छत्तीसगढ़ / कोरबा
468.1 मिलीमीटर औसत वर्षा दर्ज
कोरबा ।
कोरबा जिले में एक जून से 22 जुलाई तक कुल 468.1 मिलीमीटर औसत वर्षा दर्ज की गई।
अधीक्षक भू-अभिलेख से मिली जानकारी के अनुसार उक्त अवधि में जिले की तहसील कोरबा में 476 मिलीमीटर, अजगरबहार 332.8, भैंसमा, 409, करतला 412.1, बरपाली 508.9, कटघोरा 479, दीपका 505.6, दर्री 580.9, पाली 510.2, हरदीबाजार 399.6, पोंड़ीउपरोड़ा 503.2, और पसान तहसील में 499.8 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई।
श्रवण यंत्र बना नई जिंदगी की सौगात, फिर सुनाई देने लगी अपनों की आवाज
कोरबा
कलेक्टर कुणाल दुदावत के मार्गदर्शन में समाज कल्याण विभाग द्वारा संचालित दिव्यांगजन एवं वरिष्ठ नागरिक हितैषी योजनाएं जरूरतमंद लोगों के जीवन में सकारात्मक बदलाव ला रही हैं। इन्हीं प्रयासों के तहत ग्राम चौराभाठा, दोंगामा, नोनबिर्रा निवासी 68 वर्षीय श्रीमती परस बाई, पति स्वर्गीय बूंद राम को समाज कल्याण विभाग द्वारा श्रवण यंत्र (कान की मशीन) प्रदान किया गया, जिससे उनके जीवन में नई उम्मीद का संचार हुआ है।
श्रीमती परस बाई लंबे समय से सुनने में कठिनाई का सामना कर रही थीं। कानों से ठीक से सुनाई नहीं देने के कारण उन्हें परिवार के सदस्यों की बातें समझने, लोगों से संवाद करने और दैनिक कार्यों में काफी परेशानी होती थी। उन्होंने समाज कल्याण विभाग से श्रवण यंत्र उपलब्ध कराने का आवेदन किया था। आवेदन पर आवश्यक प्रक्रिया पूरी होने के बाद उन्हें निःशुल्क श्रवण यंत्र उपलब्ध कराया गया।
श्रवण यंत्र लगाते ही श्रीमती परस बाई ने अपने परिवार की आवाजें स्पष्ट रूप से सुनीं। वर्षों बाद अपनों की आवाज सुनकर उनकी आंखें खुशी से चमक उठीं और चेहरे पर मुस्कान लौट आई। अब वे आत्मविश्वास के साथ लोगों से बातचीत कर रही हैं, सामाजिक गतिविधियों में सक्रिय रूप से भाग ले रही हैं तथा पहले की अपेक्षा अधिक सहज और खुशहाल जीवन जी रही हैं।
भावुक होकर श्रीमती परस बाई ने कहा, “यह कान की मशीन मेरे लिए नई जिंदगी का उपहार है। अब मैं अपने परिवार और आसपास की दुनिया की आवाजें फिर से सुन पा रही हूँ। इसके लिए मैं जिला प्रशासन, कलेक्टर कुणाल दुदावत तथा समाज कल्याण विभाग की हृदय से आभारी हूँ।”
जनदर्शन में सुनी गई आम लोगो की फरियाद, जनदर्शन में कुल 109 आवेदन प्राप्त
कोरबा ।
साप्ताहिक कलेक्टर जनदर्शन में आज कलेक्टर कुणाल दुदावत ने आम लोगों की समस्याओं को गंभीरता से सुना। उन्होंने प्राप्त सभी आवेदनों को संबंधित अधिकारियां को प्रेषित कर जांच कर गंभीरता से निराकरण के निर्देश दिए हैं। जनदर्शन में कुल 109 आवेदन प्राप्त हुए, जिसमें प्रधानमंत्री आवास योजना का लाभ दिलाने, स्कूलों में मानदेय षिक्षक की भर्ती, जमीन का सीमांकन, राषन कार्ड, बैटरी ट्राई साइकिल, हैंडपंप स्थापना, बिजली बिल अधिक आने की षिकायत, वन अधिकार पट्टा, अतिक्रमण पर कार्यवाही सहित ग्राम बारी उमराव में जर्जर पीएम सड़क का सुधार कार्य करने, पीडीएस दुकानदारों और राइस मिलर्स द्वारा चावल की काला बाजारी करने सहित अन्य विषयों के आवेदन प्राप्त हुए।
कलेक्टर ने सभी प्राप्त आवेदनों को संबंधित अधिकारियों को प्रेषित कर निराकरण के निर्देश दिए हैं। इस दौरान जिला पंचायत सीईओ प्रतीक जैन और अपर कलेक्टर देवेन्द्र पटेल सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
सामुदायिक मध्यस्थता मुकदमा मुक्त ग्रामीण भारत के सफल क्रियान्वयन हेतु प्रतिभागियों की प्रशिक्षण कार्यक्रम
कोरबा।
राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण, नई दिल्ली एवं छत्तीसगढ़ राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशानुसार एवं प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश/अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कोरबा के मार्गदर्शन में ए0डी0आर0 भवन, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण में ‘‘सामुदायिक मध्यस्थता मुकदमा मुक्त ग्रामीण भारत’’ के सफल क्रियान्वयन हेतु प्रतिभागियों की प्रशिक्षण कार्यक्रम 19 जुलाई से 23 जुलाई तक आयोजन किया जा रहा है। उक्त प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुभारंभ संतोष शर्मा, प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश कोरबा द्वारा किया गया। जिसमें न्यायाधीशगण लीलाधर सारथी, विशेष सत्र न्यायाधीश (एस.टी./एस.सी.) अधि0 कोरबा, श्रीमती श्रद्धा शुक्ला शर्मा, विशेष न्यायाधीश कटघोरा छ0ग0, श्रीमती मधु तिवारी, प्रथम जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश, कटघोरा, श्रीमती गरिमा शर्मा, प्रथम जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश, कोरबा, श्रीमती ममता भोजवानी, द्वितीय जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश कोरबा, सुनील कुमार नन्दे, तृतीय अपर जिला न्यायाधीश, अविनाश तिवारी श्रम न्यायाधीश कोरबा, सुश्री सीमा प्रताप चन्द्रा, जिला एवं सत्र न्यायाधीश (एफ.टी.सी.), कोरबा, हेमंत कुमार रात्रे, तृतीय जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश कटघोरा, शीलु सिंह, द्वितीय जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश कटघोरा, कु0 मयूरा गुप्ता, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट कोरबा, सत्यानंद प्रसाद, न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी कोरबा, लोकेश पटले, न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी कटघोरा, कु. डॉली धु्रव, द्वितीय व्यवहार न्यायाधीश वरिष्ठ श्रेणी कोरबा, कु. रन्जु वैष्णव, न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी कटघोरा, श्रीमती सोनी तिवारी प्रथम व्यवहार न्यायाधीश वरिष्ठ श्रेणी कोरबा, कु0 डिम्पल, सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कोरबा, कु. कुमुदिनी गर्ग, न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी कोरबा, हेमंत राज धुर्वे, न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी करतला, कु. शोआ मंसुर, न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी पाली, सागर चन्द्राकर, न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी कटघोरा, श्रीमती प्रेरणा वर्मा, न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी कटघोरा, कु0 तृप्ति राघव, न्यायिक मजिस्ट्रेट द्वितीय श्रेणी कोरबा, उच्च न्यायालय बिलासपुर से पोटेंशियल ट्रेनर्स श्रीमती हदीमा सिद्दकी वरिष्ठ अधिवक्ता व सुश्री आकांक्षा जैन अधिवक्ता, विशिष्ठ अतिथि के रूप में व जिला जांजगीर-चाम्पा व जिला कोरबा के ग्रामीण अंचल से प्रतिभागियों के रूप में समुदायिक मेडियेटर्स, लीगल एड डिफेंस कौंसिल कोरबा के कौंसिलगण व समस्त कर्मचारीगण उपस्थित रहे है, तथा पोटेंशियल ट्रेनर्स के द्वारा समस्त प्रतिभागियों/समुदायिक मेटियेटर्स को ‘‘सामुदायिक मध्यस्थता मुकदमा मुक्त ग्रामीण भारत’’ के संदर्भ में प्रथम दिवस में प्रशिक्षित किया गया है।
प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना बनी हरित समृद्धि की नई पहचान
श्रीमती लारा तिर्की के परिवार को मिली आर्थिक संबल, अब हर माह बढ़ रही बचत और घर में बिजली बिल शून्य
कोरबा ।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व एवं मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के मार्गदर्शन में छत्तीसगढ़ में स्वच्छ ऊर्जा को बढ़ावा देने, आम नागरिकों के बिजली व्यय को कम करने तथा ऊर्जा के क्षेत्र में आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को साकार करने की दिशा में प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना प्रभावी रूप से क्रियान्वित की जा रही है। यह योजना न केवल परिवारों को बिजली बिल से राहत प्रदान कर रही है, बल्कि अक्षय ऊर्जा के उपयोग को बढ़ावा देकर पर्यावरण संरक्षण और सतत विकास की दिशा में भी महत्वपूर्ण योगदान दे रही है। योजना के माध्यम से हजारों परिवार आर्थिक बचत के साथ हरित ऊर्जा को अपनाकर स्वावलंबन की नई मिसाल स्थापित कर रहे हैं।
इसी क्रम में कोरबा शहर के पत्थरीपारा निवासी श्रीमती लारा तिर्की एवं उनके पति अनजुलस तिर्की का परिवार भी प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना से लाभान्वित होकर सौर ऊर्जा के सकारात्मक परिणामों का अनुभव कर रहा है। योजना की जानकारी मिलने के बाद उन्होंने अपने घर पर तीन किलोवाट क्षमता का सोलर रूफटॉप पैनल स्थापित कराया। सितंबर 2025 में सोलर लगने के बाद से उनके घर का बिजली बिल पूरी तरह समाप्त हो गया है और तब से अब तक उनका बिजली बिल लगातार शून्य आ रहा है। पहले उनके परिवार को प्रतिमाह लगभग एक हजार से डेढ़ हजार रुपये तक बिजली बिल का भुगतान करना पड़ता था, लेकिन अब यह राशि पूरी तरह बच रही है, जिससे परिवार की मासिक आर्थिक स्थिति मजबूत हुई है और बचत का उपयोग अन्य आवश्यक कार्यों में किया जा रहा है।
श्रीमती तिर्की ने बताया कि प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के अंतर्गत उन्हें केंद्र एवं राज्य सरकार से कुल एक लाख आठ हजार रुपये की सब्सिडी प्राप्त हुई, जिससे सोलर प्लांट स्थापित करना उनके लिए आसान हो गया और किसी प्रकार की आर्थिक परेशानी का सामना नहीं करना पड़ा। उन्होंने कहा कि यह योजना आम परिवारों के लिए अत्यंत लाभकारी है, क्योंकि इससे बिजली बिल से राहत मिलने के साथ-साथ स्वच्छ एवं अक्षय ऊर्जा का उपयोग भी बढ़ा है। उन्होंने यह भी कहा कि सौर ऊर्जा अपनाकर उनका परिवार पर्यावरण संरक्षण की दिशा में अपनी जिम्मेदारी निभा रहा है और कार्बन उत्सर्जन को कम करने में अपना योगदान दे रहा है।
उन्होंने जिले के नागरिकों से भी प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना का अधिक से अधिक लाभ उठाने और अपने घरों में सोलर रूफटॉप सिस्टम स्थापित करने की अपील की। उनका कहना है कि यह योजना केवल बिजली बिल कम करने का माध्यम नहीं, बल्कि आर्थिक आत्मनिर्भरता, ऊर्जा सुरक्षा और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने इस जनकल्याणकारी योजना के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तथा मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए कहा कि सरकार की दूरदर्शी पहल से आज हजारों परिवारों के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन आ रहा है और स्वच्छ ऊर्जा का सपना साकार हो रहा है।
पुरस्कारों हेतु आवेदन 5 अगस्त तक
कोरबा।
छत्तीसगढ़ शासन,खेल एवं युवा कल्याण विभाग द्वारा प्रतिवर्ष खिलाड़ियों/प्रशिक्षकों/निर्णायकों को शहीद राजीव पाण्डेय पुरस्कार, शहीद कौशल यादव पुरस्कार, वीर हनुमान सिंह पुरस्कार, शहीद विनोद चौबे सम्मान, शहीद पंकज विक्रम सम्मान, मुख्यमंत्री ट्रॉफी पुरस्कार, राष्ट्रीय प्रतियोगिता में पदक प्राप्त खिलाड़ियों तथा अन्य को नगद राशि पुरस्कार, खेल वृत्ति एवं खेल संघों को प्रेरणा निधि प्रदान करने हेतु निर्धारित प्रपत्र में आवेदन 05 अगस्त तक आमंत्रित किया गया है।
राज्य खेल अलंकरण अंतर्गत सीनियर वर्ग के ऐसे खिलाड़ियों को शहीद राजीव पाण्डेय पुरस्कार से अलंकृत किया जाता है जिनके द्वारा राष्ट्रीय चौम्पियनशिप में या राष्ट्रीय खेलों में कोई पदक प्राप्त किया हो या अधिकृत अन्तर्राष्ट्रीय प्रतियोगिता में देश का प्रतिनिधित्व किया गया हो। इसी प्रकार जूनियर वर्ग के उन खिलाड़ियों को शहीद कौशल यादव पुरस्कार से अलंकृत किया जाता है जिनके द्वारा जूनियर वर्ग के राष्ट्रीय चौम्पियनशिप में कोई पदक प्राप्त किया गया हो। ऐसे खिलाड़ी जिन्होंने विगत पांच वर्षों में चार बार सीनियर वर्ग में राष्ट्रीय चौम्पियनशिप में छत्तीसगढ़ की ओर से प्रतिनिधित्व करने वाले महिला/पुरुष खिलाड़ियों को शहीद पंकज विक्रम सम्मान से सम्मानित किया जाता है। प्रशिक्षकों/निर्णायकों को वीर हनुमान सिंह पुरस्कार से अलंकृत किया जाता है। खेल से जुड़े 55 वर्ष या अधिक आयु के अंतर्राष्ट्रीय खेल प्रतियोगिता में भाग लिये हों या राष्ट्रीय प्रतियोगिता में पदक प्राप्त या ऐसी कोई उल्लेखनीय सेवा खेल क्षेत्र में की हो उन्हें शहीद विनोद चौबे सम्मान से अलंकृत किया जाता है। इसी प्रकार सीनियर व जूनियर वर्ग में राष्ट्रीय प्रतियोगिता में पदक प्राप्त दल को मुख्यमंत्री ट्रॉफी प्रदान की जाती है।
नगद राशि, खेल वृत्ति एवं प्रेरणा निधि आदि से संबंधित पुरस्कार नियम छत्तीसगढ़ राजपत्र में प्रकाशित किए गए हैं, जिसका आवेदन प्रारुप संचालनालय के विभागीय वेबसाईट डब्ल्यूडब्ल्यूडब्ल्यू डाट स्पोर्टसवाईडब्ल्यू डाट सीजी डाट जीओवी डाट इन पर देखे जा सकते हैं।
शहीद राजीव पाण्डेय पुरस्कार हेतु तीन लाख, शहीद कौशल यादव पुरस्कार हेतु एक लाख पचास हजार, वीर हनुमान सिंह हेतु एक लाख पचास हजार, विनोद चौबे एवं पंकज विक्रम सम्मान हेतु 25-25 हजार नगद पुरस्कार प्रदाय किया जायेगा। इसी प्रकार सीनियर एवं जूनियर वर्ग के दलीय खेलों के लिये मुख्यमंत्री ट्राफी प्रदान किया जायेगा, जिसमें ऐसे दलीय खेल जिसमें सदस्य संख्या 4 है उन्हें सीनियर वर्ग में दो लाख तथा जूनियर वर्ग में एक लाख तथा ऐसे दलीय खेल जिनमें सदस्यों की संख्या 4 से अधिक है उन्हें सीनियर वर्ग में पांच लाख एवं जूनियर वर्ग में तीन लाख नगद एवं मानपत्र, अलंकरण फलक, ब्लेजर एवं टाई प्रदान किया जायेगा।
राष्ट्रीय प्रतियोगिता में पदक प्राप्त विजेताओं को प्रोत्साहन नियम के तहत नगद राशि पुरस्कार प्रदान किया जाता है। वर्ष 2025-26 (01 अपै्रल 2025 से मार्च 2026) में जिन खिलाड़ियों ने सब जूनियर, जूनियर एवं सीनियर वर्ग की राष्ट्रीय प्रतियोगिता में पदक प्राप्त किये हों वे खिलाड़ी निर्धारित आवेदन प्रपत्र में पूर्ण कर 05 अगस्त तक जिला कार्यालय खेल एवं युवा कल्याण में अथवा संचालनालय खेल एवं युवा कल्याण रायपुर में जमा कर सकते हैं।
इसी प्रकार खेलवृत्ति (डाईटमनी) के लिए जिन खिलाड़ियों ने राज्य स्तरीय प्रतियोगिता में पदक प्राप्त किये हों या राष्ट्रीय प्रतियोगिता में प्रतिनिधित्व किया हो खेलवृत्ति हेतु आवेदन कर सकेंगे। खेल वृत्ति हेतु अधिकत्तम आयु 19 वर्ष से अधिक नहीं होना चाहिये। राज्य खेल संघों को प्रेरणानिधि राशि, खेल संघों की उपलब्धियों के आधार पर नियमानुसार प्रदाय की जाएगी। यदि प्रोत्साहन नियमों में किसी प्रकार का संशोधन या परिवर्तन होता है तो संशोधित प्रावधानों के तहत् परीक्षण कर निर्णय लिया जायेगा। शहीद पंकज विक्रम सम्मान के आवेदन खेल संघों की अनुशंसा सहित प्राप्त किये जायेंगे।
अन्य जानकारी हेतु आवेदक खेल एवं युवा कल्याण विभाग के जिला कार्यालय में कार्यालयीन अवधि में सम्पर्क कर सकते हैं।
381.8 मिलीमीटर औसत वर्षा दर्ज
कोरबा।
कोरबा जिले में एक जून से 20 जुलाई तक कुल 381.8 मिलीमीटर औसत वर्षा दर्ज की गई।
अधीक्षक भू-अभिलेख से मिली जानकारी के अनुसार उक्त अवधि में जिले की तहसील कोरबा में 405.5 मिलीमीटर, अजगरबहार 290.6, भैंसमा, 313.4, करतला 251.9, बरपाली 322.8, कटघोरा 402.2, दीपका 409.2, दर्री 477, पाली 473.8, हरदीबाजार 372.2, पोंड़ीउपरोड़ा 437, और पसान तहसील में 426.3 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई।
कोरबा में बाल विवाह पर प्रशासन की बड़ी कार्रवाई, मौके पर रोकी गई शादी
कोरबा ।
छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में बाल विवाह का एक मामला ऐन मौके पर प्रशासन की तत्परता से टल गया। चिमनीभठा वार्ड क्रमांक-14 में 13 वर्षीय नाबालिग लड़की और 15 वर्षीय किशोर की शादी की तैयारियां पूरी हो चुकी थीं। मंडप सज चुका था और बारात भी घर पहुंच गई थी, लेकिन सूचना मिलते ही महिला एवं बाल विकास विभाग और मानिकपुर चौकी पुलिस की टीम ने मौके पर पहुंचकर विवाह रुकवा दिया।
जानकारी के अनुसार, दोनों नाबालिग एक-दूसरे को पसंद करते थे। उनकी जिद के आगे झुकते हुए परिजनों ने सामाजिक रीति-रिवाज से विवाह कराने का निर्णय लिया था। शादी की सभी रस्मों की तैयारी पूरी हो चुकी थी और मेहमान भी समारोह में शामिल हो चुके थे। इसी दौरान किसी ने बाल विवाह की सूचना महिला एवं बाल विकास विभाग को दे दी।
सूचना मिलते ही विभाग की टीम पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंची। प्रशासन को देखकर समारोह में मौजूद लोगों और परिजनों में हड़कंप मच गया। अधिकारियों ने दोनों पक्षों को बाल विवाह निषेध कानून की जानकारी दी और कम उम्र में विवाह के दुष्परिणामों से अवगत कराया। समझाइश और कानूनी कार्रवाई की चेतावनी के बाद दोनों परिवार शादी रोकने के लिए राजी हो गए। इसके बाद नाबालिग दूल्हा और दुल्हन अपने-अपने घर लौट गए।
महिला एवं बाल विकास अधिकारी बसंत मिंज ने बताया कि सूचना मिलते ही विभाग की टीम ने तत्काल कार्रवाई करते हुए बाल विवाह रुकवाया। उन्होंने कहा कि मौके पर मौजूद लोगों को बाल विवाह के खिलाफ जागरूक भी किया गया, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
इस घटना ने स्थानीय स्तर पर निगरानी व्यवस्था पर भी सवाल खड़े किए हैं। जिस वार्ड में विवाह की पूरी तैयारी चल रही थी, वहां के आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और सहायिका को इसकी जानकारी तक नहीं लग सकी। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि यदि कहीं भी बाल विवाह की जानकारी मिले तो इसकी सूचना तत्काल संबंधित विभाग या पुलिस को दें, ताकि समय रहते ऐसी सामाजिक बुराई पर रोक लगाई जा सके।
कोरबा रेलवे स्टेशन बदहाली का शिकार: देश को सबसे ज्यादा राजस्व देने वाले क्षेत्र के साथ अब भी सौतेला व्यवहार
कोरबा ।
कोरबा लोकसभा क्षेत्र की सांसद ज्योत्सना चरणदास महंत ने कोरबा रेलवे स्टेशन की बदहाल स्थिति और वर्षों से अधूरे पड़े नवनीकरण कार्य पर गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए केंद्रीय रेल मंत्री अश्वनी वैष्णव, जीएम व डीआरएम बिलासपुर को पत्र लिखा है। उन्होंने कहा कि यह बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है कि भारतीय रेल को भारी राजस्व देने वाला कोरबा आज भी रेलवे की उपेक्षा का शिकार बना हुआ है।
सांसद ज्योत्सना महंत ने कहा कि कोरबा रेलवे स्टेशन का नवनीकरण कार्य वर्षों पहले शुरू किया गया था, लेकिन आज तक पूरा नहीं हो सका। निर्माण कार्य की धीमी गति के कारण हजारों यात्रियों को रोजाना धूल, अव्यवस्था और मूलभूत सुविधाओं के अभाव में यात्रा करने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। यह स्थिति रेलवे प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करती है।
उन्होंने कहा कि हाल ही में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने छत्तीसगढ़ के सरोना, चांपा और बालोद रेलवे स्टेशनों को अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत आधुनिक स्वरूप दिया है, लेकिन कोरबा जैसे महत्वपूर्ण औद्योगिक और ऊर्जा नगरी के रेलवे स्टेशन की लगातार अनदेखी की जा रही है। आखिर कोरबा के यात्रियों के साथ यह भेदभाव क्यों किया जा रहा है?
सांसद ने कहा कि कोरबा रेलवे स्टेशन से प्रतिदिन हजारों यात्री सफर करते हैं, लेकिन उन्हें न पर्याप्त प्रतीक्षालय मिल रहा है, न बेहतर पेयजल व्यवस्था, न स्वच्छता, न पार्किंग और न ही अन्य आवश्यक यात्री सुविधाएं। वर्षों से निर्माण कार्य अधूरा छोड़ देना जनता के साथ अन्याय है।
ज्योत्सना चरणदास महंत ने केंद्रीय रेल मंत्री से मांग की है कि कोरबा रेलवे स्टेशन के नवनीकरण कार्य की उच्चस्तरीय समीक्षा कर निर्माण कार्य में तेजी लाई जाए तथा समय-सीमा निर्धारित कर इसे शीघ्र पूरा कराया जाए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि यदि रेल को सर्वाधिक राजस्व देने वाले कोरबा की लगातार उपेक्षा जारी रही तो यह यहां की जनता के साथ अन्याय होगा, जिसे किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जा सकता।
उन्होंने उम्मीद जताई कि रेल मंत्रालय कोरबा की जनता की वर्षों पुरानी मांग को गंभीरता से लेते हुए शीघ्र ठोस निर्णय करेगा।
कोरबा में आवारा कुत्तों का आतंक, हमले में मासूम की मौत; निगम ने पकड़े 15 कुत्ते
कोरबा
छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में आवारा कुत्तों के हमले में एक मासूम की मौत से इलाके में शोक और आक्रोश का माहौल है। रथयात्रा पर्व की शाम दादर खुर्द क्षेत्र में आवारा कुत्तों ने बच्चे पर हमला कर दिया, जिससे उसकी गंभीर चोटों के कारण मौत हो गई।
जानकारी के अनुसार, दादर खुर्द निवासी किशोर पटेल के पुत्र पर आवारा कुत्तों के झुंड ने हमला कर दिया। कुत्तों ने बच्चे के शरीर पर कई जगह गहरे जख्म कर दिए। गंभीर हालत में उसे बचाने की कोशिश की गई, लेकिन कुछ ही समय बाद उसकी मौत हो गई। घटना ने पूरे क्षेत्र को झकझोर दिया।
स्थानीय लोगों का कहना है कि कोरबा शहर के कई इलाकों में आवारा कुत्तों की संख्या लगातार बढ़ रही है। ये कुत्ते राहगीरों का पीछा करने के साथ ही कई बार हमला कर देते हैं। इसके कारण लोगों को चोट लगने, वाहन दुर्घटनाओं और रेबीज संक्रमण का खतरा बना रहता है।
घटना की सूचना मिलते ही नगर निगम और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची। रेस्क्यू अभियान चलाकर दादर खुर्द क्षेत्र से 15 से अधिक आवारा कुत्तों को पकड़कर सुरक्षित स्थान पर भेजा गया। निगम ने क्षेत्र में निगरानी बढ़ाने की बात कही है।
नगर निगम महापौर संजू देवी राजपूत और आयुक्त आशुतोष पांडेय ने पीड़ित परिवार से मुलाकात कर संवेदना व्यक्त की। निगम आयुक्त ने घटना को बेहद दुखद बताते हुए परिवार को मानवीय आधार पर एक लाख रुपये की अनुग्रह सहायता देने की जानकारी दी।
घटना के बाद शहर में आवारा कुत्तों की रोकथाम को लेकर सवाल उठ रहे हैं। नागरिकों ने निगम से नियमित अभियान चलाने और भविष्य में ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए ठोस कदम उठाने की मांग की है।
दो माह से वेतन नहीं मिलने पर ठेका श्रमिकों का प्रदर्शन, गेवरा परियोजना का काम ठप
कोरबा
एसईसीएल की गेवरा परियोजना में साइलो (SILO) और सीएचपी (CHP) निर्माण कार्य में लगे बंसल इंफ्राटेक प्राइवेट लिमिटेड के करीब 150 ठेका श्रमिकों ने वेतन भुगतान नहीं होने के विरोध में गुरुवार को श्रमिक चौक पर प्रदर्शन किया। श्रमिकों के काम पर नहीं पहुंचने से परियोजना का निर्माण कार्य पूरी तरह ठप हो गया।
श्रमिकों ने बताया कि करीब दो माह पहले भी वेतन भुगतान की मांग को लेकर उन्होंने सीजीएम कार्यालय का घेराव किया था। उस समय एसईसीएल के एरिया पर्सनल मैनेजर, कंपनी प्रबंधन और श्रमिकों के बीच यह सहमति बनी थी कि हर महीने 7 से 10 तारीख के बीच वेतन का भुगतान अनिवार्य रूप से किया जाएगा। इसके बावजूद इस माह भी तय समय पर वेतन नहीं मिला।
प्रदर्शन कर रहे श्रमिकों का आरोप है कि 10 तारीख को प्रबंधन ने सोमवार से बुधवार के बीच भुगतान का आश्वासन दिया था, लेकिन अब तक उनके खातों में राशि नहीं पहुंची। दोबारा जानकारी लेने पर अधिकारियों ने कथित तौर पर कहा कि "जब भुगतान होगा, तब काम पर आना।"
इस जवाब से नाराज श्रमिकों ने काम बंद कर श्रमिक चौक पर प्रदर्शन शुरू कर दिया। उनका कहना है कि नियमित वेतन नहीं मिलने से परिवार का भरण-पोषण करना मुश्किल हो गया है। श्रमिकों ने जल्द भुगतान नहीं होने पर आंदोलन तेज करने की चेतावनी दी है। वहीं, श्रमिकों के प्रदर्शन से गेवरा परियोजना के निर्माण कार्य पर भी असर पड़ा है।
कलेक्टर ने रामपुर में निर्माणाधीन नवीन महाविद्यालय का किया निरीक्षण
गुणवत्तापूर्ण निर्माण एवं समय-सीमा का पालन सुनिश्चित करने के दिए निर्देश
कोरबा, 04 जुलाई 2026
कलेक्टर श्री कुणाल दुदावत ने 03 जुलाई को रामपुर स्थित निर्माणाधीन नवीन महाविद्यालय का निरीक्षण कर निर्माण कार्यों की प्रगति का जायजा लिया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों एवं निर्माण एजेंसी के प्रतिनिधियों से कार्य की प्रगति की जानकारी लेते हुए निर्माण कार्य निर्धारित गुणवत्ता एवं मानकों के अनुरूप करने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर श्री दुदावत ने निर्माण कार्य में तेजी लाने के लिए मैनपावर बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि कार्य में अपेक्षित गति लाते हुए निर्धारित समय-सीमा का पालन सुनिश्चित करें तथा नवीन महाविद्यालय भवन का निर्माण अप्रैल 2027 तक पूर्ण किया जाए।
कलेक्टर श्री कुणाल दुदावत ने मुख्य मार्ग स्थित नवीन आंगनबाड़ी केंद्र,बनियापारा नोनबिर्रा का निरीक्षण कर वहां संचालित व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने आंगनबाड़ी केंद्र में उपलब्ध मूलभूत सुविधाओं, बच्चों के लिए की गई व्यवस्थाओं एवं संचालन की स्थिति का अवलोकन किया तथा संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश देते हुए व्यवस्थाओं को और बेहतर बनाने के निर्देश दिए।
इस दौरान सहायक कलेक्टर श्री ईशांत जायसवाल, जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री दिनेश कुमार नाग, एसडीएम श्री सरोज महिलांगे, सहित संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
सेवा सेतु से आसान हुई शासकीय सेवाओं की राह
निधि सेन को एक सप्ताह में मिला निवास प्रमाण पत्र, सेवा सेतु से मिला समयबद्ध लाभ
कोरबा 04 जुलाई 2026
शासन की महत्वाकांक्षी पहल सेवा सेतु पोर्टल नागरिकों को शासकीय सेवाएं सरल, सुलभ एवं पारदर्शी तरीके से उपलब्ध कराने में प्रभावी साबित हो रहा है। पोर्टल के माध्यम से विभिन्न प्रमाण-पत्रों एवं अन्य शासकीय सेवाओं के लिए ऑनलाइन आवेदन कर निर्धारित समय-सीमा में लाभ प्राप्त किया जा रहा है। इससे नागरिकों का समय और धन दोनों बच रहे हैं तथा कार्यालयों के अनावश्यक चक्कर लगाने की आवश्यकता भी नहीं पड़ रही है।
कोरबा जिले की पोड़ी उपरोड़ा तहसील अंतर्गत ग्राम सुतर्रा निवासी कुमारी निधि सेन, पिता श्री प्रकाश चन्द्र सेन, ने सेवा सेतु के माध्यम से समयबद्ध सेवा का लाभ प्राप्त किया। उन्होंने निवास प्रमाण पत्र के लिए ग्राम सुतर्रा स्थित लोक सेवा केंद्र में आवेदन किया। पटवारी प्रतिवेदन सहित सभी आवश्यक दस्तावेजों की पूर्ति के उपरांत उनका आवेदन निर्धारित प्रक्रिया के अनुसार समयबद्ध रूप से निराकृत किया गया और उन्हें मात्र एक सप्ताह के भीतर निवास प्रमाण पत्र प्राप्त हो गया।
कुमारी निधि ने बताया कि आवेदन से लेकर प्रमाण पत्र प्राप्त होने तक पूरी प्रक्रिया सहज, पारदर्शी और सुविधाजनक रही। उन्हें किसी भी कार्यालय के अनावश्यक चक्कर नहीं लगाने पड़े, जिससे समय और आर्थिक व्यय दोनों की बचत हुई। उन्होंने कहा कि सेवा सेतु पोर्टल के माध्यम से शासकीय सेवाओं तक आम नागरिकों की पहुंच पहले की तुलना में अधिक सरल और सुगम हुई है। उन्होंने शासन की इस जनहितैषी पहल के प्रति प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि सेवा सेतु ने सरकारी सेवाओं के प्रति लोगों का विश्वास बढ़ाया है। समयबद्ध, पारदर्शी और उत्तरदायी सेवा वितरण की यह व्यवस्था सुशासन की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जिससे ग्रामीण क्षेत्रों के नागरिक भी आसानी से शासकीय सेवाओं का लाभ प्राप्त कर रहे हैं।
सहकारी समिति तिलकेजा का कलेक्टर ने किया निरीक्षण
खाद-बीज की उपलब्धता का लिया जायजा, किसानों से किया संवाद
कोरबा, 04 जुलाई 2026
कलेक्टर श्री कुणाल दुदावत ने 03 जुलाई को करतला विकासखंड अंतर्गत सहकारी समिति तिलकेजा का निरीक्षण कर किसानों के लिए उपलब्ध खाद-बीज की व्यवस्था का जायजा लिया। उन्होंने समिति प्रबंधक से खाद एवं बीज की उपलब्धता, नैनो उर्वरकों के वितरण तथा समिति से जुड़े किसानों की संख्या की जानकारी ली। साथ ही आवश्यक कृषि आदानों की उपलब्धता बनाए रखने के निर्देश दिए।
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर श्री दुदावत ने समिति में उपस्थित किसानों से संवाद कर उन्हें मिल रही सुविधाओं एवं व्यवस्थाओं की जानकारी ली। उन्होंने किसानों से खाद-बीज वितरण में किसी प्रकार की समस्या के संबंध में पूछा, जिस पर किसानों ने बताया कि उन्हें बिना किसी परेशानी के समय पर खाद-बीज एवं अन्य आवश्यक सामग्री उपलब्ध हो रही है। कलेक्टर ने किसानों से शासन की कृषि योजनाओं का अधिकाधिक लाभ उठाने का भी आग्रह किया।
इस अवसर पर कलेक्टर श्री कुणाल दुदावत ने समिति परिसर में “एक पेड़ मां के नाम” अभियान के तहत आम का पौधा रोपित कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। वहीं जिला पंचायत सीईओ श्री दिनेश कुमार नाग ने आंवला का पौधारोपण किया।
इस दौरान सहायक कलेक्टर श्री ईशांत जायसवाल, एसडीएम श्री सरोज महिलांगे, संबंधित विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
एक पेड़ मां के नाम : लखन लाल देवांगन ने किया पौधरोपण, दिया पर्यावरण संरक्षण का संदेश
कोरबा
उच्चतर माध्यमिक विद्यालय भैंसमा में आयोजित जिला स्तरीय शाला प्रवेश उत्सव कार्यक्रम के दौरान छत्तीसगढ़ शासन के वाणिज्य, उद्योग, श्रम, आबकारी एवं सार्वजनिक उपक्रम मंत्री लखन लाल देवांगन ने ‘‘एक पेड़ मां के नाम‘‘ अभियान के तहत पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण का संदेश दिया। इस अवसर पर उन्होंने लोगों से अधिक से अधिक पौधे लगाने, उनकी नियमित देखभाल करने तथा पर्यावरण संरक्षण को जनभागीदारी का अभियान बनाने का आह्वान किया।
इस दौरान कलेक्टर कुणाल दुदावत सहित उपस्थित जनप्रतिनिधियों एवं अधिकारियों ने भी पौधरोपण कर अभियान में सहभागिता निभाई तथा हरित एवं स्वच्छ वातावरण के निर्माण का संकल्प लिया।
उल्लास नवभारत साक्षरता कार्यक्रम के तहत दिलाई गई साक्षरता की शपथ, शिक्षित एवं सशक्त समाज के निर्माण का लिया संकल्प
जिला स्तरीय शाला प्रवेश उत्सव कार्यक्रम के दौरान उल्लास-नवभारत साक्षरता कार्यक्रम के अंतर्गत मुख्य अतिथि श्री देवांगन ने उपस्थित जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, शिक्षकों, विद्यार्थियों एवं नागरिकों को साक्षरता की शपथ दिलाई गई। सभी ने समाज के प्रत्येक निरक्षर व्यक्ति को साक्षर बनाने, शिक्षा के प्रति जन-जागरूकता बढ़ाने की भावना को प्रोत्साहित करने का संकल्प लिया। इस अवसर पर उपस्थित जनों से आह्वान किया गया कि वे अपने आसपास के निरक्षर व्यक्तियों को साक्षर बनाने में सक्रिय सहभागिता निभाएं और “साक्षर भारत, सक्षम भारत के निर्माण में सहभागी बनें। कार्यक्रम के माध्यम से शिक्षा को सामाजिक परिवर्तन, आत्मनिर्भरता और समावेशी विकास का सबसे सशक्त माध्यम बताते हुए जनभागीदारी से साक्षरता अभियान को सफल बनाने का संदेश दिया गया।
योग संगम पोर्टल पर पंजीयन कर बनें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस अभियान का हिस्सा
पंजीकृत प्रतिभागियों को मिलेगा ऑनलाइन प्रमाण-पत्र, 21 जून को जिलेभर में होगा सामूहिक योगाभ्यास’
कोरबा। 12वें अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के अवसर पर 21 जून 2026 (रविवार) को प्रातः 07 बजे से 7.45 बजे तक जिले सहित पूरे प्रदेश में सामूहिक योगाभ्यास कार्यक्रम आयोजित किया जाएगा। इस वर्ष अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस की थीम ‘‘स्वस्थ आयु के लिए योग‘‘ निर्धारित की गई है। जिला प्रशासन एवं आयुष विभाग द्वारा नागरिकों से अधिकाधिक संख्या में इस जन स्वास्थ्य अभियान से जुड़ने की अपील की गई है।
भारत सरकार के आयुष मंत्रालय द्वारा इस वर्ष अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस को व्यापक जनभागीदारी के साथ मनाने का लक्ष्य रखा गया है। इसके अंतर्गत शासकीय एवं अशासकीय संस्थाओं, शैक्षणिक संस्थानों, औद्योगिक प्रतिष्ठानों, स्वयंसेवी संगठनों, महिला एवं युवा समूहों सहित सभी नागरिकों की सक्रिय सहभागिता सुनिश्चित की जा रही है।
योग दिवस कार्यक्रम में शामिल होने के लिए नागरिक एवं संस्थाएं ‘योग संगम पोर्टल’ पर पंजीयन कर सकते हैं।’ पंजीयन, आयोजन एवं सहभागिता संबंधी समस्त जानकारी https://yoga.ayush.gov.in/yoga-sangam
पर उपलब्ध है। कार्यक्रम के आयोजन उपरांत संबंधित फोटो एवं वीडियो पोर्टल पर अपलोड किए जाने पर प्रतिभागियों एवं संस्थाओं को ऑनलाइन प्रमाण-पत्र जारी किया जाएगा।
आयुष मंत्रालय द्वारा इस वर्ष अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस के उपलक्ष्य में ’गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड’ स्थापित करने का लक्ष्य भी निर्धारित किया गया है। इसके लिए देशभर में अधिक से अधिक लोगों को योग कार्यक्रम से जोड़ने का विशेष अभियान चलाया जा रहा है। जिले के नागरिक भी योग संगम पोर्टल पर पंजीयन कर इस राष्ट्रीय एवं ऐतिहासिक पहल का हिस्सा बन सकते हैं।
जिला प्रशासन ने सभी विभागों, स्थानीय निकायों, शैक्षणिक संस्थानों, औद्योगिक इकाइयों, सामाजिक एवं स्वयंसेवी संगठनों, जनप्रतिनिधियों तथा आम नागरिकों से अपील की है कि वे योग दिवस कार्यक्रम में सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करें तथा अपने परिवार, मित्रों और आसपास के लोगों को भी योग से जोड़ें।
सर्वाेच्च न्यायालय द्वारा समाधान समारोह (विशेष लोक अदालत) 2026 का आयोजन
कोरबा। न्याय को सरल एवं सुलभ तरीके से घर-घर तक पहंचाने तथा आपसी सहभाविता और सहमति से न्याय की भावना को मूर्त रूप देने के लिए भारत के सर्वाेच्च न्यायालय द्वारा समाधान समारोह 2026 का आयोजन 21 अप्रैल 2026 से आरम्भ किया गया है। जिसकी परिणति 21, 22 तथा 23 अगस्त 2026 को विशेष लोक अदालत के आयोजन के साथ होगी। जिसमें सर्वाेच्च न्यायालय में लंबित मामले शामिल किया जायेगा। विशेष लोक अदालत पूर्व सुलह बैठकों का आयोजन जिला विधिक सेवा प्राधिकरण एवं तालुका विधिक सेवा समिति स्थित मध्यस्थता केन्द्र में किया जा रहा है इस सुलह वार्ता का आयोजन 21 अप्रैल 2026 को समाधान समारोह के आरम्भ के साथ शुरू किया गया है। इस समाधान समारोह (विशेष लोक अदालत) के आयोजन का उद्देश्य सर्वाेच्च न्यायालय में लंबित उपयुक्त मामलों का सुलह एवं आपसी सहमति से निष्पादन करना है। जिसमें अधिक से अधिक संख्या में संबंधित पक्षकारों/अधिवक्तागणों को सम्मिलित होने हेतु आमंत्रित कर समाधान समारोह में आपसी सहमति एवं वार्ता से समाधान तलाशने का प्रयास किया जा रहा है। इन सुलह-बैठकों का आयोजन प्रधान जिला न्यायाधीश/अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण कोरबा के निर्देशन में गठित न्यायाधीशों की कमेटी (प्रशिक्षित मध्यस्थ) द्वारा पक्षकारों को सुलह-प्रयास हेतु बैठकों/वार्ताओं में व्यक्तिगत रूप से अथवा विडियों कॉन्फ्रेसिंग के माध्यम से शामिल कर आपसी सुलह/वार्ता से प्रयास किया जा रहा है। श्रीमती गरिमा शर्मा, प्रथम जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश, ममता भोजवानी, द्वितीय जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश एवं सुनिल कुमार नन्दे, तृतीय जिला एवं अपर सत्र न्यायाधीश कोरबा द्वारा प्रकरणों में आज प्री-सिटिंग हेतु उपस्थित पक्षकारों के मध्य आपसी सुलह-वार्ता का प्रयास किया गया है तथा सुलह हेतु पक्षकारों को सुझाव दिया गया है जिससे आपसी सहमति के आधार पर प्रकरणों का निराकरण राजीनामा के आधार पर सुनिश्चित किया जा सकें।