छत्तीसगढ़ / सक्ति
राष्ट्रीय फाइलेरिया उन्मूलन कार्यक्रम हेतु सामूहिक दवा सेवन कार्यक्रम जिले में 10 से 25 फरवरी 2026 तक होगी आयोजित
सक्ती : राष्ट्रीय फाइलेरिया उन्मूलन कार्यक्रम हेतु सामूहिक दवा सेवन कार्यक्रम जिले में 10 से 25 फरवरी 2026 तक होगी आयोजित
राजस्व विभाग की टीम द्वारा दो ट्रैक्टरों से अवैध धान परिवहन पर की गई कार्यवाही
सक्ती : राजस्व विभाग की टीम द्वारा दो ट्रैक्टरों से अवैध धान परिवहन पर की गई कार्यवाही
शिक्षक की हत्या का खुलासा: सक्ती में पत्नी ने ही ले ली पति की जान
सक्ती - डभरा थाना क्षेत्र में शिक्षक अनिल भार्गव की संदिग्ध परिस्थितियों में हुई मौत के मामले में पुलिस ने बड़ा खुलासा करते हुए उनकी पत्नी सीमा भार्गव को गिरफ्तार किया है। जांच में सामने आया कि अनिल भार्गव की हत्या किसी बाहरी व्यक्ति ने नहीं, बल्कि घरेलू विवाद के दौरान उनकी पत्नी के हाथों हुई थी। आरोपी महिला को न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है।
पुलिस के अनुसार ठनगन गांव निवासी शिक्षक अनिल भार्गव कुछ दिन पहले अपने घर में मृत पाए गए थे। प्रारंभिक तौर पर मौत को सामान्य गिरने का मामला बताया गया, लेकिन पोस्टमार्टम रिपोर्ट ने पूरे घटनाक्रम को संदिग्ध बना दिया। रिपोर्ट में सीने में गंभीर चोट और अंदरूनी रक्तस्राव को मौत का कारण बताया गया।इसके बाद पुलिस ने मृतक की पत्नी सीमा भार्गव से सख्ती से पूछताछ की। पूछताछ में उसने स्वीकार किया कि अनिल अक्सर शराब पीकर घर आते थे और विवाद व मारपीट करते थे। 18 दिसंबर 2025 की रात भी इसी तरह झगड़े के दौरान गुस्से में उसने पति को धक्का दे दिया, जिससे वे ऊंचे चबूतरे से गिर पड़े और गंभीर रूप से घायल हो गए। कुछ ही देर में उनकी मौत हो गई। घटना के बाद आरोपी ने मामले को हादसा बताकर पुलिस को गुमराह करने की कोशिश की, लेकिन सच्चाई सामने आ गई। पुलिस ने बताया कि मामले की आगे भी जांच जारी है।
गौठान में भुखमरी, 12 मवेशियों की मौत
सक्ती। प्रशासन की लापरवाही से 12 मवेशियों की मौत हो गई। गौठान में पर्याप्त चारा और पानी की सुविधा नहीं है। मवेशियों के कंकाल मिलने से हड़कंप मचा हुआ है।
जिसका वीडियो वॉयरल होने के बाद कंकाल को हटाया गया। जैजैपुर जनपद पंचायत ओड़ेकेरा गौठान का पूरा मामला बताया जा रहा है।
छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने बिलासपुर के बेलतरा और सुकलकारी क्षेत्र में लगातार हो रही गायों की मौतों के मामले पर गंभीर रुख अपनाया है। अदालत ने इस मुद्दे पर स्वतः संज्ञान लेते हुए इसे जनहित याचिका के रूप में दर्ज किया है।
मुख्य न्यायाधीश रमेश सिन्हा की खंडपीठ ने राज्य प्रशासन और पशुपालन एवं पशु चिकित्सा सेवा विभाग से विस्तृत रिपोर्ट तलब की है।
अदालत ने आदेश में कहा कि समाचार रिपोर्ट में जिस स्थिति का उल्लेख है, वह “प्रशासनिक लापरवाही का गंभीर उदाहरण” प्रतीत होती है और इसे तत्काल राज्य प्रशासन के संज्ञान में लाना आवश्यक है।
मुख्य न्यायाधीश ने टिप्पणी की कि जब राज्य सरकार गौ संरक्षण को लेकर विभिन्न योजनाएं चला रही है, तब इस प्रकार की घटनाएं “मानवीय संवेदनाओं पर प्रहार” हैं।
हाईकोर्ट ने पशुपालन एवं पशु चिकित्सा सेवा विभाग के प्रमुख सचिव को इस मामले में व्यक्तिगत हलफनामा दाखिल करने का निर्देश दिया है। अदालत ने मामले की अगली सुनवाई 27 अक्टूबर 2025 को निर्धारित की है।
नवगठित सक्ती जिले ने प्रधानमंत्री आवास योजना में रचा नया कीर्तिमान
प्रदेश में तीसरे स्थान पर पहुँचा सक्ती जिला - 30 हजार से अधिक परिवारों को मिला पक्का घर
सक्ती, 17 अक्टूबर 2025

छत्तीसगढ़ के नवगठित सक्ती जिले ने प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के सफल क्रियान्वयन में एक नया इतिहास रच दिया है। नवगठित जिला होने के बावजूद, सक्ती ने उल्लेखनीय उपलब्धि हासिल करते हुए वर्ष 2024-25 में 30 हजार 512 आवास पूर्ण कर प्रदेश में तीसरा स्थान प्राप्त किया है। यह उपलब्धि न केवल संख्यात्मक सफलता का प्रतीक है, बल्कि उन हजारों परिवारों के जीवन में आई स्थिरता, सुरक्षा और सम्मान की कहानी भी है, जिन्होंने वर्षों तक कच्चे और असुरक्षित मकानों में जीवन व्यतीत किया था।
कच्चे से पक्के घरों तक का सफर- सक्ती बना मिसाल
प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत सक्ती जिले में अब तक वर्ष 2016 से 2023 तक कुल 44 हजार 319 आवासों का निर्माण पूर्ण किया गया, जो 95ः लक्ष्य प्राप्ति दर्शाता है। वहीं, वर्ष 2024-25 में 30 हजार से अधिक मकान पूर्ण कर जिले ने मिशन मोड में कार्य का उदाहरण प्रस्तुत किया है। हर ग़रीब का पक्का घर राज्य सरकार की पहली प्राथमिकता रही है । मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में छतीसगढ़ के सभी जिलों में
यह योजना प्रभावी ढंग से संचालित हुई। नियमित फील्ड विजिट, समयबद्ध वित्तीय सहायता, और हितग्राहियों के साथ सतत संवाद के परिणामस्वरूप यह उल्लेखनीय प्रगति संभव हुई।
टीमवर्क और जनसहभागिता से मिली सफलता*
जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती द्रौपदी कीर्तन चंद्रा ने इस उपलब्धि पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि “हमारी प्राथमिकता रही है कि पात्र परिवारों तक योजना का लाभ समयबद्ध और पारदर्शी तरीके से पहुँचे। टीमवर्क और ग्रामीणों के सहयोग से ही यह संभव हुआ है।” कलेक्टर ने कहा, “प्रधानमंत्री आवास योजना केवल मकान निर्माण की योजना नहीं है, बल्कि यह हर ग्रामीण परिवार को सम्मानजनक जीवन देने का प्रयास है। सक्ती जिला इसी दिशा में सतत प्रगति कर रहा है।”
वित्तीय पारदर्शिता और तेज क्रियान्वयन
वर्ष 2024-25 के लिए जिले को कुल 63 हजार 591 आवासों का लक्ष्य मिला, जिनमें से 52हजार 913 आवासों को स्वीकृति दी गई। निर्माण कार्य की गति बनाए रखने हेतु सरकार द्वारा तीन किश्तों में वित्तीय सहायता प्रदान की गई । पहली किश्त में 51हजार 427 हितग्राहियों को,दूसरी किश्त में 40 हजार 318 हितग्राहियों को और तीसरी किश्त में 25 हजार 65 हितग्राहियों को वित्तीय सहायता दी गई। समय पर किश्तें जारी होने से निर्माण कार्यों में तेजी आई और निर्धारित समय सीमा में लक्ष्य पूरा किया जा सका।
गरीब परिवारों के जीवन में आया बदलाव
प्रधानमंत्री आवास योजना ने ग्रामीण अंचलों के गरीब परिवारों के जीवन में सम्मान, सुरक्षा और आत्मविश्वास की नई किरण जगाई है। पक्के घरों के निर्माण से बच्चों को बेहतर पढ़ाई का माहौल मिला, बुजुर्गों को मौसम से सुरक्षा मिली और महिलाओं को घर-परिवार के संचालन में सुविधा हुई। यह योजना अब केवल आवास निर्माण कार्यक्रम नहीं रह गई है, बल्कि यह ग्रामीण भारत के सामाजिक सशक्तिकरण का प्रतीक बन चुकी है।
मोर आवास, मोर अधिकार पोर्टल -पारदर्शिता की दिशा में पहल
शासन द्वारा प्रारंभ किया गया “मोर आवास, मोर अधिकार” पोर्टल हितग्राहियों के लिए अत्यंत उपयोगी सिद्ध हो रहा है। इसके माध्यम से कोई भी पात्र व्यक्ति अपने आवेदन की स्थिति और पात्रता की जानकारी ऑनलाइन प्राप्त कर सकता है, जिससे योजना में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित हुई है।
प्रधानमंत्री आवास योजना की समय पर किस्त जारी
प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के अंतर्गत हितग्राहियों को कुल 1 लाख 20 हजार की सहायता राशि तीन किश्तों में प्रदान की जाती है जिसके अन्तर्गत प्रथम किश्त में 40हजार, द्वितीय किश्त में 55 हजार और तृतीय किश्त में 25 हजार रुपए की सहायता राशि दी जाती है। इसका उद्देश्य है कि कोई भी ग्रामीण परिवार बेघर न रहे और प्रत्येक पात्र हितग्राही को सुरक्षित, टिकाऊ और सम्मानजनक आवास प्राप्त हो सके।
सक्ती की सफलता - प्रदेश और देश के लिए प्रेरणा
सक्ती जिले की यह उपलब्धि न केवल छत्तीसगढ़ ही नहीं बल्कि पूरे देश के लिए प्रेरणा का स्रोत है। यह दर्शाती है कि जब प्रशासन, जनप्रतिनिधि और ग्रामीण समाज मिलकर कार्य करते हैं, तो बड़े लक्ष्य भी समय पर प्राप्त किए जा सकते हैं।
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना बनी किसानों के लिए वरदान
किसान प्रेमचंद के जीवन में लाई नई उम्मीद और आत्मनिर्भरता
10 अक्टूबर 2025
प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना आज देशभर के किसानों के जीवन में स्थायित्व, आत्मनिर्भरता और आर्थिक सशक्तिकरण का प्रतीक बन चुकी है। इस योजना के अंतर्गत किसानों को प्रति वर्ष 6 हजार की आर्थिक सहायता सीधे उनके बैंक खातों में दी जाती है, जिससे वे खेती-किसानी से जुड़े आवश्यक कार्यों को सुचारू रूप से संचालित कर पा रहे हैं।
सक्ति जिले के ग्राम अंजोरीपाली निवासी किसान श्री प्रेमचंद मैत्री भी इस योजना के नियमित लाभार्थी हैं। उन्होंने बताया कि उन्हें योजना की प्रत्येक किस्त समय पर प्राप्त होती है, जिससे वे बीज, खाद, कीटनाशक एवं कृषि उपकरणों की खरीद में इसका उपयोग करते हैं। इससे न केवल उनकी खेती की उत्पादकता बढ़ी है, बल्कि फसलों की गुणवत्ता में भी सुधार आया है।
किसान श्री मैत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना ने ग्रामीण किसानों के आर्थिक जीवन में स्थिरता और विश्वास की नई लहर पैदा की है। पहले जहां छोटे किसानों को खेती के लिए पूंजी जुटाने में कठिनाई होती थी, वहीं अब इस योजना से उन्हें न केवल वित्तीय सहायता मिल रही है बल्कि वे आधुनिक कृषि तकनीकों को अपनाने के लिए भी प्रेरित हो रहे हैं। उन्होंने प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी एवं मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह योजना हमारे जैसे छोटे किसानों के लिए किसी वरदान से कम नहीं है। प्रत्येक किस्त से खेती के लिए आवश्यक संसाधनों की पूर्ति होती है, जिससे कृषि कार्यों की निरंतरता बनी रहती है और किसानों में आत्मविश्वास बढ़ा है।
एमएसटीसी पोर्टल से होगा रेत खदानों का आवंटन
बोलीकर्ताओं का 13 अक्टूबर को बिलासपुर में प्रशिक्षण
सक्ती, 10 अक्टूबर 2025
रेत खदान के इच्छुक बोली कर्ताओं को पोर्टल के बारे में जानकारी देने के लिए 13 अक्टूबर को बिलासपुर में संभाग स्तरीय प्रशिक्षण आयोजित किया गया है। कलेक्टोरेट कार्यालय बिलासपुर के नजदीक स्थित जल संसाधन विभाग के प्रार्थना सभाभवन में दोपहर 2 बजे से ये प्रशिक्षण शुरू होगा। जिला खनिज अधिकारी ने बताया कि इस बार गौण खनिज साधारण रेत का आवंटन एमएसटीसी पोर्टल के माध्यम से किया जायेगा। आवंटन की कार्यवाही ई-नीलामी (रिवर्स ऑक्शन) प्रक्रिया के अनुसार होगी। प्रशिक्षण में इच्छुक बोलीकर्ताओं को ई-नीलामी से जुड़ी तमाम प्रक्रिया जैसे कि निविदा जारी करना, निविदा में भाग लेने के लिए बोलीकर्ताओं का पंजीयन, बोली लगाने की प्रक्रिया, तकनीकी अर्हताधारी बोलीकर्ताओं का चयन, लॉटरी प्रक्रिया, अधिमानी बोलीदार का चयन आदि पोर्टल के माध्यम से होने वाली समस्त जानकारी बताई जायेगी। रेत खदान के इच्छुक बोलीकर्ता इस प्रशिक्षण में हिस्सा ले सकते हैं। संभाग स्तरीय इस प्रशिक्षण बिलासपुर सहित संभाग के अन्य जिलों जैसे कि मुंगेली, जीपीएम, कोरबा, जांजगीर-चाम्पा, सक्ती, रायगढ़ एवं सारंगढ़ बिलाईगढ़ जिलों के इच्छुक बोलीदारों के लिए आयोजित की गई है। जिला खनिज अधिकारी ने जिले के इच्छुक बोलीदारों को इस प्रशिक्षण में हिस्सा लेकर जानकारी प्राप्त करने का आग्रह किया है।
सक्ती जिले की प्रभारी सचिव श्रीमती किरण कौशल ने वीडियों कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से विभिन्न विभागों के कार्याे का किया समीक्षा
सक्ती, 10 अक्टूबर 2025
सक्ती जिले की प्रभारी सचिव श्रीमती किरण कौशल नें वीडियों कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से कलेक्टर श्री अमृत विकास तोपनो सहित विभागीय अधिकारियों की उपस्थिति में कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में विभिन्न विभागों के कार्याे की विस्तारपूर्वक गहन समीक्षा की। बैठक में प्रभारी सचिव श्रीमती किरण कौशल द्वारा खाद्य विभाग अंतर्गत समर्थन मूल्य पर धान व मक्का खरीदी की तैयारी, कृषक पंजीयन की अद्यतन स्थिति, गिरदावरी का सत्यापन, खरीदी केन्द्रों की तैयारी, बारदानों की व्यवस्था, वर्ष 2024-25 के धान का उठाव आदि कार्याे के अद्यतन स्थिति की जानकारी ली गई। बैठक में स्वास्थ्य विभाग अंतर्गत मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य संबंधित कार्यो की अद्यतन स्थिति, आरोग्य मंदिर के संचालन की स्थिति एनसीडी स्क्रीनिंग व उपचार, आयुष्मान भारत जन आरोग्य योजना के क्रियान्वयन की स्थिति, सम्पूर्ण टीकाकरण कार्यक्रम की प्रगति, मितानिन दवा पेटी हेतु औषधियों की व्यवस्था सहित अन्य महत्वपूर्ण स्वास्थ्य संबंधित कार्याे की विस्तारपूर्वक समीक्षा की गई तथा आवश्यक निर्देश दिए गए।
इसके साथ ही बैठक में महिला एवं बाल विकास विभाग अंतर्गत कुपोषण में कमी लाने हेतु किए जा रहे कार्य अंतर्गत सक्षम आंगनबाड़ी, सुपोषण चौपाल, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के रिक्त पदों पर भर्ती की अद्यतन स्थिति, पोषण एप का उपयोग, प्रधानमंत्री मातृ वन्दना योजना सहित प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि के क्रियान्वयन की स्थिति, प्रधानमंत्री सूर्य घर योजना के क्रियान्वयन की समीक्षा की गई। इसके साथ ही बैठक में शिक्षा विभाग, आदिवासी विकास विभाग, प्रधानमंत्री आवास योजना शहरी और ग्रामीण, स्वच्छ भारत मिशन शहरी और ग्रामीण, मिशन अमृत 2.0 के क्रियांवयन, प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना, मुख्यमंत्री कौशल विकास योजना, ई सेवायें, लोक सेवा गारंटी, हितग्राही मूलक योजनाओं में ई-केवायसी एवं डीबीटी द्वारा भुगतान सहित अन्य विभिन्न विषयों पर विस्तारपूर्वक समीक्षा करते हुए आवश्यक निर्देश दिए गए। वीडियों कॉन्फ्रेंसिंग में कलेक्टर श्री अमृत विकास तोपनो, जिला पंचायत सीईओं श्री वासु जैन, अपर कलेक्टर श्री बीरेंन्द्र लकड़ा सहित खाद्य विभाग, कृषि विभाग, ऊर्जा विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग, शिक्षा विभाग, स्वास्थ्य विभाग सहित अन्य विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।
छत्तीसगढ़ पिछड़ा वर्ग कल्याण आयोग के अध्यक्ष 23 को लेंगे समीक्षा बैठक
सक्ती । छत्तीसगढ़ पिछड़ा वर्ग कल्याण आयोग के अध्यक्ष आर.एस. विश्वकर्मा, आई.ए.एस. (सेवानिवृत), केबिनेट मंत्री दर्जा प्राप्त की अध्यक्षता में एवं सदस्यगण नीलांबर नायक, यशवंत सिंह वर्मा, बलदाऊ राम साहू, हरिशंकर यादव, श्रीमती शैलेन्द्री परगनिहा एवं कृष्णा गुप्ता की उपस्थिति में जिला स्तरीय विभागीय अधिकारियों की समीक्षा बैठक 23 सितम्बर 2025 को सुबह 11 बजे, कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में ली जाएगी। बैठक में शासन के समस्त विभागों द्वारा संचालित योजनाओं और कार्यक्रमों में अन्य पिछड़ा वर्ग के भागीदारी एवं जनगणना के संबंध में डाटा प्रविष्टि की समीक्षा की जाएगी। समस्त संबंधित जिला स्तरीय अधिकारियों को जिले का संक्षिप्त विवरण एवं उनके विभाग अंतर्गत संचालित केन्द्र और राज्य सरकार की पृथक-पृथक विभागीय योजनाओं की जानकारी के साथ उक्त बैठक में अनिवार्यतः उपस्थिति हेतु निर्देशित किया गया है।
तीन पुलिसकर्मियों को SP अंकिता शर्मा ने किया निलंबित
सक्ती । भ्रष्टाचार मामले में एसपी अंकिता शर्मा ने तीन पुलिसकर्मियों को निलंबित किया है।
जारी निलंबन आदेश में कहा गया है कि आबकारी के प्रकरण में पैसों के लेन-देन के आरोप पर अडभार चौकी में पदस्थ सहायक उप निरीक्षक (ASI) हीरा राम सावरा, प्रधान आरक्षक पुष्पेन्द्र कंवर और आरक्षक दीपक साहू के खिलाफ निलंबन की कार्रवाई की गई है। एसपी ने मामले की जांच के आदेश भी दिए हैं।
बाइक और हार्वेस्टर की टक्कर में तीन युवकों की दर्दनाक मौत
सक्ती । जिले के मालखरौदा थाना क्षेत्र अंतर्गत मिशन चौक, जैजैपुर में आज सुबह एक दर्दनाक सड़क हादसा हुआ, जिसमें मोटरसाइकिल सवार तीन युवकों की मौके पर ही मौत हो गई।
घटना में मोटरसाइकिल और हार्वेस्टर के बीच जबरदस्त भिड़ंत हो गई, जिससे बाइक सवार युवकों को बचने का मौका तक नहीं मिला।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, टक्कर इतनी भीषण थी कि बाइक पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई और तीनों युवकों ने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
हादसे के बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी का माहौल बन गया। स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद मालखरौदा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और शवों को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया।
फिलहाल मृतकों की पहचान और घटना की विस्तृत जांच की जा रही है। हादसे के बाद क्षेत्र में शोक का माहौल है। पुलिस मामले की गंभीरता से जांच कर रही है और हार्वेस्टर चालक के विरुद्ध कार्रवाई की प्रक्रिया जारी है।
सड़क हादसे में बाइक सवार की मौत
सक्ती । हसौद थाना क्षेत्र के ग्राम मल्दा में बाइक सवार तीन युवक सड़क हादसे का शिकार हो गए। घटना में एक युवक की मौत हो गई, जबकि दो अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। जानकारी के अनुसार, रास्ते में उनकी बाइक सड़क किनारे लगे एक पेड़ से टकरा गई, जिससे एक युवक की मौके पर ही मौत हो गई.
वहीं अन्य दो युवकों को घायल अवस्था में जैजैपुर सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भेजा गया, जहां उनका उपचार किया जा रहा है. हादसे की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस मौके पर पहुंची और मामले की जांच शुरू कर दी है। तीनों युवक जांजगीर जिले के ग्राम रिंगनी के निवासी हैं और वे मां चंद्रहासिनी के दर्शन के लिए चंद्रपुर जा रहे थे।
मूलभूत सुविधा के लिए धरने पर बैठे आदिवासी परिवार, कहा – अपना हक लेकर रहेंगे…
सक्ती. छत्तीसगढ़ के सक्ती में सड़क की मांग को लेकर अब करीब 20 आदिवासी परिवार धरने पर बैठ गए है. ठाकुरमुडा मोहल्ले के बूढ़े, बच्चे, महिला सभी इस बार सड़क की मांग को लेकर सक्ती नगर पालिका के सामने धरना देकर नारेबाजी कर रहे.
धरने में बैठे आदिवासी परिवार का कहना है कि नगर पालिका के जिम्मेदार अधिकारी एवं जनप्रतिनिधि बेसुध हो चुके हैं, जिन्हें हम वार्डवासियों की तकलीफ दिखाई नहीं देती. दो दिन पूर्व लापता अध्यक्ष और लापता पार्षद के पोस्टर लगाने का उद्देश्य यही था कि शायद उन्हें शर्म आ जाए और वो हमारी सुध लेने ओर तकलीफ जानने मोहल्ले में आए, मगर उनकी सोच गलत साबित हुई. ये सभी जनप्रतिनिधि मतलबी हैं.
आदिवासी परिवारों ने कहा, केवल चुनाव में ही हम याद आते हैं और चुनाव के बाद हमारी तकलीफ से उन्हें कोई मतलब नहीं रहता इसलिए अब सभी मोहल्ले वासियों ने निश्चय कर लिया है कि जब तक हमारे मोहल्ले के लिए सड़क नहीं बन जाती तब तक धरने पर यूंही बैठे रहेंगे. इसके बाद भी अगर अधिकारियों ने ध्यान नहीं दिया तो आमरण अनशन शुरू करेंगे, लेकिन अपना हक अपनी मूलभूत सुविधा का अधिकार ले के रहेंगे.
महिला को नौकरी से निकालने की धमकी देकर छेड़छाड़, आरोपी गिरफ्तार
सक्ति। जिले में डोर टू डोर कचरा कलेक्शन करने वाली महिला को नौकरी से निकालने की धमकी देकर छेड़छाड़ और युवती को फोन से अश्लील बात कर शारीरिक संबंध बनाने के लिए दबाव बनाने वाले आरोपी को डभरा पुलिस ने गिरफ्तार किया है।
मिली जानकारी के अनुसार पीड़ित महिला ने बताया कि वह नगर पंचायत डभरा के मानी कंचन केंद्र में दो वर्ष पहले काम करती थी, जिसमें वार्ड नंबर एक के प्रभारी रमेश बंजारे ने शरीर संबंध बनने का दबाव बनाया जिसे मना करने पर नौकरी से निकलने की धमकी दी और शरीरक सम्बन्ध नहीं बनाने पर दूसरे को रखने की बात कही, जिसका विरोध करने पर महिला को नौकरी से निकाल दिया था।
25.10.2024 को नए सीएमओ से बात करने पहुंची हुई थी। इस बीच रमेश बंजारे वहीं पर खड़ा हुआ था जिसने सीएमओ से मिलने नहीं दिया और हाथ पकड़कर छेड़छाड़ करने लगा। वहीं एक और महिला कर्मचारी ने भी फोन में अश्लील बात करने की शिकायत दर्ज कराई थी डभरा थाने में मामला दर्ज कर जांच में लिया गया। जिसके बाद आरोपी रमेश बंजारे को गिरफ्तार कर लिया गया है, पूछने पर आरोपी ने जुर्म स्वीकार किया हैं जिसे गिरफ्तार कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है।
सोन नदी में गिरी स्कूल बस, 15 बच्चे गंभीर रूप से घायल
सक्ती। सक्ती जिले के हसौद थाना क्षेत्र के पिसौद गांव में मंगलवार को एक दर्दनाक हादसा हुआ जब बच्चों से भरी एक स्कूल बस सोन नदी में अनियंत्रित होकर पलट गई। इस हादसे के समय बस में करीब 15 बच्चे सवार थे। स्थानीय ग्रामीणों की तत्परता और साहसिक प्रयास से सभी बच्चों को बाहर निकाला गया, जिनमें से कई की हालत गंभीर बताई जा रही है। उन्हें तुरंत अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
घटना का विवरण:
प्राप्त जानकारी के अनुसार, स्कूल बस बच्चों को रोज़ की तरह स्कूल ले जा रही थी। अचानक, बस का संतुलन बिगड़ गया और वह सोन नदी में गिर गई। हादसे के बाद बच्चों की चीख-पुकार सुनकर पास के ग्रामीण तुरंत घटनास्थल पर पहुंचे। उन्होंने बिना देरी किए राहत कार्य शुरू किया और बच्चों को बस से बाहर निकालने में जुट गए।
ग्रामीणों ने कड़ी मेहनत के बाद सभी बच्चों को सुरक्षित बाहर निकालकर प्राथमिक उपचार के लिए अस्पताल पहुंचाया। अस्पताल में कई बच्चों की हालत चिंताजनक बताई जा रही है, और चिकित्सक उनकी देखभाल कर रहे हैं।
प्रशासन की प्रतिक्रिया:
हादसे की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन और पुलिस भी घटनास्थल पर पहुंच गई। प्रशासन ने जांच शुरू कर दी है कि हादसा किस कारण से हुआ। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, बस के अनियंत्रित होने का कारण अभी स्पष्ट नहीं हो पाया है, लेकिन ड्राइवर की लापरवाही और तकनीकी खराबी की जांच की जा रही है।
गौ विज्ञान परीक्षा की तैयारी को लेकर हुई बैठक,11 दिसंबर को होगी परीक्षा
सक्ती । छत्तीसगढ़ गौ संरक्षण एवं संवर्धन समिति द्वारा पूरे प्रदेश भर में सरकारी तथा निजी स्कूलों में गौ विज्ञान परीक्षा का आयोजन किया जाएगा। जिसके लिए प्रत्येक जिलों में जिला परीक्षा प्रमुख सहित टीम का गठन किया गया है। जिले में भी इस परीक्षा के लिए टीम गठित की गई है, जिसमें अमरलाल अग्रवाल, देव साहू, टी आर चंद्रा प्रमुख है। समिति के संरक्षक रामावतार अग्रवाल हैं।
विद्यार्थियों से पंजीयन का कार्य प्रारंभ
गौ विज्ञान परीक्षा के साहित्य एवं पोस्टर का वितरण
सक्ती में 2 युवकों की रहस्यमय मौत का खुलासा: परिवार के 4 सदस्य गिरफ्तार
सक्ती। सक्ती जिले के बाराद्वार थाना क्षेत्र के तांडुलडीह गांव में 18 अक्टूबर को दो युवकों, विक्की और विक्रम सिदार, की रहस्यमय मौत का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। इस मामले में तंत्र-मंत्र के दौरान हुई हत्या के आरोप में पुलिस ने परिवार के चार सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया है।
पुलिस द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, पूरा मामला अंधविश्वास और तंत्र-मंत्र से जुड़ा है। जांच में पता चला कि परिवार के चार सदस्य, तंत्र साधना के दौरान मृतकों को "शैतान का साया" बताकर उनकी हत्या में शामिल थे। मृतक युवकों ने परिवार के जिस बाबा की पूजा होती थी, उसे मानने से इनकार कर दिया था। इस बात से नाराज होकर परिवार के सदस्यों ने दोनों के मुंह पर बलपूर्वक भभूती डालकर दम घुटने से उनकी जान ले ली।
विक्की और विक्रम की मौत होते ही परिवार के बाकी सदस्य बहन अमरीका सिदार, चंद्रिका सिदार, भाई विशाल सिदार और मां फिरित बाई के होश उड़ गए। दोनों बहन पुलिस और गांव के लोगों को धोखा देने पागलों जैसी हरकत करती रही और दोनों को जिंदा करने का दावा करते रहे। लेकिन पुलिस की कड़ाई से पूछताछ के बाद सभी घटना क्रम की जानकारी उन्होंने पुलिस को दे दी।
उन्होंने पुलिस को बताया कि ने मृतक युवकों के मुंह में जबरन जो भभूती डाल कर उनको खिलाया था, उसकी फोरेंसिक रिपोर्ट आनी अभी बाकी है। हालांकि बल पूर्वक मुंह दबाने से उनका दम घुटा और उनकी मौत हुई, ये बात जांच में सामने आ चुकी है।
पुलिस ने भी सभी से अपील करते हुए कहा कि अंधविश्वास पर विश्वास न करें, इन सब बातों से दूर रहने की अपील की है।