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केल्हारी की रेत खदान पर उठे सवालों का अंत: जांच में मिली क्लीन चिट, वैध पास से हो रहा परिवहन

 एमसीबी/ 25 मार्च 2026

जिले में खनिज विभाग ने प्राप्त शिकायत को गंभीरता से लेते हुए ग्राम पंचायत बिछियाटोला, तहसील केल्हारी स्थित रेत खदान की विस्तृत जांच कराई। कलेक्टर (खनिज शाखा) कार्यालय के निर्देश पर 24 मार्च 2026 को संचालक, भौमिकी तथा खनिकर्म छत्तीसगढ़ से प्राप्त पत्र के आधार पर मौके पर पहुंचकर अधिकारियों ने शाम लगभग 4:50 बजे औचक निरीक्षण किया।
जांच के दौरान खदान क्षेत्र का बारीकी से अवलोकन किया गया, जिसमें यह स्पष्ट रूप से पाया गया कि रेत उत्खनन का कार्य पर्यावरणीय नियमों और निर्धारित शर्तों के अनुरूप किया जा रहा है। खदान से रेत का परिवहन ट्रैक्टर के माध्यम से किया जा रहा था, जिसमें वैध अभिवहन पास का उपयोग किया जा रहा था। इससे यह पुष्टि हुई कि खनन कार्य पूरी तरह वैधानिक प्रक्रिया के तहत संचालित है। निरीक्षण के दौरान अधिकारियों ने रेत भंडारण स्थल का भी जायजा लिया। मौके पर पाया गया कि खदान से निकाली गई रेत का भंडारण निर्धारित और स्वीकृत स्थल पर किया जा रहा है। संबंधित भंडारण स्थल विधिवत स्वीकृत है तथा उसकी अनुमति अवधि 16 जून 2023 से 15 जून 2026 तक प्रभावी है। इसके साथ ही जल एवं वायु संबंधी पर्यावरणीय स्वीकृति भी 30 जून 2027 तक मान्य है, जो सभी आवश्यक नियमों के पालन को दर्शाता है।
जांच टीम ने मौके पर उपस्थित ग्रामीणों से भी चर्चा की, जिसमें ग्रामीणों ने बताया कि रेत खदान और भंडारण कार्य शुरू होने के बाद क्षेत्र में रोजगार के अवसर बढ़े हैं। स्थानीय लोगों को काम मिलने से उनकी आर्थिक स्थिति में सुधार आया है और गांव में विकास की गति तेज हुई है। इस पूरे प्रकरण की जांच के बाद तैयार किए गए प्रतिवेदन में स्पष्ट किया गया है कि खदान संचालन में किसी प्रकार की अनियमितता नहीं पाई गई है और सभी कार्य निर्धारित नियमों एवं पर्यावरणीय मानकों के अनुरूप संचालित हो रहे हैं।

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