छत्तीसगढ़ / सरगुजा
कलेक्टर ने धान उपार्जन केन्द्रों का किया निरीक्षण,किसानों से ली धान खरीदी व्यवस्था पर प्रतिक्रिया, धान उठाव में प्रगति लाने के दिए निर्देश
अम्बिकापुर 12 दिसम्बर 2025
कलेक्टर श्री विलास भोसकर ने आज जिले के धान उपार्जन केंद्रों का निरीक्षण कर खरीदी व्यवस्था का जायजा लिया। उन्होंने केंद्रों में बारदाना उपलब्धता, धान तौल, हमाल भुगतान, रकबा समर्पण व टोकन व्यवस्था सहित संपूर्ण प्रक्रिया की विस्तृत जानकारी ली।
निरीक्षण के दौरान कलेक्टर सबसे पहले बोदा धान उपार्जन केंद्र पहुंचे, जहां उन्होंने किसानों से प्रत्यक्ष बातचीत की। किसान निर्मल भगत और जोजश कुजूर ने बताया कि टोकन काटने में किसी भी प्रकार की समस्या नहीं हुई। केंद्र पहुंचते ही बारदाना उपलब्ध हुआ और तौल प्रक्रिया भी सुचारू रूप से सम्पन्न हुई। किसानों ने खरीदी व्यवस्था पर संतोष व्यक्त करते हुए शासन एवं जिला प्रशासन का धन्यवाद दिया।
कलेक्टर श्री भोसकर ने बतौली ब्लॉक के सेदम तथा सीतापुर ब्लॉक के भूसु और सीतापुर धान उपार्जन केंद्रों का निरीक्षण किया। उन्होंने केंद्रों में धान की गुणवत्ता जांच, तौल मशीनों की कार्यशीलता, बारदाना उपलब्धता, हमाल भुगतान और सुरक्षा व्यवस्था का भी परीक्षण किया। उन्होंने संबंधित अधिकारियों को किसानों को बिना प्रतीक्षा के त्वरित सुविधा उपलब्ध कराने और सभी व्यवस्थाओं को लगातार अपडेट रखने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रत्येक केंद्र में पारदर्शिता, समयबद्धता और सुरक्षा सुनिश्चित की जाए, केंद्रों में भीड़ प्रबंधन, टोकन वितरण और भुगतान प्रक्रिया को और अधिक सुव्यवस्थित रखा जाए, ताकि किसानों को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
जिला प्रशासन द्वारा सभी केंद्रों की नियमित निगरानी जारी है और खरीदी प्रक्रिया में किसी भी प्रकार की बाधा उत्पन्न न हो, इसके लिए पूर्णतः सतर्कता बरती जा रही है। जिससे जिले में सुचारू एवं कुशल धान खरीदी व्यवस्था सुनिश्चित हो सके।
इस दौरान एसडीएम श्री रामसिंह ठाकुर, जिला खाद्य अधिकारी श्री बी एस कांमठे, डीएमओ श्री अरुण विश्वकर्मा सहित विभागीय अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे।
मनरेगा के तहत सरगुजा जिले में 274 हितग्राहियों को डबरी निर्माण की स्वीकृति
ग्रामीण आजीविका सशक्त करने और जल संरक्षण को मिलेगा नया बल
रायपुर, 11 दिसम्बर 2025

छत्तीसगढ़ में मनरेगा के माध्यम से जल संरक्षण और ग्रामीण आजीविका को मजबूती देने के लिए निरंतर प्रभावी कदम उठाए जा रहे हैं। इसी क्रम में सरगुजा जिले में 274 हितग्राहियों को आजीविका डबरी निर्माण की स्वीकृति प्रदान की गई है, जिससे जल संचयन के साथ-साथ ग्रामीण परिवारों को आय बढ़ाने के नए अवसर मिलेंगे।
जिला पंचायत मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री विनय अग्रवाल ने बताया कि जिले में वाटरशेड आधारित योजना के तहत जीआईएस एवं क्लार्ट एप का उपयोग कर वैज्ञानिक पद्धति से स्थलों का चयन किया गया है। उन्होंने कहा कि डबरी निर्माण न केवल जल संरक्षण का सशक्त माध्यम है, बल्कि इससे ग्रामीणों को मछली पालन, सिंचाई सुविधा और बहुफसली खेती के रूप में स्थायी आजीविका भी प्राप्त हो रही है।
जिले के विभिन्न विकासखण्डों में स्वीकृत डबरी निर्माण कार्य इस प्रकार हैं-
अंबिकापुर 36, लखनपुर 27, बतौली 31, उदयपुर 45, मैनपाट 50, सीतापुर 63 तथा लुण्ड्रा 22 में अधिकांश स्थलों पर निर्माण कार्य प्रारंभ हो चुका है।
सीईओ श्री अग्रवाल ने बताया कि आजीविका डबरियों के साथ-साथ मनरेगा के तहत बोल्डर चेक डेम, नवीन आंगनबाड़ी भवन, नवीन तालाब निर्माण और तालाब गहरीकरण जैसे संरचनात्मक कार्य भी तेजी से किए जा रहे हैं, जिससे जल संरक्षण तंत्र मजबूत होगा और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को स्थायी आधार मिलेगा।
मनरेगा के इन प्रयासों से सरगुजा जिले में जल-संरक्षण संरचनाओं का विस्तार होगा और ग्रामीण परिवारों को खेती, मछली पालन और अन्य गतिविधियों से नियमित आय अर्जित करने में सहायता मिलेगी।
जिले में राष्ट्रीय कुष्ठ उन्मूलन कार्यक्रम की हुई शुरुआत
सर्वे दल घर-घर पहुंचकर करेंगे लोगों की जांच
अम्बिकापुर, 09 दिसम्बर 2025
राष्ट्रीय कुष्ठ उन्मूलन कार्यक्रम के अंतर्गत मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.पी.एस. मार्को के निर्देशानुसार जिला कुष्ठ अधिकारी एवं जिला कार्यक्रम प्रबंधक के मार्गदर्शन में जिले में 08 दिसम्बर से 31 दिसम्बर 2025 तक सघन कुष्ठ खोज अभियान का आयोजन किया जाना है। कार्यक्रम की शुरुआत सोमवार को कुष्ठ जागरूकता रथ को हरी झण्डी दिखा कर किया गया। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ.पी.एस. मार्को ने बताया कि इस कार्यक्रम के अंतर्गत जिले के सभी विकासखण्डों के शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में चयनित सर्वे दल द्वारा घर-घर जा कर सभी व्यक्तियों का कुष्ठ के लक्षणों के आधार पर जांच किया जाएगा। कुष्ठ के संभावित आने पर उस व्यक्ति का चिकित्सा अधिकारी के द्वारा सुनिश्चित कर उपचार प्रारंभ किया जाएगा। जिला कुष्ठ अधिकारी के द्वारा बताया गया है कि कुष्ठ कोई छुआ छुत की बीमारी नहीं है. यह संक्रमित व्यक्ति के खांसने, छींकने से उसके संपर्क में आने से शरीर की प्रतिरोधक क्षमता कमजोर होने से हो सकती है। कुष्ठ का ईलाज संभव है। उन्होंने लोगों से अपील करते हुए कहा कि इससे घबराए नहीं जांच दल आने पर अपना जांच अवश्य करवाएं।
धान उपार्जन केंद्रों में बेहतर व्यवस्थाओं से किसानों के लिए धान विक्रय हुआ आसान
पारदर्शी प्रक्रिया और सुविधाओं से संतुष्ट हुए किसान
अंबिकापुर, 06 दिसंबर 2025
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ में समर्थन मूल्य पर धान खरीदी व्यवस्था को और अधिक सुव्यवस्थित, पारदर्शी और किसान हितैषी बनाया गया है। शासन के निर्देशों के अनुरूप प्रदेशभर के धान उपार्जन केंद्रों में किसानों की सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए सभी आवश्यक प्रबंध सुनिश्चित किए गए हैं। इसका सकारात्मक परिणाम यह है कि किसान बिना किसी बाधा के सुगमता से अपना धान विक्रय कर पा रहे हैं।
इसी क्रम में सरगुजा जिले के अंबिकापुर विकासखंड के ग्राम मुडेसा निवासी किसान श्री मीना राम विश्वकर्मा ने धान खरीदी व्यवस्था पर संतोष व्यक्त किया। उन्होंने बताया कि उनकी 1 एकड़ 16 डिसमिल भूमि से उत्पन्न 21 क्विंटल धान को वे मेंड्राकला उपार्जन केंद्र में बेचने पहुंचे, जहां उन्हें टोकन कटाने से लेकर धान की तौल तक किसी प्रकार की परेशानी का सामना नहीं करना पड़ा।
किसान श्री विश्वकर्मा ने बताया कि उपार्जन केंद्र पहुंचते ही नमी परीक्षण, गुणवत्ता जांच और अन्य प्रक्रियाएं तत्काल पूर्ण कर ली गईं। केंद्र में पर्याप्त बारदाना उपलब्ध था और धान की तौल पूरी तरह पारदर्शी तरीके से संपन्न हुई। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में किसानों को 3,100 रुपये प्रति क्विंटल समर्थन मूल्य मिल रहा है, जिससे किसानों को प्रत्यक्ष आर्थिक लाभ हो रहा है और उनकी आय में वृद्धि हुई है। श्री विश्वकर्मा ने इसके लिए मुख्यमंत्री के प्रति आभार व्यक्त किया।
जिला प्रशासन द्वारा शासन के निर्देशों के अनुसार सभी उपार्जन केंद्रों में बैठने की व्यवस्था, पेयजल, नमी मापक उपकरण, इलेक्ट्रॉनिक तौल मशीन, टोकन प्रणाली और पर्याप्त बारदाने जैसी सुविधाओं को प्राथमिकता के साथ उपलब्ध कराया गया है। निरंतर निरीक्षण और मॉनिटरिंग के कारण खरीदी कार्य पूरी तरह सुचारू और पारदर्शी रूप से संचालित हो रहा है, जिससे किसानों को कहीं भी समस्या का सामना नहीं करना पड़ रहा है।
ग्राम बकिरमा में महा परीक्षा अभियान को लेकर निकाली गई मशाल रैली, शिक्षा के प्रति दिया जागरूकता का संदेश
अम्बिकापुर, 06 दिसम्बर 2025
जिला शिक्षा अधिकारी सरगुजा डॉ. दिनेश कुमार झा के नेतृत्व में अंबिकापुर विकासखंड के ग्राम बकिरमा में महा परीक्षा अभियान के प्रति जागरूकता और सकारात्मक माहौल तैयार करने हेतु मशाल रैली का आयोजन किया गया।
रैली की शुरुआत “ले मसाले चल पड़े हैं लोग मेरे गांव के” गीत और साक्षरता संबंधी नारों के साथ हुई, जिसने पूरे गांव में शिक्षा के प्रति उत्साह और जागरूकता का वातावरण बना दिया।
इस उत्साहपूर्ण रैली में ग्राम पंचायत की सरपंच श्रीमती सोनू तिग्गा, पंच गण, गांव के स्वयंसेवी शिक्षक, महिलाएं, स्कूली विद्यार्थी, जिला परियोजना अधिकारी गिरीश गुप्ता, विकासखंड परियोजना अधिकारी कमलेश वर्मा, सत्यनारायण भगत, जन शिक्षण संस्थान के निदेशक एम. सिद्दीकी, डबल राय, सुनिता दास, सचिव, रोजगार सहायक सहित बड़ी संख्या में ग्रामवासी एवं युवा शामिल हुए।
मशाल रैली के दौरान अधिकारियों ने गांववासियों से महा परीक्षा अभियान को सफल बनाने, बच्चों की पढ़ाई में सहयोग देने और शिक्षा के महत्व को समझाने की अपील की।
उल्लास नवभारत साक्षरता कार्यक्रम के अंतर्गत राज्यव्यापी शिक्षार्थी आंकलन महापरीक्षा 07 दिसम्बर को
अम्बिकापुर 05 दिसम्बर 2025
कलेक्टर श्री विलास भोसकर के मार्गदर्शन तथा जिला पंचायत सीईओ श्री विनय कुमार अग्रवाल के नेतृत्व में उल्लास नवभारत साक्षरता कार्यक्रम के तहत राज्य साक्षरता मिशन प्राधिकरण, रायपुर के तत्वाधान में राज्यव्यापी शिक्षार्थी आंकलन महापरीक्षा अभियान का आयोजन 07 दिसम्बर 2025, रविवार को प्रातः 10:00 बजे से शाम 05ः00 बजे तक किया जाएगा।
महापरीक्षा की तैयारियों को लेकर कार्यालय जिला साक्षरता मिशन प्राधिकरण, सरगुजा में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता जिला शिक्षा अधिकारी एवं सदस्य सचिव, जिला साक्षरता मिशन प्राधिकरण डॉ. दिनेश कुमार झा द्वारा की गई। उन्होंने सभी विकासखण्ड शिक्षा अधिकारियों एवं विकासखण्ड परियोजना अधिकारियों को विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए।
उन्होंने बताया कि सरगुजा जिले के लिए 24414 परीक्षार्थियों को साक्षर करने का लक्ष्य निर्धारित है। समाज के सभी वर्गों से अपील की गई है कि वे अपने आसपास के ऐसे सभी शिक्षार्थियों को परीक्षा में शामिल कराने में सहयोग करें, जो उल्लास साक्षरता केन्द्रों के माध्यम से पढ़ना-लिखना सीख रहे हैं।
मॉनिटरिंग दल का गठन
कलेक्टर सरगुजा द्वारा जिला स्तर पर महापरीक्षा की निगरानी हेतु मॉनिटरिंग दल का गठन किया गया है। इनमें डॉ. दिनेश कुमार झा सम्पूर्ण जिला प्रभार,श्री के.सी. गुप्ता : विकासखण्ड बतौली,श्री सर्वजीत पाठक लखनपुर,श्री गिरीश गुप्ता अम्बिकापुर एवं सीतापुर,श्री रविशंकर तिवारी उदयपुर,श्री रमेश सिंह लुण्ड्रा,श्री सुनिल तिवारी मैनपाटसाथ ही राज्य स्तर से लोक शिक्षण संचालनालय के श्री अखिलेश तिवारी को भी सरगुजा जिले की मॉनिटरिंग का दायित्व सौंपा गया है।
जिले में 466 परीक्षा केन्द्र स्थापित
जिला परियोजना अधिकारी श्री गिरीश गुप्ता ने बताया कि जिले में 466 परीक्षा केन्द्र बनाए गए हैं। 200 घंटे की पढ़ाई पूर्ण करने वाले सभी शिक्षार्थी प्रातः 10 से सायं 5 बजे के बीच किसी भी समय परीक्षा देने आ सकते हैं। 15 वर्ष से अधिक आयु के ऐसे शिक्षार्थियों को शामिल किया जाएगा, जो शिक्षा की मुख्यधारा से कटे हुए हैं या पूर्व में विद्यालय त्याग चुके हैं।परीक्षा केन्द्रों में पेन उपलब्ध कराया जाएगा।प्रश्न पत्र तीन भागों कृ पढ़ना, लिखना, गणित - में विभाजित होगा। प्रत्येक भाग 50 अंकों का होगा एवं प्रत्येक में न्यूनतम 20 अंक अर्जित करना अनिवार्य है। प्रश्न हल करने के लिए 03 घंटे का समय दिया जाएगा।
उन्होंने ग्राम प्रभारी शिक्षकों, स्वयंसेवकों, स्वयं सहायता समूहों एवं मितानिनों से अनुरोध किया कि वे सभी पात्र शिक्षार्थियों को परीक्षा में शामिल कराने हेतु प्रेरित करें।राज्य स्त्रोत सदस्यों श्रीमती वंदना गुप्ता एवं श्री अभिलाष खरे द्वारा पावर प्वाइंट प्रेज़ेंटेशन के माध्यम से महापरीक्षा अभियान का प्रशिक्षण दिया गया।
कन्ट्रोल रूम की व्यवस्थासभी विकासखण्ड परियोजना अधिकारियों को निर्देशित किया गया है किअपने-अपने विकासखण्डों में कन्ट्रोल रूम स्थापित करें।परीक्षा दिवस में 11:30 बजे, 01:30 बजे एवं 03:50 बजे की रिपोर्टिंग जिला कन्ट्रोल रूम को भेजें।जिला कन्ट्रोल रूम प्रभारी श्री रजनीश मिश्रा (मो. +91-8319860214) एवं श्री अभिलाष खरे (मो. +91-7999183792) को सूचित करे।
बैठक में बीपीओ श्री कमलेश वर्मा, श्री सत्यनारायण भगत, श्री जय प्रकाश नारायण, प्राध्यापक श्री लालचंद सिंह, एसआरजी श्रीमती वंदना गुप्ता, बीपीओ शहरी श्रीमती इंदू मिश्रा, श्रीमती शालिनी शर्मा, मनोज कुमार, अभिलाष खरे, रजनीश मिश्रा, किरण खलखो, महिमा तिर्की, बरियो मिंज, मीनू तिर्की, दुर्गावती सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे।
उल्लास नवभारत साक्षरता कार्यक्रम के अंतर्गत राज्यव्यापी शिक्षार्थी आंकलन महापरीक्षा 07 दिसम्बर को
अम्बिकापुर 05 दिसम्बर 2025
कलेक्टर श्री विलास भोसकर के मार्गदर्शन तथा जिला पंचायत सीईओ श्री विनय कुमार अग्रवाल के नेतृत्व में उल्लास नवभारत साक्षरता कार्यक्रम के तहत राज्य साक्षरता मिशन प्राधिकरण, रायपुर के तत्वाधान में राज्यव्यापी शिक्षार्थी आंकलन महापरीक्षा अभियान का आयोजन 07 दिसम्बर 2025, रविवार को प्रातः 10:00 बजे से शाम 05ः00 बजे तक किया जाएगा।
महापरीक्षा की तैयारियों को लेकर कार्यालय जिला साक्षरता मिशन प्राधिकरण, सरगुजा में समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता जिला शिक्षा अधिकारी एवं सदस्य सचिव, जिला साक्षरता मिशन प्राधिकरण डॉ. दिनेश कुमार झा द्वारा की गई। उन्होंने सभी विकासखण्ड शिक्षा अधिकारियों एवं विकासखण्ड परियोजना अधिकारियों को विस्तृत दिशा-निर्देश जारी किए।
उन्होंने बताया कि सरगुजा जिले के लिए 24414 परीक्षार्थियों को साक्षर करने का लक्ष्य निर्धारित है। समाज के सभी वर्गों से अपील की गई है कि वे अपने आसपास के ऐसे सभी शिक्षार्थियों को परीक्षा में शामिल कराने में सहयोग करें, जो उल्लास साक्षरता केन्द्रों के माध्यम से पढ़ना-लिखना सीख रहे हैं।
मॉनिटरिंग दल का गठन
कलेक्टर सरगुजा द्वारा जिला स्तर पर महापरीक्षा की निगरानी हेतु मॉनिटरिंग दल का गठन किया गया है। इनमें डॉ. दिनेश कुमार झा सम्पूर्ण जिला प्रभार,श्री के.सी. गुप्ता : विकासखण्ड बतौली,श्री सर्वजीत पाठक लखनपुर,श्री गिरीश गुप्ता अम्बिकापुर एवं सीतापुर,श्री रविशंकर तिवारी उदयपुर,श्री रमेश सिंह लुण्ड्रा,श्री सुनिल तिवारी मैनपाटसाथ ही राज्य स्तर से लोक शिक्षण संचालनालय के श्री अखिलेश तिवारी को भी सरगुजा जिले की मॉनिटरिंग का दायित्व सौंपा गया है।
जिले में 466 परीक्षा केन्द्र स्थापित
जिला परियोजना अधिकारी श्री गिरीश गुप्ता ने बताया कि जिले में 466 परीक्षा केन्द्र बनाए गए हैं। 200 घंटे की पढ़ाई पूर्ण करने वाले सभी शिक्षार्थी प्रातः 10 से सायं 5 बजे के बीच किसी भी समय परीक्षा देने आ सकते हैं। 15 वर्ष से अधिक आयु के ऐसे शिक्षार्थियों को शामिल किया जाएगा, जो शिक्षा की मुख्यधारा से कटे हुए हैं या पूर्व में विद्यालय त्याग चुके हैं।परीक्षा केन्द्रों में पेन उपलब्ध कराया जाएगा।प्रश्न पत्र तीन भागों कृ पढ़ना, लिखना, गणित - में विभाजित होगा। प्रत्येक भाग 50 अंकों का होगा एवं प्रत्येक में न्यूनतम 20 अंक अर्जित करना अनिवार्य है। प्रश्न हल करने के लिए 03 घंटे का समय दिया जाएगा।
उन्होंने ग्राम प्रभारी शिक्षकों, स्वयंसेवकों, स्वयं सहायता समूहों एवं मितानिनों से अनुरोध किया कि वे सभी पात्र शिक्षार्थियों को परीक्षा में शामिल कराने हेतु प्रेरित करें।राज्य स्त्रोत सदस्यों श्रीमती वंदना गुप्ता एवं श्री अभिलाष खरे द्वारा पावर प्वाइंट प्रेज़ेंटेशन के माध्यम से महापरीक्षा अभियान का प्रशिक्षण दिया गया।
कन्ट्रोल रूम की व्यवस्थासभी विकासखण्ड परियोजना अधिकारियों को निर्देशित किया गया है किअपने-अपने विकासखण्डों में कन्ट्रोल रूम स्थापित करें।परीक्षा दिवस में 11:30 बजे, 01:30 बजे एवं 03:50 बजे की रिपोर्टिंग जिला कन्ट्रोल रूम को भेजें।जिला कन्ट्रोल रूम प्रभारी श्री रजनीश मिश्रा (मो. +91-8319860214) एवं श्री अभिलाष खरे (मो. +91-7999183792) को सूचित करे।
बैठक में बीपीओ श्री कमलेश वर्मा, श्री सत्यनारायण भगत, श्री जय प्रकाश नारायण, प्राध्यापक श्री लालचंद सिंह, एसआरजी श्रीमती वंदना गुप्ता, बीपीओ शहरी श्रीमती इंदू मिश्रा, श्रीमती शालिनी शर्मा, मनोज कुमार, अभिलाष खरे, रजनीश मिश्रा, किरण खलखो, महिमा तिर्की, बरियो मिंज, मीनू तिर्की, दुर्गावती सहित अन्य सदस्य उपस्थित रहे।
कलेक्टर जनदर्शन में नागरिकों से सुनी गई समस्याएं, अधिकारियों को निराकरण की कार्रवाई के निर्देश
अम्बिकापुर 01 दिसम्बर 2025
कलेक्टोरेट सभाकक्ष में आज कलेक्टर जनदर्शन का आयोजन किया गया, जिसमें जिले के शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों से आए बड़ी संख्या में नागरिकों ने अपनी समस्याएँ एवं शिकायतें प्रस्तुत कीं। कलेक्टर ने प्रत्येक आवेदक की बात ध्यानपूर्वक सुनते हुए संबंधित विभागीय अधिकारियों को तत्काल और प्रभावी कार्रवाई के निर्देश दिए।
जनदर्शन के दौरान लोगों ने मुख्य रूप से राजस्व,स्वास्थ्य, भूमि विवाद, पेंशन, आधार, ट्राइसाइकिल, तथा सड़क संबंधी विभिन्न समस्याएँ रखीं। कलेक्टर ने स्पष्ट निर्देश दिया कि प्राप्त आवेदनों की समयबद्ध जाँच की जाए तथा शेष मामलों का निश्चित समय सीमा में निराकरण सुनिश्चित किया जाए।
उन्होंने अधिकारियों को यह भी निर्देशित किया कि गंभीर एवं आपात प्रकृति के प्रकरणों को शीघ्रतम प्राथमिकता के साथ निपटाया जाए और आवेदकों को उनके मामलों की पारदर्शी एवं अद्यतन जानकारी उपलब्ध कराई जाए।
जनदर्शन में जिला पंचायत सीईओ श्री विनय कुमार अग्रवाल, अपर कलेक्टर श्री सुनील नायक, श्री अमित लाल ध्रुव, निगम कमिश्नर श्री डी. एन. कश्यप सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।
घंघरी में एनीकट निर्माण कार्य के लिए 3.68 करोड़ रूपए स्वीकृत
छत्तीसगढ़ शासन, जल संसाधन विभाग द्वारा सरगुजा जिले के विकासखण्ड-अंबिकापुर की घंघरी में एनीकट निर्माण कार्य के लिए 3 करोड़ 68 लाख 50 हजार रूपए स्वीकृत किए गए है। योजना से निस्तारी, भूजल संवर्धन, पेयजल, आवागमन एवं किसानों द्वारा स्वयं के साधन से 90 हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई सुविधा मिलेगी। सिंचाई योजना के निर्माण कार्यों को कराने के लिए मुख्य अभियंता हसदेव गंगा कछार, जल संसाधन विभाग अंबिकापुर को प्रशासकीय स्वीकृति दी गई है।
स्वामी आत्मानंद कॉलेजअंबिकापुर में जनजातीय गौरव दिवस का भव्य आयोजन
अंबिकापुर । स्वामी आत्मानंद शासकीय अंग्रेजी माध्यम मॉडल कॉलेज, अंबिकापुर (केशवपुर) में28 नवंबर 2025को 'जनजातीयनायको, संस्कृति और परंपरा' पर आधारित एक भव्य कार्यक्रम का सफलतापूर्वक आयोजन किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों ने माँ भारती और जनजातीय नायकों के छायाचित्र पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलन कर किया।माननीय विधायक प्रबोध मिंजने मुख्य अतिथि के रूप में कार्यक्रम को संबोधित करते हुएजनजातीय समाज की जीवनशैली और जनजातीय परंपराओं की विशिष्टताओंपर प्रकाश डाला। उन्होंने विभिन्नजनजातीय नायकोंके योगदान के बारे में विस्तार से बताया।
विशिष्ट अतिथि, महापौर श्रीमती मंजुषा भगतनेसरगुजिया बोलीमें अपनी बात रखी। उन्होंने जनजातीय समाज कीबोली और संस्कृति को बचाए रखनेऔर उसके संरक्षण के महत्व पर ज़ोर दिया।
मुख्य वक्ता, इंदर भगत (प्रदेश प्रवक्ता: राज्य जनजातीय गौरव युवा समाज) नेस्वतंत्रता संग्राम में जनजातीय समाज के नायकों की भूमिकाको बहुत ही विस्तार से बताते हुए सभी को प्रेरित किया।
कार्यक्रम में रविन्द्र स्वर्णकार जी, सुश्री पावन पूर्णाहुति भगत जी, श्रीराम भगत जी, यदुवंश केरकेट्टा जी, पावन हिमांशु भगत जी, मनोज पासवान जी उपस्थित रहे| कार्यक्रम की अध्यक्षता कॉलेज के प्राचार्यडॉ. रिज़वान उल्लाके द्वाराकिया।
कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं द्वाराजनजातीय नृत्यकी मनमोहक प्रस्तुति भी दी गई,कार्यक्रम में टीम उमंग द्वारा कर्मा नृत्य, कोमारम भीम आधारित नृत्य-नाटक, रंगोली, कॉस्ट्यूम प्रतियोगिता, पोस्टर–हैंडीक्राफ्ट प्रदर्शनी तथा जनजातीय व्यंजनों का फूड स्टॉल प्रमुख आकर्षण रहे।
कार्यक्रम को सफल बनाने में इस आयोजन कीसंयोजक मिस. मधुलिका कुजूरऔरसह-संयोजक अजय सिंह शाक्यकी महत्वपूर्ण भूमिका रही।
इस अवसर पर महाविद्यालय के सभी स्टाफ,क्षेत्र के गणमान्य नागरिक एवं बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएँ मौजूद रहे।
पति-पत्नी को हाथियों ने रौंदा, खेत में मिली दो की लाश
सरगुजा । हाथी प्रभावित क्षेत्र प्रतापपुर में गज दल ने एक दंपत्ति की जान ले ली। हाथी के हमले से हुई मौतों से पूरे गाँव में दहशत का आलम है। लोग घरों में दुबके हुए हैं। जानकारी के मुताबिक प्रतापपुर वन परिक्षेत्र के कपसरा बिसाही मोड़ गांव में पति-पत्नी अपने काटे गए धान की फसल की रखवाली के लिए खलिहान में सोए हुए थे।
वहीं आधी रात हाथियों का एक दल खलिहान में आ पहुंचा। हाथियों के शोर से जैसे ही दंपत्ति ने हरकत की, हाथियों ने उन दोनों को कुचल दिया। इस हमले में दंपत्ति की मौके पर ही मौत हो गई। इस घटना की जानकारी जैसे ही वन विभाग को मिली, कर्मियों के बीच हड़कंप मच गया। वे फौरन सदल-बल घटनास्थल के लिए रवाना हुए।
उन्होंने पंचनामा तैयार करने के बाद दोनों शव को जब्त कर अस्पताल भिजवाया। वन विभाग ने ग्रामीणों को सतर्क किया है कि क्षेत्र में इन दिनों हाथियों का दल विचरण कर रहा है, लिहाजा अंधेरा होने के बाद अकेले बाहर न निकलें।
विभाग ने ग्रामीणों को चेताया है कि वे फिलहाल जंगलों की तरफ न जाएं और पूरी सतर्कता बरतें। विभाग ने पीड़ित परिवार को हर तरह से सरकारी, आर्थिक मदद का भरोसा दिया है।
राष्ट्रीय आविष्कार अभियान अंतर्गत विद्यार्थियों को कराया गया शैक्षणिक भ्रमण
अम्बिकापुर । राष्ट्रीय आविष्कार अभियान अंतर्गत शुक्रवार को जिले के शासकीय विद्यालयों में अध्ययनरत कक्षा 6वीं से 8वीं के चयनित 100 विद्यार्थियों को शैक्षणिक भ्रमण कराया गया। कलेक्टर विलास भोसकर ने जिला कलेक्टरेट परिसर से प्रातः 09ः00 बजे बस को हरी झण्डी दिखाकर रवाना किया। उन्होंने बच्चों का उत्साहवर्धन करते हुए शुभकामनाएं दीं।
इस दौरान जिला पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी विनय अग्रवाल एवं जिला मिशन समन्वयक समग्र शिक्षा सर्वजीत पाठक भी उपस्थित रहे। भ्रमण के दौरान बच्चों को आकाशवाणी केंद्र, रेलवे स्टेशन, कृषि विज्ञान केंद्र, सैनिक स्कूल, वाटर पार्क, वाटर प्लांट, दरिमा हवाई पट्टी, ठिनठिनी पत्थर का अवलोकन कराया गया। बच्चों को सभी स्थानों की आवश्यकता, उपयोगिता एवं लाभ के विषय में भी बताया गया। बच्चों को अंबिकापुर रेलवे स्टेशन से कमलपुर रेलवे स्टेशन तक ट्रेन का सफर भी कराया गया। इस दौरान बच्चों को नवोदय विद्यालय एवं कृषि महाविद्यालय में बच्चों के प्रवेश की प्रक्रिया, सुविधाओं एवं भविष्य की संभावनाओं से अवगत कराया गया। राष्ट्रीय आविष्कार अभियान अंतर्गत आयोजित यह शैक्षणिक भ्रमण विद्यार्थियों ने सामाजिक शैक्षणिक भ्रमण एवं व्यवहारिक विकास के लिए लाभकारी होगा।
राज्य वीरता पुरस्कार 2025 हेतु 18 दिसम्बर 2025 तक आवेदन आमंत्रित
अम्बिकापुर 28 नवम्बर 2025
ऐसे वीर साहसी बालक-बालिकाएं, जिन्होंने किसी घटना विशेष में अदम्य साहस, शौर्य एवं बुद्धिमता द्वारा साहसिक कार्य एवं कृत्य किया हो, ऐसे पात्र बालक एवं बालिकाओं के आवेदन राज्य वीरता पुरस्कार 2025 हेतु आमंत्रित किए गए हैं। महिला एवं बाल विकास विभाग के जिला कार्यक्रम अधिकारी ने बताया कि राज्य वीरता पुरस्कार वर्ष 2025 के अंतर्गत ऐसे बालक या बालिकाओं को पुरस्कृत किया जाता है, जिन्होंने अपनी जान की परवाह किये बिना, दूसरे की जान बचाकर वीरता का कार्य किया है। पुरस्कार हेतु निर्धारित शर्तें हैं कि घटना दिनांक को बालक-बालिका की आयु 18 वर्ष से अधिक न हो, शौर्य कार्य की अवधि पूर्व वर्ष की 1 जनवरी से आवेदन की तिथि के पूर्व तक घटित घटना, आवेदन पत्र सक्षम प्राधिकारी तथा जिला कलेक्टर द्वारा अनुशंसित होना आवश्यक है।
पुरस्कार हेतु आवश्यक प्रमाण पत्र में जिला कलेक्टर द्वारा अनुशंसा पत्र, एफ.आई.आर. की प्रति अथवा पुलिस डायरी, समाचार पत्रों की कतरनें जो इस हेतु प्रकाशित हुआ। जन्म प्रमाण पत्र सत्यापित करने हेतु आवश्यक दस्तावेज। बालक-बालिका के दो पासपोर्ट साइज के, वर्तमान रंगीन फोटोग्राफ्स सक्षम अधिकारी द्वारा प्रमाणित, एवं 4 अतिरिक्त पासपोर्ट साइज के फोटो उपलब्ध कराने होंगे। घटना का विस्तृत विवरण प्रतिवेदन सक्षम अधिकारी द्वारा सत्यापित (पुलिस या अन्य विभाग), नामांकन/आवेदन (02 प्रतियों में) निर्धारित पत्र ( पूर्ण रूप से भरे हुए होना चाहिए)। राज्य वीरता पुरस्कार हेतु नामांकन प्रस्ताव निर्धारित प्रारूप में आवेदन के साथ 18 दिसम्बर 2025 तक जिला कार्यक्रम अधिकारी या जिला बाल संरक्षण इकाई, महिला एवं बाल विकास विभाग अम्बिकापुर को प्रेषित करना होगा। आवेदन के लिए निर्धारित प्रारूप एवं विस्तृत जानकारी के लिए कार्यालयीन समय में मो. न. +91-7000448404 पर सम्पर्क किया जा सकता है।
डांडगांव जलाशय और जजगा एनीकट के कार्यों के लिए 7.15 करोड़ रूपए स्वीकृत
रायपुर, 28 नवम्बर 2025
छत्तीसगढ़ शासन, जल संसाधन विभाग द्वारा सरगुजा की दो सिंचाई योजनाओं के कार्यों के लिए 7 करोड़ 15 लाख 74 हजार रूपए स्वीकृत किए गए है। स्वीकृत कार्यों में विकासखण्ड-उदयपुर की डांडगांव जलाशय के बांध एवं नहर जीर्णोद्धार कार्य के लिए 3 करोड़ 56 लाख 90 हजार रूपए स्वीकृत किए गए है। प्रस्तावित कार्यों के पूर्ण होने के उपरांत रूपांकित सिंचाई क्षमता 551 हेक्टेयर के विरूद्ध 276 हेक्टेयर की हो रही कमी की पूर्ति सहित पूर्ण रूपांकित क्षेत्र में सिंचाई की सुविधा उपलब्ध होगी।
सरगुजा जिले के विकासखण्ड मैनपाट की जजगा गोठान के पास एनीकट कम काजवे के निर्माण कार्य के लिए तीन करोड़ 58 लाख 84 हजार रूपए स्वीकृत किए गए है। योजना से निस्तारी, भूजल संवर्धन, पेयजल, आवागमन एवं किसानों द्वारा स्वयं के साधन से 150 हेक्टेयर क्षेत्र में सिंचाई सुविधा होगी। सिंचाई योजनाओं के कार्यों को पूरा कराने के लिए मुख्य अभियंता हसदेव गंगा कछार, जल संसाधन विभाग अंबिकापुर को प्रशासकीय स्वीकृति दी गई है।
गुरु तेग बहादुर जी की 350वीं शहादत की शताब्दी पर अम्बिकापुर गुरुद्वारा में विशेष कीर्तन समागम
पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री श्री राजेश अग्रवाल ने की प्रदेशवासियों के सुख-समृद्धि की अरदास
रायपुर, 26 नवंबर 2025

सिख धर्म के नौवें गुरु, गुरु तेग बहादुर जी की 350वीं शहादत की शताब्दी के अवसर पर अम्बिकापुर गुरुद्वारा साहिब में बुधवार को विशेष कीर्तन समागम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर प्रदेश के पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री श्री राजेश अग्रवाल ने गुरु ग्रंथ साहिब के सम्मुख मत्था टेकते हुए प्रदेशवासियों के सुख, समृद्धि और कल्याण की कामना की।

मंत्री श्री अग्रवाल ने कहा कि गुरु तेग बहादुर जी ने धर्म और मानवता के लिए सर्वाेच्च बलिदान दिया। उनका जीवन त्याग, सहिष्णुता और सेवा की अद्वितीय मिसाल है। गुरुजी की शिक्षाएं समाज में प्रेम, एकता और करुणा का संदेश देती हैं, जिन्हें अपनाकर हम समरस समाज की दिशा में अग्रसर हो सकते हैं। गुरु तेग बहादुर जी जैसे महापुरुषों की शिक्षाएं ही हमारी संस्कृति की मूल शक्ति हैं, जो हर व्यक्ति में मानवता का प्रकाश फैलाती हैं।
इस अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि और नगरवासी उपस्थित रहे। सभी ने गुरु ग्रंथ साहिब के दर्शन कर गुरु तेग बहादुर जी के बलिदान को नमन किया। समापन में सामूहिक अरदास के पश्चात गुरुप्रसाद का वितरण किया गया।
लखनपुर को मिला सर्व समाज मांगलिक भवन का तोहफा
पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री श्री राजेश अग्रवाल ने किया लोकार्पण
अम्बिकापुर, 23 नवंबर 2025
नगर पंचायत लखनपुर, सरगुजा में समाज के लिए महत्वपूर्ण डॉ. बी. आर. अम्बेडकर सर्व समाज मांगलिक भवन का लोकार्पण पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री श्री राजेश अग्रवाल के कर-कमलों द्वारा संपन्न हुआ। इस भव्य कार्यक्रम में लुंड्रा विधायक श्री प्रबोध मिंज, नगर पंचायत अध्यक्ष श्रीमती सावित्री साहू सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि और नागरिक उपस्थित रहे। अतिथियों का पुष्पगुच्छ और शॉल ओढ़ाकर सम्मान किया गया।
मंत्री श्री राजेश अग्रवाल ने अपने संबोधन में कहा कि यह मांगलिक भवन समाज की विविधता और एकता का दर्पण है। इससे क्षेत्र की सामाजिक गतिविधियों को नई गति मिलेगी और सर्व समाज को सुविधाएं उपलब्ध होंगी। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में समाज के हर वर्ग के उत्थान के लिए हम लगातार कार्य कर रहे हैं। अब इस भवन के माध्यम से बड़ी-बड़ी मांगलिक एवं सामाजिक गतिविधियां संपन्न होंगी, जिससे सामाजिक समरसता और विकास को बल मिलेगा। लुंड्रा विधायक श्री प्रबोध मिंज ने भवन की आवश्यकता पर बल देते हुए कहा कि यह भवन सर्व समाज की सामाजिक और सांस्कृतिक गतिविधियों के लिए उपयोगी साबित होगा। नगर पंचायत अध्यक्ष श्रीमती सावित्री साहू ने सभी अतिथियों और जनता का आभार व्यक्त किया।
समारोह में उपस्थित लोगों ने सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं की सराहना की और उम्मीद जताई कि ऐसे प्रयास समाज के विकास को नई दिशा देंगे। भवन लोकार्पण के पश्चात मंत्री श्री अग्रवाल ने स्थानीय नागरिकों से संवाद किया और विकास योजनाओं की जानकारी दी। क्षेत्रवासियों ने मंत्री श्री अग्रवाल सहित समस्त जनप्रतिनिधियों का आभार व्यक्त किया।
कलेक्टर श्री विलास भोसकर ने एसआईआर कार्यों का जायजा लेने सीतापुर, लुण्ड्रा, बतौली क्षेत्र का किया दौरा
अम्बिकापुर, 23 नवम्बर 2025
कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी श्री विलास भोसकर अपर कलेक्टर एवं उप जिला निर्वाचन अधिकारी श्री सुनील नायक के साथ रविवार को जिले में विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) कार्यों का जायजा लेने निकले। उन्होंने इस दौरान लुण्ड्रा के बटवाही एवं ससौली तथा बतौली के शिवपुर, बिलासपुर, खड़धोला, विशुनपुर सहित सीतापुर के विभिन्न ग्राम पंचायतों में एसआईआर कार्यों का औचक निरीक्षण किया।
उन्होंने ग्रामों में बीएलओ द्वारा किए जा रहे एसआईआर कार्यों का जायजा लिया तथा फॉर्म वितरण, जमा करने एवं डिजिटाइजेशन के प्रगति की जानकारी ली। उन्होंने उपस्थित अधिकारियों को निर्देशित किया कि नेटवर्क विहीन क्षेत्रों में फॉर्म जमा कर ऑनलाइन अपलोड की कार्यवाही तहसील एवं जनपद कार्यालयों में करें, ताकि प्रक्रिया में देरी ना हो। गांव में किसी स्थल का चयन कर चौपाल लगाएं और कोटवारों से मुनादी कराकर फॉर्म भरवाएं। उन्होंने ग्राम सरपंचों को लोगों को इस हेतु प्रेरित करने कहा। डिजिटाइजेशन कार्य में तेजी लाएं, सभी अधिकारी कम प्रगति वाले क्षेत्रों में फोकस करें।
पटवारी, सचिव, रोजगार सहायक, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सभी आपसी समन्वय के साथ कार्य करें। उन्होंने सभी को प्राथमिकता के साथ गम्भीरतापूर्ण ढंग से कार्य करने के निर्देश दिए।

