छत्तीसगढ़ / राजनांदगांव
अवैध रूप से संचालित ईट भट्ठा पर कार्रवाई, 1 लाख 5 हजार से अधिक ईट जप्त
राजनांदगांव । कलेक्टर जितेन्द्र यादव के निर्देशानुसार खनिज एवं राजस्व विभाग द्वारा जिले में अवैध रूप से संचालित ईट भट्ठा पर लगातार कार्रवाई की जा रही है।
इसी कड़ी में खनिज एवं राजस्व विभाग द्वारा डोंगरगढ़ विकासखंड के ग्राम रेंगाकठेरा में किसान नरसिंग वर्मा के भूमि पर अवैध रूप से संचालित ईट भट्ठा पर कार्रवाई की गई और मौके से लगभग 1 लाख 5 हजार से अधिक ईट जप्त किया गया। कार्रवाई में तहसीलदार डोंगरगढ़ अमीय श्रीवास्तव खनिज विभाग से भारत बंजारे सहित अन्य अधिकारी शामिल थे।
नोनी सुरक्षा योजना से सुरक्षित हुआ नव्या का भविष्य
राजनांदगांव । कलेक्टर जितेन्द्र यादव के निर्देशानुसार जनदर्शन में प्राप्त आवेदनों पर त्वरित एवं प्रभावी निराकरण किया जा रहा है, ताकि आवेदकों को समयबद्ध तरीके से राहत मिल सके। इसी कड़ी में राजनांदगांव शहर के तुलसीपुर वार्ड क्रमांक 17 निवासी राहुल कुमार दास द्वारा अपनी बिटिया नव्या वैष्णव को महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा संचालित नोनी सुरक्षा योजना का लाभ दिलाने के लिए कलेक्टर जनदर्शन में आवेदन प्रस्तुत किया। कलेक्टर ने प्राप्त आवेदन पर त्वरित कार्रवाई करते हुए महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारियों को आवेदन एवं दस्तावेजों की जांच उपरांत पात्र पाए जाने पर नव्या वैष्णव को नोनी सुरक्षा योजना से लाभान्वित करने निर्देशित किया।
कलेक्टर के निर्देशानुसार विभागीय अधिकारियों द्वारा प्राप्त आवेदनों एवं दस्तावों की जांच की गई। योजना के तहत निर्धारित मापदण्ड अनुसार पात्र पाए जाने पर त्वरित कार्रवाई करते हुए हितग्राही बच्ची के अभिभावकों से संपर्क किया गया और हितग्राही के आवेदन को ऑनलाईन पोर्टल पर दर्ज किया गया। साथ ही बच्ची के माता-पिता को पोर्टल पर प्राप्त होने वाली दर्ज संख्या एवं प्रमाण पत्र प्रदान किया गया। बच्ची के माता-पिता नोनी सुरक्षा योजना का लाभ प्राप्त कर अत्यंत ही प्रसन्न है। उन्होंने नोनी सुरक्षा योजना से लाभान्वित करने तथा बच्ची के सुरक्षित भविष्य के लिए शासन-प्रशासन को धन्यवाद दिया।
जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल विकास श्रीमती गुरप्रीत कौर ने बताया कि महिला बाल विकास विभाग द्वारा संचालित नोनी सुरक्षा योजना गरीबी रेखा से नीचे जीवन यापन करने वाले परिवार की बेटियों के लिए एक कल्याणकारी योजना है। शासन द्वारा नोनी सुरक्षा योजना के तहत 1 अप्रैल 2014 के बाद जन्म लिए बेटियों के नाम पर 5 साल तक प्रतिवर्ष 5000 रूपए कुल 25000 रूपए एलआईसी में जमा की जाती है। हितग्राही के 18 वर्ष की आयु एवं कक्षा 12वीं उत्तीर्ण करने पर 1 लाख रूपए की परिपक्वता राशि मिलती है। योजना का मुख्य उद्देश्य कन्या भ्रुण हत्या को रोकना, बाल विवाह पर रोक लगाना, बालिकाओं की शिक्षा व स्वास्थ्य को बढ़ावा देना है। योजना के संबंध में विस्तृत जानकारी संबंधित आंगनबाड़ी केन्द्र, कार्यालय महिला एवं बाल विकास विभाग एवं विभागीय वेबसाईट से प्राप्त की जा सकती है।
सांसद संतोष पाण्डेय बने निक्षय मित्र
सांसद ने टीबी मरीजों को प्रदान किए पोषण किट
राजनांदगांव । सांसद संतोष पाण्डेय ने आज कलेक्टोरेट सभाकक्ष में आयोजित जिला विकास समन्वय एवं निगरानी समिति (दिशा) की बैठक के दौरान प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान अंतर्गत टीबी मरीजों को पोषण किट प्रदान किया। इस अवसर पर उन्होंने दो टीबी मरीजों को गोद लेकर निक्षय मित्र के रूप में सहयोग करने का संकल्प लिया। कलेक्टर जितेन्द्र यादव ने भी दो टीबी मरीजों को गोद लेकर निक्षय मित्र बने।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नेतराम नवरतन ने अभियान की जानकारी देते हुए बताया कि प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत कोई भी व्यक्ति, संस्था, एनजीओ, औद्योगिक इकाई या जनप्रतिनिधि निक्षय मित्र बनकर टीबी मरीजों को गोद ले सकते है और उन्हें 6 माह तक प्रति माह लगभग 500 रूपए राशि का पोषण आहार उपलब्ध करा सकते है। इसमें तीन किलो चावल, डेढ़ किलो दाल, 250 मिलीलीटर तेल एवं एक किलो मूंगफली शामिल है। उन्होंने बताया कि जिले में 26 मार्च 2026 से 100 दिवसीय टीबी मुक्त भारत अभियान संचालित किया जा रहा है। अब तक 39 आयुष्मान आरोग्य शिविरों का आयोजन किया जा चुका है, जिनमें हाई-रिस्क ग्रामों एवं वार्डों के 2 हजार 378 व्यक्तियों का एक्स-रे किया गया है। इसी प्रकार 131 स्कूलों में 2 हजार 919 छात्र-छात्राओं की टीबी जांच की गई है। जिला क्षय अधिकारी डॉ. अल्पना लूनिया ने बताया कि यह अभियान 100 दिनों तक संचालित होगा, जिसके अंतर्गत जिले के सभी हाई-रिस्क क्षेत्रों में आयुष्मान आरोग्य शिविर आयोजित किए जाएंगे तथा 14 वर्ष से अधिक आयु के व्यक्तियों का नि:शुल्क एक्स-रे किया जाएगा। जिला कार्यक्रम प्रबंधक संदीप ताम्रकार ने बताया कि अभियान में 22 वार्ड पार्षद एवं 291 पंचायत प्रतिनिधि सक्रिय रूप से शामिल हैं। अभियान के तहत जिला जेल, अनाथालय, वृद्धाश्रम, बाल संरक्षण गृह, ट्रायबल हॉस्टल सहित अन्य संस्थानों में भी टीबी जांच की जा रही है। इस अवसर पर विधायक खुज्जी भोलाराम साहू, विधायक डोंगरगढ़ श्रीमती हर्षिता बघेल, जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती किरण वैष्णव, पुलिस अधीक्षक सुश्री अंकिता शर्मा, वनमंडलाधिकारी आयुष जैन, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत सुश्री सुरूचि सिंह सहित अन्य जनप्रतिनिधि एवं जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।
अपर कलेक्टर सीएल मारकण्डेय ने किया परीक्षा केन्द्रों का निरीक्षण
राजनांदगांव । जिले में छत्तीसगढ़ व्यवसायिक परीक्षा मंडल द्वारा आज छत्तीसगढ़ राज्य कृषि विपणन (मंडी) बोर्ड अंतर्गत उप निरीक्षक भर्ती परीक्षा आयोजित की गई। कलेक्टर जितेन्द्र यादव के निर्देशानुसार अपर कलेक्टर सीएल मारकण्डेय ने छत्तीसगढ़ राज्य कृषि विपणन (मंडी) बोर्ड अंतर्गत उप निरीक्षक भर्ती परीक्षा को शांतिपूर्ण संपन्न कराने के लिए परीक्षा केन्द्र टेड़ेसरा, सोमनी, ठाकुरटोला सहित अन्य परीक्षा केन्द्रों का निरीक्षण किया। छत्तीसगढ़ व्यवसायिक परीक्षा मंडल रायपुर द्वारा राजनांदगांव जिले में छत्तीसगढ़ राज्य कृषि विपणन (मंडी) बोर्ड अंतर्गत उप निरीक्षक भर्ती परीक्षा का आयोजन 99 परीक्षा केन्द्र में किया गया।
कलेक्टर ने विभिन्न परीक्षा केंद्रों का औचक निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का लिया जायजा
राजनांदगांव । छत्तीसगढ़ व्यावसायिक परीक्षा मंडल द्वारा आयोजित छत्तीसगढ़ राज्य कृषि विपणन (मंडी) बोर्ड अंतर्गत उप निरीक्षक भर्ती परीक्षा का कलेक्टर जितेंद्र यादव ने विभिन्न परीक्षा केंद्रों में पहुंचकर औचक निरीक्षण किया तथा व्यवस्थाओं का जायजा लिया। कलेक्टर ने परीक्षा केंद्रों में प्रवेश व्यवस्था, अभ्यर्थियों की फ्रिस्किंग, पहचान सत्यापन एवं कक्षों में बैठने की व्यवस्था का निरीक्षण किया। उन्होंने केंद्राध्यक्षों एवं ड्यूटी में तैनात अधिकारियों को परीक्षा प्रक्रिया पूर्णत: पारदर्शी एवं नकल-मुक्त संपन्न कराने निर्देशित किया। साथ ही व्यापम द्वारा जारी निर्धारित दिशा-निर्देशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करने कहा। उन्होंने समस्त अधिकारियों एवं कर्मचारियों को परीक्षा की गोपनीयता एवं निष्पक्षता बनाए रखते हुए सभी प्रक्रियाओं का गंभीरता से पालन सुनिश्चित करने निर्देशित किया। उन्होंने अभ्यर्थियों से भी अनुशासन बनाए रखने एवं प्रशासन के साथ सहयोग करने की अपील की।
उल्लेखनीय है कि जिले में छत्तीसगढ़ राज्य कृषि विपणन (मंडी) बोर्ड अंतर्गत उप निरीक्षक भर्ती परीक्षा हेतु कुल 99 परीक्षा केंद्र बनाए गए थे। जिला प्रशासन द्वारा परीक्षा के सुचारू संचालन हेतु सुरक्षा व्यवस्था, फ्लाइंग स्क्वॉड, प्रेक्षक दल, फ्रिस्किंग एवं निगरानी की समुचित व्यवस्था की गई थी।
कलेक्टर ने ग्राम घुपसाल में नाला बोरी बंधान कार्य का किया अवलोकन
आने वाले पीढिय़ों के लिए जल उपलब्धता सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण होंगे ऐसे प्रयास
राजनांदगांव । कलेक्टर जितेन्द्र यादव ने आज छुरिया विकासखंड के ग्राम घुपसाल पहुंचकर जल संरक्षण एवं संवर्धन को बढ़ावा देने हेतु ग्रामीणों द्वारा किए जा रहे नाला बोरी बंधान कार्य का अवलोकन किया। उन्होंने श्रमदान कर रहे ग्रामीणों के प्रयासों की सराहना की और जल संरक्षण के लिए सामुदायिक भागीदारी को अत्यंत महत्वपूर्ण बताया। इस दौरान जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती किरण वैष्णव एवं मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत सुश्री सुरूचि सिंह भी उपस्थित थी।
कलेक्टर ने कहा कि वर्षा जल के अधिकतम संचयन के लिए सामुदायिक सहभागिता अनिवार्य है। उन्होंने ग्रामीणों की मांग पर नाला के ऊपर पचरी निर्माण के लिए तकनीकी स्वीकृति (टीएस) तैयार करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए। ग्रामीणों ने बताया कि नाला लगभग 3 किलोमीटर से अधिक लंबा है और बोरी बंधान के माध्यम से पानी रोकने का प्रयास किया जा रहा है, जिससे जल संरक्षण के साथ-साथ निस्तारी कार्यों में भी पानी का उपयोग किया जा सकेगा। कलेक्टर ने कहा कि वर्तमान समय में जल संरक्षण अत्यंत आवश्यक हो गया है। बोरी बंधान जैसे सरल एवं प्रभावी उपायों से वर्षा जल को संरक्षित कर भू-जल स्तर को बढ़ाया जा सकता है। उन्होंने ग्रामीणों से अपील की कि वे इस प्रकार के कार्यों में नियमित रूप से सहभागिता सुनिश्चित करें तथा अपने गांव में जल संरक्षण की दिशा में निरंतर प्रयास करें। उन्होंने कहा कि इस तरह के प्रयास आने वाली पीढिय़ों के लिए जल उपलब्धता सुनिश्चित करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। इस दौरान सीईओ छुरिया होरी लाल साहू, सरपंच नरेश शुक्ला, जनप्रतिनिधिगण एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे।
ग्राम घुपसाल के सभी किसानों ने कम पानी वाली फसलों को अपनाकर दिया नया उदाहरण
कम पानी वाली फसलों से बढ़ा ग्राम का भू-जल स्तर
राजनांदगांव । छुरिया विकासखंड के ग्राम घुपसाल में किसानों द्वारा जल संरक्षण की दिशा में सराहनीय पहल करते हुए रबी सीजन में धान जैसी अधिक पानी की आवश्यकता वाली फसल के स्थान पर कम पानी में तैयार होने वाली फसलों का उत्पादन किया जा रहा है। यह परिवर्तन क्षेत्र में जल संकट को ध्यान में रखते हुए किसानों की जागरूकता और सकारात्मक सोच के साथ सामूहिक निर्णय लेकर किया गया। जिससे ग्राम का भू-जल स्तर बढ़ा है।
कलेक्टर जितेन्द्र यादव ने आज छुरिया विकासखंड के ग्राम घुपसाल पहुंचकर किसानों द्वारा किए जा रहे इस नवाचार का अवलोकन किया। उन्होंने खेतों में जाकर फसलों की स्थिति देखी तथा किसानों से चर्चा कर उनकी खेती की पद्धतियों एवं अनुभवों की जानकारी ली। कलेक्टर ने किसानों की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि कम पानी में अधिक उत्पादन देने वाली फसलों को अपनाना वर्तमान समय की आवश्यकता है। इससे न केवल जल संरक्षण संभव होगा, बल्कि खेती की लागत में कमी आने के साथ किसानों की आय में भी वृद्धि होगी। उन्होंने अन्य किसानों को भी इस मॉडल को अपनाने के लिए प्रेरित करने कहा।
ग्रामीणों ने बताया कि इस बदलाव से पानी की बचत हो रही है और फसल उत्पादन भी बेहतर हो रहा है। उन्होंने जानकारी दी कि पूर्व में गर्मी के मौसम में भू-जल स्तर नीचे चले जाने से सूखे जैसी स्थिति बन जाती थी। मार्च माह के बाद गांव के तालाब, हैंडपंप एवं नालों में पानी नहीं रहता था, जिससे पेयजल एवं निस्तारी की गंभीर समस्या उत्पन्न होती थी। ग्रामीणों ने बताया कि ग्राम के सामूहिक प्रयास एवं महत्वपूर्ण निर्णय से इस वर्ष लगभग 350 एकड़ से अधिक रकबे में रबी मौसम में मक्का एवं अन्य दलहन-तिलहन जैसी कम पानी वाली फसलों का उत्पादन किया गया है। इसके परिणामस्वरूप ग्राम में भू-जल स्तर में वृद्धि हुई है तथा पेयजल एवं निस्तारी कार्यों के लिए पर्याप्त पानी उपलब्ध है। उन्होंने उदाहरण देते हुए बताया कि जहां पूर्व में फागुन माह के बाद तालाब सूख जाते थे, वहीं इस वर्ष अभी भी निस्तारी के लिए पर्याप्त पानी उपलब्ध है। इस दौरान जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती किरण वैष्णव एवं मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत सुश्री सुरूचि सिंह, सीईओ छुरिया होरी लाल साहू, सरपंच नरेश शुक्ला, जनप्रतिनिधिगण एवं बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित थे।
खनिजों का अवैध परिवहन करने पर लगातार की जा रही कार्रवाई
पाटेकोहरा चेकपोस्ट बैरियर के समीप रेत का अवैध परिवहन करने पर हाईवा जप्त
राजनांदगांव । कलेक्टर जितेन्द्र यादव के निर्देशानुसार जिले में खनिजों के अवैध उत्खनन एवं परिवहन पर लगातार सख्त कार्रवाई की जा रही है। इसी क्रम में नायब तहसीलदार लाल बहादुर नगर राजेश नेताम द्वारा पाटेकोहरा चेकपोस्ट बैरियर के समीप चारामा (कांकेर) से रेत परिवहन कर रहे हाईवा क्रमांक सीजी 08 बीडी 5999 की जांच की गई। जांच के दौरान ग्राम बैरागीभेड़ी तहसील छुरिया निवासी वाहन चालक हेमचंद से खनिज परिवहन हेतु आवश्यक पीट पास एवं अन्य वैध दस्तावेजों की मांग की गई। वाहन चालक द्वारा वैध दस्तावेज प्रस्तुत नहीं किए जाने पर रेत सहित वाहन को जप्त कर थाना चिचोला को सुपुर्द किया गया। राजस्व विभाग द्वारा खनिजों के अवैध उत्खनन, परिवहन एवं भण्डारण की रोकथाम के लिए लगातार गश्त और निगरानी की जा रही है तथा इस प्रकार की कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी।
बाल विवाह रोकथाम के लिए प्रशासन सतर्क
राजनांदगांव । शासन के निर्देशानुसार अक्षय तृतीया के अवसर पर कम उम्र के बालक-बालिकाओं के विवाह पर रोक लगाने हेतु जिला प्रशासन द्वारा व्यापक स्तर पर निगरानी एवं जनजागरूकता अभियान संचालित किया जा रहा है। बाल विवाह मुक्त छत्तीसगढ़ अभियान अंतर्गत जिले, विकासखण्ड एवं ग्राम स्तर पर लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में जनजागरूकता कार्यक्रमों के माध्यम से लोगों को बाल विवाह के दुष्परिणामों के प्रति जागरूक किया जा रहा है। वर्ष 2025-26 के दौरान जिले में प्राप्त 4 बाल विवाह की सूचनाओं पर त्वरित कार्रवाई करते हुए सभी मामलों में सफलतापूर्वक रोकथाम की गई है।
जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल विकास श्रीमती गुरप्रीत कौर ने बताया कि 18 वर्ष से कम आयु की बालिकाओं एवं 21 वर्ष से कम आयु के बालकों का शारीरिक एवं मानसिक विकास पूर्ण नहीं होता, जिससे उनके जीवन में गंभीर बाधाएं उत्पन्न होती हैं। साथ ही शिक्षा बाधित होने से उनका भविष्य प्रभावित होता है। इसी उद्देश्य से बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम 2006 लागू किया गया है। उन्होंने नागरिकों से किसी भी क्षेत्र में बाल विवाह की सूचना मिलने पर पहले सामाजिक स्तर पर रोकने का प्रयास करने की अपील की है। यदि रोकथाम संभव न हो तो चाइल्ड हेल्पलाइन 1098, महिला हेल्पलाइन 181 तथा आपातकालीन नंबर 112 पर तत्काल सूचना दें, ताकि समय कार्रवाई करते हुए बाल विवाह को रोका जा सके। उन्होंने बताया कि अधिनियम के तहत बाल विवाह कराने, उसमें शामिल होने या सहयोग करने वाले व्यक्तियों, वैवाहिक अनुष्ठानकर्ता, बैण्ड पार्टी एवं टेंट संचालक के विरूद्ध 2 वर्ष तक की सजा एवं 1 लाख रूपए तक के जुर्माने का प्रावधान है। बाल विवाह रोकथाम के लिए जिला कार्यक्रम अधिकारी, महिला एवं बाल विकास अधिकारी, परियोजना अधिकारी, पर्यवेक्षक तथा ग्राम पंचायत सचिवों को बाल विवाह प्रतिषेध अधिकारी नियुक्त किया गया है। जिला प्रशासन द्वारा बाल विवाह मुक्त छत्तीसगढ़ अभियान के लिए जनप्रतिनिधियों, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, शिक्षकों, स्वसहायता समूहों एवं नागरिकों से सक्रिय सहयोग करने की अपील की गई है।
दृष्टिबाधित छात्र कीर्तन निषाद को उच्च शिक्षा हेतु मिला नि:शुल्क मोबाइल
राजनांदगांव । समाज कल्याण विभाग द्वारा दृष्टिबाधित छात्र कीर्तन निषाद को उच्च शिक्षा में डिजिटल सहयोग प्रदान करने के उद्देश्य से नि:शुल्क मोबाइल उपलब्ध कराया गया। उप संचालक समाज कल्याण श्रीमती वैशाली मरडवार ने छात्र कीर्तन निषाद को मोबाइल प्रदान करते हुए उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दी और अध्ययन में मोबाईल के बेहतर उपयोग के लिए प्रेरित किया।
उल्लेखनीय है कि राजनांदगांव विकासखंड के ग्राम मोहबा निवासी कीर्तन निषाद जन्म से दृष्टिबाधित दिव्यांग हैं और पढ़ाई में अत्यंत मेधावी रहे हैं। उन्होंने कक्षा 8वीं तक की शिक्षा समाज कल्याण विभाग से मान्यता प्राप्त संस्था अभिलाषा में रहकर पूर्ण की तथा कक्षा 12वीं तक की पढ़ाई शासकीय दृष्टि एवं श्रवण बाधितार्थ विद्यालय मठपुरैना रायपुर से पूरी की। वर्तमान में उन्होंने उच्च शिक्षा के लिए चित्रकूट उत्तरप्रदेश स्थित विशेष विद्यालय में प्रवेश लेकर अध्ययन जारी रखा है। पढ़ाई में डिजिटल सहयोग हेतु उन्होंने जिला समाज कल्याण कार्यालय में नि:शुल्क मोबाइल के लिए आवेदन किया था, जिस पर त्वरित कार्रवाई करते हुए उन्हें मोबाइल प्रदान किया गया। मोबाइल प्राप्त कर कीर्तन निषाद ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए इसे अपनी पढ़ाई में उपयोग कर बेहतर प्रदर्शन करने की बात कही। उन्होंने नि:शुल्क मोबाइल उपलब्ध कराने के लिए शासन को धन्यवाद ज्ञापित किया।
अंतिम पात्र-अपात्र सूची जारी
राजनांदगांव । महिला एवं बाल विकास विभाग अंतर्गत सखी वन स्टॉप सेंटर राजनांदगांव में केसवर्कर के 1 पद, बहुद्देशीय कर्मचारी व रसोईया के 1 पद पर भर्ती के लिए प्राप्त दावा-आपत्ति के निराकरण पश्चात अंतिम पात्र-अपात्र सूची जारी की गई है। जारी अंतिम पात्र-अपात्र सूची का अवलोकन राजनांदगांव जिले की वेबसाईट एवं कार्यालय जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल विकास विभाग के सूचना पटल पर किया जा सकता है।
प्रवासी मजदूरों को 5 किलो फ्री ट्रेड एलपीजी सिलेण्डर प्रदान करने के निर्देश
राजनांदगांव । भारत सरकार के निर्देशानुसार प्रवासी मजदूरों को 5 किलो फ्री ट्रेड एलपीजी सिलेण्डर उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए है। इस संबंध में जिला खाद्य अधिकारी रविन्द्र कुमार द्वारा जिले के सभी गैस वितरक संचालकों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। जारी निर्देशों के अनुसार प्रवासी मजदूरों को 5 किलो वाले फ्री ट्रेड एलपीजी सिलेण्डर संबंधित गैस वितरण केन्द्रों के माध्यम से प्रदान किए जाएंगे। सिलेण्डर प्राप्त करने के लिए आवेदक को पु्रफ ऑफ आईडेंटिटी (पीओआई) हेतु आधार कार्ड आवेदक की नियमानुसार सहमति से तथा श्रम विभाग द्वारा जारी श्रमिक पंजीयन प्रमाण पत्र की प्रति एलपीजी वितरक द्वारा प्राप्त की जाएगी तथा इसके उपरांत नवीन कनेक्शन रिफिल सिलेण्डर प्रदान किया जाएगा। एलपीजी वितरक द्वारा 5 किलो के फ्री ट्रेड एलपीजी सिलेण्डर के दैनिक उपलब्ध स्टॉक, दैनिक विक्रय मात्रा तथा बचत स्टॉक की पंजी संधारित की जाएगी तथा दैनिक जानकारी कार्यालय कलेक्टर खाद्य शाखा राजनांदगांव को उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं। 5 किलो के फ्री ट्रेड एलपीजी सिलेण्डर के व्यपवर्तन एवं किसी प्रकार के दुरूपयोग पाए जाने पर जिला प्रशासन द्वारा नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।
एसआईएस लिमिटेड द्वारा जिले में सुरक्षा जवान भर्ती शिविर
युवाओं को रोजगार का अवसर
राजनांदगांव । जिले में एसआईएस लिमिटेड द्वारा 16 अप्रैल से 25 अप्रैल 2026 तक प्रतिदिन सुबह 10.30 बजे से शाम 4.30 बजे तक विभिन्न स्थानों पर सुरक्षा जवानों के पंजीयन एवं भर्ती शिविर आयोजित किए जा रहे हैं। इन शिविरों के माध्यम से क्षेत्रीय स्तर पर युवाओं को रोजगार के अवसर उपलब्ध कराए जा रहे हैं। इसके तहत 16 अप्रैल को बागनदी, 17 अप्रैल को बोरतालाव एवं 18 अप्रैल को डोंगरगढ़ में शिविर का आयोजन किया गया। इसी तरह 20 अप्रैल को जोब, 21 अप्रैल को गैंदाटोला, 22 अप्रैल को छुरिया, 23 अप्रैल को तुमड़ीबोड़, 24 अप्रैल को डोंगरगांव तथा 25 अप्रैल को रक्षित आरक्षी केन्द्र राजनांदगांव में सुरक्षा जवानों के पंजीयन एवं भर्ती शिविर का आयोजन किया जाएगा।
उल्लेखनीय है कि एसआईएस लिमिटेड द्वारा भारत सरकार के गृह मंत्रालय अंतर्गत सिविल डिफेंस डायरेक्टरेट नई दिल्ली के साथ एक महत्वपूर्ण समझौता किया गया है। इसके तहत कंपनी अपने 3 लाख से अधिक कर्मचारियों को एडीआरएफ सहित विभिन्न सरकारी एजेंसियों एवं संस्थाओं के माध्यम से प्रशिक्षित कर देश सेवा के लिए सिविल डिफेंस वालंटियर के रूप में तैयार करती है। एसआईएस लिमिटेड देश की प्रमुख मल्टीनेशनल सुरक्षा कंपनियों में से एक है, जो भारत सरकार द्वारा पारित प्राइवेट सिक्योरिटी एजेंसी (रेगुलेशन) एक्ट-2005 अंतर्गत प्रशिक्षण प्रदान करती है।
महतारी वंदन योजना के हितग्राहियों का ऑनलाइन ई-केवाईसी सत्यापन कार्य जारी
- सत्यापन अवधि में भी खातों में मिलती रहेगी राशि
राजनांदगांव । शासन के निर्देशानुसार जिले में महतारी वंदन योजना के हितग्राहियों का ऑनलाइन ई-केवाईसी सत्यापन कार्य निरंतर जारी है। जिले में प्रतिदिन हजारों हितग्राहियों का सत्यापन किया जा रहा है। जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल विकास श्रीमती गुरप्रीत कौर ने बताया कि जिले में लगभग 2 लाख 41 हजार हितग्राहियों का ई-केवाईसी सत्यापन किया जाना है। अब तक लगभग 80 हजार से अधिक हितग्राहियों का सत्यापन पूर्ण किया जा चुका है, जबकि शेष लगभग 1 लाख 60 हजार हितग्राहियों का सत्यापन निर्धारित समय-सीमा में पूर्ण कर किया जाएगा। उन्होंने बताया कि ई-केवाईसी सत्यापन की अंतिम तिथि पहले 30 जून निर्धारित थी, जिसे बढ़ाकर अब 30 जुलाई 2026 कर दिया गया है, ताकि सभी पात्र हितग्राही आसानी से अपना सत्यापन करा सकें। सत्यापन अवधि के दौरान भी योजना के पात्र हितग्राहियों के खातों में राशि का अंतरण पूर्ववत जारी रहेगा। ई-केवाईसी प्रक्रिया के सुचारू संचालन के लिए जिले में ऑपरेटर्स (वीएलई) की नियुक्ति की गई है। जिन क्षेत्रों में अभी ऑपरेटर उपलब्ध नहीं हैं, वहां भी चरणबद्ध तरीके से नियुक्ति की जा रही है। जिससे शहरी एवं ग्रामीण सभी क्षेत्रों के हितग्राहियों को सुविधा मिल सके। हितग्राहियों से 30 जुलाई 2026 के पूर्व अपने निकटतम शिविर स्थल पर पहुंचकर अनिवार्य रूप से ई-केवाईसी सत्यापन पूर्ण कराने की अपील की गई है।
जिले में जनगणना 2027 के अंतर्गत तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम प्रारंभ
- जनगणना 2027 का प्रथम चरण 1 मई से होगा शुरू
राजनांदगांव । जिले में जनगणना 2027 के अंतर्गत आज से पदुमलाल पुन्नालाल बख्शी स्कूल राजनांदगांव में तीन दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम प्रारंभ किया गया। प्रशिक्षण में जनगणना कार्य से जुड़े अधिकारियों एवं कर्मचारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश प्रदान किए जा रहे हैं। प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को मकान सूचीकरण एवं आवास गणना की प्रक्रिया, प्रपत्रों के सही संधारण, आंकड़ा संकलन की विधि तथा कार्य के दौरान बरती जाने वाली सावधानियों के संबंध में विस्तार से जानकारी दी जा रही है। साथ ही निर्धारित समय-सीमा में गुणवत्तापूर्ण कार्य सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए।
भारत सरकार द्वारा आयोजित जनगणना 2027 की तैयारियां जिले में तेजी से जारी हैं। जनगणना दो चरणों में आयोजित की जाएगी। जिसमें प्रथम चरण के अंतर्गत मकान सूचीकरण एवं आवास गणना का कार्य 1 मई 2026 से प्रारंभ किया जाएगा। अधिकारियों ने बताया कि जनगणना एक महत्वपूर्ण राष्ट्रीय कार्य है, जिसके माध्यम से प्राप्त आंकड़े शासन की योजनाओं के निर्माण एवं प्रभावी क्रियान्वयन में सहायक होते हैं। सभी संबंधित कर्मचारियों को पूर्ण जिम्मेदारी एवं गंभीरता के साथ अपने दायित्वों का निर्वहन करने के निर्देश दिए गए।
कलेक्टर ने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र आयुष्मान आरोग्य मंदिर सुरगी का किया निरीक्षण
राजनांदगांव । कलेक्टर जितेन्द्र यादव ने आज सुबह प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र आयुष्मान आरोग्य मंदिर सुरगी का निरीक्षण कर स्वास्थ्य सेवाओं की व्यवस्थाओं का जायजा लिया। उन्होंने अस्पताल में साफ-सफाई एवं सुव्यवस्थित संचालन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने प्रत्येक दिवस के लिए अलग-अलग रंग के बेडशीट निर्धारित प्रोटोकॉल के अनुसार रखने के निर्देश दिए, ताकि अस्पताल में बेहतर प्रबंधन एवं स्वच्छता बनी रहे। उन्होंने एनसीडी जांच शिविर में आने वाले मरीजों को नियमित रूप से योग करने के लिए प्रेरित करने कहा, जिससे स्वस्थ जीवनशैली अपनाकर बीमारियों से बचाव किया जा सके। कलेक्टर ने एचपीवी टीकाकरण अभियान की प्रगति की जानकारी ली और सेक्टर की 14 वर्ष से अधिक आयु की बालिकाओं को प्रोत्साहित करते हुए शत-प्रतिशत टीकाकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। इस अवसर पर सीईओ जिला पंचायत सुश्री सुरूचि सिंह, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. एनआर नवरतन, जिला कार्यक्रम प्रबंधक संदीप ताम्रकार एवं प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के चिकित्सा अधिकारी डॉ. तेजेंद्र वर्मा सहित स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे।
कलेक्टर ने योगाभ्यास में लिया भाग
राजनांदगांव । कलेक्टर जितेन्द्र यादव ने आज राजनांदगांव विकासखंड के आयुष्मान आरोग्य मंदिर सुरगी में स्वस्थ जीवनशैली अभियान के अंतर्गत प्रतिदिन आयोजित प्रात:कालीन योगाभ्यास कार्यक्रम का निरीक्षण किया और योगाभ्यास सत्र में शामिल हुए। उन्होंने उपस्थित योग लाभार्थियों को नियमित योग करने के लिए प्रोत्साहित करते हुए कहा कि विशेषकर 30 वर्ष से अधिक आयु के लोगों को योग को अपनी दिनचर्या में अनिवार्य रूप से शामिल करना चाहिए। कलेक्टर ने गैर संचारी रोगों में योग एवं स्वस्थ जीवनशैली के महत्व पर प्रकाश डालते हुए बताया कि वर्तमान की भागदौड़ भरी जीवनशैली और बढ़ते तनाव के कारण मधुमेह, उच्च रक्तचाप एवं मोटापे जैसी बीमारियों का खतरा बढ़ रहा है। इनसे बचाव के लिए योग सबसे प्रभावी माध्यम है। उन्होंने सभी नागरिकों को प्रतिदिन कम से कम 30 से 45 मिनट योगाभ्यास करने की सलाह दी।
कलेक्टर ने आयुष्मान आरोग्य मंदिर में संचालित राष्ट्रीय कार्यक्रमों एवं अन्य योजनाओं की जानकारी ली तथा योग लाभार्थियों की संख्या बढ़ाने के निर्देश दिए। उन्होंने योग सत्र में उपस्थित अभ्यासियों के अनुशासन एवं उत्साह की सराहना करते हुए प्रशिक्षकों द्वारा सिखाए जा रहे विभिन्न आसनों एवं प्राणायाम की विधियों का अवलोकन किया और योग सत्रों को नियमित रूप से आयोजित करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने योग शिविर में उपस्थित ग्रामवासियों से उनकी समस्याएं भी सुनीं और उनके निराकरण का आश्वासन दिया। साथ ही उन्होंने ग्रामीणों को सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना का लाभ लेते हुए अपने घरों में सोलर प्लांट स्थापित करने के लिए प्रेरित किया। योगाभ्यास के उपरांत लाभार्थियों को रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने हेतु आयुष काढ़ा एवं पौष्टिक अंकुरित चना-मूंग का वितरण किया गया। स्वस्थ जीवनशैली अभियान अंतर्गत सभी आयुष्मान आरोग्य मंदिर (आयुष ) में योग प्रशिक्षकों द्वारा प्रतिदिन योगाभ्यास तथा अन्य सभी आयुष्मान आरोग्य मंदिरों में प्रति बुधवार योग शिविर का आयोजन किया जा रहा है। इस अवसर पर मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत सुश्री सुरूचि सिंह, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नेतराम नवरतन, जिला आयुष अधिकारी, जिला कार्यक्रम प्रबंधक संदीप ताम्रकार, आयुष्मान आरोग्य मंदिर (आयुष) प्रभारी डॉ. मधु बंछोड़, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र सुरगी के चिकित्सक एवं स्टाफ, योग प्रशिक्षक भोजराज नेताम, अंशकालिक स्वच्छक भागवत साहू सहित जनप्रतिनिधि एवं ग्रामवासी उपस्थित थे।