर मौजूदा स्थिति की जानकारी ली और बारिश से बुरी तरह प्रभावित जिलों के कलेक्टर व अन्य अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जान-माल की सुरक्षा सर्वोपरि है और जलमग्न क्षेत्रों से लोगों को सुरक्षित निकालना हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है।
सीएम मोहन यादव ने दिया ये आदेश
मुख्यमंत्री ने कहा कि वर्षा प्रभावित क्षेत्रों में जिला एवं पुलिस प्रशासन, होमगार्ड, आपदा प्रबंधन दल सब मिलजुल कर पूरी सजगता और सतर्कता से कार्य करें, राहत एवं बचाव दल पूरी तैयारी से रहें और जरूरतमंदों तक तत्काल सभी प्रकार की मदद पहुंचाई जाए।
एक आधिकारिक बयान में मुख्यमंत्री ने कहा, भारी वर्षा के कारण प्रदेश के कुछ जिलों में गांव और घरों में पानी भर जाने जैसी परिस्थितियों के कारण अब तक 2900 से अधिक लोगों को सुरक्षित निकाला गया है।






 उन्होंने कहा कि प्रदेश में जहां-जहां भारी बारिश होने की सूचना और लोगों के बाढ़ के पानी में फंसे होने की जानकारी मिली है, वहां पूरी क्षमता से बचाव अभियान चलाए जा रहे हैं।
इस दौरान मुख्यमंत्री ने आपदा नियंत्रण कक्ष से जिलों में जारी राहत एवं बचाव कार्यों का अवलोकन किया और आपदा बचाव दल में तैनात अधिकारियों से बात की।</description><guid>11136</guid><pubDate>2025-07-31 15:34:50 3:36:20 pm</pubDate></item><item><title> मैहर में आयोजित होगी छत्रपति साहू जी महाराज की 152वीं जयंती</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=11044</link><description>मैहर में आयोजित होगी छत्रपति साहू जी महाराज की 152वीं जयंती


- मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे अपना दल (एस) के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष व यूपी कैबिनेट मंत्री आशीष पटेल
 
मैहर, 21 जुलाई 2025: मध्य प्रदेश के मैहर जिले में ओबीसी, एससी/एसटी महासभा के तत्वाधान में आरक्षण के जनक, समाज सुधारक राजर्षि छत्रपति साहू जी महाराज की 152वीं जयंती का भव्य आयोजन होने जा रहा है। यह समारोह 26 जुलाई 2025, शनिवार को सुबह 11 बजे पटेल मैरिज गार्डन, कटनी रोड, मैहर में आयोजित किया जाएगा। इस समारोह में मुख्य अतिथि के रूप में उत्तर प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री और अपना दल (एस) के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष आशीष पटेल उपस्थित रहेंगे। समारोह की अध्यक्षता सतना जिला पंचायत अध्यक्ष रामखेलावन कोल करेंगे, वहीं आयोजकों में देवदत्त सोनी और वीरेंद्र सिंह पटेल भी मुख्य भूमिका में रहेंगे। विशिष्ट अतिथियों में अपना दल (एस) के राष्ट्रीय महासचिव और मध्य प्रदेश प्रभारी आर.बी. सिंह पटेल, देवराज सिंह, संध्या कुशवाहा, आर.डी. प्रजापति, उषा चौधरी, सी.एल. वंशकार, दामोदर यादव और रेनू शाह शामिल होंगे। समारोह को लेकर पार्टी की दृष्टि से राजनीतिक रणनीतिकार डॉ अतुल मलिकराम ने भी उत्साह व्यक्त किया है।
इस अवसर पर सामाजिक समरसता और आरक्षण के महत्व पर चर्चा होगी, साथ ही छत्रपति साहू जी महाराज के सामाजिक न्याय और समानता के लिए किए गए ऐतिहासिक योगदान को याद किया जाएगा। यह आयोजन ओबीसी, एससी/एसटी समुदायों के उत्थान और एकजुटता को बढ़ावा देने का एक महत्वपूर्ण मंच साबित होगा।
समारोह को लेकर अपना दल (एस) के राष्ट्रीय महासचिव और मध्य प्रदेश प्रभारी आर.बी. सिंह पटेल ने इस आयोजन के बारे में कहा, छत्रपति साहू जी महाराज की जयंती सामाजिक न्याय और समानता के प्रति हमारी प्रतिबद्धता को दोहराने का अवसर है। उनका जीवन और कार्य हमें समाज के कमजोर वर्गों के उत्थान के लिए निरंतर प्रयास करने की प्रेरणा देता है। यह समारोह सामाजिक एकता को मजबूत करने और उनके आदर्शों को जन-जन तक पहुंचाने का एक महत्वपूर्ण मंच होगा। मैं सभी से इस आयोजन में शामिल होने और सामाजिक समरसता के इस संदेश को आगे बढ़ाने की अपील करता हूँ।
मध्य प्रदेश में अपना दल (एस) के सक्रीय भूमिका में आने के बाद यह पहला अवसर है जब पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष आशीष पटेल प्रदेश में आ रहे हैं। इसे देखते हुए आयोजन में पार्टी के प्रदेश पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं और समुदाय के लोगों की व्यापक भागीदारी की उम्मीद की जा रही है।</description><guid>11044</guid><pubDate>2025-07-21 17:41:43 5:44:44 pm</pubDate></item><item><title> कटनी में संपन्न हुई अपना दल (एस) की कार्यकर्ता बैठक, सदस्यता अभियान को मिली गति </title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10967</link><description>कटनी में संपन्न हुई अपना दल (एस) की कार्यकर्ता बैठक, सदस्यता अभियान को मिली गति


- आर बी सिंह ने उठाया प्रदेश में ओबीसी के लिए 27% आरक्षण का मुद्दा
- लक्ष्य 2028 को लेकर कार्य कर रही अपना दल (एस)

कटनी, 15 जुलाई 2025: अपना दल (एस) मध्य प्रदेश में अपनी संगठनात्मक गतिविधियों को और मजबूत करने के लिए सक्रिय कदम उठा रहा है। इस क्रम में राष्ट्रीय महासचिव व मध्य प्रदेश प्रभारी आर. बी. सिंह पटेल प्रदेश में कार्यकर्ता बैठक सह सदस्यता अभियान कार्यक्रम को आगे बढ़ाते हुए सोमवार को कटनी पहुंचे, जहां कार्यक्रम की अध्यक्षता डॉ बी के पटेल ने की। बैठक को लेकर राजनीतिक रणनीतिकार डॉ. अतुल मलिकराम ने कार्यकर्ताओं से चर्चा करते हुए सदस्यता अभियान को तेज करने और पार्टी की विचारधारा को हर व्यक्ति तक पहुंचाने का आग्रह किया।


पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव व मध्य प्रदेश प्रभारी श्री आर. बी. सिंह पटेल ने कहा, राष्ट्रीय अध्यक्ष व केंद्रीय मंत्री श्रीमती अनुप्रिया पटेल जी के मार्गदर्शन में हमारा लक्ष्य मध्य प्रदेश में संगठन को दलित, शोषित, वंचित वर्ग के लिए एक सुढ़ृड़ विकल्प बनाने का है। मेरा पूर्ण विश्वास है कि लक्ष्य 2028 को ध्यान में रखते हुए मध्य प्रदेश में अपना दल (एस) तीसरा सबसे बड़ा राजनीतिक दल बनकर उभरेगा। हमारा राज्य सरकार से भी अनुरोध है कि प्रदेश में ओबीसी आरक्षण को जल्द से जल्द 27% किए जाने की प्रक्रिया को पूर्ण किया जाए।


कार्यक्रम में मुख्य रूप से पार्टी के वरिष्ठ नेता मान सिंह बिसेन, सीता शरण सिंह, श्रीकांत पटेल, संतराम पटेल, प्रतिभा पटेल, जगदीश पटेल, विजय कुमार पटेल, संतोष पटेल, शेषबहादुर सिंह पटेल व अन्य कई पदाधिकारी व कार्यकर्ता उपस्थित रहे।


यह आयोजन मध्य प्रदेश में अपना दल (एस) को और मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। कार्यकर्ताओं ने इस कार्यक्रम के प्रति जबरदस्त उत्साह प्रदर्शित किया, जिससे यह अपेक्षा की जा रही है कि यह अभियान पार्टी के विस्तार में अहम योगदान देगा</description><guid>10967</guid><pubDate>2025-07-15 12:24:28 12:28:21 pm</pubDate></item><item><title> मैहर में संपन्न हुई अपना दल (एस) की कार्यकर्ता बैठक, सदस्यता अभियान को मिली गति </title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10957</link><description>मैहर में संपन्न हुई अपना दल (एस) की कार्यकर्ता बैठक, सदस्यता अभियान को मिली गति


- आर बी सिंह ने उठाया प्रदेश में ओबीसी के लिए 27% आरक्षण का मुद्दा
- लक्ष्य 2028 को लेकर कार्य कर रही अपना दल (एस)

मैहर, 13 जुलाई 2025: अपना दल (एस) मध्य प्रदेश में अपनी संगठनात्मक गतिविधियों को और मजबूत करने के लिए सक्रिय कदम उठा रहा है। इस क्रम में राष्ट्रीय महासचिव व मध्य प्रदेश प्रभारी आर. बी. सिंह पटेल प्रदेश में कार्यकर्ता बैठक सह सदस्यता अभियान कार्यक्रम को आगे बढ़ाते हुए रविवार को मैहर पहुंचे। यह कार्यक्रम सुबह 11 बजे से घंटाघर के पास सर्किट हाउस में संपन्न हुआ। इस बैठक को लेकर राजनीतिक रणनीतिकार डॉ. अतुल मलिकराम ने कार्यकर्ताओं के साथ चर्चा करते हुए सदस्यता अभियान को गति देने और पार्टी की विचारधारा को जन-जन तक पहुंचाने का अनुरोध किया है। कार्यक्रम के संयोजक पार्टी के वरिष्ठ नेता मान सिंह बिसेन और डी पी पटेल रहे।


हाल ही में मध्य प्रदेश में अपना दल (एस) के प्रभारी नियुक्त किए गए श्री आर. बी. सिंह पटेल ने कहा, राष्ट्रीय अध्यक्ष व केंद्रीय मंत्री श्रीमती अनुप्रिया पटेल जी के मार्गदर्शन में हम मध्य प्रदेश में संगठन को नई ऊंचाइयों तक ले जाने के लिए प्रतिबद्ध हैं। मेरा पूर्ण विश्वास है कि मध्य प्रदेश में अपना दल (एस) तीसरा सबसे बड़ा राजनीतिक दल बनकर उभरेगा, इसलिए हम लक्ष्य 2028 लेकर चल रहे हैं। हमारी पार्टी दलित, शोषित, वंचित वर्ग की पार्टी है और उनकी आवाज को सड़क से संसद तक उठाने में विश्वास रखती है. हमारा राज्य सरकार से भी अनुरोध है कि प्रदेश में ओबीसी आरक्षण को जल्द से जल्द 27% किए जाने की प्रक्रिया को पूर्ण किया जाए।


कार्यक्रम के संयोजक श्री मान सिंह बिसेन ने कहा, मैहर में होने वाली यह बैठक और सदस्यता अभियान पार्टी के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है। हम कार्यकर्ताओं के साथ मिलकर संगठन को मजबूत करने और नए सदस्यों को जोड़ने की दिशा में तेजी से कार्य कर रहे हैं। राष्ट्रीय नेतृत्व के मार्गदर्शन में हम पार्टी की नीतियों को जनता तक पहुंचाएंगे और सामाजिक न्याय के लिए काम करते रहेंगे।


यह आयोजन मध्य प्रदेश में अपना दल (एस) की स्थिति को और सुदृढ़ करने की दिशा में एक जरुरी कदम माना जा रहा है। कार्यकर्ताओं ने इस कार्यक्रम को लेकर भारी उत्साह दिखाया, जिसे देखते हुए उम्मीद की जा रही है कि यह अभियान पार्टी के विस्तार में आवश्यक भूमिका निभाएगा।</description><guid>10957</guid><pubDate>2025-07-13 11:24:22 11:26:47 am</pubDate></item><item><title> शिक्षकों के लिए ई-अटेंडेंस लागू होने के बाद विरोध तेज, प्रदर्शन शुरू...</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10905</link><description>
जबलपुर।मध्यप्रदेश में शिक्षकों की उपस्थिति अब मोबाइल एप के जरिए दर्ज करना अनिवार्य कर दिया गया है, लेकिन यह व्यवस्था लागू होते ही विवादों में घिर गई है। जबलपुर में सैकड़ों शासकीय शिक्षकों ने ई-अटेंडेंस के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। शिक्षकों ने सरकार पर दोहरे मापदंड अपनाने का आरोप लगाया है और मांग की है कि अगर ई-अटेंडेंस जरूरी है तो इसे सभी शासकीय कर्मचारियों पर समान रूप से लागू किया जाए।

शिक्षक संघ ने जताई आपत्ति
राज्य शिक्षक संघ के बैनर तले शिक्षकों ने एक विशाल रैली निकाली और नारेबाजी करते हुए जबलपुर जिला प्रशासन को मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा। ज्ञापन में ई-अटेंडेंस व्यवस्था को रद्द करने या फिर इसे सभी विभागों पर लागू करने की मांग की गई है।

तकनीकी खामियों से परेशान शिक्षक
शिक्षकों का कहना है कि 1 जुलाई से लागू हुए ई-अटेंडेंस एप में भारी तकनीकी दिक्कतें हैं।
  एप सुबह समय पर लॉगिन नहीं होता, जिससे उपस्थिति दर्ज नहीं हो पाती।






  शाम को 5 बजे के बाद एप खुलता ही नहीं, जिससे शिक्षकों को दूसरी बार उपस्थिति दर्ज करना संभव नहीं होता।






  अगर एप फेल हुआ तो आगे चलकर इसे एमआईएस पोर्टल से जोड़ने की योजना है, जिससे शिक्षकों का वेतन भी प्रभावित हो सकता है।

थंब मशीन लगाएं  शिक्षक संघ
शिक्षक संघ की मांग है कि मोबाइल एप के बजाय स्कूलों में थंब इंप्रेशन मशीन लगाई जाए, जिससे उपस्थिति प्रक्रिया सटीक और समान हो सके।

भेदभावपूर्ण रवैया  शिक्षकों का आरोप
शिक्षकों ने आरोप लगाया कि सरकार शिक्षा विभाग को सबसे आसान निशाना बना रही है। एक शिक्षक ने कहा कि अगर जवाबदेही की बात है तो अन्य शासकीय विभागों में काम कर रहे कर्मचारियों से भी समान उपस्थिति की उम्मीद की जानी चाहिए।

फिलहाल, शिक्षकों की नाराजगी गहराती जा रही है और अगर सरकार ने जल्द समाधान नहीं किया, तो आंदोलन उग्र रूप ले सकता है।</description><guid>10905</guid><pubDate>2025-07-09 15:17:44 3:20:27 pm</pubDate></item><item><title> इटारसी में प्रदेश स्तरीय प्रतिभा सम्मान समारोह में हिस्सा लेंगे यूपी कैबिनेट मंत्री आशीष पटेल  </title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10886</link><description>इटारसी में प्रदेश स्तरीय प्रतिभा सम्मान समारोह में हिस्सा लेंगे यूपी कैबिनेट मंत्री आशीष पटेल


भोपाल: चौरिया कुर्मी महासभा और पटेल समाज द्वारा आयोजित प्रदेश स्तरीय प्रतिभा सम्मान समारोह का आयोजन 13 जुलाई 2025 (रविवार) को नर्मदापुरम जिले के इटारसी में किया जाएगा। इस महत्वपूर्ण आयोजन में उत्तर प्रदेश के कैबिनेट मंत्री और अपना दल (एस) के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष आशीष पटेल मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहेंगे। कार्यक्रम में मध्य प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों से लगभग 170 होनहार छात्र-छात्राओं को उनके शैक्षणिक और अन्य क्षेत्रों में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए सम्मानित किया जाएगा। यह आयोजन साई कृष्णा रिसोर्ट, पेट्रोल पंप के पास (खेड़ा), इटारसी में सुबह 11 बजे से शुरू होगा।


अपना दल (एस) राष्ट्रीय महासचिव एवं मध्य प्रदेश प्रभारी आर बी सिंह ने बताया कि इस अवसर पर पार्टी के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष आशीष पटेल अपना दल (एस) की नीतियों और विचारधारा पर प्रकाश डालेंगे। वे समाज के उत्थान और शिक्षा के महत्व पर जोर देते हुए आम जनमानस से अपना दल (एस) से जुड़ने का आह्वान करेंगे। यह समारोह न केवल प्रतिभाओं को सम्मानित करने का मंच होगा, बल्कि सामाजिक एकता और राजनीतिक जागरूकता को बढ़ावा देने का भी एक महत्वपूर्ण अवसर होगा।


कार्यक्रम में चौरिया कुर्मी महासभा के अध्यक्ष नवीन पटेल, राष्ट्रीय महासचिव युवा मंच डॉ अखिलेश पटेल, राजनीतिक रणनीतिकार डॉ अतुल मलिकराम समेत देवेंद्र प्रताप सिंह, मान सिंह पटेल, अर्जुन सिंह पटेल, धीरेन्द्र सिंह बघेल, राजेस्वर मिश्रा, मोहित गुप्ता, मुकेश मराठा, यश कुमार, वंदना नामदेव, राजेंद्र पटेल, सुरेंद्र नाहर, हरीश तलरेजा, एस आर नागले, कैलाश गावंडे, त्रिलोकी सिंह, राजेश पल, धनीराम केवट, मनीष सिरवैया, हरदास कुशवाहा, राहुल सिंह भदौरिया, बबलू यादव, टीकमचंद्र शर्मा, एन एस धाकड़ जैसे पार्टी के वरिष्ठ व प्रमुख नेता आशीष पटेल के स्वागत के लिए उपस्थित रहेंगे। वहीँ प्रदेशभर से अपना दल (एस) के कार्यकर्ताओं के भी इस कार्यक्रम में पहुँचने की उम्मीद की जा रही है</description><guid>10886</guid><pubDate>2025-07-07 12:07:18 12:09:27 pm</pubDate></item><item><title>यदि बच्चे माता-पिता की देखभाल नहीं कर रहे, तो ऐसे कर सकते हैं केस</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10821</link><description>जबलपुर :हमारे कानून में बुजुर्गों को कई अधिकार दिए गए हैं, लेकिन जानकारी के अभाव में बुजुर्ग इसका फायदा नहीं उठा पाते हैं। सामान्यत: हम मानकर चलते हैं कि बुजुर्ग माता-पिता संतान के खिलाफ भरण पोषण का वाद दायर नहीं कर सकते, लेकिन ऐसा नहीं है। कानूनन प्रत्येक माता-पिता को अपने बच्चों से भरण पोषण पाने का अधिकार होता है। बच्चे माता-पिता की देखभाल नहीं कर रहे हैं तो माता-पिता उनके खिलाफ न्यायालय में प्रकरण दर्ज करवा सकते हैं।


यदि बच्चे देखभाल नहीं कर रहे हैं, तो बुजुर्ग माता-पिता वरिष्ठ नागरिकों के भरण पोषण कल्याण अधिनियम के तहत एसडीएम न्यायालय में प्रकरण दर्ज करा सकते हैं। न्यायालय अधिकतम दस हजार रुपये तक भरण पोषण देने का आदेश संतान को दे सकता है। बुजुर्गों को जिला विधिक सेवा प्राधिकरण से निश्शुल्क कानूनी सहायता प्राप्त करे का अधिकार भी होता है।

एसडीएम न्यायालय में कर सकते हैं आवेदन
बता दें कि माता-पिता को वरिष्ठ नागरिकों के भरण पोषण अधिनियम की धारा 24 में भरण पोषण दिलाए जाने का प्रविधान किया गया है। इसके लिए संबंधित एसडीएम न्यायालय में आवेदन देना होता है। न्यायालय प्रकरण की परिस्थितियों के अनुसार संतान को आदेश दे सकता है कि वे एक निश्चित राशि भरण पोषण के रूप में माता-पिता को हर माह दें।


आदेश का पालन नहीं करने पर हो सकती है जेल
न्यायालय के आदेश के बावजूद अगर संतान भरण पोषण की राशि का भुगतान नहीं करती है तो उन्हें सजा भी हो सकती है। एक माह का भरण पोषण नहीं देने पर 30 दिन जेल की सजा का प्रविधान है। समय के साथ आपको एसडीएम न्यायालय द्वारा निर्धारित भरण पोषण की राशि बढ़वाने का अधिकार भी होता है। इसके लिए आपको कलेक्टर के समक्ष आवेदन देना है। न्यायालय बढ़ती महंगाई का आंकलन करने के बाद भरण पोषण की राशि बढ़ाने का आदेश दे सकता है।

बुजूर्गों को ये अधिकार प्राप्त



    वृद्धजन को आर्थिक सहायता प्राप्त करने का अधिकार होता है।
    आर्थिक रूप से कमजोर बुजुर्गों के लिए वृद्धावस्था पेंशन योजना होती है।
    
    इस योजना का लाभ लेने के लिए बुजुर्गों को संबंधित नगर निगम में आवेदन देना होता है।
    
    इस योजना के तहत बुजुर्गों को 600 रुपये मासिक पेंशन प्राप्त होती है।
    
    सामान्यत: यह माना जाता है कि सिर्फ पत्नी को पति से भरण पोषण पाने का अधिकार होता है, लेकिन ऐसा नहीं है। माता-पिता भी भरण पोषण के भारतीय न्याय संहिता की धारा 144 के तहत प्रकरण दायर कर सकते हैं। धारा 144 के तहत जिला न्यायायल में प्रकरण दायर करने के बाद न्यायालय संतान की आय और उसके दायित्वों के हिसाब से भरण पोषण की राशि तय कर सकता है।
    परिस्थितियों में बदलाव के हिसाब से भरण पोषण की राशि बदल सकती है
    अगर माता-पिता को लगता है कि समय के साथ संतान की तरक्की हुई है और उन्हें पहले के मुकाबले भरण पोषण के लिए अधिक राशि की आवश्यकता है तो वे भारतीय न्याय संहिता की धारा 127 के तहत भरण पोषण की राशि में बदलाव के लिए आवेदन कर सकते हैं। न्यायालय परिस्थितियों में बदलाव के हिसाब से माता-पिता के भरण पोषण की राशि में बदलाव कर सकता है।

</description><guid>10821</guid><pubDate>2025-06-29 16:44:32 4:46:57 pm</pubDate></item><item><title>सीएम के काफिले की 19 गाड़ियां एकसाथ बंद, डीजल में मिलावट से मचा हड़कंप</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10800</link><description>भोपाल ।मध्य प्रदेश में गुरुवार रात एक चौंकाने वाली घटना सामने आई जब मुख्यमंत्री मोहन यादव के काफिले में शामिल करीब 19 सरकारी गाड़ियां अचानक रास्ते में बंद हो गईं। यह घटनाक्रम रतलाम जिले के डोसीगांव में हुआ, जहां सभी गाड़ियों ने एक ही पेट्रोल पंप से डीजल भरवाया था। प्राथमिक जांच में सामने आया कि डीजल में भारी मात्रा में पानी की मिलावट थी।

पेट्रोल पंप सील, जांच जारी
गाड़ियों के बंद होने की खबर मिलते ही प्रशासन और पुलिस की टीमें मौके पर पहुंचीं। जांच में यह साफ हुआ कि डीजल के साथ टैंकों में पानी मिला हुआ था। कई गाड़ियों में तो 20 लीटर में 10 लीटर तक पानी पाया गया। मिलावट की पुष्टि के बाद भारत पेट्रोलियम के शक्ति फ्यूल्स पेट्रोल पंप को तुरंत सील कर दिया गया।

पंप मैनेजर की सफाई और अधिकारियों का बयान
पेट्रोल पंप मैनेजर ने मिलावट से इनकार करते हुए बारिश के कारण टैंक में पानी रिसने की आशंका जताई है। नायब तहसीलदार आशीष उपाध्याय ने बताया कि पेट्रोल पंप के टैंक में पानी घुसने की संभावना है, जिसकी विस्तृत जांच की जा रही है। खाद्य एवं आपूर्ति विभाग ने पेट्रोल पंप को सील कर रिपोर्ट वरिष्ठ अधिकारियों को सौंप दी है।

गाड़ियों का इंतजाम रात में ही किया गया
दरअसल, मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव को शुक्रवार को रतलाम में रीजनल इंडस्ट्री, स्किल एंड इम्प्लॉइमेंट कॉन्क्लेव 2025 में शामिल होना था। इसके लिए गुरुवार रात इंदौर से 19 गाड़ियां भेजी गई थीं, जो डोसीगांव में रुकीं और वहीं से डीजल भरवाया गया। कुछ दूरी पर पहुंचते ही एक-एक कर सभी वाहन बंद हो गए, जिससे प्रशासन में हड़कंप मच गया। बाद में इंदौर से नई गाड़ियों का इंतजाम कर काफिले को रवाना किया गया।

सरकार गंभीर, दोषियों पर होगी सख्त कार्रवाई
इस घटना ने सुरक्षा व्यवस्था और ईंधन आपूर्ति प्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं। प्रशासन का कहना है कि जिम्मेदारों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल तकनीकी जांच रिपोर्ट का इंतजार किया जा रहा है।

</description><guid>10800</guid><pubDate>2025-06-27 16:38:44 4:41:15 pm</pubDate></item><item><title>राहुल गांधी प्रधानमंत्री बनेंगे, ऐसा नहीं कहा तो पार्टी से निकाला : लक्ष्मण सिंह</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10708</link><description>गुना।मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह के भाई और पूर्व सांसद लक्ष्मण सिंह को कांग्रेस ने छह साल के लिए पार्टी से निष्कासित कर दिया है। अपने निष्कासन के बाद उन्होंने कांग्रेस पर कई आरोप लगाए हैं। गुना के एक निजी होटल में गुरुवार को पत्रकार वार्ता में लक्ष्मण सिंह ने कांग्रेस से अपने निष्कासन पर चुप्पी तोड़ी। पूर्व सांसद ने कहा, कांग्रेस की तरफ से मुझे कहा गया था कि लिखकर दो कि राहुल गांधी प्रधानमंत्री बनेंगे। मेरे ऐसा नहीं करने पर मुझे निष्कासित कर दिया गया। कांग्रेस में वही रह सकता है, जो कहे कि राहुल गांधी प्रधानमंत्री बनेंगे। मैं ऐसा नहीं कर सकता।
लक्ष्मण सिंह ने कहा, कश्मीर में आतंकवाद के लिए अब्दुल्ला परिवार जिम्मेदार है, लेकिन आतंकवादी घटनाओं के समय कांग्रेस के बयान राष्ट्रविरोधी लगते हैं। मैंने पहलगाम हमले के बाद कांग्रेस के कई शीर्ष नेताओं के बयानों और कार्यशैली पर सवाल उठाए थे। संसद में सिर्फ सेना के बजट पर चर्चा हो सकती है, न कि रणनीति पर। कांग्रेस नेताओं द्वारा सेना पर सवाल उठाया जाना राष्ट्रविरोधी कृत्य है।





उन्होंने कहा कि मल्लिकार्जुन खड़गे किस तरह राष्ट्रीय अध्यक्ष बने और कांग्रेस पार्टी को कौन चला रहा है, यह किसी से छुपा नहीं है। अपने राजनीतिक भविष्य पर लक्ष्मण सिंह ने कहा, वह फिलहाल किसी पार्टी में शामिल नहीं होंगे। प्रदेश में घूमकर अपने कार्यकर्ताओं से चर्चा करेंगे। नई पार्टी के गठन पर भी गंभीर विचार चल रहा है, जिसमें निर्णय कार्यकर्ताओं से मिलकर लिया जाएगा। हाईकमान जैसी कोई व्यवस्था नहीं होगी। कांग्रेस में अब कार्यकर्ताओं की नहीं सुनी जाती।





लक्ष्मण सिंह ने अपने हालिया बयानों पर भाजपा की प्रशंसा के लिए आभार जताया। साथ ही प्रदेश की सरकार पर सवाल भी उठाए। उन्होंने कहा, भाजपा 20 साल से मध्य प्रदेश की सत्ता पर काबिज है। अब बदलाव का वक्त है। मध्य प्रदेश में ब्यूरोक्रेसी बेलगाम हो गई है और अगर वे सिर्फ दो घंटे किसी तहसील में बैठ जाएं, तो उन्हें जमीनी सच्चाई पता चल जाएगी। राज्य में ड्रग्स का प्रकोप बढ़ गया है। इस वजह से अपराध बढ़ रहे हैं। इंदौर की हालिया घटनाओं के पीछे ड्रग्स की भूमिका है और थानों के पीछे ही नशे का कारोबार चल रहा है। यदि इसे रोका नहीं गया तो समाज और युवाओं का भविष्य खतरे में पड़ जाएगा।</description><guid>10708</guid><pubDate>2025-06-13 17:04:01 5:04:38 pm</pubDate></item><item><title> सदस्यता अभियान को गति देने मध्य प्रदेश के चार दिवसीय दौरे पर रहेंगे अपना दल (एस) प्रदेश प्रभारी आर. बी. सिंह पटेल </title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10705</link><description>सदस्यता अभियान को गति देने मध्य प्रदेश के चार दिवसीय दौरे पर रहेंगे अपना दल (एस) प्रदेश प्रभारी आर. बी. सिंह पटेल


- 14 से 17 जून के बीच ग्वालियर-चंबल संभाग में करेंगे दौरा
- दौरे की अध्यक्षता करेंगे राजनीतिक रणनीतिकार डॉ अतुल मलिकराम

भोपाल, 12 जून 2025: मध्य प्रदेश में अपनी उपस्थिति को मजबूत करते हुए उत्तर प्रदेश का तीसरा व एनडीए घटक का सबसे पुराना दल अपना दल (एस) राष्ट्रीय अध्यक्ष व केंद्रीय मंत्री अनुप्रिया पटेल के नेतृत्व में प्रदेशभर में सदस्यता अभियान को गति प्रदान कर रहा है। इसी क्रम में राष्ट्रीय महासचिव व मध्य प्रदेश प्रभारी आर. बी. सिंह पटेल 14 से 17 जून तक ग्वालियर-चंबल संभाग का चार दिवसीय दौरा करेंगे। यह दौरा पार्टी के सदस्यता अभियान को गति देने के उद्देश्य से आयोजित किया जा रहा है। इस दौरान भिंड, मुरैना, ग्वालियर, दतिया, निवाड़ी, शिवपुरी और गुना में विभिन्न कार्यक्रम होंगे। दौरे की अध्यक्षता राजनीतिक रणनीतिकार डॉ. अतुल मलिकराम करेंगे। गौरतलब है कि प्रदेश प्रभारी बनने के बाद से आर बी सिंह पटेल का यह तीसरा दौरा है।


दौरे को लेकर आर. बी. सिंह पटेल ने कहा, राष्ट्रीय अध्यक्ष अनुप्रिया पटेल जी के नेतृत्व में यह दौरा मध्य प्रदेश में अपना दल (एस) के विस्तार और जन-जन तक हमारी विचारधारा को पहुंचाने का एक महत्वपूर्ण कदम है। हम कार्यकर्ताओं के साथ मिलकर संगठन को और मजबूत करेंगे और नए सदस्यों को जोड़कर पार्टी को व्यापक आधार प्रदान करेंगे।


दौरे की अध्यक्षता कर रहे डॉ. अतुल मलिकराम ने कहा, हमारा लक्ष्य है कि अपना दल (एस) की नीतियों और विजन को हर गांव, हर शहर तक पहुंचाया जाए। यह दौरा न केवल सदस्यता अभियान को गति देगा, बल्कि कार्यकर्ताओं में एक नई ऊर्जा और उत्साह का संचार भी करेगा।


यह दौरा मध्य प्रदेश में अपना दल (एस) की सक्रियता को बढ़ाने और आगामी राजनीतिक रणनीतियों को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। बता दें कि आगामी विधानसभा चुनावों के मद्देनजर पिछले कुछ महीनों में अपना दल (एस) की सक्रियता प्रदेश में काफी तेज हो गई है। प्रदेश प्रभारी के अब तक के दौरों के माध्यम से पार्टी राज्य के विभिन्न क्षेत्रों में अपनी सक्रियता बढ़ाने के साथ-साथ युवाओं और समाज के पिछड़े वर्गों को संगठन से जोड़ने की दिशा में काम कर रही है।
</description><guid>10705</guid><pubDate>2025-06-12 18:12:06 6:13:02 pm</pubDate></item><item><title>तुर्की से नक्सल समर्थन का खुलासा, बसव राजू की मौत पर भारत सरकार की आलोचना</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10616</link><description>नई दिल्ली।भारत में नक्सल संगठन के शीर्ष नेता बसव राजू की मौत के बाद एक ऐसा घटनाक्रम सामने आया है, जिसने देश के सुरक्षा तंत्र और राजनीतिक हलकों में हलचल मचा दी है। तुर्की के एक वामपंथी उग्रवादी संगठन ने बसव राजू की मौत पर भारत सरकार की निंदा करते हुए वीडियो जारी किया है, जिससे नक्सली नेटवर्क के अंतरराष्ट्रीय संपर्कों की पुष्टि होती है।

चेहरा ढककर वीडियो में बयान, सरकार की आलोचना
वीडियो में एक टर्किश वामपंथी उग्रवादी चेहरा ढककर बयान पढ़ता हुआ नजर आता है, जिसमें उसने भारत सरकार पर मानवाधिकारों के उल्लंघन और 'क्रांतिकारी नेतृत्व' के खिलाफ हिंसा का आरोप लगाया है। यह वीडियो न केवल भारत की अंदरूनी सुरक्षा से जुड़ी चुनौती को उजागर करता है, बल्कि यह भी साबित करता है कि नक्सल विचारधारा की जड़ें वैश्विक वामपंथी नेटवर्क से जुड़ी हुई हैं।

फिलीपींस से भी श्रद्धांजलि, वैश्विक नेटवर्क पर सवाल
कुछ दिन पहले फिलीपींस के एक वामपंथी संगठन द्वारा भी बसव राजू को श्रद्धांजलि दिए जाने की खबरें सामने आई थीं। अब तुर्की से आए वीडियो से साफ हो गया है कि जहां-जहां वामपंथी उग्रवाद सक्रिय है, वहां भारतीय नक्सल नेतृत्व को समर्थन और सहानुभूति मिल रही है। विशेषज्ञ इसे नक्सली संगठन के इंटरनेशनल लॉजिक और सहयोग तंत्र की ओर इशारा मान रहे हैं।

21 मई की मुठभेड़ में ढेर हुआ था बसव राजू
गौरतलब है कि 21 मई को छत्तीसगढ़ के अबूझमाड़ के जंगलों में एक ऐतिहासिक एंटी-नक्सल ऑपरेशन के दौरान, नक्सल संगठन के सुप्रीमो नम्बाला केशव राव उर्फ बसव राजू उर्फ गगन्ना को DRG के जवानों ने मार गिराया था। उस पर ₹1 करोड़ का इनाम घोषित था और वह वर्षों से भारत में माओवादी नेटवर्क का शीर्ष संचालक था।

30 नक्सलियों का खात्मा, संगठन को बड़ा झटका
इस मुठभेड़ में 30 नक्सली मारे गए, जिनमें से कई सेंट्रल कमेटी (CC) के सदस्य भी बताए जा रहे हैं। सुरक्षा विशेषज्ञों के मुताबिक, यह ऑपरेशन भारत के नक्सल उन्मूलन अभियान की सबसे बड़ी कामयाबी में से एक है।

बसव राजू: भारत का 'ओसामा' या 'प्रभाकरण'
विशेषज्ञों की तुलना में, जिस तरह अमेरिका ने ओसामा बिन लादेन को, और श्रीलंका ने LTTE चीफ प्रभाकरण को मार गिराकर आतंक के नेटवर्क की कमर तोड़ी थी, उसी तरह भारत ने बसव राजू को खत्म कर नक्सलवाद के शीर्ष नेतृत्व को निर्णायक चोट दी है।

अब क्या? नक्सलियों की रणनीति पर नजर
तुर्की और अन्य देशों से मिल रहे समर्थन ने सुरक्षा एजेंसियों की चिंता बढ़ा दी है। अब सवाल उठता है कि क्या नक्सल आंदोलन किसी ग्लोबल नेटवर्क के सहारे खुद को फिर से खड़ा करने की कोशिश करेगा? एजेंसियां अब इस ऐंगल से भी निगरानी तेज कर रही हैं।

बसव राजू की मौत भारत के लिए सुरक्षा मोर्चे पर बड़ी जीत है, लेकिन तुर्की और अन्य देशों से आए बयानों ने यह साबित कर दिया है कि लड़ाई सिर्फ जंगलों की नहीं, विचारधारा और वैश्विक नेटवर्क की भी है। अब यह भारत के लिए जरूरी हो गया है कि वह इस चुनौती से रणनीतिक और वैश्विक स्तर पर निपटने की तैयारी करे।</description><guid>10616</guid><pubDate>2025-05-31 18:48:12 6:49:32 pm</pubDate></item><item><title>इंदौर में मेट्रो शुरु, मोदी ने दी मध्यप्रदेश को कई सौगातें</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10615</link><description>भोपाल।प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज अपने एकदिवसीय प्रवास के दौरान मध्यप्रदेश को इंदौर मेट्रो समेत कई विकास कार्यों की सौगात दी। श्री मोदी ने राजधानी भोपाल में आयोजित देवी अहिल्याबाई होलकर महिला सशक्तिकरण सम्मेलन में भागीदारी के दौरान इंदौर मेट्रो रेल सेवा का वर्चुअल माध्यम से लोकार्पण किया। इसके अतिरिक्त उन्होंने सतना और दतिया हवाईअड्डे का भी लोकार्पण किया। उन्होंने अहिल्याबाई होलकर की स्मृति में डाक टिकट और 300 रुपए का सिक्का जारी किया।</description><guid>10615</guid><pubDate>2025-05-31 18:45:09 6:45:44 pm</pubDate></item><item><title>फ्रूट जूस के पैकेट में मिला मरा हुआ चूहा, पैकेट खोला तो परिवार के उड़े होश</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10611</link><description>इंदौर: मध्य प्रदेश के इंदौर शहर में एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। यहां एक वीडियो सामने आया है, जिसमें देखा जा सकता है कि फ्रूच जूस के पैकेट में मरा हुआ चूहा पड़ा हुआ है। पीड़ित ने इसका वीडियो बनाते हुए अपनी पीड़ा जाहिर की है, जो सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रहा है। बताया जा रहा है कि फ्रूट जूस का यह पैकेट शख्स ने ऑनलाइन मंगवाया था। हालांकि जब पैकेट खोलकर देखा गया तो उसमें मरा हुआ चूहा निकला, जिससे हड़कंप मच गया। पीड़ित ने कंपनी के मेल पर शिकायत की है, लेकिन कोई संतोषजनक जवाब नहीं मिला है।
ऑनलाइन मंगाए थे दो पैकेट जूस
दरअसल, इंदौर के द्वारकापुरी इलाके में रहने वाले व्यापारी विकास गोस्वामी ने ऑनलाइन शॉपिंग साइट से फ्रूट जूस के दो पैकेट ऑर्डर किए थे। इनमें से एक पैकेट में मरा हुआ चूहा मिलने का मामला सामने आया है। विकास गोस्वामी ने बताया कि उनकी भंवरकुआं इलाके में गिफ्ट की दुकान है। 1 मई को उन्होंने फ्रूट जूस के दो पैकेट ऑर्डर किए थे, क्योंकि पैकेट पर डिस्काउंट चल रहा था। उन्हें 4-5 मई को जूस के पैकेट डिलीवर हुए। इनमें से एक पैकेट उन्होंने परिवार के साथ पी लिया, जबकि दूसरा पैकेट फ्रिज में रख दिया।


पैकेट खोला तो निकला मरा चूहा
उन्होंने बताया कि 10-15 मई के बीच उन्होंने दूसरा पैकेट भी खोला और परिवार के साथ मिलकर जूस पिया। उनके परिवार में उनकी पत्नी और सात साल का बेटा भी शामिल हैं। जूस पीने के बाद पैकेट फिर से फ्रिज में रख दिया गया। हालांकि 25 मई को जब विकास ने फ्रिज से पैकेट निकाला, तो वह जम गया था। पैकेट को काटने पर परिवार दंग रह गया। जमे हुए जूस के अंदर एक काली वस्तु नजर आई, जिसे करीब से देखने पर पता चला कि वह मरा हुआ चूहा था। इस घटना के बाद परिवार के सदस्यों के होश उड़ गए। विकास ने इस पूरे वाकये का वीडियो भी बनाया और संबंधित कंपनी को मेल कर शिकायत दर्ज कराई। हालांकि कंपनी की ओर से जो जवाब मिला, वह उन्हें संतोषजनक नहीं लगा।</description><guid>10611</guid><pubDate>2025-05-30 18:58:18 7:00:51 pm</pubDate></item><item><title>17 नक्सलियों ने किया आत्मसमर्पण, सुरक्षा बलों की सख्ती और पुनर्वास नीति का असर</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10610</link><description>कोठागुडेम।छत्तीसगढ़-तेलंगाना सीमा क्षेत्र में एक बड़ी सफलता हाथ लगी है। भद्राद्री कोठागुडेम जिले की पुलिस के समक्ष 17 सक्रिय नक्सलियों ने आत्मसमर्पण कर दिया है। ये सभी लंबे समय से माओवादी संगठन से जुड़े थे और बस्तर क्षेत्र में कई नक्सली गतिविधियों में शामिल रहे हैं।

सुरक्षा बलों के अभियान का दबाव बना आत्मसमर्पण की वजह
पुलिस सूत्रों के अनुसार, ये नक्सली तेलंगाना-छत्तीसगढ़ सीमा पर सक्रिय थे और बस्तर में लगातार चल रहे सघन अभियान से दबाव में थे। हथियार डालने का निर्णय इसी दबाव का नतीजा माना जा रहा है।

सरकार की पुनर्वास नीति बनी बदलाव की वजह
राज्य और केंद्र सरकार की पुनर्वास और आत्मसमर्पण नीति का भी इस आत्मसमर्पण में अहम योगदान बताया गया है। अधिकारियों ने कहा कि सरेंडर करने वाले नक्सलियों को सुरक्षा, रोजगार, कानूनी सहायता और पुनर्वास की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी।

लगातार हो रहे आत्मसमर्पण से संगठन की पकड़ कमजोर
गौरतलब है कि कुछ दिन पहले सुकमा जिले में दो एरिया कमांडर समेत 14 नक्सलियों ने सरेंडर किया था, जिनमें 13 नक्सली बीजापुर जिले से थे। यह सिलसिला बताता है कि नक्सल संगठनों पर सुरक्षा बलों की रणनीति और सख्त कार्रवाई का प्रभाव पड़ रहा है।

पुलिस अधीक्षक का बयान
भद्राद्री कोठागुडेम के पुलिस अधीक्षक ने कहा, सरकार की योजनाओं और पुलिस की निरंतर कार्रवाई से नक्सलियों का हौसला टूट रहा है। ये आत्मसमर्पण उसी का संकेत है। उन्होंने उम्मीद जताई कि आने वाले समय में और भी नक्सली मुख्यधारा से जुड़कर समाज का हिस्सा बनेंगे।

17 नक्सलियों का आत्मसमर्पण सुरक्षा बलों और सरकार की नीति के लिए एक बड़ी उपलब्धि है। यह घटनाक्रम दर्शाता है कि बस्तर और सीमावर्ती इलाकों में शांति की दिशा में ठोस प्रगति हो रही है। उम्मीद की जा रही है कि इसी तरह और भी नक्सली हिंसा छोड़कर विकास और भरोसे की राह पर लौटेंगे।
</description><guid>10610</guid><pubDate>2025-05-30 18:53:06 6:53:58 pm</pubDate></item><item><title>लैब-टू-लैंड के मंत्र को साकार करेगा विकसित कृषि संकल्प अभियान</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10609</link><description>-शिवराज सिंह चौहान (कृषि एवं किसान कल्याण और ग्रामीण विकास मंत्री, भारत सरकार)


प्रधानमंत्रीमोदी के नेतृत्व में भारतीय कृषि निरंतर प्रगति की ओर अग्रसर है l उनकी दूरदर्शी सोच और किसान कल्याण को समर्पित ऐतिहासिक निर्णयों ने हमारे किसान भाइयों-बहनों को समृद्ध व सशक्त बनाया है, साथ ही विकसित भारत के विराट संकल्प को नई मजबूती दी है। आज हमारे अन्नदाता न केवल देश की खाद्य सुरक्षा सुनिश्चित कर रहे हैं, बल्कि विश्व के कई देशों में खाद्यान्न निर्यात करके भारत का गौरव बढ़ा रहे हैं। कृषि विकसित और किसान आत्मनिर्भर बनें, लैब में होने वाले शोध सही समय में खेतों तक पहुंचे, इसी लक्ष्य को लेकर हम राज्यों के साथ मिलकर एक राष्ट्र-एक कृषि-एक टीम के रूप में कार्य कर रहे हैं ।

देश की समृद्धि का आधार कृषि और किसान हैं। हमारे कृषि वैज्ञानिकों ने अनेक शोध किए है l कृषि वैज्ञानिक नई तकनीक, उन्नत बीज, खाद इत्यादि से कम लागत पर फसल उत्पादन बढ़ाने के काम में जुटे हुए है। हमारे वैज्ञानिकों के शोध किसानों तक सही समय (रियल टाइम) पर पहुंचे, उन्हें जलवायु परिवर्तन के प्रभाव, मिट्टी के पोषक तत्वों, उर्वरकों की सही मात्रा सहित कृषि के विभिन्न आयामों से अवगत कराया जा सके, इसके लिए प्रधानमंत्री के नेतृत्व में केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय द्वारा 29 मई से 12 जून तक 'विकसित कृषि संकल्प अभियान' प्रारंभ किया जा रहा है। इस राष्ट्रव्यापी अभियान के माध्यम से देश के 700 से अधिक जिलों के लगभग 65 हजार गांवों में वैज्ञानिकों की 2170 टीमें पहुंचेगी। इस दौरान लगभग 1.5 करोड़ किसानों से सीधा संवाद किया जाएगा।





यशस्वी प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में कृषि को विकसित बनाना और किसानों का जीवन बदलना हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है। 'विकसित कृषि संकल्प अभियान' कोई कर्मकांड नहीं, बल्कि किसानों के जीवन में समृद्धि लाने का महायज्ञ है। भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद (ICAR) के वैज्ञानिक, कृषि विज्ञान केंद्र (KVK), राज्यों के कृषि विभाग, कृषि विश्वविद्यालय, नवाचार से जुड़े संस्थान सभी एकजुट होकर, एक टीम के रूप में विकसित कृषि और समृद्ध किसान के लक्ष्य की ओर बढ़ेंगे। यह अभियान प्रधानमंत्री के लैब टू लैंड के मंत्र को साकार कर किसानों की तकदीर और भारतीय कृषि की तस्वीर बदलेगा। वैज्ञानिक गांवों में जाकर किसानों से सीधा संवाद करेंगे और लैब में होने वाली रिसर्च की जानकारी किसानों को देंगे। साथ ही, किसानों के अनुभवों से भी सीखकर कृषि अनुसंधान को व्यवहारिक बनाएंगे l हमारे विकसित कृषि संकल्प अभियान के प्रयासों और किसानों के अथक परिश्रम से, एक हेक्टेयर में एक क्विंटल भी उत्पादन बढ़ता है तो देशभर में 20 टन खाद्यान उत्पादन बढ़ाने में हम यह सफल होंगे।






कृषि भारत की अर्थव्यवस्था की रीढ़ है और लगभग 50 प्रतिशत जनसंख्या प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से इसी पर निर्भर है। यह क्षेत्र सकल घरेलू उत्पाद (GDP) में लगभग 18 प्रतिशत का योगदान करता है। प्रधानमंत्री के नेतृत्व में भारत तेज़ी से विकसित राष्ट्र बनने की दिशा में अग्रसर है, जिसमें विकसित खेती और समृद्ध किसान का योगदान अत्यंत महत्वपूर्ण है। बीते 11 वर्षों में किसानों को सशक्त करने के लिए सरकार ने बीज से बाजार तक हर वो फैसला लिया है, जो किसानों के लिए खेती को और आसान बनाए। हाल ही में लिए गए निर्णय जैसे न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीदी हो या प्याज और चावल से निर्यात शुल्क को हटाना, फसलों की जलवायु अनुकूल और अधिक उपज वाली किस्मों के विकास से लेकर किसान हितैषी योजनाओं के विस्तार तक मोदी सरकार की प्राथमिकता में सदैव किसान कल्याण रहा है।






प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में भारत ने हाल ही में जापान को पीछे छोड़कर विश्व की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था के रूप में छलांग लगाई है। कृषि उत्पादन को देखे तो इसमें ऐतिहासिक वृद्धि हुई है। वर्ष 2024-25 में खाद्यान्न उत्पादन के 3309 लाख टन तक पहुंचने की संभावना है। खरीफ चावल 1206 लाख टन, गेहूं 1154 लाख टन और सोयाबीन 151 लाख टन के साथ रिकॉर्ड स्तर पर हैं। सोयाबीन की उत्पादकता 985 किलो प्रति हेक्टेयर से बढ़कर 1169 किलो प्रति हेक्टेयर हो गई है। बागवानी क्षेत्र में भी उत्पादन 3621 लाख टन तक पहुँचने का अनुमान है। ये उपलब्धियाँ दर्शाती हैं कि हमारे किसानों की मेहनत, वैज्ञानिकों की शोधपरक क्षमता और मोदी सरकार की किसान कल्याणकारी नीतियाँ मिलकर कृषि क्षेत्र को नित-नई ऊँचाइयों पर ले जा रही हैं।






व्यापक विजन, समग्र सोच, स्पष्ट नीति और नेक इरादों के साथ किसानों की आय बढ़े, उनके पसीने का उचित मूल्यांकन हो और वे आत्मनिर्भर बन सकें, इसके लिए केंद्र सरकार ने 6 सूत्रीय रणनीति बनाई है। उत्पादन बढ़ाने, उत्पादन की लागत घटाने, उत्पादन के ठीक दाम देने, प्राकृतिक आपदा में राहत की ठीक राशि देने, कृषि का विविधीकरण तथा प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने के लिए प्रधानमंत्री के नेतृत्व में कृषि एवं किसान कल्याण मंत्रालय गंभीरतापूर्वक कार्य कर रहा है।

'विकसित कृषि संकल्प अभियान' किसानों के जीवन को बेहतर बनाने का एक महाभियान है l मेरी किसान भाइयों-बहनों से अपील है कि आप सभी इस महअभियान से जुड़े, इस कार्यक्रम का लाभ उठाए l वैज्ञानिकों द्वारा दी गई सलाह को मानकर अपनी कृषि को उन्नत करे। उत्पादन बढ़े, लागत घटे और किसानों को लाभ हो, इसी उद्देश्य के साथ विकसित कृषि का यह महायज्ञ है, जो विकसित भारत का आधार बनेगा l

</description><guid>10609</guid><pubDate>2025-05-30 18:42:35 6:43:40 pm</pubDate></item><item><title>MP: बैंक मैनेजर सहित 15 लोगों पर EOW दर्ज की FIR, 82 लाख रुपए का KCC लोन निकालकर की धोखाधड़ी</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10541</link><description>सागर.एमपी के सागर स्थित बैंक ऑफ बड़ोदा की सिरोंज शाखा में 82 लाख 44 हजार रुपए के किसान के्रडिट कार्ड (KCC) लोन घोटाला किया गया. जिसकी जांच करते हुए सागर EOW ने तत्काली बैंक प्रबंधक सहित 15 लोगों के खिलाफ धोखाधड़ी का प्रकरण दर्ज किया है.
EOW के अधिकारियों का कहना है कि जांच में पाया कि शाखा की तत्कालीन प्रबंधक अर्चना बाघमारे ने अपने सहयोगी गजेंद्र सिंह व कमलेश अहिरवार के साथ मिलकर (KCC) ऋ ण स्वीकृति में बड़ी धोखाधड़ी की. जांच में सामने आया कि कृषि भूमि रकबा, फसलों की जानकारी व पूर्व से बंधक भूमि जैसे महत्वपूर्ण तथ्यों को छिपाकर दस्तावेजों में हेरफेर किया गया. बैंक मैनेजर ने ऋ ण जारी करने से पहले न तो उचित निरीक्षण किया और न ही बैंक के अधिकृत पैनल अधिवक्ता से सत्यापन रिपोर्ट प्राप्त की. इसके बजाय अधिवक्ता वीएसजेबी राणा उर्फ वीणू राणा से कूटरचित दस्तावेजों का सत्यापन कराया गया.
ईओडब्ल्यू ने इनपर दर्ज किया है प्रकरण-
-अर्चना बाघमारे (तत्कालीन शाखा प्रबंधक)
-गजेंद्र सिंह व कमलेश अहिरवार (सहयोगी)
-वीएसजेबी राणा उर्फ वीणू राणा (अधिवक्ता)
-दौलत सिंह, प्रेमलाल कुर्मी, बल्वेद सिंह, कामता सिंह, राघवेन्द्र सिंह, विजय सिंह, लीलाधर सिंह, पंचम सिंह, रामप्रसाद साहू, हरिबाई व रघुराज घोषी</description><guid>10541</guid><pubDate>2025-05-21 18:47:15 6:47:57 pm</pubDate></item><item><title>एमपी में बड़ा हादसा: बैंककर्मी समेत तीन युवक नदी में डूबे, मृतकों में दो सगे भाई</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10530</link><description>मऊगंज.मध्य प्रदेश के मऊगंज जिले में तीन भाइयों की नदी में डूबने से मौत हो गई. हादसा रविवार सुबह करीब 10 बजे हुआ. तीनों भाई पैपखार गांव में निहाई नदी में नहाने गए थे. करीब दो घंटे बाद तीनों को नदी से निकाला जा सका. परिजन अस्पताल लेकर पहुंचे. जहां डॉक्टरों ने तीनों को मृत घोषित कर दिया.
मृतकों में दो सगे भाई अमन तिवारी (18), अभय तिवारी (17) समेत उनके मामा का बेटा अभिषेक मिश्रा (24) शामिल हैं. रविवार सुबह तीनों नहाने के लिए निहाई नदी गए थे. जहां अभिषेक गहरे पानी में चला गया. उसे बचाने के लिए अमन और अभय भी पहुंचे. लेकिन गहराई का अंदाजा नहीं होने से वे भी डूब गए.
पोस्टमॉर्टम के बाद परिजन को सौंपे शव
तीनों युवकों की चीख-पुकार सुनकर स्थानीय लोग मौके पर पहुंचे. पुलिस को सूचना दी. कड़ी मशक्कत के बाद शव बाहर निकाले जा सके. पोस्टमॉर्टम मऊगंज सिविल अस्पताल में किया गया. अमन-अभय के पिता अनिल तिवारी पेशे से रजिस्ट्री लेखक हैं.
अभिषेक मिश्रा मऊगंज के दुगोली गांव का रहने वाला था. बड़ा भाई सत्य प्रकाश मिश्रा आईआईटी की तैयारी कर रहा है. सबसे बड़ी बहन है. अभिषेक एचडीएफसी बैंक की मऊगंज ब्रांच में क्लर्क था. शनिवार को ड्यूटी के बाद बुआ के घर पैपखार आया था. वहीं, अमन (18) और अभय (17) बारहवीं क्लास में पढ़ रहे थे.</description><guid>10530</guid><pubDate>2025-05-18 17:26:51 5:28:16 pm</pubDate></item><item><title>मंत्री विजय शाह की बढ़ीं मुश्किलें: हाईकोर्ट ने दिया FIR दर्ज करने का आदेश</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10507</link><description>भोपाल।मध्यप्रदेश सरकार के मंत्री विजय शाह की मुश्किलें अब कानूनी मोर्चे पर भी बढ़ने लगी हैं। कर्नल सोफिया कुरैशी पर दिए गए विवादित बयान को लेकर मध्यप्रदेश हाईकोर्ट ने स्वत: संज्ञान लेते हुए चार घंटे में एफआईआर दर्ज करने के निर्देश जारी किए हैं। युगलपीठ ने इस बयान को संवेदनशील और आपत्तिजनक करार दिया है।

क्या कहा हाईकोर्ट ने?
जस्टिस अतुल श्रीधरन और जस्टिस अनुराधा शुक्ला की युगलपीठ ने इस बयान को लेकर स्वत: संज्ञान लेते हुए इसे सुनवाई योग्य याचिका के रूप में दर्ज किया और मंत्री विजय शाह पर BNS की धारा 196 व 197 के तहत मामला दर्ज करने के आदेश दिए। कोर्ट ने प्रदेश के डीजीपी को शाम 6 बजे तक एफआईआर दर्ज कर रिपोर्ट पेश करने का निर्देश दिया है। अगली सुनवाई गुरुवार सुबह 10:30 बजे तय की गई है।

क्या था विवादित बयान?
मानपुर में आयोजित हलमा कार्यक्रम के दौरान मंत्री विजय शाह ने कर्नल सोफिया कुरैशी को लेकर कहा था, जिन आतंकियों ने हमारी बहनों का सिंदूर उजाड़ा, उनके कपड़े उतरवाए, और पीएम मोदी ने उन्हीं की बहन को भेजकर उनकी ऐसी-तैसी करवाई।

इस टिप्पणी को लेकर राजनीतिक और सामाजिक दोनों मोर्चों पर जबरदस्त विरोध हुआ। हालांकि बाद में सफाई देते हुए मंत्री ने कहा कि उनका बयान गलत संदर्भ में लिया गया और उन्होंने माफी भी मांगी।

राजनीतिक बवाल, कांग्रेस का तीखा हमला
मप्र कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने विजय शाह के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई है और बीजेपी पर सवाल उठाए। उन्होंने कहा, प्रधानमंत्री मोदी सेना की वीरता को सलाम करते हैं, वहीं उनके मंत्री सेना की बहादुर अधिकारी का अपमान कर रहे हैं। भाजपा अब तक चुप क्यों है? पटवारी ने चेतावनी दी कि अगर 24 घंटे के भीतर मंत्री को बर्खास्त नहीं किया गया, तो देशभर के थानों में एफआईआर दर्ज करवाई जाएगी।

माफी के बावजूद बवाल थम नहीं रहा
हालांकि विजय शाह ने बयान पर खेद व्यक्त किया है, लेकिन सेना से जुड़े मुद्दे पर विवादित भाषा और महिला अधिकारी को लेकर की गई टिप्पणी ने उन्हें संकट में डाल दिया है। अब देखना यह है कि हाईकोर्ट के निर्देशों के बाद एफआईआर दर्ज होने पर राज्य सरकार और भाजपा क्या रुख अपनाती है।

कर्नल सोफिया कुरैशी पर टिप्पणी कर मंत्री विजय शाह राजनीतिक के साथ-साथ कानूनी संकट में भी घिर गए हैं। हाईकोर्ट की सख्ती ने साफ कर दिया है कि सेना जैसे संवेदनशील विषय पर अमर्यादित टिप्पणी को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।</description><guid>10507</guid><pubDate>2025-05-15 11:23:24 11:24:04 am</pubDate></item><item><title>बाबा महाकालेश्वर मंदिर परिसर में लगी आग, मचा हड़कंप</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10460</link><description>उज्जैन।मध्यप्रदेश के उज्जैन स्थित विश्व प्रसिद्ध बाबा महाकालेश्वर मंदिर के शंख द्वार पर रविवार को अचानक भीषण आग लग गई, जिससे वहां हड़कंप मच गया। आग की लपटें और धुआं करीब 1 किलोमीटर दूर से नजर आया। आग की सूचना मिलते ही दमकल की तीन गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और आग बुझाई।

प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, आग मंदिर परिसर के कंट्रोल रूम के ऊपर रखी बैटरी से लगी थी। घटना में किसी के हताहत होने की खबर नहीं है। महाकाल मंदिर समिति के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचकर स्थिति का जायजा ले रहे हैं। घटना की जानकारी लगते ही जिला कलेक्टर और एसपी भी मौके पर पहुंचे हैं।
महाकाल मंदिर में सोमवार को जिस समय ये घटना हुई उस समय मंदरि में काफी भीड़ थी। सोमवार के चलते मंदिर में भीड़ ज्यादा थी। गनीमत रही कि आग की इस घटना में किसी के हताहत होने खबर नहीं है। महाकाल मंदिर प्रशासक प्रथम कौशिक के अनुसार छत पर पॉल्यूशन कंट्रोल बोर्ड के एयर क्वालिटी मैनेजमेंट सिस्टम लगा हुआ है। इस सिस्टम की बैटरी में किसी कारण से आग लगी थी। हादसे में केवल बैट्रियों को क्षति पहुंची है।
</description><guid>10460</guid><pubDate>2025-05-05 17:26:38 5:27:40 pm</pubDate></item><item><title>मध्य प्रदेश में अपना दल (एस) के प्रभारी बने राष्ट्रीय महासचिव आर बी सिंह पटेल</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10456</link><description>भोपाल, 5.5.25: अपना दल (एस) ने मध्य प्रदेश में अपनी संगठनात्मक गतिविधियों को मजबूत करने के लिए राष्ट्रीय महासचिव आर बी सिंह पटेल को प्रदेश प्रभारी नियुक्त किया है। पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष व केंद्रीय मंत्री अनुप्रिया पटेल के निर्देश पर यह नियुक्ति की गई है। पिछले दिनों अपना दल (एस) ने लखनऊ के गांधी भवन प्रेक्षागृह में अपनी जिला स्तरीय मासिक संगठन समीक्षा बैठक का आयोजन किया, जिसमें पार्टी के कार्यकारी अध्यक्ष व यूपी कैबिनेट मंत्री आशीष पटेल ने मध्य प्रदेश का प्रभार आर बी सिंह को सौंपे जाने की घोषणा की।
इस नियुक्ति पर आर बी सिंह पटेल ने पार्टी नेतृत्व का आभार जताते हुए कहा कि पूर्ण निष्ठा के साथ संगठन को मजबूत करने और पार्टी की विचारधारा को जन-जन तक पहुंचाने का प्रयास करेंगे।
गौरतलब है कि इस बैठक में राष्ट्रीय अध्यक्ष सह केंद्रीय राज्य मंत्री अनुप्रिया पटेल ने केंद्र सरकार के जाति जनगणना कराने के ऐतिहासिक फैसले की जमकर सराहना की। उन्होंने इसे सामाजिक न्याय की दिशा में एक बड़ा कदम बताया और कहा कि यह फैसला समाज के वंचित वर्गों को मुख्यधारा में लाने में मददगार साबित होगा।
मध्य प्रदेश में पार्टी की नई रणनीति के तहत संगठन को मजबूती मिलना तय है, वहीं प्रभारी की नियुक्ति पर कार्यकर्ताओं में भी उत्साह देखने को मिल रहा है।</description><guid>10456</guid><pubDate>2025-05-05 15:32:54 3:34:18 pm</pubDate></item><item><title> 27 प्रतिशत आरक्षण की लड़ाई में आगे आए पिछड़ा - डॉ अखिलेश पटेल (राष्ट्रीय महासचिव, युवा मंच, अपना दल एस)</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10451</link><description>भोपाल, 1 मई 2025: मध्य प्रदेश की राजधानी भोपाल में हाल ही में अपना दल (एस) द्वारा प्रदेश में ओबीसी के लिए 27 प्रतिशत आरक्षण की मांग को फिर से दोहराया गया। बैठक में उपस्थित अपना दल (एस) के राष्ट्रीय महासचिव (युवा मंच) डॉ. अखिलेश पटेल ने प्रदेश सरकार से आग्रह करते हुए कहा कि ओबीसी के हक को अनदेखा करना सामाजिक समरसता के लिए ठीक नहीं होगा। डॉ. पटेल ने स्पष्ट किया कि अपना दल (एस) इस मुद्दे को राष्ट्रीय अध्यक्ष व केंद्रीय राज्य मंत्री अनुप्रिया पटेल के नेतृत्व में तब तक उठता रहेगा जब तक इस मांग को पूरा नहीं किया जाता। उन्होंने यह भी कहा कि प्रदेश में अपना दल (एस) के माध्यम से ओबीसी समुदाय अपने अधिकारों की लड़ाई में अब और मजबूती से सामने आ रहा है।

डॉ. पटेल ने ओबीसी वर्ग के हक़ को अनसुना किए जाने को चिंता व चिंतन का विषय बताते हुए प्रदेश की उन तमाम सरकारों पर सवाल उठाए, जिन्होंने पिछले 70 वर्षों में ओबीसी आरक्षण को पूर्ण रूप से लागू करने की दिशा में कोई ठोस कदम नहीं उठाया। उन्होंने कहा कि एमपी के गठन के बाद से विभिन्न सरकारें सत्ता में आईं, लेकिन ओबीसी वर्ग के लिए आरक्षण का यह महत्वपूर्ण मुद्दा हमेशा हाशिए पर रहा। डॉ. पटेल ने जोर देकर कहा कि यह न केवल चिंता का विषय है, बल्कि गहन चिंतन की भी आवश्यकता है कि आखिर क्यों इतने वर्षों बाद भी ओबीसी वर्ग को उनका संवैधानिक हक नहीं मिल पा रहा।
उन्होंने प्रश्न करते हुए कहा कि मध्य प्रदेश में ओबीसी समुदाय की आबादी करीब 52 प्रतिशत है, फिर भी सरकारी नौकरियों और शैक्षणिक संस्थानों में 27 प्रतिशत 

आरक्षण को लागू करने में देरी क्यों हो रही है। डॉ. पटेल ने यह भी बताया कि अपना दल (एस) की राष्ट्रीय अध्यक्ष और केंद्रीय मंत्री अनुप्रिया पटेल भी इस मुद्दे को लेकर केंद्र और राज्य सरकारों के साथ लगातार संवाद कर रही हैं।
इस अवसर पर डॉ. पटेल ने निजी क्षेत्र की नौकरियों, खासकर चौथी श्रेणी की नौकरियों में भी 27 प्रतिशत आरक्षण लागू करने की मांग भी उठाई। उन्होंने कहा कि आउटसोर्सिंग के नाम पर इन नौकरियों में आरक्षण नियमों की अनदेखी हो रही है, जो ओबीसी वर्ग के साथ अन्याय है। उन्होंने सरकार से अपील की कि इस दिशा में ठोस नीति बनाई जाए ताकि ओबीसी युवाओं को रोजगार के समान अवसर मिल सकें।</description><guid>10451</guid><pubDate>2025-05-01 15:54:22 3:56:12 pm</pubDate></item><item><title>प्रदेश में बन रहा अपना (दल) एस का मजबूत संगठन - तेज गति से जारी मध्य प्रदेश में अपना दल (एस) का सदस्यता अभियान</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10438</link><description>भोपाल, 28 अप्रैल  एनडीए घटक का सबसे पुराना और विश्वसनीय साथी व उत्तर प्रदेश की तीसरी सबसे बड़ी राजनीतिक शक्ति, केंद्रीय राज्य मंत्री अनुप्रिया पटेल की पार्टी अपना दल (एस) ने मध्य प्रदेश में भी संगठन विस्तार की दिशा में तेज गति से कदम बढ़ाना शुरू कर दिया है। इसी क्रम में रविवार को राजधानी भोपाल में एक विशेष बैठक का आयोजन कर सदस्यता अभियान को नई ऊर्जा प्रदान की गई। राजनीतिक रणनीतिकार अतुल मलिकराम के नेतृत्व में आयोजित इस बैठक में प्रदेश पदाधिकारियों समेत सभी जिलों के जिलाध्यक्ष और सैकड़ों कार्यकर्ताओं ने भाग लिया। बैठक में मुख्य अतिथि के रूप में राष्ट्रीय महासचिव युवा मंच डॉ अखिलेश पटेल भी उपस्थित रहे। इस दौरान सैकड़ों की संख्या में नए सदस्यों को पार्टी की सदस्यता दिलाई गई। बैठक में पार्टी की जड़ों से जुड़े और प्रदेश संगठन निर्माण में महत्वपूर्ण योगदान देने वाले वरिष्ठ पदाधिकारियों को सम्मानित भी किया गया।
बैठक के मुख्य अतिथि, अपना दल (एस) युवा मंच के राष्ट्रीय महासचिव डॉ. अखिलेश पटेल ने कहा, सदस्यता अभियान मात्र संख्या बढ़ाने का अभियान नहीं, बल्कि हमारी विचारधारा को जन-जन तक पहुँचाने का माध्यम है। आज पार्टी के सम्मानित वरिष्ठ साथियों का आशीर्वाद प्राप्त कर के महसूस हुआ कि डॉ सोनेलाल पटेल जी का हाथ मेरे सर पर है और हम प्रदेश में उनके द्वारा देखें गए सपने को साकार करने में जरूर ही कामयाब होंगे। हमारा लक्ष्य है कि राष्ट्रीय अध्यक्ष श्रीमती अनुप्रिया पटेल जी के नेतृत्व में सदस्यता अभियान को तेजी से आगे बढ़ाएं और प्रदेश में ओबीसी के लिए 27 प्रतिशत आरक्षण जैसे मुद्दों को हर घर तक पहुंचाएं।
राजनीतिक रणनीतिकार अतुल मलिकराम ने कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा, अब समय है जनसंपर्क को सशक्त करने का। जितनी गहराई से हम जनता से जुड़ेंगे, संगठन उतनी ही मजबूती से आगे बढ़ेगा। हम सब की जिम्मेदारी है कि सदस्यता अभियान को गांव-गांव, गली-गली तक लेकर जाएं।
कार्यक्रम में विभिन्न जिलों से आए पदाधिकारियों और समर्पित कार्यकर्ताओं की सक्रीय भागीदारी देखने को मिली। वरिष्ठ पदाधिकारियों में अर्जुन सिंह पटेल, धीरेन्द्र सिंह बघेल, मान सिंह बिसेन, देवेंद्र प्रताप सिंह, देवेंद्र सिंह कटियार, मीना गुप्ता व आर. के. सनोड़िया समेत प्रदेश पदाधिकारी, अनिल सोनी, मुकेश मराठा, वंदना नामदेव, मुस्कान सिंह, राजेस्वर मिश्रा, मंचित लिखितकर, बाल कृष्ण गौर, राजेश पाल, एस आर नागले, इक़बाल पटेल आदि उपस्थित रहे। वहीं जिला पदाधिकारियों में बबलू यादव, राजेंद्र पटेल, कुबेर पटेल, प्रदीप पटेल, राम किशन पटेल, एन. एस. धाकड़, धनीराम, हरदास कुशवाहा, चैतराम प्रजापति, मनोज पटेल, सुरेंद्र नाहर, डॉ सुभाष रायकवार आदि ने अपनी उपस्थिति दर्ज कराई।
बड़े स्तर पर हुआ यह सदस्यता अभियान कार्यक्रम यह दर्शाता है कि मध्य प्रदेश में अपना दल (एस), जमीनी स्तर पर कार्य करते हुए तेजी से आगे बढ़ रहा है। पिछले दिनों पार्टी की तरफ से आंबेडकर जयंती पर प्रदेशभर में हुए समारोह ने भी प्रदेश में पार्टी की उपस्थिति को मजबूत किया है।</description><guid>10438</guid><pubDate>2025-04-28 17:45:09 5:45:55 pm</pubDate></item><item><title>एमपी में सांसद-विधायकों को सैल्यूट करेंगे पुलिस अफसर, डीजीपी ने दिए निर्देश</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10414</link><description>भोपाल।मध्यप्रदेशके पुलिस अफसरों के लिए नया फरमान जारी हुआ है। जिसमें उन्हें अब सांसद-विधायकों को भी सैल्यूट करना होगा। इसके निर्देश डीजीपी कैलाश मकवाना की ओर से दिए गए हैं। जिसमें स्पष्ट किया गया है कि जनप्रतिनिधि के साथ शिष्ट व्यवहार में कमी नहीं होनी चाहिए।

दरअसल, यह निर्देश 24 अप्रैल को डीजीपी कैलाश मकवाना के द्वारा दिए गए हैं। जिसमें स्पष्ट कहा गया है कि अगर सांसद और विधायनक मिलने आए तो पुलिस अफसरों को उन्हें प्राथमिकता देनी होगी। सभी पुलिस अफसर-अधिकारियों को सांसद, विधायकों को सरकारी कार्यक्रम या सामान्य मुलाकात के दौरान उनका अभिवादन करना होगा।


सांसद-विधायक को सम्मानपूर्वक देना होगा जवाब

डीजीपी ने निर्देश देते हुए यह भी कहा है कि सांसदों और विधायकों के द्वारा पुलिस अधिकारियों और कर्मचारियों से मोबाइल पर जन समस्या को लेकर संपर्क किया जाता है तो अधिकारी कर्मचारी की पूर्ण रूप से जिम्मेदारी होगी कि वह संवाद के दौरान उनकी बात ध्यानपूर्वक सुनें और सम्मानजनक व्यवहार करें।

परेड में सलामी देने पर नवंबर 2024 में लगी थी रोक

29 नवंबर 2024 को आदेश जारी हुए थे कि मुख्यमंत्री माननीय मंत्रीगण एवं पुलिस अधिकारियों को दी जाने वाली सलामी समाप्त की गई है। केवल महामहिम राज्यपाल महोदय ही सलामी ले सकेंगे। किंतु देखने में आ रहा है कि उक्त पत्र का कड़ाई से पालन नहीं हो रहा है। जिससे परेड में लगे कर्मचारियों की ड्यूटियां प्रभावित होती है। शासन के निर्णय का उल्लंघन किया जाता है। साथ ही यह प्रथा अंग्रेजों की याद दिलाती है।

बता दें कि, सलामी परेड सिर्फ राज्यपाल को ही दी जाएगी।
</description><guid>10414</guid><pubDate>2025-04-25 19:52:09 7:57:41 pm</pubDate></item><item><title>राहुल गांधी नादान हैंउमर अब्दुल्ला आतंकवादियों से मिले हुए, कांग्रेस के सीनियर लीडर ने लगाया बड़ा आरोप</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10409</link><description>गुना।जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले को लेकर पूर्व सीएम दिग्विजय सिंह के भाई लक्ष्मण सिंह ने अपने बागी तेवर दिखाए हैं। उन्होंने आतंकी हमले से आहत होकर राघौगढ़ में कैंडल मार्च निकाला। इस दौरान उन्होंने श्रद्धांजलि सभी को संबोधित करते हुए जम्मू के सीएम उमर अब्दुल्ला पर आरोप लगा डाला कि वह आतंकियों के साथ मिले हुए हैं।

दरअसल, ब्लॉक कांग्रेस कमेटी की ओर से कैंडल मार्च निकाला गया। जिसके संबोधित करते हुए लक्ष्मण सिंह ने कहा कि जम्मू-कश्मीर के मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला आंतकवादियों से मिले हुए हैं। कांग्रेस को तत्काल प्रभाव से नेशनल कॉन्फ्रेंस सरकार से समर्थन वापस ले लेना चाहिए। इसके लिए लक्ष्मण सिंह पार्टी आलाकमान को पत्र लिखने की बात कही है।

राहुल गांधी और रॉबर्ट वाड्रा को बताया नादान

आगे लक्ष्मण सिंह ने कहा कि राहुल जी के जीजा जी रॉबर्ट वाड्रा कहते हैं कि मुसलमानों को सड़क पर नमाज पढ़ने नहीं देते, इसलिए आतंकवादियों ने हमला किया है। लक्ष्मण सिंह ने वाड्रा और राहुल गांधी की सोच-समझकर बात करने की नसीहत देते हुए कहा कि इन्हीं की नादनियों की वजह से ऐसी घटनाएं होती हैं।



मेरे लिए देश पहले- लक्ष्मण सिंह

सीनियर लीडर सिंह ने कहा कि मैं सारी बातें कैमरे के सामने बोल रहा हूं। मेरे लिए देश पहले हैं। अगर मुझे पार्टी से निकालना है तो निकाल दें। कांग्रेस के नेता 10 बार सोच-समझकर बोलें, नहीं तो चुनाव में उन्हें परिणाम भुगतना पड़ेगा। उन्होंने सीएम अब्दुल्ला पर हमला बोलते हुए कहा कि आतंक प्रभावित राज्यों का ऑडिट नहीं होता। वहां की सरकारें नरसंहार करने वालों का सहारा ले रही हैं। इसलिए जम्मू-कश्मीर के नेता खरबपति हो चुके हैं। उमर अब्दुल्ला कहते हैं कि टूरिस्ट हवाई जहाज से आए थे और ताबूत में जा रहे हैं। उनका बयान बेहद निंदनीय है।
</description><guid>10409</guid><pubDate>2025-04-25 18:43:54 6:49:14 pm</pubDate></item><item><title>आतंकवादियों के हौसलों को बढ़ाने के लिए जिम्मेदार हैं राहुल गांधी जैसे नेता पूर्व सीएम ने साधा बड़ा निशाना</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10401</link><description>भोपाल।जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकी हमले से पूरे देश भर में आक्रोश फैल गया है। मंगलवार को हुए आतंकी हमले में 27 लोगों की मौत हो गई थी।मध्यप्रदेशकी राजधानी भोपाल सहित पूरे देशभर में विरोध प्रदर्शन किए जा रहे हैं। इस मामले पर पूर्व सीएम उमा भारती ने चुटकी लेते हुए राहुल गांधी पर निशाना साधा है।

उमा भारती ने आंतकी हमले के लिए राहुल गांधी को जिम्मेदार बताया

पूर्व सीएम उमा भारती ने एक्स पर पोस्ट करते हुए लिखा कि कश्मीर के पहलगाम में हुआ हमला राष्ट्रीय एकात्मकता के लिए बहुत बड़ी चुनौती है आतंकवादी कश्मीर प्रांत को भारत से अलग दिखाना चाहते हैं। आतंकवादियों के इस तरह के हौसलों को बढ़ाने के लिए राहुल गांधी जैसे वह सभी नेता जिम्मेदार हैं जो धारा 370 को हटाए जाने का विरोध करते रहे।









दोषियों को नहीं बख्शेगी हमारी सरकार

आगे उमा भारती ने लिखा कि कश्मीर भारत का अभिन्न राज्य है शहीद हुए पर्यटकों को शहादत को नमन, इस घटना के दोषियों को तो हमारी सरकार बख्सने वाली नहीं है, पाकिस्तान प्रायोजित आतंकवाद के ताबूत में आखिरी कील साबित होगी।
इधर, राजधानी भोपाल के इतवारा चौराहे पर ऑल इंडिया मुस्लिम त्योहार कमेटी और संयुक्त मोर्चा मप्र के सदस्यों के पुतला जलाकर विरोध प्रदर्शन किया गया। इस दौरान पाकिस्तना मुर्दाबाद के नारे भी लगाए गए। शाम को करणी सेना के द्वारा ज्योति टॉकीज पर पाकिस्तान और आतंकवाद का पुतना दहन किया जाएगा।







सीएम डॉ मोहन यादव ने बताया कि पहलगाम में हुई आतंकी घटना के बाद पीएम नरेंद्र मोदी ने न केवल अपना विदेशी दौरा संक्षिप्त किया। बल्कि एयरपोर्ट पर अधिकारियों के साथ महत्वपूर्ण बैठक की। यह प्रधानमंत्री जी का देशवासियों के प्रति समर्पण को दर्शाता है। हम सबको विश्वास है कि पीएम नरेंद्र मोदी पहलगाम में कायराना हरकत करने वालों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई करेंगे।

</description><guid>10401</guid><pubDate>2025-04-24 17:14:45 5:31:24 pm</pubDate></item><item><title>पहलगाम आतंकी हमले पर फूटा पंडित प्रदीप मिश्रा का गुस्सा, बोले- 200 हिंदू सांसद कलंक, इन्हें कश्मीर घाटी भेजो</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10400</link><description>सीहोर।जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हुए आंतकी हमले में 28 पर्यटकों की निर्मम हत्या को लेकर जहां देशभर आक्रोश है देशभर में सभी लोग अपने अपने तरीके और ढंग से गुस्सा व्यक्त कर रहे हैं। इसी कड़ी मेंमध्य प्रदेशकेसीहोरजिले के कुबेरेश्वर धाम के कथावाचक पंडित प्रदीप मिश्रा का भी बयान सामने आया है। उन्होंने कहा कि- 200 हिंदू सांसद कलंक हैं, इन सभी को कश्मीर घाटी को सौंप देना चाहिए। आपको बता दें कि, पंडित मिश्रा ने मधेपुरा बिहार में कथा के दौरान ये बयान दिया है।
प्रदीप मिश्रा ने आगे कहा कि, पहलगाम की घटना दुखद है। आतंकियों द्वारा पूछा जा रहा है कि हिंदू है तो उसे गोली मारी जा रही है। यही नहीं, बंगाल में हिंदू को घर से निकाल कर गोली मारी जा रही है। संसद भवन में बैठे 200 विपक्ष के हिंदू सांसद में रातभर वक्फ बिल के समर्थन में बहस करते रहे। ये हिंदू के नाम पर कलंक हैं। इन सभी सांसदों को ले जाकर कश्मीर घाटी को सौंप देना चाहिए।


बेटे-बेटियों को प्रदीप मिश्रा की नसीहत
हिंदुओं के घर में शास्त्र हो न हो पर शस्त्र जरूर होना चाहिए। हर हिंदुओं को शस्त्र चलाना आना चाहिए। हमारे सनातन धर्म का कोई भी देवता बिना शस्त्र के नहीं है, तो हमारा घर भी बिना शस्त्र के नहीं होना चाहिए। अब तुम्हारे बेटे बेटियों को शस्त्र चलाना आना चाहिए। बेटों को भी शास्त्र चलाना सिखाओ और बेटियों को भी शस्त्र चलाना सिखाओ।
</description><guid>10400</guid><pubDate>2025-04-24 17:01:10 5:05:57 pm</pubDate></item><item><title>जम्मू , पहलगाम गए 1672 लोगों का कोई अता-पता नहीं, संपर्क नहीं होने से परिजनों-रिश्तेदारों की चिंता बढ़ी</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10399</link><description>जबलपुर।जम्मू कश्मीर के पहलगाम में मंगलवार को हुए आतंकी नरसंहार ने सभी देशवासियों को झकझोर दिया है। देश के साथ ही मध्यप्रदेश में भी इस कायराना हमले का तगड़ा विरोध किया जा रहा है। प्रदेश के जबलपुर में आमजनों ने जोरदार प्रदर्शन किया। यहां के आर्य समाज मंदिर में आतंकवाद रूपी शत्रु के विनाश व नवग्रह शांति के लिए हवन किया गया। जबलपुर अनाज एवं तिलहन व्यापारी संघ ने हमले के मृतकों को श्रद्धांजलि दी। गुरुवार को नीलामी कार्य भी बंद रखा गया है। इस बीच एक चिंताजनक खबर भी सामने आई है। जबलपुर से जम्मू गए डेढ़ हजार से ज्यादा तीर्थयात्रियों का कोई अता पता नहीं चल पा रहा है। इससे उनके परिजन और रिश्तेदार परेशान हो रहे हैं। इनमें से अधिकांश तीर्थयात्री माता वैष्णो देवी के दर्शन करने गए हैं तो कई लोग कश्मीर, पहलगाम और बालटाल घूमने भी गए हैं।
अनाज एवं तिलहन व्यापारी संघ ने दी श्रद्धांजलि
जबलपुर अनाज एवं तिलहन व्यापारी संघ ने मंडी प्रांगण में मृतकों को श्रद्धांजलि दी। इस दौरान संघ के अध्यक्ष दीपक नौगरैया, सचिव रितेश अग्रवाल सहित अन्य लोग मौजूद रहे। गुरुवार को नीलामी कार्य बंद रखा गया है। निवाड़गंज की सभी दुकानें दोपहर 2 बजे तक बंद रहीं।

नवग्रह शांति व शत्रु नाश के लिए यज्ञ
इधर आर्य समाज मंदिर में आतंकवाद रूपी शत्रु के विनाश व नवग्रह शांति के लिए हवन किया गया। विधायक अभिलाष पांडे ने कहा कि आतंकी देश को अस्थिर करने का प्रयास कर रहे हैं। नवग्रह शांति व शत्रु नाश के लिए यज्ञ किया है। इस दौरान डॉ. धीरावाणी, पवन तिवारी, असीम त्रिवेदी, मंडल अध्यक्ष सपन यादव आदि मौजूद थे।


1672 तीर्थयात्रियों का कोई अता पता नहीं
पहलगाम में हमले के बाद एक खबर ने लोगों को चिंतित कर दिया है। शहर से 1672 यात्री जम्मूतवी एक्सप्रेस से कटरा के लिए रवाना हुए हैं। यात्रियों के परिजन और रिश्तेदार उनसे सम्पर्क करने का प्रयास कर रहे हैं, लेकिन सम्पर्क नहीं होने पाने से उनकी चिंता बढ़ गई है।


कश्मीर, पहलगाम और बालटाल घूमने गए
जम्मू जाने वाली माता वैष्णो देवी-जम्मू तवी एक्सप्रेस से 1672 यात्रियों ने टिकट बुक कराया है। इनमें से कई यात्री आस-पास के जिलों के हैं। इनमें से अधिकांश माता वैष्णो देवी के दर्शन करने तो कई कश्मीर, पहलगाम और बालटाल घूमने गए हैं, उनसे परिजन का सम्पर्क नहीं हो पा रहा है। इससे सभी चिंतित हो गए हैं।


कुछ यात्रियों के परिजन रेलवे स्टेशन और ट्रैवल एजेंसियों से भी जानकारी लेने पहुंचे। रेलवे स्टेशन पर आनंद नैथानी ने बताया कि उनके परिजन ट्रेन से रवाना हुए थे, लेकिन उनसे सम्पर्क नहीं हो पा रहा है।</description><guid>10399</guid><pubDate>2025-04-24 16:26:54 4:33:01 pm</pubDate></item><item><title>NIA ने की प्रज्ञा ठाकुर को फांसी देने की मांग, 8 मई को आएगा फैसला</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10398</link><description>भोपाल।राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने कोर्ट से साल 2008 के मालेगांव ब्लास्ट के आरोपों से घिरी भोपाल की पूर्व सांसद प्रज्ञा सिंह ठाकुर सहित सात आरोपियों को मौत की सजा देने की मांग की है।

दरअसल, NIA ने मुंबई के स्पेशल कोर्ट से साल 2008 के मालेगां बम ब्लास्ट मामले में सभी सात आरोपियों पर गैरकानूनी गतिविधि UAPA की धारा 16 के तहत मौत की सजा देने का अनुरोध किया है। एनआईए की ओर से आखिरी दलील की गई है।
जिसमें उल्लेख किया गया है कि साल 2008 में हुए बम ब्लास्ट में छह मुस्लिम मारे गए और 100 से अधिक लोग घायल हुए। एनआईए के द्वारा दायर की गई दलील में डेढ़ हजार से ज्यादा पन्ने हैं। कोर्ट ने अपने फैसला सुरक्षित रखा लिया है। 8 मई को मालेगांव ब्लास्ट पर फैसला आएगा।
पहले NIA के द्वारा साध्वी प्रज्ञा को बरी करने की कोशिश की थी, लेकिन तब एजेंसी के पास कोई ठोस सबूत नहीं था। अब एनआईए ने अपना रूख बदल लिया है। एजेंसी के द्वारा स्पष्ट किया गया है कि साध्वी प्रज्ञा के साथ किसी भी प्रकार की नरमी न बरती जाए।
इस केस में साध्वी प्रज्ञा, कर्नल प्रसाद पुरोहित, मेजर रमेश उपाध्याय, स्वामी दयानंद पांडे, अजय राहिरकर, समीर कुलकर्णी और सुधाकर चतुर्वेदी पर आरोप है कि उन्होंने हिंदुत्व विचारधारा से जुड़ी एक बड़ी साजिश के तहत बम ब्लास्ट की योजना बनाकर अंजाम दिया था।
जमीयत उलेमा महाराष्ट्र के लीगल सेल के वकील शाहिद नदीम ने बताया कि एजेंसी के द्वारा UAPA कानून की धारा 16 का हवाला दिया है। इसके मुताबिक, किसी आतंकी हमले में किसी की मौत होती हैं, तो दोषियों को फांसी तक की सजा दी जा सकती है।


बता दें कि, सितंबर 2008 में मालेगांव ब्लास्ट ऐसा हमला था। जिसमें हिंदूत्व संगठनों को संदिग्ध के तौर पर चिन्हित किया गया था। मुंबई से करीब 200 किलोमीटर दूर मालेगांव की एक मस्जिद के पास मोटरसाइकिल में बम ब्लास्ट हुआ था। जिसमें 6 की मौत और 100 से अधिक लोग घायल हुए थे।</description><guid>10398</guid><pubDate>2025-04-24 16:07:05 4:11:57 pm</pubDate></item><item><title>कमीशन नहीं दिया तो शराब दुकान पर बरसाईं गोलियां, मची सनसनी</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10370</link><description>मध्यप्रदेशके ग्वालियर में बेखौफ बदमाशों ने मालनपुर इलाके में संचालित एक शराब दुकान पर ताबड़तोड़ गोलियां बरसाईं जिससे इलाके में दहशत फैल गई। शराब दुकान पर जिस वक्त बदमाशों ने ताबड़तोड़ गोलियां चलाईं तब वहां कर्मचारी भी थे जिन्होंने किसी तरह छिपकर अपनी जान बचाई। महज एक मिनट के अंदर बदमाश दुकान पर गोलियां बरसाकर कार से भाग निकले जिनकी तस्वीरें सीसीटीवी में कैद हुई है।
शराब दुकान पर ताबड़तोड़ फायरिंग
शनिवार की शाम करीब 6 बजे मालनपुर इलाके में नेशनल हाइवे पर संचालित शराब दुकान पर कमीशन न मिलने के विवाद पर गोलियां चलाई गईं। गोलियां बरसाने वाले बदमाश ग्वालियर की तरफ से कार में सवार होकर आए थे जिन्होंने पहले दुकान के बाहर खड़ी जीप के कांच पत्थर से तोड़े और फिर दो बदमाशों ने सीधे कर्मचारियों पर फायर किए। गोलियां दुकान के अंदर रखी शराब की बोतलों को तोड़ती हुई दीवार में जा धंसी। महज एक मिनट में बदमाश घटना को अंजाम देकर कार में सवार होकर भिण्ड की आरे फरार हो गए।
कमीशन को लेकर विवाद
घटना की सूचना मिलते ही मालनपुर टीआइ प्रदीप सोनी पुलिसबल के साथ मौके पर पहुंचे और जांच शुरू की। शराब ठेकेदार रामकुमार सिकरवार ने बताया कि मालनपुर में शराब की दो दुकान संचालित करते हैं। बाजार में खुली दुकान पर उनका कमीशन को लेकर कुछ युवकों से एक दिन पहले विवाद हुआ था। जिसके बाद शनिवार की शाम को ये घटना हुई है। घटना को चार बदमाशों ने अंजाम दिया है जो ग्वालियर की ओर से एक काले रंग की कार में आए थे। आरोपियों ने कुल चार राउंड फायर किए हैं। पुलिस ने दो खाली खोका जब्त किए हैं।</description><guid>10370</guid><pubDate>2025-04-20 18:00:47 6:02:50 pm</pubDate></item><item><title>भतीजे से परवान चढ़ी चाची की मोहब्बत, तीन बच्चियों को घर पर छोड़कर भागी</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10368</link><description>मध्यप्रदेशके छतरपुर जिले में रिश्तों को शर्मसार कर देने वाला मामला सामने आया है। यहां एक चाची अपने भतीजे के इश्क में इस कदर पड़ी की अपनी तीन बच्चियों का भी ख्याल नहीं आया। बच्चियों को घर पर छोड़कर उनकी मां भतीजे के साथ घर से भाग गई है। मां के छोड़कर जाने के बाद बच्चियों का रो-रो कर बुरा हाल है और पति उसकी तलाश में दर-दर भटक रहा है। आखिरकार अब बेबस पिता ने बच्चियों के साथ थाने पहुंचकर बीवी व भतीजे के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
बच्चियों को लेकर थाने पहुंचा पिता
रिश्तों को शर्मसार करने का ये मामला छतरपुर जिले के नौगांव थाना इलाके का है। जहां रहने वाला मनीष अहिरवार नाम का शख्स अपनी तीन मासूम बच्चियों को लेकर थाने पहुंचा। जहां उसने शिकायत दर्ज कराते हुए बताया कि मेरी पत्नी राजकुमारी (उम्र 25 साल) मेरे भतीजे के साथ शुक्रवार की सुबह 5 बजे के लगभग घर से भाग गई है। वो घर से 50 हजार रुपए और 2 लाख के जेवरात भी ले गई है।
चाची-भतीजे का प्यार चढ़ा परवान
पति मनीष ने पुलिस को बताया कि शुक्रवार की सुबह करीब 5 बजे जब उसकी नींद खुली तो उसने देखा कि पत्नी राजकुमारी कमरे में नहीं थी उसने बीवी को पूरे घर में तलाश लेकिन वो नहीं थी। भतीजा भी घर से गायब था, उसे घर में रखे जेवरात और कैश भी गायब था। मनीष ने कहा कि उसे पहले से पत्नी और भतीजे पर शक था लेकिन उसे यह नहीं पता था की एक दिन कभी ममता की मूरत कही जाने वाली मां अपनी ममता की डोर तोड़कर तीन मासूम बच्चों की दुनिया को एक पल में उजाड़ कर फरार हो जायेगी।</description><guid>10368</guid><pubDate>2025-04-20 17:51:54 5:54:49 pm</pubDate></item><item><title>एमपी लागू हुई नई व्यवस्था, अब योजनाओं का लाभ लेने करना होगा ये काम</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10367</link><description>मध्यप्रदेश।में योजनाओं में होने वाले फर्जीवाड़े को रोकने के लिए सरकार ने नई व्यवस्था लागू कर दी है। अब प्रतिभावान विद्यार्थियों को लैपटॉप, साइकिल वितरण समेत अन्य योजनाओं में मिलने वाले आर्थिक लाभ के लिए आधार कार्ड अनिवार्य कर दिया है। योजना का लाभ लेने के लिए अब आधार पंजीयन बताना होगा

इसलिए है जरूरी
फर्जीवाड़े को रोकने के लिए सरकार ने जो नई व्यवस्था लागू की है उसका फायदा प्रदेश के लाखों लोगों को मिलेगा। आधार नंबर दर्ज होने पर एक क्लिक से पता चल जाएगा कि गलत तरीके से कोई योजनाओं का लाभ ले रहा है या नहीं। सरकार का दावा है कि इससे सब्सिडी का लाभ और अन्य सेवाएं देने में सहूलियत होगी।




जरूरी दस्तावेज
● आवेदक बच्चा..तो माता-पिता या अभिभावक की सहमति।

● 18 से कम उम्र में जन्म प्रमाण पत्र, पासपोर्ट, स्कूल शिक्षा बोर्ड से जारी 10वीं-12वीं का प्रमाण पत्र, अंकसूची।


● फोटो युक्त दस्तावेज में राशन कार्ड, पासपोर्ट व अन्य।</description><guid>10367</guid><pubDate>2025-04-20 17:46:56 5:49:32 pm</pubDate></item><item><title>अप्रेल 2024 में पूर्ण होना था सड़क निर्माण, एक साल बाद भी 40 फीसदी ही हुुआ काम</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10356</link><description>
अनूपपुर।पुष्पराजगढ़ विकासखंड अंतर्गत लांघा टोला से केलमनिया बीच अब तक सड़क का निर्माण कार्य पूर्ण नहीं हो पाया है। वर्ष 2022 में इस 52 किलोमीटर सड़क का निर्माण कार्य प्रारंभ किया गया था। इसे अप्रेल 2024 अप्रेल में पूर्ण होना था, लेकिन ठेकेदार की लेट लतीफी के कारण समयसीमा पूर्ण होने के एक वर्ष बाद भी 40 फीसदी कार्य ही हुआ है। सड़क निर्माण न होने की वजह से स्थानीय राहगीरों को आवागमन में परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। इसको लेकर कई बार स्थानीय जन प्रतिनिधियों ने आंदोलन करने के साथ ही ठेकेदार की धीमी कार्य प्रणाली पर विरोध भी दर्ज कराया था। एमपीआरडीसी के अधिकारियों ने मौके पर पहुंचकर जल्द ही इसे पूर्ण करने का आश्वासन दिया था लेकिन आज तक सड़क का निर्माण कार्य सिर्फ 40 प्रतिशत ही पूर्ण हो पाया है। देरी पर विभाग ने दो बार ठेकेदार को नोटिस जारी किया है। इसके साथ ही निर्माण कार्य पूर्ण होने पर पेनल्टी राशि की वसूली भी की जाएगी। बताया जाता है कि विभाग से अब तक दो बार ठेकेदार को सड़क निर्माण कार्य के लिए भुगतान किया गया है।


हो चुका आंदोलन भी
2 महीने पूर्व पुष्पराजगढ़ विधायक फुंदेलाल सिंह ने सड़क निर्माण में हो रही लेट लतीफ को लेकर धरना प्रदर्शन करते हुए आंदोलन किया था। मौके पर पहुंचे एमपी आरडीसी के अधिकारियों ने 30 जून 2025 तक सड़क निर्माण पूर्ण कर लिए जाने का लिखित आश्वासन दिया था। निर्माण कार्य प्रारंभ न होने पर स्थानीय ग्रामीणों ने फिर से आंदोलन प्रारंभ कर दिया। एमपीआरडीसी के अधिकारियों ने अब दिसंबर तक इसे पूर्ण करने की बात कही है। एक सप्ताह के भीतर कार्य प्रारंभ करने का आश्वासन दिया।


176 करोड़ रुपए की लागत से हो रहा निर्माण
लांघा टोला से केलमनिया मार्ग का निर्माण 176 करोड़ रुपए की लागत से किया जा रहा है। इसके अंतर्गत 52 किलोमीटर सड़क का निर्माण कार्य 24 महीने के भीतर करना था लेकिन यह कार्य समय सीमा बीत जाने के बावजूद नहीं हो पाया है। यह सड़क इस क्षेत्र के लगभग 80 ग्राम पंचायत को जोड़ती है जो जनपद मुख्यालय एवं तहसील राजेंद्र ग्राम तक आने जाने का मुख्य मार्ग है। सड़क के जर्जर होने के कारण ग्रामीणों को आने-जाने में परेशानी होती है। बारिश में तो यह परेशानी और भी बढ़ जाती है।


बैंक से लोन लेने के कारण हो रहा है विलंब
एमपीआरडीसी के अधिकारियों ने बताया कि योजना के अंतर्गत सिर्फ 60 प्रतिशत राशि सड़क निर्माण कर रहे ठेकेदार को भुगतान की जाएगी। शेष राशि 10 वर्षों के बाद भुगतान करने का प्रावधान है। ऐसे में सड़क निर्माण के लिए ठेकेदार के पास रुपए नहीं होने के कारण बैंक से लोन लेने की प्रक्रिया में ठेकेदार को काफी समय लग गया। लोन की प्रक्रिया लगभग पूरी हो गई है और आगामी कुछ दिनों में ठेकेदार को लोन राशि प्राप्त हो जाने के बाद सड़क निर्माण के कार्य शुरू करने की बात कही जा रही है।


अभी तक 40 प्रतिशत कार्य किया गया है, दिसंबर तक कार्य पूर्ण कर लिया जाएगा। ठेकेदार बैंक से लोन ले रहा है जिसमे समय लग गया। 1 सप्ताह में कार्य प्रारंभ किया जाएगा। पेनल्टी लगाई गई है राशि का निर्धारण अंतिम भुगतान के पूर्व कर कटौती की जाएगी।</description><guid>10356</guid><pubDate>2025-04-19 12:13:16 12:17:44 pm</pubDate></item><item><title>एक युवक ने दूसरे को चांटा मारा... पिटने वाले ने पीटने वाले के साथ कर दिया कांड, जानें क्या है पूरा मामला</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10333</link><description>भोपाल: एक युवक द्वारा दूसरे युवा को चांटा मारना बहुत भारी पड़ गया। तमाचा मारने की कीमत उसे ऐसे चुकानी पड़ी की वह उसे हमेशा याद रखेगा। जिसके गाल पर यह थप्पड़ पड़ा था, उसने बदले की भावना से बाइक का आग लगा दी। यह बाइक उसी युवक की थी, जिसने कुछ दिन पहले थप्पड़ जड़ा था।
हैरान करने वाला यह मामला भोपाल के टीला जमालपुरा क्षेत्र का है। यहां पर निगम कॉलोनी में रहने वाले युवक की बाइक को तीन बदमाशों ने आग के हवाले करके फूक दिया। जिस युवक की बाइक को जलाया गया है, पहले उसने आरोपियों में से एक को चांटा मार दिया था। इस घटना का बदला लेने की नीयत से वारदात कर दी गई।
ऐसे दिया घटना को अंजाम

पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और उनकी हेकड़ी निकालने के लिए जुलूस भी निकाला। जबकि एक आरोपी फिलहाल फरार बताया जा रहा है। पुलिस के अनुसार 32 वर्षीय फराज खान नगर निगम कॉलोनी में निवास करता है। फराज ने पुलिस थाने में एफआईआर दर्ज कराते हुए लिखवाया है कि कि आरोपी साहिल हनुमानगंज थाने का निगरानी बदमाश है। उसके साथी शब्बर और औबेज भी बदमाश हैं। इन तीनों आरोपियों ने उसके घर में पहुंचकर उत्पात मचाया। पहले तो आरोपियों ने बाहर बुलाने के बाद शराब पिलाने के नाम पर 500 रुपए मांगे, लेकिन जब फराज ने पैसे देने से मना कर दिया तो आरोपियों ने उसके दो पहिया वाहन में आग लगा दी। इसके बाद फराज से मारपीट कर फरार हो गए।</description><guid>10333</guid><pubDate>2025-04-17 11:56:23 12:00:03 pm</pubDate></item><item><title> मध्य प्रदेश अपना दल (एस) ने बाबा साहब को कृतज्ञता पूर्वक किया याद</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10316</link><description>

भोपाल. । 14/4/25: मध्य प्रदेश में अपना दल (एस) के कार्यकर्ताओं और समर्थकों ने संविधान निर्माता बाबा साहब डॉ. भीमराव आंबेडकर की जयंती को बड़े उत्साह के साथ मनाया। इस विशेष अवसर पर पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव (युवा मंच) डॉ. अखिलेश पटेल के मार्गदर्शन तथा राजनीतिक रणनीतिकार डॉ. अतुल मलिकराम के नेतृत्व में प्रदेश भर के सभी जिला अध्यक्षों ने अपने-अपने क्षेत्रों में डॉ. आंबेडकर की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। इसके साथ ही उनके योगदान को स्मरण करते हुए आमजन के बीच फल वितरित किए गए।


बाबा साहब डॉ. आंबेडकर ने दलितों, शोषितों, वंचितों, गरीबों और पिछड़े वर्ग के अधिकारों की रक्षा के लिए आजीवन संघर्ष किया। उन्होंने शिक्षित बनो, संगठित रहो और संघर्ष करो का अमर मंत्र दिया, जो आज भी सामाजिक न्याय की राह दिखाता है। उसी विचारधारा को आत्मसात करते हुए अपना दल (एस), मध्य प्रदेश में पिछड़े वर्ग के अधिकारों और उत्थान हेतु पूरी प्रतिबद्धता और दृढ़ संकल्प के साथ कार्य कर रही है।


इस अवसर पर डॉ. अखिलेश पटेल ने कहा, डॉ आंबेडकर ने भारतीय समाज को एक नई दिशा दी, और उनके द्वारा महिला एवं पुरुषों को बराबरी का दर्जा तथा एकमताधिकार देने का अधिकार दिलाना, आने वाली कई पीढ़ियों को प्रेरित करता रहेगा। हालांकि पिछड़ों को 27 प्रतिशत आरक्षण के संवैधानिक प्रावधान से वंचित रखना, मध्य प्रदेश में चिंता और चिंतन का विषय है।


डॉ. अतुल मलिकराम ने कहा, आंबेडकर जयंती केवल एक उत्सव नहीं है, बल्कि यह दिन हमें याद दिलाता है कि समाज में न्याय और समानता की दिशा में काम करते हुए हमें कभी भी थमना नहीं है। डॉ आंबेडकर ने हमें सिखाया कि प्रत्येक व्यक्ति को समान अधिकार मिलना चाहिए, और अपना दल (एस) समानता की इस लड़ाई को सतत जारी रखेगा।


बता दें कि मध्य प्रदेश में पार्टी तेजी से संगठन विस्तार की दिशा में कार्य कर रही है, और प्रदेश भर में समाज के हर वर्ग को साथ जोड़ते हुए, पार्टी की गतिविधियों को गति प्रदान कर रही है।



</description><guid>10316</guid><pubDate>2025-04-14 18:50:30 6:56:16 pm</pubDate></item><item><title>बीडीए की मिसरोद बर्रई मास्टर प्लान रोड का काम फिर से हुआ शुरू, विकास शुल्क नहीं लेने व मनचाही जगह प्लॉट पर सहमति</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10306</link><description>
भोपाल।मिसरोद से बर्रई 45 मीटर मास्टर प्लान रोड व इसके 300 मीटर दायरे में नगर विकास योजना का जमीनी काम फिर से शुरू हो गया है। करीब एक साल से ये काम भू स्वामी किसानों की शर्तों की वजह से रूका हुआ था। यहां बीडीए ने भूमि स्वामियों की विकास शुल्क में छूट और अपनी ही जमीन पर प्लॉट की शर्त को मान लिया है। यहां अब सडक़ का काम पूरा किया जा रहा है, इसके अलावा आसपास यूटिलिटी के काम भी तेज किए जा रहे हैं। भूमि स्वामियों को विकास शुल्क से मुक्ति देने के लिए लैंड पुलिंग एक्ट में इंक्रीमेंटल फेक्टर घटाया गया। अधीक्षण यंत्री अरविंद मंडराई के अनुसार यहां काम शुरू हो गया है। तेजी से काम पूरा करेंगे, इससे मिसरोद व संबंधित क्षेत्रों के विकास की गति बढ़ेगी।
मिसरोद- बर्रई 45 मीटर रोड- नगर विकास योजना एक नजर


    मिसरोद से जाटखेड़ी, बगली, कटारा और बर्रई तक का पूरा क्षेत्र इससे विकसित हो जाएगा।
    इस प्रोजेक्ट में मेन ट्रंक रोड के दोनों ओर करीब 300-300 मीटर तक की जमीनों को विकसित किया जाना है।
    550 एकड़ का प्रोजेक्ट, प्लॉट पर खुद की मल्टी या कॉलोनी कर सकेंगे विकसित,
    किसानों को उनकी जमीन के बदले 225 एकड़ विकसित प्लॉट के पत्र दिए जाएंगे।
    बीडीए 45 मीटर मुख्य मार्ग के साथ ही पानी, सीवेज व अन्य सुविधाएं विकसित करेगा।
    कुल 550 एकड़ जमीन पर करीब 600 किसान है।
    बर्रई से आगे अयोध्या बायपास व संबंधित क्षेत्रों की ओर रास्ता निकल जाएगा।
</description><guid>10306</guid><pubDate>2025-04-14 11:54:29 12:06:55 pm</pubDate></item><item><title>स्कूल से वापस लौट रहे सर-मैडम के ऊपर अचानक गिरा साइन बोर्ड, फिर</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10298</link><description>सिंगरौली।मध्यप्रदेशके सिंगरौली से बड़ा मामला सामने आया है। जहां तेज आंधी के कारण नगर निगम का साइन बोर्ड चलती बाइक पर गिर गया। हादसे में एक शिक्षक की मौत हो गई। जबकि, बाइक में बैठी महिला शिक्षिका गंभीर रूप से घायल हो गई है।

दरअसल, शनिवार को शाम 4 बजे करीब विंध्यनगर में तेज हवाएं शुरु हो गई। स्कूल की छुट्टी होने के बाद शिक्षक और शिक्षिका घर जा रहे थे। इसी दौरान मृतक राकेश रजक और महिला प्रतिभा मिश्रा बाइक पर सवार होकर विंध्यनगर की ओर जा रहे थी। तभी चौराहे में साइन बोर्ड शिक्षक के ऊपर गिर गया। हादसे में उसकी मौत हो गई। वहीं बाइक पर पीछे बैठी शिक्षिका गंभीर रूप से घायल हो गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने शिक्षक और शिक्षिका को अस्पताल पहुंचाया। डॉक्टरों ने शिक्षक को मृत घोषित कर दिया।
विंध्यनगर थाना प्रभारी अर्चना द्विवेदी ने बताया कि मृतक और घायलों दोनों ही ढोती इलाके में स्थित एक निजी स्कूल में टीचर हैं। छुट्टी होने के बाद वह घर लौट रहे थे। इसी दौरान साइन बोर्ड उनके ऊपर गिर गया। जिससे मौके पर उनकी मौत हो गई।
हालांकि, महिला शिक्षिका के परिजन बेहतर उपचार के लिए उन्हें निजी अस्पताल ले गए हैं। मृतक का पोस्टमॉर्टम करने बाद शव उनके परिजनों को सौंप दिया गया है।</description><guid>10298</guid><pubDate>2025-04-13 15:58:42 4:05:12 pm</pubDate></item><item><title>बांधवगढ़ बाघ अभयारण्य में बाघिन के हमले में लड़के की मौत</title><link>https://dainandini.in//madhyapradesh.php?articleid=10278</link><description>मध्यप्रदेश। उमरिया जिले के बांधवगढ़ बाघ अभयारण्य (बीटीआर) में शनिवार को एक बाघिन के हमले में 12 वर्षीय लड़के की मौत हो गई। वन विभाग के एक अधिकारी ने यह जानकारी दी।
एक अधिकारी ने बताया कि घटना उस समय हुई जब लड़का अपने दादा के साथ महुआ फूल इकट्ठा करने के लिए जंगल में गया था। वन रेंज अधिकारी विजय शंकर श्रीवास्तव ने बताया, झाड़ियों में छिपी बाघिन ने बाघ अभयारण्य के धमोखर रेंज में लड़के पर हमला कर दिया।






उन्होंने बताया कि बाघिन लड़के को कुछ दूर तक घसीट कर ले गई, लेकिन ग्रामीणों के शोर मचाने पर शव को नाले में छोड़कर भाग गई। हालांकि, उन्होंने बताया कि जब तक ग्रामीण मौके पर पहुंचे, तब तक लड़के की मौत हो चुकी थी। अधिकारी ने बताया कि लड़के के परिवार को नियमानुसार आठ लाख रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी।

</description><guid>10278</guid><pubDate>2025-04-13 12:04:30 12:05:27 pm</pubDate></item></channel></rss>