छत्तीसगढ़ / महासमुंद
मुख्यमंत्री की कलाई पर अभ्यास स्कूल की छात्राओं ने सजाई खुद की बनाई राखी
शिक्षा के प्रति जागरूकता से बदल रही देवार जनजाति की तस्वीर पर सीएम विष्णुदेव साय ने जताई खुशी
महासमुंद । रक्षाबंधन पर्व के अवसर पर शासकीय अभ्यास प्राथमिक शाला महासमुंद की छात्राओं ने अपनी सृजनात्मकता से बनाई राखी मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की कलाई पर सजाई। सोमवार को प्रधान पाठक डेमेश्वरी गजेंद्र के नेतृत्व में स्कूल की छात्राएं पूर्वी देवार, भूमि देवार, नेहा देवार, पीहू बुंदेला और सारिका ढीमर मुख्यमंत्री निवास रायपुर पहुंचीं। इन छात्राओं में देवार जनजाति की बच्चियों को शामिल देख मुख्यमंत्री ने उन्हें दुलारा और स्नेह जताते हुए शिक्षा के प्रति जागरुकता से बदल रही देवार जनजाति की तस्वीर पर खुशी जताई। इस अवसर पर जिला शिक्षा अधिकारी मोहन राव सावंत भी उपस्थित थे, जिन्होंने इस प्रयास की सराहना करते हुए बच्चियों की राखी स्वीकारने पर सीएम का आभार जताया।
प्रधान पाठक डेमेश्वरी गजेंद्र ने मुख्यमंत्री का आभार जताते हुए कहा कि राज्य सरकार के प्रभावी कदमों से वे बच्चे, जो कभी कबाड़ बिनते थे, अब स्कूल आकर पढ़ाई कर रहे हैं। मुख्यमंत्री की कलाई पर इन बच्चियों द्वारा राखी बांधने का यह कदम सामाजिक समरसता की दिशा में एक महत्वपूर्ण संदेश देता है। मालूम हो कि प्रधान पाठक डेमेश्वरी गजेंद्र ने ऐसे घुमंतू बच्चों को स्कूल तक लाने और उनकी पढ़ाई के प्रति रुचि बढ़ाने के लिए अपनी सैलरी का एक हिस्सा बच्चों के लिए पेंसिल बॉक्स, यूनिफार्म बेल्ट, चॉकलेट और बिस्कुट में खर्च किया, जिससे बच्चों का मनोबल बढ़ा है।
यहां यह बताना जरूरी होगा कि मुख्यमं की अपील पर प्रधान पाठक और उनकी शिक्षकीय टीम की अथक मेहनत के फलस्वरूप, जो स्कूल कभी कम दर्ज संख्या के चलते बंद होने की कगार पर था, वहां अब 90 से अधिक बच्चों की दर्ज संख्या हो गई है, जिनमें 20 से अधिक बच्चे देवार जाति के हैं।
सक्षम योजना की मदद से बकरी पालन कर आत्मनिर्भर बनीं भूमिका पटेल
महासमुंद। बसना विकासखंड के ग्राम चनाट की निवासी भूमिका पटेल ने अपनी लगन और मेहनत से खुद के जीवन को एक नई दिशा दी है। पति के निधन के बाद जब परिवार आर्थिक संकट से जूझ रहा था, तब इस चुनौतीपूर्ण परिस्थिति में, श्रीमती पटेल ने हार नहीं मानी और खुद का व्यवसाय करने का निर्णय लिया। आर्थिक संकट से जूझ रही भूमिका को पता चला की मुख्यमंत्री सक्षम सुरक्षा योजना द्वारा महिलाओं को व्यापार करने के लिए ऋण और वित्तीय सहायता प्रदान की जाती है। इसी दौरान उसकी मुलाकात महिला एवं बाल विकास विभाग की पर्यवेक्षक से हुई। उन्होंने इसके बारे में अधिक जानकारी दी और जाना कि वह इस योजना के लिए योग्य हैं। भूमिका ने योजना के तहत आवेदन किया और अपने स्वरोज़गार की योजना को प्रस्तुत किया। आवेदन करने पर उन्हें बालविकास परियोजना बसना द्वारा 40,000 रुपये का ऋण प्रदान किया गया, जिसका उपयोग उन्होंने बकरी पालन के व्यवसाय में किया। उनके इस प्रयास ने उन्हें न केवल परिवार की आर्थिक स्थिति सुधारने में मदद की, बल्कि उन्हें अपने आत्म-सम्मान को भी बढ़ाने का अवसर दिया। भूमिका ने बताया कि सक्षम के तहत जो ऋण लिया था उसकी नियमित किस्त जमा करती है। उन्होंने बताया कि लगभग एक वर्ष के भीतर, बकरी पालन से होने वाले मुनाफे ने उनके परिवार को स्थिर आय प्रदान की। इसके परिणामस्वरूप, उन्होंने गांव में कृषि भूमि को गिरवी रखकर खेती की शुरुआत भी की, जिसने उनके व्यवसायिक विस्तार और आर्थिक सुदृढ़ता को बढ़ाया है।
सक्षम योजना के अंतर्गत मिले इस सहयोग ने भूमिका पटेल को न केवल आत्मनिर्भर बनाया, बल्कि उनके परिवार को एक सम्मानजनक जीवन भी प्रदान किया। यह योजना आर्थिक परेशानियों से घिरी महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त करने के साथ अपने पैरों में खड़े होने का मौका भी प्रदान कर रही है। भूमिका ने इस योजना के संचालन के लिए शासन को धन्यवाद दिया है।
उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री स्वयं सक्षम सुरक्षा योजना प्रदेश की महिलाओं को सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने के उद्देश्य शुरू किया गया है इस योजना के माध्यम से राज्य सरकार ने सभी पात्र महिलाओं को कम ब्याज दर पर हमें प्रदान करने का प्रावधान किया है जिससे वह सभी महिलाएं अपना लघु उद्योग शुरू कर सकें । व्यवसाय आरंभ करने हेतु आसान शर्तों पर एक लाख रुपये तक का प्रदाय किया जाता है । उक्त की वापसी साधारण वार्षिक ब्याज की दर पर किस्तों में की जाती है।
निर्वाचन प्रशिक्षण में अनुपस्थित शिक्षक निलंबित...
महासमुंद । कलेक्टर व जिला निर्वाचन अधिकारी प्रभात मलिक ने मतदान अधिकारी क्रमांक 1 के प्रशिक्षण के दौरान अनुपस्थित शिक्षक नरेश बारीक को निलंबित कर दिया है।
विधानसभा निर्वाचन-2023 अंतर्गत नरेश बारीक, शिक्षक शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला मोहदा विकासखंड सरायपाली की ड्यूटी मतदान अधिकारी क्रमांक 1 रूप में लगाई गई थी। नरेश बारीक शिक्षक 17 अक्टूबर को प्रशिक्षण स्थल आई.ई.एम.बी.एच. उच्चतर माध्यमिक विद्यालय कुटेला में मतदान अधिकारियों के प्रथम प्रशिक्षण में बिना किसी पूर्व सूचना तथा अनुमति के अनुपस्थित रहे। नरेश बारीक का उक्त कृत्य लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 1951 के नियम 134 तथा छ.ग. सिविल सेवा आचरण नियम 1965 के नियम 1,2,3 का प्रथम दृष्टया उल्लंघन है। जो छ.ग. सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम 1966 के तहत दंडनीय है।
गोदना एवं बांस शिल्प का प्रशिक्षण 22 जून से
गरियाबंद । हस्तशिल्प विकास बोर्ड द्वारा गोदना शिल्प में प्रशिक्षण दिया जायेगा। जिसका शुभारंभ 22 जून को किया जायेगा। यह प्रशिक्षण तीन माह तक संचालित रहेगा। विभाग के प्रभारी अधिकारी ने बताया कि उक्त विभागीय प्रशिक्षण 20 हितग्राहियों का एक बैच सामान्य वर्ग के महिलाओं को दिया जायेगा। इसके अलावा बांस शिल्प में 20 हितग्राहियों का एक बैच सामान्य वर्ग के हितग्राहियों का 22 जून से कमार भवन, सिविल लाईन गरियाबंद में प्रारम्भ किया जायेगा जो 21 सितम्बर 2024 तक संचालित रहेगा। प्रशिक्षण के दौरान प्रति शिल्पी, प्रतिमाह 1500 रूपये छात्रवृत्ति मानदेय भुगतान छत्तीसगढ़ हस्तशिल्प विकास बोर्ड द्वारा किया जावेगा।
राहुल वेंकट के अध्यक्षता में जिला स्तरीय छात्रावास एवं आश्रम चयन समिति की बैठक
कलेक्टर डी. राहुल वेंकट के अध्यक्षता में जिला स्तरीय छात्रावास एवं आश्रम चयन समिति की बैठक जिला कलेक्टर कार्यालय के सभाकक्ष में आयोजित किया गया, जिसमें शिक्षा विभाग तथा आदिवासी विकास विभाग के अधीक्षकों की संयुक्त बैठक लेकर दिशा निर्देश दिये।
बैठक में कलेक्टर ने छात्रावास, आश्रम में नवीन विद्यार्थियों के प्रवेश की अनुशंसा की गई। इसके साथ ही उन्होंने छात्रावास तथा आश्रम परिसरों की साफ-सफाई रखने तथा मच्छर, सांप, बिच्छु से बचाव के लिए जरूरी दवाओं का समय-समय पर छिड़काव करने के निर्देश दिये। छात्रावासों एवं आश्रमों के लिए आवश्यक सामग्रियों का मांग पत्र विभाग को प्रेषित करने एवं जो छात्रावास, आश्रम जर्जर भवन, स्नानागार, शौचालय खराब है उसकी सूचना जिला कार्यालय में देने के साथ ही ऐसे भवन जिनके सैप्टिक टैंक पुराने हो गये है या मरम्मत योग्य है जिनसे पानी का रिसाव हो रहा है। उनके स्थान पर नये सैप्टिक टैंक के प्रस्ताव भेजने के निर्देश दिये। बरसात के मौसम जलजनित रोग डायरिया न फैले उसके लिए पेयजल की शुद्धता तथा बच्चों अच्छी तरह से हाथों की सफाई की जानकारी देने को कहा। विद्यार्थियों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए कलेक्टर ने छात्रावास एवं आश्रमों के समीप वाले प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र एवं सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों की मैप तैयार करते हुए सूची बनाने के निर्देश दिये। उन्होंने समस्त छात्रावास एवं आश्रमों के अधीक्षकों को संस्था में निवास करने के निर्देश दिये। उन्होंने जिले में भवन विहिन छात्रावासों की जानकारी लेते हुये उपस्थित सभी अधीक्षकों को अपने-अपने छात्रावास एवं आश्रमों की समस्याओं सूची तैयार करने निर्देश दिये। उन्होंने निरीक्षण के दौरान छात्रावास एवं आश्रमों में अधीक्षक अनुपस्थित पाये जाते है तो सहायक आयुक्त श्रीमती उषा लकड़ा को अनुशासनात्क कार्यवाही करने के निर्देश दिये।
पीएम जनमन योजना का क्रियान्वयन को दें सर्वोच्च प्राथमिकता : कलेक्टर
कलेक्टर ने ली समय-सीमा की बैठक
महासमुंद। कलेक्टर विनय कुमार लंगेह ने कलेक्ट्रेट सभाकक्ष से समय सीमा की बैठक लेकर विभिन्न विभागीय योजनाओं और कार्यक्रमो के बेहतर क्रियान्वयन की समीक्षा की। उन्होंने मुख्यमंत्री जनदर्शन, कलेक्टर जन चौपाल, जन शिकायत और अन्य प्राप्त पत्रों की निराकरण के लिए संबंधित विभाग के अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए। बैठक में सीईओ एस. आलोक, अपर कलेक्टर रवि कुमार साहू, डिप्टी कलेक्टर मनोज खांडे, आशीष कर्मा सहित जिला अधिकारी मौजूद थे।
बैठक में कलेक्टर ने प्रधानमंत्री आवास योजना के लंबित और अपूर्ण कार्यां को शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं। जिन स्वीकृत कार्यां का पंजीयन नहीं हुआ है उनका पंजीयन करने के निर्देश दिए गए। कलेक्टर ने पीएम आवास की प्रगति की जानकारी प्रत्येक सप्ताह देने के निर्देश दिए हैं।
बैठक में कलेक्टर ने कहा कि प्रधानमंत्री जनमन योजना शासन की महत्वाकांक्षी योजना है इस योजना अंतर्गत जिले में निवासरत पीव्हीटीजी जनजाति वर्ग को शासन की विभिन्न योजनाओं का लाभ मिले, इसके लिए जिले में समग्र ई-केवायसी, जाति प्रमाण पत्र, आयुष्मान कार्ड आदि के कार्यों में लक्ष्य अनुसार प्रगति लायी जाए। उन्होंने समग्र आईडी, आधार कार्ड बनाने के कार्यों में गति लाने के निर्देश दिए। इस दौरान कलेक्टर ने प्रधानमंत्री जन औषधि केन्द्र को बेहतर ढंग से संचालित करने के निर्देश दिए।साथ ही जिले में सभी पात्र हितग्राहियों का आयुष्मान कार्ड तेज गति से बनाने के निर्देश दिए है। उन्होंने चिरायु टीम में स्क्रीनिंग के साथ ही फॉलोअप पर ध्यान देने कहा और छूटे हुए राशन कार्ड का नवीनीकरण करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने सभी अधिकारियों से स्कूल निरीक्षण के संबंध में जानकारी ली, जिसमें बच्चों के दर्ज संख्या एवं पढ़ने-लिखने के स्तर के साथ-साथ अक्षर ज्ञान, शिक्षकों की उपस्थिति के साथ ही स्कूलों में आने वाली समस्याओं के संबंध में संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए एवं पीएम श्री स्कूल का प्रत्येक सप्ताह निरीक्षण करने एवं पीएम श्री के तहत स्वीकृत स्कूलों का तेजी से निर्माण करने के निर्देश दिए।
कलेक्टर श्री लंगेह ने बैठक में सभी एसडीएम को कहा कि राजस्व प्रकरण जैसे अविवादित नामांतरण, विवादित नामांतरण, खाता विभाजन, सीमांकन, बंदोबस्त सुधार त्रुटि, डिजिटल हस्ताक्षर, नक्शा अपडेशन राजस्व संबंधी मामलों का निराकरण समय-सीमा में गुणवत्ता के साथ हो। उन्होंने सभी तहसीलदारों से अपने क्षेत्र पटवारी को 100-100 नक्शा अपडेशन करने व उनकी हर हफ्ते मॉनिटरिंग करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि राजस्व मामलों को हल करने में अमला जितनी तत्परता दिखाएगा, सरकार की छवि भी उतनी ही अच्छी बनेगी। डिजिटल क्रॉप सर्वे, भू नक्शे की जियो-रिफ्रेंसिंग आदि के माध्यम से इस क्षेत्र में पारदर्शिता आएगी। उन्होंने कहा कि किसी भी आवेदक को इस समस्या को लेकर जिला स्तर पर आने की आवश्यकता न हो, तहसील स्तर पर ही उसका निराकरण करें।
श्री लंगेह ने कृषि विभाग की समीक्षा में कहा कि सभी पात्र किसानों का केसीसी बनाएं। उन्होंने कहा कि किसान क्रेडिट कार्ड की जिस जिस गांव में पेंडेंसी है वहा पर केसीसी शिविर लगाकर उन्हें निराकृत करे। उन्होंने मिलेट्स एवं मक्का की खेती हेतु किसानों को किसान चौपाल के माध्यम से प्रोत्साहित करने हेतु संबंधित अधिकारी को निर्देश दिए। वरिष्ठ कृषि विस्तार अधिकारी सहित मैदानी अमला फील्ड में जाकर किसानों से चर्चा करें। उन्होंने कहा कि वर्तमान में खेती किसानी जोरों पर है ऐसे में किसानों को खाद की किसी भी तरह की दिक्कत न हो इसके लिए आवश्यक भण्डारण और उपलब्धता सुनिश्चित करें। उन्होंने सभी अनुविभागीय अधिकारियों को व्हीकल माउंटेन डीजे पर भी माननीय हाईकोर्ट के आदेशानुसार कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि त्योहारी सीजन को देखते हुए इस पर कार्रवाई सुनिश्चित करें। बैठक में पंचायत, महिला बालविकास,मत्स्य ,और पशुपालन विभाग की महत्वपूर्ण योजनाओं की भी समीक्षा की।
विधायक ने गर्भवती एवं शिशुवती माताओं को पौष्टिक एवं संतुलित आहार लेने के लिए किया प्रेरित
आंगनबाड़ी कार्यकर्ता को बच्चों के पोषण स्तर से पालकों को अवगत कराने दिए निर्देश
महासमुन्द। संतुलित आहार ही स्वस्थ शरीर का आधार है। किसी भी राष्ट्र के विकास में हर नागरिक का स्वस्थ्य रहना आवश्यक होता है उसमे सबसे बड़ा योगदान महिलाओं और बच्चों का रहता है वे जब शारीरिक और मानसिक रूप से स्वस्थ्य होंगे तो समाज भी निरोगी होगा। राष्ट्रीय पोषण माह के तहत पोषण जागरूकता के लिए विकासखंड सरायपाली के आंगनवाड़ी केंद्र खम्हारपाली बी एवं छुईपाली बी में आयोजित पोषण जागरूकता शिविर में विधायक सरायपाली चातुरी नंद शामिल हुए। विधायक श्रीमती नंद द्वारा गर्भवती एवं शिशुवती माताओं को पौष्टिक एवं संतुलित आहार लेने के लिए प्रेरित किया गया। उन्होंने कहा कि माता यदि जागरूक स्वस्थ् हैं तो उनके आने वाली संतान भी स्वस्थ् व सुपोषित होगें। माता सृजनकर्ता हैं अतः माताओं को अपने संतान के पोषण पर ध्यान रखना चाहिए। विधायक श्रीमती नंद द्वारा आंगनबाड़ी केन्द्र खम्हारपाली में काब्या प्रधान की वजन कराकर आंगनबाड़ी कार्यकर्ता द्वारा लिये गये वजन एवं ऊंचाई की जॉच की गई। सही वजन पर आंगनबाड़ी कार्यकर्ता को प्रोत्साहित करते हुए बच्चों का सही वजन लेकर उनके पालकों को पोषण स्तर से अवगत कराने का निर्देश दिया गया।
पोषण माह के उद्देश्यों पर जानकारी देते हुए श्री अजय कुमार साहू जिला महिला एवं बाल विकास अधिकारी जिला महासमुंद ने बताया कि माता के गर्भवती होने के बाद उसके शरीर में खून की कमी होती है क्योंकि गर्भावस्था के दौरान माता का ही रक्त बच्चे के शरीर की गतिविधि को संचालित करती है। परियोजना अधिकारी जी आर नारंग ने बताया कि एकीकृत बाल विकास परियोजना सरायपाली में पोषण अभियान के विभिन्न थीमों (एनीमिया, वृद्धि निगरानी, पूरक पोषण आहार, पोषण भी पढ़ाई भी, समग्र पोषण, बेहतर प्रशासन परदर्शिता और कुशल सेवा वितरण के लिए प्रौद्योगिकीय) के आधार पर कार्यक्रम आयोजित किया जा रहा हैं।
उक्त कार्यक्रम में रनिता भोई, नीलिमा, कमलिनी प्रधान की गोद भराई और भारती का अन्नप्राशन विधायक द्वारा करवाया गया। कार्यक्रम में विश्वनाथ नायक, निर्मल बढ़ाई, रविशंकर साहू, सम्भूनाथ दीप, मित्रभानू प्रधान, बसंत साहू, षैलेन्द्र साहू, सेक्टर पर्यवेक्षक दीक्षा बारिक, ग्राम पंचायत सचिव आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व मितानीन, किशोरी बालिका तथा महिलाएं उपस्थित रही।
सांसद रूपकुमारी चौधरी ने छायाचित्र प्रदर्शनी का किया अवलोकन
महासमुंद। सांसद रूपकुमारी चौधरी ने कलेक्ट्रेट परिसर में ’विकसित भारतः मोदी जी की संकल्पना’ विषय पर आधारित भव्य फोटो प्रदर्शनी का अवलोकन किया। इस अवसर पर पूर्व विधायक डॉ. विमल चोपड़ा, संजय शर्मा, सतपाल सिंह पाली, प्रदीप चंद्राकर, मोनिका साहू, कलेक्टर विनय कुमार लंगेह सहित जनप्रतिनिधि, प्रशासनिक अधिकारी मौजूद थे।
इस फोटो प्रदर्शनी का आयोजन जनसंपर्क विभाग द्वारा किया गया, जिसका उद्देश्य प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में भारत को विकसित राष्ट्र बनाने के संकल्प और उनके जीवन की प्रेरणादायक यात्रा को प्रदर्शित करना था। प्रदर्शनी में श्री मोदी के बचपन, उनकी शिक्षा, देशभक्ति, तथा प्रधानमंत्री के रूप में उनके द्वारा किए गए महत्वपूर्ण कार्यों की झलक को सजीव चित्रों के माध्यम से दर्शाया गया है। इस अवसर पर सांसद रूपकुमारी चौधरी ने कहा कि फोटो प्रदर्शनी में देश के यशस्वी प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी जी के जीवन की सार और देश के लिए किए गए उनके अभूतपूर्व योगदान की झलक दिखाई देती है। उन्होंने सभी छायाचित्रों का अवलोकन करते हुए गर्व महसूस की। इस अवसर पर जनसम्पर्क विभाग द्वारा प्रकाशित जनमन पत्रिका भेंट किया गया।
प्लेसमेंट कैम्प 19 सितम्बर को
महासमुंद। जिला रोजगार एवं स्वरोजगार मार्गदर्शन केन्द्र महासमुन्द द्वारा शिक्षित स्थानीय बेरोजगार युवाओं को रोजगार उपलब्ध कराने के उद्देश्य से 19 सितम्बर 2024 को प्लेसमेंट कैम्प का आयोजन किया गया है। प्लेसमेंट कैम्प हाउसिंग बोर्ड, अटल विहार कालोनी, रोजगार कार्यालय परिसर, मचेवा महासमुन्द में प्रातः 11.00 बजे से 2.00 बजे तक आयोजित होगा। जिला रोजगार अधिकारी ने बताया कि प्लेसमेंट कैम्प के माध्यम से निजी क्षेत्र के नियोजक अलर्ट एसजीएस प्राइवेट लिमिटेड रायपुर द्वारा सेक्युरिटी गार्ड के 270 पद, सेक्युरिटी सुपरवाइजर 10 पद, मार्केटिंग 08 पद एवं कॉरपेटर के 06 पदों पर 8वीं से स्नातक उत्तीर्ण आवेदकों की भर्ती 12 से 15 हजार मासिक वेतन पर रायपुर, भिलाई एवं दुर्ग के लिए की जायेगी। उक्त पदों पर भर्ती हेतु योग्य एवं इच्छुक आवेदकों को निर्धारित तिथि पर शैक्षणिक योग्यता की छायाप्रति के साथ उपस्थित होने कहा है।
सफाई मित्र सुरक्षा शिविर का आयोजन 23 से
महासमुंद। स्वच्छ भारत मिशन ग्रामीण अंतर्गत 01 अक्टूबर तक स्वभाव स्वच्छता संस्कार स्वच्छता थीम पर स्वच्छता ही सेवा अभियान 2024 मनाया जाएगा। जिसमें 02 अक्टूबर 2024 को स्वच्छ भारत दिवस मनाया जाएगा। स्वच्छता ही सेवा अभियान अंतर्गत आयोजित किए जाने वाले गतिविधियों में स्वच्छता की भागीदारी, संपूर्ण स्वच्छता (स्वच्छता लक्षित इकाई शामिल) तथा सफाई मित्र सुरक्षा शिविर शामिल है। मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत श्री एस. आलोक ने बताया कि जिले में सभी जनपद पंचायतों में सफाई मित्र सुरक्षा शिविर का आयोजन 23 सितम्बर से 27 सितम्बर तक किया जाना है। जिसमें जनपद पंचायत बागबाहरा में 23 सितम्बर, महासमुंद में 24 सितम्बर, पिथौरा में 25 सितम्बर, बसना में 26 सितम्बर और सरायपाली जनपद पंचायत में 27 सितम्बर को सफाई मित्र सुरक्षा शिविर का आयोजन प्रातः 09ः00 बजे से शाम 05:00 बजे तक किया जाएगा। शिविर में स्वच्छाग्राहियों का स्वास्थ्य परीक्षण, सफाई कामगार में श्रम पंजीयन एवं राज्य सरकार के विभिन्न योजनाओं से जोड़ कर लाभ पहुंचाया जाएगा। सीईओ जिला पंचायत श्री आलोक ने सभी सफाई मित्रों को इस शिविर के माध्यम से अधिक से अधिक लाभ उठाने की अपील की है।
खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति मंत्री दयालदास बघेल का दौरा कार्यक्रम
महासमुंद। जिले के प्रभारी मंत्री एवं खाद्य व नागरिक आपूर्ति मंत्री दयालदास बघेल 18 और 19 सितम्बर को महासमुंद के दौरे पर रहेंगे। खाद्य मंत्री श्री बघेल आज 18 सितम्बर को शाम 06ः30 बजे गरियाबंद से प्रस्थान करेंगे तथा 08ः00 बजे महासमुंद पहुंचकर रात्रि विश्राम करेंगे। मंत्री श्री बघेल गुरुवार 19 सितम्बर 2024 को 10ः30 बजे स्थानीय समीक्षा बैठक में शामिल होंगे। दोपहर 02ः00 बजे से 04ः30 बजे तक कलेक्ट्रेट कार्यालय में विभागीय समीक्षा बैठक लेंगे। तत्पश्चात शाम 06ः00 बजे रायपुर जिले के लिए प्रस्थान करेंगे।
एसी, फ्रीज रिपेयरिंग का निःशुल्क प्रशिक्षण प्रारंभ
20 जनवरी तक करा सकते है पंजीयन
महासमुंद 18 जनवरी 2024
बड़ौदा ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान द्वारा जिले के युवकों के लिए एसी, फ्रीज रिपेयरिंग का निःशुल्क प्रशिक्षण प्रारंभ किया गया है। निदेशक बैंक ऑफ बड़ौदा (आरसेटी) श्री टुटु बेहरा ने बताया कि इच्छुक प्रतिभागी 20 जनवरी तक पंजीयन करा सकते है। प्रतिभागियों को निःशुल्क प्रशिक्षण प्राप्त करने के लिए बी.पी.एल. राशन कार्ड की प्रतिलिपि, आधार कार्ड, पासपोर्ट साईज की 5 फोटो, दस्तावेज साथ लाना होगा। प्रतिभागी की आयु 18 से 45 वर्ष के बीच होनी चाहिए।
आबकारी वृत्त सरायपाली की बड़ी कार्यवाही, भारी मात्रा में महुआ शराब जप्त
महासमुंद : अवैध रूप से आसवित महुआ शराब के उपभोग से संभावित जनहानि को रोकने तथा आबकारी राजस्व की सुरक्षा के मद्देनज़र आबकारी वृत्त सरायपाली के द्वारा कच्ची शराब के विरुद्ध सतत कार्रवाई की जा रही है।
शनिवार को मुखबीर सूचना के आधार पर आबकारी टीम सरायपाली के द्वारा ग्राम अमलीपदर थाना- बलौदा के रिंकू कुम्हार उम्र 34 वर्ष के कब्जे से अवैध कच्ची हाथ भट्टी महुआ शराब कुल मात्रा 150 लीटर जप्त कर आरोपी के विरुद्ध छत्तीसगढ़ आबकारी अधिनियम 1915 की धारा 34(2), 59(क) के तहत अपराध दर्ज कर माननीय न्यायालय से रिमांड प्राप्त कर जेल दाख़िल किया गया है।
उक्त कार्रवाई आबकारी वृत्त सरायपाली प्रभारी सहायक जिला आबकारी अधिकारी उत्तम बुद्ध भारद्वाज के नेतृत्व में की गई। जिसमें आबकारी आरक्षक खिनीराम खूँटे, नगर सैनिक प्रदीप प्रधान, बालकृष्णा प्रधान एवं आबकारी स्टाफ मौजूद रहे ।
कछारडीह जल जीवन मिशन से आत्मनिर्भरता की ओर एक सफल पहल
जल जीवन मिशन से कछारडीह में पेयजल समस्या से मिली निजात
महासमुंद : महासमुंद जिला मुख्यालय से 70 किमी दूर स्थित ग्राम कछारडीह लंबे समय से पेयजल समस्याओं से जूझ रहा था। गांव के पास पानी के कुछ साधन जैसे 4 हैंडपंप और 2 पावर पंप थे, लेकिन गर्मियों में वे सूख जाते थे, जिससे पानी की भारी कमी हो जाती थी। कई परिवारों के घरों में पीने के पानी की कोई निजी व्यवस्था नहीं थी, और उन्हें तालाबों और कुओं से निस्तारी के लिए पानी लाना पड़ता था। महिलाओं और बच्चों को पानी के लिए लंबी दूरी तय करनी पड़ती थी, जिससे उनकी शिक्षा, स्वास्थ्य और जीवन पर नकारात्मक प्रभाव पड़ता था। स्कूल और आंगनबाड़ी केंद्रों में भी पीने के पानी की सुविधा का अभाव था, जिससे बच्चों की पढ़ाई पर भी असर पड़ रहा था।
ग्राम कछारडीह में परिवर्तन की शुरुआत तब हुई जब जल जीवन मिशन के तहत ग्राम सभा का आयोजन कर ग्रामीणों को इस योजना के उद्देश्यों और लाभों से अवगत कराया गया। क्रियान्वयन के लिए संगम सेवा समिति को जिम्मेदारी दी गई। इस योजना अंतर्गत ग्राम जल स्वच्छता समिति का गठन किया गया, जिसमें 50 प्रतिशत महिलाओं की भागीदारी सुनिश्चित की गई। समिति के अध्यक्ष के रूप में ग्राम सरपंच और सचिव के रूप में पंचायत सचिव की नियुक्ति की गई।
जल जीवन मिशन के तहत गांव में गांव में 66.09 लाख रुपये की लागत से 40 किलोलीटर की जल टंकी का निर्माण किया गया। 635 मीटर पाइपलाइन बिछाई गई, जिससे हर घर में नल से पानी पहुंचना संभव हुआ। जल की गुणवत्ता सुनिश्चित करने के लिए जल परीक्षण समिति बनाई गई। इस समिति में मितानिन और आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को प्रशिक्षण दिया गया, ताकि वे फील्ड टेस्ट कीट और भ्₂ै विधि से पानी की शुद्धता की नियमित जांच कर सकें।
अब हर घर में पानी की आपूर्ति हो रही है, जिससे महिलाओं को पानी के लिए संघर्ष नहीं करना पड़ता। ग्रामीणों ने शौचालयों का नियमित उपयोग शुरू किया, जिससे निस्तारी की समस्याएं कम हुईं। शुद्ध पेयजल मिलने से जलजनित बीमारियों में कमी आई। ग्रामीणों में जल संसाधनों के प्रति जागरूकता बढ़ी और वे अब अपने जल संसाधनों का बेहतर प्रबंधन कर रहे हैं। हर परिवार से 50 रुपये का जल कर लिया जा रहा है, जिससे योजना का संचालन और रखरखाव सुनिश्चित हुआ। पानी के आपूर्ति तंत्र को सुचारू रखने के लिए पंप ऑपरेटर उमेंद्र कुमार ध्रुव की नियुक्ति की गई है, जो सुबह और शाम पानी की आपूर्ति का प्रबंधन करते हैं। जिले में हर-घर जल प्रमाणीकरण का गौरव 5 अक्टूबर को कछारडीह को प्राप्त हुआ।
जल जीवन मिशन ने कछारडीह को न केवल शुद्ध पानी उपलब्ध कराया, बल्कि गांव को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में भी अग्रसर किया है। ग्रामीण अब अपनी समस्याओं का समाधान सामूहिक प्रयास से कर रहे हैं।
कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह ने सरायपाली के कन्या छात्रावास, स्कूल, अस्पताल एवं छात्रावास का लिया जायजा
कलेक्टर श्री विनय कुमार लंगेह ने आज सरायपाली विकासखण्ड अंतर्गत कन्या छात्रावास, स्कूल, हॉस्पिटल एवं निर्माणाधीन आदिवासी छात्रावास का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने कन्या छात्रावास में छात्राओं से बातचीत कर उनकी समस्याओं और जरूरतों के बारे में जानकारी ली। उन्होंने छात्राओं के लिए भोजन, पानी और स्वच्छता की स्थिति की समीक्षा की। छात्राओं से पढ़ाई और अन्य सुविधाओं के बारे में फीडबैक लिया। स्कूल के निरीक्षण के दौरान उन्होंने शिक्षकों की उपस्थिति और कक्षाओं का अवलोकन किया। स्कूल में शिक्षा के स्तर और अन्य गतिविधियों को पाठ्यक्रम में शामिल करने के निर्देश दिए।
इसी तरह उन्होंने 100 बिस्तर अस्पताल की सुविधाओं का जायजा लिया। जहां चिकित्सा सुविधाओं और दवाओं की उपलब्धता की जांच की। डॉक्टरों और स्टाफ से रोगियों के इलाज और व्यवस्थाओं के बारे में जानकारी ली। उन्होंने यह भी कहा कि अस्पताल में आने वाले मरीजों की समस्याओं का त्वरित समाधान सुनिश्चित किया जाए। निर्माणाधीन आदिवासी हॉस्टल के निर्माण कार्य की प्रगति का निरीक्षण किया और गुणवत्ता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। ठेकेदार और अधिकारियों को समय पर कार्य पूरा करने के निर्देश दिए। इस दौरान कलेक्टर ने सरायपाली गौरव पथ के निर्माण कार्य का जायजा लिया। उन्होंने निर्माण की धीमी प्रक्रिया पर नाराजगी जताते हुए समय-सीमा में निर्माण कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं।
कलेक्टर ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि किसी भी तरह की कमी को तत्काल दूर किया जाए और नियमित निगरानी रखी जाए ताकि सुविधाओं में सुधार हो सके और बेहतर सेवाएं मिलें। इस दौरान एसडीएम सरायपाली सुश्री नम्रता चौबे, जिला पंचायत सीईओ श्री एस. आलोक, तहसीलदार श्रीधर पंडा एवं संबंधित विभाग के अधिकारी-कर्मचारी मौजूद थे।
पर्यटन क्षेत्र के रूप मे विकसित होगा गढ़फुलझर : विष्णुदेव साय
सर्व समाज मंगल भवन के लिए 50 लाख रूपये की घोषणा
महासमुंद। कोलता समाज को बधाई देते हुए कहा कि यह एक ऐसा समाज है, जो एक बड़े वर्ग को अपने साथ लेकर चलता है। यह समाज भारतीय समाज, संस्कृति एवं परंपरा को लेकर चलने वाला समाज है, क्योंकि इस समाज के अधिकांश लोग खेती-किसानी करने वाले लोग हैं। मुख्यमंत्री का हुलहुली बजाकर स्वागत किया गया।
उन्होंने कहा कि ओडिशा की संस्कृति प्राचीन संस्कृति है और छत्तीसगढ़ मुख्य रूप से सामाजिक, सांस्कृतिक और भौगोलिक रूप से इस राज्य से जुड़ा है। दोनों प्रदेश के लोगों का रोटी-बेटी का संबंध है। दोनों के अचार-विचार मिलते हैं।
मान्यता है कि प्रभु श्रीराम जी द्वारा रावण से रण में विजय पाने हेतु देवी की 9 दिन तक देवी की उपासना की गई थी। राम साधक के रूप के कठोर साधना कर चंडी को प्रसन्न किये, उनसे विजयी होने का आशीर्वाद प्राप्त किया। उसी समय से देवी के उस स्वरुप का नाम रनेश्वर रामचंडी पड़ा। माता रनेश्वर रामचंडी बाबा बिशा सहे कोलता समाज की कुल देवी के रूप में फुलझर के गढ़ में प्रतिष्ठित हैं।
जहाँ एक और राजा तालाब और एक और रानी तालाब है। यहाँ आदिवासी भैना राजा का राज्य था. जिन्होंने गुरु नानक देव जी को 4 एकड़ भूमि देकर एवं गांव का नाम नानक सागर कर सम्मानित किया। सन 2004 में रनेश्वर रामचंडी मंदिर में प्राण प्रतिष्ठा हुई।
तब से प्रत्येक वर्ष रामचंडी दिवस का आयोजन धूमधाम से होता हैं। यह आयोजन का 20वा वर्ष है। छत्तीसगढ़ में 306, गांव में कोलता समाज निवासरत है। जिसे 4 अंचल में विभाजित किया गया है, जिसके अंतर्गत 30 शाखा सभा आते हैं, प्रत्येक 100, व्यक्ति में एक ग्राम प्रतिनिधि होते हैं. कोलता समाज प्रमुख रूप से क़ृषि कार्य करते हैं. सांस्कृतिक रूप से समृद्ध और परंपरा तथा जड़ से जुड़े रहने वाले होते हैं। शिक्षा के प्रति विशेष आग्रह रखने वाले, धार्मिक तथा सेवाभावी होते हैं।
रामचंडी दिवस में छत्तीसगढ़ के 8 तथा ओड़िसा के 12 जिले के लोग उपस्थित होते होते हैं. इस कार्यक्रम में कोलता समाज के अलावा अन्य समाज के लोग भी उपस्थित होते हैं। यह पर्व और माता का यह स्वरुप शक्ति और मर्यादा का समन्वित रूप है।
मतदान सामग्री के साथ मतदान दल रवाना
महासमुंद । विधानसभा निर्वाचन 2023 के महापर्व में दूसरे चरण में 17 नवम्बर को होने वाले स्वतंत्र, निष्पक्ष, शांतिपूर्ण एवं पारदर्शी मतदान के लिए महासमुंद जिले के चारों विधानसभा क्षेत्र के 1079 मतदान केन्द्रों के लिए कृषि उपज मंडी महासमुंद में सामग्री वितरण गुरूवार सुबह किया गया। सामान्य प्रेक्षक जफर अली, पुलिस प्रेक्षक कृष्ण कुमार व्ही.के. एवं कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी प्रभात मलिक ने गुरूवार को मंडी परिसर पहुंचकर सामग्री वितरण व्यवस्था का जायजा लिया।
कलेक्टर मलिक ने मतदान दलों को शुभकामनाएं दी है। उन्होंने मतदान दलों से मिलकर निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार शांतिपूर्ण और निष्पक्ष मतदान कराने कहा है।
जिले के चारों विधानसभा क्षेत्रों के लिए सामग्री का वितरण पिटियाझर स्थित मंडी परिसर से किया गया। इसके लिए 16-16 काउंटर बनाए गए हैं। सामग्री वितरण हेतु प्रत्येक विधानसभा में 80-80 कर्मचारी नियुक्त किए गए है। सर्वप्रथम राजनीतिक दल की उपस्थिति में स्ट्रांग खोला गया। तत्पश्चात विधानसभावार बनाए गए काउंटर से मतदान दल के पीठासीन अधिकारी एवं मतदान अधिकारी अपने-अपने मतदान केंद्र के लिए सामग्री प्राप्त किए और अपने दल के साथ निर्धारित मतदान केन्द्रों के लिए रवाना हुए। उनके साथ सेक्टर अधिकारी भी रवाना हुए। दल के साथ एक-एक सुरक्षाकर्मी भी तैनात रहेंगे।
सर्वप्रथम सरायपाली और बसना विधानसभा के लिए वाहनों को रवाना किया गया। वाहन रवाना करने के दौरान सहायक कलेक्टर श्री हेमंत नंदनवार एवं उप पुलिस अधीक्षक श्री आकाश राव ने वाहनों को रवाना किया और मतदान दलों को शुभकामनाएं दी। ज्ञात है कि जिले में कुल 235 रूट चार्ट बनाए गए हैं। मतदान दलों में कुल 12,295 कर्मचारी संलग्न है।
जिले में कुल 40 संगवारी मतदान केंद्र बनाए गए है। इसमें पीठासीन से लेकर मतदान दल क्रमांक 1, 2 और 3 सभी महिला कर्मचारी हैं। महिला अधिकारियों ने उत्साह के साथ सामग्री प्राप्त किया। इसी तरह चारों विधानसभा क्षेत्र में 1-1 मतदान केन्द्र दिव्यांग और 1-1 मतदान केन्द्र युवा प्रबंधित मतदान केन्द्र बनाए गए है। दिव्यांग मतदान केन्द्र में सभी अधिकारी-कर्मचारी दिव्यांग होंगे। जिले में चार युवा प्रबंधित मतदान केन्द्रों में सभी युवा अधिकारी होंगे। आदर्श मतदान केन्द्र 20 होंगे।