नर्सरी व्यवसाय से आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ती ग्राम चितालूर की अनिता ठाकुर
दंतेवाड़ा । सेवा संकल्प अभियान के तहत ग्रामीण महिलाओं को आर्थिक रूप से सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में स्व-सहायता समूह महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे हैं। इसका प्रेरणादायक उदाहरण ग्राम चितालूर निवासी अनिता ठाकुर हैं, जिन्होंने मां दन्तेष्वरी स्व-सहायता समूह से ऋण लेकर नर्सरी शेड का निर्माण किया और सब्जियों के पौधे तैयार कर अपनी आय का साधन विकसित किया।
अनिता ठाकुर ने स्व-सहायता समूह से ऋण प्राप्त कर नर्सरी शेड तैयार किया। इसके बाद उन्होंने विभिन्न प्रकार की सब्जियों के पौधे तैयार करना शुरू किया। तैयार पौधों को वे आसपास के किसानों को बिक्री करती हैं, जिससे किसानों को स्थानीय स्तर पर गुणवत्तापूर्ण पौधे आसानी से उपलब्ध हो जाते हैं। नर्सरी में तैयार सब्जी के पौधों की बिक्री से अनिता ठाकुर लगभग 15 हजार रुपये की आय अर्जित कर रही हैं। इस कार्य से उन्हें अपने परिवार की आर्थिक जरूरतों को पूरा करने में सहयोग मिल रहा है और वे आत्मनिर्भरता की दिशा में निरंतर आगे बढ़ रही हैं।
स्व-सहायता समूह से मिले ऋण को उन्होंने केवल आर्थिक सहायता के रूप में नहीं देखा, बल्कि इसे अपने लिए स्वरोजगार का अवसर बनाया। उनकी मेहनत, लगन और आत्मविश्वास ने नर्सरी व्यवसाय को आय के स्थायी साधन में बदलने में मदद की है। अनिता ठाकुर की यह पहल ग्रामीण महिलाओं के लिए प्रेरणा है कि स्व-सहायता समूह के माध्यम से प्राप्त आर्थिक सहयोग का सदुपयोग कर छोटे व्यवसाय को स्वरोजगार और आत्मनिर्भरता का मजबूत आधार बनाया जा सकता है।