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दिल्ली चुनाव में वादों का सिलसिला जारी: अरविंद केजरीवाल ने किया एक और बड़ा ऐलान, कहा- अगले 5 साल में…
दिल्ली विधानसभा चुनाव (Delhi Assembly Elections 2025) से पहले वादों और दावों का सिलसिला जारी है। सभी राजनीतिक दल जनता को लुभाने के लिए बड़ी बड़ी घोषणाएं कर रही है। इस बीच आम आदमी पार्टी (Aam Aadmi Party) ने एक और बड़ा ऐलान किया है। इलेक्शन से पहले AAP के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल (Arvind Kejriwal) ने सीवर लाइन को लेकर घोषणा की है।
आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने दिल्लीवालों को सीवर की समस्या से मुक्ति दिलाने की बात कही है। उन्होंने कहा कि हमने लगभग सभी कॉलोनियों में सीवर की लाइन बिछाई है, अब इसे घरों से जोड़ा जा रहा है। केजरीवाल ने कहा कि बीते 10 साल में नए सीवर डलवाने के बहुत काम किए हैं। कुछ इलाके बचे हैं। अगले 5 साल में दिल्ली के सभी इलाकों की सीवर लाइन ठीक करेंगे। सभी पुरानी पाइप लाइनों को युद्ध स्तर पर बदला जाएगा, ताकि लोगों को सीवर की समस्या से छुटकारा मिल सके।
अरविंद केजरीवाल ने दिल्ली की जनता से अपील करते हुए कहा कि अगर आपके इलाके में सीवर की समस्या है तो घबराएं नहीं, सरकार में आने के बाद हम इस पर तेजी से काम करेंगे। आपको बता दें कि आप संयोजक ने यह बात प्रेस कॉन्फ्रेंस की दौरान कही है। शनिवार को केजरीवाल ने वर्चुअल प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि जब 2015 में हमारी पहली बार सरकार बनी थी, तब हमें कई समस्याएं विरासत के तौर पर मिली थीं। उनमें से एक बड़ी समस्या सीवर की थी। दिल्ली में 1,792 कच्ची कॉलोनियों में हैं। इन कॉलोनियों में 2015 से पहले किसी भी तरह के विकास की अनुमति नहीं थी, क्यों कि सुप्रीट कोर्ट और केंद्र सरकार के आदेश थे। हमने उन सभी अड़चनों को पार कर सारी कच्ची कॉलोनियों के अंदर काम करना शुरू किया।
केजरीवाल बोले- हमने 10 साल में सीवर पाइललाइन डलवाई
आप संजोयक ने यह भी कहा कि इन कच्ची कॉलोनियों में सीवर की कोई पाइपलाइन नहीं थी। इसलिए सारा सीवर नालियों और गलियों के अंदर बहता था। लोगों का जीवन नर्क था। हमने बीते 10 साल में लगभग सभी कॉलोनियों में बड़े स्तर पर सीवर की पाइपलाइन डलवाई हैं। पाइपलाइन डालने के बाद अब हर घर को सीवर से जोड़ने का काम चल रहा है। उन्होंने कहा कि पुरानी पाइपलाइनों को युद्ध स्तर पर बदला जाएगा। दिल्ली में जहां भी सीवर पाइपलाइन बैठ गई है, लीक कर रही है या खराब हो गई है, इन समस्याओं को ठीक किया जाएगा।
5 फरवरी को एक चरण में होगा मतदान
आपको बता दें कि दिल्ली की सभी 70 विधानसभा सीटों पर एक फेस में 5 फरवरी को मतदान होगा। वहीं 8 फरवरी को रिजल्ट घोषित किया जाएगा। दिल्ली चुनाव में कुल 699 प्रत्याशी मैदान में है। इनमें सबसे ज्यादा उम्मीदवार नई दिल्ली विधानसभा सीट पर है, यहां से कुल 23 कैंडिडेट चुनावी मैदान में है। वहीं सबसे कम पटेल नगर और कस्तूरबा नगर में है, इन दोनों सीटों पर 5-5 प्रत्याशी अपनी किस्मत आजमा रहे हैं।
महाकुंभ के लिए 1000 अतिरिक्त बसें चलवाएगी योगी सरकार, मौनी अमावस्या पर बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के पहुंचने की उम्मीद
प्रयागराज. महाकुंभ में हर रोज लाखों श्रद्धालु गंगा स्नान करने के लिए पहुंच रहे हैं. ऐसे में मौनी अमावस्या में बड़ी संख्या में लोगों के आने का अनुमान लगाया जा रह है. जिसे ध्यान में ऱखते हुए सीएम योगी ने परिवहन मंत्री यूपी रोडवेज की 1000 अतिरिक्त बसें चलाने का निर्देश दिया है. सीएम योगी के निर्देश पर परिवहन मंत्री ने अतिरिक्त बसें चलाने का फैसला लिया है
45 करोड़ श्रद्धालुओं के आने का अनुमान
महाकुंभ में इस बार 45 करोड़ श्रद्धालुओं के पवित्र संगम में स्नान करने का अनुमान है. हर 12 साल बाद लगने वाले इस कुंभ में 144 साल बाद खास संयोग बन रहा है, क्योंकि अब तक 12 कुंभ पूरे हो चुके हैं. इसी वजह से इसे महाकुंभ कहा जा रहा है और इसमें आने वाला श्रद्धालुओं की संख्या पहले के किसी भी कुंभ से ज्यादा है. ऐसे में कुंभ मेले में आने वाले श्रद्धालुओं की गिनती के लिए यूपी सरकार ने हाईटेक उपकरणों का सहारा लिया है और इस बार AI बेस्ड कैमरे की मदद से लोगों की गिनती की जा रही है.
महाकुंभ क्यों मनाया जाता है
पौराणिक कथा के अनुसार समुद्र मंथन के दौरान अमृत कलश के लिए देवताओं और असुरों के बीच 12 दिन घमासान युद्ध हुआ. अमृत को पाने की लड़ाई के बीच कलश से अमृत की कुछ बूंदें धरती के चार स्थानों पर गिरी थीं. ये जगह हैं प्रयागराज, उज्जैन, हरिद्वार और नासिक. इन्हीं चारों जगहों पर कुंभ का मेला लगता है.
जब गुरु वृषभ राशि में और सूर्य मकर राशि में होते हैं तब कुंभ मेला प्रयागराज में आयोजित किया जाता है. जब गुरु और सूर्य सिंह राशि में होते हैं तब कुंभ मेला नासिक में आयोजित होता है. गुरु के सिंह राशि और सूर्य के मेष राशि में होने पर कुंभ मेला उज्जैन में आयोजित होता है. सूर्य मेष राशि और गुरु कुंभ राशि में होते हैं तब हरिद्वार में कुंभ मेले का आयोजन किया जाता है.
कर्तव्य पथ पर राष्ट्रपति मुर्मू ने फहराया तिरंगा, 21 तोपों ने दी सलामी
नई दिल्ली। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने कर्तव्य पथ पर तिरंगा फहराया। 21 तोपों की सलामी के बाद परेड शुरू हुई। इंडोनेशिया के जवान भी इस परेड में शामिल हुए। उनके साथ इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो भी थे, जो इस वर्ष के समारोह के मुख्य अतिथि हैं।
परंपरा के अनुसार, दोनों राष्ट्रपतियों को भारतीय सेना की सबसे वरिष्ठ रेजिमेंट, 'राष्ट्रपति के अंगरक्षक' द्वारा कर्तव्य पथ तक ले जाया गया। 40 वर्षों से बंद परंपरा को पुनर्जीवित करते हुए, वे 'पारंपरिक बग्गी' में सवार होकर समारोह में पहुंचे।
उनके आगमन पर, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उनका स्वागत किया। प्रधानमंत्री ने उपराष्ट्रपति जगदीप धनखड़ और उनकी पत्नी सुदेश धनखड़ का भी कर्तव्य पथ पर स्वागत किया। राष्ट्रगान के बीच राष्ट्रीय ध्वज फहराया गया, जिसके बाद स्वदेशी 105-एमएम लाइट फील्ड गन का उपयोग करके 21 तोपों की सलामी दी गई।
इस वर्ष के गणतंत्र दिवस समारोह में संविधान के लागू होने के 75 वर्ष पूरे होने पर ध्यान केंद्रित किया गया और "जन भागीदारी" पर जोर दिया गया। इस उत्सव में भारत की सांस्कृतिक विविधता, एकता, समानता, विकास और सैन्य शक्ति का प्रदर्शन किया गया।
सांस्कृतिक मंत्रालय के 300 कलाकारों के साथ वाद्य यंत्र बजाते हुए परेड निकली। कलाकारों द्वारा शहनाई, नादस्वरम, मशक बीन, बांसुरी, शंख और ढोल जैसे पारंपरिक संगीत वाद्ययंत्रों की मदद से "सारे जहां से अच्छा" बजाया गया।
समारोह में वैश्विक स्पर्श जोड़ते हुए, 152 सदस्यों वाली इंडोनेशियाई राष्ट्रीय सशस्त्र बलों की मार्चिंग टुकड़ी और 190 सदस्यों वाली इंडोनेशिया की सैन्य अकादमी का सैन्य बैंड भी परेड में शामिल हुआ।
शारदा सिन्हा, ओसामु सुजुकी सहित सात को पद्म विभूषण, 19 हस्तियां पद्म भूषण, 113 पद्म श्री से होंगी सम्मानित
नई दिल्ली। गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर गृह मंत्रालय ने इस साल के पद्म पुरस्कारों की घोषणा कर दी। बिहार की जानी मानी लोक गायिका शारदा सिन्हा और जापान के दिवंगत व्यवसायी ओसामु सुजुकी समेत तीन को मरणोपरांत पद्म विभूषण दिया जाएगा। देश के पहले सिख सीजेआई जगदीश सिंह खेहर भी पद्म विभूषण पाने वाली सात शख्सियतों में शामिल हैं। इसके अलावा 19 शख्सियतों को (चार मरणोपरांत) पद्म भूषण और 113 लोगों को (छह मरणोपरांत) पद्म श्री पुरस्कार देने की घोषणा की गई है।
पद्म भूषण पाने वालों में प्रसार भारती के पूर्व चेयरमैन ए. सूर्य प्रकाश, प्रधानमंत्री के आर्थिक सलाहकार रहे विवेक देबरॉय (मरणोपरांत), जाने माने गायक पंकज उदास (मरणोपरांत), फिल्म निर्माता शेखर कपूर, बिहार के पूर्व उप मुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी (मरणोपरांत) प्रमुख नाम हैं।
साथ ही बिहार के जाने माने लोक सेवक और पूर्व आईपीएस अधिकारी किशोर कुणाल (मरणोपरांत), जानेमाने व्यवसाई पवन गोयनका, क्रिकेटर आर. आश्विन सहित 113 शख्सियतों को पद्म श्री सम्मान से नवाजा गया है।
देश के जानेमाने गैस्ट्रोएंटेरोलॉजिस्ट डॉ. डी. नागेश्वर रेड्डी को मेडिसिन के क्षेत्र में पद्म विभूषण देने की घोषणा की गई है। उनके पास लगभग 50 साल का अनुभव है। उन्होंने कुरनूल मेडिकल कॉलेज से एमबीबीएस की डिग्री प्राप्त की। इसके बाद उन्होंने पीजीआईएमईआर, चंडीगढ़ से जनरल मेडिसिन में एमडी की पढ़ाई की। इसके बाद, उन्होंने पीजीआईएमईआर, चंडीगढ़ से गैस्ट्रोएंटरोलॉजी में डीएम की डिग्री हासिल की।
देश के पहले सिख सीजेआई न्यायमूर्ति (सेवानिवृत्त) जगदीश सिंह खेहर को सार्वजनिक मामलों (पब्लिक अफेयर्स) के क्षेत्र में पद्म विभूषण से सम्मानित किया जाएगा। 4 जनवरी 2017 को जस्टिस जगदीश सिंह खेहर ने सुप्रीम कोर्ट के पहले सिख मुख्य न्यायाधीश के रूप में इतिहास रचा। उन्होंने सुप्रीम कोर्ट में छह साल बिताए, जिसमें आठ महीने तक मुख्य न्यायाधीश के रूप में कार्य किया। अपने छह साल के कार्यकाल के दौरान, न्यायमूर्ति खेहर ने कुल 176 निर्णय दिए। साल 2014 में उन्होंने 34 फैसले सुनाए और 63 पीठों का हिस्सा बने।
जानी मानी कथक नृत्यांगना और कोरियोग्राफर कुमुदिनी रजनीकांत लाखिया को कला (डांस) के क्षेत्र में पद्म विभूषण से सम्मानित किया जाएगा। उन्होंने 1967 में भारतीय नृत्य और संगीत के क्षेत्र में कदम्ब स्कूल ऑफ डांस एंड म्यूजिक की स्थापना की। समकालीन कथक नृत्य में उनके योगदान को प्रमुख माना जाता है।
कर्नाटक के लक्ष्मीनारायण सुब्रमण्यम को कला (म्यूजिक) के क्षेत्र में पद्म विभूषण से सम्मानित किया जाएगा। इससे पहले उन्हें 1987 में पद्म श्री और 2010 में पद्म भूषण से सम्मानित किया जा चुका है।
कर्नाटक संगीत के साथ-साथ पश्चिमी शास्त्रीय संगीत में प्रशिक्षित एक प्रसिद्ध वायलिन वादक डॉ. लक्ष्मीनारायण सुब्रमण्यम को कला के क्षेत्र में पद्म विभूषण से सम्मानित किया जाएगा। संगीत में उनका करियर 1973 में शुरू हुआ, और तब से उन्होंने 200 से ज्यादा रिकॉर्डिंग अपने नाम की है। उन्होंने प्रसिद्ध संगीतकारों जैसे येहुदी मेनुहिन, स्टीफन ग्रेपेली, रग्गिएरो रिक्की, जीन-पियरे रामपाल, हर्बी हैनकॉक, जॉर्ज हैरिसन और अन्य के साथ काम किया। साल 1988 में उन्हें पद्म श्री और 2001 में पद्म भूषण जैसे प्रतिष्ठित सम्मान मिले थे।
भारत के सर्वकालिक महान लेखकों में से एक एम.टी. वासुदेवन नायर को साहित्य और शिक्षा के क्षेत्र में मरणोपरांत पद्म विभूषण से सम्मानित किया जाएगा। वह भारत के उन लेखकों में शुमार थे, जिनकी रचनाओं का अनुवाद हर भाषा में मिलता है। वह सुप्रसिद्ध पत्रिका मातृभूमि के संपादक भी रहे। इससे पहले 2005 में उन्हें पद्म भूषण से सम्मानित किया गया था।
जापान के दिवंगत व्यवसायी ओसामु सुजुकी को व्यापार और उद्योग (ट्रेड एंड इंडस्ट्री) के क्षेत्र में मरणोपरांत पद्म विभूषण से सम्मानित किया जाएगा। वह एक जापानी व्यवसायी थे और सुजुकी मोटर कॉर्पोरेशन के अध्यक्ष रहे। साल 1978 से वह कंपनी के अध्यक्ष, चेयरमैन या सीईओ के पद पर थे। फरवरी 2021 में कंपनी ने यह घोषणा की कि वह जून 2021 में सेवानिवृत्त हो जाएंगे।
देश की प्रसिद्ध दिवंगत लोक गायिका शारदा सिन्हा को कला (संगीत) के क्षेत्र में मरणोपरांत पद्म विभूषण से सम्मानित किया जाएगा। शारदा सिन्हा ने अपनी मधुर आवाज से न केवल भोजपुरी और मैथिली संगीत को नई पहचान दिलाई, बल्कि बॉलीवुड में भी अपनी गायकी का लोहा मनवाया। उनकी आवाज में सलमान खान की फिल्म "मैंने प्यार किया" का गाना "कहे तो से सजना" बहुत ही लोकप्रिय हुआ। इसके अतिरिक्त, उन्होंने "गैंग्स ऑफ वासेपुर पार्ट 2" और "चारफुटिया छोकरे" जैसी फिल्मों में भी गाने गाए, जिनकी दर्शकों ने बहुत सराहना की।
पद्म भूषण:
कर्नाटक के ए. सूर्य प्रकाश जो प्रसार भारती के पूर्व चेयरपर्सन रहे हैं उन्हें साहित्य और शिक्षा-पत्रकारिता के क्षेत्र में पद्म भूषण से सम्मानित किया जाएगा। कर्नाटक से आने वाले अभिनेता अनंत नाग को कला के क्षेत्र में पद्म भूषण से सम्मानित किया जाएगा। दिल्ली के बिबेक देबरॉय (मरणोपरांत) जो प्रधानमंत्री की आर्थिक सलाहकार परिषद के अध्यक्ष रहे हैं, उन्हें साहित्य और शिक्षा-पत्रकारिता के क्षेत्र में पद्म भूषण से सम्मानित किया जाएगा।
असम से आने वाले जतिन गोस्वामी को कला के क्षेत्र में, केरल से आने वाले जोस चाको पेरियाप्पुरम को मेडिसिन के क्षेत्र में, दिल्ली से आने वाले कैलाश नाथ दीक्षित को पुरातत्व के क्षेत्र में पद्म भूषण से सम्मानित किया जाएगा।
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री रहे मनोहर जोशी (मरणोपरांत) को पब्लिक अफेयर्स के क्षेत्र में, तमिलनाडु से आने वाले उद्योगपति नल्ली कुप्पुस्वामी चेट्टी को व्यापार और उद्योग के क्षेत्र में, आंध्र प्रदेश से आने वाले नंदामुरी बालकृष्ण को कला के क्षेत्र में, केरल से आने वाले पीआर श्रीजेश को खेल के क्षेत्र में, गुजरात से आने वाले कैडिला हेल्थकेयर के चेयरपर्सन पंकज पटेल को व्यापार और उद्योग के क्षेत्र में पद्म भूषण से सम्मानित किया जाएगा।
महाराष्ट्र से आने वाले भारतीय पार्श्व गायक पंकज उधास (मरणोपरांत) को कला के क्षेत्र में, यूपी से आने वाले रामबहादुर राय जो इंदिरा गांधी राष्ट्रीय कला केन्द्र के अध्यक्ष हैं, उन्हें साहित्य और शिक्षा-पत्रकारिता के क्षेत्र में, यूपी से आने वालीं दुर्गा वाहिनी की संस्थापक साध्वी ऋतंभरा को सामाजिक कार्य के क्षेत्र में पद्म भूषण से सम्मानित किया जाएगा।
तमिलनाडु से आने वाले अभिनेता एस अजित कुमार को जो कला के क्षेत्र में, महाराष्ट्र से आने वाले फिल्म निर्माता शेखर कपूर को कला के क्षेत्र में, तमिलनाडु से आने वाली अभिनेत्री शोभना चंद्रकुमार को कला के क्षेत्र में, बिहार के पूर्व डिप्टी सीएम रहे सुशील कुमार मोदी (मरणोपरांत) को जनसम्पर्क के क्षेत्र में, भारतीय-अमेरिकी इंजीनियर और उद्यमी विनोद धाम को विज्ञान और इंजीनियरिंग के क्षेत्र में पद्म भूषण से सम्मानित किया जाएगा।
पद्म श्री :
विभिन्न क्षेत्रों में विशिष्ट सेवा के लिए 113 व्यक्तियों को पद्म श्री से सम्मानित किया जाएगा। इनमें शामिल हैं, अद्वैत चरण गडनायक (कला) ओडिशा, अच्युत रामचन्द्र पालव (कला) महाराष्ट्र, अजय वी भट्ट (विज्ञान और इंजीनियरिंग) अमेरिका, अनिल कुमार बोरो (साहित्य एवं शिक्षा) असम, अरिजीत सिंह (कला) पश्चिम बंगाल, अरुंधति भट्टाचार्य (व्यापार और उद्योग) महाराष्ट्र, अरुणोदय साहा (साहित्य एवं शिक्षा) त्रिपुरा, अरविन्द शर्मा (साहित्य एवं शिक्षा) कनाडा, अशोक कुमार महापात्रा (मेडिसिन) ओडिशा, अशोक लक्ष्मण सराफ (कला) महाराष्ट्र, आशुतोष शर्मा (विज्ञान एवं इंजीनियरिंग) उत्तर प्रदेश, अश्विनी भिड़े देशपांडे (कला) महाराष्ट्र, बैजनाथ महाराज (अन्य - अध्यात्मवाद) राजस्थान, बैरी गॉडफ्रे जॉन (कला) एनसीटी दिल्ली, बेगम बतूल (कला) राजस्थान, भरत गुप्त (कला) एनसीटी दिल्ली, भेरू सिंह चौहान (कला) मध्य प्रदेश, भीम सिंह भावेश (सामाजिक कार्य) बिहार, भीमव्वा डोड्डाबलप्पा शिल्लेक्यथारा (कला) कर्नाटक, बुधेन्द्र कुमार जैन (मेडिसिन) मध्य प्रदेश, सी एस वैद्यनाथन (सार्वजनिक मामले) एनसीटी दिल्ली, चैतराम देवचंद पवार (सामाजिक कार्य) महाराष्ट्र।
इस सूची में चंद्रकांत शेठ (मरणोपरांत) (साहित्य एवं शिक्षा) गुजरात, चंद्रकांत सोमपुरा (अन्य - वास्तुकला) गुजरात, चेतन ई चिटनिस (विज्ञान और इंजीनियरिंग) फ्रांस, डेविड आर सिम्लीह (साहित्य और शिक्षा) मेघालय, दुर्गा चरण रणबीर (कला) ओडिशा, फारूक अहमद मीर (कला) जम्मू और कश्मीर, गणेश्वर शास्त्री द्रविड़ (साहित्य एवं शिक्षा) उत्तर प्रदेश, गीता उपाध्याय (साहित्य एवं शिक्षा) असम, गोकुल चंद्र दास (कला) पश्चिम बंगाल, गुरुवयूर दोराई (कला) तमिलनाडु, हरचंदन सिंह भट्टी (कला) मध्य प्रदेश, हरिमन शर्मा (अन्य - कृषि) हिमाचल प्रदेश, हरजिंदर सिंह श्रीनगर वाले (कला) पंजाब, हरविंदर सिंह (खेल) हरियाणा, हसन रघु (कला) कर्नाटक, हेमन्त कुमार (चिकित्सा) बिहार, हृदय नारायण दीक्षित (साहित्य एवं शिक्षा) उत्तर प्रदेश, ह्यूग और कोलीन गैंटज़र (मरणोपरांत) (जोड़ी) (साहित्य और शिक्षा - पत्रकारिता) उत्तराखंड, इनिवलाप्पिल मणि विजयन (खेल) केरल, जगदीश जोशीला (साहित्य एवं शिक्षा) मध्य प्रदेश, जसपिंदर नरूला (कला) महाराष्ट्र, जोनास मासेटी (अन्य - अध्यात्मवाद) ब्राज़ील, जोयनाचरण बथारी (कला) असम, जुमदे योमगाम गैमलिन (सामाजिक कार्य) अरुणाचल प्रदेश, के. दामोदरन (अन्य - पाककला) तमिलनाडु, के एल कृष्णा (साहित्य एवं शिक्षा) आंध्र प्रदेश, के ओमानकुट्टी अम्मा (कला) केरल, किशोर कुणाल (मरणोपरांत) (सिविल सेवा) बिहार, एल हैंगथिंग (अन्य - कृषि) नागालैंड, लक्ष्मीपति रामसुब्बैयर (साहित्य एवं शिक्षा-पत्रकारिता) तमिलनाडु भी शामिल हैं।
इनके अलावा ललित कुमार मंगोत्रा (साहित्य और शिक्षा) जम्मू और कश्मीर, लामा लोबजंग (मरणोपरांत) (अन्य - अध्यात्मवाद) लद्दाख, लीबिया लोबो सरदेसाई (सामाजिक कार्य) गोवा, एम डी श्रीनिवास (विज्ञान और इंजीनियरिंग) तमिलनाडु, मदुगुला नागफनी सरमा (कला) आंध्र प्रदेश, महाबीर नायक (कला) झारखंड, ममता शंकर (कला) पश्चिम बंगाल, मंदा कृष्णा मडिगा (सार्वजनिक मामले) तेलंगाना, मारुति भुजंगराव चितमपल्ली (साहित्य और शिक्षा) महाराष्ट्र, मिरियाला अप्पाराव (मरणोपरांत) (कला) आंध्र प्रदेश, नागेंद्र नाथ रॉय (साहित्य और शिक्षा) पश्चिम बंगाल, नारायण (भुलई भाई) (मरणोपरांत) (सार्वजनिक मामले) उत्तर प्रदेश, नरेन गुरुंग (कला) सिक्किम , नीरजा भाटला (चिकित्सा) एनसीटी दिल्ली, निर्मला देवी (कला) बिहार, नितिन नोहरिया (साहित्य और शिक्षा) संयुक्त राज्य अमेरिका, ओंकार सिंह पाहवा (व्यापार) और उद्योग) पंजाब, पी दत्चानमूर्ति (कला) पुडुचेरी, पंडी राम मंडावी (कला) छत्तीसगढ़, परमार लवजीभाई नागजीभाई (कला) गुजरात, पवन गोयनका (व्यापार और उद्योग) पश्चिम बंगाल, प्रशांत प्रकाश (व्यापार और उद्योग) कर्नाटक, प्रतिभा सत्पथी (साहित्य और शिक्षा) ओडिशा को भी पद्म श्री दिया गया है।
पद्म श्री से सम्मानित अन्य हस्तियां हैं - पुरीसाई कन्नप्पा संबंदन (कला) तमिलनाडु, आर अश्विन (खेल) तमिलनाडु, आर जी चंद्रमोगन (व्यापार और उद्योग) तमिलनाडु, राधा बहिन भट्ट (सामाजिक कार्य) उत्तराखंड, राधाकृष्णन देवसेनापति (कला) तमिलनाडु, रामदरश मिश्रा (साहित्य और शिक्षा) ) एनसीटी दिल्ली, रणेंद्र भानु मजूमदार (कला) महाराष्ट्र, रतन कुमार परिमू (कला) गुजरात, रेबा कांता महंत (कला) असम, रेंथली लालरावना (साहित्य और शिक्षा) मिजोरम, रिकी ज्ञान केज (कला) कर्नाटक, सज्जन भजंका (व्यापार और उद्योग) पश्चिम बंगाल, सैली होलकर (व्यापार और उद्योग) मध्य प्रदेश, संत राम देसवाल (साहित्य और शिक्षा) हरियाणा, सत्यपाल सिंह (खेल) उत्तर प्रदेश, सीनी विश्वनाथन (साहित्य और शिक्षा) तमिलनाडु, सेथुरमन पंचनाथन (विज्ञान और इंजीनियरिंग) संयुक्त राज्य अमेरिका, शेखा शेखा अली अल-जबर अल-सबा (चिकित्सा) कुवैत, शीन काफ निज़ाम (शिव किशन बिस्सा) (साहित्य एवं शिक्षा) राजस्थान, श्याम बिहारी अग्रवाल (कला) उत्तर प्रदेश, सोनिया नित्यानंद (चिकित्सा) उत्तर प्रदेश, स्टीफन नैप (साहित्य एवं शिक्षा) संयुक्त राज्य अमेरिका, सुभाष खेतुलाल शर्मा (अन्य - कृषि) महाराष्ट्र, सुरेश हरिलाल सोनी (सामाजिक कार्य) गुजरात, सुरिंदर कुमार वासल (विज्ञान और इंजीनियरिंग) दिल्ली, स्वामी प्रदीप्तानंद (कार्तिक महाराज) )अन्य - अध्यात्मवाद) पश्चिम बंगाल, सैयद ऐनुल हसन (साहित्य और शिक्षा) उत्तर प्रदेश, तेजेंद्र नारायण मजूमदार (कला) पश्चिम बंगाल, थियाम सूर्यमुखी देवी (कला) मणिपुर, तुषार दुर्गेशभाई शुक्ला (साहित्य और शिक्षा) गुजरात।
इस सूची में वदिराज राघवेंद्राचार्य पंचमुखी (साहित्य और शिक्षा) आंध्र प्रदेश, वासुदेव कामथ (कला) महाराष्ट्र, वेलु आसान (कला) तमिलनाडु, वेंकप्पा अंबाजी सुगतेकर (कला) कर्नाटक, विजय नित्यानंद सूरीश्वर जी महाराज (अन्य - अध्यात्मवाद) बिहार, विजयलक्ष्मी देशमने (चिकित्सा) ) कर्नाटक, विलास डांगरे (चिकित्सा) महाराष्ट्र, और विनायक लोहानी (सामाजिक कार्य) पश्चिम बंगाल के नाम भी हैं।
पीएम मोदी ने बांधा लाल-पीले रंग का साफा; कुर्ते-पायजामे के साथ बंद गले का कोट पहने नजर आए
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को 76वें गणतंत्र दिवस पर खास अंदाज में नजर आए। उन्होंने सफेद कुर्ता-पायजामा के साथ गहरे भूरे रंग का बंद गले का कोट और लाल-पीले रंग का साफा पहना। इसके साथ ही उन्होंने विशेष अवसरों पर चमकीला और रंग-बिरंगा साफा पहनने की अपनी परंपरा को जारी रखा। इससे पहले प्रधानमंत्री मोदी ने 75वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर बहुरंगी ‘बांधनी’ प्रिंट का साफा पहना था।
बांधनी एक प्रकार का टाई-डाई कपड़ा होता है, जो गुजरात और राजस्थान में लोकप्रिय है। यह एक ऐसी विधि है, जिसमें कपड़े को बांधकर व गांठ लगाकर रंगाई की जाती है। जार्जेट, शिफान, रेशमी व सूती कपड़े को रंग के कुंड में डालने से पहले धागे से कसकर बांधा जाता है और जब इस धागे को खोला जाता है तो बंधा हुआ हिस्सा रंगीन हो जाता है। फिर हाथ से कपड़े पर धागे के प्रयोग से डिजाइन तैयार किया जाता है।
इससे पहले 2023 में मोदी ने कुर्ते और चूड़ीदार पायजामे के साथ बहुरंगी राजस्थानी साफा पहना था। इस साल 77 वें स्वतंत्रता दिवस पर उन्होंने कई रंगों वाला राजस्थानी शैली का साफा चुना था, जिसका अंतिम छोर (छेला) कमर के नीचे तक लंबा था। प्रचंड बहुमत के साथ दूसरे कार्यकाल के लिए सत्ता में लौटने के बाद 2019 में मोदी ने लाल किले की प्राचीर से अपना छठा स्वतंत्रता दिवस भाषण देते हुए बहुरंगी साफा पहना था। राजस्थानी साफा या पगड़ी स्वतंत्रता दिवस और गणतंत्र दिवस के लिए प्रधानमंत्री की पसंद रहे हैं।
2014 में अपने पहले स्वतंत्रता दिवस भाषण के अवसर पर उन्होंने चमकीले लाल रंग का जोधपुरी बंधेज साफा पहना। साल 2015 में प्रधानमंत्री मोदी ने बहुरंगी लहरिया पीला साफा और 2016 में गुलाबी और पीले रंग का टाई-एंड-डाई साफा पहना था। 2017 में प्रधानमंत्री का साफा चमकीले लाल और पीले रंग का मिश्रण था। इसमें चारों ओर सुनहरी रेखाएं थीं। उन्होंने 2018 में लाल किले पर राष्ट्र को संबोधित करते हुए केसरिया साफा पहना था। कच्छ के चमकीले लाल रंग के बांधनी साफे से लेकर पीले रंग का राजस्थानी साफा, गणतंत्र दिवस पर मोदी के पहनावे के प्रमुख आकर्षण रहे हैं।
2022 में पीएम मोदी ने गणतंत्र दिवस समारोह के लिए उत्तराखंड की एक अद्वितीय पारंपरिक टोपी चुनी थी। इस टोपी में ब्रह्मकमल बना हुआ था। ब्रह्मकमल उत्तराखंड का राजकीय फूल है, जिसे प्रधानमंत्री केदारनाथ की हर यात्रा पर इस्तेमाल करते रहे हैं। इससे पहले 2021 में मोदी ने गणतंत्र दिवस परेड के दौरान पीले बिन्दुओं वाली ‘हालारी’ पगड़ी पहनी थी। इसे जामनगर के शाही परिवार के जामसाहब की ओर से प्रधानमंत्री को भेंट किया गया था।
'वीर गाथा के सुपर-100 में चयनित होना छोटी उपलब्धि नहीं', रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह बोले- युवा देश का भविष्य
नई दिल्ली। रक्षा मंत्री राजनाथ ने शनिवार को नई दिल्ली में वीर गाथा 4.0 के सुपर-100 विजेताओं की प्रशंसा की और उन्हें देश का भविष्य बताया। इन 100 विजेताओं में से 66 बालिकाएं हैं जोकि देश के विभिन्न हिस्सों से आई हैं।
अभिनंदन समारोह के दौरान प्रत्येक विजेता को 10,000 रुपये का नकद पुरस्कार, एक पदक और एक प्रमाण पत्र प्रदान किया गया। ये सभी विजेता उन 10,000 विशेष अतिथि में शामिल हैं जो कर्तव्य पथ पर गणतंत्र दिवस परेड देखेंगे।
प्रोजेक्ट वीर गाथा में चयनित होना कोई छोटी उपलब्धि नहीं
राजनाथ सिंह ने कहा- 'प्रोजेक्ट वीर गाथा में चयनित होना कोई छोटी उपलब्धि नहीं है। आप देश का भविष्य हैं। आप सभी पूरी दुनिया में देश कौ गौरवान्वित करेंगे क्योंकि आपमें प्रतिभा है। मैं सभी को उज्जवल भविष्य की शुभकामना देता हूं।'
उन्होंने प्रतियोगिता में भाग लेने वाले छात्र-छात्राओं की बुद्धिमत्ता, उत्साह और देशभक्ति की सराहना की। प्रोजेक्ट वीर गाथा की शुरुआत 2021 में वीरता पुरस्कार विजेताओं की वीरता, निस्वार्थ सेवा और साहस की प्रेरक कहानियों और इन बहादुरों की जीवन गाथाओं को छात्रों के बीच प्रसारित करने के उद्देश्य से की गई थी, ताकि उनमें देशभक्ति की भावना पैदा हो सके। इसके माध्यम से स्कूली विद्यार्थियों को रचनात्मक गतिविधि के लिए मंच प्रदान किया जाता है।
4.0 के सुपर-100 विजेताओं में से दो तिहाई लड़कियां
राजनाथ सिंह ने इस बात पर प्रसन्नता व्यक्त की है कि वीर गाथा 4.0 के सुपर-100 विजेताओं में से दो तिहाई लड़कियां हैं। उन्होंने मणिपुर की 10वीं कक्षा की छात्रा नेमनेनेंग का विशेष तौर पर उल्लेख किया, जिसने बचपन में ही अपने माता-पिता को खो दिया था। रक्षा मंत्री ने कई कठिनाइयों के बावजूद अपनी पढ़ाई नहीं छोड़ने और विजेताओं के बीच स्थान हासिल करने के लिए उनकी दृढ़ता की प्रशंसा की।
इस अवसर पर विद्यार्थियों को नायक का सही अर्थ समझाते हुए रक्षा मंत्री ने कहा कि एक नायक राष्ट्र के उत्थान के लिए कार्य करता है। उन्होंने कहा कि युवा भारत के भविष्य के नायक हैं और वे 2047 तक देश को विकसित भारत बनाने में प्रमुख भूमिका निभाएंगे। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र के गतिशील नेतृत्व से वैश्विक मंच पर भारत का कद बढ़ा है।
लखपति दीदियों को 'करोड़पति' बनने का लक्ष्य रखना चाहिए-शिवराज
केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने शनिवार को कहा कि लखपति दीदियों को 'करोड़पति' बनने का लक्ष्य रखना चाहिए। उन्होंने यह बात 300 महिला स्वयं सहायता समूह (एसएचजी) की सदस्यों के साथ बातचीत के दौरान कही, जोकि 76वें गणतंत्र दिवस समारोह में विशेष अतिथि के रूप में भाग लेंगी।
शिवराज ने स्वयं सहायता समूहों की महिलाओं के प्रयासों की सराहना की, जो प्रधानमंत्री मोदी के लखपति दीदी के दृष्टिकोण को साकार कर रही हैं। उन्होंने गरीबी मुक्त गांव के लक्ष्य को दोहराया और सभी लखपति दीदियों से अनुरोध किया कि वे अपने आसपास की हर महिला को लखपति बनाएं।
ग्रामीण महिलाओं ने अपनी कहानी साझा की
केंद्रीय ग्रामीण विकास राज्य मंत्री चंद्र शेखर पेम्मासानी ने कहा कि प्रधानमंत्री का विकसित भारत का सपना अब हकीकत बन गया है। उन्होंने अनंतपुर जिले की राजेश्वरी दीदी की प्रेरणादायक कहानी भी साझा की, जिन्होंने एसएचजी से ऋण लेकर एक छोटा बाजरा रोटी बनाने का व्यवसाय शुरू किया। आज, वह सालाना नौ लाख रुपये कमाती हैं और दूसरों के लिए रोजगार उत्पन्न कर रही हैं।
गणतंत्र दिवस परेड के समय कैसा रहेगा मौसम? यूपी-बिहार में चलेगी शीतलहर; इन राज्यों में कोहरे का अलर्ट
नई दिल्ली। दिल्ली में भव्य परेड की तैयारी चल रही क्योंकि आज भारत गणतंत्र दिवस मनाने की तैयारी कर रहा है। हालांकि, जो लोग परेड देखने जा रहे होंगे, वे सोच रहे होंगे कि इस सप्ताह के शुरू में मौसम को देखते हुए कल का क्या अनुमान लगाया जाए। क्या पूरे दिन आसमान में धूप रहेगी या कोहरा और बारिश इसे बर्बाद कर देगी? इसको लेकर मौसम विभाग ने जानकारी दी है।
दिल्ली में चलेंगी ठंडी हवाएं
मौसम विभाग ने बताया कि रविवार को दिल्ली में ज्यादातर मौसम साफ रहेगा और बारिश की संभावना कम है। अधिकांश स्थानों पर सुबह के समय हल्का कोहरा या धुंध रहने की संभावना है, साथ ही 10 किमी/घंटा तक की हल्की हवाएं भी चल सकती हैं। यानी दिल्ली में शीतलहर चलेगी।
यूपी के कुछ इलाकों में हो सकता है कोहरा
मौसम विभाग के मुताबिक, सुबह के समय पूर्वोत्तर उत्तर प्रदेश, बिहार, असम के कई हिस्सों और ओडिशा और आंध्र प्रदेश के तटों पर कोहरा छा सकता है। बिहार के कुछ हिस्सों में शीत दिवस की स्थिति होने की संभावना है।
हिमलायी क्षेत्र में हो सकती है बर्फबारी
एक चक्रवाती परिसंचरण निचले क्षोभमंडल स्तर पर पूर्वोत्तर असम पर स्थित है। इस बीच, 29 जनवरी से एक पश्चिमी विक्षोभ के पश्चिमी हिमालय क्षेत्र को प्रभावित करने की संभावना है। इसके प्रभाव में, 29-30 जनवरी को पश्चिमी हिमालय क्षेत्र में छिटपुट वर्षा/बर्फबारी की गतिविधि होने की संभावना है। 26 जनवरी को हिमाचल प्रदेश और पंजाब में शीत लहर की स्थिति रहने की संभावना है।
आज दिल्ली का तापामान कुछ ऐसा रहेगा
26 जनवरी 2025 को दिल्ली का अधिकतम तापमान 22 डिग्री सेल्सियस, न्यूनतम 7 डिग्री सेल्सियस, आसमान ज्यादातर साफ रहेगा। सुबह में उथला कोहरा या धुंध आ सकती है, साथ ही 10 किमी/घंटा तक की हल्की हवाएँ भी आ सकती हैं। वहीं, 27 जनवरी को अधिकतम तापमान 23 डिग्री सेल्सियस, न्यूनतम 7 डिग्री सेल्सियस. सुबह और शाम/रात में धुंध या उथले से मध्यम कोहरे की उम्मीद है, आसमान ज्यादातर साफ रहेगा।
भीष्म टैंक, ब्रह्मोस से लेकर पिनाका मल्टी-बैरल रॉकेट लॉन्चर तक... कर्तव्य पथ पर भारतीय सेना ने दिखाई ताकत
नई दिल्ली। आज देशभर में 76वां गणतंत्र दिवस मनाया जा रहा है। भारतीय सेना रविवार को कर्तव्य पथ पर गणतंत्र दिवस परेड के दौरान डिफेंस टैक्नॉलिजी में अपनी अत्याधुनिक प्रगति का प्रदर्शन करने में सबसे आगे थी। सलामी मंच पर शक्तिशाली प्रणालियां थीं जो नवाचार और आत्मनिर्भरता के लिए सेना की प्रतिबद्धता का उदाहरण थीं। इस दौरान भारतीय सेना ने हथियारों का बेहतरीन प्रदर्शन किया।
परेड में भारतीय सेना की ताकत टी-90 'भीष्म' टैंक, सारथ (पैदल सेना ले जाने वाला वाहन बीएमपी-2), 'शॉर्ट स्पैन ब्रिजिंग सिस्टम' 10 मीटर, नाग मिसाइल सिस्टम, मल्टी बैरल रॉकेट लांचर सिस्टम 'अग्निबाण' और 'बजरंग' (हल्का विशिष्ट वाहन) भी परेड का हिस्सा रहे।
मजबूत होगी सैन्य शक्ति
इंटीग्रेटेड बैटलफील्ड सर्विलांस सिस्टम (आईबीएसएस), जिसे भारतीय सेना और भारत इलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड द्वारा संयुक्त रूप से विकसित किया गया है और सभी ग्राउंड-आधारित और हवाई सेंसर को एक सामान्य ग्रिड पर एकीकृत करने के लिए डिजाइन किया गया है, जो कमांडरों को भौगोलिक सूचना प्रणाली (Geographic Information Systems) ओवरले के माध्यम से एकीकृत दृश्य प्रदान करता है।
यह प्रणाली वास्तविक समय में सेना की शक्ति प्रणाली से जुड़ती है, जिससे सेंसर-शूटर कनेक्टिविटी की सुविधा मिलती है। आईबीएसएस भारतीय सेना की परिचालन क्षमताओं को बढ़ाता है और बल गुणक के रूप में कार्य करता है। सिस्टम की प्रस्तुति का नेतृत्व 134 एसएटीए रेजिमेंट के बीएसएस (मैदान) के कमांडिंग लेफ्टिनेंट कर्नल श्रुतिका दत्ता और 621 एसएटीए बैटरी के बीएसएस (पर्वत) के कमांडिंग मेजर विकास ने किया।
क्या है 'शार्ट स्पैन ब्रिजिंग सिस्टम' की खासियत?
अगला था शॉर्ट स्पैन ब्रिजिंग सिस्टम, जो स्वदेशी विकास का एक उत्पाद है, जो नदियों और नहरों जैसी भौगोलिक बाधाओं पर काबू पाने के लिए तेजी से तैनाती को सक्षम बनाता है।
9.5 मीटर तक के अंतराल को बनाने और 70 टन तक वजन वाले टैंकों को समर्थन देने की क्षमता के साथ, सिस्टम को चार व्यक्तियों की टीम द्वारा 8 से 10 मिनट के भीतर स्थापित किया जा सकता है।
शॉर्ट स्पैन ब्रिजिंग सिस्टम कुशल सैन्य आवाजाही और संसाधन जुटाना सुनिश्चित करता है।
इसका नेतृत्व 9 रैपिड इंजीनियर रेजिमेंट के मेजर के जॉन अब्राहम और 234 आर्मर्ड इंजीनियर रेजिमेंट के कैप्टन जगजीत सिंह ने किया।
PM मोदी ने गणतंत्र दिवस पर देशवासियों को दी शुभकामनाएं
नई दिल्ली। देशभर में आज गणतंत्र दिवस मनाया जा रहा है। 76वें गणतंत्र दिवस के अवसर पर पीएम मोदी ने शुक्रवार को देशवासियों को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कामना की कि यह राष्ट्रीय उत्सव संविधान के मूल्यों को संरक्षित करने के साथ ही एक सशक्त व समृद्ध भारत बनाने की दिशा में जारी प्रयासों को और मजबूत करे।
बता दें कि भारत आज 76वां गणतंत्र दिवस मना रहा है। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के नेतृत्व में नई दिल्ली में कर्तव्य पथ पर गणतंत्र दिवस के मुख्य समारोह का आयोजन हो रहा है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफार्म ‘एक्स’ पर एक पोस्ट की। अपनी पोस्ट में उन्होंने कहा, ‘‘गणतंत्र दिवस की ढेरों शुभकामनाएं! आज हम अपने गौरवशाली गणतंत्र की 75वीं वर्षगांठ मना रहे हैं।
इस अवसर पर हम उन सभी महान विभूतियों को नमन करते हैं, जिन्होंने हमारा संविधान बनाकर यह सुनिश्चित किया कि हमारी विकास यात्रा लोकतंत्र, गरिमा और एकता पर आधारित हो।’’ उन्होंने कहा, ‘‘यह राष्ट्रीय उत्सव हमारे संविधान के मूल्यों को संरक्षित करने के साथ ही एक सशक्त और समृद्ध भारत बनाने की दिशा में हमारे प्रयासों को और मजबूत करे, यही कामना है।’’
इंडोनेशिया के राष्ट्रपति हैं मुख्य अतिथि
बता दें कि इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो इस साल के गणतंत्र दिवस समारोह में मुख्य अतिथि हैं। गणतंत्र दिवस परेड में राष्ट्र की सैन्य क्षमता और सांस्कृतिक विविधता का प्रदर्शन किया जायेगा।
दरअसल, भारत को 15 अगस्त 1947 को अंग्रेजों से आजादी तो मिल गई थी, लेकिन 26 जनवरी 1950 को भारत एक संप्रभु लोकतांत्रिक गणराज्य घोषित हुआ। ठीक 75 वर्ष पहले आज ही के दिन भारत का संविधान लागू हुआ था।
CM योगी ने लखनऊ में फहराया तिरंगा
लखनऊ। यूपी के सीएम योगी आदित्यनाथ ने 76वें गणतंत्र दिवस पर लखनऊ स्थित अपने सरकारी आवास पर ध्वज फहराया। इस मौके पर उन्होंने कहा कि मैं पूरे प्रदेशवासियों को 76वें गणतंत्र दिवस की बधाई देता हूं। आज ही के दिन भारत ने अपना संविधान लागू करते हुए एक संप्रभु संपन्न लोकतांत्रित गणतंत्र भारत के रूप में अपनी एक नई यात्रा को प्रारंभ करने का निर्णय लिया था। एक लंबे संघर्ष के बाद 15 अगस्त 1947 को देश आजाद हुआ। डॉ. राजेंद्र प्रसाद जी के नेतृत्व में भारत ने एक संविधान सभा का गठन किया। संविधान के प्रत्येक अनुच्छेद को एक माला के रूप में पिरोने का उत्तरदायित्व बाबा साहेब भीमराव अम्बेडकर जी को दिया गया, जिन्होंने 26 नवंबर 1949 को एक मसौदा संविधान सभा के सामने सौंपा और अनंत: 26 जनवरी 1950 को ये देश खुद का संविधान लागू करने में सफल हो पाया।
16 हजार कमाने वाले मिस्त्री को जीएसटी ने थमाया 1.96 करोड़ का डिमांड नोटिस, सामने आया बड़ा फर्जीवाड़ा
पाटन. गुजरात के पाटन जिले से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है, जहां एक मिस्त्री को 1.96 करोड़ रुपये का जीएसटी नोटिस मिला है. अहमदाबाद में मिस्त्री का काम करने वाले सुनील सथवारा, जिनकी मासिक आय महज 16-17 हजार रुपए है, बेंगलुरु जीएसटी विभाग से मिले इस नोटिस से सन्न रह गए.
जांच में पता चला कि सुनील सथवारा के नाम पर 11 कंपनियां चल रही हैं, जो देश के विभिन्न राज्यों उत्तर प्रदेश, मणिपुर, त्रिपुरा, महाराष्ट्र, कर्नाटक, तमिलनाडु और अंडमान निकोबार में पंजीकृत हैं. चौंकाने वाली बात यह है कि इन कंपनियों के पंजीकरण के लिए सुनील के नकली आधार और पैन कार्ड का इस्तेमाल किया गया था.
जब सुनील को टैक्स नोटिस मिला, तो उन्होंने एक वकील से संपर्क किया और दस्तावेजों की जांच कराई. जांच में फर्जी दस्तावेजों का खुलासा होने पर उन्होंने गृह विभाग और क्राइम ब्रांच में शिकायत दर्ज कराई. सुनील का कहना है कि उनके दस्तावेजों का दुरुपयोग करके एक संगठित गिरोह इस रैकेट को चला रहा है.
इस मामले की जांच अब गांधीनगर सीआईडी क्राइम को सौंप दी गई है. जांच के बाद ही यह स्पष्ट हो पाएगा कि इस रैकेट के पीछे कौन है, असली आरोपी कौन हैं और उनका मकसद क्या था. यह मामला फर्जी दस्तावेजों के इस्तेमाल और जीएसटी चोरी के एक बड़े नेटवर्क की ओर इशारा करता है. यह घटना आम नागरिकों के दस्तावेजों की सुरक्षा और ऑनलाइन धोखाधड़ी के बढ़ते खतरे को भी उजागर करती है.
3 छात्राओं की चाकू घोंपकर हत्या
ब्रिटेन। गत जुलाई में उत्तर-पश्चिमी इंग्लैंड के साउथपोर्ट में टेलर स्विफ्ट थीम पर आधारित योग और नृत्य कार्यशाला में तीन स्कूली छात्राओं की चाकू घोंपकर हत्या करने का अपराध स्वीकार करने वाले 18 वर्षीय हमलावर को बृहस्पतिवार को आजीवन कारावास की सजा सुनाई गई।
इसके तहत उसे पैरोल पर विचार करने से पूर्व न्यूनतम 52 वर्ष की सजा होगी। एक्सल रुदाकुबाना (जो घातक हमले के समय 17 वर्ष का था) ने यह भी स्वीकार किया कि उसने साउथपोर्ट के हार्ट स्पेस में योग प्रशिक्षक लीन लुकास और व्यवसायी जॉन हेस के साथ-साथ सात से 13 वर्ष की आयु के आठ अन्य बच्चों की हत्या का प्रयास किया था।
लिवरपूल क्राउन कोर्ट में सजा पर सुनवाई की अध्यक्षता कर रहे न्यायमूर्ति जूलियन गूज ने कहा कि यदि हमले के समय रुदाकुबाना की उम्र 18 वर्ष होती तो उसे आजीवन कारावास की सजा मिलती, जिसका अर्थ होता कि उसकी रिहाई की कोई संभावना नहीं होती। न्यामूर्ति गूज ने कहा, ‘‘उसे अपनी पूरी जिंदगी हिरासत में ही गुजारनी होगी। मुझे लगता है कि संभवत: उसे कभी रिहा नहीं किया जाएगा और वह अपनी पूरी जिंदगी हिरासत में ही रहेगा।
मसाज पार्लर पर हमला, 14 आरोपी गिरफ्तार
कर्नाटक। दक्षिण कन्नड़ जिले के बेजई क्षेत्र में बृहस्पतिवार को एक मसाज पार्लर पर एक संगठन से जुड़े लोगों ने हमला कर दिया। पुलिस ने यह जानकारी दी। पुलिस ने बताया कि करीब एक दर्जन युवकों ने मसाज पार्लर में घुसकर वहां काम करने वाले कर्मचारियों पर हमला किया जिनमें महिलाएं भी शामिल थीं।
उन्होंने पार्लर के अंदर की संपत्तियों को नुकसान भी पहुंचाया और कर्मचारियों पर ‘यूनिसेक्स सलून’ (महिला और पुरुष दोनों का पार्लर) के नाम पर अनैतिक गतिविधियों में शामिल होने का आरोप लगाया। कर्नाटक के गृह मंत्री जी परमेश्वर ने इस हमले की निंदा की और पुलिस को मामले की जांच के आदेश दिए। उन्होंने कहा, ‘‘किसी को भी कानून हाथ में लेने का अधिकार नहीं है। हर किसी को कानून के दायरे में संगठन चलाने का अधिकार है।
यदि कोई शिकायत थी, तो वे पुलिस की मदद ले सकते थे।’’ पुलिस ने 14 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और मामले की जांच कर रही है। पुलिस के बयान के अनुसार, सलून मालिक सुधीर शेट्टी की शिकायत के आधार पर बार्के थाने में भारतीय न्याय संहिता की विभिन्न धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है। इसमें कहा गया, ‘‘जांच के दौरान पाया गया कि एक खास संगठन के सदस्य इस घटना में शामिल थे।
इस मामले के संबंध में कुल 14 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।’’ राम सेना के नेता प्रसाद अत्तावर ने कहा, ‘‘हमें जानकारी मिली है कि वहां यूनिसेक्स सलून की आड़ में अनैतिक गतिविधियों को बढ़ावा दिया जा रहा था। महिलाओं को नशीले पदार्थ देकर उन्हें देह व्यापार में धकेला जा रहा था।’’ अत्तावर ने 2009 में शहर के एक पब पर हुए हमले का भी नेतृत्व किया था, जिसने वैश्विक सुर्खियां बटोरी थीं।
सड़क दुर्घटना में चार लोगों की मौत, सात घायल
लखनऊ। कार को पीछे से ट्रक ने टक्कर मार दी और फिर एक वैन उसमें जा घुसी। पुलिस के अनुसार, इस दुर्घटना में वैन में सवार तीन और एसयूवी कार में सवार एक व्यक्ति समेत चार लोगों की मौत हो गई और सात अन्य घायल हो गए। उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ में इंदिरा नहर के पास बृहस्पतिवार को एक सड़क दुर्घटना में चार लोगों की मौत हो गई और सात अन्य घायल हो गए।
पुलिस ने यह जानकारी दी। घटना बीबीडी थाना क्षेत्र में हुई। पुलिस ने बताया कि एक एसयूवी कार को पीछे से ट्रक ने टक्कर मार दी और फिर एक वैन उसमें जा घुसी। पुलिस के अनुसार, इस दुर्घटना में वैन में सवार तीन और एसयूवी कार में सवार एक व्यक्ति समेत चार लोगों की मौत हो गई और सात अन्य घायल हो गए।
अधिकारियों ने बताया कि मृतकों की पहचान शहजाद (40), किरण यादव (38), कुंदन (20) और हिमांशु (17) के रूप में हुई है। उन्होंने बताया कि घायलों को राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान में भर्ती कराया गया है और उनकी हालत स्थिर बताई जाती है। पुलिस ने बताया कि घटना की जांच की जा रही है।
बेटियां ईश्वर का उपहार हैं, संस्कारों का विस्तार हैं: योगी आदित्यनाथ
लखनऊ। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को ‘राष्ट्रीय बालिका दिवस’ की बधाई देते हुए कहा कि बेटियां ईश्वर का उपहार हैं, संस्कारों का विस्तार हैं। मुख्यमंत्री योगी ने ‘एक्स’ पर पोस्ट किए गए अपने बधाई संदेश में कहा कि ‘‘बेटियां ईश्वर का उपहार हैं, संस्कारों का विस्तार हैं।’’
इसी पोस्ट में उन्होंने कहा, ‘‘आज ‘राष्ट्रीय बालिका दिवस’ के अवसर पर सभी माताओं-बहनों का अभिनंदन एवं प्रदेश वासियों को हार्दिक बधाई!’’ योगी ने भरोसा दिलाया, ‘‘डबल इंजन की सरकार ‘सुरक्षा कवच’ के रूप में सदैव मातृशक्ति के साथ है। आपकी प्रगति, उन्नति एवं आपका सशक्तिकरण हमारी प्रतिबद्धता है।’’
राष्ट्रीय बालिका दिवस’ भारत में हर वर्ष 24 जनवरी को मनाया जाता है जिसकी शुरुआत महिला और बाल विकास मंत्रालय ने वर्ष 2008 में की थी। मोदी सरकार ने विभिन्न पहलों से बाल लिंगानुपात को बढ़ाने और लड़कियों को सशक्त बनाने के लिए 2015 में 22 जनवरी को अपनी महत्वाकांक्षी ‘बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ’ योजना शुरू की।
दिल्ली में न्यूनतम तापमान 9.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज
नई दिल्ली। राष्ट्रीय राजधानी में शुक्रवार को न्यूनतम तापमान 9.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य से 2.3 डिग्री सेल्सियस अधिक है। मौसम विभाग ने यह जानकारी दी। दिल्ली में बृहस्पतिवार को न्यूनतम तापमान 11 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था, जिसके बाद शुक्रवार को इसमें गिरावट आई है।
केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) के अनुसार, शुक्रवार को सुबह नौ बजे वायु गुणवत्ता सूचकांक 206 रहा, जो ‘खराब’ श्रेणी में आता है। शून्य से 50 के बीच वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) को अच्छा, 51 से 100 के बीच संतोषजनक, 101 से 200 के बीच मध्यम, 201 से 300 के बीच खराब, 301 से 400 के बीच बहुत खराब और 401 से 500 के बीच एक्यूआई को गंभीर श्रेणी में माना जाता है।
सुबह साढ़े आठ बजे आर्द्रता का स्तर 100 प्रतिशत दर्ज किया गया और मौसम विभाग ने दिन में हल्का कोहरा छाए रहने का पूर्वानुमान व्यक्त किया है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (आईएमडी) के अनुसार, अधिकतम तापमान 24 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने की संभावना है।
चुराचांदपुर में 12 एकड़ भूभाग पर की गई अफीम की अवैध खेती नष्ट की गई
मणिपुर। चुराचांदपुर जिले में सुरक्षा बलों ने करीब 12 एकड़ भूभाग पर की गई अफीम की अवैध खेती नष्ट कर दी। पुलिस ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। पुलिस ने बताया कि डंपी रिजर्व फॉरेस्ट के सिडेन चांगपीकोट क्षेत्र में बृहस्पतिवार को यह अभियान चलाया गया। पुलिस के एक अधिकारी ने बताया, ‘‘जिला पुलिस, प्रभागीय वन अधिकारी (डीएफओ) चुराचांदपुर और केंद्रीय बलों की संयुक्त टीम ने क्षेत्र में 12 एकड़ भूभाग पर की गई अफीम की अवैध खेती को नष्ट कर दिया।