छत्तीसगढ़ / राजनांदगांव
साहित्यिक रंग- मिलन कार्यक्रम में याद किए गए महाकवि कालिदास
राजनांदगांव / छत्तीसगढ़ साहित्य समिति द्वारा 1 अप्रैल को दाऊ मंदराजी जयंती अवसर पर कन्हारपुरी में रंग-मिलन कार्यक्रम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि जिला सहकारी बैंक के अध्यक्ष सचिन बघेल जी थे अध्यक्षता जिला सहकारी बैंक के पूर्व अध्यक्ष एवं ओजस्वी कवि शशिकात द्विवेदी ने की वहीं। विशेष अतिथि के रुप में भाजपा सांस्कृतिक प्रकोष्ठ प्रभारी राजेश गुप्ता अग्रहरि जी व कला साहित्य अनुरागी- राकेश ठाकुर इंदू भूषण ठाकुर उपस्थिति रहे। सबसे पहले अतिथियों ने दाऊ मंदराजी की प्रतिमा में माल्यार्पण यक्ष व दीप प्रज्ज्वलन कर उनकी कलाधर्मिता को नमन किया और उन्हें नाचा रंग धर्म के लिए सर्वस्व त्यागी पुरुष बताते हुए दाऊ जी को सदैव कलाकार के दिल में जिंदा रहने की बात कही गई। इस अवसर पर लोक गायक महादेव हिरवानी ने दाऊ मंदराजी पर रचित आत्माराम कोशा "अमात्य" द्वारा रचित फिल्म मंदराजी के गीत - बबा मंदराजी,, लोक कला नाचा के सियान गा,, गाकर कृतज्ञांजलि दी। हारमोनियम पर संगत चतुर सिंह बजरंग व तबले पर संगत लोक कलाकार गणेश निषाद द्वारा की गई।
महाकवि कालिदास का स्मरण
कन्हारपुरी के मंदराजी मंच में आयोजित इस रंग- मिलन कार्यक्रम में आयोजन की व्यंजना पर प्रकाश डालते हुए साहित्य समिति के अध्यक्ष व वरिष्ठ कवि साहित्यकार आत्माराम कोशा "अमात्य" ने बताया कि सम्राट विक्रमादित्य के दरबार में नव - रत्न रहे महाकवि कालिदास पहले महामुर्ख थे जो जिस डाल पर खड़े थे उसी को काटने कुल्हाड़ी चला रहे थे। बाद में विद्वानों की संगत में आ कर ,"सठ सुधरत , सत संगत पाई",, की तरह मां काली की उपासना कर महाकवि कालिदास कहलाए। महाकवि कालिदास को याद करते हुए उपस्थिथ कवि / साहित्यकारों ने इस दौरान हास्य-व्यंग्य सहित विभिन्न रसोद्रेक पूरित कविताओं के जमकर रंग- गुलाल उड़ाए और रंग - मिलन के आनंद में भीग कर देर तक ओत- प्रोत होते रहे।
0 महा मुर्खाधिराज सम्मान
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि, व राज्य अलंकरण ठा० प्यारेलाल सिंह सहकारिता सम्मान से सम्मानित वरिष्ठ एवं ओजवान कवि शशिकांत द्विवेदी ने "मैं बस्तर हुं" कविता का गान कर लोगों को आह्लादित व आनंदित किया। उन्होंने अपनी कविता में भगवान श्री राम के बनवास काल के रामवनगमन पथ के रक्सा हाड़ा, गिद्ध राज जटायु का स्थान गीदम आदि एक-एक स्थानों का उल्लेख कर उपस्थितो में श्री राम भक्ति का धारा प्रवाहित की। उनकी इस आह्लादकारी कविता के लिए कवि समाज द्वारा उन्हें राज पगड़ी पहनाकर महा- मुर्खाधिराज सम्मान से सम्मानित किया गया। इसी तरह रंग -मिलन कार्यक्रम की अध्यक्षता कर रहे प्रो० कृष्ण कुमार द्विवेदी को ताज पगड़ी पहनाकर मुर्खाधिपति सम्मान से नवाजा गया। इस अवसर पर अपनी कविता गाड़ा- गाड़ा जोहार के माध्यम से कार्यक्रम में रंग भरने वाले वरिष्ठ कवि साहित्यकांर आत्माराम कोशा "अमात्य" को कवि समाज द्वारा पगड़ी व चमकीला हार पहना कर उन्हें मुर्खांनंद सम्मान से सम्मानित किया गया वहीं पुरखा के सुरता करने वाले कवि ओमप्रकाश साहू "अंकुर" को मुर्खराज सम्मान से,,मैं छत्तीसगढ़िया तांव वाले कवि लखन लाल साहू "लहर" को तीस मार खां सम्मान व गोरी को रंगने वाले कवि मानसिह "मौलिक" को तोप चंद सम्मान,ग्रामीण परिवेश का गान करने वाले कवि हिपेद्र साहू को टेप चंद, कवि पवन यादव "पहुना" को मुर्खरु सम्मान, आनंद राम सार्वा को
अलकरहा सम्मान से सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का रंगमयी व रसमयी संचालन कर रहे हास्य-व्यंग्य के कवि वीरेंद्र तिवारी "वीरु" को महामुर्ख सम्मान व कवि थंगेश्वर साहू को फन्ने खां सम्मान से सम्मानित किया गया। इस अवसर पर साहित्य कला अनुरागी राकेश इंदू भूषण ठाकुर ने सभी कवि/ साहित्यकारों को हुलियारी टोपी व रंग-बिरंगी हार पहना कर सम्मान देते हुए उन्हें मुर्ख दिवस के बधाई और शुभकामनाएं दी।इस अवसर पर राम प्रवेश जी पार्षद प्रतिनिधि युवराज ढीरहेर, सीताराम श्रीवास्,गुमान साहू सहदेव दीवान सहित बड़ी संख्या में काव्य रसी श्रोता उपस्थित रहे। उक्ताशय की जानकारी साहित्य समिति के सचिव मानसिंह मौलिक द्वारा दी गई।
वैष्णव समाज द्वारा डॉ रमन सिंह से मुलाक़ात कर ज्ञापन सौंपकर राजगामी संपदा के अध्यक्ष महेंद्र वैष्णव को बनाने की मांग किया
छत्तीसगढ़ श्री वैष्णव महासभा राजनांदगांव के जिला एवं मंडल के पदाधिकारियों द्वारा आज दिनांक 03/04/2025 को विधानसभा अध्यक्ष निवास पर पूर्व मुख्यमंत्री एवं विधानसभा अध्यक्ष माननीय डॉ. रमन सिंह से प्रतिनिधि मंडल द्वारा ज्ञापन पत्र सौंपकर मांग किया गया कि राजगामी संपदा न्यास के अध्यक्ष पद पर महेंद्र वैष्णव को बनाने की माँग की हैं। पूर्व में भी लगातार समाज द्वारा राजगामी सम्पदा का अध्यक्ष बनाने की मांग करते आ रहे है। महेंद्र वैष्णव जी विगत 30 वर्षों से लगातार सामाजिक कार्य करते आ रहे हैं अपनी सामाजिक सेवा देते आ रहे हैं। समाज द्वारा वैष्णव समाज की भवन निर्माण के अधूरे कार्य को पूर्ण करने के लिए 30 लाख की राशि विधायक निधि से माननीय डॉ रमन सिंह जी मांग की गई हैं।
उक्त दोनों मांगो को गंभीरता से लेते डॉ साहब के द्वारा वैष्णव समाज को आश्वस्त किया गया हैं। मुलाक़ात में प्रदेश सलाहकार देव कुमार निर्वाणी, जिला अध्यक्ष संतोष वैष्णव, जिला प्रभारी शिव कुमार वैष्णव, जिला महासचिव संदीप वैष्णव, जिला संरक्षक महेंद्र वैष्णव, मण्डल अध्यक्ष अनूप दास वैष्णव, सलाहकार मेघदास वैष्णव, सचिव तजेंद्र वैष्णव, दिग्विजय वैष्णव, दीपक वैष्णव (उपसरपंच अचानकपुर भाटापारा) , सुरेन्द्र वैष्णव, कमलेश वैष्णव, मनोज निर्वाणी(जिला संयोजक, झुग्गी झोपड़ी)साकेत वैष्णव, श्रीमती मिथलेश्वरी वैष्णव, साकेत वैष्णव (जनपद सदस्य) , नारायण दास, राजू वैष्णव एवं अन्य वैष्णव बंधु बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।
36 लाख का गांजा बरामद
डोंगरगढ़ । नशे के कारोबारियों पर शिकंजा कसते हुए राजनांदगांव पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई की है. पुलिस ने 243.54 किलो गांजा के साथ दो अंतरराज्यीय तस्करों को गिरफ्तार किया है, जबकि एक आरोपी अब भी फरार है. जब्त किए गए गांजे की कीमत करीब 36.53 लाख रुपए आंकी गई है. हैरानी की बात यह थी कि तस्करों ने इसे सब्जी की कैरेट्स के नीचे छुपा रखा था और इसे मध्यप्रदेश व महाराष्ट्र तक पहुंचाने की फिराक में थे, लेकिन पुलिस की सतर्कता ने उनकी पूरी योजना ध्वस्त कर दी।
पुलिस को सूचना मिली थी कि ओडिशा से गांजे की एक बड़ी खेप राजनांदगांव के रास्ते मध्यप्रदेश की ओर रवाना होने वाली है. इस पर पुलिस हरकत में आई और एसडीओपी डोंगरगढ़ आशीष कुंजाम के नेतृत्व में बोरतलाव पुलिस की संयुक्त टीम को अलर्ट किया गया. पुलिस ने डोंगरगढ़ से महाराष्ट्र जाने वाली सड़क पर स्थित बिरे पुलिया, चांद-सूरज मेन रोड और ग्राम बोरतलाव के पास नाकेबंदी की. देर रात एक संदिग्ध बोलेरो पिकअप (CG-10-BQ-0634) वहां आती दिखी. जैसे ही पुलिस ने उसे रोकने का इशारा किया, वाहन में सवार लोग गाड़ी छोड़कर भागने लगे, लेकिन पुलिस की मुस्तैदी से दो तस्करों को मौके पर ही धर दबोचा गया, जबकि एक आरोपी अंधेरे का फायदा उठाकर जंगल की ओर भाग निकला।
जैविक खेती की ओर जाना बहुत जरूरी - कलेक्टर
झाड़ीखैरी क्षेत्र के 900 से अधिक किसानों ने जैविक खेती कर पूरे जिले को दी नई दिशा
राजनांदगांव । केन्द्र प्रवर्तित परम्परागत कृषि विकास योजना अंतर्गत आज जिला स्तरीय जैविक किसान मेला का आयोजन जिले के जैविक खेती के लिए चयनित छुरिया विकासखंड के सुदूर वनांचल ग्राम झाड़ीखैरी में किया गया। कार्यक्रम में अध्यक्ष जिला पंचायत श्रीमती किरण वैष्णव, कलेक्टर संजय अग्रवाल, सीईओ जिला पंचायत सुरूचि सिंह, प्रशिक्षु आईपीएस इशु अग्रवाल, कोमल सिंह राजपूत शामिल हुए। इस अवसर पर कृषि विभाग द्वारा किसानों को बैटरी स्प्रेयर, मत्स्य विभाग द्वारा आईस बाक्स और जाल का वितरण किया गया। कार्यक्रम में कृषि, उद्यानिकी, पशुपालन, मत्स्य पालन, सहकारिता, कृषि विज्ञान केन्द्र, जिला अग्रणी बैंक, राजस्व विभाग द्वारा विभागीय योजनाओं के संबंध में स्टॉल लगाया गया था।
हरियाली बहनियों द्वारा ग्राम में जल यात्रा निकालकर ग्रामीणों को जल संरक्षण एवं संवर्धन और फसल विविधीकरण के लिए जागरूक किया गया। अध्यक्ष जिला पंचायत श्रीमती किरण वैष्णव ने कहा कि जैविक खेती की ओर बढऩा है और रासायनिक खाद से बचना होगा। उन्होंने कहा कि पहले जैविक खेती ही की जाती थी जिससे स्वास्थ्य बहुत अच्छा रहता था। आज फसलों में रासायनिक उर्वरकों का उपयोग करने से कई प्रकार की बीमारियों और भूमि की उपजाऊ क्षमता की कमी का सामना करना पड़ रहा है। इससे बचने के लिए जैविक खेती की ओर जाना बहुत जरूरी है। जैविक खेती से भूमि की उपजाऊ क्षमता भी बढ़ती है और सेहतमंद होती है। उन्होंने कहा कि जिले में पानी की समस्या है। इसके लिए जल संरक्षण करने के लिए सभी से आग्रह किया। उन्होंने सभी किसानों को धान की जगह अन्य कम पानी उपयोग वाली फसल लेने कहा। कलेक्टर संजय अग्रवाल ने कहा कि खेती को नई दिशा देनी होगी।
जैविक खेती की ओर जाना बहुत जरूरी हो गया है। उन्होंने कहा कि रासायनिक खाद का उपयोग करने से कई प्रकार की समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। इसके लिए जैविक खेती की ओर बढऩा होगा। रासायनिक खाद का उपयोग करने से लोगों को कैंसर एवं अन्य बड़ी-बड़ी बीमारी होती जा रही है। पहले किसान जैविक खेती करते थे। घर के अपशिष्ट पदार्थों से खाद एवं कीटनाशक बनाकर खेती के लिए उपयोग किया करते थे। उन्होंने कहा कि प्रकृति की ओर जाना चाहिए और हमें जैविक खेती की ओर वापस जाना है। झाड़ीखैरी क्षेत्र में 1000 हेक्टेयर में 900 से अधिक किसान जैविक खेती कर रहे है। ये किसान पूरे जिले को नई दिशा दे रहे हैं इसके लिए उन्होंने किसानों को बधाई और शुभकामनाएं दी। इस अभियान को निरंतर रखने कहा। उन्होंने बताया कि जैविक खेती के लिए केन्द्र और राज्य शासन द्वारा प्रति हेक्टेयर 5 हजार रूपए का अनुदान दिया जा रहा। कलेक्टर अग्रवाल ने कहा कि जिले में पानी की गंभीर समस्या आ रही है। जिले के कई हैण्डपंप सूख गए हैं। उन्होंने कहा कि जिले में भूमिगत जल स्तर नीचे जा रहा है यह बहुत कठिन समय है।
ऐसा ही चलता रहा तो पानी के कारण बहुत बड़ी विपत्ति आ सकती है। इसके लिए सभी को जल संरक्षण के प्रति जागरूक रहना होगा। यह कार्य सभी के सहयोग से संभव हो सकता है। उन्होंने कहा कि जल संरक्षण कर आने वाली पीढ़ी के लिए पानी बचाना होगा। उन्होंने कहा कि जल संकट का समय नहीं आया है लेकिन आने वाले समय में इससे निपटने के लिए सभी को सतर्क रहना बहुत जरूरी है। कलेक्टर ने कहा कि पानी की समस्या को सभी को समझना होगा और पानी का सदुपयोग करना है। किसानों को कम पानी उपयोग वाली फसलों को लगाने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि किसान मेहनतकश होते हैं। किसानों को अपने-अपने खेतों की मिट्टी परीक्षण कराने की सलाह दी, जिसके अनुरूप धान के अलावा अन्य फसल लें और अच्छा उत्पादन हो सके। उन्होंने बताया कि धान की खेती के लिए लगातार 24 घंटे पंप चलते है।
जिससे भूमिगत जल स्तर लगातार नीचे जा रहा है। जिसके कारण जल संकट आने की संभावना बनी हुई है। उन्होंने बताया कि एक परिवार जितना पानी एक वर्ष में उपयोग करता उसका 100 गुना एक हेक्टेयर धान की खेती में किसान पानी का उपयोग करते है। उन्होंने कहा कि जिस तरह से हमारे पूर्वजों ने हमारे लिए पानी बचाया था उसी तरह अभियान चलाकर सभी के सहयोग से वर्तमान और आने वाली पीढी के लिए जल संरक्षण करना बहुत जरूरी है। बारिश का पानी नदी-नालो से बहकर समुद्र में चला जाता है। जिसे रोकना बहुत जरूरी है। उन्होंने कहा कि जल संरक्षण के लिए बारिश के पानी को गांव का पानी गांव में और खेत का पानी खेत में रोकना जरूरी है। जिससे भूमिगत जल स्तर को बढ़ाया जा सकता है। इसके साथ वृक्षारोपण भी बहुत महत्वपूर्ण होता है। उन्होंने कहा कि बरगद, पीपल, नीम, कहुआ जैसे बड़े पेड़ों के आस-पास 40 से 50 हजार लीटर पानी रोकने की क्षमता होती है और भरपूर मात्रा में ऑक्सीजन भी देता है।
इसके लिए अधिक से अधिक वृक्षारोपण करने के लिए प्रोत्साहित किया। उन्होंने कहा कि इसके लिए अभी से तैयारी कर लें। मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत सुरूचि सिंह ने कहा कि जैविक खेती को अपनाना है और कम पानी उपयोग वाली फसलों को लेना है। उन्होंने ग्रामीणों से कहा कि घर से निकलने वाले गीला कचरा का उचित प्रबंधन करें और उसका जैविक खाद बनाए। स्वच्छता दीदीयों को जैविक खाद निर्माण के संबंध में जानकारी दी गई है। उन्होंने कहा कि ग्रीष्म ऋतु में छुरिया विकासखंड में बहुत अच्छा उदाहरण देते हुए फसल विविधिकरण को बढ़ावा दिया है। इस क्षेत्र में धान की जगह दूसरी फसलों को लेकर जनमानस को अच्छा संदेश दिया गया है। उन्होंने कहा कि खरीफ सीजन में भी धान की जगह अन्य फसलों का उत्पादन करेंगे तो अच्छा मुनाफा होगा। उन्होंने कहा कि जिले में जल संकट की स्थिति निर्मित हो रही है। इससे बचने के लिए हम सभी को जल संवर्धन की दिशा में कार्य करना होगा।
उन्होंने कहा कि जिले में जल बहनियों द्वारा जल यात्रा निकालकर गांव-गांव में जल संरक्षण के संबंध में जानकारी दी जा रही है। आज ग्राम झाड़ीखैरी में जल बहनियों ने जल यात्रा निकालकर ग्रामीणों को जल संरक्षण के संबंध में जागरूक किया जा रहा है। समाजसेवी कोमल सिंह राजपूत ने कहा कि प्रकृति से छेड़छाड़ न करें और पूर्वजों के सीखाएं हुए आदर्शों का अनुसरण करेंगे तो निश्चित रूप से हमारा जीवन खुशहाल होगा। प्रकृति, किसानी और पानी को बचाना होगा। उन्होंने कहा कि सभी लोगों को पानी का चिंता करना होगा तभी हमारी प्रकृति बचेगी। कार्यक्रम में उपस्थित प्रदेश उपाध्यक्ष अनुसूचित जनजाति एमडी ठाकुर, अध्यक्ष जनपद पंचायत छुरिया संजय सिन्हा, नगर पंचायत अध्यक्ष अजय पटेल, उपाध्यक्ष जनपद पंचायत छुरिया प्रशांत ठाकुर, पद्मश्री श्रीमती फूलबासन यादव ने भी अपना उद्बोधन दिया। सभी ने जैविक खेती और कम पानी उपयोग वाली फसलों को अधिक से अधिक लेने लिए किसानों को प्रेरित किया। प्रगतिशील किसान ऐनेश्वर वर्मा ने भी अपने विचार व्यक्ति करते हुए किसानों को जैविक खेती और फसल विविधीकरण कर जल संरक्षण के संबंध में जानकारी दी।
कार्यक्रम में उप संचालक कृषि नागेश्वर लाल पाण्डेय ने प्रशासकीय प्रतिवेदन की जानकारी देते हुए परम्परागत कृषि और जैविक खेती के संबंध में विस्तार से बताया। इस दौरान कृषि, उद्यानिकी, पशुपालन, मत्स्य पालन, सहकारिता के अधिकारियों ने किसानों को खेती-किसानी के तकनीकी विषयों पर विस्तार से जानकारी दी। इस अवसर पर कृषि विकास अधिकारी श्रीमती सुषमा शुक्ला द्वारा कार्यक्रम का सफल संचालन किया गया। इस अवसर पर उपाध्यक्ष जिला पंचायत श्रीमती किरण साहू, जिला पंचायत सदस्य श्रीमती अनिता मंडावी, जनपद सदस्य श्रीमती सुनिता सेवता, जनपद सदस्य श्रीमती हेमीन साहू, श्रीमती गोदावरी निषाद, जनपद सदस्य डोंगरगांव श्रीमती कांति चंद्रवंशी, सरपंच तिलक राम मंडावी सहित जनप्रतिनिधिगण, कृषि विभाग के अधिकारी-कर्मचारी एवं बड़ी संख्या में ग्रामीणजन उपस्थित थे।
लिखित चयन परीक्षा 30 को
राजनांदगांव । पंडित जवाहर लाल नेहरू उत्कर्ष योजना अंतर्गत वर्ष 2025-26 में कक्षा 6वीं में प्रवेश हेतु लिखित चयन परीक्षा रविवार 30 मार्च 2025 को दोपहर 12 बजे से दोपहर 2 बजे तक परीक्षा केन्द्र एकलव्य आदर्श आवासीय विद्यालय पेण्ड्री राजनांदगांव में आयोजित की गई है। परीक्षार्थियों को प्रवेश पत्र एवं पहचान पत्र क साथ परीक्षा के आधा घंटा पूर्व परीक्षा केन्द्र में उपस्थित होने कहा गया है।
आपदा प्रभावितों को सहायता अनुदान राशि स्वीकृत
राजनांदगांव । कलेक्टर संजय अग्रवाल ने दैवीय विपत्तियों के संबंध में राहत मद अंतर्गत आपदा प्रभावितों को सहायता अनुदान राशि स्वीकृत की गई है। इसके अंतर्गत छुरिया तहसील में अतिवृष्टि से 6 मकान आंशिक क्षति होने पर 24 हजार रूपए, अतिवृष्टि से 2 मकान पूर्णत: क्षति होने पर 2 लाख 40 हजार रूपए एवं डोंगरगांव तहसील अंतर्गत अतिवृष्टि से 18 मकान आंशिक क्षति होने पर 71 हजार 200 रूपए, अतिवृष्टि से 5 मकान पूर्णत: क्षति होने पर 6 लाख रूपए तथा डोंगरगढ़ तहसील अंतर्गत अतिवृष्टि से 96 मकान क्षति होने पर 4 लाख 8 हजार 500 रूपए, अतिवृष्टि से 5 पशु शेड क्षति होने पर 15 हजार रूपए, अतिवृष्टि से 8 झोपड़ी क्षति होने पर 52 हजार रूपए, अतिवृष्टि से 10 मकान पूर्णत: क्षति होने पर 12 लाख रूपए की सहायता राशि स्वीकृत की गई है।
राजनांदगांव तहसील में अतिवृष्टि से 7 मकान पूर्णत: क्षति होने पर 8 लाख 40 हजार रूपए, अतिवृष्टि से 63 मकान आंशिक क्षति होने पर 2 लाख 46 हजार रूपए, अतिवृष्टि से 2 पक्का मकान आंशिक क्षति होने पर 13 हजार रूपए, अतिवृष्टि से 1 पशु शेड क्षति होने पर 3 हजार रूपए, अतिवृष्टि से 1 झोपड़ी क्षति होने पर 8 हजार रूपए, अतिवृष्टि से 67 कपड़ा व बर्तन आंशिक क्षति होने पर 1 लाख 67 हजार 500 रूपए, अतिवृष्टि से 1 पक्का मकान आंशिक क्षति होने पर 6 हजार 500 रूपए, तालाब के पानी में डूबने से 1 जनहानि होने पर 4 लाख रूपए, अधिक वर्षा से कच्चा मकान की दीवार गिरने से 1 जनहानि होने पर 4 लाख रूपए, अतिवृष्टि से 10 फसल क्षति होने पर 47 हजार 515 रूपए, तालाब के पानी में डूबने से 1 जनहानि होने पर 4 लाख रूपए की सहायता राशि स्वीकृत की गई है। आपदा प्रभावितों को स्वीकृत सहायता अनुदान राशि का भुगतान लाभान्वित व्यक्तियों को करने के लिए संबंधित तहसीलदार को उपलब्ध कराया गया है।
एक दिवसीय किसान सम्मेलन सह कार्यशाला संपन्न
- नवाचारी कृषक हुए सम्मानित
राजनांदगांव । भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद, भारतीय कृषि अनुसंधान प्रबंध अकादमी एवं इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय द्वारा कृषि विज्ञान केन्द्र राजनांदगांव में एक दिवसीय किसान सम्मेलन सह कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ कृषि उद्धमियता विकास कार्यक्रम एवं राष्ट्रीय कृषि विज्ञान कोष परियोजना अंतर्गत छत्तीसगढ़ राज्य के विभिन्न नवाचारी कृषकों को सम्मानित किया गया।
एक दिवसीय किसान सम्मेलन सह कार्यशाला में आईसीएआर- नार्म प्रसार प्रबंध मंडल हैदराबाद के प्रमुख एवं प्रधान अन्वेषक डॉ वेंकट कुमार, राष्ट्रीय कृषि अनुसंधान प्रबंधन अकादमी हैदराबाद के प्रधान अन्वेषक डॉ. पी. वेंकटेशन, राष्ट्रीय जैविक स्ट्रैस प्रबंधन संस्थान रायपुर के सह प्रधान अन्वेषक डॉ. पी मुवेंथन, कृषि विज्ञान केन्द्र राजनांदगांव की वरिष्ठ वैज्ञानिक एवं प्रमुख डॉ. गुंजन झा, सांसद प्रतिनिधि जीडी साहू, आईसीएआर-एनआईबीएसएम रायपुर की वैज्ञानिक डॉ. श्रावणी सानयाल, आईसीएआर-नार्म हैदराबाद के एसआरएफ डॉ. बोडा महेश नायक ने कृषकों से उनके नवाचार के संबंध में सीधा संवाद किया।
कार्यक्रम के अंत मे कृषकों को स्प्रेयर एवं धान फसल बीज वितरित किया गया। कार्यक्रम में जिले के नवाचारी एवं डॉ. खूबचन्द बघेल कृषि रत्न पुरस्कार, मल्टी लेयर फार्मिंग पुरस्कार, यंग इंडिया, वाटर हेरो एवं नवोन्मेषी किसान पुरस्कार से सम्मानित कृषक एनेश्वर वर्मा एवं अन्य प्रगतिशील व नवाचारी महिला एवं पुरूष कृषक सहित कृषि विज्ञान केन्द्र के वैज्ञानिक डॉ. अतुल डांगे, डॉ नूतन रामटेके, अंजली घृतलहरे, मनीष कुमार सिंह, डॉ. योगेंद्र श्रीवास, जितेंद्र मेश्राम एवं आशीष गौरव शुक्ला उपस्थित थे।
कलेक्टर ने बाल विवाह रोकथाम के प्रचार-प्रचार के लिए चलित वाहन को हरी झण्डी दिखाकर किया रवाना
राजनांदगांव। कलेक्टर संजय अग्रवाल ने कलेक्टोरेट परिसर से बाल विवाह रोकथाम के प्रचार-प्रचार हेतु चलित वाहन को हरी झण्डी दिखाकर रवाना किया। महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा बाल विवाह रोकथाम के संदेश को जन-जन तक पहुंचाने के लिए बैनर, पोस्टर से सुसज्जित चलित वाहन तैयार किया गया है। चलित वाहन महिला एवं बाल विकास विभाग के परियोजना कार्यालयों, आंगनबाड़ी केन्द्रों एवं ग्रामों में पहुंचकर बाल विवाह रोकथाम की जानकारी प्रदान करेंगी। कलेक्टर संजय अग्रवाल ने नागरिकों से बच्चों के कुपोषण तथा शिशु मृत्यु दर एवं मातृ मृत्यु दर में कमी लाने के लिए लड़कियों का विवाह 18 वर्ष के बाद एवं लड़कों का विवाह 21 वर्ष के बाद कराने की अपील की है। इस अवसर पर जिला पंचायत सीईओ सुरूचि सिंह, अपर कलेक्टर सीएल मारकण्डेय, जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल विकास विभाग गुरप्रीत कौर, जिला महिला एवं बाल विकास अधिकारी एनएस रावटे सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।
जिला कार्यक्रम अधिकारी महिला एवं बाल विकास विभाग गुरप्रीत कौर ने बताया कि शासन द्वारा बाल विवाह मुक्त छत्तीसगढ़ की अवधारणा को साकार करने के लिए प्रदेश में बाल विवाह मुक्त छत्तीसगढ़ अभियान चलाया जा रहा है। 18 वर्ष से कम उम्र में लड़कियों तथा 21 वर्ष से कम उम्र में लड़कों का विवाह करना बाल विवाह है। कम उम्र में बाल विवाह करने व कराने वाले, वैवाहिक कार्यक्रम में सम्मिलित होने वाले, गाने-बजाने वाले, वैवाहिक अनुष्ठानकर्ता एवं बैण्ड पार्टियों टेन्ट वालों सहित अन्य बाल विवाह में जुड़े व्यक्ति को 2 वर्ष सजा एवं 1 लाख रूपए तक का जुर्माने से दण्डित किए जाने का प्रावधान बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम 2006 के तहत प्रावधानित किया गया है।
उन्होंने बताया कि जिला महिला एवं बाल विकास विभाग के सर्व परियोजना अधिकारियों, पर्यवेक्षकों व आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को अपने क्षेत्र में होने वाले बाल विवाह की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन का सहयोग प्राप्त करते हुए बाल विवाह को रोकने तथा अविलम्ब जिला कार्यालय को सूचना देने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि जिला स्तरीय दल को बाल विवाह रोकथाम हेतु अविलम्ब मौके पर भेजा जा सके। उन्होंने नागरिकों से बाल विवाह रोकथाम में अपनी भागीदारी के लिए बाल विवाह होने की सूचना मोबाईल नम्बर 8319964100, 7987100143 एवं चाईल्ड लाईन के टोल फ्री नम्बर 1098 पर देने की अपील की है।
स्वास्थ्य मंत्री ने जिला चिकित्सालय का किया औचक निरीक्षण
- मरीजों से बातचीत कर अस्पताल में मिल रहे सुविधाओं एवं उपचार के संबंध में ली जानकारी
राजनांदगांव । प्रदेश के लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, चिकित्सा शिक्षा एवं बीस सूत्रीय कार्यान्वयन विभाग मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने आज यहां अपने एक दिवसीय प्रवास के दौरान बसंतपुर राजनांदगांव स्थित जिला चिकित्सालय का औचक निरीक्षण किया। इस दौरान उनके साथ स्वास्थ्य सचिव अमित कटारिया, कमिश्नर चिकित्सा शिक्षा किरण कौशल, कलेक्टर संजय अग्रवाल, प्रबंध संचालक छत्तीसगढ़ मेडिकल सर्विसेस कॉर्पोरेशन लिमिटेड पद्मिनी भोई, जिला पंचायत सीईओ सुरूचि सिंह, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नेतराम नवरतन, सिविल सर्जन सह अस्पताल अधीक्षक जिला अस्पताल डॉ. यूके चंद्रवंशी उपस्थित थे।
स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल जिला चिकित्सालय निरीक्षण के दौरान ओपीडी कक्ष, पुरूष वार्ड, हमर लैब, प्रसुति वार्ड सहित विभिन्न वार्डों का निरीक्षण किया। उन्होंने अस्पताल में उपलब्ध सुविधाएं, साफ-सफाई, मरीजों को मिलने वाले भोजन, मेडिकल स्टाफ सहित अन्य आवश्यक जानकारी ली। स्वास्थ्य मंत्री श्री जायसवाल ने मरीजों से बातचीत की और यहां उपलब्ध किए जा रहे चिकित्सा सुविधाओं के संबंध में जानकारी ली। नंदई चौक निवासी मीहिर हरिहारनों ने बताया कि उन्हें कल रात से तेज बुखार है, जिसके उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती हुए। नंदई चौक निवासी नंद कुमार जांगड़े ने बताया कि बुखार के कारण चार दिन से भर्ती है। स्वास्थ्य मंत्री ने मरीज के कमजोरी को देखते हुए, उनका अच्छे से उपचार करने के लिए चिकित्सकों को निर्देशित किया। स्वास्थ्य मंत्री ने स्वास्थ्य अधिकारियों से अस्पताल में पहुंचने वाले मरीजों का बेहतर से बेहतर ईलाज की सुविधा उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने अस्पाल में भर्ती बालोद जिले के मरीज सुरीत निषाद से उनके स्वास्थ्य के बारे में जानकारी ली। उन्होंने मरीज के स्वास्थ्य को देखते हुए स्वास्थ्य अधिकारियों को सीकल सेल जांच कराने के निर्देश दिए। बसंतपुर निवासी टीकम सिंह ने अस्पताल में उपलब्ध सुविधाओं एवं उपचार की प्रशंसा की। स्वास्थ्य मंत्री के साथ मरीज टीकम ने सेल्फी लेने का आग्रह किया। इस पर स्वास्थ्य मंत्री श्री जायसवाल ने प्रसन्नता के साथ टीकम के साथ सेल्फी ली। इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष किरण वैष्णव, कोमल सिंह राजपूत, एसडीएम राजनांदगांव खेमलाल वर्मा, संयुक्त कलेक्टर शीतल बंसल सहित स्वास्थ्य विभाग के चिकित्सक एवं अधिकारी उपस्थित थे।
सीआरसी ठाकुरटोला में क्षेत्रीय परेंट्स मीटिंग का हुआ आयोजन
राजनांदगांव। सीआरसी ठाकुरटोला में अभिभावकों को जागरूक करने एवं सशक्त बनाने के लिए दो दिवसीय क्षेत्रीय परेंट्स मीटिंग का आयोजन किया गया। जिसमें छत्तीसगढ़ सहित ओडिशा, महाराष्ट्र, मध्यप्रदेश, आंध्रप्रदेश से अभिभावक शामिल हुए। क्षेत्रीय परेंट्स मीटिंग में विभिन्न शासकीय योजनाओं, बच्चों के मानसिक स्वास्थ्य, अभिभावकों की चुनौतियों और उनके समाधान पर विस्तृत जानकारी प्रदान की गई।
खाद्य सुरक्षा अधिकारियों ने किया मानव मंदिर होटल का औचक निरीक्षण
राजनांदगांव । कलेक्टर संजय अग्रवाल के निर्देशानुसार नागरिकों के स्वास्थ्य को ध्यान में रखते हुए स्वच्छ व सुरक्षित खाद्य सामग्री की उपलब्धता सुनिश्चित कराने के उद्देश्य से खाद्य सुरक्षा अधिकारियों द्वारा शहर के विभिन्न प्रतिष्ठानों का औचक निरीक्षण किया जा रहा है। इसी कड़ी में एसडीएम राजनांदगांव खेमलाल वर्मा के मार्गदर्शन एवं डिप्टी कलेक्टर अमीय श्रीवास्तव के नेतृत्व में संयुक्त जांच टीम का गठन कर शहर के प्रतिष्ठित मानव मंदिर होटल में अचानक दबिश दी गई। जांच दल द्वारा संचालक को मौके पर भंडारित खाद्य सामग्री के उचित व्यवस्थापन के निर्देश दिए गए एवं नागरिकों के स्वास्थ्य का ध्यान रखते हुए आवश्यक नियमों का पालन करते हुए व्यवसाय करने कहा गया।
इस दौरान खाद्य अधिकारी डोमेन्द्र ध्रुव द्वारा विक्रय हेतु भंडारित आलू बड़ा, कचौड़ी, बेसन, तेल अन्य खाद्य सामग्री का नमुना गुणवत्ता जांच हेतु लिया गया। जांच रिपोर्ट आने पर के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। प्रतिष्ठान संचालन को आवश्यक सुधार हेतु नोटिस भी जारी किया गया है। संयुक्त जांच टीम में भूषण प्रताप, जितेन्द्र साहू, लक्ष्मी नारायण एवं पुलिस के जवान शामिल थे।
विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह और मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय के वार्षिकोत्सव कार्यक्रम में हुए शामिल
शासकीय मेडिकल कॉलेज परिसर में फिजियोथेरेपी कॉलेज की स्थापना की जाएगी
राजनांदगांव। विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह और लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, चिकित्सा शिक्षा मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल आज भारत रत्न स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी स्मृति शासकीय चिकित्सा महाविद्यालय राजनांदगांव के ऑडिटोरियम में वार्षिकोत्सव कार्यक्रम में शामिल हुए। विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने कहा कि वर्ष 2014 में इस मेडिकल कॉलेज की नींव रखी गई थी। छत्तीसगढ़ का सर्वश्रेष्ठ मेडिकल कॉलेज बनाने की कल्पना है। यहां का भवन बहुत अच्छा है आने वाले 4 वर्ष के भीतर सभी सुविधाएं उपलब्ध करानी है। उन्होंने कहा कि मेडिकल कॉलेज के वार्षिकोत्सव के अवसर पर ट्रामा यूनिट, सीटी स्कैन, एमआरआई, फिजियोथैरेपी कॉलेज, मॉड्यूलर किचन, कैथ लैब, लॉउंड्री, स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी की आदमकद प्रतिमा की स्थापना जैसे कार्यों के लिए घोषणा की गई है।
लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, चिकित्सा शिक्षा मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने कहा कि स्वशासी समिति की बैठक में मेडिकल कॉलेज सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए बहुत सारे महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए है। उन्होंने कहा कि शासकीय मेडिकल कॉलेज परिसर में फिजियोथेरेपी कॉलेज की स्थापना की जाएगी। मेडिकल कॉलेज में हृदय रोग से संबंधित मरीजों के ईलाज के लिए लैब नहीं थी इसके लिए 4 करोड़ 50 लाख रूपए की लागत से कैथ लैब निर्माण करने के लिए स्वीकृति प्रदान की गई है। सीएसएचडी के लिए भी 1 करोड़ 50 लाख रूपए की स्वीकृति की अनुशंसा की गई है। ट्रामा सेंटर सीसीएचबी यूनिट 7 करोड़ 10 लाख रूपए की लागत से शीघ्र निर्माण किया जाएगा।
एमआरआई मशीन लगभग 30 करोड़ रूपए की लागत से खरीद कर शीघ्र लगाया जाएगा। सीटी स्कैन मशीन को तीन माह के भीतर स्थापित कर प्रारंभ किया जाएगा। मेडिकल कॉलेज के विद्यार्थियों के लिए मॉड्यूलर किचन 50 लाख रूपए की लागत से निर्माण करने का अनुमोदन किया गया है। मेडिकल कॉलेज के विद्यार्थियों एवं अस्पताल के कपड़े धुलाई के लिए 50 लाख रूपए की लागत का उच्च गुणवत्ता का बड़ी लाउंड्री मशीन खरीदी जाएगी। मेडिकल कॉलेज परिसर में स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी जी की आदमकद प्रतिमा स्थापित करने का निर्णय लिया गया है।
लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, चिकित्सा शिक्षा मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने कहा कि यह वक्त छत्तीसगढ़ के एक-एक व्यक्ति के लिए बहुत महत्वपूर्ण समय है। देश के प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी वर्ष 2047 तक विकसित भारत का सपना देख रहे हैं। हर व्यक्ति किसान हो, मजदूर हो या किसी क्षेत्र में कार्य करने वाला हो। एक-एक व्यक्ति की जिम्मेदारी और मेहनत से विकसित भारत 2047 का सपना पूरा होगा। उन्होंने विद्यार्थियों से कहा कि चिकित्सा शिक्षा के क्षेत्र में पढऩे का अच्छा अवसर मिल रहा है। अच्छी पढ़ाई कर एक अच्छे चिकित्सक का दायित्व निभाएं। उन्होंने कहा कि डॉक्टर भगवान का रूप होते हैं। उन्होंने सभी विद्यार्थियों को बधाई और शुभकामनाएं दी।
इस अवसर पर भारत रत्न स्वर्गीय श्री अटल बिहारी वाजपेयी स्मृति चिकित्सा महाविद्यालय राजनांदगांव के डीन डॉ. पंकज मधुकर लुका ने स्वागत उद्बोधन दिया। वार्षिकोत्सव में मेडिकल कॉलेज के विद्यार्थियों को विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत कर अपनी कला को प्रदर्शित किया। इस दौरान उत्कृष्ट विद्यार्थियों को प्रशस्ति पत्र प्रदान किया गया। इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष किरण वैष्णव, जिला सहकारी केन्द्रीय बैंक के अध्यक्ष सचिन बघेल, जिला पंचायत उपाध्यक्ष किरण साहू, पूर्व सांसद प्रदीप गांधी, पूर्व विधायक रामजी भारती, कोमल सिंह राजपूत, रमेश पटेल, संतोष अग्रवाल, नीलू शर्मा, पद्मश्री पुखराज बाफना, सचिव चिकित्सा शिक्षा विभाग अमित कटारिया, कमिश्नर चिकित्सा शिक्षा किरण कौशल, संभागायुक्त सत्यनारायण राठौर, कलेक्टर संजय अग्रवाल, प्रबंध संचालक सीजीएमएससी पद्मिनी भोई, एसडीएम राजनांदगांव खेमलाल वर्मा, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नेतराम नवरतन, संयुक्त कलेक्टर शीतल बंसल सहित अन्य जनप्रतिनिधि, मेडिकल कॉलेज के चिकित्सक एवं अधिकारी-कर्मचारी, बड़ी संख्या में मेडिकल विद्यार्थी उपस्थित थे।
डॉ. रमन सिंह भक्त माता कर्मा जयंती कार्यक्रम में हुए शामिल
साहू समाज के निर्मित भवन में डोम निर्माण के लिए 10 लाख रूपए की घोषणा
राजनांदगांव । विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह भक्त माता कर्मा जयंती के अवसर पर साहू सदन बसंतपुर में आयोजित कार्यक्रम में शामिल हुए। विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने भक्त माता कर्मा जयंती के अवसर पर साहू समाज के साथ-साथ प्रदेश वासियों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ के विकास में साहू समाज पूरी दृढ़ता, ईमानदारी, परिश्रम एवं मजबूती के साथ खड़ा है। साहू समाज मेहनतकस होने के साथ-साथ धार्मिक प्रवृत्ति वाला है। यह एक ऐसा समाज है जो नशे से दूर रहकर राज्य के विकास में अपना योगदान दे रहा है। उन्होंने भक्त माता कर्मा का स्मरण करते हुए कहा कि उन्होंने अपने भक्ति बल पर बालक श्रीकृष्ण का आव्हान किया था। साहू समाज के लोग वर्तमान में कृषि, प्रशासन, व्यवसाय, राजनीति सहित सभी क्षेत्रों में में आगे बढ़ रहे हैं और विकास में अपना योगदान कर रहे हैं। विधानसभा अध्यक्ष ने साहू समाज के निर्मित भवन में डोम निर्माण के लिए 10 लाख रूपए की राशि देने की घोषणा की। इस दौरान पूर्व मंत्री ताम्रध्वज साहू, पूर्व सांसद दीपक बैज, विधायक डोंगरगांव दलेश्वर साहू, विधायक खुज्जी भोलाराम साहू विशेष रूप से उपस्थित थे।
विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह ने कहा कि देश में छत्तीसगढ़ को पलायन करने वाला और पिछड़े राज्य के रूप में जाना जाता था, लेकिन अब देश में विकास के मामले में बहुत तेजी से आगे बढ़ा है। वर्तमान में छत्तीसगढ़ देश का 18 प्रतिशत लोहा, 20 प्रतिशत सीमेंट, 30 हजार मेगावाट से अधिक का विद्युत का उत्पादन करता है, वहीं यहां के किसानों के अपनी फसल का उचित मूल्य मिल रहा है और उनके खाते में राशि अंतरित की जाती है। उन्होंने आशा व्यक्त करते हुए यह कहा कि 2047 से पहले छत्तीसगढ़ देश के पहले तीन राज्यों में विकास के मामले में अपना स्थान बना लेने में सफल होगा। उन्होंने बताया कि भक्त माता कर्मा जयंती के अवसर पर रायपुर में डाक टिकट जारी किया गया है। इसके लिए उन्होंने मुख्यमंत्री विष्णु देव साय को विशेष रूप से बधाई दी।
पूर्व मंत्री ताम्रध्वज साहू ने साहू समाज को विशेष रूप से हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा कि माता भक्त कर्मा का जीवन हम सभी को मार्गदर्शन प्रदान करता है। इस अवसर पर समाज की वर्ष भर की संपूर्ण गतिविधियों की समीक्षा की जानी चाहिए और जिन क्षेत्रों में समाज एवं समाज के लोग आगे बढ़े हैं, उन्हें रेखांकित किया जाना चाहिए। इसके अलावा समाज अच्छाईयों को अपनाए, बुराईयों का परित्याग करें, समाज में व्याप्त रूढि़वादी विचारों और परंपराओं का परित्याग कर आगे बढ़े। उन्होंने यह भी कहा कि शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी लेकर समाज आगे बढऩे का प्रयास करें। उन्होंने उपस्थित माताओं-बहनों का आव्हान करते हुए कहा कि वे अपने परिवार के बच्चों और सदस्यों को संस्कारवान बनाएं तथा समाज को आगे बढऩे में मदद करें। पूर्व सांसद दीपक बैज ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया। भागवत साहू ने अतिथियों का स्वागत एवं अभिनंदन किया। इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष किरण वैष्णव, जिला पंचायत उपाध्यक्ष किरण साहू, पूर्व विधायक छन्नी साहू, खेदूराम साहू, गीताघासी साहू, कोमल सिंह राजपूत, पदम कोठारी सहित साहू समाज के अन्य पदाधिकारी, जनप्रतिनिधि एवं बड़ी संख्या में आम नागरिक उपस्थित थे।
टीबी रोग उन्मूलन के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं एवं निक्षय मित्रों का किया गया सम्मान
टीबी मरीजों को पोषण आहार प्रदाय
राजनांदगांव । विश्व क्षय दिवस के अवसर पर जिला पंचायत सभाकक्ष में कार्यक्रम का आयोजन किया गया। इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष किरण वैष्णव, जिला पंचायत उपाध्यक्ष किरण साहू, सभापति स्वास्थ्य एवं स्वच्छता समिति नगर पालिक निगम राजनांदगांव शैंकी बग्गा, कलेक्टर संजय अग्रवाल, मुख्य कार्यपालन अधिकारी जिला पंचायत सुरूचि सिंह, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नेतराम नवरत्न उपस्थित थे। जिला पंचायत अध्यक्ष किरण वैष्णव ने कहा कि टीबी रोग उन्मूलन एवं शासन द्वारा टीबी रोगियों के उपचार के लिए उपलब्ध सुविधाओं का जनप्रतिनिधियों एवं जनसामान्य के सहयोग से अधिक से अधिक प्रचार किया जाना चाहिए, जिससे जरूरतमंद तक मरीजों तक सुविधाओं का लाभ पहुंचे और देश को टीबी रोग से मुक्त किया जा सके। कलेक्टर संजय अग्रवाल ने कहा कि जिले में टीबी उन्मूलन के लिए 100 दिवसीय निक्षय निरामय जांच एवं उपचार अभियान चलाया जा रहा है। उन्होंने टीबी उन्मूलन के लिए लोगों को जागरूक करने कहा।
मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. नेतराम नवरतन ने जिले में टीबी रोग के जांच, उपचार एवं रोकथाम के संबंध में उपलब्ध सुविधाओं के संबंध मेे विस्तृत जानकारी दी तथा टीबी उन्मूलन हेतु जनसामान्य से सहभागिता के लिए अपील की। इस दौरान टीबी मुक्त राजनांदगांव की शपथ दिलाई गई। कार्यक्रम में टीबी रोग उन्मूलन के क्षेत्र में उत्कृष्ट कार्य करने वाले स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं एवं निक्षय मित्रों को प्रमाण पत्र प्रदाय कर सम्मानित किया गया। इस अवसर पर बलिराम एवं संस द्वारा 5, कमल सॉल्वेंट प्राइवेट लिमिटेड द्वारा 5, दवा विक्रेता संघ राजनांदगांव द्वारा 25, पैरामेडिकल एसोसिएशन राजनांदगांव द्वारा 13, संतोष बिनवार के द्वारा 5 कुल 53 टीबी के मरीजों को निक्षय मित्रों द्वारा पोषण आहार प्रदाय किया गया।
साथ ही विश्व क्षय दिवस के अवसर पर नर्सिंग महाविद्यालय के छात्राओं द्वारा टीबी रोग के जनजागरूकता हेतु शहर के प्रमुख मार्गों से रैली निकालकर टीबी रोग के उन्मूलन का संदेश दिया गया। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी कार्यालय में 8 स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं का सीवाय-टीबी जांच करते हुए विश्व क्षय दिवस का शुभारम्भ किया गया। विश्व क्षय दिवस के अवसर पर आयोजित मुख्य कार्यक्रम में जिला क्षय अधिकारी डॉ. अल्पना लुनिया, सिविल सर्जन सह अस्पताल अधीक्षक जिला अस्पताल डॉ. यू.के. चंद्रवंशी, जिला कार्यक्रम प्रबंधक राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन संदीप ताम्रकार सहित स्वास्थ्य व जिला पंचायत के अधिकारी कर्मचारी, नर्सिंग महाविद्यालय की छात्राएं, निक्षय मित्र, टीबी मरीज एवं स्वयं सेवी संगठन के कार्यकर्ता उपस्थित थे।
भगत सिंह आज भी प्रासंगिक हैं- प्रभात तिवारी
उक्त आशय की जानकारी देते हुए प्रलेस राजनांदगांव इकाई के सचिव पोषण वर्मा ने बताया की गोष्ठी के प्रारंभ में मुकेश रामटेके ने कहा कि भगतसिंह ने जिस उम्र में आजादी के लिए क्रांति किया वो महान साहसिक कदम है जिसकी तुलना नहीं की जा सकती। आज उस उम्र के नौजवानों में वैसी चेतना नहीं दिखती। इसके पश्चात मुन्ना बाबू ने भगत सिंह के जीवन पर प्रकाश डालते हुए कहा कि भगत सिंह एक महान क्रांतिकारी होने के साथ महान विचारक और लेखक थे। उनका दिया नारा और उनका बलिदान हमेशा अमर रहेगा। श्रीकेश शर्मा ने भगत सिंह की शहादत को नमन करते हुए श्रद्धांजलि अर्पित किया।इस अवसर पर प्रो. थानसिंह वर्मा ने कहा कि भगत सिंह को वैचारिक क्रांति की चेतना उनके परिवार से प्राप्त हुई थी। कम उम्र में ही भगत सिंह ने लेनिन, मार्क्स और दुनिया भर में हुई क्रांति के विचारों को पढ़ चुके थे । वे साम्राज्यवाद और शोषण के खिलाफ थे। आजादी के लिए उन्होंने हिंदुस्तान क्रांतिकारी नाम से संगठन तैयार किया था। वे आजादी के बाद के भारत की संकल्पना के बारे में सोचते थे ।वे चाहते थे कि भारत अंधविश्वास और रूढ़िवादी विचारों से मुक्त होकर समता मूलक वैज्ञानिक चेतना से भरा हुआ देश हो जहां सभी पंथ ,समुदाय के लोग परस्पर मिलकर रहें। वेअंग्रेजों के फूट डालो और राज करो के सिद्धांत को बखूबी समझते थे।भगत सिंह ने अपने जीवन में छः सौ से अधिक किताबें पढ़ीं। इतने कम समय में इतना काम करने वाला ऐसा कोई चिंतक नहीं मिलेगा। उनके विचारों और आदर्शों की जरूरत आज भी है। इकाई के सचिव पोषण लाल वर्मा ने कहा कि भगत सिंह मात्र तेईस वर्ष की उम्र में देश की आजादी के लिए शहीद हो गए। उस घटना के बाद नौजवानों में क्रांति की चिंगारी फूट पड़ी और वे समूचे भारत में क्रांति- अग्रदूत और नायक बन गए। आज उनके शहादत दिवस पर उन्हें और उनके विचारों को याद करना गर्व की बात है।
अंत में प्रभात तिवारी ने कहा कि आज के युवाओं में उनके जैसी झलक बहुत कम ही देखने को मिलती है ।आज भगत सिंह जैसे सब कुछ कुर्बान करने वाले लोग नहीं मिलते।आज लोग सच बोलने से कतराते हैं। नौजवानों में उनके विचार पल्लवित करने की आवश्यकता है। गोष्ठी में हरेंद्र कंवर, आलोक पंसारी , अजय सिंह तथा धनेश उपस्थित रहे।अंत में कार्तिक साहू ने आभार प्रदर्शन किया।
पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति के लिए 26 तक आवेदन
राजनांदगांव। आदिम जाति तथा अनुसूचित जाति विकास विभाग द्वारा संचालित पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति की पात्रता रखने वाले छत्तीसगढ़ राज्य के अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति एवं अन्य पिछड़ा वर्ग के विद्यार्थी जो अन्य राज्यों के विभिन्न उच्च शिक्षण संस्थानों में अध्ययनरत है, वह शिक्षा सत्र 2024-25 में पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति के लिए 26 मार्च 2025 तक ऑनलाईन आवेदन प्रस्तुत कर सकते हैं। इस संबंध में विस्तृत जानकारी आदिम जाति तथा अनुसूचित जाति विकास विभाग के वेबसाईट से प्राप्त की जा सकती है।
डॉ. घमेन्द्र कुमार साहू को महंत राजा दिग्विजय दास यंग सांईटिस्ट अवार्ड से किया गया सम्मानित
राजनांदगांव । डॉ. घमेन्द्र कुमार साहू को शासकीय दिग्विजय स्वशासी स्नातकोत्तर महाविद्यालय राजनांदगांव में जलवायु परिवर्तन एवं स्थायी विकास विषय पर आयोजित अंतर्राष्ट्रीय सेमीनार में विज्ञान के क्षेत्र में उनके उत्कृष्ट योगदान के लिए प्रतिष्ठित महंत राजा दिग्विजय दास यंग सांईटिस्ट अवार्ड से सम्मानित किया गया। नवीनतम वैज्ञानिक ज्ञान एवं अनुसंधान, नवाचार के क्षेत्र में उनकी प्रतिबद्धता तथा समर्पण के साथ किए गए कार्यों के लिए उन्हें यह अवार्ड प्रदान किया गया। उन्होंने विज्ञान के क्षेत्र में विशेष उपलब्धियां हासिल की है तथा वैज्ञानिक समुदाय को गौरवान्वित किया है।
उल्लेखनीय है कि परमाणु, आणविक और जैविक भौतिकी में, परमाणु और आणविक वस्तुओं के साथ इलेक्ट्रॉन प्रभाव टकराव का अध्ययन अन्वेषण का एक महत्वपूर्ण क्षेत्र है। इस कार्य का मुख्य उद्देश्य विभिन्न परमाणु और आणविक प्रजातियों के लिए इलेक्ट्रॉन प्रभाव क्रॉस सेक्शन की गणना करना और इन इंटरैक्शन की जैविक प्रासंगिकता की जांच करना है। बुनियादी टकराव प्रक्रियाओं और कई अनुप्रयोगों के लिए उनके परिणामों को समझना, विशेष रूप से प्लाज्मा अनुसंधान, विकिरण चिकित्सा और वायुमंडलीय भौतिकी में, क्रॉस सेक्शन पर बहुत अधिक निर्भर करता है, जो बिखरने की घटनाओं की संभावना को मापता है एवं इससे जुड़ी वैज्ञानिक अनुसंधानों की दिशा में कार्य किया जा रहा है। इलेक्ट्रान इम्पैक्ट क्रॉस सेक्शन, जल एवं डीएनए अवयव का अनुसंधान आगे विकिरण अंतक्रिया एवं चिकित्सा अनुप्रयोगों को समझने की दिशा में महत्वपूर्ण होगा।