जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की संवेदनशील पहल : बेसहारा बुजुर्ग को मिला वृद्धाश्रम में सहारा
बेमेतरा । मानवीय संवेदनशीलता और न्याय सुलभता का अनुकरणीय उदाहरण पेश करते हुए जिला विधिक सेवा प्राधिकरण बेमेतरा ने एक निराश्रित वरिष्ठ नागरिक को त्वरित विधिक सहायता प्रदान कर सुरक्षित आश्रय दिलाया।
राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण बिलासपुर के आदेशानुसार एवं सरोज नंद दास, प्रधान जिला न्यायाधीश/अध्यक्ष जिला विधिक सेवा प्राधिकरण बेमेतरा के मार्गदर्शन में तथा सचिव स्वर्णलता ओम यादव के दिशा निर्देश पर चलाए जा रहे करुणा अभियान के अंतर्गत यह कार्रवाई की गई।
जानकारी के अनुसार थाना में पदस्थ अधिकार मित्र पवन कुमार साहू को एक वरिष्ठ व्यक्ति मिले, जिन्होंने बातचीत में बताया कि उनके ही परिवार के सदस्यों ने उन्हें घर से बाहर निकाल दिया है। उनके पास रहने का कोई ठिकाना नहीं था। अधिकार मित्र ने तत्काल इसकी सूचना सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण को दी।
सूचना मिलते ही प्राधिकरण ने संवेदनशीलता दिखाते हुए बुजुर्ग के भोजन व संरक्षण की व्यवस्था करते हुए अधिकार मित्र के माध्यम से उन्हें सुरक्षित रूप से वृद्धाश्रम कंतेली, बेमेतरा पहुंचाया।
बाद में सचिव स्वर्णलता ओम यादव स्वयं वृद्धाश्रम पहुंची और बुजुर्ग से उनके स्वास्थ्य एवं घर वापसी की इच्छा के संबंध में मुलाकात की। वरिष्ठ व्यक्ति ने अपना शेष जीवन वृद्धाश्रम में ही व्यतीत करने की इच्छा जताई, साथ ही अपने पुत्र-पुत्रियों से भरण-पोषण की मांग रखी। जिस पर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण द्वारा उन्हें उचित विधिक सहायता प्रदान की जा रही है।
यह पहल दर्शाती है कि जिला विधिक सेवा प्राधिकरण केवल कानूनी सहायता तक सीमित नहीं, बल्कि जरूरतमंद, असहाय एवं वरिष्ठ नागरिकों के सम्मान और सुरक्षा के लिए भी तत्पर है।