मुंगेली - कलेक्टर कुन्दन कुमार के निर्देशानुसार जिले में संचालित निजी अस्पतालों एवं डायग्नोस्टिक सेंटरों का औचक निरीक्षण किया गया। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. शीला साहा, जिला नोडल अधिकारी (नर्सिंग होम एक्ट/पीसीपीएनडीटी एक्ट) डॉ. कमलेश खैरवार तथा प्रभारी आयुष चिकित्सा अधिकारी डॉ. प्रशांत ठाकुर की संयुक्त टीम ने सिटी हॉस्पिटल, राम डायग्नोस्टिक सेंटर, के.एम. इमेजिंग सेंटर, एस.बी. हॉस्पिटल मुंगेली, अवध लाइफ केयर हॉस्पिटल तथा यशोदा हॉस्पिटल (बिलासपुर रोड, मुंगेली) का निरीक्षण किया।
निरीक्षण के दौरान सिटी हॉस्पिटल मुंगेली में कोई भी चिकित्सक उपस्थित नहीं पाए गए तथा नर्सिंग स्टाफ की भी कमी पाई गई। वहीं राम डायग्नोस्टिक सेंटर में रजिस्टर का अवलोकन करने पर वह पूर्ण रूप से संधारित नहीं पाया गया। इसी प्रकार एस.बी. हॉस्पिटल में रजिस्टर एवं मरीजों के केसशीट का निरीक्षण किया गया, जहां रजिस्टर और केसशीट अपूर्ण पाए गए। इस पर अस्पताल संचालक को रजिस्टर पूर्ण रूप से संधारित करने के निर्देश दिए गए। अवध लाइफ केयर हॉस्पिटल में ओपीडी, आईपीडी, जन्म-मृत्यु रजिस्टर, ओ.टी. रजिस्टर सहित अन्य आवश्यक अभिलेखों और मरीजों की केसशीट का निरीक्षण किया गया। यहां भी सभी रजिस्टर अपूर्ण पाए गए तथा मरीजों की केसशीट भी पूर्ण रूप से नहीं भरी गई थी। इस पर अस्पताल संचालक को सभी अभिलेख तत्काल पूर्ण करने के निर्देश दिए गए।
निरीक्षण के दौरान के.एम. इमेजिंग सेंटर में पार्किंग व्यवस्था सुव्यवस्थित नहीं पाई गई, जिस पर सेंटर संचालक को पार्किंग व्यवस्था दुरुस्त करने के निर्देश दिए गए। वहीं यशोदा हॉस्पिटल में मरीजों की केसशीट अपूर्ण पाई गई, जिसे शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए गए। निरीक्षण के दौरान सभी अस्पतालों एवं डायग्नोस्टिक सेंटरों के प्रबंधन को छत्तीसगढ़ राज्य उपचारगृह तथा रोगोपचार संबंधी संस्थाएं (अनुज्ञापन) अधिनियम 2013 के प्रावधानों के अनुसार संस्थाओं का संचालन करने के निर्देश दिए गए। साथ ही स्पष्ट किया गया कि नर्सिंग होम एक्ट के नियमों का पालन नहीं करने पर संबंधित संस्थाओं के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी।