छत्तीसगढ़ / कोंडागांव
मर्दापाल में साइबर क्राईम जागरूकता अभियान
स्कूली बच्चों को दी गई पॉक्सो एक्ट और बाल अधिकार की जानकारी
कोण्डागांव । कलेक्टर श्रीमती नूपुर राशि पन्ना के निर्देशानुसार एवं अवनी कुमार बिसवाल के मार्गदर्शन में जिले में दिनांक 21 जुलाई से 25 जुलाई तक साइबर क्राईम जागरूकता अभियान कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। इसी कड़ी में को शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय, मर्दापाल में एक जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का उद्देश्य विद्यार्थियों को साइबर अपराध एवं उससे संबंधित खतरों के प्रति सतर्क करना, साथ ही स्वास्थ्य, स्वच्छता, पोषण, आत्मरक्षा, बाल संरक्षण, गुड टच-बैड टच, पॉक्सो एक्ट और बाल अधिकारों जैसे अत्यंत संवेदनशील और आवश्यक विषयों पर जानकारी देना था।
कार्यक्रम में विशेषज्ञों द्वारा ऑनलाइन ठगी, सोशल मीडिया पर सतर्कता, व्यक्तिगत जानकारी की सुरक्षा, तथा बच्चों के शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य संरक्षण जैसे विषयों पर सरल और प्रभावशाली ढंग से जानकारी दी गई, जहाँ विद्यार्थियों को बताया गया कि इंटरनेट का उपयोग करते समय किन बातों का ध्यान रखना चाहिए, अनजान लिंक या व्यक्तियों से कैसे बचें, और किसी भी आपत्तिजनक स्थिति में किससे और कैसे सहायता लें। इसके साथ ही स्वच्छता, पोषण और आत्मरक्षा पर भी उपयोगी सुझाव दिए गए, जिससे बच्चे ना सिर्फ तकनीकी रूप से सजग बनें बल्कि मानसिक और शारीरिक रूप से भी सशक्त हो सकें।
कार्यक्रम में पुलिस साइबर सेल से उप निरीक्षक दिनेश डहरिया सहायक, कांस्टेबल साइबर एक्सपर्ट मनीष बोस, टीआई रविशंकर ध्रुव थाना मर्दापाल, महिला एवं बाल विकास विभाग मिशन शक्ति से जिला मिशन समन्वयक श्रीमती रीना सिंह ठाकुर, जेंडर विशेषज्ञ श्रीमती माधुरी उसेण्डी तथा जेंडर विशेषज्ञ उमेश कुमार मरापी उपस्थित रहे।
सामान्य सभा की बैठक 30 को
कोंडागांव । जिला पंचायत कोंडागांव की सामान्य सभा की बैठक, जो पहले 23 जुलाई बुधवार को सुबह 11 बजे निर्धारित थी, अब संशोधित कर 30 जुलाई को आयोजित की जाएगी।
बैठक जिला पंचायत के सभाकक्ष में ही सुबह 11 बजे से शुरू होगी। इस संबंध में जिला पंचायत द्वारा सभी संबंधित विभागीय अधिकारियों को निर्देश जारी किए गए हैं कि वे एजेण्डावार अद्यतन जानकारी के साथ समय पर बैठक में उपस्थित रहें। बैठक में विकास कार्यों की समीक्षा, विभिन्न योजनाओं की प्रगति तथा अन्य आवश्यक मुद्दों पर चर्चा की जाएगी।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि अधिकारियों की अनुपस्थिति को गंभीरता से लिया जाएगा।
सावन में नहीं बरसी बारिश, कोंडागांव में किसानों की बढ़ी चिंता
कोंडागांव । जिला मुख्यालय के आस-पास के क्षेत्रों में पिछले 15 दिनों से बारिश नहीं हुई है। सावन शुरू होते ही कई इलाकों का तापमान 38 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया है । सावन के महीने में बारिश नही होने से किसानों की परेशानी बढ़ती जा रही है। अब बारिश नही होने से खेतों की मिट्टी में दरारें पडऩे लगी हैं। जिन किसानों ने बोनी कर दी है, उनकी फसलें सूखने लगी हैं।
महिला किसान सुखमति का कहना है कि सावन में बारिश न होने की स्थिति उन्होंने कभी नहीं देखी। उनका कहना है कि अगले एक हफ्ते में बारिश नहीं हुई तो बोई गई फसल बर्बाद हो जाएगी। मौसम विभाग ने भी अभी तेज बारिश की कोई संभावना नहीं जताई है। कुछ किसानों ने अभी तक बोनी नहीं की है, वे बारिश की प्रतीक्षा कर रहे हैं। कोंडागांव समेत पूरे बस्तर अंचल में सावन का महीना जो आमतौर पर हरियाली और ठंडक से जुड़ा होता है, इस बार गर्मी और उमस से परेशान है। स्थिति यह है कि खेतों में बीज डाल चुके किसान बादलों की राह देख रहे हैं।
कलेक्टर ने एक्सप्रेस वे पर निर्माणाधीन ट्विन टनल का किया निरीक्षण
कोंडागांव । कलेक्टर श्रीमती नूपुर राशि पन्ना ने आज भारत माला परियोजना के तहत निर्माणाधीन रायपुर विशाखापत्तनम एक्सप्रेस वे पर जिले के बड़ेराजपुर अंतर्गत ग्राम कोसमी में बन रही ट्विन टनल का अवलोकन किया। कलेक्टर ने अधिकारियों के साथ टनल के अंदर जाकर निर्माण कार्य को देखा।
उन्होंने संबंधित निर्माण एजेंसी से कार्य की प्रगति की विस्तृत जानकारी ली और गुणवत्ता पूर्ण कार्य के साथ निर्माण कार्य के दौरान सभी कर्मचारी सुरक्षा मानकों का पालन सुनिश्चित करने को कहा। साथ ही दुर्घटना और आपातकालीन स्थिति में एम्बुलेंस और फायर सेफ्टी हेतु भी निर्देश दिया गया। इस दौरान एसडीएम केशकाल श्री अंकित चौहान सहित अन्य अधिकारीगण उपस्थित थे।
कलेक्टर ने निर्माण कार्यों का लिया जायजा
कोंडागांव। कलेक्टर श्रीमती नूपुर राशि पन्ना ने आज जिले के दूरस्थ विकासखंड बड़े राजपुर अंतर्गत स्वास्थ्य केंद्रों तथा विद्यालयों का निरीक्षण किया और विभिन्न निर्माण कार्यों का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने विभागीय अधिकारियों को सख्त निर्देश दिया कि सभी स्कूलों में शिक्षकों की समय पर उपस्थिति सुनिश्चित हो, स्वास्थ्य केंद्र निर्धारित समयावधि में खुले। कलेक्टर ने सबसे पहले प्राथमिक शाला गम्हरी का निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान स्कूल भवनों की स्थिति, शिक्षकों की उपस्थिति और शैक्षणिक गतिविधियों के बारे में जानकारी ली। उन्होंने विद्यार्थियों को नए सत्र में वितरित गणवेश पहनकर आने को कहा। साथ ही विद्यार्थियों के लिए आवश्यक खेल सामग्री की उपलब्धता के साथ विद्यालय परिसर को स्वच्छ एवं सुंदर बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने वहां निर्माणाधीन आर आई डी एफ गोदाम का निरीक्षण किया और संबंधित ठेकेदार को 20 दिन के भीतर शेष कार्यों को पूरा करने हेतु निर्देशित किया।
ग्राम सलना में उन्होंने निर्माणाधीन महतारी सदन भवन का भी निरीक्षण किया और निर्माण कार्य में लापरवाही पर नाराजगी जताते हुए ठेकेदार से अनुबंध निरस्त करने हेतु निर्देशित किया। कलेक्टर ने ग्राम कोसमी में शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय के निरीक्षण किया, जहां सीपेज की समस्या के कारण प्राथमिक एवं माध्यमिक विद्यालय के अतिरिक्त भवन में कक्षा लगाने की जानकारी मिली।
उन्होंने भवन की स्थिति का निरीक्षण किया और सीपेज की समस्या को दूर करने हेतु प्राथमिकता के साथ आवश्यक सुधार कार्य के निर्देश आरईएस के अधिकारियों को दिए। कोसमी के नवीन हायर सेकंडरी स्कूल भवन के टेंडर प्रक्रिया को पूर्ण करने लिए भी पीडब्ल्यूडी को निर्देशित किया गया।
सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का निरीक्षण
कलेक्टर श्रीमती पन्ना ने विश्रामपुरी के सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का भी निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने प्रसूति वार्ड में महिलाओं से चर्चा की और स्वास्थ्य की स्थिति के बारे में जानकारी ली। उन्होंने महिलाओं को उनके शिशु के देखभाल के लिए ममता किट वितरित करने के निर्देश दिए।
साथ ही अस्पताल में ओ टी प्रारंभ करने हेतु आवश्यक मानव संसाधन और उपकरण के प्रस्ताव देने को कहा। उन्होंने प्री बर्थ वेटिंग रूम के नए भवन का निरीक्षण करते हुए दीवार में दरार सहित विद्युत व्यवस्था में सुधार कार्य करने के निर्देश स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को दिए। इस अवसर पर एस डी एम श्री अंकित चौहान सहित तहसीलदार, जनपद सीईओ और संबंधित विभाग के अधिकारी उपस्थित थे।
स्वच्छ सर्वेक्षण 2024 में कोंडागांव ने हासिल किया 75 वाँ रैंक
कोण्डागांव । आवासन एवं शहरी कार्य मंत्रालय द्वारा 17 जुलाई को दिल्ली के विज्ञान भवन में राष्ट्रपति श्रीमती द्रौपदी मुर्मू की उपस्थिति में स्वच्छ सर्वेक्षण 2024 के परिणाम घोषित किया गया, जिसमें कोंडागांव को जनसंख्या 20000 से 50000 की श्रेणी में 75 वाँ रैंक हासिल किया है। ज्ञात हो कि स्वच्छ सर्वेक्षण 2024 में कुल 12500 अंक निर्धारित किए गए थे जिसमें से कोंडागांव ने 9357 अंक अर्जित कर एवं शहर को खुले में शौच मुक्त बनाने के लिए लगातार ओडीएफ++ में अपना स्थान बनाया।
आवासन एवं शहरी कार्य मंत्रालय भारत सरकार द्वारा स्वच्छता सर्वेक्षण में नगरी निकायों को अलग-अलग श्रेणी में विभाजित कर उन्हें अंक प्रदान किया जाता है। इस वर्ष छत्तीसगढ़ में कुल 07 निकायों को सुपर स्वच्छता लीग में शामिल किया गया है एवं छत्तीसगढ़ की 20000 से 50000 वाली जनसंख्या वाले शहरों में कुल 14 शहर शामिल हैं, जिनमें से एक कोंडागांव भी है।
सीएमओ कोंडागांव दिनेश डे ने इस उपलब्धि का श्रेय शहर के नागरिक, स्वच्छता कर्मचारी, जनप्रतिनिधि एवं सभी के सहयोग को दिया। उन्होंने बताया कि स्वच्छ सर्वेक्षण की इस परीक्षा में कोंडागांव ने प्रथम बार कोई रैंक हासिल की है जो हमारे शहर के लिए गर्व की बात है। वर्ष 2022 में भी कोंडागांव ने इण्डियन स्वच्छता लीग में अपना स्थान बनाया था। स्वच्छ सर्वेक्षण 2025 हेतु निकाय अपनी तैयारी और बेहतर ढंग से करने हेतु अग्रसर है। इसके साथ ही नागरिकों से भी अपील की है कि वह भी अपना पूर्ण सहयोग प्रदान करें।
कोण्डागांव की बालिका ने ताईवान में अन्तर्राष्ट्रीय स्तर पर गोल्ड मेडल जीतकर रचा इतिहास
कोण्डागांव। छत्तीसगढ़ राज्य बाल कल्याण परिषद बालगृह बालिका कोण्डागांव की बालिका रंजीता कोरेटी अंतर्राष्ट्रीय खेलने हेतु एशियन कैडेट चैंपियनशिप के लिए भारतीय टीम के साथ ताईपे/ताईवान गई हुई हैं जहां रंजीता ने कई देश के खिलाडियों को पछाड़ते हुए अंतर्राष्ट्रीय एशियाई केडिट चैंपियनशिप में गोल्ड मेडल प्राप्त किया है।
जिला बाल संरक्षण इकाई महिला एवं बाल विकास विभाग एवं संस्था के अथक प्रयासों से रंजीता की शारीरिक व मानसिक रूप से सबल होती गई एवं बालिका की रूचि खेल के क्षेत्र में होने एवं कई प्रतियोगिता में बेहत्तर प्रदर्शन को देखते हुए बालिका को आई.टी.बी.पी. के सहयोग से जूडो का प्रशिक्षण दिलवाया गया। सर्व प्रथम वर्ष 2021 के ओपन नेशनल जूडो टूर्नामेंट मे चंडीगढ़ में बालिका ने बेहतर प्रदर्शन किया। बालिका ने अपने खेल व शिक्षा में कड़ी मेहनत करते हुए अपनी लक्ष्य की ओर निरंतर आगे बढ़ते रही। जनवरी 2023 में बालिका का प्रवेश भोपाल के स्पोर्ट अथोरिटी ऑफ इण्डिया मंे कराया गया। बालिका शिक्षा के साथ-साथ जूडो का प्रशिक्षण प्राप्त कर रही है।
विभिन्न प्रतियोगिताओं में हासिल की महत्वपूर्ण उपलब्धियां
बालिका ने वर्ष 2021 के ओपन नेशनल जूडो टूर्नामेंट चंडीगढ़ मे 40 किग्रा वर्ग में बेहतर प्रदर्शन, ओपन नेशनल जूडो 2022 मे भोपाल मे ब्रांज मेडल, खेलो इंडिया नेशनल जूडो 2024 केरल में 52 कि0ग्रा0 में सिल्वर मेडल, खेलो इंडिया क्षेत्रीय जूडो 2024 महाराष्ट्र नासिक मे 52 कि0ग्रा0 मे गोल्ड मेडल, 2024 त्रिसूर केरल मे 52 कि0ग्रा0 मे गोल्ड मेडल, पुणे महाराष्ट्र में राष्ट्रीय ओपन नेशनल जूडो चैंपियनशिप 52 किलो वर्ग में असम, तेलगांना, महाराष्ट्र, दिल्ली को हरा कर गोल्ड मेडल हासिल किया। खेलो इंडिया यूथ गेम्स पटना (बिहार) मेंजूडो चैंपियनशिप मे स्वर्ण पदक जीत कर जिला एवं राज्य को गौरवान्वित किया। अंतर्राष्ट्रीय खेल में बालिका ने 04 अप्रैल 2025 से 24 अप्रैल 2025 तक जार्जिया मे आयेजित कैडेट यूरोपियन कप 2025 के 52 किग्रा मे 5 वां स्थान प्राप्त कर देश का नाम रौशन किया। ताशकंद (उजबेकिस्तान) में वर्ष 2025 में एशियन कैडेट चैंपियनशिप मे प्रतिभागिता होकर बालिका ने अपना उत्कृष्ठ प्रदर्शन दिया। वर्ष 2025 में बालिका ताइपे ताईवान में 12 जुलाई 2025 से 15 जुलाई 2025 तक आयोजित एशियन कैडेट चैंपियनशिप प्रतियोगिता में अंतर्राष्ट्रीय गोल्ड मेडल प्राप्त कर जूडो खेल में भारत की अंतर्राष्ट्रीय खिलाड़ी बन गई एवं कोण्डागांव जिले के साथ-साथ छत्तीसगढ़ एवं भारत को गौरवान्वित किया है।
कलेक्टर ने आंगनबाड़ी और विद्यालय का किया निरीक्षण
नवोदय विद्यालय भवन निर्माण की प्रगति का लिया जायजा
कोंडागांव । कलेक्टर श्रीमती नूपुर राशि पन्ना ने बुधवार को जिले में निर्माणाधीन नवोदय विद्यालय भवन का निरीक्षण किया। उन्होंने निर्माण कार्य की गुणवत्ता सुनिश्चित करते हुए समय-सीमा में कार्य पूर्ण करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए। निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने विद्यालय भवन के ले-आउट का अवलोकन किया और अध्ययन कक्ष, आवासीय परिसर एवं अन्य निर्माणाधीन संरचनाओं की जानकारी ली। साथ ही निर्माण कार्य में आ रही समस्याओं की जानकारी लेकर इसे दूर करने आवश्यक निर्देश दिए।
इससे पूर्व कलेक्टर ने बंधापारा स्थित आंगनबाड़ी केंद्र और प्राथमिक शाला का निरीक्षण किया। बच्चों से संवाद करते हुए उन्होंने भवनों में सीपेज की समस्या दूर करने तथा विद्युत व्यवस्था को सुव्यवस्थित करने हेतु संबंधित विभागों को आवश्यक सुधार कार्य करने के निर्देश दिए। साथ ही उन्होंने विद्यालय परिसर में पुष्पीय पेड़ पौधे लगाने और साफ सफाई व्यवस्था दुरुस्त करने हेतु भी निर्देशित किया।इस अवसर पर एसडीएम अजय उरांव, महिला एवं बाल विकास विभाग के जिला कार्यक्रम अधिकारी अवनी कुमार बिस्वाल सहित अन्य अधिकारीगण उपस्थित थे।
कलेक्टर की अध्यक्षता में समय-सीमा की बैठक संपन्न
सभी कार्यालयों में ई-ऑफिस प्रणाली से कार्य पर दिया जोर
कोंडागांव । कलेक्टर श्रीमती नूपुर राशि पन्ना की अध्यक्षता में आज साप्ताहिक समय-सीमा की बैठक संपन्न हुई, जिसमें खाद-बीज की उपलब्धता, राशन वितरण सहित स्वास्थ्य एवं शिक्षा एवं अन्य विभागीय कार्यों की विस्तृत समीक्षा की गई। कलेक्टर ने जिले में ई आफिस प्रणाली के प्रभावी क्रियान्वयन पर जोर देते हुए सभी विभाग प्रमुखों को निर्देशित किया कि सभी शासकीय फाइलें एवं दस्तावेज ई-ऑफिस के माध्यम से प्रस्तुत करें। बैठक में कलेक्टर ने खाद्य अधिकारी से तीन माह के लिए राशन वितरण की जानकारी लेते हुए शत प्रतिशत वितरण सुनिश्चित करने को कहा। उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना के स्वीकृत कार्यों के प्रगति की समीक्षा करते हुए कहा कि आवास निर्माण के कार्यों को सर्वाेच्च प्राथमिकता के साथ पूर्ण करें।
उन्होंने कहा कि कोई भी हितग्राही आवास निर्माण हेतु प्राप्त राशि का दुरूपयोग न करे, यह सुनिश्चित करें। उन्होंने आवास निर्माण में लापरवाही बरतने एवं राशि के दुरूपयोग की स्थिति आवश्यक कार्यवाही करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए। कलेक्टर ने जिले के विद्यालयों में शिक्षकों के उपस्थिति की जानकारी ली और कहा कि लंबे समय से अनुपस्थित या मद्यपान करने वाले शिक्षकों पर सख्त कार्यवाही करें। कलेक्टर ने महिला एवं बाल विकास विभाग के कार्यों की समीक्षा करते हुए कहा कि एफआरएस कार्य में प्रगति लाने की आवश्यकता बताई। उन्होंने आंनगबाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिकाओं की भर्ती प्रक्रिया को शीघ्र पूर्ण कराने हेतु सभी सीईओ जनपद को निर्देशित किया।
साथ ही उन्होंने जिले के सभी आंगनबाड़ी के बच्चों को विभाग द्वारा प्राप्त ड्रेस उपलब्ध कराने और निर्धारित ड्रेस में ही बच्चों की उपस्थिति केन्द्रों में सुनिश्चित करने को कहा। कलेक्टर ने जिला अस्पताल की मरम्मत कार्य के प्रगति की भी समीक्षा की। उन्होंने जिले में स्वास्थ्य विभाग के कार्यों की समीक्षा करते हुए सीट स्कैन, एक्सरे मशीन सहित अन्य उपकरणों की जानकारी लेते हुए कहा कि जिले के अस्पतालों में सभी आवश्यक चिकित्सकीय उपकरण कार्यशील होना चाहए। साथ ही उन्होंने स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए कि कोई भी अस्पताल निर्धारित समय में बंद नहीं होना चाहिए।
कलेक्टर ने जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में परिवार नियोजन के लिए काउंसलिंग करने पर जोर देते हुए कहा कि स्वास्थ्य विभाग और महिला एवं बाल विकास विभाग संयुक्त रूप से बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ अभियान के तहत लोगों को जागरूक करने को कहा। इसके अलावा उन्होंने जल जीवन मिशन के कार्यों के प्रगति की भी समीक्षा की और कार्य में प्रगति लाने हेतु लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के अधिकारियों को निर्देशित किया।
कलेक्टर ने जिले में कृषि कार्य के दौरान समुचित खाद-बीज की उपलब्धता सुनिश्चित करने के निर्देश कृषि विभाग के अधिकारियों को दिए। साथ ही फील्ड पर कृषि केन्द्रों में खाद की नियमित जांच सुनिश्चित करने को भी कहा। इस अवसर पर जिला पंचायत के सीईओ श्री अविनाश भोई, अपर कलेक्टर श्री चित्रकांत चार्ली ठाकुर सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।
अन्य राज्य व जिला के 8 संदिग्धों पर की गई प्रतिबंधात्मक कार्यवाही
कोंड़ागांव। जिले के थाना विश्रामपुरी क्षेत्रवासियों व जनप्रतिनिधियों द्वारा बाहरी राज्य से आए मुसाफिर, फेरी वालों के विरुद्ध लगातार शिकायत की जा रही थी। मुसाफिरों द्वारा बिना किसी सूचना व अनुमति के किसी भी सार्वजनिक स्थान में डेरा डालकर निवास करने, सन्दिग्ध रूप से घूमते हुए पाए जाने, क्षेत्र में गंदगी फैलाने लड़ाई-झगड़ा कर अशांति फैलाने, चोरी व अन्य अपराध कारित करने की आशंका होने आदि के सम्बंध में क्षेत्रवासियों व जनप्रतिनिधियों द्वारा थाना आकर मौखिक व फ़ोन के माध्यम से सूचना मिलने पर थाना प्रभारी विश्रामपुरी विनोद नेताम द्वारा पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में बाहरी मुसाफिरों के विरुद्ध कानून व्यवस्था बनाए रखने हेतु मुहिम चलाकर थाना क्षेत्र में घूम रहे मुसाफिरों का सत्यापन किया गया एवं क्षेत्र में उनकी उपस्थिति सन्दिग्ध प्रतीत होने से 8 सन्दिग्ध व्यक्तियों के विरुद्ध प्रतिबंधात्मक कार्यवाही किया गया है। पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में थाना क्षेत्र में शांति व कानून व्यवस्था बनाए रखने हेतु घूम रहे सभी बाहरी व्यक्तियों का सत्यापन कर सन्दिग्ध पाए जाने पर सन्दिग्ध व्यक्तियों पर कार्यवाही निरन्तर जारी रहेगी।
11 को कौशल परीक्षा एवं साक्षात्कार
कोण्डागांव। चाईल्ड हेल्पलाईन 1098 युनिट जिला कोण्डागांव के संविदा पद परियोजना समन्वयक की पदपूर्ति हेतु जिला स्तरीय चयन समिति के निर्णय अनुसार संशोधित अनंतिम प्रावीण्य सूची के 1ः10 के अनुपात (सरल क्रमांक 06 से 15) के अभ्यर्थियों का 11 जुलाई को समय 11.00 बजे स्थान जिला कार्यक्रम अधिकारी, महिला एवं बाल विकास विभाग, कलेक्ट्रेट परिसर कोण्डागांव जिला कोण्डागांव में दस्तावेज सत्यापन, व्यक्तिगत साक्षात्कार, कौशल परीक्षा आयोजित किया गया है।
सहकारी समितियों में किसानों के लिए पर्याप्त खाद उपलब्ध
कोंडागांव । जिले के खरीफ सीजन के लिए खेती-किसानी जोर पकड़ चुकी है। किसानों की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए जिला प्रशासन और कृषि विभाग ने उर्वरक की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए पूरी तैयारी है। किसानों को अब खाद की कमी की कोई चिंता नहीं करनी पड़ेगी, क्योंकि जिले की सभी सहकारी समितियों में पर्याप्त मात्रा में उर्वरक उपलब्ध है।
कृषि विभाग के उप संचालक डी.पी. टांडे से प्राप्त जानकारी के अनुसार खरीफ 2025 के लिए जिले में 18965.94 मीट्रिक टन उर्वरक का भंडारण उपलब्ध है। उन्होंने यह भी बताया कि किसानों द्वारा सहकारी समितियों से खाद का लगातार उठाव किया जा रहा है। अब तक उपलब्ध खाद का 10510 मीट्रिक टन उर्वरक का वितरण किया जा चुका है, जो दर्शाता है कि किसान समय पर खाद प्राप्त कर अपने खेतों में उसका उपयोग कर रहे हैं।
जल जनित रोगों पर नियंत्रण के लिए गोलावंड में चलाया जा रहा है जनजागरूकता अभियान
कोंडागांव। कोंडागांव जिले के ग्राम गोलावंड में डायरिया रोकथाम अभियान के तहत लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग द्वारा की गई सक्रिय पहल से हालात नियंत्रण में हैं। पूर्व वर्षों की भांति इस वर्ष भी गोलावंड को डायरिया संभावित क्षेत्र के रूप में चिन्हित किया गया था। अब तक कुल 113 मामलों की पुष्टि हो चुकी है, हालांकि संतोषजनक बात यह रही कि किसी भी प्रकार की मृत्यु की सूचना नहीं मिली है।
विभाग द्वारा समय पर की गई निगरानी, उपचार और जन-जागरूकता की गतिविधियों के कारण स्थिति नियंत्रित बनी हुई है। पीएचईडी कोंडागांव की टीम जिसमें मितलेश साहू परियोजना समन्वयक,अमन श्रीवास्तव परियोजना समन्वयक और सुहानी बक्शी परियोजना समन्वयक शामिल थे, जिन्होंने ग्रामवासियों और विद्यालय के बच्चों के बीच जागरूकता सभा के माध्यम से डायरिया और उसके रोकथाम के उपाय के बारे में बताएं ।
इन सभाओं में बच्चों को हाथ धोने की सही विधि, स्वच्छ जल पीने की आदत, भोजन से पूर्व और शौच के बाद हाथ धोने का महत्व तथा खुले में शौच से होने वाले स्वास्थ्य जोखिमों के बारे में जानकारी दी गई। साफ-सफाई बनाए रखने और टॉयलेट उपयोग को लेकर भी जागरूक किया गया।
अभियान के दौरान यह स्पष्ट किया गया कि डायरिया जैसी जलजनित बीमारियों से बचाव पूरी तरह संभव है, यदि लोग सतर्कता बरतें और स्वच्छ आदतों को अपनाएं। नियमित रूप से जल स्रोतों की सफाई, ढंके बर्तनों में पानी संग्रह करना, गंदे हाथों से भोजन न करना जैसे सामान्य उपायों को प्रभावी ढंग से अपनाने पर बल दिया गया।
ग्राम में लिए गए जल के नमूनों की जांच की गई, जिसमें अब तक किसी भी प्रकार के बैक्टीरियल संक्रमण के संकेत नहीं पाए गए हैं। पीएचईडी टीम ने सरल भाषा और रोचक उदाहरणों के माध्यम से ग्रामीणों को यह समझाया कि डायरिया से बचाव केवल औषधियों पर निर्भर नहीं है, बल्कि स्वच्छ जीवनशैली के पालन से भी संभव है।
ग्रामवासियों ने इस प्रयास को सकारात्मक रूप से अपनाया और सामूहिक रूप से स्वच्छ जल के उपयोग, व्यक्तिगत स्वच्छता और सामुदायिक सहयोग का संकल्प लिया। यह अभियान न केवल स्वास्थ्य सुरक्षा की दिशा में एक मजबूत कदम है, बल्कि जागरूक, स्वस्थ और सुरक्षित ग्राम निर्माण की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण पहल साबित हुआ है।
जल जनित रोगों पर नियंत्रण के लिए गोलावंड में चलाया जा रहा है जनजागरूकता अभियान
कोंडागांव । कोंडागांव जिले के ग्राम गोलावंड में डायरिया रोकथाम अभियान के तहत लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग द्वारा की गई सक्रिय पहल से हालात नियंत्रण में हैं। पूर्व वर्षों की भांति इस वर्ष भी गोलावंड को डायरिया संभावित क्षेत्र के रूप में चिन्हित किया गया था। अब तक कुल 113 मामलों की पुष्टि हो चुकी है, हालांकि संतोषजनक बात यह रही कि किसी भी प्रकार की मृत्यु की सूचना नहीं मिली है।
विभाग द्वारा समय पर की गई निगरानी, उपचार और जन-जागरूकता की गतिविधियों के कारण स्थिति नियंत्रित बनी हुई है। पीएचईडी कोंडागांव की टीम जिसमें मितलेश साहू परियोजना समन्वयक,अमन श्रीवास्तव परियोजना समन्वयक और सुहानी बक्शी परियोजना समन्वयक शामिल थे, जिन्होंने ग्रामवासियों और विद्यालय के बच्चों के बीच जागरूकता सभा के माध्यम से डायरिया और उसके रोकथाम के उपाय के बारे में बताएं ।
इन सभाओं में बच्चों को हाथ धोने की सही विधि, स्वच्छ जल पीने की आदत, भोजन से पूर्व और शौच के बाद हाथ धोने का महत्व तथा खुले में शौच से होने वाले स्वास्थ्य जोखिमों के बारे में जानकारी दी गई। साफ-सफाई बनाए रखने और टॉयलेट उपयोग को लेकर भी जागरूक किया गया।
अभियान के दौरान यह स्पष्ट किया गया कि डायरिया जैसी जलजनित बीमारियों से बचाव पूरी तरह संभव है, यदि लोग सतर्कता बरतें और स्वच्छ आदतों को अपनाएं। नियमित रूप से जल स्रोतों की सफाई, ढंके बर्तनों में पानी संग्रह करना, गंदे हाथों से भोजन न करना जैसे सामान्य उपायों को प्रभावी ढंग से अपनाने पर बल दिया गया।
ग्राम में लिए गए जल के नमूनों की जांच की गई, जिसमें अब तक किसी भी प्रकार के बैक्टीरियल संक्रमण के संकेत नहीं पाए गए हैं। पीएचईडी टीम ने सरल भाषा और रोचक उदाहरणों के माध्यम से ग्रामीणों को यह समझाया कि डायरिया से बचाव केवल औषधियों पर निर्भर नहीं है, बल्कि स्वच्छ जीवनशैली के पालन से भी संभव है।
ग्रामवासियों ने इस प्रयास को सकारात्मक रूप से अपनाया और सामूहिक रूप से स्वच्छ जल के उपयोग, व्यक्तिगत स्वच्छता और सामुदायिक सहयोग का संकल्प लिया। यह अभियान न केवल स्वास्थ्य सुरक्षा की दिशा में एक मजबूत कदम है, बल्कि जागरूक, स्वस्थ और सुरक्षित ग्राम निर्माण की दिशा में भी एक महत्वपूर्ण पहल साबित हुआ है।
शेड्यूल-एच दवाओं में दस्तावेजी अनियमितता, बप्पी मेडिकल स्टोर का लाइसेंस 10 दिन के लिए निलंबित
कोंडागांव । जिले में संचालित मेडिकल स्टोर्स में औषधियों की गुणवत्ता, खरीदी-बिक्री और दस्तावेजों के सत्यापन को लेकर खाद्य एवं औषधि प्रशासन द्वारा सघन निरीक्षण अभियान चलाया जा रहा है। यह कार्रवाई नियंत्रक, खाद्य एवं औषधि प्रशासन छत्तीसगढ़ के आदेश और कलेक्टर कोंडागांव के निर्देशानुसार की जा रही है।
इसी क्रम में औषधि निरीक्षक सुखचौन सिंह धुर्वे द्वारा कोंडागांव ब्लॉक अंतर्गत बप्पी मेडिकल स्टोर, किबईबालेगा का औचक निरीक्षण किया गया। निरीक्षण के दौरान शेड्यूल-एच और अन्य दवाओं की खरीदी-बिक्री से संबंधित दस्तावेजों की जांच की गई, जिसमें औषधि एवं सौंदर्य प्रसाधन अधिनियम 1940 एवं नियमावली 1945 के तहत गंभीर अनियमितताएं पाई गईं।
उल्लंघन के मद्देनज़र फर्म संचालक को कारण बताओ नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा गया था। प्राप्त उत्तर असंतोषजनक पाए जाने पर औषधि अनुज्ञापन प्राधिकारी ने बप्पी मेडिकल स्टोर का ड्रग लाइसेंस 10 दिवस के लिए निलंबित कर दिया है।
औषधि निरीक्षक धुर्वे ने जानकारी दी कि जिले में सभी मेडिकल स्टोर्स का नियमित निरीक्षण जारी है और संदिग्ध औषधियों के नमूनों को औषधि परीक्षण प्रयोगशाला, रायपुर भेजा जा रहा है। साथ ही उन्होंने सभी मेडिकल संचालकों को निर्देशित किया है कि दवाइयों की खरीदी-बिक्री से संबंधित समस्त दस्तावेजों का नियमानुसार संधारण करें और केवल मानक और प्रमाणित दवाओं की ही बिक्री करें, साथ ही शेड्यूल-एच, शेड्यूल-एक्स, नार्काेटिक दवाएं तथा एमटीपी किट जैसी औषधियों का विक्रय केवल पंजीकृत डॉक्टर के प्रिस्क्रिप्शन पर ही करें।
औषधि विभाग ने चेतावनी दी है कि नियमों का उल्लंघन करने वाले मेडिकल स्टोर्स के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी। यह अभियान भविष्य में भी लगातार जारी रहेगा ताकि जनसाधारण को गुणवत्तापूर्ण और सुरक्षित औषधियां उपलब्ध हो सकें।
नालसा द्वारा संचालित मध्यस्थता ‘राष्ट्र के लिए‘ अभियान को लेकर हुई बैठक
कोंडागांव । 4 जुलाई को राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण नई दिल्ली एवं छत्तीसगढ़ राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण बिलासपुर द्वारा संचालित योजना के तहत प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कोण्डागांव किरण चतुर्वेदी की अध्यक्षता एवं उनकी उपस्थति में नालसा द्वारा संचालित मध्यस्थता ष्राष्ट्र के लिएष् अभियान (भारत के सभी तालुका न्यायालयों, जिला न्यायालयों और उब न्यायालयों में लंबित मामलों को निपटाने के लिए 90 दिनों का मध्यस्थता अभियान) के संबंध में बैठक का हुआ।
इस बैठक में अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश विक्रम प्रताप चन्द्रा मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट कोण्डागांव रेशमा वैरागी पटेल, न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी कोण्डागांव शिव प्रकाश त्रिपाठी, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कोण्डागांव के सचिव गायत्री साय और मिडिएटर अधिवक्ताओं व अधिकार मित्र उपस्थित रहे।
मध्यस्थता राष्ट्र के लिए अभियान के सफल क्रियान्वयन हेतु आयोजित इस बैठक का मुख्य उद्देश्य न्यायिक अधिकारियों और अधिवक्ताओं के साथ समन्वय स्थापित कर न्यायालयों में लंबित मामलों को मध्यस्थता के माध्यम से सौहार्दपूर्वक और त्वरित रूप से निपटाने की रणनीति तैयार करना था।
बैठक में न्यायाधीश महोदया ने इस 90 दिवसीय अभियान की पृष्ठभूमि एवं उद्देश्य पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह अभियान न्यायिक प्रणली में लंबित मामलों को सौहार्दपूर्ण, शीघ्र एवं व्यावहारिक तरीके से सुलझाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने अधिवक्ताओं से कहा कि वे अधिक से अधिक मामलों को मध्यस्थता के लिए उपयुक्त मानते हुए न्यायालय को जानकारी दे ताकि दोनो पक्षों की सहमति से समाधान की प्रक्रिया को बल मिल सके।
अधिवक्ताओं ने भी इस पहल का स्वागत करते हुए कहा कि मध्यस्थता के माध्यम से मामलों का शीघ्र और संतोषजनक निपटारा संभव है, जिससे पक्षकारों का समय, श्रम और धन की बचत होती है।
बैठक में यह भी निर्णय लिया गया कि न्यायालय द्वारा चयनित उपयुक्त मामलों को प्राथमिकता के आधार पर मध्यस्थता केन्द्र को संदर्भित किया जाएगा तथा पक्षकारों की मध्यस्थता की प्रक्रिया, लाभ और परिणामों के बारे में जागरूक किया जाएगा। साथ ही संचिव महोदया ने अधिकार मित्रों को मध्यस्थता के प्रक्रिया को मजबूत करने दोनो पक्षों के आपसी राजीनामा के माध्यम से विवादों को निपटारा करने के लिए अपने-अपने कार्य क्षेत्रों में शिविर के माध्यम से प्रचार-प्रसार करने हेतु निर्देशित किया गया।
एकलव्य विद्यालय बोर्ड परीक्षा परिणामों को लेकर कलेक्टर ने जताई नाराजगी
कोण्डागांव। जिले के आदर्श एकलव्य विद्यालय, गोलावण्ड में आज कलेक्टर श्रीमती नूपुर राशि पन्ना ने जिले के पांचों एकलव्य विद्यालय चिचाड़ी, शामपुर, गोलावण्ड, कोरगांव और बेड़मा के प्राचार्यों के साथ शैक्षणिक सत्र 2024-25 के परीक्षा परिणामों की समीक्षा बैठक ली। बैठक के दौरान कलेक्टर ने विगत सत्र में सभी एकलव्य विद्यालयों के अपेक्षित परीक्षा परिणाम न आने पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि विद्यालयों में पर्याप्त संख्या में शिक्षक उपलब्ध होने के बावजूद कमजोर परीक्षा परिणाम चिंताजनक है।
उन्होंने प्राचार्यों से विद्यार्थियों के कमजोर प्रदर्शन के कारणों की विस्तार से जानकारी ली। इस दौरान कलेक्टर श्रीमती पन्ना ने आदिम जाति तथा अनुसूचित जनजाति विकास विभाग के सहायक आयुक्त कृपेन्द्र तिवारी को निर्देशित किया कि वे सभी प्राचार्यों और शिक्षकों के विरुद्ध कार्रवाई करें और अग्रिम आदेश तक उनका वेतन भुगतान रोकें। साथ ही सभी प्राचार्यों को निर्देशित किया गया कि वे अपने अधीनस्थ शिक्षकों की जवाबदेही तय करते हुए आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित करें। कलेक्टर ने सभी प्राचार्यों को आगामी बोर्ड परीक्षाओं में विद्यार्थियों के बेहतर प्रदर्शन हेतु एक विस्तृत कार्ययोजना तैयार कर पाँच दिनों के भीतर प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि इस सत्र में प्रत्येक सप्ताह साप्ताहिक टेस्ट आयोजित किए जाएँ, तथा प्रत्येक माह सभी विद्यार्थियों की समग्र विषयगत प्रगति रिपोर्ट तैयार कर प्रस्तुत करने के निर्देश दिए। टेस्ट की प्रक्रिया को सुगम बनाने के लिए कलेक्टर ने निर्देश दिए कि सभी विषयों के लिए अलग-अलग टेस्ट कॉपियाँ तैयार की जाएँ, जिससे विद्यार्थियों को परीक्षा की तैयारी में सुविधा हो और शिक्षकों को मूल्यांकन में स्पष्टता मिले।
इसके साथ ही, उन्होंने सभी प्राचार्यों को निर्देशित किया कि शिक्षक नवाचारी तरीकों से शिक्षण पद्धति अपनाएं, ताकि बच्चों की समझ और रुचि दोनों में वृद्धि हो सके। कलेक्टर ने बैठक के दौरान बताया कि इस सत्र में आयोजित होने वाली शिक्षक-पालक बैठकों में वरिष्ठ अधिकारियों की उपस्थिति होगी। जिसमें एक एक बच्चे की प्रगती रिर्पाेट प्रस्तुत की जाएगी। इस दौरान जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी अविनाश भोई, समाज कल्याण विभाग के श्रीमती ललिता लकड़ा, स्वास्थय विभाग के डा. आर के सिंह, श्रीमती भावना मल्हार, मर्दापाल तहसीलदार विजय सिंह उपस्थित थे।