प्रेस विज्ञप्ति दिनांक 28.9.2026
कामरेड शंकर गुहा नियोगी का शहीद दिवस मनाने छत्तीसगढ़ मुक्ति मोर्चा से जुड़े मजदूर किसान व समर्थकगण 28 सितंबर 2026 दिन सोमवार की सुबह 9.30 बजे से राजनांदगांव रेलवे स्टेशन के पास ऑटो स्टैंड में एकत्रित हुए जहां भोजन की व्यवस्था की गई थी, वहां से करीब 12.00 बजे छत्तीसगढ़ मुक्ति मोर्चा के अध्यक्ष व ऐक्टू यूनियन के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष कामरेड भीमराव बागडे के नेतृत्व में रैली प्रारंभ हुई जो पोस्ट ऑफिस चौक से कामठी लाइन, हलवाई लाइन से मानव मंदिर चौक, जयस्तंभ चौक होते हुए इमाम चौक फ्लाईओवर के नीचे सभा के रूप में परिणित हुए, रैली में लाल हरा पोशाक पहने महिला व पुरुष बैनर व झंडे के साथ चल रहे थे रैली में शहीद शंकर गुहा नियोगी अमर रहे,शहीद भगत सिंग अमर रहे, नियोगी हत्याकांड की दोबारा जांच करो, जल जंगल जमीन की लूट बंद करो, उद्योगों में श्रम कानून का पालन करो, आदि नारा लगा रहे थे, सभा की शुरुआत में शहीद शंकर गुहा नियोंगी तथा शहीद ए आजम भगत सिंग के छाया चित्रों पर माल्यार्पण कर नमन किया गया, उपस्थित जनसमूह द्वारा मौन धारण कर श्रद्धांजलि अर्पित की गई,क्रांतिकारी गीत के साथ सभा की शुरुआत की गई।
वक्ताओं ने अपने संबोधन में कहा कि नियोगी जी पीडि़त मजदूर किसानों के लिए वर्षों से आंदोलन कर रहें थे,उन्हें आज के ही दिन सोते हुए में गोली मारकर हत्या की गई उनका 35 वे शहीद दिवस में उन्हें याद कर उनके रास्ते पर चलते हुए पीडि़त को न्याय दिलाने का शपथ ले रहे हैं ।
उन्होंने यह भी कहा कि मजदूरों के लिए जो कानून बने हुए थे कॉरपोरेट उद्योगपतियों के हितों के लिए उन कानूनो को समाप्त कर मात्र चार श्रम कोड बनाए गए जो गुलामी का प्रतीक है इस गुलामी के खिलाफ मेहनतकस मजदूर व किसानों को संघर्ष करना होगा.
उन्होंने यह भी कहा कि नियोगी हत्याकांड में दुर्ग सेशनकोर्ट ने उद्योगपति मूलचंद शाह सहित गोली मारने वाले पलटन मल्लाह को फांसी तथा पांच आरोपियों को आजीवन कारावास की सजा दिए थे, आरोपियों द्वारा हाई कोर्ट तथा सुप्रीम कोर्ट में अपील पेश की गई, सुप्रीम कोर्ट ने उक्त फैसले को पलटते हुए मात्र एक आरोपी को आजीवन कारावास की सजा दी गई बाकी सभी आरोपियों को बरी किया गया, इसलिए छत्तीसगढ़ मुक्ति मोर्चा की निवेदन पर महामहिम राष्ट्रपति कार्यालय द्वारा उक्त हत्याकांड की दोबारा जांच कराने छत्तीसगढ़ सरकार को निर्देशित किया गया किंतु सरकार जांच नहीं करा रही है, इसलिए ज्ञापन के माध्यम से फिर से निवेदन कर रहे हैं।
उन्होंने यह भी कहा कि लेबर अफसर कंपनियों में जाकर जांच करते थे छत्तीसगढ़ सरकार ने उद्योगपतियों के हितों के लिए जांच करने पर रोक लगाकर श्रम विभाग को पंगु बना दिए।
सभा को कामरेड भीमराव बागड़े के अलावा छमुमो के उपाध्यक्ष ए.जी.कुरैशी, एक्टू के राष्ट्रीय सचिव बृजेन्द्र तिवारी, डी.इग्ले अधिवक्ता दुर्ग, वासुकी प्रसाद उन्मत जनकवि, शुसंात कुमार, दिलिप पारकर, भोजराम साहू, प्रदीप साहू, राजकुमार ढि़मर, भगवन्ति बाई कुर्रे आदि वक्ताओ ने सम्बोधित किया सभा का संचालन तुलसीदेव दास व पुनाराम साहू ने किया उक्त जानकारी छत्तीसगढ़ मुक्ति मोर्चा के महासचिव पुनाराम साहू मो. 9131819651 द्वारा दी गई।