छत्तीसगढ़ / बिलासपुर
धर्मांतरण और मानव तस्करी के आरोप में गिरफ्तार ननों को मिली जमानत
एनआईए कोर्ट ने 50-50 हजार के बॉन्ड पर दी रिहाई
बिलासपुर । धर्मांतरण और मानव तस्करी के गंभीर आरोपों में दुर्ग से गिरफ्तार की गईं दो ननों को शनिवार को एनआईए कोर्ट, बिलासपुर से 50-50 हजार रुपए के निजी मुचलके पर जमानत मिल गई है। मामले को लेकर राजनीतिक सरगर्मी तेज थी, जिसे कोर्ट के फैसले के बाद फिलहाल राहत मिली है।
गौरतलब है कि इन दोनों ननों को नारायणपुर जिले की दो नाबालिग लड़कियों के साथ दुर्ग से पकड़ा गया था। उनके खिलाफ धर्मांतरण कराने और मानव तस्करी के आरोप लगे थे। मामले ने राज्य ही नहीं, राष्ट्रीय स्तर की सियासत को भी प्रभावित किया।
फैसला शुक्रवार को रखा गया था सुरक्षित
शुक्रवार को ननों को एनआईए कोर्ट में पेश किया गया था, जहां सुनवाई पूरी होने के बाद कोर्ट ने फैसला सुरक्षित रख लिया था। शनिवार को सुनवाई में जज ने दोनों ननों को जमानत देने का आदेश जारी किया।
राजनीति गरमाई, कांग्रेस का प्रदर्शन
इस मुद्दे को लेकर कांग्रेस ने संसद तक विरोध जताया। इंडिया गठबंधन के कई सांसद दुर्ग जेल पहुंचकर ननों से मिले और भाजपा सरकार पर धार्मिक उत्पीड़न का आरोप लगाया। वहीं, मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने साफ कहा था कि राज्य में धर्मांतरण को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
फिलहाल, कोर्ट के फैसले से ननों को राहत मिली है, लेकिन मामले की जांच जारी है और सियासी गर्मी अभी थमी नहीं है। अब निगाहें इस केस की अगली सुनवाई और पुलिस की जांच रिपोर्ट पर टिकी हैं
विभागीय गलती से मिला अतिरिक्त वेतन तो नहीं होगी वसूली: हाईकोर्ट
बिलासपुर। छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने तृतीय श्रेणी के शासकीय कर्मचारियों को बड़ी राहत देते हुए स्पष्ट किया है कि यदि विभागीय त्रुटि के कारण किसी कर्मचारी को अधिक वेतन प्राप्त हुआ है, तो उससे वह राशि वसूल नहीं की जा सकती। यह फैसला दुर्ग जिले के बघेरा एसटीएफ में पदस्थ आरक्षक दिव्य कुमार साहू और अन्य कर्मचारियों की याचिका पर सुनाया गया है।
मुख्य न्यायाधीश रमेश सिन्हा और न्यायमूर्ति बी.डी. गुरु की डिवीजन बेंच ने राज्य सरकार की अपील को खारिज करते हुए वसूली आदेश को पूरी तरह निरस्त कर दिया। कोर्ट ने कहा कि कर्मचारी की कोई गलती नहीं होने पर वेतन से की गई वसूली असंवैधानिक है।
मामला क्या था?
आरक्षक दिव्य कुमार साहू और अन्य कर्मचारियों को विभागीय वेतन निर्धारण में हुई गलती के चलते कुछ समय तक अधिक वेतन मिला। बाद में जब यह मामला उजागर हुआ तो पुलिस अधीक्षक बघेरा ने आदेश जारी कर उनके वेतन से वसूली शुरू कर दी। इस आदेश को अधिवक्ता अभिषेक पाण्डेय और स्वाति कुमारी के माध्यम से हाईकोर्ट में चुनौती दी गई थी।
सुप्रीम कोर्ट का हवाला बना आधार
याचिकाकर्ताओं की ओर से सुप्रीम कोर्ट के ऐतिहासिक फैसले "स्टेट ऑफ पंजाब बनाम रफीक मसीह (2015)" का हवाला दिया गया, जिसमें यह साफ कहा गया है कि तीसरी श्रेणी के कर्मचारियों से विभागीय त्रुटि के कारण मिली अतिरिक्त राशि की वसूली नहीं की जा सकती।
कोर्ट का निर्देश: ब्याज समेत राशि लौटाई जाए
हाईकोर्ट ने आदेश में यह भी कहा कि यदि पहले से किसी कर्मचारी से राशि वसूली जा चुकी है, तो उसे 6 प्रतिशत वार्षिक ब्याज सहित तत्काल लौटाया जाए। कोर्ट ने साफ किया कि ऐसी वसूली संविधान के आर्थिक न्याय सिद्धांतों के विरुद्ध है।
यह फैसला राज्य के हजारों शासकीय कर्मचारियों के लिए मिसाल बन सकता है, जो विभागीय त्रुटियों के कारण वित्तीय नुकसान झेलते हैं। अदालत का यह निर्णय सरकारी कर्मचारियों के अधिकारों और न्याय की दिशा में एक ठोस कदम माना जा रहा है।
जिला स्तरीय कार्यशाला का सफल आयोजन
बिलासपुर । विश्व बैंक समर्थित भारत सरकार की योजना रैम्प अंतर्गत प्रार्थना भवन खारंग जल संसाधन परिसर बिलासपुर में उद्योग एवं बैंकर्स कनेक्ट कार्यक्रम’’ का आयोजन जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्र बिलासपुर के तत्वाधान में आयोजित किया गया।
कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य एमएसएमई को हरित बनाने में सहायता करना ऋण तक पहुंच को सुगम बनाना बाजार तक पहुंच बनाना विलंबित भुगतान के मुद्दों का समाधान करना एवं इस संबंध में भागीदारों के साथ चर्चा परिचर्चा कर समाधान करना मुख्य उद्देश्य है। जिला व्यापार एवं उद्योग केन्द्र बिलासपुर के मुख्य महाप्रबंधक सी.आर.टेकाम के द्वारा प्रतिभागियों को कार्यक्रम की रूपरेखा से अवगत कराते हुए नवीन उद्यम स्थापना के संबंध में औद्योगिक नीति 2024-30 के अंतर्गत प्रावधान, अनुदान, रियायतें छूट एवं अन्य सुविधाओं के संबंध में जानकारी दी गई। इस अवसर पर रैम्प योजना एवं पीएमएफएमई योजनाओं का राज्य स्तर से आये योगेश शर्मा एवं भूषण के द्वारा विस्तृत रूप से जानकारी देते हुए बैंकर्स से यथासंभव सहयोग करने का आग्रह किया गया। कार्यशाला में सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमी, पीएमएफएमई व पीएमईजीपी योजना के हितग्राही व जिले के प्रमुख बैंकों जैसे भारतीय स्टेट बैंक, यूनियन बैंक ऑफ इंडिया, पंजाब नेशनल बैंक, केनरा बैक सहित अन्य बैंकों के अधिकारियों ने भाग लेकर उपस्थित उद्यमियों को विभिन्न वित्तीय योजनाओं, ऋण सुविधाओं के लाभों की जानकारी दी गई।
कार्यक्रम का अध्यक्षता कर रहे क्षेत्रीय प्रबंधक भारतीय स्टेट बैंक शाखा के द्वारा अपने उद्बोधन में ऋण हेतु किये गये आवेदनों पर सकारात्मक विचार एवं सहयोग करने का आश्वासन दिया गया, प्रतिभागियों के द्वारा किये गये प्रश्नों के उत्तर से प्रतिभागी आश्वस्त हुए। इसी कड़ी में लीड बैंक अधिकारी दिनेश उरांव के द्वारा विभिन्न बैंक शाखाओं में शासकीय योजनाओं के लंबित प्रकरणों पर स्वीकृति एवं वितरित करने में विभागीय अधिकारियों के साथ समन्वय स्थापित कर लक्ष्य पूर्ति करने में कटिबद्ध होना बताया गया। सफल उद्यमी के रूप में मेसर्स रानीसती उद्योग औ.क्षे. तिफरा के इकाई स्वामी पुरूषोत्तम अग्रवाल के द्वारा अपने उद्बोधन में छोटे एवं कम लागत से उत्पादन प्रारंभ करके बड़े उद्योग तक पहुंचने में आने वाली चुनौतियों एवं उनके समाधान की जानकारी दी गयी।
कार्यक्रम में लगभग 50 प्रतिभागी शामिल हुए एवं उनके जानकारी प्राप्त करने की उत्सुकता और उत्तर प्रतिउत्तर से कार्यक्रम सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। कार्यक्रम में विभागीय अधिकारी एल.के.लाकरा महाप्रबंधक, सी.डी. प्रसाद महाप्रबंधक, संतोष धुर्वे महाप्रबंधक, सत्येंद्र वर्मा प्रबंधक, सुनील पाण्डेय प्रबंधक, ए.श्रीधर राव प्रबंधक, श्रीमती रेवती झलरिया प्रबंधक, श्रीमती आरती झलरिया प्रबंधक, एवं अन्य कर्मचारियों के साथ जिले में नियुक्त डीआरपी उपस्थित रहे।
आमागोहन में जनसमस्या निवारण शिविर
बिलासपुर । जिले में सुशासन तिहार अंतर्गत लगाये गये शिविरों में प्राप्त आवेदनों के निराकरण, मांग के संबंध में की गई कार्यवाही के साथ ही विभागीय योजनाओं के प्रचार-प्रसार के संबंध में जिला स्तरीय शिविर का आयोजन कोटा ब्लॉक के आमागोहन में 2 अगस्त को सवेरे 11 बजे से किया जाएगा। शिविर के लिए विकासखण्ड स्तर पर अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) कोटा को नोडल अधिकारी तथा सीईओ जनपद पंचायत, कोटा को सहायक नोडल अधिकारी बनाया गया है। कलेक्टर ने सभी विभाग प्रमुखों को निर्धारित समय में शिविर स्थल पर विभागीय जानकारी सहित उपस्थित होने के निर्देश दिए है।
छत्तीसगढ़ राज्य विधिज्ञ परिषद के निर्वाचन हेतु नामांकन फार्म जमा करने की प्रकिया प्रारंभ
बिलासपुर । छत्तीसगढ़ राज्य विधिज्ञ परिषद के निर्वाचन कार्यक्रम के अनुसार आज छत्तीसगढ़ राज्य विधिज्ञ परिषद के सदस्य पद हेतु नामांकन की प्रकिया प्रारंभ हो गई है। छत्तीसगढ़ राज्य विधिज्ञ परिषद के मुख्य कार्यालय उच्च न्यायालय प्रांगण बोदरी बिलासपुर छ.ग. में सुबह 10.30 बजे से सायं 5.00 बजे तक परिषद के सदस्य के निर्वाचन हेतु नामांकन फार्म, मतदाता सूची, निर्वाचन नियमावली तथा अनापत्ति प्रमाण पत्र आदि से संबंधित कार्य प्रारंभ हुआ जिसमें पहले दिन ही कुल 54 नामांकन आवेदन पत्रों की बिकी हुई तथा आज ही दो अधिवक्ताओं कमशः प्रशांत तिवारी राजनांदगांव एवं अब्दुल वहाब खान बिलासपुर ने अपना नामांकन फार्म पूर्ण शुल्क के साथ निर्वाचन अधिकारी अमित कुमार वर्मा के समक्ष प्रस्तुत किया।
परिषद के निर्वाचन कार्यक्रम के अनुसार दिनांक 14 अगस्त तक नामांकन फार्म जमा करने की प्रक्रिया चलेगी तथा दिनांक 16 से 23 अगस्त तक स्कूटनी तथा दिनांक 24 अगस्त से 31 अगस्त तक नामांकन फार्म की नाम वापसी की प्रक्रिया की जाएगी इसके पश्चात् दिनांक 01 सितम्बर 2025 को अंतिम उम्मीदवारों की सूची प्रकाशित की जाएगी तथा मतदान 30 सितम्बर 2025 को सम्पन्न होगा। परिषद के निर्वाचन में भाग लेने हेतु प्रदेश के दुर्ग, रायपुर, जांजगीर, कोरबा, कटघोरा, एवं अन्य स्थानों से अधिवक्ताओं ने नामांकन फार्म लेने हेतु परिषद कार्यालय में उपस्थित हुए।
जिले में अब तक 670.1 मि.मी. बारिश दर्ज
बिलासपुर । बिलासपुर जिले में चालू खरीफ मौसम में अब तक 670.1 मि.मी. बारिश दर्ज की गई है। जो कि पिछले 10 वर्ष के औसत बारिश 507.5 मि.मी. से 162.6 मि.मी. अधिक है। अधीक्षक भू अभिलेख से प्राप्त जानकारी के अनुसार सबसे अधिक बारिश 799.3 मि.मी. बेलगहना तहसील में और सबसे कम बारिश 546.2 मि.मी. कोटा में रिकार्ड की गई है। इसी प्रकार बिलासपुर तहसील में 798.1 मि.मी., बिल्हा तहसील में 653.5 मि.मी., मस्तूरी में 660.5 मि.मी.,तखतपुर में 727.4 मि.मी., सीपत में 640.1 मि.मी., बोदरी में 609.9 मि.मी., बेलतरा में 568 मि.मी., रतनपुर में 669.1 मि.मी., सकरी में 720.2 मि.मी. और पचपेड़ी तहसील में 648.4 मि.मी. बारिश रिकार्ड की गई है। जिले की औसत वार्षिक वर्षा 1202.3 मि.मी. है।
सभी थानों/यातायात की पेट्रोलिंग वाहनों में हेतु वितरित किए गए लगभग 1000 रेडियम बेल्ट
हनीफ बख्श
सभी थानों/यातायात की पेट्रोलिंग वाहनों में हेतु वितरित किए गए लगभग 1000 रेडियम बेल्ट****
पीएमश्री स्कूलों में योग-खेल शिक्षक नियुक्त होंगे
11 अगस्त तक आवेदन
बिलासपुर । जिले में संचालित 13 पीएमश्री विद्यालयों में अंशकालिक योग-खेल शिक्षक एवं प्रशिक्षक नियुक्त किये जाएंगे। इसके लिए 11 अगस्त 2025 तक आवेदन आमंत्रित किये गये है। जिला पंचायत स्थित समग्र शिक्षा के जिला परियोजना कार्यालय में डाक अथवा स्पीड पोस्ट से उक्त तिथि तक आवेदन अनिवार्य रूप से प्राप्त हो जाना चाहिए। चयनित शिक्षक को प्रतिमाह 10 हजार रूपये मानदेय दिया जाएगा। समग्र शिक्षा के जिला मिशन समन्वयक ने बताया कि इसके लिए न्यूनतम शैक्षणिक योग्यता शारीरिक शिक्षा या योग शिक्षा में स्नातक डिग्री अनिवार्य होना चाहिए। आवेदक बिलासपुर जिले में संचालित किसी एक पीएमश्री विद्यालय के लिए ही आवेदन कर सकते है। एक से अधिक विद्यालय के लिए आवेदन किये जाने पर अंतिम रूप से प्राप्त आवेदन पर ही समिति द्वारा विचार किया जाएगा। आवेदन पत्र सीधे स्वीकार नहीं किये जाएंगे। डाक अथवा स्पीड पोस्ट से ही आवेदन लिये जाएंगे। पदों से संबंधित आवश्यक योग्यता, नियम, शर्ताें एवं आवेदन का प्रारूप जिला प्रशासन की वेबसाईट www.bilaspur.gov.in में अवलोकन किया जा सकता है।
नौकरी लगवाने के नाम पर ठगी करने वाला आरोपी गिरफ्तार
बिलासपुर। जिले से फिर एक ठगी के मामले में अहम सफलता सरकंडा पुलिस को मिली है। पुलिस ने करीब एक साल से फरार चल रहा पूर्व आरक्षक श्रीकांत मार्कों को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी पर PHE (लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी) विभाग में नौकरी लगवाने का झांसा देकर 2 लाख 5 हज़ार रुपये और एक कार हड़पने का गंभीर आरोप लगा था।
जानकारी के अनुसार, श्रीकांत मार्को ने अपनी पूर्व आरक्षक की पहचान का फायदा उठाकर लोगों को भरोसे में लिया और पीड़ित से मोटी रकम व कार ले लिया। मामला सामने आने के बाद से ही वह फरार चल रहा था, लेकिन सरकंडा ने सटीक जानकारी के आधार पर उसे दबोच लिया।
पूछताछ के दौरान आरोपी ने जुर्म कबूल कर लिया है। पुलिस ने उसके खिलाफ वैधानिक कार्रवाई शुरू कर दी है। यह पूरा मामला सरकंडा थाना क्षेत्र का है। फिलहाल आरोपी को न्यायिक प्रक्रिया के तहत आगे बढ़ाया जा रहा है।
30 किलो गांजा के साथ चार तस्कर गिरफ्तार
बिलासपुर। जिले में नशा तस्करों के खिलाफ चलाए जा रहे ‘ऑपरेशन प्रहार’ अभियान के तहत पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। उड़ीसा से लाया जा रहा 30 किलोग्राम गांजा जब्त कर पुलिस ने चार तस्करों को गिरफ्तार कर लिया है। मामला सकरी थाना क्षेत्र का है।
मिली जानकारी के अनुसार, पुलिस को मुखबिरों से सूचना मिली थी कि थाना सकरी क्षेत्र के चोरभट्ठी खुर्द निवासी गांजा मंगाकर अपने घर के सामने नीली बलेनो कार में रख रहे हैं। इस दौरान पुलिस ने मौके पर दबिश दी और चारों को रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया।
पुलिस ने इस कार्रवाई के दौरान आरोपियों के पास से 30 किलो गांजा, 2 कारें (नीली बलेनो व सफेद अर्टिगा), 3 मोबाइल फोन, 20 लाख से ज्यादा नगद, जब्त कर लिये है। चारों आरोपियों के विरुद्ध एनडीपीएस एक्ट की धारा 20(बी), 29 के तहत अपराध दर्ज कर न्यायिक रिमाण्ड पर भेज दिया गया है।
महिला गांजा तस्कर सहित 3 आरोपियों को 5-5 साल की सजा
बिलासपुर । बिलासपुर की विशेष न्यायालय एनडीपीएस एक्ट ने गांजा तस्करी के मामले में महिला समेत 3 आरोपियों को दोषी करार दिया है, और पांच-पांच वर्ष के सश्रम कारावास एवं 50-50 हजार रुपये के जुर्माने से दंडित किया है. साथ ही जुर्माना नहीं चुकाने पर दो-दो माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा. फैसला विशेष न्यायाधीश एनडीपीएस एक्ट कु. पुष्पलता मारकण्डे की कोर्ट ने सुनाया है.
दरअसल, 31 दिसंबर 2023 को सकरी थाना के सहायक उप निरीक्षक हेमंत आदित्य को मुखबिर से सूचना मिली थी कि ग्राम सैदा निवासी सुलक्षणा पाण्डेय एक सफेद रंग की डस्टर कार में ओडिशा से गांजा लेकर आ रही है. पुलिस की टीम ने गतवा तालाब के पास घेराबंदी कर उक्त वाहन को पकड़ा, तलाशी लेने पर सीट के नीचे छिपाकर रखे पांच पैकेटों में कुल 12 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ. वाहन में सवार इदरीश मोहम्मद निवासी महामाया पारा घुटकू थाना कोनी, मोनू उर्फ विनोद चौधरी निवासी लालपुर थाना गौरेला एवं सुलक्षणा पाण्डेय निवासी ग्राम सैदा थाना सकरी को मौके पर ही गिरफ्तार किया गया. इनके पास से गांजा के अलावा डस्टर कार, तीन मोबाइल फोन एवं नगदी 2,000 रुपये भी जब्त किए गए थे.
विशेष न्यायाधीश कु. पुष्पलता मारकण्डे ने मामले में सभी साक्ष्य, दस्तावेज एवं अभियोजन की दलीलों पर विचार करते हुए तीनों आरोपियो को दोषसिद्ध पाया. अदालत ने इदरीश मोहम्मद, मोनू चौधरी उर्फ विनोद चौधरी एवं सुलक्षणा पाण्डेय को एनडीपीएस एक्ट की धारा 20(बी)(2-बी) के तहत पांच-पांच वर्ष के सश्रम कारावास एवं 50-50 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई. अर्थदंड अदा न करने की स्थिति में दो-दो माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
कलेक्टर ने की स्वास्थ्य विभाग के कामकाज की समीक्षा
आयुष्मान कार्ड, वय वंदन, एएनसी एवं सिकल सेल जांच पर दिया जोर
बिलासपुर। कलेक्टर संजय अग्रवाल ने आज बिल्हा ब्लॉक में संचालित स्वास्थ्य योजनाओं की गहन समीक्षा प्रार्थना सभा भवन में की। बैठक में आयुष्मान भारत योजना, वय वंदन योजना, गर्भवती महिलाओं की एएनसी जांच एवं सिकल सेल रोग की स्क्रीनिंग और उपचार संबंधी गतिविधियों की विस्तार से समीक्षा की गई। कलेक्टर ने स्पष्ट निर्देश दिए कि जन स्वास्थ्य से जुड़ी योजनाओं का लाभ पात्र हितग्राहियों को समयबद्ध और पारदर्शी रूप से पहुंचाया जाए। बैठक में नगर निगम कमिश्नर अमित कुमार, सीईओ जिला पंचायत संदीप अग्रवाल, एसडीएम बजरंग वर्मा, सीएमएचओ डॉ. शुभा गढ़ेवाल, डीपीएम पीयूली मजूमदार सहित स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी-कर्मचारी और मैदानी अमले के लोग मौजूद थे।
कलेक्टर संजय अग्रवाल ने आयुष्मान भारत योजना अंतर्गत बचे हुए हितग्राहियों के आयुष्मान कार्ड जल्द बनाने के निर्देश दिए। बिल्हा में 3 लाख 57 हजार 31 आयुष्मान कार्ड बनना है जिसमें से 2 लाख 64 हजार 544 आयुष्मान कार्ड बन चुके है। 92 हजार 487 हितग्राहियों का आयुष्मान कार्ड बनना शेष है। कलेक्टर ने इसमें प्रगति लाने कहा। उन्होंने कार्ययोजना बनाकर एक माह के भीतर बचे हुए हितग्राहियों का आयुष्मान कार्ड बनाने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने कहा कि सामूहिक रूप से लोगों को जोड़ने से ही यह कार्य संभव होगा। उन्होंने वार्ड एवं ग्राम पंचायत स्तर पर सक्रिय प्रचार-प्रसार और लाभार्थी जागरूकता अभियान चलाने कहा। हर पात्र व्यक्ति तक योजना का लाभ पहुँचना चाहिए, यह प्रशासन की जिम्मेदारी है। बैठक में वरिष्ठ नागरिकों के लिए संचालित वय वंदन योजना की भी समीक्षा की गई। उन्होंने इसमें भी प्रगति लाने के निर्देश दिए।
गर्भवती महिलाओं की नियमित जांच अनिवार्य -
कलेक्टर ने कहा कि सभी गर्भवती महिलाओं का समय पर पंजीकरण आवश्यक है। गर्भवती महिलाओं के लिए एएनसी जांच, टीकाकरण एवं पोषण सुविधा अनिवार्य रूप से सुनिश्चित की जाए। उन्होंने निर्देश दिए कि कोई भी गर्भवती महिला जांच से वंचित न रहे।
बैठक में कलेक्टर ने सिकल सेल जांच एवं उपचार की भी सीएचसी एवं पीएचसी वार समीक्षा की। उन्होंने सिकल सेल जांच में प्रगति लाने के भी निर्देश दिए। कलेक्टर ने मौसमी बीमारियों जैसे डेंगू, मलेरिया और जलजनित रोगों के प्रति भी अलर्ट रहने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने स्वास्थ्य अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे नियमित तौर पर निरीक्षण करें और किसी भी स्तर पर लापरवाही बरतने वाले कर्मचारियों पर कार्रवाई करें। उन्होंने कहा कि सभी जरूरतमंद व्यक्तियों तक योजनाओं का लाभ पहुँचना चाहिए।
टीबी मरीजों की मदद के लिए निक्षय मित्र बनने की अपील
कलेक्टर की अध्यक्षता में जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक
बिलासपुर । कलेक्टर संजय अग्रवाल की अध्यक्षता में जिला स्वास्थ्य समिति के शासी निकाय की बैठक आज आयोजित की गई। बैठक में स्वास्थ्य विभाग द्वारा संचालित तमाम हितग्राही मूलक योजनाओं की समीक्षा कर उनमें और तेज गति से काम करने के निर्देश दिए। व्यापक संसाधनों की उपलब्धता के बावजूद कई स्वास्थ्य सूचकांकों में जिले के नीचले पायदान में रहने पर कलेक्टर ने अप्रसन्नता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि अब बोलने का नहीं बल्कि तेजी काम करने का समय आ गया हैं। किसी तरह की कोताही अथवा हीला-हवाला बर्दाश्त नहीं की जायेगी। सभी लोग एक निश्चित कार्य-योजना बनाकर निरंतर काम पर अपेक्षित परिणाम दें।
कलेक्टर ने आयुष्मान कार्ड के लिए विभाग को प्रतिदिन 5 हजार कार्ड बनाने का लक्ष्य दिया। अब तक कार्ड निर्माण में शिथिलता पाई गई। पिछले दो माह में केवल 32 हजार कार्ड बनाये गये। जिले में अब तक केवल 74 प्रतिशत लोगों के कार्ड बने हैं। जबकि राज्य का औसत 88.2 प्रतिशत हैं। रैकिंग में राज्य के सभी जिलों में से आखिरी 33 वें नम्बर पर है। आयुष्मान कार्ड से इलाज करने में भी सरकारी अस्पताल पीछे हैं। ज्यादा से ज्यादा लोगों को भर्ती कर उपचार करने के निर्देश दिए। पीएचसी दगौरी जैसे छोटे प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र द्वारा 42 लाख रूपये का भुगतान दावा किये जाने पर उसकी सराहना की गई। उनके द्वारा 615 लोगों का इलाज किया गया है। कलेक्टर ने हाई रिस्क वाली गर्भवती महिलाओं को चिन्हित कर उनकी सतत् निगरानी करते रहने के निर्देश दिए ताकि किसी भी महिला का प्रसव के दौरान मृत्यु न हो। उन्होंने कहा कि हर गर्भवती माता का पंजीयन होना चाहिए ताकि सभी प्रकार के टीके उन्हें लग सके। एक भी महिला पंजीयन से छूटना नहीं चाहिए। प्रसव के उपरांत प्रधानमंत्री मातृत्व वंदन योजना का लाभ भी दिलाया जाए।प्रथम प्रसव में दो किश्तों में 5 हजार और दूसरे प्रसव में लड़की होने पर 6 हजार रूपए प्रोत्साहन राशि दी जाती है। शिशु मृत्यु की रिपोर्टिग में त्रुटि होने पर इसे सुधारने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने कहा कि पोषण पुनर्वास केन्द्रों में एक भी बेड रिक्त नहीं रहने चाहिए। स्वास्थ्य के साथ महिला एवं बाल विकास विभाग की भी जिम्मेदारी इसमें बनती है। पिछले 3 माह में 198 कुपोषित बच्चों को इसमें भर्ती कर लाभान्वित किया गया है।
कलेक्टर ने एनीमिया मुक्त अभियान के अंतर्गत हाई स्कूल की सभी बच्चियों की जांच करने और दवाईयां देने के निर्देश दिए। उन्होंने क्षय रोग उपचार के लिए ज्यादा से ज्यादा निक्षय मित्र बनाने को कहा है। फिलहाल 1,624 क्षय रोगियों का इलाज चल रहा है। कलेक्टर ने मलेरिया नियंत्रण कार्यक्रम की भी समीक्षा की। बैठक में बताया गया कि अब तक जिले में 38 प्रकरण आये हैं। कोटा क्षेत्र में इस बीमारी के केस मिलते हैं। उन्होंने कहा कि मलेरिया से एक भी मरीज की मृत्ये न हो इसके लिए सभी उपाय सुनिश्चित करें। उन्होंने मच्छरदानी एवं मास्क्विटो रिपेलेन्ट के लिए प्रस्ताव देने के निर्देश भी दिए। कलेक्टर ने कहा कि चिरायु योजना के अंतर्गत आंगनबाड़ी एवं स्कूलों में नियमित रूप से डॉक्टरों की टीम पहुंचे। एक भी बच्चा स्वास्थ्य जांच से वंचित नहीं होना चाहिए। गंभीर बीमारी की समय पूर्व सूचना मिल जाने पर आगे उनका मुफ्त इलाज सुनिश्चित किया जायेगा। बैठक में नगर निगम आयुक्त अमित कुमार, जिला पंचायत सीईओ संदीप अग्रवाल, सीएमएचओ डॉ0 शुभा गढ़ेवाल, सिविल सर्जन डॉ. अनिल गुप्ता, जिला आयुर्वेद अधिकारी डॉ. यशवंत धु्रव, डीपीओ सुरेश सिंह, डीपीएम पियुली मजूमदार सहित सहित स्वास्थ्य विभाग के बीएमओ और विभिन्न राष्ट्रीय योजनाओं के प्रभारी अधिकारी उपस्थित थे।
जिले में अब तक 588.6 मि.मी. बारिश दर्ज
बिलासपुर । बिलासपुर जिले में चालू खरीफ मौसम में अब तक 588.6 मि.मी. बारिश दर्ज की गई है। जो कि पिछले 10 वर्ष के औसत बारिश 450.9 मि.मी. से 137.7 मि.मी. अधिक है।
अधीक्षक भू अभिलेख से प्राप्त जानकारी के अनुसार सबसे अधिक बारिश 759.2 मि.मी. बेलगहना तहसील में और सबसे कम बारिश 433.8 मि.मी. कोटा में रिकार्ड की गई है। इसी प्रकार बिलासपुर तहसील में 713.1 मि.मी., बिल्हा तहसील में 553.7 मि.मी., मस्तूरी में 600.2 मि.मी.,तखतपुर में 625.2 मि.मी., सीपत में 599.2 मि.मी., बोदरी में 529.9 मि.मी., बेलतरा में 481 मि.मी., रतनपुर में 571.1 मि.मी., सकरी में 620 मि.मी. और पचपेड़ी तहसील में 576.2 मि.मी. बारिश रिकार्ड की गई है। जिले की औसत वार्षिक वर्षा 1202.3 मि.मी. है।
टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत 24 मरीजों को पोषण आहार वितरित
बिलासपुर । टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत जनभागीदारी की सराहनीय पहल करते हुए जैन समाज के प्रमुख समाजसेवी सुभाष जैन, श्रीजी भक्त मंडल अध्यक्ष द्वारा जिला अस्पताल में उपचाररत 24 टीबी मरीजों को पोषण आहार किट वितरित किया गया। स्वास्थ्य विभाग की जनभागीदारी पहल के तहत यह आयोजन किया गया।
कार्यक्रम के दौरान समाजसेवी सुभाष जैन ने स्वयं अस्पताल पहुंचकर मरीजों से मुलाकात की और उन्हें पोषण किट भेंट किया। इस दौरान उनके परिवार के सदस्य भी मौजूद रहे। पोषण किट में रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने वाले आहार सामग्री जैसे फल, सूखे मेवे, पौष्टिक बिस्किट, दलिया, एवं अन्य सुपाच्य वस्तुएं शामिल थीं। जैन ने कहा कि यह सेवा कार्य उनके धार्मिक दायित्व और सामाजिक कर्तव्यों का हिस्सा है।
जिला क्षय नियंत्रण अधिकारी डॉ. गायत्री बांधी ने जैन के इस योगदान की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे सामाजिक सहयोग से ही श् टीबी मुक्त भारतश् का सपना साकार हो सकता है। डॉ. बांधी ने इस अवसर पर कहा कि यह सेवा कार्य न केवल मरीजों के पोषण स्तर में सुधार लाने में सहायक होगा,बल्कि समाज को भी इस अभियान से जुड़ने के लिए प्रेरित करेगा। इस अवसर पर जिला कार्यक्रम समन्वयक (टीबी) आशीष सिंह, सुपरवाइजर मानमलाल मारमती, जय सिंह सहित स्वास्थ्य विभाग के अन्य अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे।
उल्लेखनीय है कि भारत सरकार द्वारा देश को टीबी मुक्त बनाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इस दिशा में जिले में स्वास्थ्य विभाग द्वारा लगातार जनभागीदारी को प्रोत्साहित करते हुए विभिन्न जागरूकता और पोषण सहयोग कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
बच्चों के समग्र विकास के लिए बनाएं कार्ययोजना : कलेक्टर
बिलासपुर । कलेक्टर संजय अग्रवाल की अध्यक्षता में आज जिले के समस्त संकुल शैक्षिक समन्वयकों एवं प्राचार्यों की संयुक्त बैठक स्थानीय देवकीनन्दन दीक्षित सभा भवन, लाल बहादुर शास्त्री स्कूल परिसर में आयोजित की गई। बैठक का मुख्य उद्देश्य विद्यालयों में शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार लाना और छात्रों के शैक्षणिक प्रर्दशन को बेहतर बनाना था। कलेक्टर ने सभी प्राचार्याें को निर्देश दिए कि वे विद्यालय में नियमित कक्षाओं का संचालन सुनिश्चित करें।
शिक्षकों की उपस्थिति पर विशेष निगरानी रखें और कमजोर छात्रों पर ज्यादा ध्यान देते हुए उनके लिए विशेष कक्षाएं आयोजित करें। उन्होंने कहा कि शिक्षा केवल पाठ्यक्रम तक सीमित नहीं होना चाहिए बल्कि छात्रों में नैतिक मूल्यों और व्यावहारिक ज्ञान का भी विकास होना चाहिए। बैठक में नगर निगम कमिश्नर अमित कुमार, सीईओ जिला पंचायत संदीप अग्रवाल, जिला मिशन समन्वयक ओम पाण्डेय, सहायक परियोजना अधिकारी रामेश्वर जायसवाल सहित जिला शिक्षा कार्यालय के समस्त अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थिति रहे।
कलेक्टर संजय अग्रवाल ने कहा कि देश की भावी पीढ़ी के निर्माण में शिक्षकगण अपना बहुमूल्य योगदान दें। उन्होंने शिक्षकीय कार्य को सेवा भाव से करने शिक्षकों को प्रेरित किया। इसके साथ ही उन्होंने प्राचार्यों से कहा कि वे विद्यार्थियों में सकारात्मक सोच और सामाजिकता की भावना का विकास करें। विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास हेतु पाठ्यक्रम के अतिरिक्त पर्यावरण, स्वच्छता, सड़क सुरक्षा, नैतिक एवं सामाजिक मूल्य प्रदान करने प्राचार्यों से प्रत्येक शनिवार को इसके लिए कार्ययोजना बनाने कहा। आने वाली पीढ़ी के लिए जल संरक्षण के अंतर्गत पानी बचाओ अभियान की शुरूवात के साथ ही अधिकाधिक वृक्षारोपण किए जाने हेतु प्रेरित करने के निर्देश दिए। स्कूलों में संचालित मध्यान्ह् भोजन की पौष्टिकता पर विशेष ध्यान देते हुए सप्ताह में एक दिन विद्यार्थियों को गुड़ चना देने कहा। इसके साथ ही गतवर्ष से संचालित न्योता भोज कार्यक्रम को भी सतत् रूप से जारी रखने हेतु निर्देशित किया गया। इस शैक्षणिक सत्र में जिला प्रशासन द्वारा स्कूल शिक्षा विभाग एवं स्वास्थ्य विभाग के सहयोग से किशोरी बालिकाओं को उनके स्वास्थ्य संबंधी जानकारी प्रदान किए जाने हेतु कार्यशाला आयोजित करने के निर्देश दिए। विद्यार्थियों के मानसिक स्वास्थ्य के लिए प्रत्येक दिन खेलकूद की गतिविधियां आयोजित करने कहा।
नगर निगम कमिश्नर अमित कुमार ने गत शैक्षणिक सत्र में मिशन 90 प्लस अंतर्गत बोर्ड परीक्षाओं से संबंधित किए गए प्रयासों की जानकारी दी। इस शैक्षणिक सत्र में आवश्यकतानुसार सुधार करते हुए इसे और कैसे प्रभावी बनाये इस हेतु विशेष जोर देते हुए समस्त प्राचार्याें से प्रभावी कक्षाध्यापन एवं मूल्यांकन उपरांत उपचारात्मक शिक्षण देने हेतु विषेष प्रयास किए जाने हेतु प्रेरित किया गया। सीईओ जिला पंचायत संदीप अग्रवाल द्वारा शासन द्वारा विद्यालयों में प्रदत्त सुविधाओं का समुचित लाभ विद्यार्थियों को प्रदान की जाने की बात कही गई, इसके साथ ही उनके द्वारा जिला प्रशासन के अभिनव प्रयास के बारे में जानकारी देते हुए बताया गया कि संकुल शैक्षक समन्वयकों के माध्यम से विद्यार्थियों का जाति प्रमाण पत्र मोबाईल एप्प के माध्यम से किस तरह से आसानी पूर्वक विद्यालय स्तर से ही बनाया जायेगा।
कार्यक्रम की शुरूआत में जिला मिशन समन्वयक ओम पाण्डेय के उद्बोधन से हुआ जिसमें उनके द्वारा प्रारंभिक स्तर के विद्यार्थियों के भाषाई एवं गणितिय कौशल के विकास हेतु शासन के कार्ययोजना अनुसार कार्य किए जाने पर विशेष बल दिया गया। सहायक संचालक पी. दासरथी द्वारा छत्तीसगढ़ के रजत जयंती वर्ष में स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा संचालित विभिन्न गतिविधियों के बारे में विस्तारपूर्वक जानकारी उपस्थिति प्रतिभागियों को दिया गया। जिला साक्षरता मिशन के परियोजना अधिकारी जितेन्द्र पाटले के द्वारा उल्लास कार्यक्रम के संदर्भ में जानकारी देते हुए साक्षरता दिवस के सफल क्रियान्वयन हेतु उपयोगी सुझाव प्रदान किए गए। स्वास्थ्य विभाग के डॉ. अनुपम नाहाक, जिला सलाहकार राष्ट्रीय तम्बाकू नियंत्रण कार्यक्रम बिलासपुर के द्वारा विद्यार्थियों को दुर्व्यसनों से किस तरह से दूर रखें इस बाबत् उपयोगी जानकारी प्रदान की गई। इसके सथ ही स्वास्थ्य विभाग से आए गिरीश दुबे के द्वारा आयुष्मान कार्ड बनाये जाने संबंधी जानकारी प्रदान की गई।
मुख्यमंत्री शिक्षा गुणवत्ता अभियान के संदर्भ में जानकारी देते हुए जिला परियोजना कार्यालय के सहायक कार्यक्रम समन्वयक, डॉ. मुकेश पाण्डेय के द्वारा गुणवत्तायुक्त शिक्षा हेतु समुदाय की सहभागिता, शिक्षकों की सेवाभाव के साथ समर्पण के साथ विद्यार्थियों को निरंतर रूप से सक्रिय रखने हेतु प्रभावी कक्षाध्यापन पर विशेष रूप से जानकारी प्रदान किया गया। इसके साथ ही बिलासपुर स्मार्ट सिटी लिमिटेड के प्रबंधक श्रीनिवास के द्वारा मिशन 90 संबंधी आवश्यक जानकारी पावर प्वाइंट के माध्यम से दी गई। भिलाई एजुकेशन चेरिटेबल ट्रस्ट के समन्वयक ई0 पी0 रितेश द्वारा कमजोर वर्ग के छात्रों को जेईई एवं नीट परीक्षा हेतु निःशुल्क कोचिंग प्रदान किए जाने संबंधी जानकारी उपस्थित प्रतिभागियों को दी गई।
कार्यक्रम का संचालन सहायक जिला परियोजना अधिकारी रामेश्वर जायसवाल के द्वारा किया गया एवं आभार प्रदर्शन जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय में नवपदस्थ सहायक संचालक वर्षा शर्मा किया गया।
फार्मासिस्ट भर्ती में डिग्रीधारी अभ्यर्थियों को भी मिलेगा मौका
बिलासपुर । बिलासपुर हाईकोर्ट ने बी.फार्मा और उच्च डिग्रीधारी अभ्यर्थियों के लिए बड़ा फैसला लिया है। कोर्ट ने कहा कि, फार्मासिस्ट भर्ती में डिप्लोमा वालों को ही पात्र बताना गलत ठहराया है। इससे बी.फार्मा और उच्च डिग्रीधारी अभ्यर्थियों को अब मौका मिलेगा। हाईकोर्ट ने भर्ती प्रक्रिया पर अंतरिम राहत दी है।
वहीं व्यापम को नया पोर्टल खोलकर फिर से आवेदन लेने का आदेश दिया है। 25 जुलाई शाम 5 बजे तक सभी योग्य अभ्यर्थी आवेदन कर सकेंगे। हाईकोर्ट ने कहा कि, यह आदेश केवल व्यक्तिगत नहीं, सभी पर लागू होगा। राज्य शासन को निर्देश दिया कि, विज्ञापन, अखबार और सोशल मीडिया के माध्यम से अभ्यर्थियों को सुनिश्चित करें। याचिका राहुल वर्मी सहित अन्य की ओर से दायर, अधिवक्ता हर्षवर्धन परगनिया ने दलील रखी।