छत्तीसगढ़ / राजनांदगांव
बैलेट पेपर से चुनाव की मांग करने वाली कांग्रेस त्रिपुरा में बैलेट में ही खाई मात- अग्रहरि
छत्तीसगढ़ राजनांदगांव /
प्रदेश भाजपा व्यापार प्रकोष्ठ के सह कार्यालय प्रभारी श्री राजेश गुप्ता अग्रहरि ने कांग्रेस पर तंज कसते हुए कहा की ईवीएम और चुनाव आयोग को लेकर देश में वितंडावाद खड़ी करने वाले विपक्षी दल और खास कर कांग्रेस को त्रिपुरा के चुनाव ने बता दिया है कि बैलेट पेपर में चुनाव कराने के बाद भी उनकी किस्मत बदलने वाली नहीं है, उन्हें हार का ही सामना करना पड़ेगा।
अभी पिछले दिनों.त्रिपुरा ग्राम समिति और असम की सिलचर नगर निगम के बैलेट पेपर पर हुए चुनाव में कांग्रेस बूरी तरह हारी, कांग्रेसियों के लिए बुरी खबर ये रही कि बैलेट पेपर पर हुए चुनाव में भी...दोनों जगह कॉंग्रेस बुरी तरह हारी है और सूपड़ा साफ हो गया।
त्रिपुरा की ग्राम समिति चुनाव की 5000 सीटों मे से कॉंग्रेस को सिर्फ 14 सीट मिली है जबकि एन डीए को 4320 सीटें मिली हैं....वहीँ सिलचर नगर निगम चुनाव मे भाजपा को प्रचंड बहुमत मिला है.... जबकि कॉंग्रेस निर्दलीय से भी नीचे चली गई है।
श्री अग्रहरि ने कहा कि सच तो इन्हें भी पता है कि जनता अब इन्हें वोट नहीं दे रही... लेकिन अपनी नाकामी छुपाने के लिए कांग्रेस व उनके समर्थक विपक्षियों को यह सब नौटंकी करनी पड़ती है, कांग्रेस की तो पूरे देश भर में लुटिया डूब रही है, वहीं उनका साथ दे रही सपा राजद उद्धव सेना राकांपा विपक्षी अन्य दलों को हम तो डूबे सनम तुमको भी ले डूबें,, का खामियाजा भुगतना पड़ रहा है।
राजेश गुप्ता अग्रहरि राजनांदगांव छत्तीसगढ़
राहुल नगर के शारदा भवन में पेयजल समस्या दूर, विधायक निधि से हुआ बोरवेल खनन पार्षद गिरिजा संतोष निर्मलकर के प्रयासों से मिली सौगात, 340 फीट तक कराया गया बोर खनन, वार्डवासियों ने डॉ. रमन सिंह और महापौर मधुसूदन यादव का जताया आभार
राजनांदगांव।
शहर के लखोली वार्ड क्रमांक 32 स्थित राहुल नगर के हृदय स्थल शारदा भवन प्रांगण में पेयजल की समस्या को दूर करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की गई है। विधानसभा अध्यक्ष एवं राजनांदगांव के विधायक डॉ. रमन सिंह की विधायक निधि से यहां बोरवेल खनन का कार्य संपन्न कराया गया है। लंबे समय से पेयजल की समस्या का सामना कर रहे वार्डवासियों और शारदा भवन में आयोजित होने वाले विभिन्न सामाजिक कार्यक्रमों से जुड़े लोगों को इससे राहत मिलने की उम्मीद है। इस कार्य के पूर्ण होने पर वार्डवासियों ने डॉ. रमन सिंह, महापौर मधुसूदन यादव तथा इस दिशा में प्रयास करने वाले जनप्रतिनिधियों के प्रति आभार व्यक्त किया है।
राहुल नगर स्थित शारदा भवन क्षेत्र का एक महत्वपूर्ण सामाजिक केंद्र है। यहां वार्डवासियों द्वारा समय-समय पर सामाजिक, वैवाहिक, धार्मिक एवं अन्य रचनात्मक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाता है। इन आयोजनों में बड़ी संख्या में लोगों की सहभागिता रहती है। ऐसे में भवन परिसर में पेयजल की पर्याप्त व्यवस्था नहीं होने से लोगों को परेशानी का सामना करना पड़ता था। विशेष रूप से वैवाहिक समारोहों और अन्य बड़े आयोजनों के दौरान पानी की आवश्यकता अधिक होने के कारण इस समस्या का समाधान जरूरी हो गया था। शारदा भवन में पेयजल की समस्या को देखते हुए वार्ड पार्षद गिरिजा संतोष निर्मलकर ने पहल करते हुए पत्र के माध्यम से विधानसभा अध्यक्ष एवं विधायक डॉ. रमन सिंह, महापौर मधुसूदन यादव तथा भाजपा के पदाधिकारियों और वरिष्ठ नेताओं का ध्यान इस समस्या की ओर आकर्षित कराया था। उन्होंने वार्डवासियों की आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए शारदा भवन परिसर में बोरवेल खनन कराए जाने की मांग रखी थी ताकि यहां आयोजित होने वाले कार्यक्रमों में पानी की उपलब्धता सुनिश्चित हो सके। जनहित से जुड़ी इस मांग पर पहल करते हुए विधायक निधि से बोरवेल खनन का कार्य कराया गया। इससे वार्डवासियों की लंबे समय से चली आ रही मांग पूरी हुई है। स्थानीय स्तर पर इसे क्षेत्र की मूलभूत सुविधा को मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है। बोरवेल खनन के दौरान लगभग 180 फीट की गहराई पर पानी का भरपूर स्रोत मिलने के बाद भी खनन कार्य को आगे बढ़ाते हुए कुल 340 फीट तक गहराई की गई। इससे शारदा भवन परिसर में पेयजल की उपलब्धता बेहतर होने की उम्मीद है। बोरवेल की सुविधा उपलब्ध होने से भवन में होने वाले सामाजिक और धार्मिक आयोजनों के दौरान पानी की व्यवस्था करने में सहूलियत मिलेगी। बोरवेल खनन कार्य पूर्ण होने पर वार्डवासियों ने विधानसभा अध्यक्ष एवं विधायक डॉ. रमन सिंह, महापौर मधुसूदन यादव और पार्षद गिरिजा संतोष निर्मलकर के प्रति आभार व्यक्त किया। वार्डवासियों का मानना है कि क्षेत्र की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए इस प्रकार के विकास कार्यों से आम नागरिकों को सीधा लाभ मिलता है। शारदा भवन में पेयजल की व्यवस्था होने से यहां कार्यक्रम आयोजित करने वाले परिवारों, सामाजिक संगठनों और अन्य लोगों को सुविधा मिलेगी। शहर के वार्डों में पेयजल जैसी मूलभूत सुविधाओं का विस्तार नागरिकों की दैनिक जरूरतों से जुड़ा विषय है। शारदा भवन परिसर में बोरवेल खनन का कार्य इसी आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए किया गया है। वार्डवासियों की मांग को जनप्रतिनिधियों तक पहुंचाने और उसके समाधान के लिए प्रयास करने की पहल को स्थानीय स्तर पर सकारात्मक कदम माना जा रहा है। वार्ड क्रमांक 32 के राहुल नगर में शारदा भवन परिसर में बोरवेल खनन पूरा होने से क्षेत्रवासियों में संतोष है। वार्डवासियों ने उम्मीद जताई कि इसी तरह क्षेत्र की अन्य आवश्यकताओं पर भी ध्यान दिया जाएगा ताकि नागरिकों को बेहतर सुविधाएं मिल सकें। जरूरत के अनुरूप विकास कार्य और सुविधा उपलब्ध कराने का प्रयास इसी भावना के साथ शारदा भवन में पेयजल समस्या के समाधान की दिशा में यह कार्य महत्वपूर्ण साबित हो सकता है।
मुख्यमंत्री नौनिहाल छात्रवृत्ति सहायता योजना से बच्चों की पढ़ाई का खर्च हुआ आसान
राजनांदगांव । श्रमिक परिवारों के बच्चों की शिक्षा को प्रोत्साहित करने और पढ़ाई से जुड़े खर्च में सहयोग प्रदान करने के उद्देश्य से छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मंडल द्वारा विभिन्न योजनाएं संचालित की जा रही हैं।
इसी क्रम में राजनांदगांव शहर के वार्ड क्रमांक 35 लखोली निवासी दिनेश साहू को मुख्यमंत्री नौनिहाल छात्रवृत्ति सहायता योजना का लाभ मिला है। योजना के तहत दिनेश साहू को 6 हजार रूपए की सहायता राशि डीबीटी के माध्यम से सीधे उनके बैंक खाते में अंतरित की गई। सहायता राशि मिलने से उनके बच्चों की पढ़ाई से संबंधित आवश्यक सामग्री खरीदने में आर्थिक सहयोग मिला।
हितग्राही दिनेश साहू ने बताया कि प्राप्त राशि से उन्होंने अपने बच्चों के लिए पुस्तकें एवं कॉपियां खरीदी तथा आगे की पढ़ाई में होने वाले खर्च के लिए इसका उपयोग किया। उन्होंने कहा कि योजना के तहत सहायता मिलने से बच्चों की शिक्षा से जुड़े खर्च का आर्थिक भार कम हुआ है। मुख्यमंत्री नौनिहाल छात्रवृत्ति सहायता योजना श्रमिक परिवारों के बच्चों की शिक्षा को आर्थिक संबल प्रदान करने में सहायक साबित हो रही है। डीबीटी के माध्यम से सीधे बैंक खाते में सहायता राशि मिलने से योजना का लाभ सरल एवं पारदर्शी तरीके से हितग्राहियों तक पहुंच रहा है। हितग्राही दिनेश साहू मुख्यमंत्री नौनिहाल छात्रवृत्ति सहायता योजना के तहत बच्चों की शिक्षा के लिए आर्थिक सहायता मिलने पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी एवं मुख्यमंत्री विष्णु देव साय को धन्यवाद ज्ञापित किया है।
कन्हारपुरी बाईपास का नाम मंदराजी दाऊ के नाम पर करने से कलाकारों में हर्ष मितान लोक कलाकार कल्याण संघ ने महापौर का जताया आभार
राजनांदगांव 09 अक्तूबर । नगर निगम द्वारा राष्ट्रीय राजमार्ग 43 में सीआईटी कॉलेज से शुरू होने वाले कान्हारपुरी बाईपास रोड का नामकरण नाचा के शीर्ष पुरुष मंदराजी दाऊ के नाम पर करने पर मितान लोक कलाकार कल्याण संघ ने महापौर मधुसूदन यादव का आभार व्यक्त किया है ।
कन्हारपुरी बाईपास रोड का नामकरण मंदराजी दाऊ के नाम पर होने से समूचे छत्तीसगढ़ के लोक कलाकारों में हर्ष व्याप्त है । उल्लेखनीय है कि सीआईटी तिराहे के पास विशाल चौक का निर्माण होने पर मितान लोक कलाकार कल्याण संघ के अध्यक्ष राजेश मारू के नेतृत्व में सर्वप्रथम कलाकारों ने चौक का नाम मंदराजी दाऊ के नाम पर करने के लिए ज्ञापन सौंपा था । चौक के नामकरण ने तकनीकी समस्या आने पर मितान लोक कलाकार कल्याण संघ ने महापौर से बाईपास का नाम मंदराजी दाऊ के नाम पर करने का आग्रह किया था समय समय पर महापौर का ध्यान आकृष्ट कराते रहे । मितान की पहल का सम्मान करते हुए शुक्रवार को नगर निगम की सामान्य सभा की बैठक में कन्हारपुरी बाईपास रोड का नामकरण मंदराजी दाऊ के नाम पर करने का निर्णय लिया गया । मितान लोक कलाकार कल्याण संघ राजनांदगांव के अध्यक्ष राजेश मारू, सचिव बीरेंद्र बहादुर सिंह, महादेव हिरवानी, दीपेश साव, महेश्वर दास साहू, नरेंद्र साहू, विष्णु कश्यप, दीपक महोबिया बलेश्वर साव एवं प्रवीण साव समेत छत्तीसगढ़ के लोक कलाकारों ने हर्ष करते हुए महापौर का आभार व्यक्त किया है । कलाकारों ने कहा है कि बाईपास रोड का नामकरण मंदराजी दाऊ के नाम पर करना छत्तीसगढ़ के समस्त लोककला साधकों का सम्मान है ।
कौन थे मंदराजी दाऊ ?
उल्लेखनीय है कि श्री दुलार सिंह साव उर्फ मंदराजी दाऊ ने छत्तीसगढ़ी लोक नाट्य नाचा के उन्नयन में अपना पूरा जीवन खपा दिया था । कन्हारपुरी के समीप ग्राम रवेली के मंदराजी दाऊ ने 30 से 40 के दशक में अपनी विख्यात रवेली नाचा पार्टी के माध्यम से खड़े साज वाले नाचा को वर्तमान स्वरूप प्रदान किया । चिकारा के स्थान पर हारमोनियम और मशाल की जगह पेट्रोमेक्स का प्रचलन उन्होंने ही प्रारंभ किया था । वे नाचा के स्वरूप और गम्मत को लगातार परिष्कृत और परिमार्जित करते रहे ।
आंगन मिलन सेवा कार्यक्रम : आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, सहायिकाओं व मितानिनों का किया गया सम्मान
राजनांदगांव । सेवा संकल्प अभियान अंतर्गत महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा छुरिया विकासखंड के ग्राम सोनवानीटोला स्थित आंगनबाड़ी केन्द्र में आंगन मिलन सेवा कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में महिलाओं एवं बच्चों के स्वास्थ्य, पोषण और समग्र विकास के प्रति जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से विभिन्न गतिविधियां आयोजित की गईं। इस अवसर पर जनपद पंचायत छुरिया के अध्यक्ष संजय सिन्हा, ग्राम पंचायत के सरपंच सुनील मंडावी सहित जनप्रतिनिधियों एवं ग्रामीणों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की।
कार्यक्रम में महिला एवं बाल विकास विभाग की परियोजना अधिकारी मरकाम ने विभाग द्वारा संचालित विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं की विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने महिलाओं एवं बच्चों के बेहतर स्वास्थ्य के लिए संतुलित एवं पौष्टिक आहार के महत्व पर प्रकाश डाला। इस दौरान पोषण जागरूकता को बढ़ावा देने के लिए स्थानीय पौष्टिक व्यंजनों की प्रदर्शनी एवं पोषण थाली का प्रदर्शन किया गया। महिलाओं को दैनिक आहार में पोषक तत्वों से भरपूर खाद्य पदार्थों को शामिल करने के लिए प्रेरित किया गया। कार्यक्रम के दौरान मातृ संवाद का आयोजन कर माताओं को बच्चों के स्वास्थ्य, पोषण, देखभाल एवं स्वच्छता के संबंध में जागरूक किया गया। इस अवसर पर छोटे-छोटे बच्चों ने विभिन्न आकर्षक प्रस्तुतियां दीं। मटका फोड़ सहित अन्य मनोरंजक गतिविधियों का भी आयोजन किया गया, जिसमें बच्चों एवं ग्रामीणों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। कार्यक्रम में आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, सहायिकाओं एवं मितानिनों को उनके द्वारा महिला एवं बाल स्वास्थ्य तथा पोषण के क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों के लिए सम्मानित किया गया।
इस अवसर पर हर घर मुनगा-घर-घर मुनगा अभियान अंतर्गत उपस्थित जनप्रतिनिधियों द्वारा पौधरोपण कर पर्यावरण संरक्षण एवं पोषण संवर्धन का संदेश दिया गया। साथ ही मुनगा के पोषण संबंधी महत्व के प्रति ग्रामीणों को जागरूक किया गया। कार्यक्रम में ग्राम पटेल, ग्राम पंचायत के पंचगण, महिला एवं बाल विकास विभाग के अधिकारी-कर्मचारी, आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सहायिका, मितानिन एवं बड़ी संख्या में ग्रामवासी उपस्थित रहे।
राष्ट्रीय तम्बाकू नियंत्रण कार्यक्रम के तहत विद्यार्थियों को किया जागरूक
राजनांदगांव । खाद्य एवं औषधि प्रशासन द्वारा पंडित किशोरी लाल शुक्ल विधि महाविद्यालय राजनांदगांव में राष्ट्रीय तम्बाकू नियंत्रण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों को नशे के दुष्परिणामों एवं तम्बाकू उत्पादों के सेवन से होने वाले स्वास्थ्य संबंधी नुकसान के प्रति जागरूक किया गया।
इस अवसर पर औषधि निरीक्षक प्रवीण कुमार चौबे, नवीन कुमार बघेल एवं आस्था वर्मा ने विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों के संबंध में जानकारी दी। उन्होंने प्रतिजैविक औषधियों के अनावश्यक उपयोग से होने वाले दुष्प्रभावों तथा तम्बाकू उत्पादों के सेवन से स्वास्थ्य पर पडऩे वाले प्रतिकूल प्रभावों के बारे में विस्तार से बताया। अधिकारियों ने विद्यार्थियों से नशे एवं तम्बाकू उत्पादों से दूर रहने तथा स्वस्थ जीवनशैली अपनाने की अपील की। इस दौरान विद्यार्थियों ने तम्बाकू एवं नशे से दूर रहने तथा लोगों को जागरूक करने की शपथ ली। कार्यक्रम में राष्ट्रीय तम्बाकू नियंत्रण कार्यक्रम के प्रभारी, महाविद्यालय के प्राध्यापक एवं विद्यार्थी उपस्थित थे।
नये केंद्रों की स्थापना : राज्य में 26 नवीन धान उपार्जन केंद्रों के गठन और वहां व्यवस्थाओं की समीक्षा
राजनांदगांव । शासन द्वारा खरीफ विपणन वर्ष 2026-27 में किसानों को धान विक्रय के लिए स्थानीय स्तर पर सुविधा उपलब्ध कराने राजनांदगांव जिले में 26 नवीन धान उपार्जन केन्द्र स्वीकृत किए गए है।
कलेक्टर जितेन्द्र यादव के निर्देशानुसार स्वीकृत 26 नवीन धान उपार्जन केन्द्रों में धान खरीदी प्रारंभ करने की तैयारियों के संबंध में जिला कार्यालय राजनांदगांव में नवीन धान उपार्जन केन्द्रों के प्रभारियों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में नवीन धान उपार्जन केन्द्रों के प्रभारियों से केन्द्रवार तैयारियों की जानकारी ली गई।
बैठक में नवीन धान उपार्जन केन्द्रों के लिए स्थल चयन, कम्प्यूटर, प्रिंटर एवं अन्य आवश्यक तकनीकी संसाधनों की उपलब्धता, हमाल व्यवस्था तथा धान खरीदी के लिए आवश्यक अन्य प्रारंभिक तैयारियों की समीक्षा की गई। किसानों को धान विक्रय के दौरान किसी प्रकार की असुविधा न हो, इसके लिए संबंधित केन्द्र प्रभारियों को धान खरीदी प्रारंभ होने से पूर्व सभी आवश्यक व्यवस्थाएं पूर्ण करने के निर्देश दिए गए। प्रत्येक केन्द्र पर आवश्यक मानव संसाधन एवं तकनीकी सुविधाएं समय पर उपलब्ध रहें। किसी भी प्रकार की कमी या समस्या सामने आने पर तत्काल संबंधित अधिकारियों को अवगत कराया जाए, जिससे उसका समय रहते निराकरण किया जा सके। बैठक में खाद्य अधिकारी, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला सहकारी केन्द्रीय बैंक, जिला विपणन अधिकारी तथा सभी 26 नवीन धान उपार्जन केन्द्रों के प्रभारी उपस्थित थे।
उल्लेखनीय है कि शासन द्वारा जिले में धान उपार्जन व्यवस्था को सुगम, पारदर्शी, व्यवस्थित बनाने के लिए सभी आवश्यक उपाय किए जा रहे है। जिले में 26 नवीन धान उपार्जन केन्द्रों के प्रारंभ होने से संबंधित क्षेत्रों के किसानों को धान विक्रय के लिए अधिक दूरी तय नहीं करनी पड़ेगी और उन्हें अपने क्षेत्र के निकट ही उपार्जन की सुविधा उपलब्ध होगी। इससे किसानों के समय एवं श्रम की बचत के साथ धान उपार्जन व्यवस्था को भी अधिक प्रभावी बनाया जा सकेगा। जिले के राजनांदगांव, डोंगरगांव, डोंगरगढ़, एवं छुरिया विकासखंडों में कुल 26 नवीन धान उपार्जन केन्द्र स्वीकृत किए गए हैं। इनमें राजनांदगांव विकासखंड के धर्मापुर, बोइरडीह, मासुल, चंवरढाल, नवागांव, खैरझिटी एवं आरला, डोंगरगांव विकासखंड के हरदी, बम्हनीभांठा, मचानपार, मोहड़, आसरा एवं बुद्धूभरदा बनहरदी, केसला, छुरिया विकासखंड के बूचाटोला एवं घुपसाल, डोंगरगढ़ विकासखंड के पिपरिया, कुरूभाठ, मुढिय़ा, रूवांतला, खुड़मुड़ी, सीतागोटा, झंडातलाव, कारूटोला, पीपरखार कला एवं भानपुरी (मुसरा) शामिल हैं।
10 दिन में दो राष्ट्रीय पदक, पुलिस लाइन की राह आर्चरी अकादमी ने रचा इतिहास सृष्टि चौरसिया के रजत के बाद प्रियांश भार्गव ने भी राष्ट्रीय स्तर पर जीता पदक, राजनांदगांव का बढ़ाया गौरव
राजनांदगांव। राजनांदगांव की राह तीरंदाजी अकादमी, पुलिस लाइन के खिलाड़ियों ने राष्ट्रीय स्तर पर शानदार प्रदर्शन का सिलसिला जारी रखते हुए एक बार फिर जिले का नाम रोशन किया है। अकादमी के होनहार तीरंदाज प्रियांश भार्गव ने राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिता में पदक हासिल कर बड़ी उपलब्धि अपने नाम की है। खास बात यह है कि महज 10 दिन पहले ही अकादमी की प्रतिभाशाली तीरंदाज सृष्टि चौरसिया ने सीबीएसई नेशनल गेम्स में रजत पदक जीतकर राष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाई थी।
लगातार 10 दिनों के भीतर दो राष्ट्रीय पदक हासिल होना राह आर्चरी अकादमी, पुलिस लाइन के लिए गौरवपूर्ण उपलब्धि है। पुलिस विभाग के सहयोग एवं मार्गदर्शन से संचालित इस अकादमी में तैयार हो रहे खिलाड़ी अब राष्ट्रीय स्तर पर लगातार अपनी प्रतिभा का लोहा मनवा रहे हैं।
प्रियांश भार्गव राइटनर मेमोरियल स्कूल के छात्र हैं। उन्होंने कोच अजेंद्र कुमार तांडेकर के मार्गदर्शन में नियमित अभ्यास, अनुशासन और कड़ी मेहनत के दम पर राष्ट्रीय स्तर पर शानदार प्रदर्शन किया। कोच तांडेकर के निरंतर प्रशिक्षण और खिलाड़ियों के प्रति समर्पण का परिणाम है कि अकादमी के खिलाड़ी लगातार राष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में पदक जीत रहे हैं।
वहीं, सृष्टि चौरसिया डीपीएस स्कूल, राजनांदगांव की छात्रा हैं। उन्होंने कुछ दिन पहले पानीपत में आयोजित सीबीएसई नेशनल गेम्स 2026-27 में रजत पदक हासिल किया था। सृष्टि नियमित रूप से राह तीरंदाजी अकादमी, पुलिस लाइन में प्रशिक्षण लेती हैं। राष्ट्रीय स्तर पर लगातार दूसरे वर्ष पदक हासिल कर उन्होंने अकादमी की मजबूत तैयारी का प्रमाण दिया है।
अकादमी की इस सफलता में राजनांदगांव पुलिस विभाग के सहयोग एवं मार्गदर्शन के साथ-साथ स्वर्गीय अभिलेख अग्रहरी वेलफेयर फाउंडेशन के सहयोग की भी महत्वपूर्ण भूमिका रही है। खिलाड़ियों को प्रशिक्षण, अभ्यास और आगे बढ़ने के लिए मिलने वाला सहयोग उन्हें राष्ट्रीय स्तर पर बेहतर प्रदर्शन करने के लिए प्रेरित कर रहा है।
अकादमी के खिलाड़ियों की लगातार सफलता यह दर्शाती है कि पुलिस विभाग के सहयोग से संचालित राह तीरंदाजी अकादमी, पुलिस लाइन में नई खेल प्रतिभाओं को राष्ट्रीय स्तर तक पहुंचने का मजबूत मंच मिल रहा है। राज्य स्तर पर लगातार सफलता हासिल करने के बाद अब अकादमी के खिलाड़ी राष्ट्रीय स्तर पर भी पदकों की श्रृंखला बना रहे हैं।
प्रियांश भार्गव की उपलब्धि पर पुलिस महानिदेशक श्री अजय यादव, राजनांदगांव पुलिस अधीक्षक सुश्री अंकिता शर्मा, अबिस ग्रुप, स्वर्गीय अभिलेख अग्रहरी वेलफेयर फाउंडेशन के श्री सचिन अग्रहरी, रिजर्व इंस्पेक्टर श्री लोकेश कसेर, वरिष्ठ अधिवक्ता श्री मनोज चौधरी, डॉ. चेतन साहू सहित पुलिस विभाग के अधिकारियों एवं कर्मचारियों ने बधाई एवं शुभकामनाएं दीं।
अकादमी को आईबी ग्रुप द्वारा समय-समय पर मिलने वाला सहयोग भी खिलाड़ियों के लिए महत्वपूर्ण रहा है। पुलिस विभाग की देखरेख, सहयोग एवं मार्गदर्शन तथा सहयोगी संस्थाओं के समर्थन से अकादमी में खिलाड़ियों को नियमित प्रशिक्षण और अभ्यास का अवसर मिल रहा है।
10 दिन के भीतर दो राष्ट्रीय पदक—सृष्टि चौरसिया का रजत और अब प्रियांश भार्गव का राष्ट्रीय पदक—राह आर्चरी अकादमी, पुलिस लाइन की बढ़ती उपलब्धियों और यहां तैयार हो रही राष्ट्रीय स्तर की खेल प्रतिभाओं का प्रमाण है। यह सफलता खिलाड़ियों की मेहनत, अभिभावकों के सहयोग, कोच अजेंद्र कुमार तांडेकर के समर्पण, स्वर्गीय अभिलेख अग्रहरी वेलफेयर फाउंडेशन के सहयोग तथा राजनांदगांव पुलिस विभाग के निरंतर मार्गदर्शन को समर्पित है।
जिले के 10 प्रमुख उद्योगों ने अपनाई सौर ऊर्जा, हरित ऊर्जा की ओर बढ़ाए कदम
राजनांदगांव । राजनांदगांव जिला सौर ऊर्जा के उपयोग और हरित ऊर्जा को बढ़ावा देने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ रहा है। घरेलू उपभोक्ताओं के साथ जिले के औद्योगिक संस्थान भी स्वच्छ ऊर्जा को अपनाकर इस अभियान में महत्वपूर्ण भागीदारी निभा रहे हैं। जिले के प्रमुख औद्योगिक संस्थानों द्वारा अपने परिसरों में लगभग 53.03 मेगावॉट क्षमता के सोलर प्लांट स्थापित किए गए हैं।
सौर ऊर्जा से उत्पादित बिजली का उपयोग औद्योगिक गतिविधियों में किए जाने से परंपरागत बिजली की खपत और बिजली बिल में कमी आ रही है। इसके साथ ही नवीकरणीय ऊर्जा के उपयोग को बढ़ावा मिलने से पर्यावरण संरक्षण की दिशा में भी महत्वपूर्ण योगदान मिल रहा है। औद्योगिक गतिविधियों के संचालन में बड़ी मात्रा में बिजली की आवश्यकता होती है। ऐसे में सौर ऊर्जा उद्योगों के लिए किफायती, स्वच्छ और टिकाऊ ऊर्जा विकल्प के रूप में उभर रही है। जिले के विभिन्न औद्योगिक संस्थानों ने उपलब्ध परिसर एवं आवश्यकता के अनुरूप सोलर प्लांट स्थापित कर बिजली की जरूरतों की पूर्ति में सौर ऊर्जा की हिस्सेदारी बढ़ाई है। इससे उद्योगों को ऊर्जा व्यय कम करने के साथ परंपरागत ऊर्जा स्रोतों पर निर्भरता घटाने में भी सहायता मिल रही है।
बड़े उद्योगों ने अपनाई सौर ऊर्जा -
जिले के प्रमुख औद्योगिक संस्थानों में सौर ऊर्जा के उपयोग को लेकर उत्साहजनक पहल की गई है। धनलक्ष्मी पेपर मिल डोंगरगांव में 650 किलोवॉट, डोंगरगांव पेपर मिल में 11 मेगावॉट, यूनीफैब्स स्लीपर प्राइवेट लिमिटेड डोंगरगढ़ में 145 किलोवॉट, राजाराम मेज प्रोडक्ट में 8 मेगावॉट तथा सिम्प्लेक्स इंजीनियरिंग प्राइवेट लिमिटेड में 660 किलोवॉट क्षमता के सोलर प्लांट स्थापित किए गए हैं। इसी प्रकार क्रेस्ट स्टील एण्ड पॉवर प्राइवेट लिमिटेड में 300 किलोवॉट, बरार इंडिया प्राइवेट लिमिटेड में 150 किलोवॉट, श्रीराम सीमलेश प्राइवेट लिमिटेड में 125 किलोवॉट, हीरा स्टील खैरझीटी में 17 मेगावॉट तथा एबीस एक्सपोर्ट प्राइवेट लिमिटेड बड़भूम डोंगरगांव में 15 मेगावॉट क्षमता के सोलर प्लांट स्थापित किए गए हैं। इस प्रकार इन प्रमुख औद्योगिक संस्थानों में कुल मिलाकर लगभग 53.03 मेगावॉट क्षमता के सोलर प्लांट स्थापित किए जा चुके हैं।
आर्थिक बचत के साथ पर्यावरण संरक्षण का संदेश -
औद्योगिक संस्थानों में सोलर प्लांट की स्थापना केवल बिजली खर्च कम करने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह पर्यावरण संरक्षण की दिशा में भी महत्वपूर्ण पहल है। सौर ऊर्जा के उपयोग से जीवाश्म ईंधन आधारित परंपरागत ऊर्जा स्रोतों पर निर्भरता कम होती है और स्वच्छ ऊर्जा को प्रोत्साहन मिलता है। इससे कार्बन उत्सर्जन कम करने की दिशा में भी सहयोग मिलता है। उद्योगों द्वारा सौर ऊर्जा को अपनाने से आर्थिक एवं पर्यावरणीय दोनों स्तर पर सकारात्मक परिणाम सामने आ रहे हैं। दिन के समय उपलब्ध सौर ऊर्जा का उपयोग औद्योगिक गतिविधियों में होने से ग्रिड से ली जाने वाली बिजली की मात्रा कम करने में सहायता मिलती है। इससे बिजली व्यय में कमी के साथ दीर्घकाल में उद्योगों की उत्पादन लागत को नियंत्रित करने में भी मदद मिल सकती है।
ऊर्जा आत्मनिर्भरता की दिशा में बढ़ते कदम -
जिले में बड़े औद्योगिक संस्थानों द्वारा सौर ऊर्जा को अपनाना ऊर्जा आत्मनिर्भरता की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है। औद्योगिक परिसरों की छतों एवं उपलब्ध भूमि का उपयोग सौर ऊर्जा उत्पादन के लिए किए जाने से उपलब्ध संसाधनों का बेहतर उपयोग हो रहा है। यह पहल अन्य औद्योगिक संस्थानों के लिए भी प्रेरणादायी है। सौर ऊर्जा का बढ़ता उपयोग जिले में विकास और पर्यावरण संरक्षण के बीच बेहतर संतुलन स्थापित करने की दिशा में सार्थक प्रयास है। एक ओर उद्योग अपनी ऊर्जा जरूरतों को स्वच्छ स्रोतों से पूरा कर रहे हैं, वहीं दूसरी ओर हरित ऊर्जा को बढ़ावा देकर पर्यावरण के प्रति अपनी जिम्मेदारी भी निभा रहे हैं।
हर उद्योग बने हरित ऊर्जा अभियान का सहभागी -
जिले में संचालित शेष औद्योगिक संस्थानों से भी अपील की गई है कि वे अपने औद्योगिक परिसर में उपलब्ध स्थान, बिजली की खपत और आवश्यकता के अनुरूप सोलर पैनल एवं सोलर प्लांट स्थापित करें। अधिक से अधिक औद्योगिक इकाइयों के सौर ऊर्जा से जुडऩे पर जिले में नवीकरणीय ऊर्जा उत्पादन की क्षमता में वृद्धि होगी तथा बिजली की बचत के साथ पर्यावरण संरक्षण को भी मजबूती मिलेगी। घरों से लेकर बड़े औद्योगिक प्रतिष्ठानों तक सौर ऊर्जा की बढ़ती स्वीकार्यता राजनांदगांव में हरित ऊर्जा के विस्तार की सकारात्मक तस्वीर प्रस्तुत कर रही है। जिले के प्रमुख उद्योगों में 53.03 मेगावॉट से अधिक सौर ऊर्जा क्षमता की स्थापना इस दिशा में एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है। उद्योगों की बढ़ती भागीदारी से राजनांदगांव स्वच्छ ऊर्जा, पर्यावरण संरक्षण और ऊर्जा आत्मनिर्भरता की दिशा में निरंतर आगे बढ़ रहा है।
कराते खिलाडिय़ों ने किया कमाल
राजनांदगांव - दिनांक ०२ से ०४ अक्टूबर २०२६ तक महिला महाविद्यालय सेक्टर ०९ भिलाई में १ इन्डो-नेपाल ओपन कराटे चैम्पियनशीप में कमल कराटे एकादमी राजनांदगांव के चार खिलाडिय़ों ने हिस्सा लेकर ६ मेड़ल हािसल किया। जिनमें प्रथम लव्यांस लहरी में काता में गोल्ड व कुमिते (फाइट) में गोल्ड हासिल किया, उसी तरह कु. अंशिका वैष्णव ने काता में सिल्वर व कुमिते में सिल्वर मेडल वहीं, कु. केटरियल दान ने काता एवं कुमिते में एक-एक ब्रॅाउन्स मेड़ल तथा आकृति वैषणव ने काता में सिल्वर मेडल प्राप्त किया इनका कोच रही अपूर्वा नाथ तथा चैम्पियनशीप में आयोजको द्वारा रेफरी रही काजल यादव, खिलाडिय़ों ने अपने शहर व अभिभाव तथा कराते परिवार के पदाधिकारियों का नाम रोशन किया है। अभिभावकों ने अपना आर्शीवाद देते हुए उनके उज्जवल भविष्य की कामना की है।
उपरोक्त सभी खिलाड़ी कराते स्कूल तुलसीपुर के प्रशिक्षक सेंसेई कमल पूजन द्वारा प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हंै।
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रेलों का टायमिंग सुधारने की मांग
राजनांदगांव- समाज सेवा संघ के संयोजक समाज सेवी श्री संजीव सिंघल ने रेल मंत्री और प्रधानमंत्री को पत्र लिखकर रेलों के अत्यधिक विलंब से चलने पर गहरी चिंता और रोष व्यक्त किया है। उन्होंने कहा कि रेलों के अत्यधिक विलंब से चलने से पूरा जन-जीवन अस्त-व्यस्त हो जाता है, विद्यार्थियों, नौकरी पेशा लोगों एवं व्यवसायियों को तो भारी नुकसान का सामना करना ही पड़ता है। साथ ही देश कि अर्थव्यवस्था पर भी बेहद विपरीत असर पड़ता है। श्री सिंघल ने कहा कि लोग अपने कार्यो और दैनिक जीवन में इतने व्यस्त रहते हंै कि वे चुप रहना ही बेहतर समझते हैं। किंतु क्या जिम्मेदार अधिकारियों, मंत्रियों, शासन, नेता एवं प्रतिपक्ष की जिम्मेदारी नहीं है कि वे रेलों को बिल्कुल ठीक समय पर चलवायें। न कि स्टेशन पर यात्रियों से घंटों प्रतीक्षा करवायें।
राकेश साहू ने डोंगरगांव ब्लॉक की नई कार्यकारिणी घोषणा की
राजनांदगांव।ग्राम पंचायत सदस्य एसोसियन के बैनर तले प्रदेश उपसरपंच संघ अध्यक्ष की अनुशंसा पर जिला अध्यक्ष राकेश साहू ने डोंगरगांव ब्लाक के कार्यकारणी की बैठक रखी गई उक्त उदबोधन में राकेश साहू ने बताया उपसरपंच की मानदेय, बीमा, पेंशन के साथ वित्तीय अधिकार चेक में संयुत हस्ताक्षर से करप्सन को रोकने में अहम भूमिका निभाई जावेगी व पंचो के अधिकार के लिए वार्ड पंचो को पांच वर्ष में पंच निधि तीन लाख से पांच लाख देने सहित विभिन्न मुद्दों पर बात रखी और एक जुटत्ता के साथ काम करने का आहवान किया बैठक में लगभ 50 उपसरपंचों ने भाग लिया।सर्वसम्मति से डोंगरगांव ब्लाक अध्यक्ष सहित अन्य पदों पर चयन शांति पूर्ण सम्पन्न हुआ ।
जिसमें जिला उपाध्यक्ष की नियुक्ति चन्द्रकांत यादव ग्राम पंचायत खुज्जी को किया गया। उपसरपंच संघ डोंगरगांव ब्लाक अध्यक्ष चुम्मन लाल साहू सालिक झिटिया,उपाध्यक्ष नन्दलाल कुम्भकार कोहका, महिला उपाध्यक्ष श्रीमति कामनी यादव बोदेला,सचिव अंकुश देवांगन मोहड़, सहसचिवः- श्रीमति महेश्वरी निषाद सुखरी,कोषाअध्यक्ष तुलेश्वर साहू आरगांव,संरक्षक :- चुम्मन लाल साहू मोखली,
संयोजक भरत राम साहू रामपुर,मीडिया प्रभारी राकेश साहू घोरदा बने।
बैठक में आशीष साहू, जिला सचिव, संरक्षक श्यामलाल साहू, जिला मीडिया प्रभारी राम भाई, अन्य सदस्य भी सम्मलित हुए ।
शोक संतप्त परिवार से मिले खुज्जी विधायक भोलाराम साहू
छुरिया।ग्राम उमरवाही, तहसील कुमरदा निवासी श्री भागीरथी राणा की धर्मपत्नी स्व. श्रीमती हीरो बाई राणा के निधन का समाचार मिलने पर खुज्जी विधायक भोलाराम साहू उनके निज निवास पहुंचे। विधायक साहू ने शोक संतप्त परिवार से मुलाकात कर दिवंगत के प्रति अपनी श्रद्धांजलि अर्पित की तथा परिजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की।
इस दौरान विधायक भोलाराम साहू ने कहा कि परिवार के सदस्य को खोने का दुख अत्यंत पीड़ादायक होता है। उन्होंने ईश्वर से दिवंगत आत्मा को शांति प्रदान करने तथा शोकाकुल परिजनों को इस कठिन समय में दुःख सहन करने की शक्ति प्रदान करने की प्रार्थना की।
इस अवसर पर ब्लॉक कांग्रेस कमेटी कुमरदा के अध्यक्ष प्रताप धावड़े, मोहित भुआर्य, रमेश सिन्हा, डॉ. एस.के. साख सहित कांग्रेस कार्यकर्ता एवं बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित रहे।
आंगन मिलन सेवा संकल्प कार्यक्रम संपन्न
राजनंादगांव। स्थान आंगनबाड़ी सुभाष वार्ड 26, आज दिनांक 6 अक्टूबर 2026 को सुभाष वार्ड नंबर 26 आंगन मिलन सेवा संकल्प कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्य क्रम में महिला एवं बाल विकास द्वारा चलाई जा रही योजनाओं जैसे प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना,नोनी सुरक्षा योजना आदि के विषय में विस्तार से जानकारी दी गई।साथ ही पोषण एवं स्वास्थ्य के विषय में हितग्राहियों को व्यवहार परिवर्तन, बच्चों की देखभाल के लिए जानकारी दी गई। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि एल्डरमैन श्रीमती मंजू यादव, पार्षद झामित सेन थी। एल्डरमैन श्रीमती मंजू यादव द्वारा हितग्राहियों को शासन द्वारा चलाई जा रही योजनाओं का लाभ जरूर लेने एवं आंगनबाड़ी केंद्र से नियमित जुड़े रहने की अपील की गई। आंगनबाड़ी कार्यकर्ता, सहायिकाओं एवं मितानिन द्वारा जो सेवा भाव से कार्य किया जा रहा है, उसकी सराहना की गई। बेहतर कार्य करने के लिए सम्मानित आंगनबाड़ी कार्यकर्ता वंदना सोनपिपरे,रीना ठाकुर, मंजूषा रामटेके, ऊषा खोपरा गड़े। सहायिका छाया, कुमुदिनी,अंजू तिवारी,हेमिन साहू सभी सार्टिफिकेट देकर सम्मानित किया गया। वारिष्ठ नागरिक - श्रीमती पुष्पा सोनकर जी, श्रीमती राजविंदर कौर जी स्वस्थ विभाग के सम्मानित ए.एन,एम - श्रीमती सीमा साहू मैडम, मितानिन - गंगा यादव साथ ही हर घर मुनगा अभियान का प्रचार प्रचार किया गया। समूह की महिलाएं गर्भवती शिशुवती माताएं किशोरी बालिकाएं बच्चे कार्य कर्ता सहायिका आदि कार्य कर्ता आदि उपस्थित थे। कार्यक्रम के अंत में आएं सभी अतिथियों आभार व्यक्त किया गया।
स्वामित्व योजना से हरिराम को मिला संपत्ति का कानूनी मालिकाना हक
राजनांदगांव । स्वामित्व योजना के माध्यम से ग्रामीण क्षेत्रों में आबादी भूमि पर निवासरत ग्रामीणों को उनकी संपत्ति का स्पष्ट एवं आधिकारिक स्वामित्व प्रदान किया जा रहा है। योजना के तहत ग्रामीण आबादी क्षेत्रों का आधुनिक तकनीक एवं ड्रोन के माध्यम से सर्वेक्षण एवं मानचित्रण कर संपत्तियों का अभिलेख तैयार किया गया है। इसके आधार पर पात्र संपत्ति मालिकों को संपत्ति कार्ड उपलब्ध कराया जा रहा है। इससे ग्रामीणों को अपनी संपत्ति के स्वामित्व का आधिकारिक रिकॉर्ड प्राप्त हो रहा है और उनके संपत्ति अधिकार अधिक सुरक्षित एवं स्पष्ट हो रहे हैं। जिले में भी स्वामित्व योजना के तहत ग्रामीण आबादी क्षेत्रों में संपत्तियों का सर्वेक्षण एवं अभिलेख तैयार किया गया है। ड्रोन तकनीक के माध्यम से किए गए सर्वेक्षण से संपत्तियों की सीमाओं एवं स्थिति का डिजिटल मानचित्र तैयार किया गया है।
इसी प्रक्रिया के तहत राजनांदगांव विकासखंड के ग्राम आरला निवासी हरिराम को उनकी संपत्ति का संपत्ति कार्ड उपलब्ध कराया गया है। संपत्ति कार्ड प्राप्त होने के बाद हरिराम को अपनी संपत्ति का स्पष्ट एवं आधिकारिक रिकॉर्ड मिला है। इससे उन्हें अपनी जमीन पर कानूनी मालिकाना हक होने का भरोसा मजबूत हुआ है। संपत्ति का स्वामित्व अभिलेख में दर्ज होने से भविष्य में जमीन से संबंधित विवादों की संभावना कम होने की उम्मीद है। हरिराम ने बताया कि पहले जमीन के स्वामित्व और अभिलेख से संबंधित जानकारी को लेकर असमंजस की स्थिति बनी रहती थी। अब संपत्ति कार्ड मिलने से अपनी संपत्ति के संबंध में वैध दस्तावेज प्राप्त हो गया है। इससे अपनी संपत्ति का उपयोग अधिक आत्मविश्वास के साथ करने में सुविधा होगी। साथ ही संपत्ति कार्ड के माध्यम से बैंक ऋण जैसी वित्तीय सुविधाओं तक पहुंच बनाने में सहायता मिलेगी तथा शासन की विभिन्न योजनाओं का लाभ लेने में भी सुविधा होगी। हरिराम ने स्वामित्व योजना के तहत संपत्ति कार्ड मिलने पर प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त करते हुए धन्यवाद ज्ञापित किया है।
डोंगरगढ़ में सेवा सेतु शिविर के माध्यम से नागरिकों तक पहुंची शासन की योजनाएं
राजनांदगांव । सेवा संकल्प अभियान अंतर्गत सेवा सेतु अभियान-सरकार आपके द्वार नागरिकों को शासन की योजनाओं, सेवाओं एवं सुविधाओं से जोडऩे का प्रभावी माध्यम बन रहा है। इसी कड़ी में कृषि उपज मंडी प्रांगण डोंगरगढ़ में विकासखंड स्तरीय सेवा सेतु शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में विभिन्न विभागों द्वारा एक ही स्थान पर स्टॉल लगाकर नागरिकों को जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी गई तथा पात्र हितग्राहियों को योजनाओं से लाभान्वित किया गया।
सेवा सेतु शिविर में पंचायत एवं ग्रामीण विकास, राजस्व, शिक्षा, लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी, लोक निर्माण, कृषि, उद्यानिकी, विद्युत, स्वास्थ्य, मत्स्य, खाद्य, पशुधन विकास, प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना एवं मुख्यमंत्री ग्राम सड़क योजना सहित कुल 18 विभागों द्वारा स्टॉल लगाए गए। नागरिकों से विभिन्न योजनाओं एवं सेवाओं से संबंधित कुल 23 आवेदन प्राप्त हुए, जिनके त्वरित निराकरण की कार्रवाई की जा रही है। सेवा संकल्प अभियान के अंतर्गत आयोजित मेरे सपनों का भारत चित्रकला एवं भाषण प्रतियोगिता में प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले विद्यार्थियों को शिविर में पुरस्कृत किया गया। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा उत्कृष्ट कार्य करने वाली आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, सहायिकाओं एवं मितानिनों को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया।
इसी प्रकार विद्युत विभाग द्वारा प्रधानमंत्री सूर्यघर मुफ्त बिजली योजना के अंतर्गत सोलर पैनल स्थापित करने वाले हितग्राहियों को प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया गया। हितग्राहियों ने सौर ऊर्जा अपनाने के बाद बिजली बिल में हुई बचत एवं योजना से मिले लाभ के अनुभव भी साझा किए।
शिविर में मार्कफेड अध्यक्ष शशिकांत द्विवेदी, जनपद पंचायत अध्यक्ष श्रीमती लता अजय सिन्हा, नगर पालिका परिषद अध्यक्ष रमन डोंगरे, जनपद पंचायत उपाध्यक्ष हीराराम वर्मा, नगर पालिका परिषद उपाध्यक्ष श्रीमती उमा महेश वर्मा, जिला पंचायत सदस्य एवं सभापति श्रीमती अनिता मंडावी, पूर्व विधायक रामजी भारती एवं विनोद खांडेकर, तरूण हथेल, जनपद सदस्य श्रीमती प्रतिमा खरे एवं श्रीमती रामकुंवर कमड़े, अनिल सिन्हा, कमलेश्वर वर्मा, सौमित्र सोनी, बलविन्दर सिंह भाटिया, जैन कुमार मेश्राम, अमित बोस, जसमीत सिंह बंनोआना, विनय बंसल, पार्षद सुमित ताम्रकार, एल्डरमैन श्रीमती लक्ष्मी यादव तथा मुख्य कार्यपालन अधिकारी जनपद पंचायत डोंगरगढ़ उपस्थित थे। इस अवसर पर ग्राम पंचायतों के सरपंच, सचिव, रोजगार सहायक, पीआरपी, बिहान कैडर की दीदियां एवं बड़ी संख्या में नागरिक उपस्थित थे।
राष्ट्रीय बागवानी मिशन अंतर्गत शेड नेट हाऊस स्थापना के लिए मिली सहायता
राजनांदगांव । राष्ट्रीय बागवानी मिशन अंतर्गत संरक्षित खेती को बढ़ावा देने के लिए किसानों को विभिन्न सुविधाएं एवं अनुदान उपलब्ध कराया जा रहा है। संरक्षित खेती के माध्यम से किसान मौसम की प्रतिकूल परिस्थितियों से फसल को बचाते हुए गुणवत्तापूर्ण उत्पादन प्राप्त कर रहे हैं। डोंगरगढ़ विकासखंड के ग्राम माड़ीतराई के कृषक जितेन्द्र कुमार वर्मा ने भी राष्ट्रीय बागवानी मिशन के तहत शेड नेट हाऊस स्थापित कर खेती को नई दिशा दी है। कृषक जितेन्द्र कुमार वर्मा के खेत में वर्ष 2024-25 में 4000 वर्ग मीटर क्षेत्रफल में लगभग 28 लाख रूपए की लागत से नेट हाऊस स्थापित किया गया। राष्ट्रीय बागवानी मिशन अंतर्गत 14 लाख 20 हजार रूपए का अनुदान प्राप्त हुआ। शेड नेट हाऊस स्थापित होने के बाद कृषक जितेन्द्र कुमार वर्मा संरक्षित वातावरण में विभिन्न फसलों की पौधे तैयार कर रहे हैं, जिससे उन्हें खेती में बेहतर लाभ प्राप्त हो रहा है।
कृषक जितेन्द्र कुमार वर्मा ने बताया कि शेड नेट हाऊस के भीतर तैयार की गई पौधे सामान्य परिस्थितियों की तुलना में बेहतर गुणवत्ता की होती है। संरक्षित वातावरण के कारण पौधों को अनुकूल परिस्थितियां मिलती हैं और समय से पहले पौधे तैयार करना संभव हो पाता है। उन्होंने नेट हाऊस में प्याज की नर्सरी, नवलगोल तथा फूलगोभी की पौधे तैयार की है। समय से पहले पौधे तैयार होने के कारण फसल की रोपाई भी सामान्य समय से पहले कर सकेंगे। उन्होंने बताया कि समय से पहले फसल बाजार में आने का सीधा लाभ किसानों को बेहतर बाजार मूल्य के रूप में मिलने की संभावना रहती है। शेड नेट हाऊस के माध्यम से तैयार किए गए पौधे खेती में सुविधा मिली है। साथ ही उत्पादन की गुणवत्ता और आय बढ़ाने के नए अवसर भी मिले हैं। उन्होंने राष्ट्रीय बागवानी मिशन के तहत शेड नेट हाऊस स्थापित करने के लिए मिली सहायता के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी एवं मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के प्रति आभार व्यक्त किया है।