छत्तीसगढ़ / बेमेतरा
आवास मेला का आयोजन: उप मुख्यमंत्री ने सौंपे 12 -12 लाभार्थियों को आवास की चाबियां व स्वीकृति पत्र
प्रधानमंत्री हर ग़रीब को पक्का मकान का सपना पूरा कर रहे: उप मुख्यमंत्री
बेमेतरा । उप मुख्यमंत्री एवं प्रभारी मंत्री अरुण साव ने आज बेमेतरा के टाउनहॉल में आयोजित प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) अंतर्गत “आवास मेला” कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। इस कार्यक्रम का उद्देश्य जिले में आवास योजना के तहत लाभार्थियों को उनके आवास प्रदान करना और योजना को व्यापक रूप से प्रचारित करना था।
श्री साव ने कार्यक्रम के दौरान 12 लाभार्थियों को उनके नए आवासों की चाबी और 12 को आवास स्वीकृति प्रमाण पत्र सौंपे। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना का उद्देश्य समाज के हर वर्ग को सम्मानजनक आवास उपलब्ध कराना है, और सरकार इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए लगातार प्रयासरत है। उन्होंने बताया कि बेमेतरा जिले में प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत पिछले महीने, सितंबर 2024 में, करीब 15,000 नए आवास स्वीकृत किए गए हैं।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री हर ग़रीब को पक्का मकान का सपना पूरा कर रहे है। राज्य सरकार ने आते ही 18लाख ग़रीब परिवारों को पक्का मकान देने की स्वीकृति दी। जिसमें 8 लाख लोगों कु पहली किश्त भी जारी कर दी हैं। उन्होंने कहा कि ज़िले में32, हज़ार प्रधानमंत्री आवास पूर्ण हो गये है। नये स्वीकृत आवास की भी पहली किस्त जारी कर दी गयी है।
उप मुख्यमंत्री ने कहा कि हर किसी का सपना होता है कि उनका अपना एक घर हो, जिसमें वे अपने परिवार के साथ सुरक्षित और सुकून भरा जीवन बिता सकें। किंतु ग़रीब व्यक्ति आर्थिक कठिनाइयों और सीमित आय के कारण यह सपना दूर की बात लगता था। परंतु प्रधानमंत्री आवास योजना ने उनक इस सपने को हकीकत में बदलने का अवसर प्रदान किया। यह योजना उनके लिए किसी वरदान से कम साबित नहीं हुई, जिससे उनके परिवार की जीवनशैली में अभूतपूर्व बदलाव लाए।
कार्यक्रम की अध्यक्षता राज्य के खाद्य मंत्री दयालदास बघेल ने की। उन्होंने कहा कि यह योजना ग्रामीण इलाकों में आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के लिए वरदान साबित हो रही है। अति विशिष्ट अतिथि के रूप में विधायक दीपेश साहू, और साजा विधायक ईश्वर साहू जिला पंचायत बेमेतरा की अध्यक्ष सुनीता हीरालाल साहू ने भी कार्यक्रम में भाग लिया और लाभार्थियों को बधाई दी।
खाद्य मंत्री दयालदस बघेल ने सरकार की इस योजना की सराहना की और इसे गरीब परिवारों के जीवन में सुधार लाने का अहम जरिया बताया। इस कार्यक्रम के माध्यम से जिले में आवास योजना के प्रति जागरूकता बढ़ाने और लाभार्थियों तक सुविधाएं पहुंचाने का सफल प्रयास किया गया। कार्यक्रम में पूर्व विधायक अवधेश चंदेल, ज़िला पंचायत सदस्य प्रज्ञा निर्वाणी, ओमप्रकाश जोशी,राजेंद्र शर्मा सहित हितग्राही सहित जनप्रतिनिधि उपस्थित थे।
बाढ़-आपदा से बचाव के लिए शिवनाथ नदी में मॉकड्रिल
बेमेतरा । कलेक्टर रणबीर शर्मा के निर्देशन एवं मार्गदर्शन में आज जिला मुख्यालय से 15 कि.मी. दूर स्थित ग्राम अमोरा से बहते हुये शिवनाथ नदी में बाढ़ आपदा से बचाव के लिए मॉकड्रिल (पूर्वाभ्यास)का आयोजन किया गया। इस दौरान ग्रामीणों को घर में मौजूद सामग्री का बाढ़ में किस तरह उपयोग कर सकते हैं, इसका डेमो दिया गया। कलेक्टर ने बाढ़ आपदा से बचाव की तैयारियों का भी जायजा लिया और स्वयं उपस्थित होकर सम्पूर्ण क्रियाकलाप देखी।
इस दौरान पुलिस अधीक्षक रामकृष्ण साहू, जिला पंचायत सीईओ टेकचंद अग्रवाल, एडीएम अनिल वाजपेयी, संयुक्त कलेक्टर अंकिता गर्ग, डिप्टी कलेक्टर दिव्या पोटाई सर्व एसडीएम, जनसंपर्क विभाग कि टीम, स्वास्थ्य विभाग कि टीम, संबंधित अधिकारी एवं राजस्व विभाग के अधिकारी/कर्मचारी उपस्थित थे।
नगर सेना विभाग द्वारा जिले एवं संभागीय स्तर पर उपलब्ध समस्त बाढ़ बचाव सामग्रियों का मॉकड्रिल किया गया। कलेक्टर शर्मा ने राज्य आपदा मोचन दल की तैयारियों की सराहाना की। मॉकड्रिल में अतिवृष्टि के दौरान ग्रामीण जन लकड़ी या छोटे-छोटे बोट के माध्यम से नदी पार करते समय बोट पलटी हो जाने एवं गांव में पानी भर जाने की स्थिति में किस प्रकार से जिले में उपलब्ध मोटर बोट, स्क्यूबा डायविंग, अंडरवाटर कैमरा, लाइफ जैकेट, लाइफ बॉय आस्का लाइट, पेलिकन लाइट, सर्च लाइट विभिन्न प्रकार के चौन-सा का प्रयोग कर बाढ़ बचाव कार्य का लाइव डेमो (मॉकड्रिल) का आयोजन किया गया। जिले में बाढ़ प्रभावित क्षेत्र के घरों में उपलब्ध होने वाली सामग्रियों जैसे गोल बर्तन, भगोना, ड्रम, मटका, ट्यूब, प्लास्टिक बॉटल, इत्यादि सामग्रियों का राप्ट बनाना एवं पीने वाले एक लीटर पानी की बोतल को एयर टाइट कर लाइफ जैकेट बनाकर डूबते हुए व्यक्ति को बचाया जा सकता है। मॉक ड्रिल एसडीआरएफ के जवान और जिले के बाढ़ बचाव दल के जवान द्वारा किया गया।
बाढ़ आपदा में बचाव के लिए मॉक ड्रिल एक महत्वपूर्ण प्रक्रिया है, जिसका उद्देश्य आपदा के समय त्वरित और प्रभावी प्रतिक्रिया सुनिश्चित करना होता है। इसमें बाढ़ की स्थिति का सटीक सिमुलेशन किया जाता है। इससे आपातकालीन सेवाओं को वास्तविक स्थिति में अभ्यास करने का अवसर मिलता है। इसमें बाढ़ के दौरान लोगों को सुरक्षित स्थान पर ले जाना, प्राथमिक चिकित्सा देना, और आपदा प्रबंधन के अन्य पहलुओं को शामिल किया जाता है। मॉक ड्रिल का एक और उद्देश्य जनसाधारण को जागरूक करना भी होता है। लोगों को सिखाया जाता है कि बाढ़ आने पर उन्हें क्या करना चाहिए, कहाँ शरण लेनी चाहिए, और किस तरह की सहायता उपलब्ध होगी। इस प्रकार की मॉक ड्रिलें यह सुनिश्चित करती हैं कि आपदा के समय लोग और प्रशासन मिलकर प्रभावी ढंग से कार्य कर सकें और जान-माल के नुकसान को कम किया जा सके।
पीएचई के ईई ने स्वामी आत्मानंद विद्यालय के छात्रों को दिया न्योता भोज
बेमेतरा । जिले में स्थित स्वामी आत्मानंद शासकीय शिवलाल राठी अंग्रेजी माध्यम विद्यालय, बेमेतरा में रुपेश कुमार धनंजय (कार्यपालन अभि. पी. एच. ई.) ने सेजेस बेमेतरा के पहली से आठवीं कक्षाओं के सभी छात्र-छात्राओं को न्योता भोज’’ दिया। इस दौरान बच्चों को खीर-पुड़ी, जीरा राइस, मटर पनीर, पापड़, सलाद एवं फल परोसा गया। इस दौरान नीतू कोठारी (वार्ड नं.11 पार्षद), पालकगण, स्कूल के प्रधान पाठिका (माध्यमिक) श्रीमती वर्षा साहू, प्रधान पाठिका (प्राथमिक) श्रीमती अनामिका रंजित एवं शिक्षक भी उपस्थित रहें। सभी ने न्योता भोज’’ को बहुत सराहा।
स्कूल में बच्चों को नेवता भोज कराया’’ से संबंधित समाचार का तात्पर्य है कि स्कूल में बच्चों के लिए विशेष भोज का आयोजन किया जाना। यह आयोजन किसी खास मौके, जैसे कि नए सत्र की शुरुआत, किसी त्योहार, या किसी अन्य विशेष अवसर को मनाने के लिए किया जा सकता है। इस तरह के आयोजनों का उद्देश्य बच्चों को खुश रखना, उनके बीच सामूहिकता की भावना विकसित करना और उन्हें विशेष अवसरों पर सम्मानित महसूस कराना होता है ताकि स्कूल के प्रति रूचि रहें और शिक्षा प्राप्त करने हेतु तत्पर रहें। नेवता भोज में बच्चों ने इस आयोजन का आनंद लिया, उनके लिए विशेष भोजन तैयार किया गया।
उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने आवास मेला में हितग्राहियों को सौंपी नवनिर्मित आवास की चाबी
प्रधानमंत्री आवास योजना के हितग्राहियों को आवास स्वीकृति पत्र भी वितरित किए
प्रधानमंत्री हर गरीब का पक्का मकान का सपना पूरा कर रहे : उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव
रायपुर : उप मुख्यमंत्री तथा बेमेतरा जिले के प्रभारी मंत्री श्री अरुण साव आज प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के तहत बेमेतरा के टाउन-हॉल में आयोजित आवास मेला में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए। उन्होंने आवास मेला में 12 लाभार्थियों को उनके नवनिर्मित आवासों की चाबी सौंपी। उन्होंने प्रधानमंत्री आवास योजना के 12 हितग्राहियों को आवास स्वीकृति प्रमाण पत्र भी प्रदान किया। खाद्य मंत्री श्री दयालदास बघेल तथा विधायक श्री दीपेश साहू और और श्री ईश्वर साहू भी आवास मेला में शामिल हुए।
उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव ने आवास मेला को संबोधित करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना का उद्देश्य हर गरीब को सम्मानजनक आवास उपलब्ध कराना है। छत्तीसगढ़ सरकार इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए लगातार प्रयासरत है। उन्होंने बताया कि योजना के अंतर्गत बेमेतरा जिले में बीते सितम्बर माह में करीब 15 हजार नए आवास स्वीकृत किए गए हैं।
उप मुख्यमंत्री श्री साव ने कार्यक्रम में कहा कि प्रधानमंत्री हर गरीब का पक्का मकान का सपना पूरा कर रहे हैं। हमारी सरकार बनते ही हमने अगले दिन 18 लाख आवासों की स्वीकृति दी। इनमें से आठ लाख मकानों के लिए पहली किस्त भी जारी कर दी गई है। उन्होंने बताया कि बेमेतरा जिले में 32 हजार आवास पूर्ण हो गए हैं। नए स्वीकृत आवासों के लिए पहली किस्त भी जारी कर दी गई है।
श्री साव ने कहा कि हर किसी का सपना होता है कि उसका अपना एक घर हो, जिसमें वह अपने परिवार के साथ सुरक्षित और सुकून भरा जीवन बिता सके। आर्थिक कठिनाइयों और सीमित आमदनी के कारण गरीब परिवारों को यह केवल सपना ही लगता था। प्रधानमंत्री आवास योजना अब गरीबों के इस सपने को हकीकत में बदल रहा है।
कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे खाद्य मंत्री श्री दयालदास बघेल ने अपने संबोधन में कहा कि प्रधानमंत्री आवास योजना आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों के लिए वरदान साबित हो रही है। इस योजना से राज्य के लाखों परिवारों का जीवन स्तर ऊंचा उठ रहा है। बेमेतरा जिला पंचायत की अध्यक्ष श्रीमती सुनीता साहू और जिला पंचायत सदस्य श्रीमती प्रज्ञा निर्वाणी सहित अनेक जनप्रतिनिधि और आवास योजना के लाभार्थी बड़ी संख्या में आवास मेला में शामिल हुए।
भारत स्काउट्स एवं गाइड्स का पाँच दिवसीय आपदा प्रबंधन शिविर सम्पन्न
बेमेतरा। भारत स्काउट्स एवं गाइड्स द्वारा पाँच दिवसीय जिला स्तरीय आपदा प्रबंधन शिविर का आयोजन विकासखंड बेरला के शासकीय उच्च माध्यमिक शाला लेंजवारा में 1 अक्टूबर से 5 अक्टूबर तक सफलतापूर्वक किया गया। शिविर का उद्देश्य स्काउट्स एवं गाइड्स को आपदा प्रबंधन की विधाओं में प्रशिक्षित करना और संकट के समय सामुदायिक सहयोग को बढ़ावा देना था।
विगत दिवस बेमेतरा कलेक्टर रणबीर शर्मा ने शिविर में उपस्थित होकर प्रतिभागियों का उत्साहवर्धन किया। उनके साथ अपर कलेक्टर डॉ. अनिल बाजपेयी, ज़िला शिक्षा अधिकारी कमल कपूर बंजारे भी उपस्थित थे। कार्यक्रम में विशेष अतिथि के रूप में जिला पंचायत सदस्य पुष्पा साहू, डॉ. चुरामन साहू, सहायक संचालक एस.पी. कोशले और फत्ते साहू भी उपस्थित रहे।
कार्यक्रम की शुरुआत स्काउटिंग परंपरा के अनुसार अतिथियों को स्कार्फ पहनाकर की गई। इसके बाद दीप प्रज्वलन के साथ विधिवत उद्घाटन हुआ। इस अवसर पर रणबीर शर्मा ने युवाओं को आपदा प्रबंधन के प्रति जागरूक होने और प्रशिक्षण के महत्व पर जोर दिया। बच्चों को अभ्यास करते रहने की सलाह दी। शिविर में विभिन्न आपदा प्रबंधन तकनीकों का प्रशिक्षण दिया गया, जिसमें अग्निशमन, प्राथमिक चिकित्सा, बाढ़ राहत, और खोज एवं बचाव कार्य शामिल थे। प्रशिक्षण के दौरान टीमवर्क और नेतृत्व के गुणों पर विशेष ध्यान दिया गया।
शिविर में अलग-अलग दिन विभागों अधिकारियों ने शिविर में जानकारी उपलब्ध कराईं। स्वास्थ्य विभाग बेरला के डॉक्टर की टीम द्वारा स्काउट गाइड को प्राथमिक उपचार, सहित मौसमी बीमारियों के लक्षण और उपचार पर भी विस्तृत जानकारी दी गई। वही उप पुलिस अधीक्षक राजेश कुमार झा ने साइबर क्राइम की जानकारी दी। उन्होंने बच्चों को ऑनलाइन फ्रॉड संबंधित विस्तृत जानकारी भी दी। साथ ही यातायात नियमों की जानकारी से अवगत कराया। शिविर के कार्यक्रम प्रभारी व विकास खंड सचिव अमित क्षत्रीय एवं जिला संगठन आयुक्त स्काउट फनेन्द्र लोधी द्वारा आपदा आ जाने पर स्काउट गाइड कैसे तैयार रहते हैं उसका प्रदर्शन किया। जिला शिक्षा अधिकारी ने मुख्य अतिथि को प्रतीक चिन्ह भेंट किए। शिविर को सफल बनाने सत्य नारायण साहू जिला सचिव, रजनी रेड्डी, अनुज साहू, गौकरण पाटिल, हारुन अली, राधा वर्मा, मनोज साहू, वंदना, पूनम सलूजा, उमा साहू, तारामती साहू एवं सर्विस रोवर रेंजर की महत्वपूर्ण भूमिका रहीं हैं।
जनसमस्या निवारण पखवाड़ा: खाद्य मंत्री ने नवागढ़ में किया राशन कार्ड वितरण
बेमेतरा। खाद्य मंत्री दयालदास बघेल नगर पंचायत नवागढ़ के वार्ड क्रमांक 11, 12 एवं 14 में टाउन हॉल में आयोजित जनसमस्या निवारण पखवाड़ा शिविर में पहुँचे। उन्होंने शिविर में उपस्थित हितग्राहियों की मांग, शिकायतें और समस्याओं के प्राप्त आवेदन पत्रों की जानकारी ली एवं उपस्थित हितग्राहियों को नया राशन कार्ड वितरित किया।
जनसमस्या निवारण पखवाड़ा का आयोजन प्रदेश के सभी नगरीय निकायों में 27 जुलाई से 10 अगस्त तक किया जा रहा है। इस पखवाड़े का मुख्य उद्देश्य जनता की समस्याओं का त्वरित निवारण करना और उन्हें विभिन्न सरकारी योजनाओं का लाभ दिलाना है।
मंत्री श्री बघेल ने शिविर में कहा कि सरकार जनता की समस्याओं के समाधान के लिए प्रतिबद्ध है और इस प्रकार के आयोजन से प्रशासन और जनता के बीच की दूरी कम होती है। उन्होंने उपस्थित अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे जनता की समस्याओं का शीघ्र समाधान करें और उनकी मांगों पर उचित कार्यवाही करें। शिविर में कई नागरिकों ने अपनी समस्याओं और शिकायतों को प्रस्तुत किया, जिनमें प्रमुख रूप से राशन कार्ड से संबंधित मुद्दे, पेंशन योजनाओं में अड़चनें, और पानी, बिजली जैसी बुनियादी सुविधाओं की कमी शामिल थी। श्री बघेल ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे इन समस्याओं का समाधान समयबद्ध तरीके से करें।
जनसमस्या निवारण पखवाड़ा शिविर में बड़ी संख्या में लोग उपस्थित थे, जिन्होंने इस पहल की सराहना की और इसे जनता की समस्याओं के समाधान की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया।
"मिलेट्स सुपर फुड' विज्ञान नाटिका को मिला प्रथम स्थान
राज्य स्तरीय बाल विज्ञान प्रदर्शनी
बेमेतरा। जगदलपुर बस्तर में आयोजित राज्य स्तरीय बाल विज्ञान प्रदर्शनी एवं पश्चिम भारत विज्ञान मेला 2023-24 कार्यक्रम में स्वामी आत्मानंद शास. शिवलाल राठी अंग्रेजी माध्य. विद्यालय के छात्रों ने विभिन्न विधाओं में अपना प्रदर्शन किया तथा विज्ञान नाटिका 'मिलेट्स सुपर फुड' के मंचन में प्रथम स्थान प्राप्त कर विद्यालय एवं जिले को गौरवन्ति किया। इस नाटिका में भाग लेने वाले विद्यार्थी ख्याति साहू, दिव्या वर्मा, अनुष्का तिवारी, झरना साहू, मानशी कुम्भकार, मुस्कान कुम्भकार. रिमझिम राजपुत एवं मोनिका वर्मा रहे। इस विज्ञान नाटिका का निर्देशन दिप्ती पटेल, शिक्षक अंग्रेजी एवं वर्षा साहू प्राधान पाठिक सेजेस बेमेतरा द्वारा की गई थी। 31 जुलाई से 3 अगस्त तक जगदलपुर के जगतु माहरा शास. बहु.उ.मा.. विद्यालय में आयोजित यह राज्य स्तरीय कार्यक्रम में सेजेस शिवलाल राठी से कुल 13 छात्रों ने कवर्धा जोन से अपनी सहभागिता दी। जिसमें विज्ञान सेमिनार अभिज्ञान वर्मा मॉडल प्रदर्शनी में रेणुका वर्मा, हिरामणी वर्मा, उत्तम साहू तथा शैलू साहू ने अपनी प्रस्तुति दी। जिला शिक्षा अधिकारी डॉ. कमल कपूर बंजारे नोडल प्रभारी विज्ञान सूलोचन साहू नवागढ़ खिलावून वर्मा एमआईएस प्रशासक, प्राचार्य सुदेशा चटर्जी ने सभी प्रतिभागी छात्राओं तथा संस्था सभी शिक्षक-शिक्षिकाओं को उनके सहयोग हेतु बधाई एवं शुभकामनाएं देते हुए उनकी उज्जवल भविष्य की कामना की।
सर्पदंश के खतरे को ध्यान में रखते हुए विशेष सावधानी बरतें
नव पदस्थ सीएमएचओ ने जारी की एडवाइजरी
बेमेतरा। वर्षा ऋतु को देखते हुए बेमेतरा जिले के कलेक्टर रणबीर शर्मा ने आम जन से अपील की है कि सर्पदंश के खतरे को ध्यान में रखते हुए विशेष सावधानी बरतें। वर्षा ऋतु में सांप,बिच्छू एवं अन्य रंगने वाले जहरीले कीड़े-मकोड़े आदि के निकलने की संभावना बढ़ जाती है, जिससे सर्पदंश से मृत्यु का खतरा हो सकता है। इस संबंध में बेमेतरा मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. यशवंत कुमार ध्रुव ने कुछ महत्वपूर्ण दिशा-निर्देश जारी किए हैं।
सर्पदंश से बचाव हेतु निम्नलिखित कदम उठाने की सलाह दी गई है:
1. सर्पदंश वाले अंग को ना मोड़ें।
2. सर्पदंश वाले भाग में रस्सी या पट्टी ना बांधें।
3. पीड़ित को स्थिर रखें।
4. डंक वाली जगह पर किसी धारदार वस्तु से काटकर या दबाकर जहर निकालने का प्रयास ना करें।
5. गर्म पट्टी का उपयोग ना करें।
6. पारंपरिक झाड़-फूंक और दवा कर समय बर्बाद ना करें।
7. पीड़ित व्यक्ति को तत्काल अस्पताल ले जाएं।
डॉ. ध्रुव ने आम जन से आग्रह किया है कि उपरोक्त निर्देशों का पालन कर सर्पदंश के खतरे से बचाव करें और किसी भी आपात स्थिति में त्वरित चिकित्सा सहायता प्राप्त करें।
बाल अपराध में कमी लाने लगातार स्कूलों, महाविद्यालयों, तथा छात्रावासों में किया जा रहा कार्यशाला का आयोजन
बेमेतरा। विगत दिनों कलेक्टर रणबीर शर्मा के निर्देशन में चंद्रबेस सिंह सिसोदिया जिला कार्यक्रम अधिकारी एवं सीपी शर्मा महिला एवं बाल विकास अधिकारी, महिला एवं बाल विकास विभाग के मार्गदर्शन में तथा व्योम श्रीवास्तव जिला बाल संरक्षण अधिकारी के नेतृत्व में अंर्तविभागीय टीम द्वारा अलग-अलग टीम बनाकर नवागढ़ वि.ख. ग्राम कुंरा के शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय एवं शासकीय माध्यमिक विद्यालय कुरा कक्षा 6वी से 12वीं तक के समस्त विद्यार्थियों को बाल संरक्षण, बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ, एक युद्ध नशे के विरुद्ध, मिशन शक्ति आदि विषयों पर विस्तार से जानकारी दिया गया जिसमें व्योम श्रीवास्तव, जिला बाल संरक्षण अधिकारी एवं पर्यवेक्षक रानू मिश्रा परियोजना नांदघाट सेक्टर कुरा के द्वारा बाल संरक्षण पर विस्तार पूर्वक जानकारी दिया गया जिसमे बाल संरक्षण विषय पर विस्तार से अलग अलग कक्षाओं में जानकारी देते हुए बताया गया की बाल संरक्षण का तात्पर्य बच्चों के शारीरिक, मानसिक और भावनात्मक स्वास्थ्य की सुरक्षा और उनके अधिकारों का संरक्षण करना है साथ ही बच्चों को इसके उद्देश्यों के बारे में जानकारी साझा किया गया, बच्चों को शोषण और दुर्व्यवहार से बचाना, बच्चों के अधिकारों की रक्षा करना, बच्चों के शिक्षा और स्वास्थ्य की सुरक्षा करना, बच्चों को सुरक्षित और स्वस्थ वातावरण प्रदान करना। इसके अलावा बाल संरक्षण के महत्वपूर्ण पहलू पर प्रकाश डालते हुए, बाल शोषण, बाल मजदूरी, बाल विवाह, बाल तस्करी की रोकथाम, बच्चों के लिए सुरक्षित और स्वस्थ वातावरण की स्थापना पर जानकारी देते हुए बाल संरक्षण के लिए कानूनी अधिनियमों पर संक्षेप में जानकारी दिया गया। तत्पश्चात राजेंद्र प्रसाद चंद्रवंशी, परियोजना समन्वयक (सीएचएल) जिला बाल संरक्षण इकाई, महिला एवं बाल विकास विभाग के द्वारा बच्चों पर होने वाली लैगिक अपराधों से बालकों का संरक्षण अधिनियम 2012 पर छात्र एवं छात्राओं को विस्तार से जानकारी दिया गया तथा एक युद्ध नशे के विरुद्ध पर विस्तार से चर्चा करते हुए किशोर न्याय अधिनियम 2015 की धारा 77, 78 जो की बालकों को मादक लिकर या स्वापक औषधि या मनःप्रभावी पदार्थ देना या किसी बालक का किसी मादक लिकर, स्वापक औषधि या मनःप्रभावी पदार्थ के विक्रय, फुटकर क्रय-विक्रय, उसे साथ रखने, उसकी पूर्ति करने या तस्करी करने के लिए उपयोग किया जाना आदि के बारे में विस्तार से जानकारी दिये तथा मोबाइल के मोह से कैसे बचें, पर विस्तार से जानकारी देते हुए बताया गया कि वर्तमान में बच्चे मोबाईल के मोह से छुटकारा पाने के लिए मोबाईल पर गेम (खेल) ना खेलें बल्कि खेल वास्तविक मैदान में खेलें जिससे खेल में पारंगत होंगें और शारीरिक गतिविधियां भी होगा जिससे बच्चे, कम उम्र में होने वाली बीमारियों से बचा जा सकता है। बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ पर जानकारी साझा किया गया।
श्रम उप-निरीक्षक श्रम विभाग बेमेतरा के द्वारा बाल श्रम प्रतिषेध एवं किशोर श्रम प्रतिषेध अधिनियम के बारे में विस्तार से जानकारी दिया गया। तथा पंकज घृतलहरे एवं टुवेन्द्र सिंग वर्मा, पैरालीगल वालेंटियर जिला विधिक सेवा प्राधिकरण बेमेतरा के द्वारा जिला विधिक सेवा प्राधिकरण की सेवाओं पर विस्तार से जानकारी दिया गया। उक्त कार्यक्रम में दोनों विद्यालयों के प्रधान अध्यापक / प्राचार्य एवं व्याख्याता शिक्षक/शिक्षिकाओं तथा विद्यार्थीयों की उपस्थिति रही।
महतारी वंदन योजना : को लेकर संबंधित अधिकारियों-कर्मचारियों की हुई बैठक, प्रशिक्षण भी दिया गया
एक भी पात्र हितग्राही लाभ से वंचित ना रहे : क्लेक्टर श्री रणबीर
ग्राम पंचायत और नगरीय निकाय के वार्ड स्तर पर शिविर भी लगाये जायेंगे
बोले कलेक्टर एक भी पात्र महिला हितग्राही फ़ार्म भरने न छूटे यह सुनिश्चित करें
बेमेतरा : राज्य सरकार ने महतारी वंदन योजना के लिए पात्रता तय कर दी है। जिनके परिवार का कोई भी सदस्य आयकर दाता हो या भारत सरकार अथवा राज्य सरकार के शासकीय विभाग, उपक्रम मंडल स्थानीय निकाय में अस्थायी , संविदा, उपक्रम, मंडल आदि में कार्यरत प्रथम , द्वितीय , तृतीय वर्ग के कर्मचारी/अधिकारी इस योजना हेतु अपात्र होंगे। यह योजना पूरे छत्तीसगढ़ में आगामी 01 मार्च से लागू होगी।*
*इस योजना के तहत सभी पात्र महिलाओं को सरकार हर महीने ₹1000 की मासिक सहायता राशि प्रदान करेगी। इस योजना के तहत महिलाओं के खाते में सालाना सरकार द्वारा ₹12000 की राशि ट्रांसफर की जाएगी। यह राशि सीधे महिलाओं के बैंक खाते में जमा होगी*
* इस योजना को ले कर आज (रविवार) को ज़िला पंचायत सभागार में ज़िले के सभी मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत, मुख्य नगर पालिका अधिकारी, नगरीय निकाय,परियोजना अधिकारी और समस्त पर्यवेक्षक एकीकृत बाल विकास परियोजना बैठक, सह -प्रशिक्षण आयोजित हुआ। * ज़िला कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल विकास श्री बी.डी.पटेल ने योजना संबंधी पूरा ब्यौरा पेश किया। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा दिशा-निर्देशों की जानकारी दी।
*कलेक्टर श्री रणबीर शर्मा ने कहा कि छत्तीसगढ़ महतारी वंदन योजना राज्य में 01 मार्च से लागू होगी। इस योजना का लाभ विवाहित महिलाओं के साथ – साथ विधवा , परित्यकता और तलाकशुदा महिलाओं को भी मिलेगा।योजना का प्रमुख उद्देश्य महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा देना है। उन्होंने बताया कि कल 5 फ़रवरी से ऑनलाइन/ऑफ़लाइन आवेदनों का पंजीयन प्रारंभ होगा* आवेदन *आवेदन करने की अंतिम तिथि 20 फ़रवरी 2024 है ।
*उन्होंने कहा ज़िले कि ग्राम पंचायत और नगरीय निकाय के वार्ड स्तर पर शिविर भी लगाये जाएँगे। फ़ार्म भरने में कर्मचारी हितग्राहियों का पूरा सहयोग करेंगे। उन्होंने पात्र हितग्राहियों के शत-प्रतिशत फ़ार्म भरना सुनिचित करने के निर्देश दिये। बैठक में उन्होंने फ़ार्म के साथ क्या दस्तावेज देने होंगे उसके बारे में भी अवगत कराया। कलेक्टर श्री शर्मा ने कहा कि यह योजना निरंतर चलेगी आवेदन लगातार भराये जायेंगे नियमानुसार नाम जुड़ेंगे और विलोपित भी होते रहेंगे। उन्होंने कहा कि कोई भी पात्र हितग्राही क़ो लाभ से वंचित ना रहे।*
*प्रशिक्षण में पात्र-अपात्र से लेकर फ़ार्म भरने आदि की विस्तार से जानकारी दी गयी। बैठक में जानकारी दी गयी कि जिनके परिवार के कोई भी सदस्य वर्तमान अथवा पूर्व में सांसद, विधायक तथा जिनके परिवार का कोई भी सदस्य भारत सरकार अथवा राज्य सरकार के बोर्ड, निगम मंडल के वर्तमान या पूर्व में अध्यक्ष या उपाध्यक्ष रहा हो वह इस योजना हेतु अपात्र होंगे। छत्तीसगढ़ महतारी वंदन योजना राज्य में 01 मार्च से लागू होगी। इस योजना का लाभ विवाहित महिलाओं के साथ – साथ विधवा , परित्यकता और तलाकशुदा महिलाओं को भी मिलेगा।योजना का प्रमुख उद्देश्य महिला सशक्तिकरण को बढ़ावा देना है।*
*मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्रीमती लीना मंडा वी ने सभी सीईओ जनपद को कहा कि महतारी वंदन योजना सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में है। इसलिए जारी दिशा-निर्देशों को ध्यान से वाचन कर लें । ताकि किसी प्रकार का भ्रम हो तो समय रहते दूर कर लिया जाये। हितग्राहियों के फ़ार्म भरने ग्राम पंचायतों में शिविर लगाये जाये। फ़ार्म भरवाने का काम समय पर हो और गांव की कोई भी पात्र महिला हितग्राही योजना के लाभ से ना छूटे यह भी सुनिश्चित किया जाये। बैठक में सीएमओ भूपेंद्र उपाध्यय सभी सीएमओ, सभी जनपद सीईओ, सहित महिला बाल विकास के सुपरवाईजर, और कर्मचारी उपस्थित थे।*
*छत्तीसगढ़ शासन महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा जारी दिशा-निर्देशानुसार सोमवार 5 फ़रवरी से ऑनलाइन / ऑफ़लाइन आवेदनों का पंजीयन प्रारंभ होगा। आवेदन प्राप्त करने की अंतिम तिथि 20 फ़रवरी 2024 है। अनंतिम सूची 21 फ़रवरी को होगी। अनंतिम सूची पर आवेदनकर्ता आपत्ति 21 से 25 फ़रवरी 2024 तक कर सकते है। आपत्ति का निराकरण 29 फ़रवरी तक होगा। अंतिम सूची का प्रकाशन 01 मार्च 2024 को होगा। स्वीकृति पत्र 5 मार्च 2024 जारी करने की तिथि है और राशि का अंतरण 8 मार्च2024 को होगा।।*
सेजेस बेरला में वार्षिकोत्सव 'ऊर्जा' 2024 हुआ संपन्न
बेमेतरा : स्वामी आत्मानन्द शासकीय अंग्रेजी माध्यम उत्कृष्ट विद्यालय परिसर में वार्षिकोत्सव "ऊर्जा" 2024 का आयोजन किया गया। जिसमें मुख्य अतिथि के रूप में विधायक बेमेतरा श्री दीपेश साहू एवं वरिष्ठ जनप्रतिनिधि अवधेश चंदेल जिला शिक्षा अधिकारी श्री अरविंद मिश्रा एवं प्राचार्य जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान बेमेतरा श्री जगदीश धृतलहरे उपस्थित थे | कार्यक्रम की शुरुवात माँ वाग्देवी की अर्चना वंदन एवं दीप प्रज्वलन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया।
इस कार्यक्रम में विद्यार्थियों के द्वारा वर्तमान परिप्रेक्ष्य में समाज को अपनी संस्कृति परम्परा, आध्यात्मिकता तथा आधुनिकता सभी को समाहित करते हुए बहुत सुन्दर नृत्य, गीत एवं नाटक की प्रस्तुति दी गई। कार्यक्रम में उपस्थित जनों ने सभी बच्चों को आशीर्वाद देते हुए खूब उत्साहवर्धन किया। नगर के विभिन्न पदाधिकारीगण, वरिष्ठ पालकगण, जनप्रतिनिधिगण एवं पत्रकारगणों ने भी इस कार्यक्रम का आनंद लिया |
कार्यक्रम के अंत में प्राचार्य श्रीमती अर्चना ने अतिथियों का आभार व्यक्त करते हुए विद्यालय के विकास व निर्माण कार्य हेतु विधायक को मांग पत्र भी सौंपा।
राष्ट्रीय पल्स पोलियों अभियान का जिला स्तरीय शुभारंभ
स्थानीय विधायक दीपेश साहू ने बच्चों को पिलाई पल्स पोलियो की खुराक
जिले में कुल 95862 बच्चों को शतप्रतिशत टीकाकरण किये जाने का लक्ष्य निर्धारित
बेमेतरा : स्व. डाॅ. चेतन सिंह वर्मा मातृ एवं शिशु अस्पताल बेमेतरा में आज रविवार को राष्ट्रीय पल्स पोलियों अभियान का जिला स्तरीय शुभारंभ किया गया। उक्त शुभारंभ कार्यक्रम की शुरूआत श्री दीपेश साहू विधायक विधानसभा क्षेत्र बेमेतरा के द्वारा बच्चों को पोलियों की खुराक पिलाकर किया गया | कार्यक्रम के दौरान मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी, डाॅ. एस. चुरेन्द्र, जिला टीकाकरण अधिकारी, डाॅ. शरद कोहाडे़, जिला कार्यक्रम प्रबंधक लता बंजारे, अस्पताल सलाहकार स्वाती यदु, डी.पी.सी. कु. सम्पत्ती बंजारे, डी.पी.एच.एन.ओ. श्रीमती हिना सिन्हा, मिडिया प्रभारी, श्री संजय तिवारी, कार्यालय सहायक टीकाकरण, श्री देवेन्द्र नामदेव, पार्षद नीतू कोठारी एवं अस्पताल के स्टाॅफ सहित शुन्य से 05 वर्ष आयु के बच्चे एवं पालकगण उपस्थित रहे। जिनके द्वारा उपस्थित बच्चों को पोलियों की खुराक पिलाकर प्रतिरक्षित किया गया। कार्यक्रम के दौरान कुल 05 बच्चों को पोलियों की 02 बूंद की खुराक पिलाकर विधायक द्वारा कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया जिसके पश्चात उपस्थित सभी अधिकारीगण द्वारा एक-एक कर बच्चों को पोलियों की खुराक पिलाया गया।
जिले में कुल लक्ष्य 95862 के विरूध्द शतप्रतिशत बच्चों को बूथ में टीकाकरण किये जाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है, उक्त कार्यक्रम को सफल बनाने के लिए पूरे जिले में 793 पोलियों बूथ की स्थापना की गई है, जिसमें 2880 टीकाकर्मीयों द्वारा पोलियों की खुराक लक्ष्यित आयु वर्ग के बच्चों को पोलियों की दवा पिलाकर प्रतिरक्षित किया जायेगा। पोलियों बूथ की स्थापना जिला मुख्यालय अंतर्गत जिला बेमेतरा नया बस स्टैण्ड, सिटी कोतवाली थाना बेमेतरा के सामने, जहां आने जाने वाले यात्रीयों को पोलियों की दवा पिलाई जा सके इसके साथ ही शहारी क्षेत्र के सभी वार्डों में पोलियों बूथ की स्थापना की गई है।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी द्वारा मिली जानकारी अनुसार राष्ट्रीय पल्स पोलियों कार्यक्रम के अंतर्गत आज प्रथम दिवस गतिविधि मेें शून्य से 05 वर्ष के बच्चों को बूथ के अंतर्गत पोलियों की खुराक पिलाई जायेगी, द्वितीय और तृतीय दिवस में छुटे हुए बच्चों को घर-घर भ्रमण कर पोलियों की खुराक पिलाई जायेगी, जिसके निरीक्षण के लिए जिले में 109 पर्यवेक्षकों एवं जिला स्तरीय माॅनिटरिंग टीमों के द्वारा कार्यक्रम के सफलता के लिए निगरानी की जावेगी। जिला टीकाकरण अधिकारी द्वारा अपील करते हुए कहा गया की समस्त शून्य से 05 वर्ष के बच्चों को पोलियों की दवा जरूर पिलायें छुटे हुए बच्चों को घर-घर भ्रमण के दौरान पोलियों टीम के सदस्यों द्वारा खुराक पिलाने में मदद जरूर करें।
कस्टम मिलिंग चावल जमा नहीं करने पर 62 पंजीकृत राईस मिलरों कारण बताओ नोटिस जारी
बेमेतरा। खरीफ विपणन वर्ष 2023-24 के दौरान समर्थन मूल्य पर उपार्जित धान के कस्टम मिलिंग कार्य में लापरवाही करने पर जिले के 62 पंजीकृत राईस मिलरों को कलेक्टर द्वारा कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। जिला बेमेतरा में कस्टम मिलिंग चावल उपार्जन का लक्ष्य 257177 मे. टन रखा गया था, जिसके अंतर्गत अब तक केवल 121476 मे. टन चावल का उपार्जन हो पाया है। अभी भी 135340 मे. टन चावल का उपार्जन बाकी है। ज़िला खाद्य अधिकारी ने जारी विज्ञप्ति में बताया कि जिले के सभी पंजीकृत राईस मिलरों को शीघ्रता से चावल जमा करने के निर्देश दिए गए हैं। प्रशासन ने यह स्पष्ट किया है कि चावल उपार्जन कार्य में किसी भी प्रकार की अनियमितता या देरी होने पर छत्तीसगढ़ कस्टम मिलिंग चावल उपार्जन आदेश 2016 और अन्य प्रचलित नियमों के तहत कड़ी कार्रवाई की जाएगी। इस सख्त कदम का उद्देश्य उपार्जन प्रक्रिया को सुचारू रूप से संचालित करना और किसानों को उचित समय पर उनके धान का मूल्य दिलाना है।
प्रकृति थीम पर "स्वच्छता ही सेवा" पेंटिंग प्रतियोगिता आज
बेमेतर। "स्वच्छता ही सेवा है 2024" अभियान के तहत प्रकृति (Nature) थीम पर आधारित पेंटिंग प्रतियोगिता का आयोजन किया जा रहा है। यह प्रतियोगिता संयुक्त जिला कार्यालय (कलेक्टर कार्यालय) बेमेतरा में आयोजित की जाएगी। प्रतियोगिता में जिले के शासकीय और अशासकीय स्कूलों के विद्यार्थियों को भाग लेने के लिए आमंत्रित किया गया है। मुख्य कार्यपालन अधिकारी, ज़िला पंचायत बेमेतरा ने सभी स्कूलों के प्रधानपाठकों और प्राचार्यों को पत्र लिखकर निर्देश दिया है कि वे 6वीं कक्षा से 12वीं कक्षा तक के सबसे अच्छे पेंटिंग करने वाले विद्यार्थियों को प्रतियोगिता में अनिवार्य रूप से शामिल करें। प्रत्येक कक्षा से कम से कम एक विद्यार्थी की सहभागिता सुनिश्चित करने का आग्रह किया गया है।
प्रतियोगिता के दौरान विद्यार्थियों को पेंटिंग के लिए आवश्यक सामग्री ज़िला पंचायत द्वारा प्रदान की जाएगी, हालांकि प्रतिभागी अपने व्यक्तिगत सामग्री का भी उपयोग कर सकते हैं। इस प्रतियोगिता का उद्देश्य बच्चों में स्वच्छता के प्रति जागरूकता बढ़ाना और उनकी रचनात्मक क्षमताओं को प्रकट करना है।
इस आयोजन के माध्यम से विद्यार्थियों को स्वच्छता और प्रकृति के महत्व को समझने और अपने विचारों को कलात्मक रूप से व्यक्त करने का अवसर मिलेगा। कार्यक्रम की सफलता के लिए जिले के सभी स्कूलों से सक्रिय सहभागिता की अपील की गई है।
वरिष्ठ नागरिकों के सम्मान और अधिकारों का पर्व
अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस विशेष
बेमेतरा । अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस प्रत्येक वर्ष 1 अक्टूबर को मनाया जाता है, जिसका मुख्य उद्देश्य वरिष्ठ नागरिकों के अधिकारों की रक्षा करना, उनके सम्मान और गरिमा को बनाए रखना और उनके जीवन की गुणवत्ता में सुधार लाना है। इस दिवस पर दुनिया भर में विभिन्न कार्यक्रम और आयोजन किए जाते हैं ताकि समाज में वृद्धजनों के प्रति सम्मान, संवेदनशीलता और जागरूकता बढ़ाई जा सके। छत्तीसगढ़ के बेमेतरा जिले में भी इस अवसर पर एक विशेष जिला स्तरीय कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है, जिसमें समाज कल्याण विभाग की महत्वपूर्ण भूमिका है।
बेमेतरा जिले में समाज कल्याण विभाग की योजनाएं
बेमेतरा जिला, छत्तीसगढ़ का एक महत्वपूर्ण क्षेत्र है, जहां पूरे छत्तीसगढ़ सहित बेमेतरा ज़िले में भी केंद्र और छत्तीसगढ़ सरकार की वृद्धजनों के लिए समाज कल्याण विभाग की ओर से निःशक्त व्यक्तियों, वरिष्ठ नागरिकों, विधवा एवं परित्यक्त महिलाओं, और निराश्रित व्यक्तियों के कल्याण के लिए कई योजनाएं चलाई जा रही हैं। यह योजनाएं समाज के कमजोर वर्गों को आर्थिक, सामाजिक और मानसिक सहायता प्रदान करने के उद्देश्य से चलाई जाती हैं। इनमें वरिष्ठ नागरिकों के लिए विशेष रूप से अनेक सुविधाओं का प्रावधान किया गया है। इन योजनाओं का संचालन ऑनलाइन किया जा रहा है ताकि लाभार्थियों को अधिकतम सुविधाएं प्रदान की जा सकें और उन्हें सरकारी दफ्तरों के चक्कर न लगाने पड़ें।
समाज कल्याण विभाग द्वारा चलाई जा रही इन योजनाओं में प्रमुख रूप से वृद्धावस्था पेंशन, विधवा पेंशन, और परित्यक्त महिलाओं के लिए आर्थिक सहायता शामिल हैं। इसके अलावा, जिन बच्चों को देखरेख की जरूरत है या जो आपराधिक गतिविधियों की ओर अग्रसर हो रहे हैं, उनके पुनर्वास के लिए भी कई योजनाएं संचालित की जा रही हैं। इन योजनाओं का उद्देश्य ऐसे बच्चों को मुख्य धारा से जोड़ना और उन्हें बेहतर भविष्य की दिशा में प्रेरित करना है।
वृद्धजनों के सम्मान में विशेष कार्यक्रम
बेमेतरा जिले के समाज कल्याण विभाग द्वारा एवं ज़िला प्रशासन द्वारा 1 अक्टूबर को अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस के अवसर पर एक विशेष जिला स्तरीय कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। यह कार्यक्रम जिले के प्रमुख स्थान कृषि उपज मंडी प्रांगण में आयोजित होगा, जो पूर्वाह्न 11 बजे से दोपहर 2 बजे तक चलेगा। इस कार्यक्रम का उद्देश्य जिले के वरिष्ठ नागरिकों को सम्मानित करना और उनके योगदान को समाज के सामने लाना है।
कार्यक्रम में जिले के कलेक्टर, जिला पंचायत अध्यक्ष, उपाध्यक्ष और अन्य जनप्रतिनिधि विशेष रूप से उपस्थित रहेंगे। यह सभी गणमान्य व्यक्ति समाज में वृद्धजनों के योगदान को सम्मानित करेंगे और उनके प्रति अपनी संवेदनशीलता प्रकट करेंगे। समाज कल्याण विभाग की उप संचालक श्रीमती बरखा कासू ने बताया कि इस आयोजन की सभी तैयारियां पूरी हो चुकी हैं, और जिले के सभी वरिष्ठ नागरिकों को इस विशेष अवसर पर आमंत्रित किया गया है।
वृद्धजन दिवस का महत्व और उद्देश्य
अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस का उद्देश्य केवल एक औपचारिक आयोजन नहीं है, बल्कि यह समाज में वृद्धजनों के प्रति सम्मान और संवेदनशीलता की भावना को विकसित करने का एक प्रयास है। आज के दौर में, जब सामाजिक परिवर्तन और आधुनिक जीवनशैली के कारण परिवारों में वृद्धजनों के प्रति संवेदनशीलता में कमी आई है, ऐसे आयोजन उनकी गरिमा को बनाए रखने और उनके अधिकारों की रक्षा करने के लिए महत्वपूर्ण हो जाते हैं।
वृद्धजनों का समाज में एक महत्वपूर्ण स्थान है। उन्होंने अपने जीवनकाल में समाज, परिवार और देश के विकास में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। उनके अनुभव और ज्ञान हमारे लिए प्रेरणा का स्रोत हैं। लेकिन आज की पीढ़ी के पास उनके अनुभवों को सुनने और उनसे सीखने का समय कम होता जा रहा है। ऐसे में अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस का आयोजन हमें इस बात की याद दिलाता है कि वृद्धजन हमारे समाज के महत्वपूर्ण अंग हैं और उनकी देखभाल और सम्मान हमारी जिम्मेदारी है।
वृद्धजनों के लिए विशेष योजनाएं
बेमेतरा जिले में समाज कल्याण विभाग के तहत वृद्धजनों के लिए विशेष योजनाएं संचालित की जा रही हैं। इनमें प्रमुख रूप से वृद्धावस्था पेंशन योजना, स्वास्थ्य सेवाएं और सामाजिक सुरक्षा योजनाएं शामिल हैं। वृद्धावस्था पेंशन योजना के तहत वृद्धजनों को हर महीने एक निश्चित राशि दी जाती है, जिससे वे अपनी बुनियादी जरूरतों को पूरा कर सकते हैं। इसके अलावा, उन्हें स्वास्थ्य सेवाओं में भी विशेष छूट और प्राथमिकता दी जाती है ताकि वे बिना किसी आर्थिक बोझ के अपना इलाज करवा सकें।
समाज कल्याण विभाग का उद्देश्य इन योजनाओं के माध्यम से वृद्धजनों की जीवन गुणवत्ता में सुधार लाना और उन्हें आर्थिक, सामाजिक और मानसिक सुरक्षा प्रदान करना है। इस विभाग द्वारा संचालित योजनाएं वृद्धजनों के जीवन को बेहतर बनाने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम हैं और यह समाज में उनकी गरिमा को बनाए रखने का एक प्रयास है।
आयोजन में विशेष सम्मान और गतिविधियां
अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस के इस विशेष कार्यक्रम के दौरान जिले के वरिष्ठ नागरिकों को सम्मानित किया जाएगा। इस आयोजन में उन्हें विशेष सम्मान प्रदान करने के लिए कई गतिविधियों का आयोजन भी किया जाएगा। कार्यक्रम में वरिष्ठ नागरिकों के जीवन के अनुभवों को साझा करने और उनके योगदान को समाज के सामने लाने के लिए भी एक मंच प्रदान किया जाएगा। इसके साथ ही, विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन भी किया जाएगा, जिसमें वृद्धजन अपनी प्रतिभाओं को प्रस्तुत कर सकेंगे।
कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य वृद्धजनों के प्रति समाज में सम्मान और सहयोग की भावना को बढ़ावा देना है। यह आयोजन उन्हें यह एहसास दिलाने का एक प्रयास है कि वे समाज के लिए कितने महत्वपूर्ण हैं और उनके अनुभव और ज्ञान आज भी हमारी धरोहर हैं।
वृद्धजनों के प्रति समाज की जिम्मेदारी
समाज में वृद्धजनों की भूमिका केवल एक परिवार के बुजुर्ग के रूप में सीमित नहीं है, बल्कि वे समाज के नैतिक और सांस्कृतिक आधार हैं। उनका जीवन अनुभव और ज्ञान समाज को सही दिशा दिखाने में महत्वपूर्ण होता है। आज जब समाज में अलगाव और व्यस्तता बढ़ रही है, वृद्धजनों की देखभाल और सम्मान के प्रति समाज की जिम्मेदारी और भी बढ़ जाती है।
बेमेतरा जिले का यह आयोजन इस बात का प्रतीक है कि समाज अपने बुजुर्गों के प्रति जागरूक है और उन्हें वह सम्मान देना चाहता है जिसके वे हकदार हैं। समाज कल्याण विभाग द्वारा चलाए जा रहे इन प्रयासों से यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि वृद्धजनों को वह सभी सुविधाएं और सम्मान मिल सके, जिनके वे अधिकारी हैं।
निष्कर्ष
बेमेतरा जिले में अंतर्राष्ट्रीय वृद्धजन दिवस के इस विशेष आयोजन के माध्यम से समाज कल्याण विभाग और जिले के प्रशासन ने यह संदेश दिया है कि वृद्धजन हमारे समाज की अनमोल धरोहर हैं और उनके अधिकारों की रक्षा और सम्मान करना हमारी जिम्मेदारी है। यह कार्यक्रम केवल एक औपचारिक आयोजन नहीं है, बल्कि यह समाज के प्रति एक संदेश है कि हमें अपने बुजुर्गों के प्रति संवेदनशीलता, सम्मान और देखभाल की भावना को जागृत करना चाहिए।
इस आयोजन के माध्यम से वृद्धजनों को सम्मानित करने और उनके जीवन के अनुभवों को साझा करने का अवसर प्रदान करना समाज के लिए एक महत्वपूर्ण कदम है। यह न केवल वृद्धजनों के सम्मान को बढ़ावा देता है, बल्कि समाज में उनके योगदान की महत्वपूर्ण भूमिका को भी रेखांकित करता है।