छत्तीसगढ़ / बीजापुर

पशुपालन विभाग की योजना से बदली किसान की तकदीर

 बीजापुर   शासन की जनकल्याणकारी योजनाएं ग्रामीणों की आर्थिक स्थिति को मजबूत बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। बीजापुर जिले के भोपालपटनम विकासखंड के ग्राम उल्लूर निवासी सदाशिव कुरगुड़ ने पशुधन विकास विभाग की किसान क्रेडिट कार्ड योजना का लाभ लेकर मुर्गी पालन व्यवसाय शुरू किया और आज आत्मनिर्भरता की मिसाल बन गए हैं।

कृषि कार्य के साथ अतिरिक्त आय का स्रोत विकसित करने की इच्छा रखने वाले सदाशिव कुरगुड़ को मुर्गी पालन के लिए पर्याप्त पूंजी की आवश्यकता थी। इस दौरान उन्हें पशुधन विकास विभाग द्वारा संचालित किसान क्रेडिट कार्ड योजना की जानकारी मिली। विभाग के मार्गदर्शन से उन्हें बैंक के माध्यम से 30 हजार रुपये का ऋण प्राप्त हुआ, जिससे उन्होंने मुर्गी पालन के लिए चूजे एवं आवश्यक आहार की व्यवस्था की। सही प्रबंधन, नियमित देखभाल और विभागीय तकनीकी मार्गदर्शन के चलते उनका मुर्गी पालन व्यवसाय लगातार आगे बढ़ा। वर्तमान में वे प्रतिवर्ष लगभग एक लाख रुपये की आय अर्जित कर रहे हैं, जिसमें से करीब 80 हजार रुपये का शुद्ध लाभ प्राप्त हो रहा है। इस अतिरिक्त आय से उनके परिवार की आर्थिक स्थिति में उल्लेखनीय सुधार आया है। सदाशिव कुरगुड़ ने बताया कि पशुधन विकास विभाग की योजना ने उन्हें आत्मनिर्भर बनने का अवसर दिया। अब उनका लक्ष्य भविष्य में एक व्यावसायिक पोल्ट्री फार्म स्थापित कर रोजगार का विस्तार करना है। उन्होंने पशुधन विकास विभाग एवं जिला प्रशासन के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि विभागीय योजनाओं का लाभ ग्रामीण युवाओं एवं किसानों तक पहुंचना चाहिए, ताकि वे भी स्वरोजगार अपनाकर अपनी आर्थिक स्थिति मजबूत कर सकें। जिला प्रशासन एवं पशुधन विकास विभाग का उद्देश्य ग्रामीण क्षेत्रों में स्वरोजगार को बढ़ावा देना, किसानों की आय में वृद्धि करना तथा उन्हें आत्मनिर्भर बनाना है। विभाग की विभिन्न योजनाएं जिले में आजीविका संवर्धन और आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में प्रभावी साबित हो रही हैं।

Leave Your Comment

Click to reload image