<rss xmlns:atom="http://www.w3.org/2005/Atom" version="2.0"><channel><title>शिक्षा - Dainandini Feed</title><link>https://dainandini.in/</link><description>Dainandini Feed Description</description><item><title>शिक्षक सुभाष कुमार साहू को पारस ग्रुप ऑफ फाउंडेशन के तत्वाधान में राज्य स्तरीय पारस रत्न शिक्षक सम्मान से सम्मानित किया गया</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=11545</link><description>शिक्षा के क्षेत्र में समर्पण तथा अति विशिष्ट कार्य करने लिए शासकीय विद्यालय लालपुर में कार्यरत शिक्षक सुभाष कुमार साहू को पारस ग्रुप ऑफ फाउंडेशन के तत्वाधान में राज्य स्तरीय पारस रत्न शिक्षक सम्मान से सम्मानित किया गया यह सम्मान उनको करोना महामारी के दौरान शाला के बच्चों को घर पर वर्ष भर शिक्षा प्रदान करने तथा वर्तमान में आर्थिक रूप से अक्षम बच्चों को अनवरत निःशुल्क शिक्षा घर पर एवं शाला में अतिरिक्त कक्षा आयोजित कर प्रदान करने हेतु तथा विभिन्न बच्चों को राष्ट्रीय छात्रवृत्ति परीक्षाओं एवं प्रतियोगी परीक्षाओं में चयन करवाने हेतू उनके अतुलनीय प्रयास के लिए प्रदान किया गया है इस अवसर पर माननीय टंकराम वर्मा मंत्री राजस्व एवं आपदा प्रबंधन पुनर्वास उच्च शिक्षा, श्रीमती मीनल चौबे महापौर रायपुर नगर निगम , माननीय पुरंदर मिश्रा विधायक रायपुर उत्तर विधानसभा, माननीय सुनील सोनी विधायक रायपुर दक्षिण विधानसभा, माननीय मोतीलाल साहू विधायक रायपुर ग्रामीण उपस्थित रहे ।</description><guid>11545</guid><pubDate>2025-09-23 14:43:43 4:32:48 pm</pubDate></item><item><title> पोषण भी पढ़ाई भी: भारत के भविष्य के लिए खेल-आधारित शिक्षा</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=11392</link><description>पोषण भी पढ़ाई भी: भारत के भविष्य के लिए खेल-आधारित शिक्षा


श्रीमती अन्नपूर्णा देवी
केंद्रीय महिला एवं बाल विकास मंत्री, भारत सरकार




यदि हमें विकसित भारत का निर्माण करना है, तो हमें शुरुआत अपने सबसे छोटे नागरिकों की क्षमता के विकास से करनी होगी, जहाँ से जीवन का आगाज़ होता है। आंगनवाड़ी केंद्र में बच्चों की खिलखिलाती हँसी में, उनके द्वारा गायी जाने वाली कविताओं में और उनके द्वारा बनाए जाने वाले ब्लॉक में हमारे राष्ट्र के भविष्य का सामर्थ्य आकार लेता है। प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व में, भारत ने अपने सबसे छोटे नागरिकों को अपनी विकास यात्रा के केंद्र में रखा है। प्रधानमंत्री नेन केवल विश्वविद्यालयों और डिजिटल बुनियादी ढाँचे में निवेश करके, अपितु बच्चे के जीवन की पहली कक्षा: आंगनवाड़ी के अतिशय महत्व को पहचानते हुए हमारी राष्ट्रीय प्राथमिकताओं को नए सिरे से परिभाषित किया है।

आज के भारत में, खेल अब सिर्फ़ मनोरंजन भर नहीं, अपितु नीति है। और इसके परिणाम बिल्कुल स्पष्ट और विश्वसनीय हैं । पिछले एक दशक में, मोदी सरकार ने प्रारंभिक बाल्यावस्था के विकास के प्रति अपने दृष्टिकोण को मूलभूत रूप से पुनर्परिभाषित किया है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) 2020 निर्णायक मोड़ साबित हुई, जिसमें यह स्वीकार किया गया कि मस्तिष्क का 85 प्रतिशत विकास छह साल की उम्र से पहले ही हो जाता है। यदि हम स्मार्ट, स्वस्थ और अधिक उपयोगी आबादी चाहते हैं, तो हमें वहाँ निवेश करना होगा जहाँ इसकी सबसे ज़्यादा ज़रूरत हैजीवन के शुरुआती छह वर्षों में।

वैज्ञानिक प्रमाण इस बदलाव का समर्थन करते हैं। सीएमसी वेल्लोर के क्लिनिकल महामारी विज्ञान विभाग द्वारा किए गए एक अध्ययन में पाया गया कि जिन बच्चों को 18 से 24 महीने तक व्यवस्थित प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल और शिक्षा (ईसीसीई) मिली, उनके आईक्यू मेंपाँच साल की उम्र तक 19 अंक तक, और नौ साल की उम्र तक तो 5 से 9 अंक तक की उल्लेखनीय और स्थायी वृद्धि देखी गई। विकासशील भारत के लिए ये वृद्धि बेहद महत्वपूर्ण है।

भारत के ये निष्कर्ष वैश्विक शोध के अनुरूप हैं। अंतर्राष्ट्रीय अध्ययनों से पता चलता है कि पाँच साल की उम्र से पहले गुणवत्तापूर्ण ईसीसीई कार्यक्रमों में भाग लेने वाले बच्चों में उच्च आईक्यू, बेहतर सामाजिक कौशल और बेहतर शैक्षणिक प्रदर्शन की संभावना 67 प्रतिशत अधिक होती है। जैसा कि नोबेल पुरस्कार विजेता डॉ. जेम्स हेकमैन की प्रसिद्ध उक्ति है,जितनी जल्दी शुरुआत,उतने बेहतर परिणामऔर उतने ही कुशल रिटर्न उनके शोध में अनुमान व्यक्त किया गया है कि प्रारंभिक बाल्यावस्था में निवेश से 13-18 प्रतिशत तक रिटर्न मिलता हैजो शिक्षा या नौकरी के प्रशिक्षण के किसी भी अन्य चरण से अधिक है।

ईसीसीई के आर्थिक और सामाजिक दोनों ही प्रकार के महत्व को समझते हुए महिला एवं बाल विकास मंत्रालय ने पोषण भी पढ़ाई भी नामक एक पहल शुरू की है, जिसने आंगनवाड़ी केंद्रों को जीवंत प्रारंभिक शिक्षा केंद्रों में तब्दील कर दिया है। आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को पहली बार स्थानीय और स्वदेशी सामग्रियों का उपयोग कर गतिविधि-आधारित और खेल-उन्मुख दृष्टिकोणों पर ध्यान केंद्रित करते हुए व्यवस्थित रूप से ईसीसीई में प्रशिक्षित किया जा रहा है। शिक्षण-अधिगम सामग्री के लिए बजट आवंटन में भी पर्याप्त वृद्धि की गई है, और मासिक ईसीसीई दिवसों को संस्थागत रूप दिया गया है। आज, आंगनवाड़ी केंद्र केवल पोषण का स्थान नहीं हैयह प्रत्येक बच्चे की पहली पाठशाला है, जो जीवन के सबसे महत्वपूर्ण वर्षों में जिज्ञासा, रचनात्मकता और समग्र विकास का पोषण करती है।

मंत्रालय ने इस परिवर्तन को दिशा देने के लिए 3-6 वर्ष की आयु के बच्चों के लिए प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल और शिक्षा हेतु राष्ट्रीय पाठ्यक्रम-आधारशिला, की शुरुआत की है। आधारशिला बच्चों के केवल बौद्धिक विकास पर ही नहीं, बल्कि भावनात्मक, शारीरिक और सामाजिक कल्याण पर भी ज़ोर देते हुए समग्र विकास पर केंद्रित है। यह खेल के माध्यम से सीखने की व्यवस्थित प्रक्रिया को आगे बढ़ाता है, जिससे बच्चों को सहयोगपूर्ण वातावरण में बढ़ने और फलने-फूलने का अवसर मिलता है।

बच्चे खेलने के प्रति सहज रूप से आकर्षित होते हैं - अपनी दुनिया के कोने-कोने को खोज और आनंद के स्थान में तब्दील कर देते हैं। सही वातावरण के साथ यह प्रवृत्ति आजीवन सीखने की नींव बन जाती है। पोषण भी पढाई भी सुरक्षित, व्यवस्थित और प्रेरक वातावरण प्रदान करके इस भावना को पोषित करती है जहाँ बच्चे निर्देशित खेल और शिक्षा के माध्यम से फल-फूल सकते हैं। प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल और शिक्षा (ईसीसीई) हमारे देश के भविष्य को आकार देने में बुनियादी भूमिका निभाती है। पोषण भी पढाई भी पहल के तहत, देश भर के आंगनवाड़ी केंद्रों को समग्र प्रारंभिक शिक्षा के लिए पोषण स्थलों में बदला जा रहा है। व्यवस्थित आधारशिला की 5+1 साप्ताहिक योजना यह सुनिश्चित करती है कि दिन की शुरुआत 30 मिनट के उन्मुक्त खेल से हो, उसके बाद भाषा, रचनात्मकता, मोटर स्किल और सामाजिक संपर्क को बढ़ाने वाली व्यवस्थित गतिविधियाँ हों। दोपहर के पौष्टिक भोजन और आराम के बाद, दिन का समापन बाहरी खेल और बातचीत के साथ होता है, जो मूल्यों को सुदृढ़ करता है और भावनात्मक संबंध बनाता है।

व्यवस्थित और निर्बाध खेल के प्रति यह संतुलित दृष्टिकोण अत्यंत महत्वपूर्ण है, खासकर राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) 2020 के आलोक में, जिसने औपचारिक स्कूल प्रवेश की आयु को छह वर्ष कर दिया है। व्यवस्थित ईसीसीई यह सुनिश्चित करती है कि बच्चे भावनात्मक, सामाजिक और संज्ञानात्मक रूप से स्कूल के लिए तैयार हों। देश भर के अभिभावकों का बढ़ता विश्वास वास्तव में उत्साहजनक है। जो परिवार पहले कभी आंगनवाड़ियों को केवल पोषण केंद्र मानते थे, अब उन्हें अपने बच्चे की शिक्षा की यात्रा में पहला कदम मानते हैं।

भारत में हर बच्चा जन्म से ही मज़बूत शुरुआत का हक़दार है। जन्म से तीन साल तक की आयु वर्ग के बुनियादी महत्व को समझते हुए मंत्रालय ने प्रारंभिक बाल्यावस्था प्रोत्साहन के लिए राष्ट्रीय ढाँचा- नवचेतना की भी शुरूआत की है। यह पहल माता-पिता और देखरेखकर्ताओं को बच्चों के विकास के लिए घर पर ही सरल, खेल-आधारित, आयु के -उपयुक्त गतिविधियों के माध्यम से सशक्त बनाती है।

माता-पिता की भागीदारी बच्चे के विकास की कुंजी है। जहाँ एक ओर उच्च आय वाले परिवार खिलौनों और किताबों में निवेश कर सकते हैं, वहीं सरकार की भूमिका कम आय वाले परिवारों के लिए समान अवसर प्रदान करने की है। नवचेतना और पोषण भी पढ़ाई भी के माध्यम से, हम भारत के कोने- कोने में हर बच्चे को शुरू से ही आवश्यक प्रोत्साहन, देखभाल और पोषण मिलना सुनिश्चित करते हुए इस अंतर को पाट रहे हैं।

यदि भारत को सही मायनों में विकसित बनना है, तो हमारी युवा पीढ़ी को जीवन की सही शुरुआत के साथ सशक्त बनाना होगा। खेल कोई विलासिता नहीं हैयह सीखने का आधार है। महिला एवं बाल विकास मंत्रालय यह सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है कि भारत के प्रत्येक बच्चे को सीखने, बढ़ने और फलने-फूलने का अवसर मिलेक्योंकि राष्ट्र निर्माण की शुरुआत उसके सबसे छोटे नागरिकों के पोषण से होती है।</description><guid>11392</guid><pubDate>2025-08-31 14:28:53 2:32:58 pm</pubDate></item><item><title> जब देश मे थी दीवाली वो खेल रहे थे होली </title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=11112</link><description>जब देश मे थी दीवाली वो खेल रहे थे होली 
        शास.पूर्व. माध्यमिक शाला नेवई में वीरों की शौर्य गाथा बताते हुए डॉ. नीलांजना जैन ने बताया की यह सालगिरा सिर्फ एक तारीख नहीं यह भारत की एकता का प्रतीक है जिन्होंने 18000 फीट ऊंचाई पर विरल ऑक्सीजन वाले वातावरण और कड़ाके की ठंड में हर चोटी को अपने साहस का गवाह बनाया | कारगिल युद्ध में शहादत से पहले सैनिको ने अपनों को जो fpfV~B;k लिखी यही fpfV~B;k युद्ध क्षेत्र में जस्बा जिदा रखने के लिए fpfV~B;k ही सहारा थी | परमवीर चक्र प्राप्त कैप्टन विक्रम बत्रा ने अपने भाई को जो पत्र लिखा, उस पत्र की चर्चा सुनते हुए | विद्यार्थियों की आँखे नम हो गई सारा वातावरण भारत माता के जय कारे से गूंजने लगा | उसके पश्चात निबंध प्रतियोगिता का आयोजन किया गया | संस्था प्रमुख श्रीमती सुलेखा गाड़िया, श्रीमती शशिकला वर्मा ,श्रीमती रजनी यादव, श्रीमती उषा किरण कौशिक एवं श्रीमती अमृता यादव , श्रीमती ज्योति वर्मा तथा संत ज्ञानेश्वर मरकाम आदि की उपस्थिति में किया गया |</description><guid>11112</guid><pubDate>2025-07-26 12:37:34 12:39:07 pm</pubDate></item><item><title>श्रीमती शेफाली घोष अलका एवेन्यू कॉलोनी उसलापुर बिलासपुर छत्तीसगढ़ के समाज के प्रति सेवा कार्य को देखते हुए जिला अध्यक्ष बिलासपुर पथ पर मनोनीत किया किया गया</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=11089</link><description>आर्यावर्त विश्व सनातन विकास परिषद बोर्ड भारत राष्ट्रीय कार्यालय मुकराई राधा कुंड गोवर्धन जिला मथुरा उत्तर प्रदेश राष्ट्रीय पत्राचार कार्यालय एसडीम कॉलोनी सिकंदराबाद जिला बुलंदशहर पंजीकृत संख्या:-ABCA6640GF20251
श्रीमती शेफाली घोष अलका एवेन्यू कॉलोनी उसलापुर बिलासपुर छत्तीसगढ़ के समाज के प्रति सेवा कार्य को देखते हुए जिला अध्यक्ष बिलासपुर पथ पर मनोनीत किया किया गया। आशा है कि आप पूर्ण सत्य और निष्ठा के साथ दायित्व को निभाएंगे।</description><guid>11089</guid><pubDate>2025-07-25 11:23:14 11:25:24 am</pubDate></item><item><title> एचएनएलयू को डब्ल्यूयूआरआई 2025 रैंकिंग में विजनरी लीडरशिप के लिए वैश्विक 46वां स्थान</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=11048</link><description>एचएनएलयू को डब्ल्यूयूआरआई 2025 रैंकिंग में विजनरी लीडरशिप के लिए वैश्विक 46वां स्थान


हिदायतुल्ला राष्ट्रीय विधि विश्वविद्यालय (एचएनएलयू), रायपुर ने विश्वविद्यालय नवाचार रैंकिंग (WURI) 2025 के विजनरी लीडरशिप (B1 श्रेणी) में दुनियाभर में 46वां स्थान हासिल कर एक महत्वपूर्ण वैश्विक सम्मान अर्जित किया है।
यह प्रतिष्ठित मान्यता एचएनएलयू की अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बढ़ती पहचान को रेखांकित करती है। एचएनएलयू ने दूरदर्शी विधि शिक्षा, संस्थागत नवाचार और प्रभावशाली नेतृत्व के क्षेत्र में अपनी प्रतिबद्धता साबित की है।
डब्ल्यूयूआरआई 2025 रैंकिंग के तहत दुनिया भर के 1,350 विश्वविद्यालयों से आए 4,866 नवाचार केस स्टडीज का मूल्यांकन किया गया। इन प्रविष्टियों को 203 अकादमिक नेताओं की एक अंतरराष्ट्रीय समिति ने नवाचार, क्रियान्वयन और सामाजिक प्रभाव जैसे मानकों पर परखा। इस वर्ष भागीदारी में पिछले साल की तुलना में 70 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई, जिससे एचएनएलयू की यह उपलब्धि और भी उल्लेखनीय बन जाती है।
इस उपलब्धि पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए प्रो. डॉ. वी.सी. विवेकानंदन, कुलपति, एचएनएलयू ने कहा 
2023 में शुरू की गई R-HaS (रिसर्च हब एंड स्पोक) पहल  जिसमें पाँच रिसर्च स्कूल और 25 अंतरविषयक अनुसंधान केंद्र शामिल हैं  अब फल देने लगी है। हमारे संकाय और छात्र महत्वपूर्ण शोध परियोजनाएं हासिल कर रहे हैं। डब्ल्यूयूआरआई की यह वैश्विक मान्यता R-HaS की दीर्घकालिक दृष्टि और लक्ष्यों को और गति प्रदान करेगी।
डब्ल्यूयूआरआई रैंकिंग का आयोजन आईपीएस स्विट्जरलैंड द्वारा किया जाता है, जिसे हैंसियाटिक लीग ऑफ यूनिवर्सिटीज का समर्थन प्राप्त है और iSTAT प्रायोजक है। पारंपरिक विश्वविद्यालय रैंकिंग से अलग, डब्ल्यूयूआरआई वास्तविक दुनिया में मूल्य सृजन पर जोर देता है और उन संस्थानों को सम्मानित करता है, जो साहसिक, रचनात्मक और सामाजिक रूप से उत्तरदायी शिक्षा मॉडल अपनाते हैं।
इस उपलब्धि के साथ एचएनएलयू ने विश्व के उन चुनिंदा विश्वविद्यालयों में जगह बना ली है, जो उच्च शिक्षा में नेतृत्व और नवाचार की नई परिभाषा गढ़ रहे हैं।</description><guid>11048</guid><pubDate>2025-07-22 12:20:19 12:21:38 pm</pubDate></item><item><title>MATS विश्वविद्यालय में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर पाँच दिवसीय योग कार्यक्रम का आयोजन</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=10753</link><description>MATS विश्वविद्यालय, गुल्लू आरंगदिनांक: 21 जून 2025
MATS विश्वविद्यालय में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस पर पाँच दिवसीय योग कार्यक्रम का आयोजन  कुलपति महोदय ने योग को जीवन का सार बताया
MATS विश्वविद्यालय के आरंग एवं पंडरी कैंपस में अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस 2025 के उपलक्ष्य में 16 से 20 जून 2025 तक पाँच दिवसीय योग शिविर आयोजित किया गया, जिसका समापन 21 जून 2025 को भव्य योग कार्यक्रम के साथ हुआ। इस आयोजन का नेतृत्व शारीरिक शिक्षा एवं योग विभाग ने किया।
आरंग कैंपस में आयोजित समापन कार्यक्रम के मुख्य अतिथि कुलपति प्रो. डॉ. के.पी. यादव थे। उन्होंने योग और जीवन के गहरे संबंध पर प्रकाश डालते हुए कहा:
योग केवल एक शारीरिक अभ्यास नहीं, बल्कि यह एक पूर्ण जीवन पद्धति है जो हमें तन, मन और आत्मा के संतुलन की ओर ले जाती है। आज के भागदौड़ भरे जीवन में मानसिक तनाव, चिंता और अव्यवस्था आम हो गई है। योग हमें अपने भीतर झाँकने, आत्मनियंत्रण पाने और स्थिरता बनाए रखने की कला सिखाता है।
योग व्यक्ति को अनुशासित, स्वस्थ और संतुलित बनाता है। विद्यार्थियों के लिए यह आत्म-विकास का मार्ग है, शिक्षकों के लिए यह आत्म-संयम का माध्यम और समाज के लिए यह शांति और सद्भावना का प्रतीक है। हम सभी को चाहिए कि हम योग को केवल एक दिन नहीं, बल्कि जीवनभर की आदत बनाएं।**
कुलपति महोदय ने यह भी कहा कि विश्वविद्यालय भविष्य में भी नियमित योग कार्यक्रम आयोजित करता रहेगा ताकि छात्र-छात्राओं और शिक्षकों को इसका लाभ निरंतर मिलता रहे।
पंडरी कैंपस में आयोजित कार्यक्रम में कुलसचिव श्री गोकुलानंदा पंडा मुख्य अतिथि रहे। उन्होंने भी योग को एकीकृत और संतुलित जीवन की कुंजी बताया।
इस अवसर पर सभी विभागों के प्रमुख, फैकल्टी सदस्य एवं छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। योग प्रशिक्षण का नेतृत्व डॉ. योगेश कुमार साहू (आरंग कैंपस), श्री दिवेश कुमार, एवं डॉ. राघव वर्मा (पंडरी कैंपस) द्वारा किया गया।
कार्यक्रम का समापन शांति पाठ से हुआ। डॉ. मिथिलेश कुमार सिंह, विभागाध्यक्ष, शारीरिक शिक्षा एवं योग विभाग ने सभी को नियमित योग करने के लिए प्रेरित किया और कहा कि योग सिर्फ आसनों का अभ्यास नहीं, बल्कि एक सकारात्मक और अनुशासित जीवन जीने की दिशा है।
कार्यक्रम में मैट्स विश्वविद्यालय के कुलाधिपति गजराज पगारिया, महानिदेशक प्रियेश पगारिया, कुलपति प्रो. केपी यादव, कुलसचिव गोकुलानंदा पंडा नें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की बधाइयां दी</description><guid>10753</guid><pubDate>2025-06-21 16:39:19 4:40:15 pm</pubDate></item><item><title> सेहत की पाठशाला </title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=10477</link><description>मैनिफेस्ट करना
         अपनी टाइमलाइन चुने

          सेहत की पाठशाला
शास. पूर्व माध्य. शाला नेवई में विद्यार्थियों की अनवरत चल रही कार्यशाला में डॉ. नीलांजना जैन ने बताया है कि किसी भी कार्य को करने के लिए एक समय की प्रतिबद्धता होना आवश्यक है | इसलिए कागज पर सबसे ऊपर अपने विजन बोर्ड की हर चीज को जो आप मैनिफेस्ट करना चाहते है उसकी एक निश्चित तारीख लिखे | इसके बाद अपनी भावनाओं को मूर्त रूप देना सुनिश्चित करे | तत्पश्चात नीम वृक्ष के नीचे बैठकर ध्यान योग एवं सूर्य नमस्कार, मंत्रोचार के पश्चात्  सेहत की पाठशाला के माध्यम से कि ईश्वर की कृपा और माता- पिता के माध्यम से हमें मानव शरीर प्राप्त हुआ है इसकी देखभाल और यथा संभव स्वस्थ्य रखना हम सबकी जिम्मेदारी है | हेल्थ कोच श्रीमान शेष नारायण जी एवं पत्रकार सहदेव देशमुख जि ने विद्यार्थियों को वातावरण और मौसम के अनुसार शरीर की प्रकृति के अनुरूप कौन सा व्यायाम करना, कितनी मात्रा में भोजन अथवा खाद्य पदार्थ और कितना पेय पदार्थ लेना चाहिए विस्तारपूर्वक समझाया गया | विद्यार्धियों ने आनंद एवं उत्साह के साथ अपने स्वास्थ्य का ध्यान रखेंगे शपथ ली | कार्यक्रम में संस्था प्रमुख सुलेखा गाड़िया एवं कंप्यूटर शिक्षिका श्रीमती भुनेश्वरी आदि की उपस्थिति में कार्यशाला संपन्न हुई |</description><guid>10477</guid><pubDate>2025-05-07 15:40:48 3:46:52 pm</pubDate></item><item><title> मैट्स विश्वविद्यालय में स्वयं पर एक दिवसीय राज्य स्तरीय कार्यशाला सम्पन्न </title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=10388</link><description>सभी के लिए गुणवत्तापूर्ण शिक्षा सुलभ बनाने की क्रांति का नाम है स्वयं SWAYAM
मैट्स विश्वविद्यालय में स्वयं पर एक दिवसीय राज्य स्तरीय कार्यशाला सम्पन्न
रायपुर। मैट्स विश्वविद्यालय रायपुर की मेजबानी में भारतीय प्रौद्योगिकी संस्तान कानपुर के राष्ट्रीय प्रोद्योगिकी संवर्धित शिक्षण कार्यक्रम (एनपीटीईएल) द्वारा संयुक्त रूप से आनलाइन निःशुल्क शिक्षा कार्यक्रम स्वयं पर एक दिवसीय राज्य स्तरीय कार्यशाला का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया। इस कार्यशाला का विषय था स्वयं के साथ विकल्प-आधारित, क्रेडिट-संचालित शिक्षा को सशक्त बनाना। इस कार्यशाला का उद्देश्य छत्तीसगढ़ के उच्च शिक्षा संस्थानों में स्वयं के ऑनलाइन पाठ्यक्रमों के एकीकरण को बढ़ावा देना था, जिससे छात्रों के लिए लचीले, सुलभ और क्रेडिट-संचालित सीखने के अवसरों को बढ़ावा मिल सके।
इस समारोह के मुख्य अतिथि छत्तीसगढ़ सरकार के उच्च शिक्षा सचिव डॉ. एस. भारतीदासन ने स्वयं पहल पर विस्तार से प्रकाश डाला। उन्होंने शिक्षा नीति के तीन प्रमुख सिद्धांतों: पहुँच, समानता और गुणवत्ता को प्राप्त करने में इसकी भूमिका को रेखांकित किया। डॉ. भारतीदासन ने बताया कि कैसे प्रमुख संस्थानों द्वारा पेश किए जाने वाले स्वयं के मुफ़्त ऑनलाइन पाठ्यक्रम छात्रों को हस्तांतरणीय अकादमिक क्रेडिट अर्जित करने में सक्षम बनाते हैं। उन्होंने एनईपी के समग्र और लचीली शिक्षा के दृष्टिकोण के साथ स्वयं को विश्वविद्यालय के पाठ्यक्रम में एकीकृत करने के लिए राज्य की प्रतिबद्धता की पुष्टि की। उन्होंने कहा, छत्तीसगढ़ अपने युवाओं को प्रतिस्पर्धी वैश्विक परिदृश्य के लिए सशक्त बनाने के लिए स्वयं का लाभ उठाने के लिए तैयार है।
इसके पूर्व कार्यशाला की शुरुआत मैट्स विश्वविद्यालय, रायपुर के कुलपति प्रो. (डॉ.) के.पी. यादव के प्रेरक संबोधन से हुई। प्रो. यादव ने शिक्षा को लोकतांत्रिक बनाने और इसे राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी) 2020 के साथ जोड़ने में स्वयं (SWAYAM) की परिवर्तनकारी क्षमता पर प्रकाश डाला। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि स्वयं की पसंद-आधारित क्रेडिट प्रणाली छात्रों को अपने सीखने के रास्ते को निजीकृत करने का अधिकार देती है, जिससे पारंपरिक शिक्षा और आधुनिक कौशल आवश्यकताओं के बीच की खाई को पाटा जा सकता है। उन्होंने कहा कि स्वयं सिर्फ़ एक मंच नहीं है; यह गुणवत्तापूर्ण शिक्षा को सभी के लिए सुलभ बनाने में एक क्रांति है।
कार्यशाला के मुख्य समन्वयक और वक्ता उच्च शिक्षा विभाग के संयुक्त निदेशक प्रो. जी. ए. घनश्याम ने छत्तीसगढ़ के शैक्षणिक संस्थानों में स्वयं को लागू करने के व्यावहारिक पहलुओं पर ध्यान केंद्रित करते हुए छात्रों की भागीदारी को अधिकतम करने के लिए संकाय प्रशिक्षण और संस्थागत समर्थन के महत्व पर जोर दिया।
कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में आईआईटी कानपुर में स्वयं और स्वयं-एनपीटीईएल के लिए वरिष्ठ परियोजना वैज्ञानिक और स्थानीय अध्याय समन्वयक डॉ. अंगना सेनगुप्ता ने एनईपी-2020 के लक्ष्यों को प्राप्त करने, विशेष रूप से सकल नामांकन अनुपात (GER) को बढ़ाने और शिक्षा को लोकतांत्रिक बनाने में स्वयं की भूमिका पर प्रकाश डाला। इंटरैक्टिव सत्र के दौरान
विशेषज्ञों ने स्वयं पाठ्यक्रमों को विश्वविद्यालय के पाठ्यक्रम में एकीकृत करने और डिजिटल पहुँच और क्रेडिट हस्तांतरण जैसी चुनौतियों का समाधान करने की रणनीतियों पर जौर दिया।
इस कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ राज्य के विभिन्न विश्वविद्यालयों और कॉलेजों के परीक्षा नियंत्रकों, कुलसचिवों, संकाय सदस्यों और छात्रों ने उत्साह के साथ हिस्सा लिया। कार्यशाला के समापन के दौरान मैट्स विश्वविद्यालय के कुलसचिव श्री गोकुलनंद पांडा ने धन्यवाद ज्ञापित किया। इसके पूर्व डीन एकेडमिक डा. विजय भूषण ने स्वागत भाषण देते हुए अतिथियों का परिचय कराया।</description><guid>10388</guid><pubDate>2025-04-23 15:22:36 3:24:02 pm</pubDate></item><item><title>बिहार बोर्ड 10th रिजल्ट लिंक घोषित, यहां दिए लिंक से करें चेक</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=9985</link><description>नई दिल्ली। बिहार स्कूल एजुकेशन बोर्ड (BSEB) की और से क्लास 10th रिजल्ट (Bihar Board 10th Result 2025) आज दोपहर 12 बजे जारी कर दिया गया है। बीएसईबी दसवीं रिजल्ट शिक्षा मंत्री सुनील कुमार ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में जारी किया है। इस दौरान अपर मुख्य सचिव भी उपस्थित रहे। रिजल्ट जारी होने के साथ ही डायरेक्ट लिंक एक्टिव हो गए हैं। स्टूडेंट्स वेबसाइट, डिजिलॉकर एवं SMS के साथ ही इस पेज पर दिए डायरेक्ट लिंक से भी मार्कशीट चेक करने के साथ ही डाउनलोड कर सकते हैं।
bihar board 10th ka result OUT: कैसे कर सकेंगे चेक
बिहार बोर्ड रिजल्ट चेक करने के लिए आपको यहां दिए लिंक पर क्लिक करना होगा और उसके बाद रोल नंबर एवं रोल कोड दर्ज करना होगा

29 Mar 2025
12:10:09 PM
result matric ka: लिंक होने वाला है OUT
बिहार बोर्ड मैट्रिक रिजल्ट का लिंक बस कुछ ही पलों में एक्टिव होने वाला है।

29 Mar 2025
12:06:56 PM
10th ka result bihar board: किसी भी पल रिजल्ट होगा OUT
BSEB की ओर से किसी भी पल रिजल्ट आउट हो सकता है। बोर्ड की ओर से प्रेस कॉन्फ्रेंस स्टार्ट हो चुकी है।

29 Mar 2025
12:03:32 PM
result 2025: इसी पेज पर उपलब्ध होंगे डायरेक्ट लिंक
बिहार बोर्ड रिजल्ट जारी होते ही इसी पेज पर डायरेक्ट लिंक उपलब्ध होंगे। इसलिए आप इसी पेज पर बने रहें। रिजल्ट जारी होते ही डायरेक्ट लिंक उपलब्ध करवा दिया जायेगा।

29 Mar 2025
12:00:19 PM
Bihar Board Matric Results 2025: आने वाला है रिजल्ट
बिहार बोर्ड 10th रिजल्ट बस कुछ ही पलों में आने वाला है।

29 Mar 2025
11:50:13 AM
Bihar Board Matric Results 2025: रिजल्ट जारी होने में कुछ पल शेष
बिहार बोर्ड रिजल्ट जारी होने में कुछ ही मिनट जारी होने वाला है। रिजल्ट के लिए वेबसाइट लॉन्च हो गई है।
29 Mar 2025
11:45:08 AM
Bihar Board 2025 Result class 10th: प्रेस कॉन्फ्रेंस होने वाली है शुरू
बिहार बोर्ड 10th रिजल्ट 2025 के लिए प्रेस कॉन्फ्रेंस शुरू होने वाली है। प्रेस कॉन्फ्रेंस में शिक्षा मंत्री सुनील कुमार रिजल्ट की घोषणा करेंगे।

29 Mar 2025
11:35:20 AM
BSEB Bihar Board 10th Result 2025 Live: कहां से चेक कर सकेंगे परिणाम
बिहार बोर्ड मैट्रिक रिजल्ट 2025 का डायरेक्ट लिंक नई वेबसाइट नई साइट matricresult2025.com और matricbiharboard.com पर एक्टिव होने वाला है। छात्र Bihar Board Matric Result 2025 Link Active होने के बाद अब रोल नंबर एवं रोल कोड दर्ज करके नतीजे चेक सकेंगे इसके साथ ही आप इस पेज से डायरेक्ट भी मार्कशीट डाउनलोड कर सकेंगे।

29 Mar 2025
11:21:24 AM
Bihar Board 10th Result 2025 OUT link active on matricresult2025.com Shortly
बिहार बोर्ड 10th रिजल्ट का डायरेक्ट लिंक कुछ ही देर में ऑफिशियल वेबसाइट matricresult2025.com एवं matricbiharboard.com पर एक्टिव होगा।

29 Mar 2025
11:10:26 AM
BSEB Bihar Board 10th Result 2025 LIVE: ओरिजिनल मार्कशीट कुछ दिन बाद स्कूल से होगी प्राप्त
छात्रों को बता दें कि आज रिजल्ट जारी होने के कुछ दिन बाद ओरिजिनल मार्कशीट छात्रों के स्कूल में भेज दी जाएगी। इसके बाद स्टूडेंट्स अपने स्कूल में जाकर अंकसूची प्राप्त कर सकेंगे।

29 Mar 2025
10:56:11 AM
BSEB Bihar Board 10th Result 2025: टॉपर्स के कितनी मिलेगी धनराशि
 बिहार बोर्ड 10th में टॉप करने वाले स्टूडेंट्स के ऊपर धनवर्षा होगी। राज्य में पहला स्थान हासिल करने पर 2 लाख, दूसरा स्थान हासिल करने पर 1.5 लाख, तीसरा स्थान प्राप्त करने पर 1 लाख और 4th से 10th स्थान हासिल करने पर 30 हजार रुपये प्रोत्साहन राशि प्रदान की जाएगी।
29 Mar 2025
10:41:19 AM
BSEB Result 10th 2025 Live Update: टूट सकता है पिछले वर्ष का रिकॉर्ड
पिछले बिहार बोर्ड 10th का पास प्रतिशत 82.91% रहा था। इससे पहले साल 2023 में 81.04% स्टूडेंट्स पास हुए थे। इस बार सभी वर्षों का रिकॉर्ड टूटने की संभावना है।

29 Mar 2025
10:27:11 AM
BSEB Result 10th 2025: कहां से चेक कर सकेंगे रिजल्ट
बिहार बोर्ड रिजल्ट ऑफिशियल वेबसाइट matricresult2025.com, matricbiharboard.com के साथ ही डिजिलॉकर एवं एसएमएस से भी चेक किया जा सकेगा।

29 Mar 2025
10:24:17 AM
Bihar Board 10th Result 2025: रिजल्ट के साथ टॉपर्स लिस्ट भी होगी जारी
बिहार बोर्ड 10th रिजल्ट के साथ ही टॉपर्स लिस्ट भी जारी होगी। जो छात्र-छात्राएं टॉपर्स लिस्ट में जगह बनाएंगे उनको राज्य सरकार की ओर से सम्मानित किया जायेगा।

29 Mar 2025
10:09:59 AM
BSEB Bihar Board 10th Result 2025 LIVE: स्टूडेंट्स रहें तैयार, आने वाला है बिहार बोर्ड 10वीं का रिजल
बिहार बोर्ड 10वीं का रिजल्ट जारी होने में 2 घंटे से भी कम समय शेष है। आपको बता दें कि बोर्ड एग्जाम में 15.68 लाख छात्रों ने भाग लिया था।

29 Mar 2025
9:35:56 AM
Bihar Board Matric Result 2025: साल 2024 में ऐसा रहा था रिजल्ट
बिहार बोर्ड दसवीं की परीक्षा में साल 2024 में 82.91 प्रतिशत छात्र-छात्राएं सफल हुए थे।

29 Mar 2025
9:09:26 AM
Bihar Board 10th Result 2025 Live: कुछ ही देर में जारी होगा रिजल्ट
बिहार बोर्ड 10th रिजल्ट कुछ ही घंटों में जारी होगा। नतीजों की घोषणा होते ही लिंक matricresult2025.com एवं matricbiharboard.com पर एक्टिव होगा।
29 Mar 2025
8:43:32 AM
BSEB Bihar Board 10th Result 2025: रिजल्ट चेक करने के लिए रोल नंबर रोल कोड की होगी जरुरत
बिहार बोर्ड मैट्रिक रिजल्ट चेक करने के लिए रोल नंबर एवं रोल कोड की जरूरत होगी। अगर आप इन्हें भूल गए हैं तो तुरंत ही एडमिट कार्ड ढूंढ़कर अपने पास रख लें।

29 Mar 2025
8:41:43 AM
Bihar Board 10th Result 2025 Date  Time: प्रेस कॉन्फ्रेंस में जारी होगा रिजल्ट
बिहार बोर्ड 10th रिजल्ट शिक्षा मंत्री सुनील कुमार प्रेस कॉन्फ्रेंस में जारी करेंगे। इस दौरान अपर मुख्य सचिव भी उपस्थित रहेंगे।

29 Mar 2025
8:35:37 AM
Bihar Board 10th Result 2025 LIVE: नतीजे जारी होने के कुछ घंटे शेष
बिहार बोर्ड रिजल्ट जारी होने में कुछ ही घंटे शेष हैं। दोपहर 12 बजे रिजल्ट की घोषणा कर दी जाएगी।

29 Mar 2025
8:28:27 AM
Bihar Board 10th Result 2025 LIVE: रिजल्ट चेक करने के लिए दो साइट लॉन्च
बिहार बोर्ड 10th रिजल्ट चेक करने के लिए दो नई वेबसाइट matricresult2025.com एवं matricbiharboard.com लॉन्च की गई हैं।

29 Mar 2025
7:43:22 AM
Bihar Board 10th Result 2025: बिहार बोर्ड रिजल्ट कुछ घंटों में होने वाला है जारी
बिहार विद्यालय परीक्षा समिति की ओर से Bihar Board Matric Result 2025 दोपहर 12 बजे घोषित किया जायेगा। रिजल्ट शिक्षा मंत्री सुनील कुमार द्वारा प्रेस कॉन्फ्रेंस में घोषित किया जायेगा।</description><guid>9985</guid><pubDate>2025-03-29 12:26:54 12:29:45 pm</pubDate></item><item><title>MATS यूनिवर्सिटी ने NAAC A+ मान्यता प्राप्त करने वाला पहला निजी विश्वविद्यालय बनकर एक उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है।</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=9898</link><description>MATS यूनिवर्सिटी ने NAAC A+ मान्यता प्राप्त करने वाला पहला निजी विश्वविद्यालय बनकर एक उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल की है। यह प्रतिष्ठित मान्यता शिक्षा में उत्कृष्टता के लिए विश्वविद्यालय की प्रतिबद्धता का प्रमाण है।
विश्वविद्यालय ने NAAC द्वारा कठोर निरीक्षण किया, जिसमें पाठ्यक्रम, शिक्षण-अधिगम प्रक्रिया, अनुसंधान, बुनियादी ढाँचा और शासन सहित विभिन्न मानदंडों पर इसके प्रदर्शन का मूल्यांकन किया गया। मान्यता प्रक्रिया गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, अनुसंधान और सामुदायिक जुड़ाव के मानकों को पूरा करने की संस्थान की क्षमता का आकलन करती है।
NAAC A+ प्रमाणपत्र आधिकारिक तौर पर हमारे आदरणीय कुलाधिपति श्री गजराज पगारिया, कुलपति प्रो. के.पी. यादव और महानिदेशक श्री प्रियेश पगारिया द्वारा माननीय छत्तीसगढ़ के राज्यपाल श्री रमेन डेका को प्रदान किया गया। राज्यपाल ने उच्च गुणवत्ता वाली शिक्षा प्रदान करने के प्रति विश्वविद्यालय के समर्पण को स्वीकार करते हुए विश्वविद्यालय की उपलब्धियों की प्रशंसा की।
यह उपलब्धि MATS यूनिवर्सिटी के लिए गर्व का क्षण है, और यह निजी शिक्षा में अग्रणी के रूप में इसकी स्थिति को मजबूत करती है।</description><guid>9898</guid><pubDate>2025-03-25 17:55:54 5:57:13 pm</pubDate></item><item><title>मैट्स यूनिवर्सिटी में सफल बांस कार्यशाला: पर्यावरण-अनुकूल डिज़ाइन पर विशेष जोर</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=9499</link><description>मैट्स स्कूल ऑफ फैशन डिज़ाइन एंड टेक्नोलॉजी में दो दिवसीय बांस प्रोडक्ट पर कार्यशाला का सफल आयोजन किया गया। इस कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य छात्रों को पर्यावरण-अनुकूल डिज़ाइन तकनीकों से परिचित कराना था। कोरबा के प्रसिद्ध बांस शिल्पकार श्री चूड़ामणि सूर्यवंशी के मार्गदर्शन में छात्रों ने इसमें उत्साहपूर्वक भाग लिया।
कार्यशाला में छात्रों ने बांस से विभिन्न कलात्मक और उपयोगी उत्पाद बनाने की तकनीकें सीखीं। उन्होंने बांस से पार्टीशन बनाने के साथ-साथ गार्डन वॉल हैंगिंग और समुद्री जहाज के प्रोटोटाइप तैयार किए। इन गतिविधियों से उनकी रचनात्मकता और तकनीकी दक्षता को निखारने में मदद मिली।
मैट्स स्कूल ऑफ फैशन डिज़ाइन एंड टेक्नोलॉजी की विभागाध्यक्ष श्रीमती परविंदर कौर ने इस आयोजन पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा,बांस एक पर्यावरण-अनुकूल सामग्री है जिससे सुंदर और टिकाऊ उत्पाद बनाए जा सकते हैं। इस कार्यशाला से छात्रों को प्राकृतिक संसाधनों के उपयोग की प्रेरणा मिली और उन्होंने नई डिज़ाइन तकनीकों को सीखा, जो उनके भविष्य के लिए बहुत उपयोगी होगा।
मैट्स यूनिवर्सिटी के चांसलर श्री गजराज पगारिया, प्रो वाइस चांसलर डॉ. दीपिका ढांड,वाइस चांसलर प्रोफेसर डॉ. के.पी. यादव , डी.जी. श्री प्रीयेश पगारिया, और रजिस्ट्रार श्री गोकुलानंद पांडा ने छात्रों के कार्यों की सराहना की और उन्हें पारंपरिक शिल्प को आधुनिक डिज़ाइन में शामिल करने के लिए प्रेरित किया।
यह कार्यशाला इंटीरियर और फैशन डिज़ाइन के क्षेत्र में सम्पूर्ण विकास और नई क्रिएटिविटी को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित हुई। इससे न केवल छात्रों का कौशल निखरा, बल्कि बांस जैसे पारंपरिक और पर्यावरण-अनुकूल संसाधनों एवं हेंडीक्राफ्ट के महत्व के प्रति भी जागरूकता बढ़ी।
</description><guid>9499</guid><pubDate>2025-03-04 18:01:45 6:04:20 pm</pubDate></item><item><title>आईआईटी रुड़की आज बंद कर देगा ऑब्जेक्शन विंडो, जल्द दर्ज कराएं आपत्ति</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=9417</link><description>नई दिल्ली। गेट परीक्षा की आंसर-की पर पर आपत्ति दर्ज कराने की आज, 01 मार्च, 2025 को अंतिम तिथि है। आईआईटी रुड़की की ओर से आज , इस परीक्षा के लिए ओपन ऑब्जेक्शन विंडो को बंद कर दिया जाएगा। इसलिए अस्थायी उत्तरकुंजी पर आपत्ति दर्ज कराने के इच्छुक छात्र-छात्राओं को सलाह दी जाती है कि, वे पोर्टल पर चुनौती दर्ज कराने का प्रोसेस पूरा कर लें। आपत्ति दर्ज कराने के लिए अभ्यर्थियों को परीक्षा की ऑफिशियल वेबसाइट https://gate2025.iitr.ac.in/ पर जाकर लॉगइन करना होगा।
ग्रेजुएट एप्टीट्यूड टेस्ट इन इंजीनियरिंग परीक्षा का आयोजन इस बार आईआईटी रुड़की की ओर से किया जा रहा है। संस्थान ने पिछले महीने फरवरी में परीक्षा का आयोजन किया था। 16 फरवरी, 2025 को हुआ था। इसके बाद, 27 फरवरी, 2025 को उत्तरकुंजी जारी कर दी गई थी। साथ ही कैंडिडेट्स को आज तक, 01 मार्च, 2025 तक आपत्ति दर्ज कराने का समय दिया गया था। हालांकि, अब यह अवधि भी खत्म हो रही है और इसलिए कैंडिडेट्स को फटाफट अपना ऑब्जेक्शन प्रोसेस पूरा कर लेना चाहिए। परीक्षार्थी चाहें तो नीचे दिए स्टेप्स को फाॅलो करके भी उत्तरकुंजी को डाउनलोड कर सकते हैं।

GATE Exam Answer Key 2025: गेट आंसर-की पर ऑब्जेक्शन उठाने के लिए फाॅलो करें ये आसान स्टेप्स
सबसे पहले गेट परीक्षार्थी आधिकारिक वेबसाइट पर https://gate2025.iitr.ac.in पर जाएं। यहां, GOAPS पोर्टल पर लॉगिन करें। अब, उम्मीदवारों को GATE ऑनलाइन एप्लिकेशन प्रोसेसिंग सिस्टम (GOAPS) के माध्यम से अपने पंजीकरण नंबर और पासवर्ड के साथ लॉगिन करना होगा। लॉगिन करने के बाद, आंसर-की और आपत्ति सेक्शन पर क्लिक करें। अब, प्रश्न का चयन करें। इसके बाद, जिस प्रश्न पर आपत्ति दर्ज करनी है, उसे चुनें और उपयुक्त दस्तावेज़ अटैच्ड करें। आपत्ति शुल्क का भुगतान करें। आपत्ति सबमिट करें। इसके बाद, उसका प्रिंटआउट लेकर भविष्य के लिए रख लें।
इस तारीख को जारी होंगे गेट परीक्षा परिणाम
ऑब्जेक्शन प्रोसेस पूरा होने के बाद संस्थान की ओर से गेट परीक्षा परिणाम और फाइनल आंसर-की रिलीज की जाएगी। रिजल्ट 19 मार्च, 2025 को घोषित किया जाएगा। इसके बाद, स्कोरकार्ड 28 मार्च, 2025 से ऑफिशियल वेबसाइट पर उपलब्ध रहेगा, जिसका लिंक 31 मई, 2025 तक डाउनलोड के लिए एक्टिव रहेगा। परीक्षा से जुड़ी ज्यादा जानकारी के लिए अभ्यर्थियों को वेबसाइट पर विजिट करना चाहिए।</description><guid>9417</guid><pubDate>2025-03-01 15:47:49 3:49:33 pm</pubDate></item><item><title>स्कूल ऑफ इंजीनियरिंग एंड आईटी, मैकेनिकल इंजीनियरिंग विभाग द्वारा मैट्स यूनिवर्सिटी, अरंग कैंपस, रायपुर (छ.ग.) में तीन दिवसीय CATIA वर्कशॉप का आयोजन |</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=9291</link><description>मैट्स स्कूल ऑफ इंजीनियरिंग एंड आईटी (एमएसईआईटी) के मैकेनिकल इंजीनियरिंग विभाग द्वारा मैट्स यूनिवर्सिटी, अरंग कैंपस में तीन दिवसीय CATIA वर्कशॉप का आयोजन किया गया। यह वर्कशॉप 24 फरवरी 2025 से अरभट ब्लॉक के स्मार्ट रूम में आयोजित की गई। इस वर्कशॉप का उद्देश्य छात्रों को नवीनतम तकनीकी कौशल से सशक्त बनाना और शैक्षणिक ज्ञान तथा उद्योग की आवश्यकताओं के बीच की दूरी को कम करना था। CATIA एक अग्रणी CAD/CAM/CAE सॉफ्टवेयर है, जो उत्पाद मॉडलिंग, सिमुलेशन और विश्लेषण के लिए व्यापक रूप से इंजीनियरिंग और डिजाइन उद्योग में उपयोग किया जाता है। इस वर्कशॉप के माध्यम से छात्रों को CATIA के एडवांस्ड डिज़ाइन टूल्स का व्यावहारिक अनुभव और रियल-वर्ल्ड एप्लिकेशन को समझने का अवसर मिला।
इस वर्कशॉप का संचालन श्री नरेश केसरीया ने किया, जो CAD/CAM/CAE प्रोजेक्ट्स, डिजाइन इंजीनियरिंग, और प्रोजेक्ट मैनेजमेंट के क्षेत्र में 28 से अधिक वर्षों का समृद्ध अनुभव रखते हैं। अमेरिका और यूनाइटेड किंगडम (UK) में प्रोजेक्ट कोऑर्डिनेटर के रूप में कार्य कर चुके श्री केसरीया CREO, CATIA V5, SolidWorks, ANSYS, Mold Flow Analysis, Image Ware, Hypermesh, और Auto Forge जैसे सॉफ्टवेयर में विशेषज्ञता रखते हैं। उनके व्यावहारिक अनुभव और गहन ज्ञान ने छात्रों को CATIA सॉफ्टवेयर की क्षमता और इसके इंजीनियरिंग डिजाइन में उपयोग को समझने में काफी मदद की।
वर्कशॉप के उद्घाटन सत्र में एमएसईआईटी की निदेशक डॉ. आशा अंभईकर ने छात्रों की उत्साही भागीदारी के लिए बधाई दी और इस तरह के वर्कशॉप्स को छात्रों को उद्योग-उपयुक्त प्रोफेशनल्स के रूप में तैयार करने में महत्वपूर्ण बताया। मैकेनिकल इंजीनियरिंग विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. वीरेन्द्र नायक ने अतिथियों और प्रतिभागियों का स्वागत किया और इस तरह के तकनीकी सत्रों को पाठ्यक्रम को उद्योग के बदलते मानकों के अनुरूप बनाए रखने के लिए आवश्यक बताया।
मैकेनिकल इंजीनियरिंग विभाग की आयोजन समिति ने इस वर्कशॉप को सफल बनाने में अहम भूमिका निभाई। उनकी मेहनत और समर्पण ने छात्रों के लिए एक ऐसा मंच तैयार किया, जहां वे 3D मॉडलिंग, सिमुलेशन, और ड्राफ्टिंग तकनीकों को सीखते हुए वास्तविक इंजीनियरिंग समस्याओं को हल करने का अनुभव प्राप्त कर सके। इस वर्कशॉप में छात्रों ने मैन्युफैक्चरिंग और प्रोटोटाइपिंग के लिए आवश्यक सटीक इंजीनियरिंग ड्रॉइंग्स तैयार करने की कला को भी सीखा।
इस सफल आयोजन की सराहना करते हुए मैट्स यूनिवर्सिटी के कुलाधिपति श्री गजराज पगारिया ने संकाय, छात्रों और आयोजन समिति के प्रयासों की प्रशंसा की। मैट्स यूनिवर्सिटी के डायरेक्टर जनरल श्री प्रियेश पगारिया ने अपने शुभकामनाएं व्यक्त कीं और नवाचार तथा कौशल विकास को बढ़ावा देने के लिए इस तरह के तकनीकी कार्यक्रमों को नियमित रूप से आयोजित करने का आह्वान किया। मैट्स यूनिवर्सिटी के रजिस्ट्रार श्री गोकुलानंद पांडा ने अपने संदेश में एक समावेशी और सहयोगी कैंपस वातावरण के निर्माण की आवश्यकता पर बल दिया, जो रचनात्मकता और पेशेवर विकास को प्रोत्साहित करता है।
एमएसईआईटी के मैकेनिकल इंजीनियरिंग विभाग के माध्यम से इस तरह की कार्यशालाएं छात्रों को आधुनिक तकनीकी ज्ञान और व्यावहारिक अनुभव प्रदान करने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। यह वर्कशॉप छात्रों को उनके पेशेवर करियर में सफल होने और इंजीनियरिंग उद्योग में सार्थक योगदान देने के लिए तैयार करती है।</description><guid>9291</guid><pubDate>2025-02-24 18:11:54 6:14:12 pm</pubDate></item><item><title>आईटीएम यूनिवर्सिटी रायपुर: शिक्षा, नवाचार और छात्र सफलता का आदर्श केंद्र</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=9133</link><description>रायपुर, 20 फरवरी, 2025 : आईटीएम यूनिवर्सिटी रायपुर उच्च शिक्षा के लिए एक प्रमुख संस्थान बन चुका है। यह विश्वस्तर का शैक्षणिक माहौल, राष्ट्रीय स्तर पर शीर्ष रैंकिंग और व्यापक छात्रवृत्ति अवसर प्रदान करता है। आधुनिक सुविधाओं से युक्त इसका परिसर शिक्षा, खेल, शोध और सांस्कृतिक विकास को बढ़ावा देने के लिए एक शानदार मंच प्रदान करता है।
आईटीएम यूनिवर्सिटी रायपुर को अपनी स्थिरता और स्वच्छता के लिए पहचान मिली है। स्वच्छता एक्शन प्लान में बेहतरीन प्रदर्शन के लिए इसे ग्रीन चैंपियन अवॉर्ड से सम्मानित किया गया है। साथ ही, एमएचआरडी द्वारा इसे सबसे स्वच्छ गैर-आवासीय परिसर घोषित किया गया, जो इसके पर्यावरण अनुकूल और सुव्यवस्थित शिक्षण स्थान के प्रति प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
शैक्षणिक स्तर पर, आईटीएम यूनिवर्सिटी रायपुर ने लगातार नए मानक स्थापित किए हैं। इसे एनएएसी बी+ मान्यता प्राप्त है और ओबीई रैंकिंग में ए3 बैंड मिला है। यूनिरैंक द्वारा इसे लगातार तीन सालों तक छत्तीसगढ़ में नंबर 1 स्थान दिया गया है। नवाचार और उद्यमिता में इसकी नेतृत्व क्षमता एआरआईआईए में 4-स्टार रेटिंग और आईआईसी रैंकिंग में 3-स्टार रेटिंग से साबित होती है। अपनी स्थिति को और मजबूत करते हुए, इसे एआरआईआईए की ब्रांड प्रॉमिसिंग श्रेणी में भारत में 13वां और छत्तीसगढ़ में पहला स्थान मिला है।
शैक्षणिक उपलब्धियों के अलावा, आईटीएम यूनिवर्सिटी रायपुर ने खेल और अन्य गतिविधियों में भी बड़ी सफलताएँ हासिल की हैं। यह प्रसिद्ध पुलेला गोपीचंद बैडमिंटन अकादमी के साथ साझेदारी कर उभरते खिलाड़ियों को बेहतरीन प्रशिक्षण प्रदान करता है। यूनिवर्सिटी ने राज्य स्तरीय मुख्यमंत्री बैडमिंटन चैंपियनशिप जैसी प्रमुख खेल प्रतियोगिताएँ आयोजित की हैं और टोयोटाथॉन 2021 के लिए छत्तीसगढ़ में विशेष नोडल केंद्र के रूप में कार्य किया है। इसके अलावा, विश्वविद्यालय ने राजभवन में माननीय राष्ट्रपति की आधिकारिक यात्रा के दौरान महत्वपूर्ण भूमिका निभाई और राजभवन कर्मचारियों के लिए सेवा शिष्टाचार प्रशिक्षण भी आयोजित किया।
आईटीएम यूनिवर्सिटी रायपुर गुणवत्तापूर्ण शिक्षा को सुलभ बनाने के लिए विभिन्न छात्रवृत्तियाँ प्रदान करता है। अर्ली डिसीजन बेनिफिट के तहत, 10 अप्रैल से पहले प्रवेश लेने पर 15,000 रुपए, सीबीएसई 12वीं के परिणाम से पहले प्रवेश लेने पर 10,000 रुपए और एमबीए छात्रों के लिए आरएसयू ग्रेजुएशन परिणाम से पहले प्रवेश लेने पर 30,000 रुपए की छात्रवृत्ति दी जाती है। मेरिट आधारित छात्रवृत्ति के तहत, 65 प्रतिशत - 74.99 प्रतिशत अंक पाने वाले छात्रों को 10 प्रतिशत, 75 प्रतिशत - 84.99 प्रतिशत वाले छात्रों को 25 प्रतिशत और 85 प्रतिशत या उससे अधिक अंक लाने वाले छात्रों को 50 प्रतिशत ट्यूशन फीस में छूट दी जाती है। इसके अलावा, एकल अभिभावकों के बच्चों, अनाथ छात्रों, दिव्यांग अभिभावकों के बच्चों और अन्तर्राष्ट्रीय, राष्ट्रीय व राज्य स्तर के खेल विजेताओं के लिए भी विशेष छात्रवृत्ति उपलब्ध है।
यूनिवर्सिटी एलुमनाई छात्रवृत्ति भी प्रदान करती है, जिसमें एमसीए छात्रों को 20 प्रतिशत और एमबीए छात्रों को 50 प्रतिशत ट्यूशन फीस में छूट मिलती है। सिबलिंग छात्रवृत्ति के तहत, भाई-बहन को 20 प्रतिशत ट्यूशन फीस में छूट दी जाती है। इसके अलावा, वित्तीय सहायता के रूप में कैंपस वर्कशॉप छात्रवृत्ति 10,000 रुपए और इवेंट छात्रवृत्ति 20,000 रुपए दी जाती है। रक्षा क्षेत्र से जुड़े छात्रों के लिए विशेष डिफेंस कैटेगरी छात्रवृत्ति भी उपलब्ध है। यदि कोई छात्र एक से अधिक छात्रवृत्तियों के लिए पात्र होता है, तो उसे सबसे अधिक मूल्य वाली छात्रवृत्ति प्रदान की जाएगी।
शैक्षणिक उत्कृष्टता, नवाचार, स्थिरता और सुलभ शिक्षा पर ध्यान देते हुए, आईटीएम यूनिवर्सिटी रायपुर लगातार भविष्य के नेताओं को तैयार कर रहा है। अपनी मजबूत उद्योग साझेदारी, शोध आधारित शिक्षा और छात्र केंद्रित माहौल के माध्यम से यह विभिन्न क्षेत्रों में करियर बनाने वाले छात्रों की पहली पसंद बना हुआ है।</description><guid>9133</guid><pubDate>2025-02-20 10:51:23 10:53:25 am</pubDate></item><item><title>बोर्ड परीक्षा में बुर्के पर बैन की मांग, शिक्षा मंत्री को चिट्ठी लिखकर बताई हैरान करने वाली वजह</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=8541</link><description>10वीं-12वीं बोर्ड परीक्षा (10th-12th Board Exam) में बुर्के पर बैन की मांग की गई है। महाराष्ट्र सरकार के मंत्री और भाजपा नेता नितेश राणे (Nitesh Rane) ने बुधवार को राज्य बोर्ड की अगले महीने होने वाली 10वीं और 12वीं की परीक्षाओं के दौरान बुर्का पहनने पर प्रतिबंध लगाने की मांग की है। नितेश राणे ने महाराष्ट्र स्कूल शिक्षा मंत्री दादा भूसे (Dada Bhuse) को लिखे पत्र में कहा कि लड़कियों को परीक्षा हॉल में बुर्का पहनने की अनुमति देने से गड़बड़ी हो सकती है। इससे सुरक्षा संबंधी मुद्दे भी पैदा हो सकते हैं। लिहाजा 10वीं-12वीं बोर्ड परीक्षाओं में बुर्के को बैन किया जाए। हालांकि स्कूल शिक्षा मंत्रालय ने अभी तक उनकी मांग पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी है।
स्कूल शिक्षा मंत्री दादा भूसे को लिखे पत्र में नितेश राणे ने लिखा कि- लड़कियों को परीक्षा हॉल में बुर्का पहनने की अनुमति देने से गड़बड़ी हो सकती है। सुरक्षा संबंधी मुद्दे भी पैदा हो सकते हैं। बोर्ड परीक्षा में बैठने वाली छात्राओं को बुर्का पहनने की अनुमति नहीं दी जानी चाहिए।
महाराष्ट्र सरकार के मंत्री ने आगे लिखा कि- अगर जरूरी हो, तो जांच करने के लिए महिला पुलिस अधिकारी या महिला कर्मचारी नियुक्त किए जाने चाहिए। ये परीक्षाएं छात्रों के भविष्य के लिए महत्वपूर्ण हैं और इन्हें पारदर्शी तरीके से, धोखाधड़ी जैसी किसी भी तरह की गड़बड़ी से मुक्त तरीके से आयोजित किया जाना चाहिए।

बुर्के को बैन करने को गिनाए ये कारण

बीजेपी नेता ने आगे लिखा कि अगर परीक्षार्थियों को बुर्का पहनने की अनुमति दी जाती है, तो यह निर्धारित करना मुश्किल हो जाएगा कि नकल करने के लिए इलेक्ट्रॉनिक गैजेट्स या अन्य साधनों का इस्तेमाल किया जा रहा है या नहीं। किसी भी अप्रिय घटना की स्थिति में सामाजिक और कानून-व्यवस्था संबंधी समस्याएं पैदा हो सकती हैं, जिससे कई छात्र प्रभावित हो सकते हैं।
11 फरवरी से शुरू होंगी महाराष्ट्र बोर्ड परीक्षाएं
बता दें ति महाराष्ट्र माध्यमिक विद्यालय प्रमाणपत्र परीक्षा कक्षा 10वीं के लिए 21 फरवरी से आयोजित की जाएगी। वहीं कक्षा 12वीं के लिए उच्चतर माध्यमिक प्रमाणपत्र परीक्षा 11 फरवरी से शुरू होगी।</description><guid>8541</guid><pubDate>2025-01-30 14:23:07 2:26:07 pm</pubDate></item><item><title> छात्रों की विदेशों जैसी पढ़ाई और स्किलिंग होगी अब देश में भी, तैयारी में जुटा शिक्षा मंत्रालय</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=6870</link><description>नई दिल्ली। उच्च शिक्षा की जिन खूबियों के चलते हर साल बड़ी संख्या में भारतीय छात्र दुनिया के दूसरे देशों की ओर पलायन कर रहे है, उसे थामने के लिए सरकार के स्तर पर अहम कदम उठाए गए है। इनमें सबसे अहम उनके पसंद के कोर्सों को पहचान कर देश में ही अब वैसी पढ़ाई और स्किलिंग करने की तैयारी की जा रही है।
हाल ही में विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (यूजीसी) की ओर से उच्च शिक्षा में सुधार के लिए उठाए गए कदमों को इससे जोड़कर देखा जा रहा है। जिसमें स्नातक की पढ़ाई के साथ ही छात्रों के लिए अब इंटर्नशिप को अनिवार्य किया गया है। साथ ही उनकी योग्यता को परखने के लिए एक क्रेडिट फ्रेमवर्क की भी शुरूआत की गई है। जिसमें तीस घंटे की पढ़ाई के बाद एक क्रेडिट अंक मिलेगा।
उच्च शिक्षा के लिए विदेश जा रहे छात्रों का जुटाया जा रहा ब्यौरा
देश के उच्च शिक्षण संस्थानों को विश्वस्तरीय बनाने की पहल को आगे बढ़ाते हुए शिक्षा मंत्रालय ने विदेशों में जाने वाले छात्रों को देश में ही रोकने को लेकर एक रोड़मैप पर काम शुरु किया है। जिसमें वह उन सारी जानकारियों को जुटाने में जुटा है, जिसमें उच्च शिक्षा के लिए सबसे अधिक छात्र किन-किन देशों में जा रहे है। वह किन कोर्सों में दाखिला ले रहे है। साथ ही इन विदेशी संस्थानों और देशों की कौन सी ऐसी खूबियां है जो छात्रों को अपनी ओर लुभाती है। इसके साथ ही उन्हें इन कोर्सों की पढ़ाई पर कितने पैसे खर्च करने पड़ते है, आदि शामिल है।
2024 में करीब 13.50 लाख छात्र विदेश गए
सूत्रों के मुताबिक छात्रों के विदेशों में होने वाले पलायन से शिक्षा मंत्रालय इसलिए भी चिंतित है, क्योंकि देश में यह चलन अब एक स्टेट्स सिंबल का रूप लेते दिख रहा है। इसमें हर साल उच्च शिक्षा के लिए विदेश जाने वाले छात्रों की संख्या बढ़ रही है। एक रिपोर्ट के मुताबिक वर्ष 2022 में जहां करीब नौ लाख भारतीय छात्र उच्च शिक्षा के लिए विदेश गए थे, वहीं वर्ष 2024 में करीब 13.50 लाख छात्रों ने उच्च शिक्षा के लिए विदेशों की ओर रुख किया है।
इस चलन से देश को प्रतिभा और पैसा दोनों की नुकसान हो रहा है। क्योंकि जो देखने को मिल रहा है, उनमें पढ़ाई के लिए विदेश जाने के बाद कम ही छात्र देश लौटते है। ज्यादातर वहीं नौकरी करने लगते है। सूत्रों के मुताबिक उच्च शिक्षा को 2035 तक जिस तरह ऊंचाई देने और उसके सकल नामांकन अनुपात ( जीईआर) को 50 प्रतिशत तक पहुंचाने का लक्ष्य रखा गया है, उनमें पलायन को थामना और उच्च शिक्षा को विश्वस्तरीय बनाना होगा।
इस दिशा में यूजीसी की कुछ अहम पहलें
स्नातक की पढ़ाई के साथ अब इंटर्नशिप को अनिवार्य किया गया है। पढ़ाई में इसके लिए भी क्रेडिट मिलेगा।
-किसी भी तरह की पढ़ाई और अनुभव अब क्रेडिट अंक में तब्दील होगा। जिसके आधार पर छात्र बीच में कभी भी पढ़ाई को छोड़ और उसमें शामिल हो सकेंगे।
अनुभव भी पढ़ाई में शामिल किया जाएगा। जिसमें कला, शिल्प, संगीत आदि क्षेत्रों से जुड़ा निजी अनुभव या फिर कहीं भी किए काम का अनुभव पर उन्हें क्रेडिट अंक मिलेंगे। जिसके आधार वह डिग्री व डिप्लोमा कर सकेंगे।
किसी भी विषय में दाखिला लेने का अब स्वतंत्रता होगी। यानी मानविकी विषयों से 12वीं तक पढ़ने वाला छात्र अब विज्ञान के विषयों के साथ स्नातक या परास्नातक कर सकेंगे।
कनाडा, अमेरिका और ब्रिटेन में पढ़ने सबसे अधिक जाते है छात्र
मंत्रालय से जुड़ी रिपोर्ट के मुताबिक 2024 में विदेशों में पढ़ाई के लिए गए करीब 13.50 लाख छात्रों में से सबसे अधिक करीब 4.30 लाख छात्र अकेले कनाडा गए है। वहीं करीब 3.50 लाख छात्र अमेरिका और 1.85 लाख छात्र ब्रिटेन गए है। इसके साथ ही आस्ट्रेलिया, जर्मनी, चीन, जार्जिया, यूक्रेन, फिलीपींस में पढ़ाई के लिए बड़ी संख्या में छात्र गए है।</description><guid>6870</guid><pubDate>2024-12-15 17:38:50 5:41:36 pm</pubDate></item><item><title>यूपी पुलिस कॉन्स्टेबल भर्ती फिजिकल टेस्ट के लिए एडमिट कार्ड कल होंगे जारी, जानें कहां और कैसे कर सकेंगे डाउनलोड</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=6868</link><description>नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड (UPPRPB) द्वारा यूपी पुलिस कॉन्स्टेबल भर्ती लिखित परीक्षा में सफल उम्मीदवारों के लिए अभिलेखों की संवीक्षा तथा शारीरिक मानक परीक्षण (DV / PST) की डेट्स की घोषणा कर दी गई है। पीएसटी एवं डॉक्यूमेंट वेरिफिकेशन प्रक्रिया की शुरुआत 26 दिसंबर 2024 से की जानी है। इसलिए पुलिस बोर्ड की ओर से सफल कैंडिडेट्स के लिए एडमिट कार्ड कल यानी 16 दिसंबर 2024 को डाउनलोड के लिए उपलब्ध करवा दिए जाएंगे।
कहां और कैसे डाउनलोड कर सकेंगे प्रवेश पत्र
फिजिकल टेस्ट के लिए एडमिट कार्ड ऑनलाइन माध्यम से UPPRPB की ऑफिशियल वेबसाइट uppbpb.gov.in पर उपलब्ध करवाए जायेंगे जहां से आप मांगी गए डिटेल दर्ज करके इसे डाउनलोड कर सकेंगे। एडमिट कार्ड डाउनलोड करने की स्टेप्स निम्नलिखित हैं।
प्रवेश पत्र जारी होते ही आपको सबसे पहले आधिकारिक वेबसाइट पर जाना होगा।
वेबसाइट के होम पेज पर आपको एडमिट कार्ड से संबंधित लिंक पर क्लिक करना होगा।
अब आपको लॉग इन क्रेडेंशियल दर्ज करके सबमिट करना होगा।
इसके बाद प्रवेश पत्र स्क्रीन पर ओपन हो जायेगा जिसे आप डाउनलोड कर सकेंगे।
फिजिकल टेस्ट के लिए तैयारियां कर लें पुख्ता
शारीरिक मानक परीक्षण के दौरान अभ्यर्थियों को रनिंग में भी भाग लेना होगा। इसलिए अभ्यर्थी पीएसटी के लिए अपनी तैयारियों को जारी रखें ताकी आप इस प्रक्रिया में सफल हो सकें। पीएसटी के लिए पुरुष एवं महिला दोनों ही अभ्यर्थियों के लिए अलग अलग पात्रता तय की गई है जिसकी पूर्ण जानकारी आप यहां से चेक कर सकते हैं।
पुरुष एवं महिला कैंडिडेट्स के लिए लंबाई
शारीरिक मानक परीक्षण के दौरान जनरल, ओबीसी एवं एससी वर्ग की न्यूनतम लंबाई 168 सेमी होनी चाहिए। इसके साथ उम्मीदवार का का सीना बिना फुलाए 79 सेमी एवं फुलाकर 84 सेमी होना चाहिए। एससी वर्ग से आने वाले उम्मीदवारों की न्यूनतम लंबाई 160 सेमी निर्धारित है। इसके साथ सीना बिना फुलाए 77 सेमी एवं फुलाकर 82 सेमी होना चाहिए। महिला वर्ग के लिए न्यूनतम लंबाई 152 सेमी तय की गई है वहीं एसटी वर्ग से आने वाली महिला उम्मीदवारों के लिए न्यूनतम लंबाई 147 सेमी निर्धारित है।
कितनी लगानी होगी दौड़
यूपी पुलिस कॉन्स्टेबल भर्ती में सफल होने के लिए पुरुष उम्मीदवारों को 25 मिनट में 4.8 किमी की दौड़ पूरी करनी होगी। इसके अलावा महिला उम्मीदवारों को 14 मिनट में 2.4 किमी की रनिंग पूरी करनी होगी।</description><guid>6868</guid><pubDate>2024-12-15 17:11:36 5:15:22 pm</pubDate></item><item><title> ऑल इंडिया बार एग्जामिनेशन एडमिट कार्ड जारी, यहां से करें डाउनलोड, 22 दिसंबर को होगी परीक्षा</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=6867</link><description>नई दिल्ली। बार काउंसिल ऑफ इंडिया (BCI) की ओर से ऑल इंडिया बार एग्जाम 19 में भाग लेने जा रहे अभ्यर्थियों के लिए एडमिट कार्ड आज यानी 15 दिसंबर 2024 को जारी कर दिए गए हैं। प्रवेश पत्र ऑनलाइन माध्यम से AIBE की ऑफिशियल वेबसाइट allindiabarexamination.com पर जारी किये गए हैं। एडमिट कार्ड जारी होने के बाद अब अभ्यर्थी वेबसाइट के साथ ही इस पेज पर उपलब्ध करवाए गए डायरेक्ट लिंक पर क्लिक करके इसे डाउनलोड कर सकते हैं। प्रवेश पत्र डाउनलोड करने के लिए आपको लॉग इन डिटेल दर्ज करनी होगी।
22 दिसंबर को होगी परीक्षा
ऑल इंडिया बार एग्जाम XIX का आयोजन BCI की ओर से देशभर में निर्धारित परीक्षा केंद्रों पर 22 दिसंबर 2024 को करवाया जायेगा। परीक्षा का आयोजन देशभर के 50 शहरों में करवाया जायेगा।
एडमिट कार्ड ऐसे कर सकेंगे डाउनलोड
AIBE 19 Admit Card 2024 डाउनलोड करने के लिए सबसे पहले आधिकारिक वेबसाइट पर विजिट करना होगा।
वेबसाइट के होम पेज पर आपको एडमिट कार्ड के लिंक पर क्लिक करना होगा।
इसके बाद अभ्यर्थियों को मांगी गई डिटेल (लॉग इन क्रेडेंशियल) दर्ज करके सबमिट करना होगा।
अब आपका प्रवेश पत्र स्क्रीन पर ओपन हो जायेगा जहां से आप इसे डाउनलोड कर सकेंगे।
AIBE 19 Admit Card 2024 डायरेक्ट लिंक 
पासिंग पर्सेंटज
ऑल इंडिया बार एग्जामिनेशन में सफल होने के लिए BCI की ओर से पासिंग पर्सेंटेज अंक पहले ही घोषित किये जा चुके हैं। पासिंग अंक कैटेगरी के अनुसार अलग अलग तय किया गया है। वर्ग के अनुसार जनरल एवं ओबीसी को 45 फीसदी अंक प्राप्त करना अनिवार्य होगा। एससी/ एसटी/ डिसेबल्ड कैंडिडेट्स के लिए पासिंग अंक 40 फीसदी तय किया गया है। इस परीक्षा में भाग लेने के लिए अभ्यर्थी का बार काउंसिल ऑफ इंडिया द्वारा मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से कानून में स्नातक (3 वर्षीय एलएलबी/ 5 वर्षीय एलएलबी)। पास होना आवश्यक होता है।
परीक्षा पैटर्न
इस परीक्षा में उम्मीदवारों से बहुविकल्पीय प्रकार के प्रश्न पूछे जाएंगे। प्रश्न पत्र में सवालों की कुल संख्या 100 होगी। प्रत्येक प्रश्न के लिए 1 अंक निर्धारित है। ध्यान रखें कि इसमें किसी भी प्रकार की माइनस मार्किंग का प्रावधान नहीं है, अर्थात आप सभी प्रश्नों का उत्तर दे सकते हैं। प्रश्न पत्र 11 अलग अलग भाषाओं में होगा।
आपको बता दें कि AIBE 19 के लिए आवेदन प्रक्रिया 13 सितंबर से 15 नवंबर तक पूर्ण की गई थी। फीस जमा करने के लिए लास्ट डेट 18 नवंबर 2024 निर्धारित थी। फॉर्म में करेक्शन 22 नवंबर तक किये जा सकते थे। एग्जाम से जुड़ी विस्तृत जानकारी के लिए आप ऑफिशियल वेबसाइट पर विजिट कर सकते हैं।</description><guid>6867</guid><pubDate>2024-12-15 16:43:57 4:46:06 pm</pubDate></item><item><title>एसएससी एमटीएस, हवलदार रिजल्ट कभी भी हो सकता है घोषित, मेरिट लिस्ट ssc.gov.in पर होगी उपलब्ध</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=6866</link><description>नई दिल्ली। स्टाफ सिलेक्शन कमीशन (SSC) की ओर से सीजीएल, जीडी कॉन्स्टेबल भर्ती परीक्षा का रिजल्ट घोषित किया जा चुका है। ऐसे में अब अनुमान है कि जल्द ही एसएससी मल्टी टास्किंग स्टाफ एवं हवलदार भर्ती परीक्षा का रिजल्ट भी घोषित कर सकता है। आपको बता दें कि एसएससी एमटीएस भर्ती के लिए कंप्यूटर बेस्ड एग्जामिनेशन (CBE- पेपर 1) का आयोजन देशभर में निर्धारित परीक्षा केंद्रों पर 30 सितंबर से 14 नवंबर 2024 तक करवाया गया था।
कहां और कैसे प्राप्त कर सकेंगे रिजल्ट
रिजल्ट ऑनलाइन माध्यम से एसएससी की ऑफिशियल वेबसाइट ssc.gov.in पर घोषित किया जायेगा। रिजल्ट पीडीएफ फॉर्मेट में जारी होगा जिसमें सफल उम्मीदवारों के रोल नंबर दर्ज होंगे। रिजल्ट जारी होते ही आप नीचे दी जा रही स्टेप्स को फॉलो करके परिणाम की जांच कर सकेंगे।
एसएससी एमटीएस हवलदार भर्ती रिजल्ट 2024 घोषित होते ही आपको ऑफिशियल वेबसाइट ssc.gov.in पर जाना होगा।
वेबसाइट के होम पेज पर आपको रिजल्ट से संबंधित पीडीएफ लिंक पर क्लिक करना होगा।
इसके बाद स्क्रीन पर पीडीएफ फॉर्मेट में रिजल्ट ओपन हो जायेगा जिसे आप डाउनलोड कर लें।
इसके बाद अभ्यर्थी इसमें अपना रोल नंबर चेक कर सकते हैं।
सफल अभ्यर्थी PET/ PST के लिए होंगे क्वालीफाई
लिखित परीक्षा का रिजल्ट जारी होने के बाद जो अभ्यर्थी इसमें निर्धारित कटऑफ अंक प्राप्त कर लेंगे वे भर्ती के अगले चरण फिजिकल एफिशिएंसी टेस्ट (PET) एवं फिजिकल स्टैंडर्ड टेस्ट (PST) के लिए क्वालीफाई माने जाएंगे। पीईटी/ पीएसटी के लिए डेट्स की घोषणा रिजल्ट जारी होने के बाद की जाएगी।

फिजिकल टेस्ट के लिए पात्रता
फिजिकल एफिशिएंसी टेस्ट (PET) में सफल होने के लिए पुरुष उम्मीदवारों को 15 मिनट में 1600 मीटर की वॉकिंग करनी होगी। इसके अलावा महिला अभ्यर्थियों को 1 किलोमीटर की दूरी वॉकिंग के रूप में 20 मिनट में पूरी करनी होगी। फिजिकल के साथ ही लंबाई की माप भी की जाएगी। पुरुष उम्मीदवारों की न्यूनतम लंबाई 157 सेमी होनी चाहिए। गढ़वाली, असमिया, गोरखा और अनुसूचित जनजाति के उम्मीदवारों को इसमें 5 सेमी की छूट दी गई है। इसके अलावा अभ्यर्थी का सीना 81 सेमी (5 सेमी सीने का फुलाव) होना चाहिए।
महिला अभ्यर्थियों के लिए न्यूनतम लंबाई 152 सेमी तय की गई है। गढ़वाली, असमिया, गोरखा और अनुसूचित जनजाति की महिला उम्मीदवारों को लंबाई में 2.5 सेमी की छूट दी जाएगी। महिला अभ्यर्थी का न्यूनतम वजन 28 किलो होना आवश्यक है। आरक्षित श्रेणी को 2 kg की छूट दी गई है।</description><guid>6866</guid><pubDate>2024-12-15 16:35:21 4:37:12 pm</pubDate></item><item><title>बिहार सिविल कोर्ट क्लर्क भर्ती परीक्षा के लिए एडमिट कार्ड जारी, यहां दिए लिंक से करें डाउनलोड</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=6865</link><description>नई दिल्ली। बिहार सिविल कोर्ट में वर्ष 2022 में क्लर्क पदों पर भर्ती (EMPLOYMENT NOTICE NO. 01/2022) निकाली गई थी। इस भर्ती के लिए आवेदन प्रक्रिया 20 सितंबर 2022 से लेकर 20 अक्टूबर 2022 तक पूर्ण की गई थी। अब इस भर्ती में आवेदन करने वाले उम्मीदवारों के लिए परीक्षा का आयोजन किया जा रहा है जिसके लिए अभ्यर्थियों के एडमिट कार्ड डाउनलोड के लिए उपलब्ध करवा दिए गए हैं। आवेदनकर्ता तुरंत ही ऑफिशियल वेबसाइट districts.ecourts.gov.in/patna पर जाकर या इस पेज पर दिए गए डायरेक्ट लिंक से प्रवेश पत्र डाउनलोड कर सकते हैं।
कब होनी है परीक्षा
इस भर्ती के लिए परीक्षा का आयोजन बिहार के जनपदों में 22 दिसंबर 2024 को निर्धारित सेंटर्स पर करवाया जायेगा। अभ्यर्थी परीक्षा शिफ्ट, परीक्षा शहर/ सेंटर आदि की जानकारी एडमिट कार्ड से प्राप्त कर सकते हैं।
बिहार सिविल कोर्ट भर्ती एडमिट कार्ड डाउनलोड करने के लिए सबसे पहले आधिकारिक वेबसाइट districts.ecourts.gov.in/patna पर विजिट करें।
वेबसाइट के होम पेज पर आपको एडमिट कार्ड से संबंधित लिंक पर क्लिक करना होगा।
अब आपको रजिस्ट्रेशन नंबर एवं पासवर्ड दर्ज करके सबमिट करना होगा।
इसके बाद आपका एडमिट कार्ड स्क्रीन पर ओपन हो जायेगा जहां से आप इसे डाउनलोड करके इसका प्रिंटआउट निकाल सकते हैं।
जो भी अभ्यर्थी इस एडमिट कार्ड डाउनलोड करने के लिए रजिस्ट्रेशन नंबर या पासवर्ड भूल गए हैं वे ऊपर दिए लिंक पर क्लिक करें और उसके बाद पेज पर साइड में फॉरगेट रजिस्ट्रेशन नंबर/ पासवर्ड पर क्लिक करें। इसके बाद वे मोबाइल नंबर एवं डेट ऑफ बर्थ दर्ज करके एडमिट कार्ड डाउनलोड कर सकते हैं। आपको बता दें कि एडमिट कार्ड केवल क्लर्क भर्ती के लिए जारी किये गए हैं। इसलिए वे ही अभ्यर्थी एडमिट कार्ड डाउनलोड कर सकते हैं जिन्होंने इस पद के लिए आवेदन किया था।
भर्ती विवरण
बिहार सिविल कोर्ट की ओर से इस भर्ती के माध्यम से कुल 7692 पदों पर नियुक्तियां की जाएंगी। इसमें से पदानुसार क्लर्क के लिए 3325 पद, स्टेनोग्राफर के लिए 1562 पद, कोर्ट रीडर (Deposition Writer) के लिए 1132 पद और प्यून/Orderly (Group D) के लिए 1673 पद आरक्षित हैं। भर्ती से जुड़ी अधिक जानकारी के लिए अभ्यर्थी ऑफिशियल वेबसाइट अपर विजिट कर सकते हैं।</description><guid>6865</guid><pubDate>2024-12-15 16:30:57 4:33:47 pm</pubDate></item><item><title>इस तारीख से शुरू होगी CBSE 10वीं-12वीं बोर्ड परीक्षा, छत्तीसगढ़ में इतने स्टूडेंट्स देंगे एग्जॉम</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=6266</link><description>रायपुर। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) ने कक्षा 10वीं और 12वीं की आगामी बोर्ड परीक्षाओं का समय सारिणी जारी कर दिया है। इस बार प्रदेशभर से एक लाख से ज्यादा विद्यार्थी परीक्षा में शामिल होंगे। सीबीएसई की कक्षा 10वीं और 12वीं की परीक्षाएं 15 फरवरी 2025 से शुरू होंगी, और परीक्षा का पूरा शेड्यूल अब बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट cbse.gov.in पर उपलब्ध है, जहां छात्र इसे देख और डाउनलोड कर सकते हैं।


15 फरवरी से शुरू होगी कक्षा 10वीं की परीक्षा

समय सारिणी के अनुसार, कक्षा 10वीं की परीक्षा 15 फरवरी को अंग्रेजी विषय से शुरू होगी। इसके बाद, 20 फरवरी को विज्ञान, 25 फरवरी को सामाजिक विज्ञान, 28 फरवरी को हिंदी और 10 मार्च को गणित की परीक्षा होगी।



वहीं, कक्षा 12वीं की परीक्षा 15 फरवरी को उद्यमिता से शुरू होगी, 20 फरवरी को कंप्यूटर एप्लीकेशन, 21 फरवरी को फिजिक्स, 22 फरवरी को बिजनेस स्टडी, 27 फरवरी को केमिस्ट्री, 8 मार्च को अंग्रेजी, 15 मार्च को हिंदी, 19 मार्च को इकोनामिक्स, 22 मार्च को राजनीतिक विज्ञान और 1 अप्रैल को इतिहास की परीक्षा होगी।


छत्तीसगढ़ प्राइवेट स्कूल मैनेजमेंट एसोसिएशन के अध्यक्ष राजीव गुप्ता ने बताया कि प्रदेश से कक्षा 10वीं में लगभग 60,000 और कक्षा 12वीं में 50,000 से अधिक विद्यार्थी परीक्षा में भाग लेंगे। राज्य में सीबीएसई से मान्यता प्राप्त कुल 550 स्कूल हैं, जिनमें रायपुर में लगभग 100 स्कूल शामिल हैं।


सीबीएसई की परीक्षाएं सुबह की पाली में आयोजित की जाएंगी, जिनमें अधिकांश पेपर 10:30 बजे से 12:30 बजे तक और कुछ पेपर 10:30 बजे से 1:30 बजे तक होंगे। बोर्ड ने यह भी बताया कि इस बार समय सारिणी परीक्षा शुरू होने से लगभग 86 दिन पहले जारी की गई है, जिससे छात्रों को अपनी तैयारी के लिए पर्याप्त समय मिलेगा। खासतौर पर, कक्षा 12वीं के छात्रों के लिए प्रवेश परीक्षाओं की तारीखों का ध्यान रखते हुए शेड्यूल तय किया गया है।
</description><guid>6266</guid><pubDate>2024-11-22 17:19:02 5:20:41 pm</pubDate></item><item><title>Bihar Police Cut Off 2024: बिहार पुलिस में पास होने के लिए कितने नंबर चाहिए? देख लें कितनी जा सकती है कटऑफ</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=5371</link><description>Bihar Police Result 2024: कब आएगा?

बिहार पुलिस लिखित परीक्षा अगस्त में छह दिन आयोजित हुई थी। जिसका रिजल्ट इसी महीने आना संभावित है। बिहार पुलिस के फिजिकल में पहुंचने के लिए उम्मीदवारों को लिखित परीक्षा में न्यूनतम 30 प्रतिशत अंक लाने होंगे। इससे कम अंक होने पर अभ्यर्थी खुद ही बिहार पुलिस भर्ती प्रक्रिया से बाहर हो जाएंगे। आपके लिए यह जानना भी जरूरी है कि बिहार सिपाही भर्ती प्रक्रिया में लिखित परीक्षा सिर्फ फिजिकल तक पहुंचने के लिए है। अभ्यर्थियों का सेलेक्शन फिजिकल में दौड़, ऊंची कूद और गोला फेंक में प्राप्त अंकों के आधार पर तैयार की गई मेरिट के जरिए होगा।
Bihar Police Expected Cut Off 2024: कितनी जाएगी बिहार पुलिस कटऑफ

बिहार पुलिस रिजल्ट 2024 के साथ महिला पुरुष अभ्यर्थियों की कैटेगिरी वाइज कटऑफ जारी की जाएगी। यहां देखिए बिहार पुलिस कटऑफ 2024 महिला और Bihar Police Result Constable Cut Off 2024 Expected कितनी रह सकती है।



    
        
            श्रेणी
            Bihar Police 2024 Expected Cut Off Male (100 में से)
            Bihar Police 2024 Expected Cut Off Female (100 में से)
        
        
            सामान्य
            72-75
            45-50
        
        
            ओबीसी
            69-70
            37-42
        
        
            ईडब्ल्यूएस
            70-73
            41-45
        
        
            एससी
            58-60
            31-36
        
        
            एसटी
            52-55
            29-33
        
    
    
    
    
    
    
    
    
    
    
    
    
    
    
    
    
    
    
    
    
    
    
    




Bihar Police Constable Physical Test 2024: कैस होगा

बता दें कि बिहार पुलिस कांस्टेबलकी इस भर्ती प्रक्रिया के जरिए 21 हजार से अधिक पदों पर उम्मीदवारों का चयन किया जाएगा। बिहार पुलिस में सिपाही बनने के लिए फिजिकल में पुरुष अभ्यर्थियों को 1.6 किमी और महिला ओर 1 किमी की दौड़ निश्चित समय में लगानी होगी। इसके अलावा गोला फेंक और ऊंची कूद भी महिला और पुरुष अभ्यर्थियों के लिए अलग-अलग निर्धारित की गई है। उम्मीदवारों को सलाह दी जाती है कि बिहार पुलिस से संंबंधित लेटेस्ट अपडेट के लिए लगातार सीएसबीसी की आधिकारिक वेबसाइट विजिट करते रहें।
</description><guid>5371</guid><pubDate>2024-10-25 16:00:12 4:02:53 pm</pubDate></item><item><title> JEE Main 2025 Date: इसी हफ्ते शुरू होगा जेईई मेंस रजिस्ट्रेशन? आ गई डेट की खबर</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=5249</link><description>JEE Mains 2025 New Update:नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) एग्जाम-2025 का एग्जाम कैलेंडर जारी होने में तो अभी कुछ और समय लगेगा। लेकिन इंजीनियरिंग एंट्रेंस टेस्ट JEE Main का शेड्यूल इस हफ्ते के आखिर तक आने की पूरी संभावना है। केंद्र सरकार की मांग पर सुप्रीम कोर्ट ने एनटीए में सुधार के लिए काम कर रही कमिटी को रिपोर्ट सौंपने के लिए दो हफ्ते का और समय दे दिया है। ऐसे में एनटीए के दूसरे एग्जाम के पैटर्न और टाइमिंग की जानकारी उसके बाद ही आ सकेगी।


जेईई मेन 2025 एग्जाम डेट
सूत्रों का कहना है कि जेईई मेन के लिए 25 या 26 अक्टूबर को शेड्यूल जारी हो सकता है। जब डेट्स जारी होंगी, उसके बाद से ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन jeemain.nta.ac.in पर शुरू हो जाएगा। पहले चरण की परीक्षा जनवरी 2025 और दूसरी चरण की परीक्षा अप्रैल में होनी है।वहीं, सूत्रों का कहना है कि एनटीए कमिटी की रिपोर्ट के बाद साफ होगा कि कौन-कौन से एग्जाम पेन एंड पेपर मोड में होंगे और कौन से एग्जाम कंप्यूटर बेस्ड टेस्ट होंगे। पेन एंड पेपर मोड में होने वाले मेडिकल एग्जाम नीट को लेकर काफी सवाल उठे थे। लेकिन जहां तक इंजीनियरिंग एग्जाम जेईई मेन की बात है तो यह एग्जाम शुरू से ही कंप्यूटर बेस्ड रहा है और इस बार भी यह कंप्यूटर बेस्ड टेस्ट ही होगा।


जेईई मेन के पैटर्न में हुए बदलाव की जानकारी भी एनटीए ने दे दी है। नए सेशन के लिए एनटीए का पहला एग्जाम जेईई मेन ही होगा। छात्रों को ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन के लिए करीब एक महीने का मौका मिलेगा। यह भी तय है कि एनटीए के जितने भी एग्जाम होंगे, उन सभी में रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया ऑनलाइन ही रहेगी। जेईई मेन्स में छात्रों को क्वेश्चन में कोई चॉइस नहीं मिलेगी। छात्रों को सभी 75 सवालों का जवाब देना होगा।
एनटीए एग्जाम कैलेंडर 2025 कब आएगा?
कोविड के दौरान करीब दो साल इंजीनियरिंग-मेडिकल समेत देश के प्रमुख एंट्रेंस एग्जाम को आयोजित करने में देरी हुई। उसके बाद 2023 से सभी एग्जाम ट्र्रैक पर आने लगे। लेकिन 2024 में मेडिकल एग्जाम नीट में गड़बड़ी को लेकर विवाद शुरू हुआ, जो संसद तक भी पहुंचा। उसके बाद एनटीए में सुधार के लिए हाई लेवल कमिटी बनी। पिछले वर्ष सितंबर में ही एग्जाम कैलेंडर जारी हो गया था।
इस बार के लिए सूत्रों का कहना है कि जब तक कमिटी की रिपोर्ट नहीं आ जाती और एग्जाम पैटर्न को लेकर स्थिति साफ नहीं होती, तब तक दूसरे एग्जाम का शेड्यूल जारी करना मुश्किल होगा। हालांकि, एक तरीका यह हो सकता है कि एग्जाम डेट्स जारी हो और बाद में यह बताया जाए कि कौन सा एग्जाम पेन एंड पेपर या कंप्यूटर बेस्ड होगा?</description><guid>5249</guid><pubDate>2024-10-23 10:51:11 10:54:02 am</pubDate></item><item><title>गेस्ट टीचर्स नहीं कर पाएंगे सीबीएसई एग्जाम ड्यूटी, दिल्ली सरकार के नए फैसले से होगा बड़ा नुकसान!</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=5247</link><description>Delhi School Teacher Latest News:दिल्ली के सरकारी स्कूलों के गेस्ट टीचर्स की अब सीबीएसई और चुनाव की ड्यूटी नहीं लगेगी। इसे लेकर शिक्षा निदेशालय ने एक सर्कुलर जारी कर कहा है कि 'गेस्ट टीचर्स को स्कूलों में टीचर्स के खाली पदों पर अस्थायी तौर पर रखा गया है और उनका कार्यकाल भी फिक्स नहीं है। इस वजह से उन्हें लंबे कार्यकाल या विशेष ड्यूटी जैसे चुनाव और सीबीएसई से जुड़े टास्क से दूर रखना चाहिए।' दूसरी ओर, गेस्ट टीचर्स ने कड़ा ऐतराज जताते हुए फैसला वापस लेने की मांग की है।
शिक्षक क्यों नाराज?
ऑल इंडिया गेस्ट टीचर्स असोसिएशन की ओर से कहा गया है कि यह फैसला गेस्ट टीचर्स का मनोबल गिराने वाला है। पहले तो चुनाव या सीबीएसई ड्यूटी लंबे समय तक नहीं चलतीं। दूसरा- दिल्ली में गेस्ट टीचर्स की ड्यूटी चुनाव में लगती भी नहीं। गेस्ट टीचर्स सीबीएसई एग्जामिनेशन में ड्यूटी करते हैं और कॉपियां भी चेक करते हैं, जिसके लिए उन्हें मानदेय भी मिलता है।असोसिएशन का कहना है कि गेस्ट टीचर्स 8 साल से एक ही सैलरी में काम कर रहे हैं। वादे के बावजूद उनकी सैलरी एक रुपया नहीं बढ़ी है। इस पर ध्यान देने की बजाय सरकार उन्हें और नीचा दिखा रही है।
गेस्ट टीचर की सैलरी बढ़ाने की भी मांग
इस फैसले का विरोध करते हुए गवर्नमेंट स्कूल्स टीचर्स असोसिएशन के जनरल सेक्रेटरी अजयवीर यादव कहते हैं, 'कई सालों से सरकारी स्कूलों में शिक्षकों की भारी कमी के बीच गेस्ट टीचर्स ने स्कूल परिसर की हर जटिल जिम्मेदारी उठाई है। कोविड की ड्यूटी तक में सराहनीय भूमिका निभाई है। मगर शिक्षा निदेशालय अपने आदेश के साथ उन्हें सीबीएसई ड्यूटी से दूर कर रहा है। हम इस आदेश को तत्काल वापस लेने और गेस्ट टीचर्स के वेतन भी बढ़ाने की मांग करते हैं।'
क्या है शिक्षा निदेशालय की दलील?
शिक्षा निदेशालय का कहना है कि गेस्ट टीचर्स को स्कूलों में इसलिए रखा गया है ताकि रेगुलर टीचर्स की अनुपस्थिति में वो लर्निंग गैप दूर कर सकें। यह भी कहा गया है कि कुछ सरकारी नीतियां भी अस्थायी कर्मचारियों को प्रशासनिक या परीक्षा से जुड़ी ड्यूटी जैसे चुनाव काम या सीबीएसई ड्यूटी से रोकती हैं। आमतौर पर इन ड्यूटी के लिए स्थायी, फुल टाइम सरकारी कर्मचारियारियों की जरूरत होती है। इन वजहों से गेस्ट टीचर्स को चुनाव और सीबीएसई की ड्यूटी से अलग किया जाए। क्योंकि उनका प्राथमिक काम पढ़ाना और लर्निंग गैप दूर करना है।</description><guid>5247</guid><pubDate>2024-10-23 10:45:22 10:46:56 am</pubDate></item><item><title>सी हफ्ते शुरू होगा जेईई मेंस रजिस्ट्रेशन? आ गई डेट की खबर</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=5246</link><description>नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) एग्जाम-2025 का एग्जाम कैलेंडर जारी होने में तो अभी कुछ और समय लगेगा। लेकिन इंजीनियरिंग एंट्रेंस टेस्ट JEE Main का शेड्यूल इस हफ्ते के आखिर तक आने की पूरी संभावना है। केंद्र सरकार की मांग पर सुप्रीम कोर्ट ने एनटीए में सुधार के लिए काम कर रही कमिटी को रिपोर्ट सौंपने के लिए दो हफ्ते का और समय दे दिया है। ऐसे में एनटीए के दूसरे एग्जाम के पैटर्न और टाइमिंग की जानकारी उसके बाद ही आ सकेगी।
एनटीए के लिएजेईई मेनएग्जाम के शेड्यूल को अब ज्यादा दिनों तक टालना मुश्किल होगा। जेईई मेन दो बार होता है और पहले चरण के लिए रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया शुरू होने का समय अब हो गया है। जेईई मेंस रजिस्ट्रेशन के लिए कम से कम एक महीने का समय दिया जाता है।</description><guid>5246</guid><pubDate>2024-10-23 10:44:29 10:45:19 am</pubDate></item><item><title>गेस्ट टीचर्स नहीं कर पाएंगे सीबीएसई एग्जाम ड्यूटी, दिल्ली सरकार के नए फैसले से होगा बड़ा नुकसान!</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=5244</link><description>दिल्ली के सरकारी स्कूलों के गेस्ट टीचर्स की अब सीबीएसई और चुनाव की ड्यूटी नहीं लगेगी। इसे लेकर शिक्षा निदेशालय ने एक सर्कुलर जारी कर कहा है कि 'गेस्ट टीचर्स को स्कूलों में टीचर्स के खाली पदों पर अस्थायी तौर पर रखा गया है और उनका कार्यकाल भी फिक्स नहीं है। इस वजह से उन्हें लंबे कार्यकाल या विशेष ड्यूटी जैसे चुनाव और सीबीएसई से जुड़े टास्क से दूर रखना चाहिए।' दूसरी ओर, गेस्ट टीचर्स ने कड़ा ऐतराज जताते हुए फैसला वापस लेने की मांग की है।
शिक्षक क्यों नाराज?
ऑल इंडिया गेस्ट टीचर्स असोसिएशन की ओर से कहा गया है कि यह फैसला गेस्ट टीचर्स का मनोबल गिराने वाला है। पहले तो चुनाव या सीबीएसई ड्यूटी लंबे समय तक नहीं चलतीं। दूसरा- दिल्ली में गेस्ट टीचर्स की ड्यूटी चुनाव में लगती भी नहीं। गेस्ट टीचर्स सीबीएसई एग्जामिनेशन में ड्यूटी करते हैं और कॉपियां भी चेक करते हैं, जिसके लिए उन्हें मानदेय भी मिलता है।</description><guid>5244</guid><pubDate>2024-10-23 10:42:43 10:43:46 am</pubDate></item><item><title>सक्षम संस्था द्वारा प्रथम एजुकेशनल ट्रेनिंग सेंटर मैं मोटिवेशनल स्पीच दिया गया</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=5227</link><description>आज दिनांक 21 अक्टूबर 2024 शाम 3:00 बजे से 5 बजे तक प्रथम एजुकेशनल ट्रेनिंग सेंटर महिला सशक्तिकरण के लिए एक सरकारी संस्था है जहां पर 18 साल से ऊपर की महिलाओं को निशुल्क सिलाई एवं ब्यूटी पार्लर कोर्स कराई जाती है एवं ट्रेनिंग के पश्चात उनकी प्लेसमेंट की भी व्यवस्था की जाती है। सक्षम बिलासपुर की महिला प्रमुख शेफाली घोष को आमंत्रित किया गया था ।मोटिवेशनल स्पीच एवं पुलिस विभाग द्वारा चलाए जा रहे चेतना कार्यक्रम के अंतर्गत साइबर क्राइम और महिला सुरक्षा के जानकारी देने के लिए आमंत्रित किया गया था। किसी कारणवश पुलिस विभाग नहीं पहुंच पाई। श्रीमती शेफाली घोष द्वारा बच्चों को मोटिवेशनल टिप्स दिया गया एवं महिला सशक्तिकरण के बारे में भी जानकारी दी गई ।इसके अलावा सक्षम संस्था द्वारा चलाए जा रहे हैं रक्तदान, नेत्रदान एवं देहदान के बारे में भी जानकारी दी गई। और आंखों की सुरक्षा के बारे में भी बताया गया शरीर को स्वस्थ रखने के लिए आहार एवं अलग-अलग विटामिन तथा मिनरल्स के बारे में भी जानकारी दी गई। सक्षम की कार्यकर्ता श्रीमती सुमिता दास गुप्ता द्वारा साइबर फ्रॉड एवं उसकी रोकथाम के बारे में संक्षिप्त में जानकारी दी गई। इसी कड़ी में अखिल भारतीय ग्राहक पंचायत की महिला अध्यक्ष के नाते श्रीमती शेफाली घोष द्वारा किसी भी प्रकार के ठगी के शिकार होने पर उसकी जानकारी तुरंत पुलिस सतर्कता विभाग को जानकारी दें एवं जरूरत पड़ने पर कंज्यूमर कोर्ट भी निशुल्क केस दायर कर नुकसान की भरपाई के लिए कंज्यूमर कोर्ट जाने के बारे में जानकारी दिए। इस कार्यक्रम में कि 30 महिला छात्राएं एवं संस्था के ट्रेनर सुश्री चंचल, प्लेसमेंट अधिकारी अमित जायसवाल, एवं दो सिलाई के ट्रेनर वहां मौजूद रहे।
</description><guid>5227</guid><pubDate>2024-10-22 18:25:35 6:26:28 pm</pubDate></item><item><title>New NCERT Books: इन कक्षाओं के लिए आने वाली हैं एनसीईआरटी की नई किताबें, अब नए तरीके से पढ़ाने की तैयारी!</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=5103</link><description>राष्ट्रीय शैक्षिक अनुसंधान और प्रशिक्षण परिषद (NCERT) ने 2025-26 सत्र के लिए चार और क्लासेज की किताबें लाने की तैयारी शुरू की है। स्कूली शिक्षा के लिए नैशनल करिकुलम फ्रेमवर्क (NCF-SE) के आधार पर 2024-25 में सबसे पहले क्लास 3 और 6 की नई किताबें आई हैं और अगले वर्ष चार क्लासेज की किताबें आएंगी। एनसीईआरटी ने विभिन्न राज्यों व केंद्र शासित प्रदेशों की निर्धारित भाषाओं में 79 प्राइमर विकसित किए गए हैं, इन शॉर्ट बुक से किसी भी भाषा को सीखने की शुरुआत हो सकेगी। ये प्राइमर राष्ट्रीय शिक्षा नीति 2020 के अनुसार हैं और मूल भाषा में शिक्षा को बढ़ावा देता है।NCERT के निदेशक प्रो. दिनेश प्रसाद सकलानी का कहना है कि विभिन्न भाषाओं में 79 प्राइमर तैयार कर लिए हैं और पहले चरण में कुल 121 बनाए जाने है, ये प्राइमर किसी भी भाषा को सीखने की शुरुआती पहल है। प्राइमर एक प्रवेशिका होती है, जो किसी भी भाषा को सीखने के लिए शुरुआती कदम होती है। नई शिक्षा नीति के तहत ये प्राइमर तैयार किए जा रहे हैं।जल्द ही बचे हुए 42 प्राइमर भी तैयार होंगे, जिन पर तेजी से काम हो रहा है। उन्होंने कहा कि एनसीईआरटी ने 2025-26 में यानी अगले साल चार क्लासेज की नई किताबें लाने की तैयारी की है। प्रो. सकलानी का कहना है कि क्लास 4, 5, 7 और 8 की नई किताबें आएंगी और हाल ही में एनसीईआरटी ने एमेजॉन के साथ समझौता किया है ताकि लोग घर बैठे भी किताबें मंगवा सकें।
क्या हैं NCERT प्राइमर?
प्राइमर के जरिए वैज्ञानिक विधि से अक्षर पहचान के साथ पढ़ना और लिखने में मदद मिलती है। साथ ही बच्चों को किसी भी प्रदेश की सांस्कृतिक पहलुओं के बारे में भी पता चलता है। बच्चे अपनी भाषाओं और मातृभाषाओं की ध्वनियों, वर्णों, शब्दों व वाक्य विन्यास के साथ- साथ संबंधित राज्य की राजभाषा, सभ्यता- संस्कृति का बुनियादी ज्ञान भी हासिल करते हैं।शिक्षा के प्रारंभिक चरण में विद्यार्थियों को उनकी मातृभाषाओं में शिक्षण सामग्री उपलब्ध कराने और उन्हें अपनी भाषा में अध्ययन करने का अवसर उपलब्ध कराने के उद्देश्य से केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय ने भारतीय भाषाओं के प्राइमर लांच किये हैं। इनमें आदिवासियों द्वारा बोली जाने वाली भाषाओं के प्राइमर भी शामिल हैं। स्थानीय स्तर पर प्रचलित भाषाओं को शामिल किया गया है।

अगले वर्ष न हो किताबों की कमी:



इस वर्ष क्लास 3 और 6 की नई किताबें आई और शुरुआत में किताबों की कमी भी देखने को मिली। लेकिन अब एनसीईआरटी पहले की तुलना में कहीं ज्यादा किताबें प्रकाशित करेगा। साथ ही लोगों को आसानी से किताबें मिल सके, इसको लेकर भी नए प्रयोग किए जा रहे हैं। एनसीईआरटी की ओरिजिनल किताबें अब ई- कॉमर्स प्लेटफॉर्म पर होंगी।
NCERT और एमेजॉन सेलर सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड के बीच इसको लेकर महत्वपूर्ण समझौता हुआ है। केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कुछ दिन पहले एक बड़ी घोषणा करते हुए कहा था कि आने वाले वर् में एनसीईआरटी सभी क्लासेज की कुल 15 करोड़ किताबें प्रकाशित करेगा, जो पहले की तुलना में तीन गुना होगा। अभी हर वर्ष करीब 5 करोड़ पुस्तकें प्रकाशित की जाती हैं।</description><guid>5103</guid><pubDate>2024-10-19 10:37:00 10:39:02 am</pubDate></item><item><title>UP Police Result Date 2024: आने वाला है यूपी पुलिस कांस्टेबल रिजल्ट? देख लें कब और कहां होगा जारी</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=5082</link><description>UP Police Constable Result 2024 New Update:यूपी पुलिस कांस्टेबल भर्ती 2024 लिखित परीक्षा के बाद अभ्यर्थी नतीजे जारी होने के इंतजार में है। इसी बीच रिजल्ट पर ताजा अपडेट सामने आ रहा है। सीएम योगी आदित्यनाथ के निर्देश के बाद उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एंव प्रोन्नति बोर्ड (UPPRBP) ने यूपी सिपाही भर्ती लिखित परीक्षा के नतीजे जारी करने की पूरी तैयारी कर ली है। भर्ती बोर्ड अब नतीजे घोषित करने ही वाला है। अभ्यर्थी अपना रिजल्ट उत्तर प्रदेश पुलिस वेबसाइट uppbpb.gov.in से चेक कर सकेंगे। जानिए यूपी पुलिस रिजल्ट जारी होने की डेट क्या है?
UP Police Constable Bharti 2024: कब तक आएगा रिजल्ट
उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती बोर्ड किसी भी समय UP Police Constable Exam 2024 का रिजल्ट जारी कर सकता है। यूपी पुलिस की प्रोविजनल आंसर की पहले ही जारी हो चुकी हैं। ऐसे में आपत्तियां हल करने के बाद फाइनल आंसर की और रिजल्ट जारी होने वाला है। इस महीने 25 अक्टूबर से 30 अक्टूबर तक यूपी पुलिस रिजल्ट आने की पूरी संभावना है। परिणाम जारी होने के बाद अभ्यर्थी भर्ती बोर्ड की ऑफिशियल वेबसाइट uppbpb.gov.in से देख सकेंगे की उनका चयन भर्ती के दूसरे चरण यानी UP Police Physical 2024 के लिए हुआ है या नहीं।
How to Check UP Police Result 2024: रिजल्ट कैसे देखें
दिवाली से पहले अगर रिजल्ट घोषित होता है तो इससे अभ्यर्थियों की खुशी दोगुनी हो जाएगी। वहीं भर्ती बोर्ड पर यूपी पुलिस रिजल्ट होने के बाद अभ्यर्थी इसे नीचे बताए आसानी से चरणों की मदद से डाउनलोड कर सकेंगे।

    सबसे पहले उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट uppbpb.gov.in पर जाएं।
    इसके बाद होमपेज पर आपके सामने UP Police Constable Result 2024 Link आ जाएगा।
    लिंक पर क्लिक करते ही आपके सामने UP Police Result 2024 PDF खुल जाएगा।
    इसमें अपना रोल नंबर और जन्मतिथि आदि के जरिए रिजल्ट चेक करें।
    रिजल्ट का स्क्रीनशॉट या पीडीएफ फाइल भविष्य के लिए सुरक्षित कर लें।
</description><guid>5082</guid><pubDate>2024-10-18 15:25:33 3:27:00 pm</pubDate></item><item><title>IRCTC Jobs 2024: आईआरसीटीसी में मैनेजर लेवल की नौकरी पाने का गोल्डन चांस, बिना परीक्षा सीधे मिलेगी 2 लाख की जॉब</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=4957</link><description>IRCTCRecruitment 2024:रेलवे में नई भर्ती आ गई है। जी हां, हाल ही में इंडियन रेलवे कैटरिंग एंड टूरिज्म कोरपोरेशन लिमिटेड (IRCTC) ने डिप्टी जनरल मैनेजर/फाइनेंस की वैकेंसी निकाली है। जिसके लिए 8 अक्टूबर से भारतीय रेलवे आईआरसीटीसी की ऑफिशियल वेबसाइट www.irctc.com पर आवेदन प्रक्रिया चल रही है। वहीं आवेदन करने की आखिरी तारीख 6 नवंबर 2024 निर्धारित की गई है। लास्ट डेट के बाद किए गए आवेदन स्वीकार नहीं किए जाएंगे।
IRCTC Job Vacancy 2024 Notification PDF
भारतीय रेलवे खानपान एंव पर्यटन निगम (IRCTC) मिनी रत्न कैटेगिरी-I के अंतर्गत सेंट्रल पब्लिक सेक्टर एंटरप्राइज रेल मंत्रालय के अंतर्गत कार्यरत है। ऐसे में इसमें नौकरी पाने का सुनहरा अवसर है। आईआरसीटीसी डिप्टी मैनजर के पद पर आवेदन करने के लिए रेलवे/राज्य सरकार/केंद्र सरकार और सरकारी संस्थाओं जैसे क्रिस आदि के लिए किसी भी विषय में डिग्री और पीएसयू उम्मीदवारों के लिए सीए/कास्ट एंड मैनेजमेंट अकाउंटेंट की डिग्री होनी चाहिए। योग्यता संबंधित डिटेल्स अभ्यर्थी विस्तार से भर्ती के आधिकारिक नोटिफिकेशन से चेक कर सकते हैं।
Railway Manager Eligibility: सैलरी
आईआरसीटीसी में डिप्टी जनरल मैनेजर के पद पर चयनित अभ्यर्थियों को 70000-200000 रुपये प्रति माह सैलरी दी जाएगी। इस भर्ती के जरिए एक पद नई दिल्ली स्थित आईआरसीटीसी कॉरपोरेट ऑफिस में भरा जाएगा। वहीं एक अन्य पद पर वेस्ट जोन/मुंबई में नियुक्ति की जाएगी। यह पद पूरे भारत में कहीं भी ट्रांसफर किया जा सकता है। इस भर्ती में आवेदन करने के लिए उम्मीदवारों की उम्र की बात करें तो अभ्यर्थियों की अधिकतम उम्र 55 वर्ष होनी चाहिए। ऊपरी उम्र में किसी तरह का आरक्षण नहीं दिया गया है।
Railway Bharti 2024: चयन प्रक्रिया
आईआरसीटी में डिप्टी मैनेजर के पद पर चयनित अभ्यर्थियों को फाइनेंस और अकाउंट कामकाज संभालना होगा। कैटरिंग, टूरिज्म, रेल नीर, कैटरिंग बजट होटल आदि से संबंधित चीजें देखनी होंगी। इस वैकेंसी के लिए उम्मीदवारों का चयन इंटरव्यू के आधार पर किया जाएगा। साक्षात्कार के लिए समय, तारीख और मोड की जानकारी अभ्यर्थियों को पहले ही सूचित कर दी जाएगी।

इंटरव्यू के दौरान अभ्यर्थियों को एप्लिकेशन फॉर्म में मौजूद आवेदन पत्र विस्तृत रूप से भरकर लाना होगा। भर्ती से संबंधित अन्य किसी भी जानकारी के लिए अभ्यर्थी आईआरसीटीसी की आधिकारिक वेबसाइट विजिट कर सकते हैं।</description><guid>4957</guid><pubDate>14-Oct-2024 4:10:14 pm</pubDate></item><item><title>NEET UG Result 2024 Link: एक क्लिक में यहां देखें तीसरे राउंड का नीट रिजल्ट, mcc.nic.in पर जारी</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=4884</link><description>NEET UG Round 3 Result Download:मेडिकल काउंसलिंग कमेटी (MCC) की ओर से NEET UG 2024 राउंड 3 सीट अलॉटमेंट परिणाम घोषित कर दिए गए हैं। फाइनल सीट अलॉटमेंट रिजल्ट 12 अक्टूबर, 2024 को घोषित होगा। इस राउंड का हिस्सा बनने वाले उम्मीदवार आधिकारिक वेबसाइट पर सीट अलॉटमेंट लेटर देख सकते हैं। संबंधित संस्थानों में रिपोर्टिंग 14 अक्टूबर से शुरू होगी और रिपोर्ट करने की लास्ट डेट 19 अक्टूबर, 2024 है। यहां देखिए नीट रिजल्ट का लिंक।

अगर स्टेप्स फॉलो करके नीट यूजी राउंड 3 रिजल्ट देखना चाहते हैं, तो यहां दी गई स्टेप दर स्टेप प्रक्रिया को फॉलो कर सकते हैं।
How to check NEET Round 3 Result: ऐसे चेक करें नीट राउंड 3 का परिणाम

    नीट काउंसलिंग की आधिकारिक वेबसाइट - mcc.nic.in पर जाएं।
    होम पेज पर, यूजी मेडिकल टैब पर क्लिक करें और वर्तमान इवेंट सेक्शन देखें।
    यूजी काउंसलिंग 2024 के राउंड 3 के अंतिम परिणाम लिंक को क्लिक कर लें।
    पीडीएफ फाइल को डाउनलोड करके अपनी स्थिति चेक करें।
    भविष्य के संदर्भ के लिए नीट यूजी राउंड 3 रिजल्ट का प्रिंटआउट निकाल लें।

ध्यान दें कि प्रोविजनल सीट अलॉटमेंट रिजल्ट 11 अक्टूबर को जारी हुआ था और उम्मीदवारों के पास आपत्ति उठाने के लिए 12 अक्टूबर तक समय था। सीट अलॉटमेंट लिस्ट में NEET UG राउंड 3 काउंसलिंग में शॉर्टलिस्ट हुए छात्रों के नाम, कॉलेज और कोर्स शामिल हैं।


MCC अब BDS, MBBS और BSc नर्सिंग सिलेबस के लिए केंद्रीय विश्वविद्यालयों की सीटों के लिए स्ट्रे वेकेंसी राउंड और अखिल भारतीय कोटा, डीम्ड यूनिवर्सिटी का आयोजन करेगा। इसके लिए रजिस्ट्रेशन विंडो 22 अक्टूबर से 25 अक्टूबर के बीच एक्टिव होगी।</description><guid>4884</guid><pubDate>13-Oct-2024 3:00:26 pm</pubDate></item><item><title>नवोदय विद्यालय की कक्षा 6 में प्रवेश के आवेदन की अंतिम तिथि आज</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=4809</link><description>हरदा।पीएम श्री जवाहर नवोदय विद्यालय चारूवा की कक्षा 6वीं में प्रवेश के लिए चयन परीक्षा आयोजित की जाएगी। साल 2025 में होने वाली इस प्रवेश परीक्षा में शामिल होने के लिए आवेदन की अंतिम तिथि को बढ़ाकर 7 अक्टूबर तक कर दिया गया था।
आज जवाहर नवोदय विद्यालय चयन परीक्षा के लिए रजिस्ट्रेशन प्रक्रिया को बंद कर देगा। लिहाजा, जो माता-पिता अपने बच्चों का जवाहर नवोदय विद्यालय में दाखिला करना चाहते हैं, उन्हें आज ही रजिस्ट्रेशन कराना होगा। इसके लिए कुछ डॉक्यूमेंट्स की जरूरत होती है।

इन दस्तावेजों को होगी जरूरत
निर्धारित प्रारूप में छात्र के विवरण का उल्लेख करते हुए प्रधानाध्यापक द्वारा सत्यापित प्रमाण पत्र के साथ ही छात्र की फोटो, छात्र का सिग्नेचर, माता-पिता या अभिभावक का सिग्नेचर और सक्षम सरकारी प्राधिकारी द्वारा जारी आधार विवरण या निवास प्रमाण पत्र अपलोड करना होता है।
जवाहर नवोदय विद्यालय चारूवा प्राचार्य ने बताया कि इस परीक्षा में शामिल होने के लिए ऑनलाइन आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। आवेदक विद्यार्थी की जन्म तिथि 1 मई 2013 से 31 जुलाई 2015 के बीच होनी चाहिए। आवेदन हरदा जिले का मूल निवासी होना चाहिए और हरदा जिले के किसी शासकीय या अर्द्धशासकीय अथवा मान्यता प्राप्त विद्यालय में शिक्षा सत्र 2024-25 में कक्षा 5वीं में पढ़ रहा होना चाहिए।



भूल सुधार का भी मिलेगा मौका
नवोदय विद्यालय चारुवा प्राचार्य ने बताया कि भरे गए आवेदनों में सुधार का भी मौका अभिभावकों को मिलेगा। इसके लिए 8 और 9 अक्टूबर को ऑनलाइन विंडो खुलेगी। इस दौरान बच्चों के आवेदन पत्र भरते समय हुई गलतियों को आवेदक सुधार सकेंगे।
बताते चलें कि शैक्षणिक सत्र 2025-26 के लिए होने वाली इस परीक्षा में ऑब्जेक्टिव सवाल पूछे जाएंगे। प्रवेश परीक्षा में मानसिक क्षमता यानी मेंटल एबिलिटी, गणित यानी अर्थमेटिक और भाषा यानी लैंग्वेज के कुल 100 नंबर्स के सवाल पूछे जाते हैं।
</description><guid>4809</guid><pubDate>07-Oct-2024 2:44:48 pm</pubDate></item><item><title>ओटिस इंडिया ने भारत माता स्कूल के छात्रों को सम्मानित किया</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=4589</link><description>बिलासपुर, 2024: आधुनिकता के साथ आगे बढ़ने से सबसे अधिक नुकसान यदि किसी को पहुँचा है, तो पर्यावरण को। यदि इसके समाधान पर विचार किया जाए, तो बच्चों में पर्यावरण संरक्षण के प्रति जागरूकता बढ़ाने से न सिर्फ नई पीढ़ी हरित भविष्य की संरक्षक बनकर खड़ी होगी, बल्कि पर्यावावैं भी तेज गति से बेहतर हो सकेगा। इसे समझते हुए ओटिस इंडिया ने 'मेड टू मूव कम्युनिटीज़' ग्लोबल चैलेंज में छत्तीसगढ़ के बिलासपुर स्थित भारत माता हायर सेकेंडरी स्कूल के आठ छात्रों को सम्मानित किया। इन छात्रों ने 'गो-ग्रीन' नामक प्रोजेक्ट के तहत पर्यावरण के अनुकूल यातायात समाधान प्रस्तुत किया।

ओटिस इंडिया के विशेषज्ञ मेंटर्स की मदद से, छात्रों ने हरे-भरे क्षेत्रों को बढ़ावा देने और स्वस्थ जीवनशैली को प्रोत्साहित करने का प्रयास किया। इस प्रोजेक्ट में विज्ञान, टेक्नोलॉजी, इंजीनियरिंग और गणित (एसटीईएम) का उपयोग किया गया।

ओटिस इंडिया के प्रेसिडेंट श्री सेबी जोसेफ ने छात्रों की सराहना करते हुए कहा, हम इन प्रतिभाशाली छात्रों की मेहनत और सामाजिक भलाई के प्रति उनके जुनून का सम्मान करते हैं। इनका समाधान न केवल हरित क्षेत्रों की पहुँच को बढ़ाता है, बल्कि नवाचार की शक्ति से बेहतर भविष्य का निर्माण भी करता है।

ओटिस ने अगले साल के 'मेड टू मूव कम्युनिटीज़' चैलेंज की भी घोषणा की, जिसका विषय है 'एआई का उपयोग कर शहरी यातायात समाधान विकसित करना'। इस प्रतियोगिता का उद्देश्य शहरी यातायात समस्याओं का समाधान खोजना और छात्रों में एसटीईएम शिक्षा के प्रति रुचि बढ़ाना है।

वर्ष 2020 से अब तक, इस प्रतियोगिता ने 750 छात्रों और ओटिस के सैकड़ों कर्मचारियों को जोड़ा है। भाग लेने वाले स्कूलों को लगभग 1 मिलियन अमेरिकी डॉलर का अनुदान मिला है, ताकि वे अपने एसटीईएम प्रोग्राम्स को आगे बढ़ा सकें। इस साल, पहली बार सभी क्षेत्रीय विजेता टीमें फाइनल राउंड में मुकाबला करेंगी, और एक ग्लोबल चैम्पियन टीम चुनी जाएगी।</description><guid>4589</guid><pubDate>01-Oct-2024 5:51:13 pm</pubDate></item><item><title>गांधी जयंती की पूर्व संध्या पर, 1 अक्टूबर 2024 को खादी फैशन शो का आयोजन किया</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=4588</link><description>गांधी जयंती की पूर्व संध्या पर, MATS स्कूल ऑफ फैशन डिजाइनिंग एंड टेक्नोलॉजी ने 1 अक्टूबर 2024 को खादी फैशन शो का आयोजन किया, जो वास्तव में MATS विश्वविद्यालय, रायपुर द्वारा आयोजित और प्रचारित सबसे प्रतिष्ठित कार्यक्रमों में से एक है। यह कार्यक्रम भारत की समृद्ध कपड़ा विरासत का एक प्रमाण है, जो खादी कपड़ों की बहुमुखी प्रतिभा और सुंदरता का जश्न मनाने के लिए डिजाइनरों, मॉडलों और फैशन के प्रति उत्साही लोगों को एक साथ लाया। रनवे को रंगों और बनावट के कैनवास में बदल दिया गया क्योंकि मॉडल ने शानदार खादी परिधानों में मंच की शोभा बढ़ाई। यह समारोह कई विशिष्ट अतिथियों की उपस्थिति में MATS विश्वविद्यालय, रायपुर में आयोजित किया गया था।

कार्यक्रम का उद्घाटन मुख्य अतिथि Dr. Poulomi Banerjee Vice President ABIS export India Private Limited ने माँ सरस्वती की मूर्ति के समक्ष दीप प्रज्वलित करके किया। कार्यक्रम का शुभारंभ MATS विश्वविद्यालय के कुलाधिपति श्री गजराज पगारिया, महानिदेशक श्री प्रियेश पगारिया, कुलपति डॉ. केपी यादव, प्रो. कुलपति डॉ. दीपिका ढांड, रजिस्ट्रार श्री गोकुलानंद पांडा और विभागाध्यक्ष श्रीमती परविंदर कौर के द्वारा किया गया| सभी अतिथियों ने मैट्स यूनिवर्सिटी के प्रयासों की सराहना की, फैशन डिजाइनिंग में करियर की संभावनाओं के बारे में छात्रों को प्रेरित किया और इस आयोजन को सराहनीय बताया।


मैट्स स्कूल ऑफ फैशन डिजाइनिंग एंड टेक्नोलॉजी के छात्रों ने अपने मनमोहक डिजाइन प्रदर्शित किए। यह कार्यक्रम भारतीय संस्कृति और विरासत का उत्सव रहा, क्योंकि छात्रों ने सिक्किम की पारंपरिक चोपा पोशाक के साथ विरासत और पर्यावरण के अनुकूल फैशन का एक अनूठा मिश्रण दिखाया। माहौल पारंपरिक संगीत की धुनों और डिजाइनर परिधानों से भरा हुआ था, जिसमें परंपरा और आधुनिकता, भारतीय लोक हस्त चित्रित परिधानों का मिश्रण था। एक राष्ट्रीय प्रतीक के रूप में खादी का महत्व अंतरराष्ट्रीय स्तर तक फैला हुआ है, जिसमें छात्रों ने पश्चिमी शैली के स्पर्श के साथ मिस्र की थीम को दर्शाते हुए परिधान भी डिजाइन किए हैं। समकालीन भारत में, खादी उच्च वर्ग का प्रतीक बन गई है। उच्च श्रेणी के फैशन ब्रांड खादी को अपने संग्रह में शामिल करते हैं, जिससे यह एक लक्जरी आइटम बन जाता है। खादी फैशन शो एक शानदार सफलता थी, जिसमें कपड़े की सुंदरता, बहुमुखी प्रतिभा और स्थिरता का प्रदर्शन किया गया। जैसे-जैसे दुनिया टिकाऊ और सतत फैशन को अपना रही है, खादी कालातीत लालित् और सांस्कृतिक गौरव के प्रतीक के रूप में चमकती रहती है।


कार्यक्रम का समापन रजिस्ट्रार श्री गोकुलानंद पांडा द्वारा धन्यवाद ज्ञापन के साथ किया गया। इस अवसर पर MATS विश्वविद्यालय के सभी विभागों के प्रमुख प्रधानाध्यापक और अध्यापक गण्ड, छात्र और गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।</description><guid>4588</guid><pubDate>01-Oct-2024 5:48:31 pm</pubDate></item><item><title>एमसीबी जिला शिक्षा अधिकारी का सघन निरीक्षण</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=4484</link><description>एमसीबी।एमसीबी जिला शिक्षा अधिकारी अजय कुमार मिश्रा ने शासकीय प्राथमिक विद्यालय पिपरिया, पूर्व माध्यमिक विद्यालय पिपरिया एवं शासकीय हाई स्कूल पिपरिया प्राथमिक विद्यालय कठौतिया, पूर्व माध्यमिक विद्यालय कठौतिया एवं प्राथमिक विद्यालय, डोमनापारा पूर्व माध्यमिक विद्यालय डोमनापारा का आकस्मिक निरीक्षण किया ।
छात्र-छात्राओं को हिंदी, अंग्रेजी गणित तथा पहाड़ा से संबंधित अनेक सवाल किया साथ ही शिक्षा गुणवत्ता, साफ-सफाई, समय पर विद्यालय में शिक्षकों की उपस्थिति, मध्यान भोजन को लेकर आवश्यक दिशा निर्देश दिए। जाति प्रमाण पत्र एवं निवास प्रमाण पत्र की जानकारी ली इस अवसर पर डॉ विनोद पांडे प्राचार्य शासकीय हाई स्कूल पिपरिया उपस्थित रहे।

</description><guid>4484</guid><pubDate>28-Sep-2024 1:08:19 pm</pubDate></item><item><title>बच्चों को अब हिंसक व्यवहार और नशीले पदार्थों के इस्तेमाल से बचाएंगे स्कूल, देश में शुरू होने जा रहा है बड़ा अभियान</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=4483</link><description>नई दिल्ली। स्कूलों में पढ़ने की उम्र में बच्चों का इस तरह से हिंसक होना या फिर ड्रग्स जैसे नशीले पदार्थों के इस्तेमाल करने की घटनाएं चौंकाने वाली है। फिलहाल बच्चों को ऐसे हिंसक व्यवहार व गंदी आदतों से बचाने के लिए स्कूलों के स्तर पर एक बड़ा अभियान शुरू करने की तैयारी है। जिसमें पढ़ाई के साथ उन्हें अब इन चीजों से बचने की भी शिक्षा दी जाएगी।

यह शिक्षा उनकी पढ़ाई के घंटों से अतिरिक्त होगी। इस दौरान उन्हें अपने साथियों के साथ अच्छा व्यवहार करने, उनकी मदद करने, उनके मनोबल को ऊंचा उठाने और क्रोध से बचने की सीख दी जाएगी। वहीं ड्रग्स की पहचान और उससे बचाव के पाठ भी पढ़ाए जाएंगे।

शिक्षा मंत्रालय और सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय ने स्वास्थ्य मंत्रालय के साथ मिलकर इस चुनौती से निपटने के लिए नवचेतना नाम का एक अभियान शुरू किया है। जिसमें स्कूलों में पढ़ाने वाले शिक्षकों के प्रशिक्षण सहित छात्रों को इससे जुड़ी चीजों को पढ़ाने के लिए छह माड्यूल तैयार किए गए है। प्रत्येक माड्यूल एक-एक घंटे का है।

छात्रों को पढ़ाने के बाद उनका टेस्ट भी होगा
इस दौरान छात्रों को कहानियों, किस्से, केस स्टडी आदि के जरिए हिंसक व्यवहार, तनाव व नशीले पदार्थों से बचने की सीख दी जाएगी। सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय के मुताबिक स्कूलों के लिए यह अध्ययन सामग्री दो खंडों में तैयार की गई है। जिसमें पहला कक्षा छह से आठवीं तक के लिए है, जबकि दूसरा खंड नौवीं से ग्यारहवीं तक पढ़ाई करने वाले छात्रों के लिए है। इसके तहत छात्रों को पढ़ाने के बाद उनका टेस्ट भी होगा।

इस पहल में अभिभावकों को इन स्थितियों से निपटने के लिए स्कूल जागरूक करेंगे। इसके लिए भी एक माड्यूल तैयार किया जाएगा। जिसकी चर्चा अभिभावक- शिक्षकों की होने वाली बैठक के दौरान की जाएगी। साथ ही उन्हें अपने बच्चों पर नजर रखने, उनसे बातचीत करने के तरीके, उनके साथियों के बारे में जानकारी रखने जैसी सीख भी दी जाएगी।

2030 तक दुनिया की सर्वाधिक युवा आबादी वाला देश भारत होगा
शिक्षा मंत्रालय के मुताबिक यह पहल इसलिए अहम है क्योंकि वर्ष 2030 तक दुनिया की सर्वाधिक युवा आबादी वाला देश भारत होगा। जिनकी संख्या देश की कुल आबादी का 32 प्रतिशत होगी। ऐसे में इन्हें समय रहते इन गलत व्यवहारों और गंदी आदतों से बचाना होगा।

केस-1-

दिल्ली के शकरपुर इलाके में पिछले दिनों नौवीं कक्षा में पढ़ने वाले एक छात्र की उसके साथियों ने उस समय चाकू घोंपकर हत्या कर दी है, जब उनसे खरीदे गए नए मोबाइल फोन की पार्टी देने से इनकार कर दिया।

केस- 2-
उत्तर प्रदेश के बरेली में इस महीने एक बड़े कान्वेंट स्कूल के पास ड्रग्स तस्कर के एक गिरोह को पकड़ा गया है। जो स्कूल में पढ़ने वाले छात्रों के बीच ड्रग्स बेचने का काम करता था।


</description><guid>4483</guid><pubDate>28-Sep-2024 12:46:09 pm</pubDate></item><item><title>प्रथम चरण में हुए बीएड कालेजों के 15 प्रतिशत सीटों में प्रवेश</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=4407</link><description>बिलासपुर।राज्य परिषद शिक्षा अनुसंधान और प्रशिक्षण (एससीइआरटी) द्वारा बीएड व डीएलएड कालेजों में प्रवेश के लिए काउंसिलिंग व सीट आवंटन का आदेश दिया गया। अटल बिहारी वाजपेयी विश्वविद्यालय से सबंद्ध 20 शिक्षा महाविद्यालयों में प्रथम चरण में 15 फीसद सीटों में प्रवेश संभव हुआ। 27 सितंबर से अब द्वितीय चरण के लिए प्रवेश दिया जाएगा। उम्मीद है अब आगे संख्या बढ़ेगी। व्यावसायिक परीक्षा मंडल (व्यापमं) द्वारा प्री बीएड व डीएलएड प्रवेश परीक्षा का परिणाम जारी होने के बाद एससीइआरटी ने प्रक्रिया प्रारंभ कर दिया।
प्रथम चरण में प्रवेश के बाद कालेजों में केवल 15 फीसद सीटों में प्रवेश हुआ है। 85 फीसद सीटें खाली रह गई है। पिछले साल भी लगभग ऐसी ही स्थिति थी। द्वितीय चरण के बाद तेजी से सीटों में प्रवेश हुआ था। माना जा रहा है कि इस साल भी लगभग यही स्थिति बनती दिख रही है। प्रथम दो चरणों के बाद सीटें खाली रह जाती हैं, तो तीसरे चरण का कार्यक्रम बाद में जारी किया जाएगा। प्रवेश की सभी प्रक्रिया छत्तीसगढ़ शासन और उच्चतम न्यायालय के आदेशों के तहत संचालित हो रही है। अटल विश्वविद्यालय से सबंद्ध 20 शिक्षा महाविद्यालय हैं जिनमें बीएड के लगभग 2000 और डीएलएड के 2500 से अधिक सीटें है।

30 सितंबर तक होगा प्रवेश


काउंसिलिंग के अगले चरण में द्वितीय सूची के लिए दावा आपत्ति 25 सितंबर तक मोहलत दिया गया था। आज द्वितीय मेरिट सूची का प्रकाशन हुआ। अब कालेजों में 27 से 30 सितंबर तक प्रवेश होगा। जिसे लेकर कालेजों ने पूरी तैयारी कर ली है। बता दें कि प्रत्येक कालेज में बीएड के 100-100 सीट हैं।
</description><guid>4407</guid><pubDate>27-Sep-2024 12:22:15 pm</pubDate></item><item><title>एससीईआरटी (SCERT) दावा-आपत्ति के लिए जारी करेगा पहली मेरिट सूची</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=4274</link><description>रायपुर।बीएड व डीएलएड में प्रवेश के लिए पहले चरण की काउंसिलिंग के लिए पंजीयन तिथि समाप्त हो गई है। प्राइमरी शिक्षक भर्ती से बीएड अमान्य होने के बाद से डीएलएड की डिमांड बढ़ गई है। इस बार डीएलएड की 6600 सीटों में प्रवेश के लिए 45 हजार से ज्यादा आवेदन मिले हैं। जबकि बीएड की 14400 सीटों के लिए 24 हजार से अधिक छात्रों के फार्म मिले हैं।
पहले राउंड के लिए दावा-आपत्ति की पहली मेरिट सूची आज सोमवार, 16 सितंबर को राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद (एससीईआरटी) से जारी होगी। अभ्यर्थी 18 सितंबर तक आपत्ति दर्ज करवा सकते हैं। प्राप्त आपत्तियों का निराकरण करने के बाद 19 सितंबर को पहली प्रवेश सूची जारी की जाएगी।

इसके अनुसार छात्रों को संबंधित कालेजों में प्रवेश लेना होगा। बीएड से ज्यादा डीएलएड प्रवेश परीक्षा में अभ्यर्थियों की संख्या भी ज्यादा थी। विशेषज्ञों का कहना है कि प्राप्त आवेदनों के अनुसार संभावना है कि पहले ही राउंड में डीएलएड की सीटें भर जाएंगी। पिछले वर्षों तक अंतिम चरण तक सीटें नहीं भर्ती थी, ओपन काउंसिलिंग में प्रवेश पूरे होते थे।
दो चरण में कुल चार सूची होंगी जारी
बीएड, डीएलएड के अलावा बीए बीएड व बीएससी बीएड के लिए काउंसिलिंग की चल रही है। कुल दो चरण में काउंसिलिंग होगी। प्रत्येक चरण में प्रवेश के लिए दो सूची जारी होगी। यानी दो राउंड में चार सूची आएगी। पहले चरण में प्रवेश के लिए पहली आवंटन सूची 19 सितंबर को जारी होगी।



इसके अनुसार 24 तक एडमिशन होंगे। इस राउंड की दूसरी सूची 30 सितंबर को जारी होगी। इसी तरह दूसरे राउंड की काउंसिलिंग के लिए पंजीयन व विकल्प फार्म 10 अक्टूबर से भरे जाएंगे। इस राउंड की पहली आवंटन सूची 21 अक्टूबर को जारी होगी। दूसरी सूची चार नवंबर को आएगी।
</description><guid>4274</guid><pubDate>23-Sep-2024 2:20:38 pm</pubDate></item><item><title>परीक्षाओं के लिए दी जाएगी फ्री कोचिंग</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=4273</link><description>भोपाल।मध्य प्रदेश के जनजातीय विद्यार्थियों को बड़ी प्रतियोगी परीक्षाओं में सम्मिलित कराने के लिए निश्शुल्क कोचिंग दी जाएगी। इसके लिए सरकार प्रदेश के सभी जनजातीय विकासखंडों में रानी दुर्गावती प्रशिक्षण अकादमी स्थापित करने जा रही है।
इस प्रशिक्षण अकादमी के जरिये जनजातीय विद्यार्थियों को जेईई, नीट, क्लेट और यूपीएससी जैसी राष्ट्रीय एवं राज्य स्तर की बड़ी परीक्षाओं के लिए निश्शुल्क कोचिंग दी जाएगी। वर्तमान में जनजातीय विद्यार्थियों को आकांक्षा योजना के अंतर्गत जेईई, नीट, क्लेट की तैयारी के लिये भोपाल, इंदौर एवं जबलपुर में कोचिंग दी जा रही है।
डीपीआर तैयार की गई


अखिल भारतीय सेवाओं की परीक्षा की तैयारी कराने के लिए निजी कोचिंग संस्थाओं द्वारा विद्यार्थियों को कोचिंग दी जा रही है। अब सभी जनजातीय विकासखंडों में जनजातीय विद्यार्थियों को इस तरह की प्रतियोगी परीक्षाओं की फ्री कोचिंग का लाभ देने के लिए योजना की संशोधित डीपीआर तैयार कर ली गई है।
समर्पित डेस्क बनाई जाएगी

शासन से स्वीकृति मिलते ही रानी दुर्गावती प्रशिक्षण अकादमी प्रारंभ कर दी जाएंगी। इसके अलावा प्रतिष्ठित प्रशिक्षण संस्था मध्य प्रदेश रोजगार एवं प्रशिक्षण परिषद् (मैपसेट) के जरिए भी कौशल प्रशिक्षण दिए जा रहे हैं। जनजातीय विकासखंडों में 'कला भवन' स्थापित किए जाएंगे। 'समर्पित डेस्क' स्थापित की जाएंगी और 'एकलव्य माडल आवासीय विद्यालय' (ईएमआरएस) की स्थापना की जाएगी।</description><guid>4273</guid><pubDate>23-Sep-2024 1:52:29 pm</pubDate></item><item><title> यूपी पुलिस कॉन्स्टेबल 31 अगस्त की परीक्षा के लिए आंसर की जारी, यहां से करें डाउनलोड</title><link>https://dainandini.in//education.php?articleid=4018</link><description>नई दिल्ली। उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड (UPPRPB) की ओर से 31 अगस्त को दोनों पालियों में आयोजित हुई कॉन्स्टेबल भर्ती परीक्षा की आंसर की डाउनलोड के लिए उपलब्ध करवा दी गई है। जिन भी अभ्यर्थियों ने 31 अगस्त की परीक्षा में भाग लिया था वे ऑफिशियल वेबसाइट uppbpb.gov.in पर जाएं और कैंडिडेट लॉग इन में जाकर रजिस्ट्रेशन नंबर, जन्मतिथि व प्रश्न पुस्तिका क्रमांक दर्ज करके आंसर की डाउनलोड कर लें।

19 सितंबर तक ऑब्जेक्शन दर्ज करने का रहेगा मौका
अभ्यर्थी ध्यान रखें कि वे केवल कैंडिडेट लॉग इन के माध्यम से केवल अपनी ही उत्तर पुस्तिका डाउनलोड कर पायेंगे। इसके द्वारा वे अपने प्रश्न उत्तरों का मिलान कर सकते हैं और इस दौरान अगर आप किसी उत्तर से संतुष्ट नहीं हैं तो उस पर आपत्ति दर्ज कर सकते हैं। आपत्ति दर्ज करने की लास्ट डेट 19 सितंबर 2024 निर्धारित है।
उत्तर कुंजी के आधार पर तैयार होगा रिजल्ट
जो अभ्यर्थी उत्तर कुंजी पर आपत्ति दर्ज करेंगे यूपी पुलिस प्रोन्नति बोर्ड की ओर से उसका निस्तारण विशेषज्ञों की टीम द्वारा करवाया जायेगा। इसके बाद बोर्ड की ओर से फाइनल आंसर की तैयार की जाएगी और इसी के अनुसार अभ्यर्थियों का परिणाम घोषित किया जाएगा। अंतिम उत्तर कुंजी फाइनल एवं सर्वमान्य होगी और इस पर किसी भी प्रकार से ऑब्जेक्शन नहीं किया जा सकेगा। रिजल्ट एवं फाइनल उत्तर कुंजी के लेटेस्ट अपडेट के लिए अभ्यर्थी समय समय पर ऑफिशियल वेबसाइट पर विजिट करते रहें।</description><guid>4018</guid><pubDate>15-Sep-2024 4:40:42 pm</pubDate></item></channel></rss>