छत्तीसगढ़ में ई-गवर्नेंस की नई गति : 'डिजिटल, दक्ष एवं विकासशील प्रशासन' की दिशा में महत्वपूर्ण कदम
सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा iGOT प्रशिक्षण के माध्यम से 120 अधिकारियों का दस बैचों में क्षमता संवर्धन
रायपुर, 3 फरवरी 2026

छत्तीसगढ़ शासन के सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा प्रदेश में ई-गवर्नेंस व्यवस्था को सुदृढ़, प्रभावी एवं परिणामोन्मुखी बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण एवं दूरदर्शी पहल की गई है। इस क्रम में iGOT (Integrated Government Online Training) प्लेटफॉर्म के माध्यम से कुल 120 अधिकारियों को दस बैचों में विशेष प्रशिक्षण प्रदान किया गया। प्रशिक्षण कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य छत्तीसगढ़ को डिजिटल ई-गवर्नेंस के क्षेत्र में अग्रणी राज्य के रूप में स्थापित करना तथा तेज, पारदर्शी एवं उत्तरदायी निर्णय प्रक्रिया के माध्यम से प्रदेश के समग्र विकास को गति प्रदान करना है। छत्तीसगढ़ शासन की यह पहल “डिजिटल, दक्ष एवं विकासशील प्रशासन” के लक्ष्य की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर सिद्ध होगी।
उल्लेखनीय है कि सामान्य प्रशासन विभाग के सचिव श्री अविनाश चंपावत के नेतृत्व में विगत दिनों iGOT प्लेटफॉर्म के माध्यम से लगभग 1200 अधिकारियों एवं कर्मचारियों को प्रशिक्षित कर एक उल्लेखनीय प्रशासनिक कीर्तिमान स्थापित किया गया है। यह पहल अधिकारियों एवं कर्मचारियों में नेतृत्व क्षमता, प्रस्तुतिकरण कौशल तथा ज्ञान-वितरण को सुदृढ़ करने के साथ-साथ उनके बीच सकारात्मक प्रतिस्पर्धा एवं नवाचार की संस्कृति को भी प्रोत्साहित कर रही है। प्रशासनिक दक्षता को और अधिक प्रोत्साहित करने के उद्देश्य से उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले अधिकारियों एवं कर्मचारियों को उचित प्रोत्साहन एवं पुरस्कार प्रदान किया जाना आवश्यक है, जिससे वे भविष्य में और अधिक प्रतिबद्धता, दक्षता एवं नवाचार के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन कर सकें।
सामान्य प्रशासन विभाग की अवर सचिव अंजू सिंह ने आज मंत्रालय में प्रशिक्षण के दौरान अधिकारियों को iGOT प्लेटफॉर्म पर पंजीयन (रजिस्ट्रेशन), लॉग-इन प्रक्रिया, प्रशिक्षण मॉड्यूल पूर्ण करने, प्रमाण पत्र प्राप्त करने, प्रमाण पत्र डाउनलोड करने तथा उसे व्यक्तिगत उपलब्धियों (Achievement) में अपलोड करने की संपूर्ण प्रक्रिया का विस्तृत एवं व्यावहारिक प्रशिक्षण प्रदान किया गया।
यह प्रशिक्षण कार्यक्रम 3 फरवरी 2026 को छत्तीसगढ़ कैपेसिटी बिल्डिंग प्लान के अंतर्गत आयोजित किया गया, जो विभिन्न विभागों के अधिकारियों को उनके प्रशासनिक दायित्वों, कार्यप्रणाली तथा योजनाओं के त्वरित, पारदर्शी एवं प्रभावी क्रियान्वयन से संबंधित व्यापक प्रशिक्षण प्रदान करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रारंभिक चरण है।
प्रशिक्षण कार्यक्रम का संचालन सामान्य प्रशासन विभाग की अवर सचिव अंजू सिंह के मार्गदर्शन में किया गया। इस अवसर पर उन्होंने अधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि डिजिटल प्रशासन केवल तकनीकी परिवर्तन तक सीमित नहीं है, बल्कि यह प्रशासनिक कार्यसंस्कृति में मूलभूत बदलाव का सशक्त माध्यम है। उन्होंने बताया कि iGOT के माध्यम से प्राप्त प्रशिक्षण मंत्रालयीन अधिकारियों को ई-ऑफिस एवं ई-कैपेसिटी बिल्डिंग प्रणाली के प्रभावी, पारदर्शी तथा समयबद्ध क्रियान्वयन में सक्षम बनाएगा।
ई-ऑफिस प्रणाली के प्रभावी संचालन को ध्यान में रखते हुए अधिकारियों को विशेष रूप से डिजिटल फाइल मूवमेंट, प्रक्रिया सरलीकरण, नीतियों एवं योजनाओं के समयबद्ध निष्पादन तथा जनसेवा की गुणवत्ता एवं प्रशासनिक दक्षता में सुधार से संबंधित विषयों पर प्रशिक्षण दिया जा रहा है। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा प्रशासनिक आधुनिकीकरण की दिशा में संचालित सतत सुधार प्रक्रिया की एक महत्वपूर्ण कड़ी है। प्रशिक्षण में सहभागिता करने वाले अधिकारियों ने कार्यक्रम को अत्यंत उपयोगी एवं व्यवहारिक बताते हुए कहा कि इससे नीतिगत निर्णयों एवं योजनाओं के प्रभावी एवं धरातल पर क्रियान्वयन में उल्लेखनीय सुधार सुनिश्चित होगा।