छत्तीसगढ़ / बिलासपुर
महिला गांजा तस्कर सहित 3 आरोपियों को 5-5 साल की सजा
बिलासपुर । बिलासपुर की विशेष न्यायालय एनडीपीएस एक्ट ने गांजा तस्करी के मामले में महिला समेत 3 आरोपियों को दोषी करार दिया है, और पांच-पांच वर्ष के सश्रम कारावास एवं 50-50 हजार रुपये के जुर्माने से दंडित किया है. साथ ही जुर्माना नहीं चुकाने पर दो-दो माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा. फैसला विशेष न्यायाधीश एनडीपीएस एक्ट कु. पुष्पलता मारकण्डे की कोर्ट ने सुनाया है.
दरअसल, 31 दिसंबर 2023 को सकरी थाना के सहायक उप निरीक्षक हेमंत आदित्य को मुखबिर से सूचना मिली थी कि ग्राम सैदा निवासी सुलक्षणा पाण्डेय एक सफेद रंग की डस्टर कार में ओडिशा से गांजा लेकर आ रही है. पुलिस की टीम ने गतवा तालाब के पास घेराबंदी कर उक्त वाहन को पकड़ा, तलाशी लेने पर सीट के नीचे छिपाकर रखे पांच पैकेटों में कुल 12 किलोग्राम गांजा बरामद हुआ. वाहन में सवार इदरीश मोहम्मद निवासी महामाया पारा घुटकू थाना कोनी, मोनू उर्फ विनोद चौधरी निवासी लालपुर थाना गौरेला एवं सुलक्षणा पाण्डेय निवासी ग्राम सैदा थाना सकरी को मौके पर ही गिरफ्तार किया गया. इनके पास से गांजा के अलावा डस्टर कार, तीन मोबाइल फोन एवं नगदी 2,000 रुपये भी जब्त किए गए थे.
विशेष न्यायाधीश कु. पुष्पलता मारकण्डे ने मामले में सभी साक्ष्य, दस्तावेज एवं अभियोजन की दलीलों पर विचार करते हुए तीनों आरोपियो को दोषसिद्ध पाया. अदालत ने इदरीश मोहम्मद, मोनू चौधरी उर्फ विनोद चौधरी एवं सुलक्षणा पाण्डेय को एनडीपीएस एक्ट की धारा 20(बी)(2-बी) के तहत पांच-पांच वर्ष के सश्रम कारावास एवं 50-50 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई. अर्थदंड अदा न करने की स्थिति में दो-दो माह का अतिरिक्त कारावास भुगतना होगा।
कलेक्टर ने की स्वास्थ्य विभाग के कामकाज की समीक्षा
आयुष्मान कार्ड, वय वंदन, एएनसी एवं सिकल सेल जांच पर दिया जोर
बिलासपुर। कलेक्टर संजय अग्रवाल ने आज बिल्हा ब्लॉक में संचालित स्वास्थ्य योजनाओं की गहन समीक्षा प्रार्थना सभा भवन में की। बैठक में आयुष्मान भारत योजना, वय वंदन योजना, गर्भवती महिलाओं की एएनसी जांच एवं सिकल सेल रोग की स्क्रीनिंग और उपचार संबंधी गतिविधियों की विस्तार से समीक्षा की गई। कलेक्टर ने स्पष्ट निर्देश दिए कि जन स्वास्थ्य से जुड़ी योजनाओं का लाभ पात्र हितग्राहियों को समयबद्ध और पारदर्शी रूप से पहुंचाया जाए। बैठक में नगर निगम कमिश्नर अमित कुमार, सीईओ जिला पंचायत संदीप अग्रवाल, एसडीएम बजरंग वर्मा, सीएमएचओ डॉ. शुभा गढ़ेवाल, डीपीएम पीयूली मजूमदार सहित स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी-कर्मचारी और मैदानी अमले के लोग मौजूद थे।
कलेक्टर संजय अग्रवाल ने आयुष्मान भारत योजना अंतर्गत बचे हुए हितग्राहियों के आयुष्मान कार्ड जल्द बनाने के निर्देश दिए। बिल्हा में 3 लाख 57 हजार 31 आयुष्मान कार्ड बनना है जिसमें से 2 लाख 64 हजार 544 आयुष्मान कार्ड बन चुके है। 92 हजार 487 हितग्राहियों का आयुष्मान कार्ड बनना शेष है। कलेक्टर ने इसमें प्रगति लाने कहा। उन्होंने कार्ययोजना बनाकर एक माह के भीतर बचे हुए हितग्राहियों का आयुष्मान कार्ड बनाने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने कहा कि सामूहिक रूप से लोगों को जोड़ने से ही यह कार्य संभव होगा। उन्होंने वार्ड एवं ग्राम पंचायत स्तर पर सक्रिय प्रचार-प्रसार और लाभार्थी जागरूकता अभियान चलाने कहा। हर पात्र व्यक्ति तक योजना का लाभ पहुँचना चाहिए, यह प्रशासन की जिम्मेदारी है। बैठक में वरिष्ठ नागरिकों के लिए संचालित वय वंदन योजना की भी समीक्षा की गई। उन्होंने इसमें भी प्रगति लाने के निर्देश दिए।
गर्भवती महिलाओं की नियमित जांच अनिवार्य -
कलेक्टर ने कहा कि सभी गर्भवती महिलाओं का समय पर पंजीकरण आवश्यक है। गर्भवती महिलाओं के लिए एएनसी जांच, टीकाकरण एवं पोषण सुविधा अनिवार्य रूप से सुनिश्चित की जाए। उन्होंने निर्देश दिए कि कोई भी गर्भवती महिला जांच से वंचित न रहे।
बैठक में कलेक्टर ने सिकल सेल जांच एवं उपचार की भी सीएचसी एवं पीएचसी वार समीक्षा की। उन्होंने सिकल सेल जांच में प्रगति लाने के भी निर्देश दिए। कलेक्टर ने मौसमी बीमारियों जैसे डेंगू, मलेरिया और जलजनित रोगों के प्रति भी अलर्ट रहने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने स्वास्थ्य अधिकारियों को निर्देश दिए कि वे नियमित तौर पर निरीक्षण करें और किसी भी स्तर पर लापरवाही बरतने वाले कर्मचारियों पर कार्रवाई करें। उन्होंने कहा कि सभी जरूरतमंद व्यक्तियों तक योजनाओं का लाभ पहुँचना चाहिए।
टीबी मरीजों की मदद के लिए निक्षय मित्र बनने की अपील
कलेक्टर की अध्यक्षता में जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक
बिलासपुर । कलेक्टर संजय अग्रवाल की अध्यक्षता में जिला स्वास्थ्य समिति के शासी निकाय की बैठक आज आयोजित की गई। बैठक में स्वास्थ्य विभाग द्वारा संचालित तमाम हितग्राही मूलक योजनाओं की समीक्षा कर उनमें और तेज गति से काम करने के निर्देश दिए। व्यापक संसाधनों की उपलब्धता के बावजूद कई स्वास्थ्य सूचकांकों में जिले के नीचले पायदान में रहने पर कलेक्टर ने अप्रसन्नता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि अब बोलने का नहीं बल्कि तेजी काम करने का समय आ गया हैं। किसी तरह की कोताही अथवा हीला-हवाला बर्दाश्त नहीं की जायेगी। सभी लोग एक निश्चित कार्य-योजना बनाकर निरंतर काम पर अपेक्षित परिणाम दें।
कलेक्टर ने आयुष्मान कार्ड के लिए विभाग को प्रतिदिन 5 हजार कार्ड बनाने का लक्ष्य दिया। अब तक कार्ड निर्माण में शिथिलता पाई गई। पिछले दो माह में केवल 32 हजार कार्ड बनाये गये। जिले में अब तक केवल 74 प्रतिशत लोगों के कार्ड बने हैं। जबकि राज्य का औसत 88.2 प्रतिशत हैं। रैकिंग में राज्य के सभी जिलों में से आखिरी 33 वें नम्बर पर है। आयुष्मान कार्ड से इलाज करने में भी सरकारी अस्पताल पीछे हैं। ज्यादा से ज्यादा लोगों को भर्ती कर उपचार करने के निर्देश दिए। पीएचसी दगौरी जैसे छोटे प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र द्वारा 42 लाख रूपये का भुगतान दावा किये जाने पर उसकी सराहना की गई। उनके द्वारा 615 लोगों का इलाज किया गया है। कलेक्टर ने हाई रिस्क वाली गर्भवती महिलाओं को चिन्हित कर उनकी सतत् निगरानी करते रहने के निर्देश दिए ताकि किसी भी महिला का प्रसव के दौरान मृत्यु न हो। उन्होंने कहा कि हर गर्भवती माता का पंजीयन होना चाहिए ताकि सभी प्रकार के टीके उन्हें लग सके। एक भी महिला पंजीयन से छूटना नहीं चाहिए। प्रसव के उपरांत प्रधानमंत्री मातृत्व वंदन योजना का लाभ भी दिलाया जाए।प्रथम प्रसव में दो किश्तों में 5 हजार और दूसरे प्रसव में लड़की होने पर 6 हजार रूपए प्रोत्साहन राशि दी जाती है। शिशु मृत्यु की रिपोर्टिग में त्रुटि होने पर इसे सुधारने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने कहा कि पोषण पुनर्वास केन्द्रों में एक भी बेड रिक्त नहीं रहने चाहिए। स्वास्थ्य के साथ महिला एवं बाल विकास विभाग की भी जिम्मेदारी इसमें बनती है। पिछले 3 माह में 198 कुपोषित बच्चों को इसमें भर्ती कर लाभान्वित किया गया है।
कलेक्टर ने एनीमिया मुक्त अभियान के अंतर्गत हाई स्कूल की सभी बच्चियों की जांच करने और दवाईयां देने के निर्देश दिए। उन्होंने क्षय रोग उपचार के लिए ज्यादा से ज्यादा निक्षय मित्र बनाने को कहा है। फिलहाल 1,624 क्षय रोगियों का इलाज चल रहा है। कलेक्टर ने मलेरिया नियंत्रण कार्यक्रम की भी समीक्षा की। बैठक में बताया गया कि अब तक जिले में 38 प्रकरण आये हैं। कोटा क्षेत्र में इस बीमारी के केस मिलते हैं। उन्होंने कहा कि मलेरिया से एक भी मरीज की मृत्ये न हो इसके लिए सभी उपाय सुनिश्चित करें। उन्होंने मच्छरदानी एवं मास्क्विटो रिपेलेन्ट के लिए प्रस्ताव देने के निर्देश भी दिए। कलेक्टर ने कहा कि चिरायु योजना के अंतर्गत आंगनबाड़ी एवं स्कूलों में नियमित रूप से डॉक्टरों की टीम पहुंचे। एक भी बच्चा स्वास्थ्य जांच से वंचित नहीं होना चाहिए। गंभीर बीमारी की समय पूर्व सूचना मिल जाने पर आगे उनका मुफ्त इलाज सुनिश्चित किया जायेगा। बैठक में नगर निगम आयुक्त अमित कुमार, जिला पंचायत सीईओ संदीप अग्रवाल, सीएमएचओ डॉ0 शुभा गढ़ेवाल, सिविल सर्जन डॉ. अनिल गुप्ता, जिला आयुर्वेद अधिकारी डॉ. यशवंत धु्रव, डीपीओ सुरेश सिंह, डीपीएम पियुली मजूमदार सहित सहित स्वास्थ्य विभाग के बीएमओ और विभिन्न राष्ट्रीय योजनाओं के प्रभारी अधिकारी उपस्थित थे।
जिले में अब तक 588.6 मि.मी. बारिश दर्ज
बिलासपुर । बिलासपुर जिले में चालू खरीफ मौसम में अब तक 588.6 मि.मी. बारिश दर्ज की गई है। जो कि पिछले 10 वर्ष के औसत बारिश 450.9 मि.मी. से 137.7 मि.मी. अधिक है।
अधीक्षक भू अभिलेख से प्राप्त जानकारी के अनुसार सबसे अधिक बारिश 759.2 मि.मी. बेलगहना तहसील में और सबसे कम बारिश 433.8 मि.मी. कोटा में रिकार्ड की गई है। इसी प्रकार बिलासपुर तहसील में 713.1 मि.मी., बिल्हा तहसील में 553.7 मि.मी., मस्तूरी में 600.2 मि.मी.,तखतपुर में 625.2 मि.मी., सीपत में 599.2 मि.मी., बोदरी में 529.9 मि.मी., बेलतरा में 481 मि.मी., रतनपुर में 571.1 मि.मी., सकरी में 620 मि.मी. और पचपेड़ी तहसील में 576.2 मि.मी. बारिश रिकार्ड की गई है। जिले की औसत वार्षिक वर्षा 1202.3 मि.मी. है।
टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत 24 मरीजों को पोषण आहार वितरित
बिलासपुर । टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत जनभागीदारी की सराहनीय पहल करते हुए जैन समाज के प्रमुख समाजसेवी सुभाष जैन, श्रीजी भक्त मंडल अध्यक्ष द्वारा जिला अस्पताल में उपचाररत 24 टीबी मरीजों को पोषण आहार किट वितरित किया गया। स्वास्थ्य विभाग की जनभागीदारी पहल के तहत यह आयोजन किया गया।
कार्यक्रम के दौरान समाजसेवी सुभाष जैन ने स्वयं अस्पताल पहुंचकर मरीजों से मुलाकात की और उन्हें पोषण किट भेंट किया। इस दौरान उनके परिवार के सदस्य भी मौजूद रहे। पोषण किट में रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने वाले आहार सामग्री जैसे फल, सूखे मेवे, पौष्टिक बिस्किट, दलिया, एवं अन्य सुपाच्य वस्तुएं शामिल थीं। जैन ने कहा कि यह सेवा कार्य उनके धार्मिक दायित्व और सामाजिक कर्तव्यों का हिस्सा है।
जिला क्षय नियंत्रण अधिकारी डॉ. गायत्री बांधी ने जैन के इस योगदान की सराहना करते हुए कहा कि ऐसे सामाजिक सहयोग से ही श् टीबी मुक्त भारतश् का सपना साकार हो सकता है। डॉ. बांधी ने इस अवसर पर कहा कि यह सेवा कार्य न केवल मरीजों के पोषण स्तर में सुधार लाने में सहायक होगा,बल्कि समाज को भी इस अभियान से जुड़ने के लिए प्रेरित करेगा। इस अवसर पर जिला कार्यक्रम समन्वयक (टीबी) आशीष सिंह, सुपरवाइजर मानमलाल मारमती, जय सिंह सहित स्वास्थ्य विभाग के अन्य अधिकारी-कर्मचारी मौजूद रहे।
उल्लेखनीय है कि भारत सरकार द्वारा देश को टीबी मुक्त बनाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इस दिशा में जिले में स्वास्थ्य विभाग द्वारा लगातार जनभागीदारी को प्रोत्साहित करते हुए विभिन्न जागरूकता और पोषण सहयोग कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
बच्चों के समग्र विकास के लिए बनाएं कार्ययोजना : कलेक्टर
बिलासपुर । कलेक्टर संजय अग्रवाल की अध्यक्षता में आज जिले के समस्त संकुल शैक्षिक समन्वयकों एवं प्राचार्यों की संयुक्त बैठक स्थानीय देवकीनन्दन दीक्षित सभा भवन, लाल बहादुर शास्त्री स्कूल परिसर में आयोजित की गई। बैठक का मुख्य उद्देश्य विद्यालयों में शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार लाना और छात्रों के शैक्षणिक प्रर्दशन को बेहतर बनाना था। कलेक्टर ने सभी प्राचार्याें को निर्देश दिए कि वे विद्यालय में नियमित कक्षाओं का संचालन सुनिश्चित करें।
शिक्षकों की उपस्थिति पर विशेष निगरानी रखें और कमजोर छात्रों पर ज्यादा ध्यान देते हुए उनके लिए विशेष कक्षाएं आयोजित करें। उन्होंने कहा कि शिक्षा केवल पाठ्यक्रम तक सीमित नहीं होना चाहिए बल्कि छात्रों में नैतिक मूल्यों और व्यावहारिक ज्ञान का भी विकास होना चाहिए। बैठक में नगर निगम कमिश्नर अमित कुमार, सीईओ जिला पंचायत संदीप अग्रवाल, जिला मिशन समन्वयक ओम पाण्डेय, सहायक परियोजना अधिकारी रामेश्वर जायसवाल सहित जिला शिक्षा कार्यालय के समस्त अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थिति रहे।
कलेक्टर संजय अग्रवाल ने कहा कि देश की भावी पीढ़ी के निर्माण में शिक्षकगण अपना बहुमूल्य योगदान दें। उन्होंने शिक्षकीय कार्य को सेवा भाव से करने शिक्षकों को प्रेरित किया। इसके साथ ही उन्होंने प्राचार्यों से कहा कि वे विद्यार्थियों में सकारात्मक सोच और सामाजिकता की भावना का विकास करें। विद्यार्थियों के व्यक्तित्व विकास हेतु पाठ्यक्रम के अतिरिक्त पर्यावरण, स्वच्छता, सड़क सुरक्षा, नैतिक एवं सामाजिक मूल्य प्रदान करने प्राचार्यों से प्रत्येक शनिवार को इसके लिए कार्ययोजना बनाने कहा। आने वाली पीढ़ी के लिए जल संरक्षण के अंतर्गत पानी बचाओ अभियान की शुरूवात के साथ ही अधिकाधिक वृक्षारोपण किए जाने हेतु प्रेरित करने के निर्देश दिए। स्कूलों में संचालित मध्यान्ह् भोजन की पौष्टिकता पर विशेष ध्यान देते हुए सप्ताह में एक दिन विद्यार्थियों को गुड़ चना देने कहा। इसके साथ ही गतवर्ष से संचालित न्योता भोज कार्यक्रम को भी सतत् रूप से जारी रखने हेतु निर्देशित किया गया। इस शैक्षणिक सत्र में जिला प्रशासन द्वारा स्कूल शिक्षा विभाग एवं स्वास्थ्य विभाग के सहयोग से किशोरी बालिकाओं को उनके स्वास्थ्य संबंधी जानकारी प्रदान किए जाने हेतु कार्यशाला आयोजित करने के निर्देश दिए। विद्यार्थियों के मानसिक स्वास्थ्य के लिए प्रत्येक दिन खेलकूद की गतिविधियां आयोजित करने कहा।
नगर निगम कमिश्नर अमित कुमार ने गत शैक्षणिक सत्र में मिशन 90 प्लस अंतर्गत बोर्ड परीक्षाओं से संबंधित किए गए प्रयासों की जानकारी दी। इस शैक्षणिक सत्र में आवश्यकतानुसार सुधार करते हुए इसे और कैसे प्रभावी बनाये इस हेतु विशेष जोर देते हुए समस्त प्राचार्याें से प्रभावी कक्षाध्यापन एवं मूल्यांकन उपरांत उपचारात्मक शिक्षण देने हेतु विषेष प्रयास किए जाने हेतु प्रेरित किया गया। सीईओ जिला पंचायत संदीप अग्रवाल द्वारा शासन द्वारा विद्यालयों में प्रदत्त सुविधाओं का समुचित लाभ विद्यार्थियों को प्रदान की जाने की बात कही गई, इसके साथ ही उनके द्वारा जिला प्रशासन के अभिनव प्रयास के बारे में जानकारी देते हुए बताया गया कि संकुल शैक्षक समन्वयकों के माध्यम से विद्यार्थियों का जाति प्रमाण पत्र मोबाईल एप्प के माध्यम से किस तरह से आसानी पूर्वक विद्यालय स्तर से ही बनाया जायेगा।
कार्यक्रम की शुरूआत में जिला मिशन समन्वयक ओम पाण्डेय के उद्बोधन से हुआ जिसमें उनके द्वारा प्रारंभिक स्तर के विद्यार्थियों के भाषाई एवं गणितिय कौशल के विकास हेतु शासन के कार्ययोजना अनुसार कार्य किए जाने पर विशेष बल दिया गया। सहायक संचालक पी. दासरथी द्वारा छत्तीसगढ़ के रजत जयंती वर्ष में स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा संचालित विभिन्न गतिविधियों के बारे में विस्तारपूर्वक जानकारी उपस्थिति प्रतिभागियों को दिया गया। जिला साक्षरता मिशन के परियोजना अधिकारी जितेन्द्र पाटले के द्वारा उल्लास कार्यक्रम के संदर्भ में जानकारी देते हुए साक्षरता दिवस के सफल क्रियान्वयन हेतु उपयोगी सुझाव प्रदान किए गए। स्वास्थ्य विभाग के डॉ. अनुपम नाहाक, जिला सलाहकार राष्ट्रीय तम्बाकू नियंत्रण कार्यक्रम बिलासपुर के द्वारा विद्यार्थियों को दुर्व्यसनों से किस तरह से दूर रखें इस बाबत् उपयोगी जानकारी प्रदान की गई। इसके सथ ही स्वास्थ्य विभाग से आए गिरीश दुबे के द्वारा आयुष्मान कार्ड बनाये जाने संबंधी जानकारी प्रदान की गई।
मुख्यमंत्री शिक्षा गुणवत्ता अभियान के संदर्भ में जानकारी देते हुए जिला परियोजना कार्यालय के सहायक कार्यक्रम समन्वयक, डॉ. मुकेश पाण्डेय के द्वारा गुणवत्तायुक्त शिक्षा हेतु समुदाय की सहभागिता, शिक्षकों की सेवाभाव के साथ समर्पण के साथ विद्यार्थियों को निरंतर रूप से सक्रिय रखने हेतु प्रभावी कक्षाध्यापन पर विशेष रूप से जानकारी प्रदान किया गया। इसके साथ ही बिलासपुर स्मार्ट सिटी लिमिटेड के प्रबंधक श्रीनिवास के द्वारा मिशन 90 संबंधी आवश्यक जानकारी पावर प्वाइंट के माध्यम से दी गई। भिलाई एजुकेशन चेरिटेबल ट्रस्ट के समन्वयक ई0 पी0 रितेश द्वारा कमजोर वर्ग के छात्रों को जेईई एवं नीट परीक्षा हेतु निःशुल्क कोचिंग प्रदान किए जाने संबंधी जानकारी उपस्थित प्रतिभागियों को दी गई।
कार्यक्रम का संचालन सहायक जिला परियोजना अधिकारी रामेश्वर जायसवाल के द्वारा किया गया एवं आभार प्रदर्शन जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय में नवपदस्थ सहायक संचालक वर्षा शर्मा किया गया।
फार्मासिस्ट भर्ती में डिग्रीधारी अभ्यर्थियों को भी मिलेगा मौका
बिलासपुर । बिलासपुर हाईकोर्ट ने बी.फार्मा और उच्च डिग्रीधारी अभ्यर्थियों के लिए बड़ा फैसला लिया है। कोर्ट ने कहा कि, फार्मासिस्ट भर्ती में डिप्लोमा वालों को ही पात्र बताना गलत ठहराया है। इससे बी.फार्मा और उच्च डिग्रीधारी अभ्यर्थियों को अब मौका मिलेगा। हाईकोर्ट ने भर्ती प्रक्रिया पर अंतरिम राहत दी है।
वहीं व्यापम को नया पोर्टल खोलकर फिर से आवेदन लेने का आदेश दिया है। 25 जुलाई शाम 5 बजे तक सभी योग्य अभ्यर्थी आवेदन कर सकेंगे। हाईकोर्ट ने कहा कि, यह आदेश केवल व्यक्तिगत नहीं, सभी पर लागू होगा। राज्य शासन को निर्देश दिया कि, विज्ञापन, अखबार और सोशल मीडिया के माध्यम से अभ्यर्थियों को सुनिश्चित करें। याचिका राहुल वर्मी सहित अन्य की ओर से दायर, अधिवक्ता हर्षवर्धन परगनिया ने दलील रखी।
रामलला दर्शन योजना : 850 श्रद्धालु अयोध्या धाम के लिए हुए रवाना
पर्यटन विभाग के अध्यक्ष नीलू शर्मा और स्थानीय जनप्रतिनिधियों ने दिखाई हरी झंडी
बिलासपुर। श्री रामलला दर्शन योजना के तहत आज भारत गौरव ट्रेन बिलासपुर संभाग के 850 श्रद्धालु को लेकर अयोध्या धाम के लिए रवाना हुई। इस विशेष ट्रेन को पर्यटन विभाग के अध्यक्ष नीलू शर्मा, तखतपुर विधायक धर्मजीत सिंह, बिल्हा विधायक धर्मलाल कौशिक, बेलतरा विधायक सुशांत शुक्ला ने हरी झण्डी दिखाकर रवाना किया।
बिलासपुर रेलवे स्टेशन से अयोध्या धाम यात्रा के लिए जाने वाले श्रद्धालुओं का स्टेशन में भव्य स्वागत किया गया। गाजे बाजे और पारंपरिक नृत्य और तिलक लगाकर भक्तों का स्वागत किया गया। ये श्रद्धालु काशी विश्वनाथ का भी दर्शन करेंगे।ट्रेन में श्रद्धालु भजन कीर्तन करते हुए रवाना हुए।दर्शन के लिए जा रहे इन श्रद्धालुओं ने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त किया। श्रद्धालुओं का कहना था कि मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में संवेदनशील सरकार ने लोगों की भावनाओं का ध्यान रखते हुए श्री रामलला दर्शन योजना शुरू की है जिससे आम लोगों की अयोध्या जाने की इच्छा पूरी हो रही है जो उनका सौभाग्य है। उन्होंने कहा कि बुजुर्गाे को तीर्थ यात्रा कराकर सरकार पुण्य का काम कर रही है। उम्र के इस पड़ाव में सभी को तीर्थ यात्रा की इच्छा रहती है लेकिन आर्थिक स्थिति के कारण यह संभव नहीं हो पाता है, लेकिन छत्तीसगढ़ की विष्णु सरकार इस इच्छा को पूरा कर रही है।
अयोध्या धाम के लिए रवाना हुई इस विशेष ट्रेन में बिलासपुर जिले के 225 यात्री भी शामिल हैं। उल्लेखनीय है कि श्री रामलला दर्शन योजना के तहत श्रद्धालुओं को पूरा पैकेज मिलेगा जिसमें छत्तीसगढ़ से अयोध्या जाने, वहां ठहरने की व्यवस्था, मंदिर दर्शन, नाश्ते और खाने की भी व्यवस्था रहेगी। इस ट्रेन में टूर एस्कॉर्ट, सुरक्षा कर्मी और चिकित्सकों का दल भी मौजूद रहेगा।
किसान 31 जुलाई तक करा सकेंगे उद्यानिकी फसलों का बीमा
फसल नुकसान पर मिलेगा मुआवजा, बीमा कराने केवल 08 दिन बचे
बिलासपुर । उद्यानिकी फसल उत्पादन कर रहे किसानों के लिए टमाटर, बैगन, अमरूद, केला, पपीता, मिर्च एवं अदरक के लिये खरीफ वर्ष 2023 अंतर्गत पुनर्गठित मौसम आधारित फसल बीमा योजना छत्तीसगढ़ सरकार के सहयोग से भारतीय कृषि बीमा कंपनी के द्वारा संचालित की जा रही है। उप संचालक उद्यानिकी से प्राप्त जानकारी के अनुसार जिले के इच्छुक ऋणी एवं अऋणी कृषक 31 जुलाई 2025 तक निकटतम लोक सेवा केन्द्र, बैंक शाखा, सहकारी समिति या भारतीय कृषि बीमा कंपनी के प्रतिनिधि से संपर्क कर अपने उद्यानिकी फसलों का बीमा करा सकते है। योजना के संबंध में अधिक जानकारी के लिए उद्यानिकी विभाग में कार्यरत अधिकारियों एवं बीमा कंपनी के प्रतिनिधि से संपर्क किया जा सकता है। इस हेतु बीमा कंपनी के प्रतिनिधि थानेश्वर साहू मो0न0 99071-22727, बिल्हा में उद्यानिकी विभाग के वरिष्ठ उद्यान विकास अधिकारी अशोक कुमार परस्ते 94796-19829, तखतपुर में उद्यान विकास अधिकारी जेनेन्द्र कुमार पैंकरा 62659-81957, कोटा में वरिष्ठ उद्यान विकास अधिकारी साधूराम नाग 91654-90297 एवं मस्तूरी में प्रभारी उद्यान अधीक्षक आरके जगत 80852-80923 से संपर्क कर अधिक जानकारी ली जा सकती है।
चयनित उद्यानिकी फसलों खरीफ के लिए किसानों द्वारा द्वेय प्रीमियम दर बीमित राशि का 5 प्रतिशत है। बिलासपुर जिले में खरीफ मौसम के फसलों हेतु 100 हेक्टेयर का लक्ष्य निर्धारित है। टमाटर फसल के लिए प्रति एकड़ बीमित राशि 1 लाख 20 हजार रुपए एवं कृषक अंश राशि 6 हजार, बैगन के लिए बीमित राशि 77 हजार रुपए एवं कृषक अंश राशि 3 हजार 850 रुपए, अमरुद के लिए बीमित राशि 45 हजार रुपए एवं कृषक अंश राशि 2 हजार 250, केला के लिए बीमित राशि 1 लाख 65 हजार रुपए एवं कृषक अंश राशि 8 हजार 250 रुपए, पपीता के लिए बीमित राशि 1 लाख 25 हजार रुपए एवं कृषक अंश राशि 6 हजार 250, मिर्च के लिए बीमित राशि 90 हजार रुपए एवं कृषक अंश राशि 4 हजार 500 रुपए और अदरक के लिए बीमित राशि 1 लाख 50 हजार रुपए एवं कृषक अंश राशि 7 हजार 500 रुपए निर्धारित है।
किसानों के हानि का मूल्यांकन अधिसूचित क्षेत्र में स्थापित स्वचलित मौसम केंद्र से प्राप्त 4 आवरित जोखिमों जैसे कम या अधिक तापमान, कम या अधिक या बेमौसम वर्षा, वायु गति, कीट एवं व्याधि प्रकोप के अनुकूल मौसम के प्रमाणित आंकड़ों एवं अधिसूचित टर्मशीट के अनुसार दावा गणना की जाएगी। दावा राशि का भुगतान सीधे किसानों के खाते में किया जाएगा। खरीफ मौसम के टमाटर, बैगन, अमरुद, केला, पपीता, मिर्च, एवं अदरक फसल हेतु ओलावृष्टि हवाएं की स्थिति में कृषक इसकी सूचना सीधे बीमा कम्पनी के टोल फ्री नं. 18004190344 पर तथा टोटल शिकायत निवारण पोर्टल (Farmer Grievance Redressal) या लिखित रुप में 72 घंटे के भीतर संबंधित बैंक, स्थानीय राजस्व एवं संबंधित क्षेत्र के उद्यान अधिकारी को बीमित फसल के ब्यौरे, क्षति की मात्रा तथा क्षति का कारण सहित सूचित करना होगा। संबंधित संस्था/विभाग 48 घंटा के भीतर कृषकों से प्राप्त जानकारी (बीमित फसल के ब्यौरे, क्षति की मात्रा तथा क्षति के कारण सहित) बीमा कंपनी को प्रदान करेंगे।
जरूरी दस्तावेज - नवीनतम आधारकार्ड की कॉपी, नवीनतम भूमि प्रमाण पत्र, बी 1, पी 2 की कॉपी, बैंक पासबुक के पहले पन्ने की कॉपी जिस पर एकाउंट नंबर, आईएफसी कोड, बैंक का पता साफ दिखाई दे रहा हो। फसल बुआई प्रमाण पत्र, किसान का वैद्य मोबाईल नंबर, बटाईदार, कास्तकार, साझेदार किसानों के लिए फसल साझा अथवा कास्तकार का घोषणा पत्र।
कलेक्टर पहुंचे मस्तूरी ब्लॉक
आरएईओ,पटवारी और सहकारी समिति के प्रबंधकों की ली संयुक्त बैठक
बिलासपुर। जिले में कृषि कार्यों को सुचारू, पारदर्शी और किसान हितैषी बनाने के उद्देश्य से आज कलेक्टर संजय अग्रवाल की अध्यक्षता में एक विस्तृत समीक्षा बैठक का आयोजन मस्तूरी ब्लॉक के सभाकक्ष में किया गया। इस बैठक में फार्मर एग्री स्टेक पंजीयन, फसल बीमा, जल संरक्षण तथा भूमि बंटांकन (बंटवारा) से संबंधित विभागीय कार्यों की समीक्षा की गई और आवश्यक निर्देश दिए गए।
कलेक्टर ने कहा कि कृषि से जुड़े सभी विषयों में पारदर्शिता, त्वरित कार्यवाही और किसानों की सहभागिता आवश्यक है। हमारा उद्देश्य सिर्फ योजनाएं लागू करना नहीं है, बल्कि किसानों तक उसका वास्तविक लाभ पहुँचाना है। एग्रीस्टेक योजना के तहत किसान पंजीयन की अत्यंत धीमी प्रगति पर नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि मात्र 44.9 प्रतिशत किसानों का पंजीयन हुआ है। उन्होंने एक एक गांववार इसमें प्रगति की समीक्षा की। कृषि और राजस्व विभाग को मिलकर इसमें प्रगति लाने के निर्देश दिए।
कलेक्टर ने स्पष्ट निर्देश दिया कि कोई भी पात्र किसान पंजीयन से वंचित नहीं रहना चाहिए। यह सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने गांववार शिविर लगाने के निर्देश दिए।
कलेक्टर ने निर्देश दिया कि प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के अंतर्गत किसानों को जागरूक कर बीमा कवरेज सुनिश्चित किया जाए। उन्होंने कहा कि बीमा के अंतिम तिथि से पूर्व सभी कृषकों का बीमा अनिवार्य रूप से कराया जाए।
कलेक्टर ने जल संरक्षण कार्यों को तेज़ करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि कृषि विभाग, ग्रामीण विकास विभाग और जल संसाधन विभाग मिलकर वर्षा जल संचयन के लिए योजना बनाएं। गांवों में जल उपयोग की जागरूकता बढ़ाने के लिए प्रचार-प्रसार अभियान चलाया जाए। गांवों में संगोष्ठी आयोजित करने कहा।
कलेक्टर ने भूमि बंटांकन और सीमांकन के लंबित प्रकरणों पर नाराज़गी जताई और स्पष्ट निर्देश कि सभी लंबित बंटांकन प्रकरणों का समयबद्ध निराकरण किया जाए।संबंधित पटवारियों और राजस्व निरीक्षकों की जिम्मेदारी तय की जाए। उन्होंने त्रुटि सुधार के कार्यों को भी प्राथमिकता से करने कहा।
बैठक में एसडीएम प्रवेश पैकरा, कृषि उप संचालक पी डी हथेश्वर, तहसीलदार, जनपद सीईओ और अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।
आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिका के रिक्त पदों पर दावा-आपत्ति 30 तक
बिलासपुर । एकीकृत बाल विकास परियोजना सरकंडा अंतर्गत फरहदा एवं सिलपहरी के आंगनबाड़ी केंद्र में आंगनबाड़ी कार्यकर्ता एवं सहायिका की नियुक्ति के पूर्व प्राप्त आवेदन पत्रों का मूल्यांकन कर लिया गया है। मूल्यांकन पश्चात अनंतिम मूल्यांकन पत्रक जारी कर दी गई है। इस संबंध में 30 जुलाई 2025 तक एकीकृत बाल विकास परियोजना कार्यालय सरकंडा में कार्यालयीन समय पर दावा-आपत्ति प्रस्तुत किये जा सकते है। निर्धारित तिथि के पश्चात दावा-आपत्ति स्वीकार नही किये जायेंगे।
विवेकानंद उद्यान में पर्यावरण संरक्षण एवं संवर्धन के लिए पौधे बांटे गए।
विवेकानंद उद्यान में पर्यावरण संरक्षण एवं संवर्धन के लिए पौधे बांटे गए।
बेनामी लेनदेन मामलों की सुनवाई के लिए विशेष न्यायालय गठित
केंद्र सरकार ने गजट में किया प्रकाशन
बिलासपुर । राज्य में बेनामी संपत्ति लेनदेन की बढ़ती शिकायतों को देखते हुए केंद्र सरकार ने बेनामी लेनदेन प्रतिषेध अधिनियम, 1988 (संशोधित 2016) के तहत विशेष अदालत का गठन कर दिया है। यह अदालत अब पूरे छत्तीसगढ़ राज्य में दर्ज होने वाले मामलों की सुनवाई करेगी।
गजट में हुआ प्रकाशन, हाईकोर्ट ने जारी किया नोटिफिकेशन
केंद्र सरकार ने भारत के राजपत्र (गजट) में इसकी अधिसूचना 17 जुलाई 2025 को प्रकाशित की है। इसमें बताया गया है कि बिलासपुर हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश के परामर्श से रायपुर के 12वें अपर सत्र न्यायाधीश (XII ASJ) की अदालत को छत्तीसगढ़ राज्य के लिए विशेष न्यायालय नामित किया गया है। इससे पहले यह जिम्मेदारी रायपुर के VII ASJ को सौंपी गई थी।
हाईकोर्ट ने इस संबंध में औपचारिक नोटिफिकेशन जारी कर दिया है। न्याय विभाग, नई दिल्ली की अधिसूचना S.O. 3268(E) के आधार पर यह बदलाव लागू किया गया है।
क्या होती है बेनामी लेनदेन?
बेनामी लेनदेन का मतलब है जब कोई व्यक्ति किसी संपत्ति की खरीद के लिए पैसा देता है, लेकिन संपत्ति किसी अन्य व्यक्ति या काल्पनिक नाम पर रजिस्टर्ड होती है। यह लेन-देन अक्सर काले धन को छुपाने, टैक्स चोरी या कर्ज से बचने के लिए किया जाता है।
दोषी पाए जाने पर क्या है सजा?
बेनामी संपत्ति के मामलों में दोषी पाए जाने पर कानून के तहत यह सजा तय है:
1 से 7 साल तक का कारावास
संपत्ति के बाजार मूल्य का 25% तक जुर्माना
क्यों जरूरी था यह विशेष न्यायालय?
बेनामी संपत्तियों को लेकर बढ़ते मामलों और लंबी कानूनी प्रक्रिया को देखते हुए तेज़, पारदर्शी और केंद्रीकृत कार्रवाई के लिए इस विशेष अदालत का गठन किया गया है। अब पूरे छत्तीसगढ़ से संबंधित बेनामी मामलों की सुनवाई XII ASJ रायपुर की अदालत में होगी।
यह कदम राज्य में कालेधन और फर्जी संपत्ति सौदों के खिलाफ सरकार की सख्त नीति को दर्शाता है।
कलेक्टर ने स्वच्छता पेट्रोलिंग वाहन को दिखाई हरी झण्डी
बिलासपुर । कलेक्टर संजय अग्रवाल एवं निगग आयुक्त अमित कुमार ने आज यहां जिला कार्यालय परिसर से स्वच्छता पेट्रोल वाहन को हरी झण्डी दिखाई। उन्होंने कहा कि नगर निगम को स्वच्छता के क्षेत्र में राष्ट्रीय पुरस्कार मिलने के बाद स्वच्छता की निरंतरता बनाये रखने की चुनौती रहेगी। इस चुनौती को पूर्ण करने में यह विशेष टीम काफी मददगार साबित होगी।नगर निगम क्षेत्र में यह पेट्रोलिंग वाहन शहर में घुम घुमकर सार्वजनिक स्थान एवं सड़कों पर कचरा फेंकने, गंदगी करने वालों को रोकने और जुर्माना लगाने का काम करेगी। इसके अलावा सड़कों पर ठेले, गुमटी अथवा अन्य तरीके से अतिक्रमण करने वालों के खिलाफ भी कार्रवाई करेगी। अस्वच्छता और सड़क अतिक्रमण के खिलाफ जारी जंग में इस नयी पहल से तेजी आने की संभावना है। लगभग 30 कर्मचारी इस बस में सवार होकर शहर के विभिन्न वार्डों का सतत् दौरा करेगें। लोगों को स्वच्छता के प्रति जागरूक करेगी और कचरा नहीं फैलाने की समझाइश भी देगी। इस अवसर पर नगर निगम के स्वच्छता कर्मी एवं अधिकारी कर्मचारी उपस्थित थे।
कलेक्टर ने टीएल बैठक में की योजनाओं की समीक्षा
नये स्थल पर उपस्थिति नहीं देने वाले कर्मचारियों का वेतन रोकने दिए निर्देश
बिलासपुर । कलेक्टर संजय अग्रवाल ने स्थानांतरण के बावजूद नये जगह पर कार्यभार ग्रहण नहीं करने वाले अधिकारी कर्मचारियों के वेतन रोकने के निर्देश दिए हैं। साप्ताहिक टीएल बैठक में कलेक्टर ने सभी जिला स्तरीय अधिकारियों को इस आशय के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ राज्य निर्माण का रजत जयंती बिलासपुर में भी संपूर्ण गरिमा के साथ मनाया जायेगा। उन्होंने विगत 25 वर्ष की विकास यात्रा को सुन्दर तरीके से आम जनता के बीच प्रदर्शित करने की कार्य-योजना बनाने के निर्देश दिए। बैठक में नगर निगम आयुक्त अमित कुमार सहित विभागीय वरिष्ठ अधिकारी मौजूद थे।
कलेक्टर ने बैठक में पीएम जनमन योजना की समीक्षा की। व्यक्तिगत आधारित योजनाओं में सेचुरेशन स्तर प्राप्त करने के लिए घर-घर जाकर हितग्राहियों को लाभ पहुंचाने के निर्देश दिए। खासकर आधार कार्ड, आयुष्मान कार्ड, किसान सम्मान में कुछ लक्ष्य पूर्ण करने में बचे हुए हैं। सुशासन तिहार के लंबित मामलों की जानकारी ली। उन्होंने निराकरण की गुणवत्ता को विशेष ध्यान में रखने को कहा। कुछ हितग्राहियों से प्रत्यक्ष अथवा फोन के जरिए सम्पर्क कर योजना के संबंध में फीडबैक लेने के भी निर्देश दिए। शिक्षकों के युक्तियुक्तकरण की भी जानकारी बैठक में ली। स्कूलों में शनिवार के दिन जीवन में सकारात्मक भावना को बढ़ावा देने की शुरू की गई पहल का निरीक्षण करने के निर्देश जिला शिक्षा अधिकारी को दिए। डीएमएफ के तहत स्वीकृत कार्यों के प्रस्ताव भी जल्द से जल्द भेजने को कहा। उन्होंने कहा कि योजना में जनहित के काम को चुनें। पीव्हीटीजी इलाकों में स्वीकृत छह आंगनबाड़ी केन्द्रों के निर्माण कार्य तत्काल शुरू करने के निर्देश दिए। बैठक में कलेक्टर ने अंतर्विभागीय मामलों का भी निराकरण किया।
छत्तीसगढ़ की स्थापना के रजत जयंती वर्ष में एक और महत्वपूर्ण उपलब्धि “रामलला दर्शन योजना” का साकार होना
खाद गोदाम सील,लाइसेंस निलंबित
आधा दर्जन खाद दुकानों में छापामार कार्रवाई
बिलासपुर । मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने किसानों को उचित दाम पर गुणवत्ता युक्त खाद मुहैया कराने के निर्देश जिला प्रशासन को दिए हैं। कलेक्टर संजय अग्रवाल ने मुख्यमंत्री के निर्देश पर टीम गठित कर आकस्मिक निरीक्षण करने को कहा है। उप संचालक कृषि पीडी हथेश्वर के नेतृत्व में उड़न दस्ता दल ने विकासखण्ड-कोटा और बिल्हा में आधा दर्जन कृषि केन्द्रों पर छापामार कार्रवाई किया गया।
उप संचालक कृषि ने बताया कि मेसर्स उन्नत कृषि केन्द्र रतनपुर में क्रेताओं को बिना बिल दिये उर्वरक का व्यवसाय किये जाने के कारण नोटिस जारी किया गया। मेसर्स शेखर कृषि केन्द्र कोनचरा को बिना आई.एफ.एम.एस, आई.डी के उर्वरक का व्यवसाय करते पाये जाने पर विक्रय प्रतिबंध कर उपलब्ध स्टॉक को जब्ती की कार्यवाही कर नोटिस जारी किया गया। ग्राम कोनचरा स्थित अतुल कृषि केन्द्र में अनियमितता पाये जाने के कारण गोदाम को सील की कार्यवाही किया गया। ग्राम मदनपुर विकास खण्ड बिल्हा अन्तर्गत मेसर्स राघवेन्द्र देवांगन के यहां मूल्य एवं स्कंध सूची का प्रदर्शन नही करने, भंडारण वितरण की प्रतिवेदन नही भेजने, स्कंध एवं बिल संधारण नही करने के कारण विक्रय पर प्रतिबंध लगाकर स्पष्टीकरण जारी किया गया है।
वही औचक निरीक्षण के दौरान मेंसर्स किसान सेवा केन्द्र तखतपुर के फर्म में कमी एवं अनियमितताओं के कारण नोटिस जारी कर जवाब चाहा गया था, संबंधित के द्वारा प्रस्तुत जवाब संतोषजनक प्राप्त नहीं होने के फलस्वरूप उनके अनुज्ञप्ति को 15 दिवस के लिए निलबंन की कार्रवाई किया गया है। उक्त कृषि केन्द्रो को स्पष्टीकरण तामिल हेतु सात दिवस के भीतर पालन प्रतिवेदन एवं जवाब प्रस्तुत करने हेतु निर्देशित किया गया समय सीमा एवं संतोषप्रद जवाब प्रस्तुत नहीं किये जाने पर अनुज्ञप्ति निलंबन/निरस्तीकरण की कार्रवाई की जाएगी।
निरीक्षण दल में पी.डी. हथेश्वर, उप संचालक कृषि, अनिल कुमार शुक्ला सहायक संचालक कृषि, खेमराज शर्मा ग्रा.कृ.वि.अ., विजय धीरज ग्रा.कृ.वि.अ., कार्यालयीन एवं विकासखण्ड कोटा से दिलीप रात्रे कृ.वि.अ.एवं उर्वरक निरीक्षक मारू ग्रा.कृ.वि.अधि. आर.जी. भानू ग्रा.कृ.वि.अधि. उपस्थित रहें। जिले में संचालित समस्त उर्वरक विक्रेताओं को बिना पॉस मशीन के उर्वरकों का विक्रय नही किये जाने के निर्देश प्रसारित है एवं संबंधित निरीक्षकों से उनके कार्य क्षेत्र अन्तर्गत संचालित उर्वरक विक्रेताओं से पॉस मशीन की मांग हेतु निर्देश दिये गये है। उर्वरक विक्रेता पॉस मशीन हेतु अपने कार्यालय वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारी, संबंधित उर्वरक निरीक्षक एवं कार्यालय उप संचालक कृषि बिलासपुर में सम्पर्क कर सकते है।