छत्तीसगढ़ / दुर्ग
भिलाई वरिष्ठ नागरिक महासंघ ने मनाया अपना स्थापना दिवस
भिलाई । भिलाई वरिष्ठ नागरिक महासंघ ने रविवार को अपना स्थापना दिवस वैशाली नगर सियान सदन में हर्षोल्लास के साथ मनाया। इस दौरान भिलाई वरिष्ठ नागरिक महासंघ के अध्यक्ष पुरूषोत्तम साहू एवं उपाध्यक्ष बलवीर सिंह सहगल तथा महासचिव गजानंद साहू ने संयुक्त रूप से पत्रकारों से चर्चा करते हुए कहा कि वरिष्ठ नागरिक मानव समाज का शीर्ष वर्ग है। यह वर्ग अपने अनुभवों का लाभ समाज के सभी वर्गों को देने तत्पर है। इसके लिए हेल्पेज इण्डिया छ.ग. का भरपूर योगदान मिलता है। ये वरिष्ठ नागरिक शिक्षा, स्वास्थ्य, न्याय, अत्याम, उच्च शिक्षित, संयमी, सूझबूझ वाले मार्गदर्शक हैं।
इस वरिष्ठ वर्ग को संगठित कर जीवन की चौथी अवस्था में निराशा एवं अकेलेपन की उपेक्षा से बचाना आवश्यक है। यह वरिष्ठ वर्ग ज्यादा कुछ नहीं चाहता केवल सम्मानपूर्वक व्यवहार के साथ सरकार द्वारा संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं में इन्हें मार्गदर्शक के रूप में विभिन्न शासकीय विभागों के परामर्श दात्री समितियों में स्थान दिया जाए। इन्हें केवल थोड़ा सम्मान और अधिक सम्मान की शाब्दिक परिभाषा इन पर लागू होती है। इनके प्रति सक्षम वर्ग सम्मानजनक व्यवहार करें, तो हमारे अन्तर्रात्मा से चिरंजीवी, आयुष्मान, कीर्तीवान और दीर्घायु जैसी आशीष भरे शब्द इनके श्रीमुख से सहजता से निकल पड़ती है।
वरिष्ठ नागरिक वर्ग बहुत ही उदार तथा समाज व परिवार के प्रति सदैव समर्पित वर्ग है। हमारा वरिष्ठ नागरिक महासंघ को शासन-प्रशासन एवं जनप्रतिनिधियों के माध्यम से राज्य सरकार के समक्ष संस्था द्वारा मांगी छोटी सी भूखण्ड 7000 वर्गफुट की मांग विगत 2 वर्षों से जिला प्रशासन कलेक्टर के माध्यम से की गई है। इसकी सभी प्रक्रिया पूरी हो चुकी है। भू-खण्ड का प्रीमियम निर्धारण भी हो गया है। प्रीमियम की राशि जमा कराने आदेश की प्रतीक्षा है। 26 अक्टूबर 2024 की प्रतिनिधि मण्डल द्वारा उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा को भी इस मांग से संबंधित ज्ञापन दिया गया है।
दुर्ग लोकसभा के सांसद विजय बघेल को भी सुशासन तिहार में दिए आवेदन की प्रति उन्हें देकर निवेदन किया। हमारे विजय शर्मा तथा सांसद दोनों ने इस विषय पर गम्भीरता दिखाई है। भिलाई महासंघ को स्थाई रूप से भू-खण्ड प्राप्त हो जाने पर और जनप्रतिनिधियों की अनुशंसित निधि से भवन का निर्माण कराने अनुरोध करेंगे। इसके लिए हमारे वैशालीनगर विधायक रिकेश सेन ने सन् 2026 तक महासंघ के लिए पचास लाख रूपये से भवन बनवाए जाने की घोषणा पूर्व में कर चुके हैं। हम वरिष्ठ जनों की मांग है कि इसको त्वरित ढंग से हल किया जाए। इस अवसर पर अध्यक्ष पुरूषोत्तम साहू, उपाध्यक्ष बलबीर सिंह सहगल, महासचिव गजानंद साहू के अलावा कोषाध्यक्ष एम एस कश्यप, जे आर साहू, जियालाल चौधरी, एच के बिसेन, हुकुमचंद देवांगन, राजेन्द्र सिंह, भागवत प्रसाद देशमुख, जोहनलाल साहू, छाया विश्वकर्मा, रामकिशन देवांगन, गरीबदास साहू सहित महासंघ के सभी पदाधिकारी व कार्यकारिणी सदस्यों के साथ
ही सभी सदस्य मौजूद थे।
खमरिया जुनवानी में घर घर सम्पर्क करने स्कूटी से पहुंचे विधायक रिकेश सेन
भिलाई । स्कूटी से वार्ड की गलियों-मोहल्ले होते हुए वैशाली नगर विधायक रिकेश सेन खमरिया जुनवानी में घर घर सम्पर्क कर न केवल लोगों से समस्याओं की जानकारी ले रहे हैं बल्कि अनेक दिक्कतों के फौरी निराकरण के लिए बड़ी पहल भी उनके द्वारा की जा रही है। रविवार सुबह 7 बजे से साढ़े 10 बजे तक सेन ने जुनवानी के मोहल्ले में सड़क, नाली सहित पानी निकासी व्यवस्था जांचते हुए एसबीआई बैंक कालोनी, सतनामी पारा, शीतला तालाब, खमरिया भाठा क्षेत्र में लोगों से मुलाकात की।
एसबीआई कालोनी जुनवानी में स्ट्रीट रोड और नाली दोनों का निर्माण होना है। कई जगह सीमेंट की सड़क तो बन गई लेकिन पानी निकासी के लिए नाली का कार्य शुरू न होने पर निगम जोन आयुक्त से नाराजगी जताते हुए विधायक ने इस बावत इंजीनियर की क्लास लगाने कहा। उन्होंने तैयार नई सीमेंट सड़क की नियमित रूप से पानी से तराई करने टैंकर भिजवाने और नाली निर्माण तत्काल शुरू करने के निर्देश दिए हैं। शीतला तालाब के पास बोरिंग और डोम शेड की स्वीकृति:-जुनवानी शीतला तालाब के समीप महिलाओं की मांग पर वैशाली नगर विधायक ने तत्काल 20 लाख रूपये से तालाब किनारे ओपन डोम शेड, तीज नहावन सहित अन्य अवसर पर महिलाओं के लिए चेंजिंग कक्ष बनाने की घोषणा की। उन्होंने तालाब के पास ही बोरिंग करवाने के लिए मौके पर बोरिंग गाड़ी मंगवाई और आज ही काम शुरू करने के निर्देश दिए। सेन ने कहा कि बोर के बाद पाईप लाईन से आस पास के घरों में नल कनेक्शन भी दिया जाएगा।
सतनामी पारा में नाली नहीं, गलियों में पसरा गंदा पानी:-सतनामी पारा की गलियों और घर के सामने गंदा पानी पसरा देख विधायक ने जब लोगों से इसकी वजह पूछी तो पता लगा कि इस मोहल्ले में कहीं भी नाली नहीं है। उन्होंने तत्काल सतनामी पारा में पक्की नाली का प्रस्ताव बना कर कार्य शुरू करने के निर्देश दिए। मौके पर जेसीबी बुलवा कर फिलहाल अस्थायी कच्ची नाली बनाने काम शुरू करवाया। जैत खांभ के समीप खाली मैदान को साफ करवा कर सामाजिक कार्यक्रम के लिए डोम शेड निर्माण करने के निर्देश दिए।
ज्ञातव्य हो कि विधायक रिकेश सेन ने 15 अप्रैल से स्कूटी से वार्डसम्पर्क अभियान प्रारंभ किया है और वे वैशाली नगर विधानसभा अंतर्गत निगम के सभी 37 वार्डों में पहुंच कर लोगों से जनसंपर्क कर उनकी समस्याएं सुन उसके निराकरण की पहल कर रहे हैं। सेन ने कहा कि जनप्रतिनिधि के रूप में अमूमन सामाजिक और राजनीतिक कार्यक्रमों में व्यस्तता काफी बढ़ जाती है। इससे आमजन को समस्याओं के लिए निगम या जनप्रतिनिधियों का चक्कर काटना पड़ता है और हर समय जनप्रतिनिधि कार्यालय में उपलब्ध रहें, यह भी संभव नहीं हो पाता इसलिए उन्होंने वैशाली नगर में स्कूटी से वार्ड तक पहुंचने का अभियान शुरू किया जिसके तहत कार्यक्रमों के बीच समय निकाल कर वो चिन्हित वार्डों के गली मोहल्ले पहुंच रहे हैं।
सांसद विजय बघेल ने प्रगति नगर में किया सियान सदन का लोकार्पण
भिलाई। वैशाली नगर विधानसभा क्षेत्र के वार्ड क्रमांक 30 प्रगति नगर राम जानकी मंदिर पानी टंकी के पास केम्प 1 भिलाई में सर्वसुविधायुक्त सियान सदन भवन का लोकार्पण सांसद विजय बघेल के करकमलों से संपन्न हुआ। इस अवसर पर सांसद विजय बघेल ने पूर्व विधायक स्व विद्यारतन भसीन को याद करते हुए कहा कि आज वो नहीं है लेकिन हम सभी के दिलों में वे बसतें हैं। यह सियान सदन स्वर्गीय भसीन की ही सोच का साकार रूप है। आज उनकी पुत्री दिव्या मक्कड़ हमारे बीच में मौजूद हैं।
लोकार्पण समारोह में भाजयुमो जिलाध्यक्ष अमित मिश्रा, भाजपा महिला मोर्चा जिलाध्यक्ष स्वीटी कौशिक, सांसद प्रतिनिधि प्रमोद सिंह, वरिष्ठ नेता प्रभुनाथ मिश्रा, कैंप मंडल अध्यक्ष तरुण सिंह, भाजपा महिला मोर्चा मंडल अध्यक्ष रश्मि साव, वार्ड पार्षद सत्यदेवी राजकुमार जायसवाल, प्रियंका भोला साहू, भोज राज सिन्हा, संतोष मौर्या, जलंधर सिंह, भाजयुमो मंडल अध्यक्ष नवीन सिंह सहित भारतीय जनता पार्टी के पदाधिकारी एवं कार्यकर्ता अत्यधिक संख्या में उपस्थित थे।
मारपीट और बलवा मामले पुलिस ने 7 आरोपियों को किया गिरफ्तार
दुर्ग । मोहन नगर थाना इलाके में 25 अप्रैल को हुए मारपीट और बलवा मामले में पुलिस ने 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया है जिसमें दो नाबालिग भी शामिल है। पुलिस ने सभी को न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। एएसपी सिटी सुखनंदन राठौर ने बताया कि, हरिनगर कातुल बोर्ड निवासी नीरज कुमार सिंह ने मारपीट की शिकायत दर्ज कराई थी। उसने बताया कि, वो 25 अप्रैल 2025 की रात 8 बजे अपने घर के पास गली में टहल रहा था।
इसी दौरान उसके पास प्रशांत साहू अपने अन्य साथी जयदीप साहू, विशाल वर्मा, प्रिंस बकला, पीयुष पाण्डेय दो नाबालिग के साथ आया। आते ही रामनवमी के समय उससे झगड़ा करने की बात को लेकर बहस करने लगा। जब नीरज ने कहा कि, वो पुरानी बात को भूल जाए, तो प्रशांत ने उससे कहा ठीक है, वो लोग शराब पार्टी करने जा रहे हैं। वो उन्हें शराब खरीदने के लिए पैसा दे। नीरज ने उन्हें पैसा देने से मना कर दिया।
जब नीरज ने शराब के लिए पैसा नहीं दिया तो सभी आरोपियों ने अपने पास रखे डंडा, रॉड निकाला और नीरज के साथ मारपीट शुरू कर दी। उन्होंने नीरज को बुरी तरह मारा और जब वो बेहोश होकर गिर गया तो सभी वहां से भाग गए। चींख पुकार सुनकर नीरज के घर वाले बाहर आए। इसके बाद वो उसे अस्पताल लेकर गए। नीरज को आई चोट के आधार पर पुलिस ने मरपीट और बलवा का मामला दर्ज किया था।
पुलिस ने 27 अप्रैल को सभी 7 आरोपियों को गिरफ्तार किया और जेल भेज दिया है। गिरफ्तार आरोपियों में प्रशांत कुमार साहू (18 साल) निवासी हरि नगर, मुस्कान पैलेस के पास, मोहन नगर , विशाल वर्मा (20 साल) निवासी प्रथम वाहिनी, छसबल, टी-4, मोहन नगर, जयदीप कुमार साहू (20 साल) प्रथम वाहिनी, छसबल, मोहन नगर, पीयुष पाण्डेय (18 वर्ष) निवासी आशा नगर, मोहन नगर, प्रिंस बकला (18 साल) निवासी प्रथम वाहिनी, छसबल, एच-7, मोहन नगर और 2 नाबालिग शामिल है।
गांजा चोरी मामले में दुर्ग एसएसपी ने आरक्षक को बर्खास्त किया
दुर्ग । जब्त गांजा चोरी के मामले में फंसे पुलिसकर्मी पर बड़ी कार्रवाई हुई है। दुर्ग जिले के नए एसएसपी विजय अग्रवाल ने आरक्षक विजय धुरंधर को सेवा से बर्खास्त कर दिया है। धुरंधर पर डायल-112 के चालक अनिल कुमार टंडन के साथ मिलकर गांजा चोरी करने का आरोप साबित हुआ था।
मामला 30 मार्च का है, जब पुरानी भिलाई के एनएसपीसीएल फ्लाई ऐश रोड पुरैना में वाहन चेकिंग के दौरान एक्सयूवी 500 (CG 22 AC 5656) से दो बोरी गांजा बरामद किया गया था। आरोपियों धीरेंद्र शर्मा और युवराज मेहता को पुलिस ने पकड़ लिया था। जांच में सामने आया कि कार में तीन बोरी गांजा था, जिसमें से एक बोरी (करीब 6 किग्रा) को डायल-112 में तैनात आरक्षक विजय धुरंधर और चालक अनिल टंडन ने चुपचाप गायब कर दिया था।
दोनों ने जुर्म कबूलते हुए बताया कि गांजा अनिल टंडन के गांव औंधी स्थित मकान में छिपाया गया था। पुलिस ने गांजा और दोनों के मोबाइल जब्त कर NDPS एक्ट की धारा 20(B)IIB के तहत केस दर्ज किया और उन्हें न्यायिक रिमांड पर भेज दिया।
पूर्व में दोनों को गिरफ्तार कर धुरंधर को सस्पेंड किया गया था। अब विभागीय जांच में गंभीर कदाचार साबित होने पर एसएसपी विजय अग्रवाल ने धुरंधर को भारतीय संविधान के अनुच्छेद 311(2)(b) के तहत सेवा से पदच्युत कर दिया है।
आरोपियों के नाम:
विजय धुरंधर पिता भगवती धुरंधर (उम्र 39), निवासी गली नंबर-04, देवेंद्रनगर, रायपुर।
अनिल कुमार टंडन पिता मंथीर राम टंडन (उम्र 28), निवासी ग्राम औंधी, थाना पुरानी भिलाई, दुर्ग।
आवेदनों की गुणवत्तापूर्ण निराकरण पर ध्यान देवे अधिकारी : कलेक्टर सिंह
आवेदनों के निराकरण के प्रति उदासीनता बरतने वाले अधिकारियों को जारी होगी नोटिस
दुर्ग । कलेक्टर अभिजीत सिंह की अध्यक्षता में आज कलेक्टोरेट सभाकक्ष में सुशासन तिहार के अंतर्गत प्राप्त आवेदनों की विभाग वार समीक्षा आज से प्रारम्भ हुई। आज कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में कलेक्टर सिंह ने नगर पालिक निगम दुर्ग, भिलाई और रिसाली के अंतर्गत मांग एवं शिकायत संबंधी प्राप्त आवेदनों की निराकरण के संबंध में जानकारी ली। समीक्षा के दौरान निगमों द्वारा आवेदनों के निराकरण की रेंडम जांच भी की गई।
कलेक्टर सिंह ने रेंडम जांच के दौरान आवेदनों के गुणवत्तापूर्ण निराकरण नहीं होने पर संबंधित अधिकारियों को नोटिस जारी करने के निर्देश दिए। समीक्षा के दौरान कलेक्टर सिंह ने कहा कि निगमों में प्राप्त मांग संबंधी आवेदनों पर औचित्य पूर्ण कार्यों को प्राथमिकता देवे। राशनकार्ड एवं पेंशन के प्रकरणों पर आवश्यक दस्तावेज के आधार पर निराकरण सुनिश्चित करें। अतिक्रमण हटाने के पूर्व और बाद की स्थिति का निराकरण पत्रक में फोटो अपलोड जरूर करें। इसी प्रकार शासन को प्रस्तावित कार्यों में यह सुनिश्चित करें कि उक्त कार्य से कितनी आबादी लाभान्वित हो रही है, इसका उल्लेख होना चाहिए। उन्होंने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप कम लागत में अधिक से अधिक लोगों को सुविधाएं उपलब्ध कराना है, अधिकारी इस पर विशेष ध्यान दें।
कलेक्टर सिंह ने कहा कि आवेदनों के निराकरण आवेदक के लिए संतोषप्रद होना चाहिए। उन्होंने निगम अंतर्गत आवेदनों के निराकरण की गुणवत्ता की जांच स्वयं निगम कमिश्नर को करने के निर्देश दिए। इस दौरान कलेक्टर ने अधिकारियों को निगमवार मांग एवं निराकरण के संबंध में संक्षिप्त समरी भी तैयार करने कहा। ज्ञात हो कि निगमों में अतिक्रमण, आवास योजना, पेय जल की शिकायत, पोषण आहार गुणवत्ता की शिकायत, प्रधानमंत्री आवास योजना, राशनकार्ड, रोजगार उपलब्ध कराने की मांग, रोड एवं बिल्डिंग निर्माण में गुणवत्ता की शिकायत, विद्युत बिल संबंधी शिकायत, रोड निर्माण, वृद्धावस्था सहायता, सड़क-भवन-पुलिया की मांग, संपत्ति कर, सामाजिक सुरक्षा पेंशन, स्ट्रीट लाईट, स्वच्छता, हैंडपंपों की सुधार एवं नल कनेक्शन संबंधी आवेदन प्राप्त हुए है। नगर निगम रिसाली में मांग एवं शिकायत संबंधी 995 आवेदन प्राप्त हुए है। जिसमें 705 आवेदनों का निराकरण किया जा चुका है। नगर निगम भिलाई में प्राप्त 1678 आवेदनों में से 1034 आवेदन निराकृत कर लिए गए है।
इसी प्रकार नगर निगम दुर्ग में मांग व शिकायत संबंधी 2375 आवेदन में से 1019 का आवेदनों निराकरण हो चुका है। बैठक में सुशासन तिहार के जिला नोडल अधिकारी एडीएम अरविन्द एक्का, सहायक कलेक्टर बबन अभिजीत पठारे, नगर निगम भिलाई के आयुक्त राजीव पाण्डेय, नगर निगम दुर्ग के आयुक्त सुमित अग्रवाल, नगर निगम रिसाली की आयुक्त मोनिका वर्मा, एसडीएम दुर्ग हरवंश सिंह मिरी एवं डिप्टी कलेक्टर उत्तम ध्रुव सहित तीनों निगमों के अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
कलेक्टर ने बीज प्रक्रिया केन्द्र का किया निरीक्षण
दुर्ग । कलेक्टर अभिजीत सिंह ने आज जिले के रूआबांधा स्थित बीज प्रक्रिया केन्द्र का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने बीज उत्पादक कृषक प्रक्षेत्रों में बीज उत्पादन कार्यक्रम के पंजीयन से भुगतान तक की प्रक्रिया से संबंधित विस्तृत जानकारी ली तथा बीज उत्पादक कृषकों के लंबित देयकों का तत्काल भुगतान करने के निर्देश दिए। अवलोकन के दौरान कलेक्टर श्री सिंह ने खरीफ 2025 के बीज पैकिंग कार्य, रबी 2024-25 के उपार्जन से प्राप्त गेहूं, चना आदि बीज का भौतिक अवलोकन भी किया एवं बीज प्रबंधक को शीघ्र ही जिले की शून्य भंडारण वाली समितियों में खरीफ धान बीज भंडारण के निर्देश दिए। इस अवसर पर उप संचालक कृषि दुर्ग संदीप भोई, बीज प्रबंधक एस.के. बेहरा एवं बीज निगम से संबंधित अन्य अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
मस्जिदों से उठी आतंकवाद के खिलाफ आवाज, की गईं अमन की दुआएं
भिलाई । इस्पात नगरी भिलाई की सभी मस्जिदों में कश्मीर के पहलगाम में हुए आतंकवादी हमले के विरुद्ध एकजुटता और भाईचारे की अपील की गई। शुक्रवार की दोपहर जुमे की नमाज के बाद मस्जिदों में इमामों ने अपनी तकरीर में दहशतगर्दी की निंदा करते हुए मुल्क में अमन व भाईचारा कायम रखने की दुआएं की। पहलगाम के आतंकवादी हमले के बाद शहर में जगह-जगह विरोध प्रदर्शन जारी है।
इस बीच शुक्रवार की नमाज के बाद मस्जिदों में भी इस हमले के खिलाफ ऐलान हुआ। जामा मस्जिद सेक्टर-6 के इमाम-खतीब मौलाना इकबाल अंजुम हैदर ने कहा कि यह हमला सीधे-सीधे इंसानियत के खिलाफ जंग है और इसके जिम्मेदार लोगों को सख्त से सख्त सजा दी जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि इस मुश्किल दौर में हम सब एकजुट रहें और अपने मुल्क की भाईचारे की रवायत को किसी भी हालत में कमजोर न पड़ने दें। इस दौरान मुल्क में अमन के लिए दुआएं भी की गईं। शुक्रवार को जुमे की नमाज के मौके पर शहर की तमाम मस्जिदों में दहशतगर्दी के खिलाफ अमन के लिए दुआओं में हाथ उठे।
शहर की हुडको, रूआबांधा, रिसाली, खुर्सीपार, कैंप-1, कैंप-2, सुपेला, हाउसिंग बोर्ड, कोहका, अयप्पा नगर और शांति नगर सहित तमाम मस्जिदों में मुल्क में अमन कायम रखने और आपसी भाईचारा बनाए रखने की दुआएं की गईं। भिलाई नगर मस्जिद ट्रस्ट के सदर मिर्जा आसिम बेग ने एक बयान जारी कर शहर के सभी वर्गों से भाईचारा व अमन कायम रखने की अपील की है। उन्होंने पहलगाम हमले की भर्त्सना करते हुए कहा कि यह हमला पूरी इंसानियत पर है और शहर का हर मुसलमान इस हमले के विरुद्ध एकजुट है। उन्होंने हमले में जान गंवाने वाले सभी मृतकों को श्रद्धासुमन अर्पित करते हुए सरकार से मांग की कि गुनहगारों को सख्त से सख्त सजा दी जाए।
शहर की मुहर्रम आयोजन से जुड़ी पुरानी तंजीम अंजुमन शहीदीया ने भी पहलगाम हमले की भर्त्सना की है। अंजुमन के संस्थापक अध्यक्ष हाजी एमएच सिद्दीकी ने कहा कि इस हमारे मुल्क की आपसी मेल-मिलाप और भाईचारे की रवायत पर हम कभी भी आंच नहीं आने देंगे। उन्होंने शहरवासियों से एकजुटता कायम रखने की अपील की है। उन्होंने कहा कि मुल्क के हालात पर प्रशासन को पैनी नजर रखनी चाहिए की दहशत गर्दी के आड़ मे मजलूमो पर जुल्म नहीं होनी चाहिए जो जगह जगह देखने को मिल रही है।
नेहरु आर्ट गैलरी में गौतम सील की चित्रकला प्रदर्शनी उद्घाटित
सेल-भिलाई । इस्पात संयंत्र के जनसंपर्क विभाग द्वारा संचालित, इंदिरा प्लेस, सिविक सेंटर स्थित नेहरू आर्ट गैलरी में स्थानीय चित्रकार गौतम सील की चित्रकला प्रदर्शनी का उद्घाटन 24 अप्रैल 2025 को संध्याकाल मुख्य महाप्रबंधक (परियोजनाएं) आर के श्रीवास्तव द्वारा दीप प्रज्वलित कर किया गया।
उद्घाटन समारोह के अवसर पर महाप्रबंधक (परियोजनाएं) वी सी शेखर, महाप्रबंधक (एलडीसीपी) वी के ओगले, महाप्रबंधक (सम्पर्क, प्रशासन एवं जनसम्पर्क) अमूल्य प्रियदर्शी, महाप्रबंधक (जनसम्पर्क) प्रशान्त तिवारी, सहायक महाप्रबंधक (परियोजनाएं) पुनीत कुमार वर्मा तथा संयंत्र के अन्य अधिकारी व कर्मचारीगण सहित आर्ट्स क्लब के सदस्य, इस्पात नगरी के अन्य वरिष्ठ कलाकार, चित्रकला प्रेमी तथा भिलाईवासी बड़ी संख्या में उपस्थित थे।
प्रदर्शनी का अवलोकन करने के पश्चात मुख्य अतिथि आर के श्रीवास्तव ने चित्रकार गौतम सील की रचनात्मकता और प्रतिभा की सराहना की। उन्होंने आगंतुक पुस्तिका में अपने विचार व्यक्त करते हुए लिखा कि प्रदर्शनी में लगे प्रत्येक चित्रकला में कलाकार की रचनात्मकता और विचारशीलता झलकती हैं वह हर चित्र अपने आप में विशेष और प्रभावशाली है।
गौतम सील द्वारा चित्रित दीवारों पर सजे विभिन्न शैलियों और तकनीकों के चित्र अपनी कहानियाँ कहते प्रतीत होते हैं। कुछ चित्र अपने जीवंत रंगों से आकर्षित करते हैं, तो कुछ अपनी सूक्ष्म रेखाओं और जटिल विवरणों से मोहित करते हैं। कहीं प्रकृति का शांत चित्रण है, तो कहीं अमूर्त कला दर्शकों को अपनी कल्पना की सीमाओं को चुनौती देने के लिए प्रेरित करती है। गौतम सील का चित्रकला के प्रति बचपन से ही रूझान रहा। उनका सूक्ष्म दृष्टिकोण उनके कृतियों में स्पष्टतः परिलक्षित होता है।
उनकी कृतियाँ केवल चित्र नहीं, बल्कि जीवंत कहानियाँ हैं, जो औद्योगिक जीवन, सांस्कृतिक गतिविधियों और मानव जीवन की सूक्ष्म झलकियों को अत्यंत कलात्मकता एवं संवेदनशीलता के साथ प्रस्तुत करती हैं। बैंक ऑफ इंडिया से वरिष्ठ प्रबंधक के रूप में सेवानिवृत्त हुए गौतम सील, पिछले 37 वर्षों से बच्चों को चित्रकला का प्रशिक्षण देते आ रहे हैं। सेवानिवृत्ति के पश्चात भी अपनी भावनाओं को रंगों और रेखाओं के माध्यम से कैनवास पर आकार देकर कल्पना की दुनिया से प्रकृति का मनोरम चित्रण कर रचनात्मकता की ऊर्जा को उन्होंने बरकरार रखा है। यह तीन दिवसीय चित्रकला प्रदर्शनी 24 से 26 अप्रैल 2025 तक प्रतिदिन संध्या 5.30 बजे से रात्रि 8.30 बजे तक आम जनता के अवलोकनार्थ खुली रहेगी।
टीएसडी ने प्रमाण पत्रों में रिकॉर्ड बनाया
भिलाई । इस्पात संयंत्र के नगर सेवाएं विभाग के अंतर्गत जन स्वास्थ्य विभाग के जन्म मृत्यु अनुभाग द्वारा जवाहरलाल नेहरू चिकित्सालय एवं अनुसंधान केंद्र, सेक्टर -09 में भर्ती मरीजों में होने वाले जन्म और मृत्यु को दर्ज कर जन्म/मृत्यु प्रमाण पत्र बनाये जाते हैं। इसी कड़ी में जन्म मृत्यु अनुभाग के कर्मियों ने दिनांक 24 अप्रैल 2025 को 24 घंटे में कुल 100 जन्म तथा मृत्यु प्रमाण पत्र बनाकर रिकॉर्ड बनाया है। इस प्रशंसनीय कार्य पर मुख्य महाप्रबंधक (नगर प्रशासन एवं सीएसआर) उत्पल दत्ता ने जन्म मृत्यु कार्यालय व पीएचडी विभाग के कार्मिको को बधाई दी व उनके कार्यों की सराहना की।
उन्होंने कार्मिकों को जन्म/मृत्यु को दर्ज करने की त्वरित कार्यवाही करते हुए भविष्य में भी इसी गति से कार्य करने और समय पर प्रमाण पत्र जारी करने हेतु प्रेरित किया। भिलाई इस्पात संयंत्र द्वारा संचालित जवाहरलाल नेहरू चिकित्सालय एवं अनुसंधान केंद्र से जन्म और मृत्यु के प्राप्त रिकॉर्ड के आधार पर जन स्वास्थ्य विभाग के जन्म मृत्यु अनुभाग द्वारा वर्ष भर में लगभग 2000 जन्म प्रमाण पत्र तथा लगभग 1500 मृत्यु प्रमाणपत्र बनाये जाते है। जिन्हें बनाने का कार्य पीएचडी कार्यालय द्वारा निःशुल्क किया जाता है।
इसके पूर्व कोरोना काल के दौरान 24 घंटे में कुल 83 प्रमाण पत्र बनाने का रिकॉर्ड भी दर्ज किया गया था। जन्म/मृत्यु प्रमाण पत्र रजिस्ट्रार जनरल ऑफ़ इंडिया, छत्तीसगढ़ वित्त योजना आर्थिक अवैम सांख्यकी विभाग द्वारा जारी पोर्टल के माध्यम से बनाया जाता है जिसमें समस्त आवश्यक दस्तावेजों को स्कैन कर अटैच किया जाता है तथा डिजिटल प्रमाण पत्र द्विभाषी रूप से हिंदी व अंग्रेजी में जारी किया जाता है। महाप्रबंधक (नगर सेवाएं) के के यादव ने 23 अप्रैल 2025 को पीएचडी जन्म मृत्यु कार्यालय का निरीक्षण कर रिकार्ड्स की जांच की तथा कार्मिकों को आवश्यक निर्देश दिया और सभी कार्मिकों को 24 घंटे में 100 प्रमाणपत्र जारी करने के अनुकरणीय कार्य हेतु बधाई दी।
उन्होंने निर्देश देते हुए कहा कि जन्म/मृत्यु प्रमाणपत्र एक अत्यावश्यक दस्तावेज है तथा समस्त अन्य सहायक दस्तावेज होने पर प्रमाण पत्र तीन दिनों के भीतर जारी करें तथा दूसरे जिलों या प्रदेश से आने वाले व्यक्तियों के समग्र दस्तावेज पर्याप्त तथा सही हो तो उसी दिवस कार्यालयीन अवधि में प्रमाण पत्र जारी करने का प्रयास करें और यदि किसी प्रकार का नाम परिवर्तन हो, या दस्तावेज की कमी हो, तो तत्काल उन्हें उक्त विषय पर सूचित करें।
उन्होंने कहा कि लोगों से व्यवहार संयमित रखें, व्यवहार कुशल रहे, किसी प्रकार का बैक लाग नहीं होने दें। विगत कुछ दिनों से सिस्टम में खराबी के कारण कार्य में उत्पन्न व्यवधान को के के यादव ने बहाल कराकर कार्य को सुचारू गति से जारी रखने का आदेश दिया। निरिक्षण के दौरान उप प्रबंधक (इनफ़ोर्समेंट) मिलिंद बंसोड व सहायक प्रबंधक (पीएचडी) मुकुंद दास मानिकपुरी भी उपस्थित थे।
मोदी राज में हिंदू भी सुरक्षित नहीं: भूपेश बघेल
पहलगाम आतंकी हमले को बताया 'झीरमघाटी जैसा'
भिलाई । छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने गुरुवार को केंद्र सरकार पर तीखा हमला करते हुए कहा कि “मोदी राज में हिंदू भी सुरक्षित नहीं हैं।” जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में हालिया आतंकी हमले पर प्रतिक्रिया देते हुए उन्होंने इसे छत्तीसगढ़ के झीरमघाटी हमले जैसा बताया और कहा कि दोनों घटनाओं में सरकार की सुरक्षा व्यवस्था बुरी तरह नाकाम रही।
भिलाई के एक निजी होटल में पत्रकारों से बात करते हुए बघेल ने कहा कि पहलगाम में पर्यटकों से धर्म पूछकर मारा गया, ठीक वैसे ही जैसे झीरमघाटी में कांग्रेस नेताओं से नाम पूछकर नक्सलियों ने हमला किया था। उन्होंने केंद्र सरकार से सवाल किया कि ऐसी घटनाओं की जिम्मेदारी कौन लेगा और देश को सच्चाई कब बताई जाएगी।
पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा, “इंटेलिजेंस फेल था, सुरक्षा बल मौके पर नहीं थे, और इतनी बड़ी चूक के बावजूद अब तक कोई जवाबदेही तय नहीं हुई है।”
संविधान बचाओ यात्रा की शुरुआत कल से
बघेल ने बताया कि 25 अप्रैल से ‘संविधान बचाओ यात्रा’ की शुरुआत की जा रही है। इसका पहला आयोजन भिलाई के कोसानाला बौद्ध बिहार में शाम 6 बजे होगा, जहां पहलगाम हमले में मारे गए लोगों को श्रद्धांजलि दी जाएगी। यह यात्रा 30 अप्रैल तक प्रदेश के सभी जिला मुख्यालयों में चलेगी।
इस आयोजन में कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष दीपक बैज, नेता प्रतिपक्ष चरणदास महंत, पूर्व मंत्री, विधायक, एनएसयूआई और युवा कांग्रेस के कार्यकर्ता शामिल होंगे।
स्थानीय लोगों की बहादुरी की तारीफ
बघेल ने पहलगाम में पिट्ठू और घोड़ा चलाने वाले स्थानीय लोगों की तारीफ की, जिन्होंने कई पर्यटकों की जान बचाई, कुछ ने तो आतंकियों से भिड़कर अपनी जान तक गंवाई।
झीरम कांड की जांच पर भी उठाए सवाल
उन्होंने कहा कि झीरमघाटी हमले की एसआईटी जांच को वर्तमान सरकार ने ठंडे बस्ते में डाल दिया है। “डेढ़ साल से सरकार नहीं बता पा रही कि जांच का क्या हुआ,” उन्होंने कहा।
"हिंदू-मुस्लिम की राजनीति बंद हो"
पूर्व सीएम ने भाजपा पर हमला करते हुए कहा कि पार्टी इस घटना को “आपदा में अवसर” में बदल रही है और समाज को हिंदू-मुस्लिम में बांटने की कोशिश कर रही है।
अन्य मुद्दों पर भी तीखे वार
भूपेश बघेल ने महंगाई, बेरोजगारी, बिजली कटौती, ट्रेनों में बढ़ते किराये और मनरेगा के काम बंद होने जैसे मुद्दों पर भी केंद्र सरकार को घेरा। उन्होंने कहा कि हेराल्ड मामले में ईडी का दुरुपयोग कर कांग्रेस नेताओं को बदनाम किया जा रहा है।
इस संवाददाता सम्मेलन में भिलाई जिला कांग्रेस अध्यक्ष मुकेश चंद्राकर, पूर्व विधायक अरुण वोरा, नीरज पाल समेत कई वरिष्ठ कांग्रेस नेता मौजूद थे।
पोहा ठेला संचालक से मारपीट करने वाला आरक्षक निलंबित, FIR भी दर्ज...
दुर्ग । सड़क किनारे पोहा बेचने वाले एक युवक के साथ मारपीट और नाश्ता फेंकने की घटना में लिप्त आरक्षक को दुर्ग के एसएसपी विजय अग्रवाल ने तत्काल निलंबित कर दिया है। यही नहीं, आरोपी आरक्षक और उसके साथी के खिलाफ FIR भी दर्ज की गई है।
घटना 21 अप्रैल की सुबह करीब 5 बजे की है। सुपेला थाना क्षेत्र के घड़ी चौक पर चंद्रभूषण साव (26) रोज की तरह अपने पिता के साथ पोहा ठेला लगा रहा था। इसी दौरान पुरानी भिलाई थाने में पदस्थ आरक्षक कुंदन सिंह और बटालियन में पदस्थ राजेश यादव वहां पहुंचे। नशे में धुत्त कुंदन सिंह ने ठेला हटाने को लेकर चंद्रभूषण से विवाद किया और देखते ही देखते मारपीट कर दी और ठेले का नाश्ता व सामान नीचे फेंक दिया।
घटना की सूचना मिलते ही सुपेला पुलिस मौके पर पहुंची और दोनों आरोपियों को थाने लाया गया। वहां भी दोनों ने ड्यूटी पर तैनात अधिकारियों से बत्तमीजी और तूतू-मैं-मैं की।
शिकायत पर सुपेला पुलिस ने दोनों पर मामला दर्ज किया, लेकिन बाद में ठेला संचालक के खिलाफ भी काउंटर केस दर्ज कर दिया गया, जिससे पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठे।
SSP विजय अग्रवाल ने ज्वाइनिंग के दूसरे ही दिन मामले में सख्त कार्रवाई करते हुए आरक्षक को निलंबित कर दिया और रक्षित निरीक्षक को तीन दिन में प्रारंभिक जांच रिपोर्ट देने के निर्देश दिए हैं।
इस त्वरित कार्रवाई को दुर्ग पुलिस में अनुशासन और जवाबदेही की ओर एक बड़ा संदेश माना जा रहा है। SSP के सख्त रुख से स्पष्ट है कि पुलिसकर्मियों की मनमानी अब बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
संस्था प्रमुख, प्राचार्य एवं शिक्षक नही रहते है मुख्यालय में - स्वाधीन जैन
डीईओ की संलिप्तता संदिग्ध, साथी को ही बना दिये जांचकर्ता
एक मूकबधिर मां की बेटी की सुपोषण यात्रा
दुर्ग । महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा कुपोषण मुक्ति की दिशा में किए जा रहे निरंतर प्रयासों का असर अब जमीनी स्तर पर दिखाई देने लगा है। इसी प्रयास की एक प्रेरणादायक मिसाल है तेलुगु पारा मरौदा आंगनबाड़ी केंद्र से जुड़ी एक विशेष कहानी मूकबधिर माता की बेटी उमेश्वरी रानी मेहर की।
उमेश्वरी रानी का जन्म 9 जून 2021 को हुआ था, तब उसका वजन केवल 2 किलोग्राम था। जो गंभीर कुपोषण की श्रेणी में आता है। उसके पिता सुरेश मेहर भिलाई स्टील प्लांट में मजदूरी करते हैं, और माता लुकेशवरी मूकबधिर एवं शारीरिक रूप से कमजोर हैं। ऐसे में उमेश्वरी की देखभाल का जिम्मा उसकी नानी ने संभाला।
आर्थिक व पारिवारिक परिस्थितियों के कारण उसे न्यूट्रिशनल रिहैबिलिटेशन सेंटर (एनआरसी) में भर्ती नहीं कराया जा सका। इस कठिन परिस्थिति में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता बिंदु साहू ने हार नहीं मानी। उन्होंने सहायिका दुलेश्वरी के साथ मिलकर लगातार प्रभावी गृहभेट की, जिससे परिवार को सही पोषण, साफ-सफाई, और रेडी-टू-ईट भोजन के उपयोग की जानकारी दी जाती रही। बच्ची को समय पर दवाइयाँ देना, घरेलू भोजन को पोषणयुक्त बनाना, और देखभाल के छोटे-छोटे मगर अहम पहलुओं को बार-बार समझाया गया।
आंगनबाड़ी पर्यवेक्षक शिल्पा श्रीवास्तव बताती हैं कि लगातार गृहभेट और बाल संदर्भ सेवा के कारण ही आज उमेश्वरी सामान्य पोषण श्रेणी में आ चुकी है। वर्तमान में उसका वजन 12.5 किलोग्राम है। जहाँ पहले वह आंगनबाड़ी केंद्र में सहज नहीं रहती थी, अब वह स्वयं केंद्र आती है और अन्य बच्चों के साथ हंसते-खेलते समय बिताती है।
उमेश्वरी के सुपोषित होने से न केवल उसका स्वास्थ्य सुधरा है, बल्कि पूरे परिवार में नई आशा और खुशी का संचार हुआ है। यह सफलता न केवल उमेश्वरी की है, बल्कि कार्यकर्ताओं की भी है जिन्होंने निरंतर प्रयास और व्यक्तिगत संपर्क, गृहभेट से कुपोषण जैसी गंभीर समस्या को खत्म करने लगातार प्रयास कर रही है।
बेटी बचाव बेटी बढ़ाओं एवं बाल विवाह मुक्त भारत अभियान
दुर्ग। कलेक्टर अभिजीत सिंह के निर्देश पर जिला कार्यक्रम अधिकारी एवं जिला महिला एवं बाल विकास अधिकारी के मार्गदर्शन में बेटी बचाव बेटी पढ़ाओ एवं बाल विवाह के रोकथाम एवं एक युद्ध नशे के विरूद्ध जागरूकता कार्यक्रम व रैलियों का आयोजन किया गया।
जिसके अंतर्गत पाटन विकासखण्ड के ग्राम छाटा और दुर्ग विकासखण्ड के ग्राम नगपुरा में कार्यशाला आयोजित की गई, जिसमें सरपंच, सचिव, शिक्षक, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व ग्रामीणों को महिला एवं बाल विकास विभाग दुर्ग में पदस्थ श्रीमती सीता कनौजे एवं चाईल्ड हेल्प लाईन 1098 से आशीष साहू, श्रीमती भारती चौबे, सविता साहू, सखि वन स्टाप 181 से श्रीमती असंति साहू, श्रीमती हिना द्वारा भिक्षावृत्ति, बाल विवाह रोकथाम, दत्तक ग्रहण, महिला उत्पीड़न, फास्टर केयर, लैंगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम 2012 की विस्तृत जानकारी दी गई।
महिला एवं बाल विकास विभाग के जिला महिला एवं बाल विकास अधिकारी से मिली जानकारी अनुसार बच्चों को यह भी जानकारी दी गई कि बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम 2006 के तहत 21 वर्ष से कम आयु के लड़के और 18 वर्ष से कम आयु की लड़की के विवाह को प्रतिबंधित करता है। अगर कोई 21 वर्ष से कम आयु के लड़के 18 वर्ष से कम आयु की किसी बालिका से विवाह करता या कराता है तो उसे दो वर्ष तक के कठोर कारवास अथवा जुर्माना जो कि एक लाख रूपए तक हो सकता है अथवा दोनों से दण्डित किया जा सकता है।
कोई व्यक्ति जो बाल विवाह करवाता है, करता है अथवा उसकी सहायता करता है, उन्हें दण्डित किया जा सकता है तथा कोई व्यक्ति जो बाल विवाह को बढ़ावा अथवा जानबूझकर उसकी अनुमति देता है, बाल विवाह में सम्मिलित होता है तो उसे भी दण्डित अथवा जानबुझकर उसकी अनुमति देता है, बाल विवाह में सम्मिलित होता है तो उसे भी दण्डित किया जा सकता है। बाल विवाह को विमर्श में लेकर उन कारणों को पूर्णतः समाप्त कर एक सकारात्मक वातावरण तैयार किया जाना आवश्यक है। बाल विवाह की सूचना व जानकारी प्राप्त होने पर 1098 चाईल्ड हेल्प लाईन दुर्ग में संपर्क कर सकते हैं।
सुशासन तिहार में प्राप्त आवेदनों का निराकरण गुणवत्तापूर्वक करें अधिकारी : कलेक्टर
हितग्राही मूलक योजनाओं की मांगों पर पात्रता परीक्षण किया जाये
दुर्ग । कलेक्टर अभिजीत सिंह ने कहा कि सुशासन तिहार 2025 के अंतर्गत 30 अप्रैल तक विभागों को प्राप्त आवेदनों का निराकरण किया जाना है। अधिकारी आवेदनों का निराकरण गुणवत्तापूर्वक करना सुनिश्चित करें। प्रयास यह होना चाहिए कि निराकरण से आवेदक पूर्णतः संतुष्ट हो सके। उन्होंने कहा कि 4 मई 2025 तक विभागों को प्राप्त आवेदनों का संपूर्ण निराकरण कर लिया जाए। कलेक्टर श्री सिंह ने आज अधिकारियों की समय-सीमा लंबित प्रकरणों की समीक्षा बैठक में सुशासन तिहार के अंतर्गत विभागों कों प्राप्त आवेदन और इनके निराकरण की समीक्षा करते हुए उक्त बाते कही। उन्होंने कहा कि हितग्राही मूलक योजनाओं की मांगों पर अधिकारी पात्रता परीक्षण करना सुनिश्चित करें। सुशासन तिहार में प्राप्त आवेदन विभाग से संबंधित न हो तो ऐसे आवेदनों को संबंधित विभागों को फारवर्ड किया जाए ताकि विभाग द्वारा समय पर इसका निराकरण किया जा सके।
कलेक्टर श्री सिंह ने कहा कि अधिकारी मुख्यमंत्री जनदर्शन, कलेक्टर जनदर्शन, पीजीएन (वेब व पोस्ट) पोर्टल, सार्थ-ई और पीजी पोर्टल के अंतर्गत एक से तीन माह के अंतर्गत लंबित सभी प्रकरणों का शीघ्र निराकरण करें। इसी प्रकार राजस्व अधिकारी राजस्व से संबंधित अविवादित नामांतरण, विवादित नामांतरण, सीमांकन के भी एक से तीन माह तक के लंबित प्रकरणों का निराकरण करना सुनिश्चित करें। कलेक्टर श्री सिंह ने समीक्षा के दौरान सुशासन तिहार 2025 के प्रथम चरण में विभागों को प्राप्त मांग एवं शिकायत संबंधी आवेदनों और विभागीय निराकरण हेतु पहल की जानकारी ली। उन्होंने कहा कि मांगों पर विभागीय तैयारी पूरी करें। आवश्यक दस्तावेज हेतु मोबाइल नंबर के माध्यम से आवेदकों से संपर्क करें। स्वीकृत मुआवजा राशि का वितरण समय पर हो, राजस्व अधिकारी यह सुनिश्चित करे। कलेक्टर ने कहा कि नगरीय निकायों में भी मांगों एवं शिकायतों का निराकरण औचित्यपूर्ण हो। उन्होंने कहा कि अधिकारी विभागवार निराकृत प्रकरणों की प्रवृष्टि पोर्टल में कराते जाएं। कलेक्टर ने अवगत कराया कि आवेदनों के विभागीय निराकरण के संबंध में आगामी 26 अप्रैल 2025 से जिलास्तरीय समीक्षा की जाएगी। बैठक में एडीएम अरविन्द एक्का, सहायक कलेक्टर बबन अभिजीत पठारे, जिला पंचायत के सीईओ बी.के. दुबे, सभी नगरीय निकायों के आयुक्त एवं सभी एसडीएम सहित समस्त विभाग के जिला प्रमुख अधिकारी उपस्थित थे।
पोषण पखवाड़ा के समापन पर हुए विविध कार्यक्रम
भिलाई। छत्तीसगढ़ शासन महिला एवं बाल विकास विभाग भिलाई-1 परियोजना के खुर्सीपार जोन-3 सेक्टर के आंगनवाड़ी केंद्र घासीदास नगर-2 में पोषण पखवाड़ा के समापन दिवस का आयोजन मंगलवार को किया गया। 8 अप्रैल से प्रारंभ किए गए पोषण पखवाड़ा में सामाजिक संगठन गोल्डन एम्पथी (जी ई) फाउंडेशन टीम ने एकीकृत बाल विकास योजना (आईसीडीएस) के साथ मिलकर विविध गतिविधियां संचालित की।
भिलाई परियोजना अधिकारी पद्मजा सिन्हा, पर्यवेक्षक कंचन महतो और जीई फाउंडेशन की ओर से प्रदीप पिल्लै ने गर्भवती महिलाओं की गोदभराई व नवजात शिशु का अन्नप्राशन करवाया। पखवाड़े भर की गतिविधियों के अंतर्गत जीई फाउंडेशन की ओर से कुल 28 गंभीर एवं मध्यम कुपोषित बच्चों को प्रोटीन पाउडर वितरित किया गया साथ ही सोया, चना, गुड़, तिल, दाल, साबुत मूंग दाल, फल से भरी पोषण खजानी वाली सुपोषण टोकनी बांटी गई।
परियोजना अधिकारी श्रीमती सिन्हा ने उपस्थित हितग्राहियों को पोषण पखवाड़ा के महत्व से परिचित कराया। साथ ही कुपोषण के दुष्चक्र से बाहर निकलने हेतु उपाय के संबंध में विस्तृत चर्चा की। पोषण पखवाड़ा के अंतर्गत जीई फाउंडेशन द्वारा गंभीर और मध्यम कुपोषित बच्चों के लिए सुपोषण किट और प्रोटीन पाउडर का वितरण किया गया साथ ही 6 आँगनबाड़ी केंद्र के कार्यकर्ताओं को सम्मानित किया गया।
इन आयोजनों में जीई फाउंडेशन से मृदुला शुक्ला,प्रकाश देशमुख,विशाखा मांगूडे,सोनम सागर, अजीत और घासीदास नगर (1,2,3),फौजी नगर,हाउसिंग बोर्ड, कुरूद आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं में आशा पाठक,उमेश्वरी रात्रे,पिंगला बंजारे,जीतू मनहर,सिंधु पगारे, भगवती, सहायिका, चंचल निषाद, किरण सिंह और विमला कामले सहित अन्य का विशिष्ट सहयोग रहा।