नई दिल्ली से खड़गवां तक जुड़ा टीबी मुक्त भारत अभियान केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा की मौजूदगी में जोश टीम लॉन्च का हुआ सीधा प्रसारण
एमसीबी भारत को टीबी मुक्त बनाने के राष्ट्रीय अभियान में आज मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर जिले ने जनभागीदारी की मजबूत मिसाल पेश की। सशक्त एमसीबी सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत जनपद पंचायत मैदान, खड़गवां में राज्य स्तरीय टीबी मुक्त भारत अभियान, जोश टीम लॉन्च एवं टीबी मुक्त विकासखंड (संपूर्ण क्षय सुरक्षित) कार्यक्रम का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम में एक ओर नई दिल्ली के भारत मंडपम से JOSH (Joint Squad for Health) टीमों के राष्ट्रीय शुभारंभ का लाइव वर्चुअल प्रसारण हुआ, वहीं दूसरी ओर जिले की 199 ग्राम पंचायतों में से 177 ग्राम पंचायतों के टीबी मुक्त होने की उपलब्धि का उत्सव मनाया गया। इस उपलब्धि के लिए संबंधित ग्राम पंचायतों के सरपंचों को मुख्य अतिथि स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल द्वारा गोल्ड, सिल्वर एवं ब्रॉन्ज श्रेणी में गांधी प्रतिमा तथा शाल-श्रीफल भेंटकर सम्मानित किया गया।
राज्य स्तरीय कार्यक्रम के मुख्य अतिथि छत्तीसगढ़ शासन के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण एवं चिकित्सा शिक्षा तथा पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक विकास मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल रहे। कार्यक्रम में स्वास्थ्य सेवाएं विभाग के संचालक/आयुक्त सह-संचालक संजीव कुमार झा, कलेक्टर संतन देवी जांगड़े, जिला पंचायत सीईओ अंकिता सोम, जिला पंचायत अध्यक्ष यशवंती सिंह, महापौर नगर पालिक निगम चिरमिरी रामनरेश राय, सभापति नगर पालिक निगम चिरमिरी संतोष सिंह, नगर पंचायत नई लेदरी अध्यक्ष वीरेन्द्र सिंह राणा, जिला पंचायत सदस्य रामजीत लकड़ा, कोरिया जिले की सोनहत जनपद अध्यक्ष आशा देवी, सरगुजा जिले की बतौली जनपद अध्यक्ष अनीता तिर्की, रायगढ़ जिले के घरघोड़ा जनपद अध्यक्ष सहनू पैकरा सहित अनेक जनप्रतिनिधि उपस्थित रहे।
इस अवसर पर नगर पालिका मनेन्द्रगढ़ अध्यक्ष प्रतिमा यादव, जनपद अध्यक्ष खड़गवां श्याम बाई मरकाम, जनपद पंचायत खड़गवां उपाध्यक्ष वीरेन्द्र सिंह करियाम, योग आयोग छत्तीसगढ़ शासन के अध्यक्ष संजय अग्रवाल, नगर पंचायत जनकपुर अध्यक्ष कौशल पटेल, जनपद सदस्य खड़गवां युगान्तर श्रीवास्तव सहित जिलेभर के सरपंच, पंचायत प्रतिनिधि, अधिकारी-कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित रहे।
स्वास्थ्य स्टॉलों के निरीक्षण से हुई कार्यक्रम की शुरुआत
कार्यक्रम की शुरुआत स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल द्वारा स्वास्थ्य विभाग की ओर से लगाए गए विभिन्न स्टॉलों के निरीक्षण से हुई। उन्होंने टीबी जांच, स्क्रीनिंग, स्वास्थ्य सेवाओं तथा जनजागरूकता से जुड़ी गतिविधियों की जानकारी ली। उन्होंने अधिकारियों से आम नागरिकों तक स्वास्थ्य सेवाओं का प्रभावी लाभ पहुंचाने, टीबी की समय पर पहचान तथा मरीजों को नियमित उपचार से जोड़ने के संबंध में जानकारी प्राप्त की।
इसके बाद मुख्य अतिथि एवं उपस्थित जनप्रतिनिधियों ने भारत माता एवं छत्तीसगढ़ महतारी के छायाचित्र पर दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया। उपस्थित अतिथियों, जनप्रतिनिधियों, अधिकारी-कर्मचारियों एवं ग्रामीणजनों ने सावधान मुद्रा में खड़े होकर ससम्मान राष्ट्रगीत का गायन किया। अतिथियों का पुष्पगुच्छ एवं माल्यार्पण से आत्मीय स्वागत किया गया।
दिल्ली से खड़गवां तक गूंजा टीबी मुक्त भारत का संदेश
कार्यक्रम का प्रमुख आकर्षण नई दिल्ली के भारत मंडपम से आयोजित जोश टीमों के राष्ट्रीय शुभारंभ का लाइव वर्चुअल प्रसारण रहा। केंद्रीय स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण तथा रसायन एवं उर्वरक मंत्री जगत प्रकाश नड्डा, केंद्रीय श्रम एवं रोजगार तथा युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्री डॉ. मनसुख मांडविया तथा रक्षा राज्य मंत्री संजय सेठ की उपस्थिति में राष्ट्रीय स्तर पर जोश टीमों का शुभारंभ किया गया।
खड़गवां में उपस्थित जनप्रतिनिधियों, स्वास्थ्यकर्मियों, पंचायत प्रतिनिधियों, युवाओं, अधिकारी-कर्मचारियों एवं ग्रामीणजनों ने राष्ट्रीय कार्यक्रम को लाइव देखा। इससे खड़गवां का राज्य स्तरीय आयोजन सीधे राष्ट्रीय टीबी उन्मूलन अभियान से जुड़ गया और खड़गवां से लेकर नई दिल्ली तक एक साथ टीबी मुक्त भारत का संदेश गूंजा। पहले चरण में देश के 11 राज्यों के 55 जिलों में जोश टीमों की शुरुआत की गई है। इसका उद्देश्य युवाओं के नेतृत्व में सामुदायिक लामबंदी को मजबूत करना तथा टीबी मुक्त भारत के संदेश को गांव-गांव और जन-जन तक पहुंचाना है।
177 ग्राम पंचायतों की टीबी मुक्त उपलब्धि, सरपंचों का हुआ सम्मान
कार्यक्रम में एमसीबी जिले की उल्लेखनीय उपलब्धि को विशेष रूप से रेखांकित किया गया। जिले की 199 ग्राम पंचायतों में टीबी के मरीज चिन्हित किए गए थे, जिनमें से 177 ग्राम पंचायतों ने टीबी मुक्त होने की उपलब्धि हासिल की है। इस उपलब्धि में पंचायत प्रतिनिधियों, स्वास्थ्यकर्मियों, मितानिनों, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं तथा ग्रामीण समुदाय की सक्रिय भूमिका रही। वहीं टीबी मुक्त ग्राम पंचायतों के सरपंचों को उनकी उल्लेखनीय भूमिका के लिए गोल्ड, सिल्वर एवं ब्रॉन्ज श्रेणी के आधार पर गांधी प्रतिमा तथा शाल-श्रीफल भेंटकर सम्मानित किया गया। मुख्य अतिथि स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने सम्मानित सरपंचों का उत्साहवर्धन करते हुए टीबी उन्मूलन में उनके योगदान की सराहना की। यह सम्मान ग्राम स्तर पर स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता, सक्रिय जनभागीदारी और सामूहिक जिम्मेदारी की भावना को प्रोत्साहित करने वाला रहा।