छत्तीसगढ़ / धमतरी
धमतरी में विकास और सुशासन का नया अध्याय : जनता से किया वादा निभाया, मुख्यमंत्री की घोषणा पूरी
धमतरी । छत्तीसगढ़ में जनकल्याण और विकास को प्राथमिकता देते हुए मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने पिछले वर्ष 31 मई 2025 को धमतरी में आयोजित सुशासन तिहार (समाधान शिविर ) के दौरान नागरिकों की मांगों को संवेदनशीलता से स्वीकार करते हुए 213 करोड़ रुपये की लागत के बहुप्रतीक्षित विकास कार्यों की घोषणा की थी। यह घोषणा केवल एक आश्वासन नहीं रही, बल्कि अब धरातल पर उतरते हुए विकास के नए आयाम स्थापित कर रही है।
मुख्यमंत्री द्वारा घोषित इन कार्यों में शहर के बुनियादी ढांचे को सुदृढ़ करने और नागरिक सुविधाओं को आधुनिक स्वरूप देने पर विशेष जोर दिया गया है। इसके अंतर्गत धमतरी में 18 करोड़ रुपये की लागत से हाईटेक बस स्टैंड का निर्माण प्रस्तावित है, जो यातायात व्यवस्था को अधिक सुगम और व्यवस्थित बनाएगा। साथ ही, 10 करोड़ 50 लाख रुपये की लागत से एक अत्याधुनिक, सर्वसुविधायुक्त ऑडिटोरियम का निर्माण भी किया जाएगा, जो सांस्कृतिक और सामाजिक गतिविधियों के लिए महत्वपूर्ण केंद्र बनेगा।
सड़क अवसंरचना के विकास के तहत सिहावा चौक से कोलियारी तक 5 किलोमीटर लंबी फोरलेन सड़क के निर्माण के लिए 69 करोड़ रुपये, रत्नाबांधा से मुजगहन तक फोरलेन सड़क के लिए 56 करोड़ रुपये तथा धमतरी से नगरी मुख्य मार्ग के नवीनीकरण और मजबूतीकरण हेतु 60 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं। इन परियोजनाओं के लिए आवश्यक राशि और प्रशासकीय स्वीकृति जारी कर दी गई है, जिससे निर्माण कार्यों का मार्ग प्रशस्त हो चुका है।
प्रशासनिक स्तर पर भी इन कार्यों को समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण ढंग से पूर्ण करने के लिए सतत प्रयास किए जा रहे हैं। कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने संबंधित अधिकारियों के साथ स्थल निरीक्षण कर निर्माण कार्यों की प्रगति का जायजा लिया है और स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि सड़क निर्माण कार्य वर्षा ऋतु के पूर्व पूर्ण कर लिए जाएं। उन्होंने यह भी कहा कि गुणवत्ता के साथ किसी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जाएगा।
इसी क्रम में प्रदेश में 1 मई से 10 जून तक “सुशासन दिवस” का आयोजन किया जा रहा है, जिसके तहत धमतरी जिले में भी व्यापक तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। जिले की धमतरी, कुरूद, नगरी और मगरलोड विकासखंडों की 24 ग्राम पंचायतों को क्लस्टर के रूप में चिन्हित कर समाधान शिविरों का आयोजन किया जाएगा, जहां आम नागरिकों की समस्याओं का त्वरित निराकरण किया जाएगा।
इन शिविरों की शुरुआत 4 मई को जनपद पंचायत धमतरी के ग्राम भोयना और जनपद पंचायत नगरी के ग्राम कुकरेल से होगी। प्रातः 10 बजे से दोपहर 1 बजे तक आयोजित इन शिविरों में भोयना क्लस्टर के 21 ग्राम तथा कुकरेल क्लस्टर के 17 ग्राम शामिल होंगे, जिससे बड़ी संख्या में ग्रामीणों को लाभ मिलेगा।
शहरी क्षेत्र में भी नागरिकों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए नगर निगम के 15 वार्डों में समाधान शिविर आयोजित किए जाएंगे। प्रथम शिविर 4 मई को देवांगन समाज भवन, नागदेव मंदिर के पास आयोजित होगा, जिसमें हटकेशर, शीतलापारा, लालबगीचा और सुभाषनगर वार्ड के नागरिक शामिल होंगे। वहीं, नगर पंचायत मगरलोड-भैसमुड़ी में 6 मई को रामलीला मैदान में सुशासन शिविर आयोजित किया जाएगा।
समग्र रूप से देखा जाए तो धमतरी में विकास कार्यों की यह श्रृंखला और सुशासन शिविरों का आयोजन शासन की जनोन्मुखी सोच और संवेदनशील प्रशासनिक व्यवस्था का सशक्त उदाहरण है। यह पहल न केवल बुनियादी सुविधाओं को सुदृढ़ करेगी, बल्कि आमजन के जीवन स्तर को भी नई दिशा प्रदान करेगी।
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पंचायती राज दिवस पर धमतरी में ग्राम सभाओं के माध्यम से विकास और जनभागीदारी का सशक्त संदेश
- आलेख : एस.आर. पाराशर
धमतरी, 28 अप्रैल 2026

पंचायती राज दिवस के अवसर पर धमतरी जिले में ग्राम लोकतंत्र का सशक्त और जीवंत स्वरूप देखने को मिला। कलेक्टर श्री अबिनाश मिश्रा के निर्देशन एवं जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री गजेन्द्र सिंह ठाकुर के मार्गदर्शन में 24 अप्रैल से जिले की सभी ग्राम पंचायतों में व्यापक स्तर पर ग्राम सभाओं का आयोजन किया गया। इन आयोजनों ने न केवल ग्रामीण विकास की दिशा तय की, बल्कि जनभागीदारी और सामूहिक उत्तरदायित्व की भावना को भी मजबूत किया।
जिले के ग्रामीण और वनांचल क्षेत्रों में आयोजित ग्राम सभाओं में बड़ी संख्या में ग्रामीणजन, जनप्रतिनिधि, महिला स्व-सहायता समूह, युवा और किसान शामिल हुए। कार्यक्रमों के दौरान संविधान निर्माता डॉ. भीमराव अंबेडकर और राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के ग्राम स्वराज के विचारों को स्मरण करते हुए पंचायती राज व्यवस्था को लोकतंत्र की आधारशिला बताया गया। ग्राम सभाओं के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि गांवों का समग्र विकास तभी संभव है, जब स्थानीय समुदाय स्वयं निर्णय प्रक्रिया में सक्रिय भूमिका निभाए।
ग्राम सभाओं में विभिन्न शासकीय योजनाओं की प्रगति की समीक्षा की गई, जिनमें प्रधानमंत्री आवास योजना, मनरेगा, राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन, स्वच्छ भारत मिशन और जल जीवन मिशन प्रमुख रहे। ग्रामीणों से योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन हेतु सुझाव भी प्राप्त किए गए। इससे योजनाओं में पारदर्शिता और प्रभावशीलता सुनिश्चित करने की दिशा में सकारात्मक पहल हुई।
मनरेगा अंतर्गत आगामी कार्ययोजना पर विशेष जोर दिया गया। जल संरक्षण, तालाब गहरीकरण, नाला उपचार, वृक्षारोपण, चारागाह विकास और ग्रामीण संपर्क मार्गों के निर्माण जैसे कार्यों के प्रस्ताव पारित किए गए। इन पहलों से न केवल प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण होगा, बल्कि स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर भी सृजित होंगे।
महिला स्व-सहायता समूहों की सक्रिय भागीदारी इस आयोजन की विशेष उपलब्धि रही। बिहान योजना से जुड़ी महिलाओं ने आर्थिक स्वावलंबन, लघु उद्यम और पोषण संबंधी गतिविधियों की जानकारी साझा की। वहीं युवाओं ने खेल, शिक्षा, डिजिटल साक्षरता और नशा मुक्ति जैसे विषयों पर अपनी भागीदारी सुनिश्चित करने का संकल्प लिया।
स्वच्छता और पर्यावरण संरक्षण को भी विशेष प्राथमिकता दी गई। कई ग्राम पंचायतों में श्रमदान, पौधरोपण और प्लास्टिक मुक्त गांव बनाने जैसे अभियान चलाए गए। साथ ही सामाजिक न्याय, पारदर्शिता और पात्रता आधारित लाभ वितरण पर भी गंभीर चर्चा हुई।
कलेक्टर श्री अबिनाश मिश्रा ने ग्राम पंचायतों को शासन और जनता के बीच सबसे महत्वपूर्ण कड़ी बताते हुए जनभागीदारी को विकास की कुंजी बताया। वहीं सीईओ जिला पंचायत श्री गजेन्द्र सिंह ठाकुर ने पंचायतों के सशक्तिकरण को ग्रामीण अर्थव्यवस्था की मजबूती का आधार बताया।
इस प्रकार पंचायती राज दिवस पर आयोजित ग्राम सभाओं ने यह सिद्ध किया कि जब ग्रामीण समुदाय संगठित होकर निर्णय लेते हैं, तब विकास की प्रक्रिया अधिक प्रभावी और समावेशी बनती है। धमतरी जिले की यह पहल सशक्त ग्राम और सशक्त राष्ट्र की दिशा में एक प्रेरणादायक उदाहरण है।
भारतमाला घोटाला: धमतरी में ED की दबिश, भूपेंद्र चंद्राकर के ठिकाने पर जांच तेज
धमतरी । भारतमाला परियोजना में कथित जमीन मुआवजा घोटाले की जांच अब तेज हो गई है। सोमवार सुबह प्रवर्तन निदेशालय (ED) की टीम ने धमतरी जिले के कुरुद स्थित भूपेंद्र चंद्राकर के निवास पर छापेमार कार्रवाई की। भूपेंद्र चंद्राकर, पूर्व मंत्री अजय चंद्राकर के करीबी रिश्तेदार बताए जा रहे हैं।
सुरक्षा के बीच दस्तावेज खंगाल रही टीम
सुबह करीब तीन गाड़ियों में 12 से अधिक अधिकारियों की टीम सुरक्षा बल के साथ मौके पर पहुंची और घर के अंदर गहन जांच शुरू कर दी। घर के बाहर कड़ी सुरक्षा व्यवस्था तैनात कर दी गई है और किसी भी बाहरी व्यक्ति के प्रवेश पर रोक लगा दी गई है। टीम बैंक लेनदेन, जमीन अधिग्रहण से जुड़े दस्तावेज और मुआवजा स्वीकृति फाइलों की जांच कर रही है।
करोड़ों के मुआवजे में गड़बड़ी के आरोप
सूत्रों के मुताबिक, भूपेंद्र चंद्राकर पर आरोप है कि उन्होंने भारतमाला परियोजना के तहत अभनपुर के कायाबांधा समेत दुर्ग, पाटन, राजनांदगांव (देवादा) और धमतरी के मगरलोड क्षेत्र में अपने करीबियों को नियम विरुद्ध तरीके से करोड़ों रुपये का मुआवजा दिलवाया। यह भी जानकारी सामने आई है कि उन्होंने स्वयं भी भारी मुआवजा प्राप्त किया है।
अन्य ठिकानों पर भी कार्रवाई
जांच के दायरे में जमीन कारोबारी गोपाल गांधी और उनसे जुड़े अन्य ठिकाने भी बताए जा रहे हैं, जहां ईडी की टीम ने दबिश दी है। हालांकि एजेंसी की ओर से अब तक आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।
लंबे समय से मिल रही थीं शिकायतें
बताया जा रहा है कि भारतमाला परियोजना के तहत जमीन अधिग्रहण और मुआवजा वितरण में अनियमितताओं की शिकायतें लंबे समय से मिल रही थीं। इस कार्रवाई के बाद मामले ने नया मोड़ ले लिया है।
सियासी हलचल तेज
ईडी की इस कार्रवाई के बाद प्रदेश की राजनीति में हलचल बढ़ गई है। माना जा रहा है कि जांच आगे बढ़ने पर कई और बड़े नाम सामने आ सकते हैं।
फिलहाल जांच जारी है और आने वाले दिनों में इस हाई-प्रोफाइल मामले में और खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।
युवा फेस्ट-2026 में दिखी प्रतिभा की चमक, विधायक अजय चंद्राकर ने किया विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन
युवा शक्ति का उत्सवः धमतरी में युवा फेस्ट-2026 ने दी प्रतिभाओं को नई पहचान : चंद्राकर
धमतरी । जिले के बीसीएस पीजी कॉलेज परिसर में आयोजित दो दिवसीय “युवा फेस्ट-2026” के दूसरे दिन आज उत्साह, रचनात्मकता और युवा ऊर्जा का अनूठा संगम देखने को मिला। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में कुरूद विधायक अजय चंद्राकर ने शिरकत की और विभिन्न गतिविधियों का अवलोकन किया। उन्होंने विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन किया। श्री चंद्राकर ने स्टार्टअप, एजुकेशन एवं स्किल डेवलपमेंट से जुड़ी कार्यशालाओं के साथ-साथ विद्यार्थियों द्वारा लगाए गए इतिहास, आर्ट, छत्तीसगढ़ी पहनावा एवं पारंपरिक श्रृंगार से संबंधित स्टॉलों का निरीक्षण किया। इस अवसर पर पूर्व विधायक धमतरी श्रीमती रंजना साहू सहित जनप्रतिनिधि बड़ी संख्या में छात्र-छात्राए, प्राचार्य, शिक्षक, शिक्षिकाएं उपस्थित थे।
कलेक्टर अबिनाश मिश्रा ने विधायक को प्रथम दिवस की गतिविधियों की विस्तृत जानकारी दी तथा दूसरे दिन आयोजित कार्यक्रमों की रूपरेखा से अवगत कराया। उन्होंने बताया कि इस वर्ष युवा फेस्ट में लगभग 30 विभिन्न विधाओं में प्रतियोगिताएं एवं प्रदर्शन आयोजित किए जा रहे हैं। कार्यक्रम के प्रचार-प्रसार के लिए आकर्षक पोस्टर, सोशल मीडिया एवं अन्य माध्यमों का प्रभावी उपयोग किया गया है, जिसके परिणामस्वरूप धमतरी सहित प्रदेश के विभिन्न जिलों से बड़ी संख्या में प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया है।
कलेक्टर ने यह भी बताया कि पहले दिन छात्र-छात्राओं में जबरदस्त उत्साह देखने को मिला। महाविद्यालय परिसर रंग-बिरंगी गतिविधियों, सांस्कृतिक प्रस्तुतियों और युवा ऊर्जा से सराबोर रहा। कार्यक्रम के प्रमुख आकर्षणों में एआई वर्कशॉप, वीडियो एडिटिंग वर्कशॉप, कैनवा वर्कशॉप तथा लोक कलाकार आरू साहू की प्रस्तुति विशेष रूप से सराही गई। इसके अलावा खुले मंच की व्यवस्था ने प्रतिभागियों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का बेहतर अवसर प्रदान किया।
इस अवसर पर विधायक अजय चंद्राकर ने अपने संबोधन में कहा कि “युवा फेस्ट जैसे आयोजन युवाओं की प्रतिभा को पहचान दिलाने और उन्हें नई दिशा देने का महत्वपूर्ण माध्यम हैं। आज का युवा केवल पढ़ाई तक सीमित नहीं है, बल्कि नवाचार, तकनीक और रचनात्मकता के क्षेत्र में भी अपनी अलग पहचान बना रहा है। ऐसे आयोजन उन्हें आत्मविश्वास प्रदान करते हैं और आगे बढ़ने की प्रेरणा देते हैं।” उन्होंने विद्यार्थियों से अपील की कि वे अपने कौशल को निरंतर निखारते रहें और राज्य तथा देश के विकास में सक्रिय भागीदारी निभाएं। उन्होंने कार्यक्रम आयोजन के लिए जिला प्रशासन की प्रशंसा की ।
कार्यक्रम के आयोजन के लिए प्रशासन, शिक्षकों एवं विद्यार्थियों के संयुक्त प्रयासों की सराहना की गई। युवा फेस्ट-2026 ने जिले में प्रतिभाओं को मंच देने के साथ-साथ सकारात्मक और प्रेरणादायी माहौल का निर्माण किया है।
युवा फेस्ट में ज्ञान, नवाचार और अवसरों का संगम, स्टॉलों पर उमड़ा युवाओं का उत्साह
युवा, युवाओं को दे रहे नवाचारों और करियर संबंधी जानकारी
धमतरी । जिले में आयोजित युवा फेस्ट में विभिन्न महाविद्यालयों, संस्थाओं और विभागों द्वारा युवाओं को एक ही मंच पर ज्ञान, नवाचार और करियर संबंधी जानकारी उपलब्ध कराने का सार्थक प्रयास किया जा रहा है। कार्यक्रम में लगे विविध स्टॉल और प्रदर्शनी युवाओं के लिए आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं, जहां बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं पहुंचकर नई-नई जानकारियां हासिल कर रहे हैं।
युवा फेस्ट के महाविद्यालय के छात्र-छात्राओं ने अपने स्टॉल के माध्यम से रचनात्मक प्रस्तुतियां दे रहे है। शासकीय महाविद्यालय कंडेल द्वारा प्रदेश के ऐतिहासिक स्थलों और सांस्कृतिक धरोहरों का सजीव चित्रण मॉडल के जरिए किया गया, जो दर्शकों को खासा आकर्षित कर रहा है। श्री सुखराम नागदेव महाविद्यालय नगरी की छात्राओं ने हर्बल शैंपू आधारित स्टार्टअप की जानकारी देकर स्वरोजगार के नए आयाम प्रस्तुत किए हैं।
नारायण राव मेघावाले महिला महाविद्यालय की ओर से आर्ट एंड क्राफ्ट तथा “वेस्ट से बेस्ट” की थीम पर प्रदर्शनी लगाई गई है, जिसमें बेकार सामग्री से उपयोगी वस्तुएं बनाने के तरीके सिखाए जा रहे हैं। रोजगार विभाग द्वारा अग्निवीर एवं थल सेना भर्ती से जुड़ी जानकारी और तैयारी के टिप्स देकर युवाओं का मार्गदर्शन किया जा रहा है।
कृषि महाविद्यालय एवं अनुसंधान केंद्र द्वारा उन्नत कृषि उपकरणों, दलहनी-तिलहनी फसलों और धान की उन्नत किस्मों की जानकारी प्रदर्शित की गई है, जबकि उद्यानिकी महाविद्यालय धमतरी द्वारा ड्रिप इरिगेशन तकनीक और उच्च गुणवत्ता वाले पौधों के बारे में विस्तृत जानकारी दी जा रही है। यशवंत राव मेघावाले महाविद्यालय मगरलोड द्वारा भी देश के ऐतिहासिक स्थलों पर आधारित जानकारी प्रस्तुत की जा रही है।
परिवहन विभाग के स्टॉल पर युवाओं के लर्निंग लाइसेंस बनाए जा रहे हैं, जिससे उन्हें तत्काल सुविधा मिल रही है। वहीं प्रथम फाउंडेशन द्वारा हॉस्पिटैलिटी, रेस्टोरेंट सर्विस सहित अन्य रोजगारपरक क्षेत्रों की जानकारी दी जा रही है। अजीम जी प्रेमजी फाउंडेशन ने स्कॉलरशिप योजनाओं और पर्यावरण संरक्षण गतिविधियों पर आधारित प्रदर्शनी लगाई है। कंडेल महाविद्यालय की छात्रा कुमारी रेशमी, साक्षी, शिबू, रितु पोमेश्वरी ने कहा कि ऐसे आयोजन से हमें नई चीजें सीखने और अपने करियर को लेकर स्पष्टता मिलती है। खासकर स्टार्टअप और स्किल से जुड़ी जानकारी हमारे लिए बहुत उपयोगी है।” कुल मिलाकर युवा फेस्ट केवल मनोरंजन का मंच नहीं, बल्कि ज्ञान, कौशल विकास और रोजगार संभावनाओं का सशक्त माध्यम बनकर उभरा है। युवाओं में स्टॉलों के प्रति खासा उत्साह देखा जा रहा है, जो लगातार पहुंचकर विभिन्न क्षेत्रों की उपयोगी जानकारी प्राप्त कर रहे हैं।
युवा फेस्ट-2026: पहले दिन छाया तकनीक, संस्कृति और संगीत का रंग, युवाओं ने दिखाया जोश और हुनर
धमतरी, 25 अप्रैल 2026
जिले के शासकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय परिसर में 24 अप्रैल से प्रारंभ हुए दो दिवसीय “युवा फेस्ट-2026” के पहले दिन छात्र-छात्राओं में उत्साह का माहौल देखने को मिला, वहीं आज दूसरे दिन कार्यक्रम और अधिक आकर्षक एवं ऊर्जावान रूप में सम्पन्न होगा । महाविद्यालय परिसर सांस्कृतिक गतिविधियों, नवाचारों और युवा प्रतिभाओं से सराबोर नजर आया।
पहले दिन आयोजित कार्यक्रमों में विभिन्न शैक्षणिक एवं रचनात्मक गतिविधियों ने विद्यार्थियों को सीखने और अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर प्रदान किया। एआई वर्कशॉप, वीडियो एडिटिंग एवं ब्ंदअं वर्कशॉप में जिले के यूट्यूबर, ब्लॉगर, सोशल मीडिया क्रिएटर और विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर आधुनिक तकनीकों की बारीकियां सीखीं। विशेषज्ञों द्वारा डिजिटल प्लेटफॉर्म पर सफलता प्राप्त करने के व्यावहारिक गुर साझा किए गए, जिससे युवाओं को स्वरोजगार एवं नवाचार के नए आयाम समझने का अवसर मिला।
कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण “छत्तीसगढ़ी सांस्कृतिक संध्या” रही, जिसमें स्थानीय कलाकारों ने अपनी प्रस्तुति से समां बांध दिया। धमतरी की उभरती लोककला गायिका आरू साहू ने करमा, सुवा, ददरिया और पंडवानी जैसे पारंपरिक लोकगीतों की मनमोहक प्रस्तुति देकर दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। उनकी सशक्त आवाज और प्रस्तुति ने छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोकसंस्कृति को जीवंत कर दिया। इसके साथ ही रॉक बैंड धमतरी, “द गोल्डन स्टार नाइट ऑर्केस्ट्रा” राजिम तथा “आवाज क्रांति बैंड” ने भी अपनी शानदार प्रस्तुतियों से युवाओं और संगीत प्रेमियों को झूमने पर मजबूर कर दिया।
इस अवसर पर नगर निगम महापौर श्री रामू रोहरा ने अपने संबोधन में कहा कि “युवा फेस्ट जैसे आयोजन युवाओं की प्रतिभा को मंच प्रदान करने के साथ ही उन्हें नई दिशा देने का कार्य करते हैं। आज के दौर में तकनीक और रचनात्मकता का समन्वय अत्यंत आवश्यक है, और इस प्रकार के आयोजन युवाओं को आत्मनिर्भर बनने की प्रेरणा देते हैं।” उन्होंने युवाओं से अपने कौशल को निरंतर विकसित करने और सकारात्मक दिशा में आगे बढ़ने का आह्वान किया। उन्होंने कार्यक्रम आयोजन के लिए जिला प्रशासन की सराहना की ।
कार्यक्रम के दौरान जिला प्रशासन के अधिकारीगण, जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे। दो दिवसीय “युवा फेस्ट-2026” ने न केवल युवाओं की प्रतिभा को मंच प्रदान किया, बल्कि उन्हें सीखने, नवाचार करने और सांस्कृतिक विरासत से जुड़ने का सशक्त अवसर भी प्रदान किया।
लोक धुनों की गूंज में सराबोर हुआ 'युवा फेस्ट-2026', नृत्य ने बांधा समां
पारंपरिक वेशभूषा और लोक नृत्य ने जीता दिल, तालियों से गूंजा परिसर
लोक नृत्य की झंकार से गूंजा युवा फेस्ट, प्रतिभाओं ने दिखाया दम
छत्तीसगढ़ी धुन पर थिरके युवा, संस्कृति संग उत्साह का अद्भुत संगम
धमतरी, 25 अप्रैल 2026
जिले के पीजी कॉलेज परिसर में आयोजित दो दिवसीय “युवा फेस्ट-2026” का दूसरा दिन उत्साह, रंग और सांस्कृतिक उमंग से सराबोर रहा। कॉलेज के छात्र-छात्राओं ने छत्तीसगढ़ी धुनों पर मनमोहक लोक नृत्य प्रस्तुत कर कार्यक्रम को एक नई ऊंचाई प्रदान की। संयुक्त नृत्य प्रस्तुतियों में युवाओं की ऊर्जा, तालमेल और पारंपरिक अभिव्यक्ति ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
विभिन्न महाविद्यालयों से आए प्रतिभागियों ने छत्तीसगढ़ी पारंपरिक वेशभूषा में सजे-धजे मंच पर अपनी कला का शानदार प्रदर्शन किया। ढोल-मांदर की थाप पर प्रस्तुत किए गए लोक नृत्यों ने दर्शकों को झूमने पर मजबूर कर दिया। हर प्रस्तुति के साथ दर्शकों की तालियों की गूंज पूरे परिसर में सुनाई देती रही, जिससे प्रतिभागियों का उत्साह और बढ़ता गया।
कार्यक्रम के दौरान न केवल सांस्कृतिक प्रस्तुतियां आकर्षण का केंद्र रहीं, बल्कि युवाओं की रचनात्मकता, आत्मविश्वास और सांस्कृतिक जुड़ाव भी स्पष्ट रूप से झलकता नजर आया। यह आयोजन युवा प्रतिभाओं को मंच प्रदान करने के साथ-साथ छत्तीसगढ़ की समृद्ध लोक संस्कृति को सहेजने और आगे बढ़ाने का सशक्त माध्यम बना।
ज्ञात हो कि फेस्ट के पहले दिन एकल नृत्य प्रतियोगिता का आयोजन किया गया था, जिसमें छात्र-छात्राओं ने विविध शैली में रोचक प्रस्तुतियां देकर दर्शकों का मन मोह लिया था। प्रतिभागियों की अभिव्यक्ति, भाव-भंगिमा और प्रस्तुति की मौलिकता ने सभी को प्रभावित किया और उन्हें भरपूर सराहना मिली।
“युवा फेस्ट-2026” के माध्यम से जिले के युवाओं को अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर मिला, वहीं यह आयोजन आपसी समन्वय, सांस्कृतिक जागरूकता और रचनात्मकता को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल साबित हुआ।
धमतरी में सोशल मीडिया क्रिएटरों को मिला मार्गदर्शनः मनोज डे ने साझा किए सफलता के सूत्र
धमतरी, 24 अप्रैल 2026
जिले में आयोजित युवा फेस्ट के दौरान देश के प्रसिद्ध यूट्यूबर मनोज डे का आगमन स्थानीय डिजिटल क्रिएटरों के लिए प्रेरणादायक साबित हुआ। गुरुवार शाम लोहरशी रेस्ट हाउस में जिले के यूट्यूबर, ब्लॉगर एवं सोशल मीडिया क्रिएटरों ने उनसे सौहार्दपूर्ण मुलाकात की। इस दौरान वातावरण उत्साह, जिज्ञासा और सीखने की ललक से परिपूर्ण रहा। प्रसिद्ध यूट्यूबर मनोज डे का आज पी.जी. कॉलेज में प्रसिद्ध यूट्यूबर संबंधी जानकारी युवाओं को देंगे ।
मुलाकात के दौरान मनोज डे ने उपस्थित युवाओं को डिजिटल प्लेटफॉर्म की संभावनाओं पर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने बताया कि आज के समय में सोशल मीडिया न केवल अभिव्यक्ति का माध्यम है, बल्कि आय अर्जन का एक सशक्त साधन भी बन चुका है। उन्होंने गुणवत्तापूर्ण कंटेंट निर्माण, वीडियो में निरंतरता, दर्शकों की रुचि को समझने तथा प्लेटफॉर्म के एल्गोरिद्म के अनुरूप कार्य करने के महत्व पर विशेष जोर दिया।
उन्होंने अपने व्यक्तिगत अनुभव साझा करते हुए कहा कि सीमित संसाधनों के बावजूद यदि समर्पण, धैर्य और सही रणनीति के साथ कार्य किया जाए, तो डिजिटल क्षेत्र में सफलता प्राप्त की जा सकती है। साथ ही उन्होंने क्रिएटरों को मौलिकता बनाए रखने, सकारात्मक कंटेंट प्रस्तुत करने और नियमित रूप से स्वयं को अपडेट करते रहने की सलाह दी।
जिले के युवा क्रिएटरों ने इस अवसर को अत्यंत उपयोगी बताया और कहा कि उन्हें व्यावहारिक मार्गदर्शन प्राप्त हुआ है, जिससे वे अपने कार्य को नई दिशा दे सकेंगे। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि इस प्रेरणा से वे डिजिटल क्षेत्र में बेहतर प्रदर्शन करते हुए जिले का नाम रोशन करेंगे। यह संवाद कार्यक्रम युवाओं के कौशल विकास और आत्मनिर्भरता की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखा जा रहा है।
धमतरी में शराब की किल्लत खत्म होते ही उमड़ी भीड़, सड़क पर लगा जाम
धमतरी । छत्तीसगढ़ के कई जिलों में देशी शराब की कमी के बीच धमतरी में बुधवार को अलग ही नजारा देखने को मिला। जैसे ही शराब की नई खेप दुकानों तक पहुंची, मदिरा प्रेमियों की भारी भीड़ उमड़ पड़ी और हालात ऐसे बने कि सड़क पर जाम की स्थिति बन गई।
बताया जा रहा है कि पिछले कुछ दिनों से शराब की कमी के चलते लोगों को काफी परेशानी का सामना करना पड़ रहा था। कई लोग महंगे दामों पर शराब खरीदने को मजबूर थे। ऐसे में जैसे ही कृषि मंडी श्याम तराई मार्ग स्थित दुकान में मंगलवार शाम शराब पहुंची, लोगों में खुशी की लहर दौड़ गई।
शराब लेने की जल्दी में बड़ी संख्या में लोग दुकान के बाहर जुट गए। भीड़ इतनी ज्यादा थी कि बस्तर रोड हाईवे पर कुछ समय के लिए यातायात भी प्रभावित हुआ। देर रात तक लोगों की भीड़ बनी रही और बुधवार सुबह भी यही स्थिति देखने को मिली।
सुबह के समय लोग लंबी कतारों में खड़े नजर आए। कई जगह धक्का-मुक्की भी हुई, लेकिन इसके बावजूद लोगों के चेहरे पर शराब मिलने की राहत साफ दिखाई दी।
आबकारी विभाग के अधिकारियों के अनुसार, सप्लाई में आई दिक्कतों के कारण अस्थायी कमी हुई थी, जिसे अब धीरे-धीरे दूर किया जा रहा है।
धमतरी में ग्रामीण महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में ऐतिहासिक पहल
NIT रायपुर, जिला प्रशासन एवं बीआरपी पॉलिटेक्निक के बीच STREE परियोजना हेतु त्रिपक्षीय MoU हस्ताक्षरित
धमतरी, 15 अप्रैल 2026

जिले में ग्रामीण महिलाओं के आर्थिक एवं सामाजिक सशक्तिकरण की दिशा में आज एक महत्वपूर्ण और ऐतिहासिक पहल की गई। कलेक्टोरेट परिसर में नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (NIT) रायपुर, जिला प्रशासन धमतरी एवं बीआरपी शासकीय पॉलिटेक्निक कॉलेज, धमतरी के मध्य STREE (Skill Development through Technological Resources for Empowering Economic Growth of Women) परियोजना के सफल क्रियान्वयन हेतु त्रिपक्षीय समझौता ज्ञापन (MoU) पर हस्ताक्षर किए गए।

NIT रायपुर के निदेशक डॉ. एन. वी. रमणा राव, कलेक्टर एवं जिला दंडाधिकारी श्री अबिनाश मिश्रा तथा बीआरपी पॉलिटेक्निक कॉलेज, धमतरी के प्राचार्य ने संयुक्त रूप से MoU पर हस्ताक्षर कर इस महत्वाकांक्षी परियोजना का शुभारंभ कलेक्टोरेट सभाकक्ष में किया। इस अवसर पर मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्री गजेन्द्र सिंह ठाकुर, सहायक प्राध्यापक श्री अनुज कुमार शुक्ला, असिस्टेंट रजिस्ट्रार श्री पवन कटारिया, एसडीएम श्री पीयूष तिवारी सहित जिले के विभिन्न कॉलेजों के प्राचार्य, प्राध्यापक उपस्थित थे ।
यह परियोजना DSIR (वैज्ञानिक एवं औद्योगिक अनुसंधान विभाग), विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी मंत्रालय, भारत सरकार के TDUPW-A2K+ कार्यक्रम अंतर्गत लगभग ₹90 लाख की वित्तीय सहायता से संचालित होगी। 36 माह की अवधि में यह पहल धमतरी जिले की 300 ग्रामीण महिलाओं को कौशल विकास के माध्यम से आत्मनिर्भर बनाने का लक्ष्य लेकर आगे बढ़ेगी। परियोजना के अंतर्गत महिलाओं को कोसा रेशम (कोकून) प्रसंस्करण, फाइबर निष्कर्षण, आधुनिक बुनाई तकनीक, उत्पाद डिज़ाइन, उद्यमिता विकास एवं बाजार से जोड़ने (मार्केट लिंकेज) जैसे क्षेत्रों में प्रशिक्षण प्रदान किया जाएगा। विशेष रूप से वंचित, आदिवासी एवं कृषि-आधारित समुदायों की महिलाओं को प्राथमिकता दी जाएगी, जिससे स्थानीय संसाधनों का बेहतर उपयोग एवं मूल्य संवर्धन सुनिश्चित हो सके।
यह पहल 4 जनवरी 2026 को नई दिल्ली में DSIR के साथ हुए पूर्व समझौते का विस्तार है, जो शैक्षणिक संस्थानों, प्रशासन एवं स्थानीय स्तर पर समन्वित विकास का एक उत्कृष्ट उदाहरण प्रस्तुत करती है। इस अवसर पर कलेक्टर श्री अबिनाश मिश्रा ने कहा कि धमतरी जिले में हैंडलूम एवं कृषि आधारित आजीविका की अपार संभावनाएँ हैं। STREE परियोजना के माध्यम से वैज्ञानिक एवं तकनीकी सहयोग से स्थानीय कौशल को निखारने का कार्य किया जाएगा। इससे महिलाओं की आय में वृद्धि के साथ-साथ उनका सामाजिक-आर्थिक सशक्तिकरण सुनिश्चित होगा।
निदेशक NIT रायपुर का वक्तव्य
NIT रायपुर के निदेशक डॉ. एन. वी. रमना राव ने अपने संबोधन में कहा कि यह साझेदारी समावेशी नवाचार एवं जमीनी स्तर पर विकास की दिशा में एक मजबूत कदम है।STREE परियोजना के माध्यम से महिलाओं के लिए स्थायी आजीविका के अवसर सृजित किए जाएंगे तथा महिला-नेतृत्व वाले उद्यमों को बढ़ावा दिया जाएगा।
विशेषज्ञों की भूमिका एवं उपस्थिति
समारोह में NIT रायपुर के सहायक प्राध्यापक एवं परियोजना के मुख्य अन्वेषक डॉ. अनुज कुमार शुक्ला तथा इंक्यूबेशन से जुड़े अधिकारी श्री पवन कटारिया सहित अन्य गणमान्य उपस्थित रहे। सभी ने इस पहल को महिला सशक्तिकरण के क्षेत्र में मील का पत्थर बताया।
समग्र प्रभाव
STREE परियोजना के माध्यम से न केवल महिलाओं को कौशल प्रशिक्षण मिलेगा, बल्कि उन्हें स्वरोजगार, लघु उद्योग एवं उद्यमिता की दिशा में आगे बढ़ने के अवसर भी प्राप्त होंगे। यह पहल धमतरी जिले में महिला सशक्तिकरण का एक सशक्त मॉडल स्थापित करते हुए आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्य को साकार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
खपरी की बेटी का कमाल: सीखी ड्राइविंग, अब दे रही हैं प्रशिक्षण
सीखा, सिखाया और कमा रही :यामिनी
धमतरी, 9 अप्रैल 2026
ग्राम खपरी की निवासी यामिनी साहू आज अपने क्षेत्र में महिला सशक्तिकरण की एक प्रेरक मिसाल बनकर उभरी हैं। सीमित संसाधनों के बावजूद उन्होंने अपने दृढ़ संकल्प और मेहनत के बल पर आत्मनिर्भरता की नई पहचान स्थापित की है।
जिला प्रशासन एवं ‘प्रथम’ संस्था के संयुक्त सहयोग से आयोजित स्कूटी प्रशिक्षण कार्यक्रम में भाग लेकर यामिनी ने सफलतापूर्वक ड्राइविंग कौशल सीखा। यह प्रशिक्षण उनके जीवन में एक महत्वपूर्ण मोड़ साबित हुआ। प्रशिक्षण के दौरान उन्होंने न केवल स्कूटी चलाना सीखा, बल्कि आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता और सामाजिक जिम्मेदारी का भी विकास किया।
प्रशिक्षण प्राप्त करने के बाद यामिनी ने केवल स्वयं तक ही सीमित न रहकर अपने गांव एवं आसपास के क्षेत्रों की महिलाओं को सशक्त बनाने का बीड़ा उठाया। वर्तमान में वे महिलाओं को स्कूटी चलाने का प्रशिक्षण दे रही हैं, साथ ही उन्हें जागरूक कर रही हैं कि वे भी आत्मनिर्भर बनकर अपने परिवार की आर्थिक स्थिति को सुदृढ़ कर सकती हैं। उनके प्रयासों से कई महिलाएं अब घर की सीमाओं से बाहर निकलकर आत्मविश्वास के साथ नए अवसरों की ओर बढ़ रही हैं।
पिछले महीने मार्च में यामिनी ने ₹32,000 में सेकंड हैंड होंडा ग्राज़िया स्कूटी खरीदकर अपने सपनों को और मजबूती दी। इस स्कूटी के माध्यम से वे प्रशिक्षण कार्य संचालित कर रही हैं, साथ ही इसे आय के एक स्थायी साधन के रूप में विकसित कर रही हैं। उनके इस नवाचार ने उन्हें स्वरोजगार की दिशा में आगे बढ़ाया है और अन्य महिलाओं के लिए भी प्रेरणा का स्रोत बना है।
यामिनी साहू की यह पहल न केवल व्यक्तिगत सफलता है, बल्कि यह सामुदायिक परिवर्तन का एक सशक्त उदाहरण भी है। उनके प्रयासों से ग्रामीण महिलाओं में आत्मनिर्भरता, आत्मविश्वास और जागरूकता का विस्तार हो रहा है।
जिला प्रशासन की ऐसी योजनाएं और प्रशिक्षण कार्यक्रम समाज के अंतिम छोर तक पहुंचकर सकारात्मक बदलाव ला रहे हैं। यामिनी जैसी महिलाएं इन योजनाओं की वास्तविक सफलता को दर्शाती हैं, जो अपने प्रयासों से न केवल स्वयं आगे बढ़ रही हैं, बल्कि पूरे समाज को आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।
अवैध रेत परिवहन पर बड़ी कार्रवाई, 7 ट्रैक्टर-ट्रॉली जब्त
धमतरी, 03 अप्रैल 2026
जिले में अवैध खनिज उत्खनन एवं परिवहन पर रोक लगाने के लिए प्रशासन द्वारा सख्त कार्रवाई लगातार जारी है। इसी क्रम में विकासखंड कुरूद के ग्राम पंचायत चारभाटा (नारी) से प्राप्त शिकायत के आधार पर अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) कुरूद द्वारा त्वरित संज्ञान लिया गया। उनके निर्देश पर आज सुबह राजस्व एवं पुलिस विभाग की संयुक्त टीम द्वारा औचक एवं सघन जांच अभियान चलाया गया।
जांच के दौरान 07 ट्रैक्टर-ट्रॉली बिना वैध अनुमति के अवैध रूप से रेत परिवहन करते पाए गए। सभी वाहनों को मौके पर ही जब्त कर कृषि उपज मंडी कुरूद की अभिरक्षा में सुरक्षित रखा गया है। संबंधित प्रकरण में नियमानुसार अग्रिम कार्रवाई हेतु प्रतिवेदन कलेक्टर (खनिज शाखा) को प्रेषित कर दिया गया है।
प्रशासन द्वारा स्पष्ट किया गया है कि जिले में अवैध खनन एवं परिवहन किसी भी स्थिति में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। इस तरह की कार्रवाई आगे भी निरंतर जारी रहेगी, जिससे प्राकृतिक संसाधनों के संरक्षण के साथ-साथ राजस्व की हानि को रोका जा सके।
कलेक्टर श्री अबिनाश मिश्रा ने कहा कि, “अवैध खनिज परिवहन पर जिला प्रशासन की शून्य सहिष्णुता की नीति है। सभी संबंधित विभागों को सतत निगरानी एवं कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं। नियमों का उल्लंघन करने वालों के विरुद्ध सख्त दंडात्मक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।”
डुबान प्रभावित उरपुटी आंगनबाड़ी केंद्र का कलेक्टर ने किया औचक निरीक्षण
नन्हे बच्चों के बीच बिताया समय, व्यवस्थाओं की गुणवत्ता पर दिया विशेष जोर
धमतरी, 3 अप्रैल 2026
जिले के डुबान प्रभावित ग्राम उरपुटी में संचालित आंगनबाड़ी केंद्र का आज कलेक्टर श्री अबिनाश मिश्रा द्वारा औचक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने केंद्र में संचालित विभिन्न गतिविधियों का गहन अवलोकन करते हुए बच्चों को दी जा रही प्रारंभिक शिक्षा, पूरक पोषण आहार, नाश्ता तथा खेल-आधारित शिक्षण पद्धति की गुणवत्ता का जायजा लिया। अनुविभागीय अधिकारी (राजस्व) श्री पीयूष तिवारी, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद वर्षा रानी सहित संबंधित अधिकारी उनके साथ थे ।
कलेक्टर श्री मिश्रा ने आंगनबाड़ी केंद्र में साफ-सफाई, स्वच्छता व्यवस्था, बच्चों की उपस्थिति एवं अभिलेखों के संधारण की समीक्षा करते हुए व्यवस्थाओं को संतोषजनक पाया। उन्होंने प्री-स्कूल गतिविधियों के तहत उपलब्ध शिक्षण सामग्री, खिलौनों की उपयोगिता तथा बच्चों की सहभागिता का निरीक्षण कर आवश्यक मार्गदर्शन भी प्रदान किया।
बच्चों के सर्वांगीण विकास को प्राथमिकता देते हुए कलेक्टर ने उनके स्वास्थ्य संबंधी रिकॉर्ड, नियमित वजन मापन एवं पोषण स्तर की जानकारी ली। उन्होंने कुपोषण मुक्त अभियान को प्रभावी ढंग से संचालित करने के निर्देश देते हुए कहा कि प्रत्येक बच्चे की स्वास्थ्य स्थिति पर सतत निगरानी रखी जाए।
गर्मी के मौसम को ध्यान में रखते हुए कलेक्टर ने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को केंद्र में स्वच्छ एवं पर्याप्त पेयजल की उपलब्धता सुनिश्चित करने, बच्चों को व्यक्तिगत पानी की बोतल रखने के लिए प्रेरित करने तथा साफ-सफाई पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। साथ ही, उन्होंने बच्चों को नियमित रूप से हाथ धोने और स्वच्छता के प्रति जागरूक करने पर बल दिया।
निरीक्षण के दौरान आंगनबाड़ी के नन्हे बच्चों ने कलेक्टर का स्वागत छत्तीसगढ़ का राजगीत “आरपा पैरी के धार” प्रस्तुत कर किया, जिसकी कलेक्टर ने सराहना करते हुए बच्चों का उत्साहवर्धन किया। इस अवसर पर कलेक्टर ने बच्चों के बीच शिक्षक की भूमिका निभाते हुए उनसे फलों, रंगों एवं जानवरों के नाम पूछे, जिसका बच्चों ने पूरे आत्मविश्वास और उत्साह के साथ उत्तर दिया।
कलेक्टर श्री मिश्रा ने बच्चों को खिलौने एवं मिठाइयां वितरित कर उनका मनोबल बढ़ाया। बच्चों के चेहरों पर खुशी और उत्साह स्पष्ट रूप से झलक रहा था। उन्होंने आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की सराहना करते हुए कहा कि डुबान प्रभावित क्षेत्रों में भी इस प्रकार की गुणवत्तापूर्ण सेवाएं प्रदान करना सराहनीय है।
कलेक्टर ने निर्देश दिए कि आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से बच्चों के पोषण, स्वास्थ्य एवं प्रारंभिक शिक्षा के स्तर को और बेहतर बनाने के लिए सतत प्रयास किए जाएं, ताकि भविष्य में एक स्वस्थ, शिक्षित और सशक्त पीढ़ी का निर्माण सुनिश्चित हो सके।
गैस सिलेंडरों की कालाबाजारी पर प्रशासन सख्त, होटल संचालक पर मामला दर्ज
जिले में अब तक 73 सिलेंडर जप्त
धमतरी । कलेक्टर के कड़े निर्देशों के बाद जिले में घरेलू और व्यावसायिक गैस सिलेंडरों के दुरुपयोग और कालाबाजारी को रोकने के लिए प्रशासन ने अपनी कार्रवाई तेज कर दी है। इसी कड़ी में आज खाद्य विभाग की टीम ने धमतरी नगर निगम क्षेत्र के विभिन्न होटलों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में औचक दबिश दी। इस जांच अभियान का नेतृत्व सहायक खाद्य अधिकारी भेलेन्द्र कुमार ध्रुव, निलेश चन्द्राकर और खाद्य निरीक्षक वैभव कोरटिया ने किया।
जांच के दौरान शांति कॉलोनी स्थित ’मालिक केटर्स’ में बड़ी अनियमितता उजागर हुई है। विभागीय आंकड़ों के अनुसार, इस प्रतिष्ठान के पास 40 नग व्यावसायिक गैस सिलेंडरों का कनेक्शन दर्ज है। हालांकि, मौके पर जांच करने पर केवल 23 खाली व्यावसायिक सिलेंडर ही पाए गए। शेष 17 सिलेंडरों के बारे में जब संचालक महेश कुमार रंगलानी से पूछताछ की गई, तो वे कोई संतोषजनक जवाब नहीं दे सके। सिलेंडरों के इस बड़े अंतर को देखते हुए प्रशासन ने व्यावसायिक गैस सिलेंडरों की कालाबाजारी की आशंका जताई है। इसके चलते संचालक के विरुद्ध द्रवीकृत पेट्रोलियम गैस (प्रदाय और वितरण विनियम) आदेश 2000 की कंडिका 03 और आवश्यक वस्तु अधिनियम 1955 की धाराओं के तहत मामला दर्ज कर 23 नग इण्डेन व्यावसायिक सिलेंडर जप्त कर लिए गए हैं।
गौरतलब है कि जिले में अब तक घरेलू गैस के व्यावसायिक उपयोग और कालाबाजारी के खिलाफ कुल 34 प्रतिष्ठानों पर कार्रवाई की जा चुकी है, जिसके तहत अब तक 73 सिलेंडर जप्त किए गए हैं। खाद्य विभाग ने स्पष्ट किया है कि नियमों का उल्लंघन करने वाले होटलों और संस्थानों के खिलाफ यह अभियान भविष्य में भी निरंतर जारी रहेगा।