छत्तीसगढ़ / बिलासपुर
धान खरीदी की व्यवस्था से खुश हैं किसान केन्द्रों पर आसानी से हो रहे सब काम पुख्ता इंतजाम के लिए मुख्यमंत्री को दिया धन्यवाद
उल्लेखनीय है कि 14 नवंबर से 31 जनवरी 2025 तक धान खरीदी की जाएगी। जिसके लिए प्रशासन द्वारा धान खरीदी केन्द्रों में सभी व्यवस्थाएं की गई है।
कलेक्टर ने सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल का किया निरीक्षण भरती प्रक्रिया जल्द पूरा करने दिए निर्देश अब तक लगभग 900 मरीजों का इलाज
उल्लेखनीय है कि 200 करोड़ की लागत से यह 11 मंजिला भव्य अस्पताल ढ़ाई एकड़ में तैयार किया गया है। अत्याधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित इस अस्पताल में बिलसापुर सहित सरगुजा संभाग के लोगों को भी बेहतर चिकित्सा सुविधाएं मिलेंगी। 240 बिस्तर वाले इस अस्पताल में 70 आईसीयू एवं आईसीसीयू बेड है। इस अस्पताल में 8 मॉड्यूलर ऑपरेशन थियेटर का भी निर्माण किया गया है। इस अस्पताल में सिटीस्कैन, एमआरआई, डिजिटल एक्स-रे, कलर डॉप्लर, टीएमटी मशीन जैसी सुविधाएं उपलब्ध है।
डीईओ ने अनुकम्पा नियुक्ति के पूर्व मंगाई दावा-आपत्ति
बिलासपुर, जिला शिक्षा अधिकारी ने अनुकम्पा नियुक्ति के लिए प्राप्त आवेदनों की छानबीन के क्रम में सात दिवस के भीतर आमजनता से दावा आपत्ति मंगाई है। फिलहाल 3 आवेदकों ने अनुकम्पा नियुक्ति के लिए कार्यालय में आवेदन प्रस्तुत किये हैं।
सहकार भारती के प्रदेश अध्यक्ष बने राधेश्याम, कनीराम महामंत्री
बिलासपुर कोनी में संपन्न हुआ सहकार भारती प्रांतीय अधिवेशन
बिलासपुर/रायपुर। छत्तीसगढ़ सहकार भारती को दो दिवसीय प्रांतीय अधिवेशन 15-16 नवंम्बर को बिलासपुर के कोनी स्थित स्वर्गीय लखी राम अग्रवाल स्मृति सभा गृह में सहकार भारती के राष्ट्रीय महामंत्री डॉ. उदयजोशी के मुख्य अतिथि में संपन्न हुआ इस दौरान सहकार भारती के पूर्व राष्ट्रीय महामंत्री व राष्ट्रीय कार्य कार्यकारणी सदस्य विष्णु बोबड़े व प्रदेश अध्यक्ष वेद राम वर्मा मौजूद रहे।
कार्यक्रम के पहले दिन सहकार भारती के राष्ट्रीय महामंत्री डॉ. उदयजोशी की अध्यक्षता प्रांतीय पदाधिकारियों की बैठक हुई जिसमें पिछले तीन साल काम काज की समीक्षा हुई । इसके बीच सहकार भारती को प्रदेश में कैसे बढ़ाया जाये इस पर विचार मंथन किया गया। कार्यक्रम के दूसरे दिन मंच में विराजमान मुख्य अतिथि डॉ. उदय जोशी व पूर्व महामंत्री व राष्ट्रीय कार्यकारणीय सदस्य विष्णु बोबड़े जी को फूल माला पहनाकर स्वागत किया गया।
प्रथम सत्र की शुरूआत सहकार भारती के प्रदेश अध्यक्ष वेद राम वर्मा ने अपना प्रतिवेदन प्रस्तुत किया। तत्पश्चात् कार्यक्रम को आगे बढ़ाते हुए पूर्व राष्ट्रीय मेहामंत्री व राष्ट्रीय कार्य कार्यकारणी सदस्य विष्णु बोबड़े ने प्रदेश भर से आये सहकार भारती के कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुऐ अपने अनुभव को साझा करते हुए मार्ग दर्शन दिया। इस दौरान उन्होनें कहा कि सहकार भारती लोगों को आगे बढ़ानें की प्रेरणा देता है ताकि उनके जीवन में आर्थिक उन्नत हो सकें आजकल बड़े-बड़े काम सहकारिता के माध्यम से हो रहा है। इसलिऐ सहकारिता का महत्त्व और बढ़ गया है। आप लोग भी लोगों के लिये आगे बढ़ कर काम करें।
दुसरे सत्र में प्रदेश सहकार भारती के नये पदाधिकारियों का निर्वाचन हुआ। इसकी घोषणा राष्ट्रीय महामंत्री डॉ. उदय जोशी ने की। जिसमें प्रदेश सहकार भारती नये अध्यक्ष के रूप में राधेश्याम चंद्रवंशी व महांमत्री के रूप में कनीराम नंदेश्वर का चयन किया गया। इसके अलावा प्रदेश उपाध्यक्ष के रूप में अशोक कुमार दीवान (रायपुर) संत्येन्द्र शर्मा बिलासपुर, प्रदेश मंत्री मनोज तिवारी, डॉ. जया द्धिवेदी, कोषाध्यक्ष, रामप्रकाश केशरवानी, मछुआ प्रकोष्ठ प्रदेश संयोजक नरेश मल्लाह, गन्ना प्रकोष्ठ, के संयोजक चिन्मयं गोस्वामी को नियुक्त किया गया। वहीं सहकार भारती के प्रदेश संरक्षक के रूप में वेदराम वर्मा के नाम की घोषणा की गई। इस दौरान राष्ट्रीय महामंत्री डॉ. उदय जोशी ने सहकार भारती के कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा कि सहकारिता के क्षेत्र में काम करनें कि छत्तीसगढ़ में असीम संभावनाएं है। सहकारिता के बढ़ते काम काज को देखते हुए केंद्र सरकार ने अलग से सहकारिता मंत्रालय का गठन किया है। इस मंत्रालय की जिम्मेदारी देश के गृह मंत्री अमित शाह को दिया गया है। इसी तरह प्रदेश की भाजपा सरकार ने भी सहकारिता मंत्रालय बनाया है। जिसकी जिम्मेदारी केदार कश्यप को दी गयी है। आजकल बड़ा से बड़ा काम सहकारिता के माध्यम से हो रहा है। इसका सबसे बडा उदारहण धान खरीदी है। आज सहकारिता के क्षेत्र में युवाओं को आगें आने की जरूरत है। श्री जोशी ने कहा कि सहकारिता का मुख्य उद्देश्य समाज के उस अंतिम व्यक्ति तक पहुंचकर उसे सुविधाएँ उपलब्ध करना होता है। सहकार भारती की यह धारणा है कि समाज के दलित, शोषित और असंगठित समाज को स्थायी रूप से आर्थिक विकास के विभिन्न संशसाधनों में सहकारिता की भूमिका महत्त्वपूर्ण है। सबके साथ मिलकर काम करने की भावना ही सहकारिता है। आज देश भर में 28 प्रदेशों व 650 से अधिक जिला केन्द्रों में आज सहकार भारती काम कर रही है।
विशेष अतिथि के रूप में इंन्दिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय के कुलपति गिरीश चंदेल ने कहा कि सहकार भारती के अधिवेशन में आकर मैं गौरन्वावित महसूस कर रहा हूँ। सहकारिता आज सभी क्षेत्रों में काम कर रही है। चाहे वह कृषि क्षेत्र हों या चाहे या दुग्ध उत्पादन का क्षेत्र हो । इसके अलावा अन्य क्षेत्रों में बड़े पैमानें पर काम हो रहा हैं। सहकारिता के क्षेत्र में असीम संभावनाएँ है। इससे बड़े पैमाने पर युवाओं को रोजगार मिल सकता है। इसलिये इस क्षेत्र में जुड़े लोगों की महत्त्वपूर्ण भूमिका अदा कर सकते है।
विशेष अतिथि त्रिलोक श्रीवास नें सहकार भारती के कार्यकर्ताओं को मार्गदर्शन देते हुए कहा कि सहकारिता का क्षेत्र बहुत व्यापक है। आज हर क्षेत्र में सहरिकता का बोल बाला है। इससे बड़े पैमाने पर युवाओं को रोजगार मुहैया कराया जा सकता है।
इस अधिवेशन में प्रदेश भर से आए सहकार भारती के कार्यकर्ताओं व पदाधिकारी बड़ी संख्या में मौजूद थे। इसमें प्रमुख रूप से सहकार भारती के राष्ट्रीय महिला प्रमुख शताब्दी पांडेय, बंसत ठाकुर, रामकुमार श्रीवाश, गणेश राम साहू प्रशांत तिवारी, सहित बड़ी संख्या में लोग मौजूद थे।
दिव्यागजनों के लिए सामाजिक संचेतना कार्यक्रम संकल्प का शुभारंभ
कलेक्टर अवनीश शरण हुए शामिल
बिलासपुर। दिव्यांगजनों के हित में सामाजिक संचेतना कार्यक्रम "संकल्प" का विधिवत उदघाटन शासकीय शिक्षा महाविद्यालय बिलासपुर में किया गया। इस अवसर पर बिलासपुर जिले के कलेक्टर अवनीश शरण मुख्य अतिथि के रूप में उपस्थित रहे, साथ ही बिलासपुर शिक्षा संभाग के संयुक्त संचालक आर पी आदित्य , समग्र शिक्षा के ए डी पी ओ अनिल तिवारी संस्था के प्राचार्य मीता मुखर्जी एवं संकल्प कार्यक्रम के सूत्रधार डॉ अखिलेश तिवारी सहायक कार्यक्रम समन्वयक समग्र शिक्षा बिलासपुर उपस्थित रहे।
संस्था के प्राचार्य द्वारा स्वागत उद्बोधन में अतिथियों का संस्था में आगमन एवं इस महत्वकांक्षी कार्यक्रम के प्रारंभ हेतु संस्था के चयन हेतु साधुवाद दिया गया। कलेक्टर द्वारा संकल्प कार्यक्रम के प्रारम्भकर्ता डॉ अखिलेश तिवारी को इस संवेदनशील और नवाचारी अभियान के लिए शुभकामनाएं प्रदान किया गया तथा कार्यक्रम के प्रतिभागियों से आग्रह किया गया कि किसी भी दिव्यांग व्यक्ति के प्रति दया भाव प्रदर्शित करने के स्थान पर उन्हें विकास के समान अवसर प्रदान करे। अवनीश शरण द्वारा दिव्यांगो के प्रति व्यवहार तकनीक पर बारीकी से प्रकाश डाला ।
दिव्यांग बच्चो के साथ अन्य बच्चों की तरह ही व्यवहार करे, उनसे पूछ कर ही सहयोग की पेशकश करें, सहयोग या सहायता के नाम पर आवश्यक रूप से शारीरिक संपर्क न करें, विशेष आवश्यकता वाले बच्चों से सीधे बात करें न कि उनके व्यक्तिगत सहायक से। दिव्यांगो के प्रति समानता सद्भावना सहचर्य एवं समावेशन की भावना रखते हुए उन्हें एक जिम्मेदार मानव संसाधन के रूप में परिष्कृत करने की बात कही। संकल्प कार्यक्रम के उद्देश्य को रेखांकित करते हुए डॉ अखिलेश तिवारी द्वारा बताया गया कि इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य दिव्यागता की पहचान करना , दिव्यागता के प्रति पालकों, सहपाठियों , शिक्षकों ,शैक्षिक प्रशासकों , शासकीय कर्मचारियों ,एवं आम जनों को जागरूक करते हुए दिव्यांगजनों के प्रति समाज में प्रचलित नकारात्मक अवधारणा को समाप्त करना है। साथ ही शासन की योजनाओं से अवगत कराते हुए समावेशी समाज की स्थापना हेतु जन जागृति लाना है।
इस कार्यक्रम के तहत आगामी दो वर्षों में एक लाख लोगों को दिव्यागता के क्षेत्र में उन्मुखीकृत करना है। संयुक्त संचालक शिक्षा द्वारा शिक्षकों को आव्हान किया गया कि विद्यालय में अनुकूल वातावरण निर्माण कर विभिन बाधिता से प्रभावित बच्चो को शिक्षा एवं सामाजीकरण हेतु यथेष्ठ अवसर प्रदान करे। धन्यवाद ज्ञापित करते हुए डॉ अनिल तिवारी द्वारा दिव्यांगो के प्रति समर्पित भाव से कर्तव्य निर्वहन हेतु आह्वान किया गया । कार्यक्रम का संचालन डॉ मुकेश पांडेय द्वारा किया गया। कार्यक्रम में महाविद्यालय के प्राध्यापकगण , बीएड एवं एम एड के 250 प्रशिक्षार्थी ,विकासखंड समन्वयक वासुदेव पांडे , सीमा त्रिपाठी शिक्षक डॉ उमेश शर्मा ,समावेशी शाखा के समस्त बी आर पी , स्पेशल एजुकेटर एवं कार्यालयीन सहयोगी अमन यादव उपस्थित रहे।
शिक्षकों की भर्ती के लिए दस्तावेज सत्यापन आज और कल
बिलासपुर। स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम स्कूलों में शिक्षकों की भर्ती के लिए दस्तावेज सत्यापन का कार्य 21 और 22 नवंबर 2024 को होगा। लाल बहादुर शास्त्री अंग्रेजी माध्यम स्कूल सिटी कोतवाली थाना के सामने सवेरे 10 बजे से शुरू होगा। सत्यापन हेतु बुलाए गये उम्मीदवारों की सूची का प्रकाशन जिला प्रशासन की वेबसाइट पर कर दिया गया है।
संबंधितों को वॉइस मैसेज भी किए गए हैं। एक रिक्त पद के विरुद्ध 5 लोगों को सत्यापन के लिए बुलाया गया है। आने वालों को अपने समस्त शैक्षणिक व अन्य प्रमाण पत्रों की मूल प्रति, स्व सत्यापित छायाप्रति, आधार कार्ड और पासपोर्ट फोटो लेकर आना होगा। यदि कोई उक्त दोनों दिवस में छूट जाए तो उनका सत्यापन 23 को सवेरे 10 बजे से किया जाएगा।
नेशनल में बिलासपुर के 6 बच्चों का चयन।
रायपुर,रायपुर तक चले राज्यस्तरीय रोलर स्केटिंग प्रतियोगिता रायपुर में संपन्न हुई प्रतियोगिता में में छत्तीसगढ़ के सभी संभाग से आए बच्चों ने राज्यस्तरीय प्रतियोगिता में भाग लिया जिसमें बिलासपुर संभाग के छः बच्चों का चयन नेशनल में किया गया ।जिसका आयोजन 05 दिसंबर 2024 आयोजित किया जाएगा । राज्यस्तरीय इस प्रतियोगिता में चयनित प्रतिभागी निम्न हैं। सुश्री ऐश्वर्या अरूण, आसमी शर्मा, स्मृति कुजूर,मास्टर वेदांत असाटी,कमल महादेवा एवं मास्टर आरव जायसवाल का नेशनल के लिए चयन हुआ छह के छः बच्चे बिलासपुर से हैं।
छत्तीसगढ़ में प्रभारी तहसीलदार के साथ पुलिस ने की मारपीट
बिलासपुर। पिता व भाई के साथ 16 नवम्बर की रात घर लौट रहे करपावंडा जिला बस्तर के प्रभारी तहसीलदार पुष्पराज मिश्रा के साथ डीएलएस कॉलेज के पास बदसलूकी हुई थी। इस घटना के बाद पूरा परिवार डरा सहमा हुआ है। प्रभारी तहसीलदार पुष्पराज मिश्रा, उनके इंजीनियर भाई पुष्पेंद्र मिश्रा व पिता का कहना है साहब रात में निकलने से डर लगता है कि कहीं पुलिस वाले पकड़कर गाली गलौज व मारपीट न करने लगे।
पीड़ितों ने मंगलवार को कनिष्ठ प्रसाशनिक सेवा संघ के पदाधिकारियों के साथ कलेक्टर अवनीश शरण से मुलाकात कर दोषी पुलिस कर्मियों व थाना प्रभारी पर कार्रवाई की मांग की है। प्रभारी तहसीलदार पुष्पराज मिश्रा ने बताया कि 16 नवंबर की रात 2:10 बजे पिता और भाई के साथ स्टेशन से घर लौट रहे थे। डीएलएस कॉलेज के पास पुलिस ने उनकी बाइक रोकी और गाली-गलौज करते हुए उन्हें थाने ले जाया गया। थाने में उनके इंजीनियर भाई पुष्पेंद्र मिश्रा के साथ गाली गलौज व अभद्र व्यवहार की घटना हुई।
नायब तहसीलदार पुष्पराज मिश्रा को थाने लेकर गए। इस दौरान थाने में थाना प्रभारी तोपसिंह नवरंग व उनके स्टाप में पुष्पराज मिश्रा, पुष्पेंद्र मिश्रा के साथ मारपीट की घटना को भी अंजाम दिया। पीड़ितों का कहना है कि रात में कलेक्टर अवनीश शरण ने भी थाना प्रभारी से बात लेकिन उन्हें यह कर बात को नजर अंदाज कर दिया कि मेरे अधिकारी एसपी हैं, मैं केवल उन्ही को रिपोर्ट करता हूं। इसके बाद एसपी के फोन आने के बाद ही दोनों भाई को छोड़ा गया और बाद में झूठे मामले में एफआइआर दर्ज किया है। पुष्पराज मिश्रा व पुष्पेंद्र मिश्रा ने कनिष्ठ प्रशासनिक सेवा संघ के पदाधिकारियों के साथ कलेक्टर अवनीश शरण से मुलाकात कर दोषियों के खिलाफ निष्पक्ष जांच की मांग की है।
लैब टेक्नीशियन भर्ती, फिर से दावा आपत्ति
बिलासपुर। डीएमएफ मद से लैब टेक्नीशियन की भर्ती के लिए जारी प्रक्रिया के तहत सीएमएचओ कार्यालय द्वारा फिर से दावा आपत्ति आमंत्रित की गई है। इच्छुक उम्मीदवार 25 नवम्बर को शाम 5 बजे तक सीएमएचओ कार्यालय में आवेदन जमा कर सकते हैं। दावा आपत्ति के लिए एक प्रारूप निर्धारित किया गया है, जो कि कार्यालय की सूचना पटल अथवा जिले की वेबसाइट पर देखा जा सकता है।
आवास मित्र भर्ती के लिए 21-22 नवम्बर को काउंसिलिंग
बिलासपुर। प्रधानमंत्री आवास योजना के अंतर्गत ग्रामीण इलाकों में आवास मित्र की भर्ती के लिए 21-22 नवम्बर को काउंसिलिंग आयोजित की गई है। काउंसिलिंग संबंधित जनपद पंचायतों के सीईओ कार्यालय में सवेरे साढ़े 10 बजे से शुरू होगी। आवास मित्र का चयन मेरिट के अनुसार क्लस्टर वार किया जाएगा। जिला पंचायत बिलासपुर द्वारा दावा आपत्ति के निराकरण के बाद पात्र उम्मीदवारों की सूची सभी जनपद पंचायतों को उपलब्ध करा दी गई है। जिले की सरकारी वेबसाइट डब्ल्यू डब्ल्यू डब्ल्यू डॉट बिलासपुर डॉट जीओवी डॉट इन पर भी सूची उपलब्ध है। काउंसिलिंग की सूचना के लिए अलग से कोई पत्राचार नहीं किया जाएगा। मार्गदर्शिका और विज्ञापन में दिए गए शर्तों के अनुसार भर्ती की प्रक्रिया पूर्ण की जायेगी।
डीएमएफ से मिले दो नये शव वाहन
बिलासपुर । डीएमएफ मद से साढ़े 12 लाख रूपए की लागत से दो नये शव वाहन खरीदे गए हैं। इनमें से एक का उपयोग बिल्हा विकासखण्ड के नगर निगम बिलासपुर क्षेत्र और दूसरे को तखतपुर को आवंटित किया गया है।
कलेक्टर अवनीश शरण ने नगर निगम क्षेत्र के लिए आवंटित वाहन को हरी झण्डी दिखाई। दिवंगत लोगों के पार्थिव शरीर को अस्पताल से उनके निवास तक निःशुल्क पहुंचाया जायेगा। इस अवसर पर नगर निगम आयुक्त अमित कुमार, जिला पंचायत सीईओ संदीप अ्रग्रवाल और सीएमएचओ डॉ. प्रमोद तिवारी उपस्थित थे।
मुख्यमंत्री ने जनजातीय परंपरा के संरक्षक बैगा, गुनिया और सिरहा को किया सम्मानित
जगदलपुर । मुख्यमंत्री साय ने सोमवार को सर्किट हाउस में आयोजित कार्यक्रम में जनजातीय परंपरा के संरक्षक बैगा, गुनिया और सिरहा को शाल और श्रीफल देकर सम्मानित किया। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि बैगा, गुनिया और सिरहा जैसे परंपरागत जनजातीय समुदायों को अब प्रत्येक वर्ष 5-5 हजार रुपये की सम्मान निधि दी जाएगी। यह पहल जनजातीय समाज की सांस्कृतिक परंपराओं को प्रोत्साहन देने के साथ उनके आर्थिक सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है।
उन्होंने कहा कि सरकार जनजातीय समाज की संस्कृति और परंपराओं के संरक्षण और विकास के लिए प्रतिबद्ध है। इस तरह के फैसले छत्तीसगढ़ के जनजातीय क्षेत्रों को आत्मनिर्भर बनाने और उनके गौरव को बढ़ाने में सहायक साबित होंगे।मुख्यमंत्री साय ने जनजातीय समुदाय की परंपराओं को संजोने और उन्हें समाज के विकास में भागीदार बनाने के महत्व पर जोर दिया। इस अवसर पर वनमंत्री केदार कश्यप, विधायक जगदलपुर किरण देव, पूर्व विधायक महेश गागड़ा सहित स्थानीय जनप्रतिनिधिगण उपस्थित थे।
ITBP जवान की प्रताड़ना से परेशान पत्नी ने दर्ज कराई FIR: नाराज समाज ने महिला के पूरे परिवार को किया बहिष्कृत, अब हाई कोर्ट ने कलेक्टर, एसपी और अध्यक्ष को भेजा नोटिस
बिलासपुर। समाज से बहिष्कार का दंश झेल रही एक महिला और उसकी छोटी सी बच्ची समाज में शामिल होने और न्याय की मांग को लेकर दर दर भड़कने पर मजबूर है, न्याय की आस लिए हाईकोर्ट की शरण पहुंची महिला की फरियाद को सुनने के बाद हाईकोर्ट के सिंगल बेंच ने कांकेर के कलेक्टर, एसपी और डडसेना कलार समाज के संभागीय अध्यक्ष को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है।
बता दें कि कांकेर के ढेकुना गांव की रहने वाली मुनिका की शादी लखनपुरी गढ़िया पारा के रहने वाले राजेश्वर कुमार से हुई, जो कि ITBP में चाइना बॉर्डर में पदस्थ है। शादी के कुछ दिनों बाद ही पति–पत्नी के बीच झगड़े शुरू हो गए, झगड़ा इतना बढ़ा कि कुछ साल बाद नौबत थाने तक पहुंच गई। इस दौरान मुनिका ने अपने पति के खिलाफ मारपीट और भरण पोषण को लेकर कांकेर के थाने में रिपोर्ट दर्ज कराई थी, जो कलार समाज को नागवार गुजरी। महिला का आरोप है कि इस बात से नाराज होकर गांव के सरपंच समेत समाज के लोगों ने बैठक की और मुनिका और उसके पूरे परिवार को समाज से बहिष्कृत कर दिया गया।
समाज से बहिष्कृत होने के बाद से मुनिका और उसके परिवार पर मुसीबतों की झड़ी लग गई, सबसे बड़ी बात तो यह है कि मुनिका की बहन से शादी के लिए आने वाले रिश्तों को भी तोड़ दिया जा रहा है। इस सबसे परेशान मोनिका न्याय की गुहार लगाते हुए हाईकोर्ट की शरण में पहुंची। प्रारंभिक सुनवाई के बाद हाईकोर्ट ने कांकेर के कलेक्टर एसपी और डडसेना कलार समाज के संभागीय अध्यक्ष को नोटिस जारी कर जवाब तलब किया है।
इंटर्न डॉक्टर ने की आत्महत्या
अंबिकापुर के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में इंटर्नशिप कर रही थी। जहां से वह शादी में शामिल होने के लिए बिलासपुर आई थी। जहां पर वह सिम्स के गर्ल्स हॉस्टल में ठहरी थी।
मौत के कारण अज्ञात इंटर्न डॉक्टर को उसकी सहेलियों ने फंदे से उतारकर अस्पताल पहुंचाया था। अस्पताल में जांच के बाद डॉक्टर ने मृत घोषित कर दिया।
वहीं डॉक्टर के आत्महत्या के कारणों का भी तक पता नहीं चल पाया है। फिलहल पुलिस पूरे मामले की जांच में जुट गई है।
पुलिस छावनी के बीच प्रशासन ने किया अधिग्रहित भूमि पर मार्किंग
बिलासपुर। अंबिकापुर राष्ट्रीय राजमार्ग में आवागमन शुरू होने के दो साल बाद भी जुराली गांव के दो किलोमीटर मार्ग का विवाद सुलझ नहीं सका है। प्रशासन ने शेष बचे हुए दो किलोमीटर में सड़क निर्माण का कार्य करने की कार्रवाई शुरू कर दी है। काफी संख्या में पुलिस बल गांव में तैनात कर छह साल पहले अधिग्रहित की गई भूमि पर मार्किंग किया गया। साथ ही अधिग्रहित भूमि होने की सूचना बोर्ड भी लगा दिया गया है। सुरक्षा के लिहाज से जुराली को पुलिस छावनी में तब्दील कर दिया गया था।
राष्ट्रीय राजमार्ग 130 (किलोमीटर 53.300 से किलोमीटर 92.600) चार-लेनीकरण अंतर्गत कुल 27 ग्राम के प्रभावित भूमि का अधिग्रहण किया गया है। इसमें 26 ग्रामों की अधिग्रहित भूमि पर एनएच द्वारा सड़क निर्माण पूर्ण कर लिया गया है किन्तु ग्राम- जुराली अवार्ड 18 मार्च 2021 अंतर्गत प्रभावित भूमि (निजी भूमि रकबा 85994 वर्ग मीटर एवं शासकीय भूमि रकबा 19350 वर्ग मीटर) लगभग दो किलोमीटर में ग्रामीणों द्वारा विरोध किये जाने के कारण सड़क निर्माण नहीं किया जा सका है। कटघोरा के समीप चकचकवा पहाड़ जुराली से लेकर कापूबहरा तक सड़क के लिए ग्रामीणों की विरोध की वजह से अभी तक राष्ट्रीय राजमार्ग एनएच को नहीं मिल सकी। अब इस मार्ग को पूरा किया जाना है। इसलिए प्रशासन ने कार्रवाई शुरू कर दी। रविवार को प्रशासनिक अमला, एनएच के अधिकारी पुलिस बल के साथ ग्राम जुराली पहुंचे। किसी तरह का विरोध न हो, इसलिए पूरे गांव में पुलिस बल तैनात कर दिया गया। इस बीच ग्रामीणों, प्रशासन व पुलिस के बीच तनाव की स्थिति बनी रही, पर एनएच के अधिकारियों ने अधिग्रहित की गई जमीन में सीमांकन काम पूर्ण किया। मौके पर मार्किंग करने के साथ एनएच द्वारा प्रत्येक 500 मीटर की दूरी पर अधिग्रहित भूमि का बोर्ड भी लगाया गया। आने वाले दिनों में इस शेष निर्माण कार्य को भी पूरा कर लिया जाएगा, ऐसा दावा है। यहां बताना होगा कि प्रशासन द्वारा पारित अवार्ड अनुसार राष्ट्रीय राजमार्ग अधिनियम, 1956 की धारा तीन ई में निहित प्रावधान के तहत तीन कार्यालयीन नोटिस क्रमश: आठ अगस्त, 23 अगस्त तथा 23 सितंबर को संबंधित खातेदारों को दी गई थी कि मुआवजा राशि प्राप्त करने के लिए आवश्यक दस्तावेज जमा करें। ग्रामीणों द्वारा रूचि नहीं लिए जाने के कारण एनएच को धारा तीन डी की उपधारा (2) के अधीन केंद्रीय सरकार में निहित भूमि का कब्जा सौंपने की कार्रवाई की गई।
मुआवजा नहीं मिलने पर उखाड़ देंगे सड़क
इस घटना को लेकर ग्रामीणों में नाराजगी है। उनका कहना है कि छह साल से पहले जमीन लेने के बाद भी अभी तक मुआवजा नहीं दिया गया है। ग्रामीण, जमीन का उचित मुआवजा गाइडलाइन के अनुसार देने की मांग कर रहे हैं। ग्रामीण शत्रुघ्न लाल पटेल ने बताया कि वार्ड 12 जुराली में अधिग्रहित जमीन का मुआवजा के लिए कोरबा से लेकर रायपुर, बिलासपुर तक की दौड़ लगा चुके हैं लेकिन राहत नहीं मिली है। सही मुआवजा मिलेगा तभी जमीन दी जाएगी। ग्रामीण चंद्रभान सिंह ने बताया कि जबरदस्ती खेत में सड़क बनाना चाह रहे हैं, ग्राम ज़ुराली और कापूबहरा में दोनों जगह की जमीन का मुआवजा नहीं मिला है। उसका नाम प्रकाशन से छूट गया है। उचित मुआवजा मिलने पर जमीन दे देंगे, फिर चाहे उस पर सड़क बनाएं या खेती करें। हम किसान हैं, मुआवजा नहीं मिलने पर सड़क उखड़ कर रख देंगे। न्यायालय पहुंच चुका है मामला
इस मार्ग के लिए लगभग 112 किसानों की जमीन का अधिग्रहण होना है। किसानों ने उचित मुआवजा देने की मांग को लेकर मामला न्यायालय तक पहुंच चुका है। जुराली के किसान इरशाद काजी का भी कहना है कि उन्हें उनकी जमीन का उचित मुआवजा नहीं मिला है, जबकि एनएच का दावा है कि मुआवजा कोर्ट के फैसले के आधार पर दिया जाएगा। इरशाद काजी ने बताया कि किसानों ने केंद्रीय परिवहन मंत्री नितिन गडकरी से भी मुलाकात की, तब उन्होंने कहा कि अगर शासन के मुआवजा से किसान संतुष्ट नहीं हैं तो पुनः प्रकरण आर्बीट्रेशन में जा कर निर्धारण करा लें। जो भी राशि होगी, प्रशासन के प्रतिवेदन अनुरूप किसानों को राशि दे दी जाएगी।
पेन कार्ड बनाने के नाम पर किसान के साथ धोखाधड़ी
बिलासपुर। रतनपुर क्षेत्र के ग्राम पंचायत पुडु लमनाझाल में रहने वाले रामायण दास किसान हैं। उन्होंने पुलिस को बताया कि जब वे अपनी पत्नी सावित्री बाई के साथ घर पर थे, तभी दो व्यक्ति वहां आए। उन्होंने मुफ्त में पेन कार्ड बना देने की बात कही। साथ ही युवकों ने पेन कार्ड बैंक लोन समेत अन्य काम आने की बात कही। पेन कार्ड का महत्व बताने पर रामायण दास पेन कार्ड बनवाने के लिए राजी हो गए।
लिया अंगूठे का निशान किया ठगी
युवकों ने उनसे आधार कार्ड और बैंक खाते की जानकारी मांगी। इसके बाद थंब मशीन पर उनके अंगूठे का निशान लिया गया। अंगूठे का निशान लेने के बाद युवक जल्दी ही पेन कार्ड देने की बात कहते हुए चले गए। कुछ दिन बाद रामायण बैंक से रुपये निकलवाने के लिए गए तो पता चला कि खाते से दो हजार 950 रुपये निकाल लिए गए हैं।
सात हजार 900 रुपये निकाल लिए
कियोस्क सेंटर के संचालक ने पूछताछ की तो उन्होंने पेन कार्ड बनवाने के लिए आए युवकों के संबंध में जानकारी दी। तब कियोस्क सेंटर संचालक ने उन्हें धोखाधड़ी होने की जानकारी दी। इस पर उन्होंने अपनी पत्नी सावित्री बाई का खाता चेक किया। इसमें से जालसाजों ने सात हजार 900 रुपये निकाल लिए थे। पीड़ित ने पूरे मामले की शिकायत रतनपुर थाने में की है। इस पर पुलिस ने जुर्म दर्ज कर मामले को जांच में लिया है।
न्यायधानी में पारा गिरा 17.7 डिग्री,रात में कंपकंपी का अहसास
बिलासपुर। बिलासपुर में भले ही तापमान सामान्य से कुछ अधिक है, लेकिन शाम ढलते ही हवा में ठंडक घुलने लगी है, जो सर्दी का अहसास करा रही है। सुबह की शुरुआत में कंपकंपी का अनुभव हो रहा है और लोग अब गर्म कपड़ों में नजर आने लगे हैं।
मौसम विभाग के अनुसार जाने कैसे रहने वाला है आने वाला दिन
पिछले सप्ताह से तापमान में गिरावट का सिलसिला जारी है और आने वाले दिनों में ठंड के असर में और वृद्धि हो सकती है।
अनुमान है कि पश्चिमी विक्षोभ और उत्तर दिशा से आने वाली ठंडी हवाओं के प्रभाव से जल्द ही तापमान में और कमी दर्ज की जाएगी।
पश्चिमी विक्षोभ के असर से दिसंबर तक न्यूनतम तापमान सामान्य से भी नीचे जा सकता है, जिसके बाद ठंड बढ़ेगी।
ठंड की शुरुआत होते ही शहरवासियों ने अपनी सर्दियों की तैयारी शुरू कर दी हैं। बाजारों में गर्म कपड़ों की मांग बढ़ने लगी है।
धीरे-धीरे हीटर, गीजर और रूम वार्मर जैसे उपकरणों की बिक्री में भी इजाफा देखा जा रहा है। सुबह हल्की ठंड और शाम की ठिठुरन है।