छत्तीसगढ़ / दंतेवाड़ा
बारसूर-मुचनार: रोमांच, प्रकृति और आस्था का अनोखा संगम
रायपुर : बारसूर-मुचनार: रोमांच, प्रकृति और आस्था का अनोखा संगम
समय-सीमा की बैठक में कलेक्टर ने दिए निर्देश
बस्तर पंडुम और गणतंत्र दिवस की तैयारियां मिशन मोड में करें - कलेक्टर श्री ध्रुव
दंतेवाड़ा, 13 जनवरी 2026 संयुक्त जिला कार्यालय के डंकनी सभाकक्ष में आज कलेक्टर श्री देवेश कुमार ध्रुव ने साप्ताहिक समय-सीमा की बैठक में आगामी बस्तर पंडुम एवं गणतंत्र दिवस समारोह की तैयारियों की व्यापक समीक्षा की। उन्होंने दोनों आयोजनों को जिले की संस्कृति, गौरव और जनभागीदारी से जुड़े प्रमुख कार्यक्रम बताते हुए सभी विभागों को समयबद्ध एवं उच्च-गुणवत्ता के साथ कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने बताया कि बस्तर पंडुम 16 एवं 17 जनवरी से ब्लॉक स्तरीय आयोजन के साथ प्रारंभ होगा। यह उत्सव आदिवासी संस्कृति, परंपराओं और जीवन शैली को नई पहचान देने वाला महोत्सव है, इसलिए तैयारियाँ मिशन मोड में की जाएँ। पंडुम के तीन स्तर ब्लॉक, जिला एवं संभाग किए गए हैं। महोत्सव में कुल 12 विधाएँ शामिल रहेंगी, जिनमें पारंपरिक कला, आदिवासी शिल्प, लोक-नृत्य, संगीत, जनजातीय व्यंजन, बोली-भाषा, पारंपरिक वेशभूषा, आभूषण, वाद्य-यंत्र एवं जनजातीय जीवन शैली की विशिष्ट झलकियाँ शामिल होंगी। उन्होंने अधिकतम प्रतिभागियों का पंजीयन सुनिश्चित करने और सभी व्यवस्थाएं पहले से सुव्यवस्थित रखने के निर्देश दिए।
गणतंत्र दिवस समारोह की तैयारियों की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने कहा कि यह राष्ट्रीय महत्व का आयोजन है, इसलिए सुरक्षा, यातायात, स्वच्छता, सांस्कृतिक प्रस्तुतियां, मंच व्यवस्थाएँ तथा अन्य सभी विभागीय दायित्व समयबद्ध एवं समन्वित रूप से पूरे किए जाएँ। अंत में कलेक्टर ने विभागवार लंबित प्रकरणों एवं कार्यों की साप्ताहिक समीक्षा करते हुए संबंधित अधिकारियों को प्रगति तेज करने, समय-सीमा का कड़ाई से पालन करने और गुणवत्तापूर्ण कार्य सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। बैठक में जिला पंचायत सीईओ श्री जयंत नाहटा, अपर कलेक्टर श्री राजेश पात्रे सहित विभिन्न विभागों के प्रमुख अधिकारी उपस्थित रहे।
कुआकोंडा विकासखंड में जिला सीईओ का निरीक्षण, विकास कार्यों की प्रगति पर दिया जोर
दंतेवाड़ा : कुआकोंडा विकासखंड में जिला सीईओ का निरीक्षण, विकास कार्यों की प्रगति पर दिया जोर
बस्तर पंडुम 2026 : जिले के जनपद पंचायत स्तर पर होगा 16 एवं 17 जनवरी बस्तर पंडुम का आयोजन
सड़क हादसे में घायल एनएमडीसी कर्मचारी को पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष शैलेंद्र सिंह ने समय पर पहुंचाया अस्पताल।
मानवता की मिसाल : सड़क हादसे में घायल एनएमडीसी कर्मचारी को पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष शैलेंद्र सिंह ने समय पर पहुंचाया अस्पताल।
आज के समय में जब लोग अक्सर दुर्घटनाओं के दौरान मूकदर्शक बने रहते हैं, ऐसे में पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष शैलेंद्र सिंह द्वारा दिखाई गई संवेदनशीलता और जिम्मेदारी समाज के लिए प्रेरणास्रोत है।
शांति और विकास की ओर बस्तर का ऐतिहासिक मोड़: दंतेवाड़ा में 63 माओवादियों का आत्मसमर्पण
दंतेवाड़ा : अग्निवीर भर्ती रैली 2025-26 हेतु शारीरिक दक्षता परीक्षा दिनांक 10 जनवरी 2026 से 24 जनवरी 2026 तक
दंतेवाड़ा : उद्यमिता को नई दिशा, एमएसएमई विकास कार्यक्रम के तृतीय दिवस में विशेषज्ञों ने दिए उपयोगी मार्गदर्शन
लोन वर्राटू : दंतेवाड़ा में 63 नक्सलियों ने किया आत्मसमर्पण
दंतेवाड़ा - दंतेवाड़ा जिले में नक्सलवाद के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान को बड़ी सफलता मिली है। लोन वर्राटू (घर वापसी) अभियान के तहत 63 नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया है। आत्मसमर्पण करने वालों में 18 महिला नक्सली भी शामिल हैं। इन नक्सलियों पर कुल मिलाकर एक करोड़ रुपये से अधिक का इनाम घोषित था।
आत्मसमर्पण करने वालों में पश्चिम बस्तर डिवीजन कमेटी के सचिव मोहन कड़ती भी शामिल है, जिसने अपनी पत्नी के साथ हथियार डाल दिए। वरिष्ठ नक्सली नेताओं के आत्मसमर्पण को नक्सली संगठन के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है।
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, आत्मसमर्पण करने वाले नक्सली सिर्फ छत्तीसगढ़ के ही नहीं, बल्कि अन्य राज्यों से जुड़े भी हैं। इससे यह स्पष्ट होता है कि राज्य में नक्सलवाद के खिलाफ सुरक्षा बलों की रणनीति और दबाव लगातार प्रभावी साबित हो रहा है।
लोन वर्राटू अभियान के तहत नक्सलियों को मुख्यधारा में लौटने के लिए प्रेरित किया जा रहा है। सुरक्षा बलों द्वारा चलाए जा रहे सघन अभियानों और लगातार बनाए जा रहे मनोवैज्ञानिक दबाव के चलते बड़ी संख्या में नक्सली आत्मसमर्पण कर रहे हैं।
सरकार की ओर से आत्मसमर्पण करने वाले नक्सलियों को पुनर्वास नीति के तहत सहायता, रोजगार और सामाजिक पुनर्वास की सुविधाएं दी जाएंगी। अधिकारियों का कहना है कि इस कदम से क्षेत्र में शांति बहाल होगी और विकास कार्यों को गति मिलेगी। यह सफलता राज्य सरकार और सुरक्षा एजेंसियों के लिए नक्सलवाद के खिलाफ लड़ाई में एक अहम उपलब्धि मानी जा रही है।
दंतेवाड़ा : मालवाहक पिकअप में यात्रियों को बैठाने पर चालक पर 5000 रुपये का चालान
दंतेवाड़ा, 08 जनवरी 2026
सड़क सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए दंतेवाड़ा यातायात पुलिस ने कार्रवाई करते हुए मालवाहक पिकअप वाहन (एमपी 50 जी 2460) के चालक पर डट एक्ट की धारा 66/192 के तहत 5000 रुपये का चालान किया है। वाहन में अनुचित रूप से यात्रियों को बैठाकर ले जाया जा रहा था, जिसे गंभीर उल्लंघन मानते हुए यह कार्रवाई की गई। यह कार्रवाई पुलिस अधीक्षक श्री गौरव राय के निर्देशन और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री आर.के. बर्मन तथा उप पुलिस अधीक्षक यातायात श्री नसर उल्ला सिद्दीकी के मार्गदर्शन में की गई। यातायात पुलिस ने बताया कि मालवाहक वाहनों में सवारियाँ ढोना अत्यंत खतरनाक है और इससे दुर्घटनाओं का जोखिम बढ़ जाता है। चालक को चालान के साथ कड़ी समझाइश भी दी गई कि भविष्य में ऐसी लापरवाही न दोहराएँ तथा सभी आवश्यक दस्तावेज साथ रखें। पुलिस का कहना है कि सड़क सुरक्षा को लेकर जिले में लगातार अभियान चलाया जा रहा है और यातायात नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई आगे भी जारी रहेगी, ताकि सड़कें सुरक्षित रहें और दुर्घटनाओं में कमी आए।
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने बस्तर की आराध्य देवी मां दंतेश्वरी की पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों के सुख-समृद्धि और खुशहाली की कामना की
दंतेवाड़ा : 36वें राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह का शुभारंभ
AM/NS इंडिया : किरंदुल में आयरन ओर बेनिफिसिएशन प्लांट क्षमता विस्तार को लेकर लोकसुनवाई शांति पूर्वक सम्पन्न,
जनप्रतिनिधियों ने रखे विकास से जुड़े सुझाव।
किरंदुल। आर्सेलर मित्तल निप्पॉन स्टील इंडिया प्राइवेट लिमिटेड, किरंदुल द्वारा क्षमता विस्तार के तहत प्रस्तावित आयरन ओर बेनिफिसिएशन प्लांट के लिए पर्यावरणीय स्वीकृति हेतु लोकसुनवाई का आयोजन किया गया। यह लोकसुनवाई BIOP सीनियर सेकेंडरी स्कूल ग्राउंड परिसर, किरंदुल में संपन्न हुई।
प्रस्तावित परियोजना के अंतर्गत आयरन ओर बेनिफिसिएशन प्लांट की उत्पादन क्षमता को वर्तमान 08 मिलियन टन प्रतिवर्ष से बढ़ाकर 12 मिलियन टन प्रतिवर्ष किए जाने का प्रस्ताव है। इस परियोजना के लिए कुल 39.83 हेक्टेयर (98.43 एकड़) क्षेत्र प्रस्तावित किया गया है।
लोकसुनवाई में प्रभावित ग्राम पंचायतों के जनप्रतिनिधि, ग्रामीणजन, सामाजिक संगठनों के प्रतिनिधि एवं प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित रहे। इस दौरान जनप्रतिनिधियों ने परियोजना से होने वाले संभावित विकास कार्यों का स्वागत करते हुए रोजगार, शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, पेयजल एवं स्थानीय अधोसंरचना के विकास से जुड़े महत्वपूर्ण सुझाव कंपनी के समक्ष रखे।
साथ ही जनप्रतिनिधियों एवं ग्रामीणों ने पर्यावरण संरक्षण, प्रदूषण नियंत्रण, विस्थापन, मुआवजा, स्थानीय युवाओं को प्राथमिकता के आधार पर रोजगार तथा सामाजिक दायित्व (CSR) के प्रभावी क्रियान्वयन जैसी कमियों की ओर भी ध्यान आकर्षित किया। वक्ताओं ने स्पष्ट कहा कि विकास आवश्यक है, लेकिन वह स्थानीय लोगों के हितों और पर्यावरण संतुलन के साथ होना चाहिए।
कंपनी प्रबंधन की ओर से उपस्थित अधिकारियों ने सभी सुझावों और आपत्तियों को गंभीरता से सुनते हुए यह आश्वासन दिया कि पर्यावरणीय मानकों का पूर्ण पालन किया जाएगा तथा स्थानीय समुदाय के हित में विकास कार्यों को प्राथमिकता दी जाएगी।
लोकसुनवाई शांतिपूर्ण माहौल में संपन्न हुई। अब जनसुनवाई की कार्यवाही रिपोर्ट पर्यावरणीय स्वीकृति हेतु संबंधित प्राधिकरण को भेजी जाएगी, जिसके आधार पर आगे की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
गीदम में स्लरी पाइप लाइन निर्माण के दौरान हुई बालक की मृत्यु के मामले में प्रशासनिक कार्यवाही जारी
प्रधानमंत्री कृषि धन-धान्य योजना के तहत उद्यानिकी,कृषि में है असीमित लाभ
कलेक्टर द्वारा किरंदुल स्थित उद्यानिकी नर्सरी का किया गया अवलोकन
कलेक्टर देवेश कुमार ध्रुव ने चितालंका बाईपास पुल सहित विभिन्न विकास कार्यों का किया निरीक्षण, दिए अहम निर्देश